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  • सीएम रेखा गुप्ता ने देर रात पीतमपुरा अटल कैंटीन का लिया जायजा, ₹5 में सम्मानजनक भोजन का अनुभव किया

    सीएम रेखा गुप्ता ने देर रात पीतमपुरा अटल कैंटीन का लिया जायजा, ₹5 में सम्मानजनक भोजन का अनुभव किया


    नई दिल्ली। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के 100वें जन्मदिन के अवसर पर दिल्ली में अटल कैंटीन की शुरुआत की गई है। इस कैंटीन में लोगों को मात्र ₹5 में भरपेट और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। दिल्ली सरकार की यह पहल सिर्फ पेट भरने तक सीमित नहीं बल्कि जरूरतमंदों को सम्मान और स्वाभिमान के साथ भोजन देने का संदेश भी देती है।

    बीती रात मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पीतमपुरा स्थित अटल कैंटीन पहुंचीं। उन्होंने वहां काम कर रहे कर्मचारियों से हाल-चाल पूछा और सुनिश्चित किया कि व्यवस्थाएं सुचारु रूप से चल रही हैं। सीएम ने उपस्थित लोगों से पूछा आपको कोई दिक्कत तो नहीं है? सब ठीक है न?। इसके साथ ही उन्होंने कैंटीन में मौजूद बच्चों से भी बातचीत की जिन्होंने बताया कि उन्हें यहां अच्छा और पौष्टिक खाना मिलता है।इस दौरान कैंटीन में खड़े लोगों ने मुख्यमंत्री को देखकर रेखा गुप्ता जिंदाबाद के नारे लगाए जिससे माहौल और उत्साहपूर्ण बन गया। सीएम ने वहां भोजन कर रहे लोगों से उनके अनुभव साझा किए और यह सुनिश्चित किया कि सभी सुविधाएं सही ढंग से उपलब्ध हों।

    मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस दौरे का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी साझा किया। वीडियो में वह लोगों से संवाद करती बच्चों के साथ समय बिताती और उनके अनुभव जानती नजर आ रही हैं। उन्होंने लिखा कि अटल कैंटीन में केवल भोजन ही नहीं मिलता बल्कि लोगों को सुकून सम्मान और स्वाभिमान का भी भरोसा मिलता है।पीतमपुरा अटल कैंटीन का निरीक्षण करते हुए सीएम ने व्यवस्थाओं की समीक्षा की और वहां आए लोगों से उनके अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार की यह योजना मेहनतकश और जरूरतमंद लोगों के लिए प्रभावी और भरोसेमंद सहारा बन रही है। दिन और रात दोनों समय भोजन उपलब्ध कराने से किसी भी व्यक्ति को खाली पेट नहीं रहना पड़ता।

    मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि केवल ₹5 में सम्मान के साथ भोजन मिलने से यह सुनिश्चित होता है कि सहायता केवल सुविधा तक सीमित न रहे बल्कि गरिमा के साथ मिले। लोगों की संतुष्टि और विश्वास देखकर यह स्पष्ट हो गया है कि अटल कैंटीन योजना जमीनी स्तर पर वास्तविक बदलाव ला रही है।अटल कैंटीन की यह पहल गरीब और जरूरतमंदों के लिए भरोसेमंद विकल्प बन चुकी है। यह योजना न केवल पेट भरने की सुविधा देती है बल्कि सम्मान और स्वाभिमान के साथ भोजन उपलब्ध कराने में भी सक्षम है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का यह दौरा योजना की प्रभावशीलता और जनता में विश्वास को और मजबूत करता है।

  • दिल्ली में सीएम रेखा गुप्ता ने शालीमार बाग और पीतमपुरा में अटल कैंटीन का उद्घाटन किया

    दिल्ली में सीएम रेखा गुप्ता ने शालीमार बाग और पीतमपुरा में अटल कैंटीन का उद्घाटन किया


    नई दिल्ली । दिल्ली के मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को शालीमार बाग और पीतमपुरा क्षेत्रों में अटल कैंटीन का उद्घाटन कियाजहां उन्होंने स्थानीय लोगों से मिलकर उनसे संवाद किया और खुद भी भोजन लिया। इस दौरानभाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल भी उनके साथ थे। इस कैंटीन में गरीबों को मात्र 5 रुपए में गर्म और पौष्टिक भोजन उपलब्ध होगाजो पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के अंत्योदय के विचार से प्रेरित है।
    मुख्यमंत्री ने शालीमार बाग के अटल कैंटीन में अपने हाथों से एक बुजुर्ग महिला को भोजन कराया। इस स्नेहपूर्ण पल को उन्होंने सोशल मीडिया पर भी साझा किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि यह पहल दिल्ली के निर्माण और संचालन में लगे मेहनतकश नागरिकों को सम्मान और सहारा देने के उद्देश्य से शुरू की गई है।

    उन्होंने अपने पोस्ट में लिखाहमारी सरकार शालीमार बाग के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयासरत हैताकि हर परिवार को सुविधाहर श्रमिक को सम्मान और हर नागरिक को भरोसा मिले। साथ हीदिल्ली के अन्य क्षेत्रों में भी इसी तरह की योजनाओं को लागू किया जा रहा है। सीएम रेखा गुप्ता ने पीतमपुरा में भी अटल कैंटीन का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने एक वृद्ध महिला से आत्मीय मुलाकात की और उन्हें खुद हाथों से भोजन कराया। उन्होंने इस पल को बहुत खास बताया और लिखाअटल कैंटीनपीतमपुरा में थाली में खाना परोसा और बदले में जो स्नेह और आशीर्वाद मिलावह हमेशा मेरे साथ रहेगा।

    दिल्ली सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर 100 अटल कैंटीन स्थापित करने की योजना बनाई थीजिनमें से 45 कैंटीन का उद्घाटन पहले ही किया जा चुका है। इस पहल का उद्देश्य दिल्ली के नागरिकों को सस्ते और पौष्टिक भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित करना हैखासकर उन लोगों के लिए जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। यह पहल दिल्ली सरकार की ओर से गरीबों के लिए एक बड़ा कदम साबित हो रही हैजो न केवल भोजन की गुणवत्ता को सुनिश्चित करती हैबल्कि समाज के हर वर्ग को समान अवसर देने का प्रयास भी करती है।