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  • दूध वाली नहीं, रोज पिएं लेमन ग्रास की चाय, शरीर को मिलेंगे जबरदस्त फायदे

    दूध वाली नहीं, रोज पिएं लेमन ग्रास की चाय, शरीर को मिलेंगे जबरदस्त फायदे


    नई दिल्ली । आजकल लोग फिट और हेल्दी रहने के लिए अपनी डाइट में हर्बल चीजों को शामिल कर रहे हैं। ऐसे में लेमन ग्रास की चाय तेजी से लोगों की पसंद बनती जा रही है। यह सिर्फ स्वाद में ही नहीं, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद मानी जाती है। आयुर्वेद में लेमन ग्रास को औषधीय गुणों से भरपूर बताया गया है। अगर आप रोज सुबह दूध वाली चाय की जगह लेमन ग्रास टी पीते हैं, तो शरीर को कई बड़े फायदे मिल सकते हैं।
    पाचन तंत्र को बनाती है मजबूत
    लेमन ग्रास की चाय पेट के लिए काफी फायदेमंद मानी जाती है। इसमें मौजूद एंटीबैक्टीरियल गुण पेट में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद कर सकते हैं। यह गैस, अपच और कब्ज जैसी समस्याओं से राहत दिलाने में भी सहायक होती है। रोजाना इसका सेवन करने से डाइजेशन बेहतर बना रहता है।
    शरीर की सूजन और इंफ्लेमेशन करे कम
    लेमन ग्रास में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं, जो शरीर की सूजन कम करने में मदद कर सकते हैं। जो लोग जोड़ों के दर्द या शरीर में सूजन की समस्या से परेशान रहते हैं, उनके लिए यह चाय काफी लाभकारी मानी जाती है।
    इम्यूनिटी बढ़ाने में मददगार
    मौसम बदलते ही सर्दी-जुकाम और वायरल इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में लेमन ग्रास की चाय शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत करने में मदद कर सकती है। इसमें मौजूद पोषक तत्व शरीर को अंदर से मजबूत बनाते हैं और संक्रमण से लड़ने में सहायता करते हैं।
    तनाव कम कर देती है राहत
    भागदौड़ भरी जिंदगी और काम का दबाव मानसिक तनाव बढ़ा देता है। लेमन ग्रास की चाय दिमाग को शांत करने और तनाव कम करने में मदद कर सकती है। इसे पीने से शरीर रिलैक्स महसूस करता है और नींद भी बेहतर आती है।
    वजन घटाने में भी हो सकती है मददगार
    अगर आप वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं, तो लेमन ग्रास टी आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। यह शरीर के मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने में मदद करती है और फैट बर्निंग प्रक्रिया को तेज कर सकती है।
    ऐसे बनाएं लेमन ग्रास की हेल्दी चा
    1 कप पानी लें
    उसमें 4 से 5 ताजी लेमन ग्रास की पत्तियां डालें
    5 मिनट तक अच्छी तरह उबालें
    चाहें तो इसमें थोड़ा शहद और नींबू मिला सकते हैं
    छानकर गर्मागर्म सेवन करें

    ध्यान रखें
    ज्यादा मात्रा में लेमन ग्रास टी पीने से कुछ लोगों को एलर्जी या पेट से जुड़ी परेशानी हो सकती है। किसी गंभीर बीमारी या प्रेग्नेंसी के दौरान सेवन से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

  • गोंद कतीरा का गलत सेवन पाचन तंत्र पर डाल सकता है नकारात्मक असर..

    गोंद कतीरा का गलत सेवन पाचन तंत्र पर डाल सकता है नकारात्मक असर..

    नई दिल्ली:गर्मियों के मौसम में शरीर को ठंडा रखने और लू से बचाव के लिए लोग अक्सर प्राकृतिक जड़ी-बूटियों और घरेलू उपायों का सहारा लेते हैं। इनमें गोंद कतीरा को विशेष रूप से उपयोगी माना जाता है, जो शरीर को ठंडक देने और गर्मी के प्रभाव को कम करने में सहायक होता है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि इसका गलत तरीके से सेवन करने पर यह फायदे की जगह नुकसान भी पहुंचा सकता है और पाचन तंत्र पर नकारात्मक असर डाल सकता है।

    जानकारों के अनुसार सबसे बड़ी गलती यह होती है कि कई लोग गोंद कतीरा को पूरी तरह से भिगोए बिना या कम समय के लिए भिगोकर ही सेवन कर लेते हैं। यह तरीका शरीर के लिए हानिकारक साबित हो सकता है क्योंकि अधपका या सूखा गोंद कतीरा पेट में जाकर फूल सकता है, जिससे पेट में भारीपन, गैस, ऐंठन और अपच जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।

    सही तरीका यह बताया जाता है कि गोंद कतीरा को हमेशा पर्याप्त समय देकर पानी में भिगोना चाहिए। आमतौर पर एक से दो चम्मच मात्रा को रातभर लगभग आठ से दस घंटे तक पानी में रखने पर यह पूरी तरह फूलकर जेली जैसी बनावट में बदल जाता है। इसके बाद ही इसका सेवन करना सुरक्षित माना जाता है।

    भीगे हुए गोंद कतीरा को ठंडाई, शरबत, दूध या अन्य पारंपरिक पेय में मिलाकर लिया जा सकता है। यह शरीर को ठंडक देने के साथ साथ गर्मी से राहत पहुंचाने में भी मदद करता है। गर्म मौसम में इसका संतुलित सेवन शरीर के तापमान को नियंत्रित रखने में सहायक माना जाता है।

    विशेषज्ञ यह भी सलाह देते हैं कि इसकी मात्रा का विशेष ध्यान रखना चाहिए। अत्यधिक सेवन करने से पाचन तंत्र पर दबाव पड़ सकता है और अन्य शारीरिक समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं। इसलिए सामान्य रूप से सीमित मात्रा में ही इसका उपयोग करना सुरक्षित माना जाता है।

    इसके अलावा सही तरीके से उपयोग करने पर गोंद कतीरा शरीर की ऊर्जा बनाए रखने में मदद करता है और कुछ हद तक जोड़ों तथा हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी माना जाता है। लेकिन इसका पूरा लाभ तभी मिलता है जब इसे सही विधि और संतुलित मात्रा में लिया जाए।

    गर्मियों में प्राकृतिक उपाय अपनाते समय सावधानी बेहद जरूरी है, क्योंकि गलत जानकारी या गलत तरीका किसी भी फायदेमंद चीज को नुकसानदायक बना सकता है।