Tag: Afghanistan Cricket

  • अजमतुल्लाह उमरजई ने T20 क्रिकेट में रचा इतिहास, नंबर-6 पर उतरकर ठोका 116 रन का तूफानी शतक, फुल मेंबर टीमों में ऐसा करने वाले पहले खिलाड़ी बने

    अजमतुल्लाह उमरजई ने T20 क्रिकेट में रचा इतिहास, नंबर-6 पर उतरकर ठोका 116 रन का तूफानी शतक, फुल मेंबर टीमों में ऐसा करने वाले पहले खिलाड़ी बने


    नई दिल्ली। अफगानिस्तान के स्टार ऑलराउंडर अजमतुल्लाह उमरजई ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ऐसा कारनामा कर दिखाया है जिसने क्रिकेट जगत का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। जिम्बाब्वे के खिलाफ दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में उन्होंने मुश्किल परिस्थितियों में शानदार बल्लेबाजी करते हुए ऐतिहासिक शतक जड़ा। उनकी तूफानी पारी की बदौलत अफगानिस्तान ने न केवल मुकाबले में दमदार वापसी की बल्कि एक नया रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया। उमरजई ने नंबर छह पर बल्लेबाजी करते हुए 50 गेंदों में 116 रन बनाए और अपनी टीम को ऐसी स्थिति से बाहर निकाला जहां हार लगभग तय मानी जा रही थी।

    मुकाबले में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी अफगानिस्तान की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने महज पांच रन के स्कोर पर अपने चार अहम विकेट गंवा दिए। शुरुआती झटकों से टीम उबर भी नहीं पाई थी कि 38 रन के स्कोर तक उसके पांच बल्लेबाज पवेलियन लौट गए। लगातार गिरते विकेटों ने अफगानिस्तान की मुश्किलें बढ़ा दी थीं और ऐसा लग रहा था कि टीम बहुत कम स्कोर पर सिमट जाएगी। इसी नाजुक मोड़ पर अजमतुल्लाह उमरजई ने मोर्चा संभाला और जिम्बाब्वे के गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक बल्लेबाजी शुरू कर दी।

    उमरजई ने अपनी पारी में पांच चौके और 12 गगनचुंबी छक्के लगाए। उन्होंने मैदान के चारों ओर आकर्षक शॉट खेलते हुए गेंदबाजों पर दबाव बनाया। उनकी बल्लेबाजी में आक्रामकता के साथ बेहतरीन नियंत्रण भी देखने को मिला। उन्होंने तेजी से रन बनाकर अफगानिस्तान के स्कोर को आगे बढ़ाया और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। उनकी 116 रनों की पारी के दम पर अफगानिस्तान ने निर्धारित 20 ओवर में छह विकेट के नुकसान पर 222 रन बनाए और जिम्बाब्वे के सामने 223 रनों का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा।

    इस ऐतिहासिक पारी के साथ उमरजई ने फुल मेंबर अंतरराष्ट्रीय टीमों के बीच टी20 क्रिकेट में नंबर छह या उससे नीचे बल्लेबाजी करते हुए सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर का रिकॉर्ड अपने नाम किया। इससे पहले यह रिकॉर्ड अफगानिस्तान के ही मोहम्मद नबी के नाम था जिन्होंने 2017 में आयरलैंड के खिलाफ 89 रन बनाए थे। उमरजई ने इस उपलब्धि को पीछे छोड़ते हुए 116 रन की शानदार पारी खेली। इस प्रदर्शन ने एक बार फिर साबित किया कि वह केवल गेंदबाजी में ही नहीं बल्कि जरूरत पड़ने पर बल्लेबाजी में भी मैच का रुख बदलने की क्षमता रखते हैं।

    223 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम ने भी हार नहीं मानी। कप्तान सिकंदर रजा ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 56 गेंदों में 106 रन बनाए। उनकी पारी में पांच चौके और नौ छक्के शामिल रहे। रजा ने अकेले दम पर अफगानिस्तान के गेंदबाजों को चुनौती दी और टीम को जीत के करीब पहुंचाने की कोशिश की। हालांकि दूसरे छोर से उन्हें पर्याप्त सहयोग नहीं मिल सका। जिम्बाब्वे की टीम निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट खोकर 202 रन ही बना सकी।

    इस तरह अफगानिस्तान ने यह मुकाबला 19 रन से जीत लिया। उमरजई की ऐतिहासिक पारी टीम की जीत का सबसे बड़ा आधार बनी। इस जीत के साथ अफगानिस्तान ने मुकाबले के अलावा टी20 सीरीज भी अपने नाम कर ली। शुरुआती पांच विकेट जल्दी गंवाने के बाद जिस तरह उमरजई ने पारी को संभाला वह क्रिकेट प्रेमियों के लिए यादगार प्रदर्शन बन गया। उनका यह शतक अफगानिस्तान की टी20 क्रिकेट में बल्लेबाजी की ताकत और मुश्किल परिस्थितियों में वापसी करने की क्षमता का शानदार उदाहरण है।

  • पहली बार भारत में टी20 सीरीज की मेजबानी करेगा अफगानिस्तान, अरुण जेटली स्टेडियम में भिड़ेंगी दोनों टीमें

    पहली बार भारत में टी20 सीरीज की मेजबानी करेगा अफगानिस्तान, अरुण जेटली स्टेडियम में भिड़ेंगी दोनों टीमें


    नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने भारत और अफगानिस्तान के बीच प्रस्तावित तीन मैचों की टी20 सीरीज की तारीखों पर मुहर लगा दी है। इस सीरीज के सभी मुकाबले दिल्ली के अरुण जेटली क्रिकेट स्टेडियम में खेले जाएंगे। दोनों टीमों के बीच पहला टी20 मुकाबला 13 सितंबर को होगा, जबकि दूसरा मैच 15 सितंबर और तीसरा मुकाबला 17 सितंबर को खेला जाएगा। इस सीरीज के साथ भारत और अफगानिस्तान की टीमें तीनों फॉर्मेट में एक-दूसरे के खिलाफ द्विपक्षीय मुकाबला करती नजर आएंगी।

    इस सीरीज की सबसे खास बात यह है कि अफगानिस्तान पहली बार भारत की जमीन पर टी20 सीरीज में भारतीय टीम की मेजबानी करेगा। दोनों देशों के बीच क्रिकेट संबंध पिछले कुछ वर्षों में लगातार मजबूत हुए हैं और अफगानिस्तान क्रिकेट ने भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान तेजी से बनाई है। उसके कई खिलाड़ी भारतीय क्रिकेट फैंस के बीच काफी लोकप्रिय हैं और आईपीएल में भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं।

    बीसीसीआई अध्यक्ष मिथुन मन्हास ने सीरीज को लेकर कहा कि बोर्ड अफगानिस्तान में क्रिकेट के विकास का समर्थन करने और उसके खिलाड़ियों को उच्च स्तर पर मुकाबला करने के अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने द्विपक्षीय सीरीज को दोनों टीमों के लिए नियमित रूप से मजबूत विपक्षी टीमों के खिलाफ खेलने और महत्वपूर्ण अनुभव हासिल करने का माध्यम बताया। उन्होंने भारत में अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड का स्वागत करते हुए दोनों देशों के बीच क्रिकेट संबंधों को और मजबूत करने की बात कही।

    बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने भी इस सीरीज को दोनों देशों के क्रिकेट संबंधों के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत और अफगानिस्तान के बीच पिछले कुछ वर्षों में कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले हैं। अफगानिस्तान के खिलाड़ी भारत में क्रिकेट फैंस के बीच भी काफी लोकप्रिय हैं। सैकिया ने 2018 में भारत की ओर से अफगानिस्तान को उसके ऐतिहासिक पहले टेस्ट के लिए मेजबानी देने को दोनों देशों के क्रिकेट सफर का अहम पड़ाव बताया।

    सैकिया के मुताबिक भारत ने हाल ही में जून में अफगानिस्तान की टेस्ट और वनडे सीरीज के लिए मेजबानी की थी। अब तीन मैचों की टी20 सीरीज के साथ दोनों टीमें क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में आमने-सामने होंगी। ऐसे में सितंबर में होने वाली यह सीरीज दोनों टीमों के खिलाड़ियों के लिए अपनी तैयारियों को परखने का अच्छा मौका होगी।

    अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष मीरवाइज अशरफ ने भी सीरीज को अफगानिस्तान क्रिकेट के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत में द्विपक्षीय सीरीज की मेजबानी करना अफगानिस्तान क्रिकेट के लिए बड़ी उपलब्धि है और बीसीसीआई के सहयोग को वह काफी महत्व देते हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह सीरीज क्रिकेट के साथ-साथ व्यावसायिक और तकनीकी स्तर पर भी दोनों देशों के लिए नए अवसर पैदा करेगी।

    भारत और अफगानिस्तान के बीच मुकाबले पिछले कुछ वर्षों में खासे प्रतिस्पर्धी रहे हैं। अफगानिस्तान की टीम अपनी स्पिन गेंदबाजी और आक्रामक बल्लेबाजी के दम पर भारतीय टीम को कई बार कड़ी चुनौती दे चुकी है। ऐसे में दिल्ली की पिच और परिस्थितियों में होने वाले तीनों मुकाबलों में क्रिकेट फैंस को रोमांचक टक्कर देखने की उम्मीद है। तीन मैचों की यह सीरीज दोनों देशों के बीच क्रिकेट रिश्तों को नई मजबूती देने के साथ खिलाड़ियों के लिए भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी क्षमता साबित करने का बड़ा मंच बनेगी।

    मैचों की तारीख

    पहला टी20: 13 सितंबर 2026
    दूसरा टी20: 15 सितंबर 2026
    तीसरा टी20: 17 सितंबर 2026
    स्थान: अरुण जेटली क्रिकेट स्टेडियम, दिल्ली

  • क्रिकेट जगत के दिग्गज देशों के आकर्षक प्रस्तावों पर राशिद खान का खुलासा..

    क्रिकेट जगत के दिग्गज देशों के आकर्षक प्रस्तावों पर राशिद खान का खुलासा..


    नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट जगत में अपनी जादुई फिरकी और आक्रामक बल्लेबाजी के लिए मशहूर अफगानिस्तान के स्टार खिलाड़ी राशिद खान ने एक ऐसा खुलासा किया है जिसने खेल गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। हाल ही में उनके जीवन और करियर पर आधारित एक नई पुस्तक के माध्यम से यह बात सामने आई है कि दुनिया के दो बड़े देशों ने उन्हें अपनी नागरिकता और अपनी टीम से खेलने का प्रस्ताव दिया था। इन देशों की सूची में भारत और ऑस्ट्रेलिया जैसे दिग्गज क्रिकेट राष्ट्र शामिल थे। हालांकि राशिद खान ने इन आकर्षक प्रस्तावों को विनम्रतापूर्वक ठुकराते हुए अपने देश अफगानिस्तान के प्रति अपनी अटूट वफादारी और प्रेम को सर्वोपरि रखा।

    राशिद खान के जीवन पर लिखी गई इस पुस्तक में उल्लेख किया गया है कि नागरिकता के ये प्रस्ताव तब आए जब वह अपने करियर के बेहतरीन दौर से गुजर रहे थे और वैश्विक क्रिकेट में एक बड़े ब्रांड बन चुके थे। लेखक के साथ बातचीत में राशिद ने स्पष्ट किया कि उन्हें भारत और ऑस्ट्रेलिया दोनों ही देशों की ओर से उनके लिए खेलने का प्रस्ताव मिला था। इस पर अपना रुख साफ करते हुए राशिद ने कहा कि यदि वह अपने देश के लिए नहीं खेलेंगे तो वह किसी अन्य देश का प्रतिनिधित्व करने के बारे में सोच भी नहीं सकते। यह बयान उनके व्यक्तित्व की गहराई और अपने राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण को दर्शाता है।

    विशेष रूप से भारत की ओर से मिले प्रस्ताव का जिक्र करते हुए राशिद ने बताया कि भारतीय लीग के एक सत्र के दौरान उनकी मुलाकात क्रिकेट प्रबंधन के एक वरिष्ठ अधिकारी से हुई थी। उस समय अफगानिस्तान की आंतरिक स्थितियां काफी चुनौतीपूर्ण थीं। बातचीत के दौरान उन्हें सुझाव दिया गया कि वह भारत में बस जाएं और उन्हें भारतीय दस्तावेज उपलब्ध कराए जाएंगे ताकि वह यहीं रहकर अपना क्रिकेट करियर आगे बढ़ा सकें। राशिद ने बताया कि उस क्षण वह काफी हैरान थे लेकिन उन्होंने मुस्कुराहट के साथ इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया और कहा कि वह केवल अपने वतन के लिए ही खेलना जारी रखेंगे।

    अफगानिस्तान का प्रतिनिधित्व करने के मुद्दे पर राशिद खान का यह अडिग रुख पहली बार सार्वजनिक नहीं हुआ है। इससे पहले भी कई बार मैदान पर उनके शानदार प्रदर्शन के बाद प्रशंसकों द्वारा उन्हें नागरिकता देने की मांग उठती रही है। वर्ष दो हजार अठारह में एक महत्वपूर्ण मैच में उनके हरफनमौला प्रदर्शन ने दर्शकों का दिल जीत लिया था जिसके बाद उन्हें टीम में शामिल करने की चर्चाएं जोरों पर थीं। वर्तमान में सत्ताइस वर्षीय यह खिलाड़ी दुनिया भर की क्रिकेट लीग में अपनी धाक जमा चुका है लेकिन वैश्विक मंच पर वह अपनी पहचान केवल एक अफगान खिलाड़ी के रूप में ही बनाए रखना चाहता है।

  • श्रीलंका दौरे से पहले अफगानिस्तान टीम को नया हेड कोच मिलेगा

    श्रीलंका दौरे से पहले अफगानिस्तान टीम को नया हेड कोच मिलेगा


    नई दिल्ली । टी20 विश्व कप 2026 में अफगानिस्तान का सफर समाप्त हो चुका है सुपर-8 के लिए क्वालीफाई न कर पाने के साथ ही लगभग चार साल से टीम के हेड कोच रहे जोनाथन ट्रॉट का कार्यकाल भी खत्म हो गया है ट्रॉट ने 2022 में अफगानिस्तान टीम के साथ काम शुरू किया था और अपने कार्यकाल में टीम को एक मजबूत इकाई के रूप में स्थापित किया है

    एसीबी की नई कोचिंग नीतियाँ
    अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड अब नए हेड कोच की तलाश में है बोर्ड ने शर्त रखी है कि नया कोच और सहयोगी स्टाफ ऑफ-सीजन के दौरान अफगानिस्तान में ही रहकर काम करेंगे एसीबी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी नसीब खान ने कहा कि यह आवश्यक है ताकि राष्ट्रीय टीम के कोच घरेलू खिलाड़ियों की प्रगति पर करीब से नजर रखें और सीरीज न होने पर टीम की कमजोरियों पर काम कर सकें

    नए कोच की खोज और शॉर्टलिस्ट प्रक्रिया
    नसीब खान ने बताया कि ट्रॉट का उत्तराधिकारी चुनने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है नए कोच का नाम श्रीलंका के खिलाफ होने वाली व्हाइट-बॉल सीरीज से पहले फाइनल कर लिया जाएगा साउथ अफ्रीका और एशिया के कुछ कोच शॉर्टलिस्ट किए गए हैं और उनके इंटरव्यू भी हो चुके हैं हालांकि फिलहाल शॉर्टलिस्ट किए गए नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं

    जोनाथन ट्रॉट का योगदान

    ट्रॉट के कार्यकाल में अफगानिस्तान ने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हासिल की हैं वनडे विश्व कप 2023 में पाकिस्तान, इंग्लैंड और श्रीलंका जैसी मजबूत टीमों को हराया टी20 विश्व कप 2024 में ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड को हराकर सेमीफाइनल तक पहुँची हालांकि हाल ही में टी20 विश्व कप में अफगानिस्तान ग्रुप स्टेज से बाहर हो गई इसके बावजूद ट्रॉट ने टीम की रणनीति, युवा खिलाड़ियों के विकास और विभिन्न फॉर्मेट में टीम की मजबूती के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है

    नई शुरुआत की उम्मीदें
    एसीबी का मानना है कि नए हेड कोच के साथ अफगानिस्तान क्रिकेट का नया दौर शुरू होगा बोर्ड चाहता है कि नया कोच टीम की तैयारियों, घरेलू खिलाड़ियों की निगरानी और अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों की रणनीति में सक्रिय भूमिका निभाए इसके अलावा बोर्ड ने कोचिंग स्टाफ को टीम की क्षमता बढ़ाने और सुधारात्मक कदम उठाने के लिए ऑफ-सीजन में भी अफगानिस्तान में रहने की शर्त रखी है

    भविष्य की योजना और टीम की दिशा
    एसीबी की यह रणनीति यह सुनिश्चित करने के लिए है कि टीम भविष्य में मजबूत हो और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर सके नए कोच के चयन के बाद टीम की ट्रेनिंग, युवा खिलाड़ियों का विकास और आगामी श्रीलंका दौरे की तैयारियाँ तेजी से शुरू होंगी