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  • MP Weather Update: भोपाल में शनिवार को फिर बरसेंगे बादल बारिश के साथ तेज हवा और गरज चमक का अलर्ट जैसा रहेगा मौसम

    MP Weather Update: भोपाल में शनिवार को फिर बरसेंगे बादल बारिश के साथ तेज हवा और गरज चमक का अलर्ट जैसा रहेगा मौसम

    भोपाल । भोपाल में सितंबर के दूसरे सप्ताह में मौसम का मिजाज लगातार बदलता नजर आ रहा है। राजधानी में शुक्रवार को भी बारिश का दौर देखने को मिल रहा है और शनिवार 12 सितंबर को भी मौसम राहत देने के बजाय लोगों को फिर से भिगो सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 12 सितंबर को भोपाल में आसमान में बादल छाए रहने के साथ बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। मौसम विभाग के शहरवार पूर्वानुमान में शनिवार के लिए न्यूनतम तापमान करीब 24 डिग्री और अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री रहने का अनुमान जताया गया है।

    मौसम के इस बदलाव का असर सुबह से लेकर शाम तक देखने को मिल सकता है। राजधानी में कुछ समय के लिए बादल घने हो सकते हैं और इसके बाद अचानक बारिश का दौर शुरू हो सकता है। गरज चमक के साथ तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। ऐसे में खुले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होगी। शनिवार को बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में सड़कें गीली होने और यातायात की रफ्तार प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है। बारिश के दौरान दृश्यता कम होने से वाहन चालकों को भी अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।

    भोपाल में बीते दिनों से मौसम में लगातार उतार चढ़ाव देखने को मिल रहा है। कभी तेज धूप निकल रही है तो कुछ ही समय बाद बादल घिरने लगते हैं। इसी वजह से दिन के तापमान में भी ज्यादा स्थिरता नहीं दिखाई दे रही है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान में 13 सितंबर को भी बारिश के कुछ दौर जारी रहने की संभावना जताई गई है जबकि 14 और 15 सितंबर को भी हल्की बारिश हो सकती है। इसके बाद मौसम में कुछ राहत मिलने के संकेत हैं।

    शनिवार को बारिश की संभावना को देखते हुए लोगों को जरूरी काम के लिए निकलते समय मौसम का अपडेट देखते रहने की जरूरत है। खासकर दोपहिया वाहन चालकों को बारिश के दौरान सावधानी बरतनी चाहिए। बिजली चमकने या तेज गरज के समय खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना बेहतर होगा। किसानों के लिए भी बदलता मौसम महत्वपूर्ण है क्योंकि बारिश का सीधा असर खेतों में खड़ी फसलों पर पड़ सकता है।

    कुल मिलाकर 12 सितंबर को भोपाल का मौसम सुहावना रहने के साथ बीच बीच में बारिश का रंग दिखा सकता है। तापमान में बड़ी बढ़ोतरी की संभावना नहीं है लेकिन उमस और बादलों के बीच मौसम लगातार करवट ले सकता है। राजधानीवासियों के लिए शनिवार का दिन बारिश और बादलों के नाम रहने की संभावना है।

  • MP में 83.5% बारिश का कोटा पूरा, फिर भी 31 जिलों में कमी: मऊगंज में 53 इंच पानी, आलीराजपुर सबसे सूखा

    MP में 83.5% बारिश का कोटा पूरा, फिर भी 31 जिलों में कमी: मऊगंज में 53 इंच पानी, आलीराजपुर सबसे सूखा


    भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून अब धीरे धीरे अपने अंतिम चरण की ओर बढ़ रहा है और प्रदेश में अब तक बारिश का बड़ा आंकड़ा दर्ज हो चुका है। इस मानसूनी सीजन में मध्यप्रदेश में औसतन 31.1 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई है जो अब तक की सामान्य बारिश के कोटे का 83.5 प्रतिशत है। हालांकि प्रदेश में बारिश का वितरण एक समान नहीं रहा है। जहां भोपाल समेत 12 जिलों में सामान्य से ज्यादा बारिश हो चुकी है वहीं 31 जिलों में अब भी औसत से काफी कम पानी गिरा है। ऐसे में प्रदेश के कई इलाकों में अच्छी बारिश के बावजूद मानसून का आंकड़ा अभी पूरी तरह संतुलित नहीं हो पाया है।

    मौसम के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में अब तक 790.8 मिलीमीटर यानी करीब 31.1 इंच बारिश हो चुकी है। यह अब तक की सामान्य बारिश 840.6 मिलीमीटर यानी 33.1 इंच से लगभग 2 इंच कम है। पूरे प्रदेश के स्तर पर अभी तक औसत से करीब 6 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। प्रदेश के पूर्वी हिस्से में स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर रही है जहां औसत के आसपास और कुछ क्षेत्रों में उससे ज्यादा बारिश हुई है जबकि पश्चिमी हिस्से में बारिश की कमी अधिक दिखाई दे रही है।

    भोपाल राजगढ़ शिवपुरी निवाड़ी मैहर भिंड श्योपुर सिंगरौली सीधी सतना मऊगंज और उमरिया उन जिलों में शामिल हैं जहां सामान्य से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। कई जिलों में मानसून का आंकड़ा 90 प्रतिशत से अधिक तक पहुंच चुका है। उमरिया अनूपपुर आगर मालवा टीकमगढ़ छतरपुर पन्ना ग्वालियर गुना दतिया खरगोन और बुरहानपुर में भी अब तक बारिश की स्थिति काफी बेहतर मानी जा रही है।

    इस सीजन में सबसे ज्यादा बारिश पूर्वी मध्यप्रदेश के मऊगंज जिले में दर्ज की गई है जहां अब तक करीब 53 इंच पानी गिर चुका है। इसके विपरीत आलीराजपुर में सबसे कम करीब 13.6 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई है। यह अंतर साफ दिखाता है कि प्रदेश के अलग अलग हिस्सों में मानसून की सक्रियता कितनी अलग रही है।

    मौसम विभाग के अनुसार आने वाले चार दिन भी प्रदेश के मौसम के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेंगे। 11 सितंबर तक रीवा और शहडोल संभाग के कई जिलों में तेज बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। इन क्षेत्रों में बादल अधिक सक्रिय रहेंगे जबकि प्रदेश के अन्य हिस्सों में हल्की बारिश हो सकती है। 12 सितंबर के बाद नया मौसम सिस्टम सक्रिय होने पर पूरे मध्यप्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर तेज होने की संभावना जताई जा रही है।

    पूर्वी मध्यप्रदेश में पिछले एक सप्ताह के दौरान हुई तेज बारिश से वहां के मौसमी आंकड़ों में बड़ा सुधार हुआ है। कई जिलों में लगातार बारिश के कारण नदी नालों का जलस्तर बढ़ा और कुछ क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात भी बने। इसके चलते सीजन की शुरुआत में बारिश में पीछे रहने वाला पूर्वी हिस्सा अब आंकड़ों में बेहतर स्थिति में पहुंच गया है।

    वहीं पश्चिमी मध्यप्रदेश के कई जिले अब भी सामान्य बारिश से पीछे चल रहे हैं। आलीराजपुर अशोकनगर बैतूल देवास धार हरदा इंदौर झाबुआ खंडवा मंदसौर मुरैना नर्मदापुरम नीमच बड़वानी रायसेन रतलाम सीहोर शाजापुर उज्जैन और विदिशा समेत कई जिलों में औसत से कम बारिश दर्ज की गई है। कुछ क्षेत्रों में यह कमी 7 प्रतिशत से लेकर 54 प्रतिशत तक बताई गई है।

    मध्यप्रदेश में सामान्य मानसूनी बारिश का औसत करीब 37.3 इंच है। राजधानी भोपाल सहित इंदौर जबलपुर और ग्वालियर जैसे बड़े जिलों में सामान्य बारिश का आंकड़ा करीब 38 से 39 इंच तक रहता है। जून में सामान्य से कम बारिश होने के बाद जुलाई और अगस्त में हुई अच्छी बारिश से स्थिति में सुधार जरूर आया लेकिन शुरुआती कमी की पूरी भरपाई अभी नहीं हो सकी है।

    फिलहाल प्रदेश में अब तक 83.5 प्रतिशत बारिश का कोटा पूरा हो चुका है और आने वाले दिनों में नया सिस्टम सक्रिय होने पर बाकी इलाकों में भी बारिश का आंकड़ा तेजी से बढ़ सकता है। सबसे ज्यादा नजर अब रीवा और शहडोल संभाग पर रहेगी जहां अगले चार दिनों तक तेज बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।

  • भोपाल में रविवार को बरसेंगे बादल! 6 सितंबर को बारिश के साथ गरज चमक के आसार जानिए पूरे दिन कैसा रहेगा मौसम

    भोपाल में रविवार को बरसेंगे बादल! 6 सितंबर को बारिश के साथ गरज चमक के आसार जानिए पूरे दिन कैसा रहेगा मौसम


    भोपाल । भोपाल में 6 सितंबर को मौसम एक बार फिर करवट ले सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक रविवार को राजधानी में बादल छाए रहने के साथ बारिश और गरज चमक की स्थिति बन सकती है। भोपाल एयरपोर्ट के मौसम पूर्वानुमान में 6 सितंबर को न्यूनतम तापमान करीब 23 डिग्री और अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान जताया गया है। दिन के दौरान आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रह सकता है और बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना बनी रहेगी। साथ ही आकाशीय बिजली चमकने को लेकर भी सावधानी बरतने की जरूरत है।

    राजधानी में पिछले दिनों से मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। कभी तेज बारिश तो कभी बादलों के बीच हल्की फुहारों का दौर देखने को मिल रहा है। बारिश के कारण तापमान में भी राहत बनी हुई है और उमस से परेशान लोगों को कुछ राहत मिली है। 6 सितंबर को भी मौसम के इसी तरह बने रहने के आसार हैं। मौसम पूर्वानुमान के अनुसार सुबह से ही आसमान में बादल छाए रह सकते हैं और कुछ समय के अंतराल पर हल्की बारिश या गरज के साथ बौछारें देखने को मिल सकती हैं।

    रविवार को भोपाल में बारिश का असर खासतौर पर सुबह और दोपहर के आसपास देखने को मिल सकता है। अलग अलग पूर्वानुमानों में बारिश की संभावना के स्तर में अंतर है लेकिन सभी संकेत राजधानी में बादल और बारिश की संभावित गतिविधि की ओर इशारा कर रहे हैं। एक घंटेवार पूर्वानुमान में भी दिन के कई घंटों के दौरान बारिश की संभावना दर्ज की गई है। ऐसे में घर से बाहर निकलने वाले लोगों को मौसम देखकर ही अपनी यात्रा की योजना बनाने की सलाह दी जा सकती है।

    मौसम विभाग ने भोपाल के लिए गरज चमक और आकाशीय बिजली की संभावना भी बताई है। ऐसे मौसम में खुले मैदानों पेड़ों के नीचे या बिजली के खंभों के आसपास खड़े होने से बचना जरूरी है। तेज बारिश होने की स्थिति में शहर के निचले इलाकों में पानी जमा होने और सड़कों पर यातायात प्रभावित होने की संभावना भी बनी रहती है। वाहन चालकों को बारिश के दौरान रफ्तार नियंत्रित रखने और पर्याप्त दूरी बनाकर चलने की जरूरत होगी।

    भोपाल के साथ ही मध्यप्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी है। राज्य के कई जिलों में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है और पूर्वी मध्यप्रदेश में लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में स्थिति प्रभावित हुई है। ऐसे में राजधानी में भी मौसम की गतिविधियों पर नजर बनी हुई है।

    कुल मिलाकर 6 सितंबर को भोपाल में मौसम सुहाना लेकिन अस्थिर रहने की संभावना है। दिनभर बादलों की आवाजाही के बीच बारिश और गरज चमक का दौर देखने को मिल सकता है। तापमान सामान्य से कम रहने के कारण लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी लेकिन आकाशीय बिजली और अचानक बारिश को देखते हुए सावधानी बरतना जरूरी होगा। खासकर सुबह से शाम तक बाहर निकलने वाले लोगों को मौसम का ताजा अपडेट लेते रहना चाहिए।

  • 4 सितंबर को भोपाल में जमकर बरसेंगे बादल IMD ने जारी किया भारी बारिश का अलर्ट दिनभर छाए रहेंगे बादल

    4 सितंबर को भोपाल में जमकर बरसेंगे बादल IMD ने जारी किया भारी बारिश का अलर्ट दिनभर छाए रहेंगे बादल


    भोपाल। भोपाल में 4 सितंबर को मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक राजधानी में शुक्रवार को आमतौर पर बादल छाए रहने और भारी बारिश होने की संभावना है। भोपाल एयरपोर्ट के लिए जारी शहर के पूर्वानुमान में 4 सितंबर को न्यूनतम तापमान करीब 23 डिग्री और अधिकतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान जताया गया है। इसके साथ ही भारी बारिश की चेतावनी भी दर्ज की गई है।

    मानसून की सक्रियता के बीच भोपाल और आसपास के इलाकों में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। कभी तेज बारिश तो कभी बादलों के बीच हल्की बौछारों का दौर देखने को मिल रहा है। अब 4 सितंबर को बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना है। ऐसे में सुबह से ही आसमान में बादल छाए रह सकते हैं और दिन के दौरान कई हिस्सों में तेज बारिश देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान में भारी बारिश के साथ स्थानीय स्तर पर गरज चमक की स्थिति बनने की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।

    बारिश का असर शहर की सड़कों और निचले इलाकों में भी दिखाई दे सकता है। तेज बारिश होने की स्थिति में कुछ स्थानों पर पानी जमा होने से यातायात प्रभावित हो सकता है। सड़कों पर फिसलन बढ़ने के कारण दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होगी। बारिश के दौरान खुले स्थानों पर रहने वाले लोगों को भी मौसम के अचानक बदलने पर सुरक्षित स्थान का रुख करना चाहिए।

    मध्य प्रदेश में इस समय मानसूनी गतिविधियां सक्रिय बनी हुई हैं। हालिया मौसम रिपोर्टों में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने और अगले दिनों में पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना जताई गई थी। भोपाल भी इस मौसम प्रणाली के प्रभाव वाले इलाकों में शामिल है।

    4 सितंबर के बाद भी भोपाल में मौसम पूरी तरह साफ होने के संकेत नहीं हैं। शहर के लिए उपलब्ध IMD पूर्वानुमान में 5 सितंबर को भी बारिश या गरज चमक की संभावना बताई गई है। इसके बाद 6 और 7 सितंबर को भी बादल और बारिश की गतिविधि बने रहने का अनुमान है। यानी राजधानी में मानसून की सक्रियता आने वाले दिनों में भी दिखाई दे सकती है।

    मौसम विभाग के पूर्वानुमान को देखते हुए लोगों को बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और जरूरी होने पर ही सावधानी के साथ घर से निकलने की सलाह दी जा सकती है। वाहन चालकों को पानी भरी सड़कों पर धीमी गति से वाहन चलाना चाहिए और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान या पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। किसानों और ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों को भी स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखनी चाहिए।

    कुल मिलाकर 4 सितंबर को भोपाल में बारिश का दिन रहने के आसार हैं। बादलों की मौजूदगी के साथ भारी बारिश मौसम को सुहाना जरूर बनाएगी लेकिन कई इलाकों में जलभराव और यातायात जैसी परेशानियां भी सामने आ सकती हैं। ऐसे में राजधानी के लोगों के लिए मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर रखना और बारिश के दौरान सावधानी बरतना सबसे जरूरी होगा।

  • भोपाल वालों के लिए मौसम का बड़ा अपडेट! 3 सितंबर को मध्यम बारिश के साथ गरज चमक के आसार

    भोपाल वालों के लिए मौसम का बड़ा अपडेट! 3 सितंबर को मध्यम बारिश के साथ गरज चमक के आसार


    भोपाल । भोपाल में सितंबर की शुरुआत के साथ मौसम का मिजाज लगातार बदला हुआ नजर आ रहा है। बारिश और बादलों का दौर शहर में अभी पूरी तरह थमता दिखाई नहीं दे रहा है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक 3 सितंबर को राजधानी भोपाल में आसमान सामान्य तौर पर बादलों से घिरा रहेगा और मध्यम बारिश होने की संभावना है। दिन का अधिकतम तापमान करीब 27 डिग्री सेल्सियस जबकि न्यूनतम तापमान करीब 23 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। ऐसे में शहरवासियों को गर्मी से राहत मिलने के साथ दिनभर मौसम ठंडा और नम बना रह सकता है।

    मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 3 सितंबर को भोपाल में बारिश के साथ गरज चमक भी देखने को मिल सकती है। इसका असर शहर के अलग अलग इलाकों में अलग तरीके से दिखाई दे सकता है। कहीं हल्की बारिश हो सकती है तो कुछ स्थानों पर मध्यम बारिश के दौर देखने को मिल सकते हैं। सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है और दिन बढ़ने के साथ बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। ऐसे में खुले आसमान के नीचे काम करने वाले लोगों और दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होगी।

    3 सितंबर को तापमान में भी बहुत ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं है। न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से सुबह और रात के समय मौसम अपेक्षाकृत ठंडा महसूस हो सकता है। वहीं अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से दोपहर में भी तेज गर्मी का असर कम रहने की उम्मीद है। लगातार बादल और बारिश के कारण वातावरण में नमी बनी रह सकती है जिससे उमस का अनुभव कुछ समय के लिए बढ़ सकता है।

    बारिश के दौरान शहर की सड़कों पर जलभराव की स्थिति भी कुछ इलाकों में परेशानी बढ़ा सकती है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत होगी। बारिश के समय विजिबिलिटी कम होने के कारण वाहन चालकों को गति नियंत्रित रखने और सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी जाती है। बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान या पेड़ के नीचे खड़े होने से भी बचना चाहिए।

    मौसम का यह बदलाव शहर के लिए कई मायनों में राहत देने वाला भी है। बारिश से तापमान नियंत्रित रहने के साथ वातावरण में गर्मी का असर कम हो सकता है। हालांकि लगातार बारिश के कारण कुछ स्थानों पर सड़क यातायात प्रभावित होने और जलभराव जैसी स्थानीय समस्याएं सामने आ सकती हैं। मौसम विभाग के अनुसार 4 सितंबर को भी भोपाल में बादल और मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है। इसके बाद मौसम में कुछ बदलाव देखने को मिल सकता है।

    कुल मिलाकर 3 सितंबर को भोपाल में मौसम बारिश वाला रहने के आसार हैं। आसमान में बादल छाए रहेंगे और मध्यम बारिश के साथ गरज चमक देखने को मिल सकती है। तापमान सामान्य से नीचे रहने के कारण राजधानी में मौसम अपेक्षाकृत ठंडा बना रह सकता है। ऐसे में बाहर निकलने वाले लोग छाता या रेनकोट साथ रखें और मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखें।

  • बारिश में भोपाल की सड़कें बनीं डांसिंग स्पॉट, कहीं तालाब तो कहीं गड्ढों का राज; रोज हादसों के साए में सफर

    बारिश में भोपाल की सड़कें बनीं डांसिंग स्पॉट, कहीं तालाब तो कहीं गड्ढों का राज; रोज हादसों के साए में सफर


    भोपाल । भोपाल में इस बार बारिश ने शहर की सड़कों की हालत पूरी तरह बिगाड़ दी है। राजधानी की मुख्य सड़कों से लेकर कॉलोनियों की अंदरूनी गलियों तक जगह जगह बड़े गड्ढे दिखाई दे रहे हैं। हालात ऐसे हैं कि कई जगह सड़क और गड्ढे में अंतर करना मुश्किल हो गया है। बारिश होते ही यही गड्ढे पानी से भरकर छोटे तालाब का रूप ले लेते हैं और वाहन चालकों के लिए खतरा बढ़ जाता है। ऐशबाग में तो थाने के सामने करीब 80 मीटर तक सड़क की हालत इतनी खराब है कि वहां सड़क कम और गड्ढे ज्यादा नजर आते हैं। इन रास्तों से गुजरते समय वाहन हिचकोले खाते हैं और ऐसा लगता है जैसे सड़कें डांसिंग स्पॉट बन गई हों।

    ऐशबाग थाने के सामने सड़क पर जगह जगह गड्ढे होने से स्थानीय लोगों को रोज परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सामान्य दिनों में किसी तरह वाहन निकल जाते हैं लेकिन बारिश के दौरान मुश्किल कई गुना बढ़ जाती है। पानी भर जाने के कारण गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता। दोपहिया वाहन चालकों के लिए स्थिति सबसे ज्यादा खतरनाक है क्योंकि अचानक गड्ढे में पहिया जाने से बाइक या स्कूटी फिसलने और पलटने का खतरा बना रहता है। स्थानीय लोगों के मुताबिक कई बार दोपहिया वाहन चालक यहां दुर्घटना का शिकार भी हो चुके हैं।

    सड़क की बदहाली का असर केवल निजी वाहन चालकों पर ही नहीं बल्कि ऑटो और अन्य सार्वजनिक परिवहन से जुड़े लोगों पर भी पड़ रहा है। ऑटो चालकों का कहना है कि बारिश के दौरान पानी और गड्ढों के बीच वाहन निकालना मुश्किल हो जाता है। यात्रियों को भी सफर के दौरान झटकों और दुर्घटना का डर बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क की समस्या नई नहीं है और लंबे समय से मरम्मत की जरूरत महसूस की जा रही है लेकिन स्थायी समाधान नहीं हुआ।

    भोपाल के पॉश और व्यस्त इलाकों की स्थिति भी इससे अलग नहीं है। अटल पथ लिंक रोड नंबर 2 एमपी नगर न्यू मार्केट और रोशनपुरा जैसे प्रमुख इलाकों में भी कई जगह सड़क की ऊपरी परत उखड़ चुकी है और बड़े गड्ढे बन गए हैं। बारिश के दौरान इन गड्ढों में पानी जमा होने से राहगीरों और वाहन चालकों को यह पता लगाना मुश्किल होता है कि आगे सड़क कितनी गहरी है। बारिश थमने के बाद यही सड़कें धूल उड़ाती नजर आती हैं जिससे राहगीरों की परेशानी और बढ़ जाती है।

    रायसेन रोड पर भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। सुभाषनगर से रत्नागिरी चौराहे तक मेट्रो का काम चलने के कारण सड़क के दोनों ओर कई स्थानों पर गड्ढे हो गए हैं। बड़ी संख्या में वाहन और लोग इस मार्ग से रोज गुजरते हैं लेकिन खराब सड़क के कारण उन्हें बेहद धीमी रफ्तार से सफर करना पड़ रहा है। रात के समय समस्या और गंभीर हो जाती है क्योंकि अंधेरे में पानी से भरे गड्ढे दिखाई नहीं देते और अचानक वाहन का संतुलन बिगड़ सकता है।

    स्थानीय लोगों का कहना है कि राजधानी की सड़कों पर बढ़ते गड्ढे केवल परेशानी नहीं बल्कि सुरक्षा का गंभीर मुद्दा हैं। लोगों ने संबंधित विभागों से बारिश के दौरान अस्थायी तौर पर गड्ढे भरने के साथ ही सड़क की स्थायी मरम्मत कराने की मांग की है। सवाल यह है कि हर साल बारिश के बाद सामने आने वाली इस समस्या का स्थायी समाधान आखिर कब होगा। फिलहाल भोपाल की सड़कों पर सफर करने वालों को गड्ढों से बचते हुए ही अपनी मंजिल तक पहुंचना पड़ रहा है।

  • Bhopal Weather Today: भोपाल में बारिश के आसार बरकरार तापमान रहेगा नीचे जानिए आज कैसा रहेगा मौसम

    Bhopal Weather Today: भोपाल में बारिश के आसार बरकरार तापमान रहेगा नीचे जानिए आज कैसा रहेगा मौसम


    भोपाल । भोपाल में 25 अगस्त को मानसून का असर लगातार देखने को मिल सकता है। मौसम पूर्वानुमान के अनुसार राजधानी में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है और दिनभर बादल छाए रहने के साथ कई हिस्सों में बारिश हो सकती है। तापमान भी सामान्य से नीचे रहने की उम्मीद है जिससे लोगों को उमस और तेज गर्मी से राहत मिल सकती है। उपलब्ध पूर्वानुमान में भोपाल के लिए दिन का अधिकतम तापमान करीब 26 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।

    बारिश की संभावना को देखते हुए मंगलवार को भोपाल में मौसम का मिजाज बदलता हुआ नजर आ सकता है। पूर्वानुमानों में सुबह से ही बारिश और गरज चमक की संभावना जताई गई है जबकि दोपहर के समय बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। एक अन्य मौसम पूर्वानुमान में मंगलवार को बारिश की संभावना काफी अधिक बताई गई है और दोपहर के दौरान गरज के साथ बारिश होने की आशंका जताई गई है। ऐसे में घर से बाहर निकलने वाले लोगों को मौसम की स्थिति देखकर ही यात्रा की योजना बनानी चाहिए।

    भोपाल में लगातार बारिश के कारण शहर के निचले इलाकों में पानी जमा होने की समस्या सामने आ सकती है। सड़कों पर जलभराव होने से ट्रैफिक की रफ्तार प्रभावित हो सकती है और वाहन चालकों को अतिरिक्त समय लेकर घर से निकलना पड़ सकता है। बारिश के दौरान दृश्यता कम होने की स्थिति में तेज गति से वाहन चलाने से बचना जरूरी होगा। दोपहिया वाहन चालकों के लिए विशेष सावधानी जरूरी है क्योंकि फिसलन भरी सड़कें दुर्घटना का कारण बन सकती हैं।

    राजधानी में बारिश के साथ हवा और गरज चमक का असर भी देखने को मिल सकता है। ऐसे मौसम में खुले स्थानों पर खड़े रहने से बचना बेहतर है। बिजली चमकने या तेज गरज के दौरान पेड़ के नीचे रुकने के बजाय सुरक्षित स्थान पर जाना चाहिए। मौसम खराब होने की स्थिति में जरूरी न हो तो यात्रा टालना भी समझदारी होगी।

    भोपाल के आसपास के इलाकों में भी बारिश का असर दिखाई दे सकता है। मध्य प्रदेश के कई जिलों में 24 और 25 अगस्त को बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान सामने आया है। भोपाल में मध्यम बारिश की संभावना के साथ राज्य के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का पूर्वानुमान भी जताया गया है।

    बारिश का यह दौर तापमान को नियंत्रित रखने में भी मदद करेगा। दिन में गर्मी अपेक्षाकृत कम महसूस हो सकती है लेकिन अधिक नमी के कारण कुछ समय उमस परेशान कर सकती है। मौसम में लगातार बदलाव को देखते हुए लोगों को स्वास्थ्य और यात्रा दोनों के स्तर पर सावधानी बरतनी चाहिए।

    कुल मिलाकर 25 अगस्त को भोपाल में बारिश वाला मौसम रहने के आसार हैं। बादल बारिश और ठंडी हवाओं के कारण मौसम सुहाना रह सकता है लेकिन तेज बारिश के दौरान जलभराव ट्रैफिक और फिसलन जैसी परेशानियां भी सामने आ सकती हैं। इसलिए जरूरी है कि लोग मौसम अपडेट पर नजर रखें और बारिश के दौरान सुरक्षित तरीके से यात्रा करें। मौसम विभाग के ताजा स्थानीय अलर्ट को प्राथमिकता देना सबसे बेहतर रहेगा।

  • भोपाल में 24 अगस्त का मौसम: दिनभर छाए रह सकते हैं बादल, बारिश के दौर से तापमान में आएगी नरमी

    भोपाल में 24 अगस्त का मौसम: दिनभर छाए रह सकते हैं बादल, बारिश के दौर से तापमान में आएगी नरमी


    भोपाल । राजधानी भोपाल में 24 अगस्त सोमवार को मानसून का असर एक बार फिर देखने को मिल सकता है। मौसम पूर्वानुमान के अनुसार शहर में बारिश के दौर बने रहने की संभावना है और आसमान में बादलों की आवाजाही जारी रह सकती है। दिन का मौसम अपेक्षाकृत ठंडा और नम रहने के आसार हैं। ताजा पूर्वानुमान में भोपाल के लिए 24 अगस्त को अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
    रविवार को भी भोपाल में बारिश और बादलों का असर बना हुआ है। ऐसे में सोमवार को भी मौसम में अचानक बड़ा बदलाव आने के बजाय मानसूनी गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। दिन के समय बादल छाए रहने के साथ बीच बीच में बारिश या बौछारें देखने को मिल सकती हैं। बारिश होने की स्थिति में तापमान में और गिरावट आ सकती है जिससे लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।

    मौसम का यह मिजाज मध्य प्रदेश में सक्रिय मानसूनी परिस्थितियों के बीच बना हुआ है। राज्य के कई हिस्सों में पिछले दिनों बारिश का दौर जारी रहा है जबकि कुछ जिलों में भारी बारिश के कारण नदी नाले और जलस्रोत उफान पर भी रहे। भोपाल में हालांकि बारिश की तीव्रता कई अन्य जिलों की तुलना में कम रही है लेकिन मौसम विभाग के अनुसार राजधानी में आने वाले दिनों में भी बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।

    24 अगस्त को भोपाल में सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। दिन बढ़ने के साथ स्थानीय स्तर पर बारिश के दौर बन सकते हैं। कहीं हल्की बारिश हो सकती है तो कुछ इलाकों में तेज बौछारें भी पड़ सकती हैं। मानसून के दौरान शहर में बारिश का वितरण एक जैसा नहीं रहता इसलिए एक इलाके में तेज बारिश होने के दौरान दूसरे इलाके में केवल बूंदाबांदी देखने को मिल सकती है।

    बारिश के कारण शहर की सड़कों पर जलभराव और यातायात की परेशानी भी बढ़ सकती है। खासकर जिन इलाकों में पहले से सड़कें खराब हैं या गड्ढे बने हुए हैं वहां बारिश का पानी जमा होने से वाहन चालकों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत होगी। दोपहिया वाहन चलाने वालों को फिसलन वाली सड़कों पर विशेष सतर्कता रखनी चाहिए। तेज बारिश के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से भी बचना बेहतर रहेगा।

    मौसम पूर्वानुमान में अगले कुछ दिनों तक भी भोपाल में बारिश का सिलसिला जारी रहने के संकेत मिल रहे हैं। 25 अगस्त को बारिश की गतिविधि और बढ़ सकती है जबकि 26 और 27 अगस्त को भी बारिश के दौर बने रहने का अनुमान है। ऐसे में राजधानी में मानसून की सक्रियता अभी खत्म होती नजर नहीं आ रही है।

    कुल मिलाकर 24 अगस्त को भोपाल का मौसम बादलों और बारिश के बीच सुहावना रहने की उम्मीद है। तापमान में ज्यादा बढ़ोतरी नहीं होने से गर्मी से राहत मिल सकती है। हालांकि बाहर निकलने वाले लोगों को बारिश को ध्यान में रखते हुए जरूरी तैयारी के साथ घर से निकलना चाहिए। मौसम तेजी से बदल सकता है इसलिए स्थानीय स्तर पर जारी होने वाले मौसम अलर्ट पर नजर रखना भी जरूरी होगा।

  • भोपाल की सड़कों पर जानलेवा गड्ढे और जलभराव से लोग परेशान निगम परिषद में कई मुद्दों पर बात लेकिन सड़कों पर खामोशी

    भोपाल की सड़कों पर जानलेवा गड्ढे और जलभराव से लोग परेशान निगम परिषद में कई मुद्दों पर बात लेकिन सड़कों पर खामोशी


    भोपाल । राजधानी भोपाल में लगातार हो रही बारिश ने शहर की सड़कों की हालत खराब कर दी है। कई इलाकों में सड़कें उखड़ चुकी हैं और जगह जगह बड़े गड्ढे बन गए हैं। बारिश का पानी इन गड्ढों में भर जाने के कारण वाहन चालकों के लिए खतरा और बढ़ गया है। कई जगह सड़क और गड्ढे के बीच अंतर करना तक मुश्किल हो जाता है। ऐसे में दोपहिया वाहन चालकों के साथ पैदल चलने वाले लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शहरवासियों का कहना है कि जर्जर सड़कों की समस्या लगातार बढ़ रही है लेकिन जिम्मेदार स्तर पर इसका स्थायी समाधान दिखाई नहीं दे रहा है।

    इसी बीच बुधवार को भोपाल नगर निगम परिषद की बैठक ISBT स्थित मीटिंग हॉल में आयोजित हुई। बैठक में नगर निगम से जुड़े कई अहम प्रस्तावों और मुद्दों पर पार्षदों तथा निगम प्रशासन के बीच चर्चा हुई। भवनों को किराए पर देने से लेकर फर्नीचर और स्टेशनरी की खरीद तथा मल्टीलेवल पार्किंग के ठेके जैसे विषय बैठक में उठाए गए। निगम परिषद की बैठक में इन मुद्दों पर चर्चा और निर्णय की प्रक्रिया आगे बढ़ी लेकिन शहर की बदहाल सड़कों और गड्ढों की समस्या चर्चा का हिस्सा नहीं बन सकी।

    बारिश के बाद भोपाल के कई इलाकों में सड़कों की स्थिति लगातार खराब हुई है। कहीं सड़क की ऊपरी परत उखड़ गई है तो कहीं बड़े गड्ढे वाहन चालकों के लिए परेशानी बन चुके हैं। जिन सड़कों पर पहले से छोटे गड्ढे थे वे लगातार बारिश के कारण और गहरे हो गए हैं। पानी भरने के बाद इनकी वास्तविक गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता। ऐसे में तेज रफ्तार से गुजरने वाले वाहन अचानक गड्ढे में गिरने पर असंतुलित हो सकते हैं। खासकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए यह स्थिति ज्यादा जोखिम भरी हो जाती है।

    शहर के लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में सड़कों की स्थिति हर साल खराब होती है और कई स्थानों पर मरम्मत के बाद भी समस्या दोबारा सामने आ जाती है। नागरिक चाहते हैं कि केवल गड्ढों को मिट्टी या मलबे से भरने के बजाय सड़क की स्थायी मरम्मत की जाए ताकि बारिश के बाद दोबारा वही स्थिति पैदा न हो। कई लोगों का यह भी कहना है कि नगर निगम और संबंधित विभागों को बारिश के दौरान क्षतिग्रस्त सड़कों की पहचान कर प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत करानी चाहिए।

    नागरिकों के लिए सबसे बड़ी चिंता उन सड़कों की है जहां दिनभर भारी यातायात रहता है। इन मार्गों पर गड्ढों के कारण वाहन चालकों को अचानक ब्रेक लगाने या रास्ता बदलने के लिए मजबूर होना पड़ता है। इससे यातायात प्रभावित होने के साथ दुर्घटना का खतरा भी बढ़ जाता है। वहीं पैदल राहगीरों के लिए जलभराव वाली सड़कें और खुले या गहरे गड्ढे अलग परेशानी पैदा कर रहे हैं।

    नगर निगम परिषद की बैठक में जब कई प्रशासनिक और ठेके से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई तो शहर की जर्जर सड़कों का विषय सामने नहीं आने पर नागरिकों के बीच सवाल उठ रहे हैं। लोगों की मांग है कि राजधानी की बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों को भी परिषद की प्राथमिकता में शामिल किया जाए। भोपालवासियों का कहना है कि सड़कों की समस्या सीधे उनकी रोजमर्रा की आवाजाही और सुरक्षा से जुड़ी है इसलिए इसे नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

    फिलहाल बारिश का दौर जारी रहने के कारण सड़कों की स्थिति और खराब होने की आशंका बनी हुई है। ऐसे में शहरवासियों की नजर अब नगर निगम और संबंधित विभागों की कार्रवाई पर है कि गड्ढों और क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत कब शुरू होती है और लोगों को इस परेशानी से कब राहत मिलती है।

  • 19 अगस्त को भोपाल में बरसेंगे बादल या मिलेगी राहत? मौसम विभाग के अलर्ट के बीच जानें दिनभर का हाल

    19 अगस्त को भोपाल में बरसेंगे बादल या मिलेगी राहत? मौसम विभाग के अलर्ट के बीच जानें दिनभर का हाल


    भोपाल । भोपाल में 19 अगस्त बुधवार को मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलता नजर आ सकता है। राजधानी में पिछले दिनों हुई बारिश के बाद अब भी मानसून सक्रिय बना हुआ है और मध्य प्रदेश समेत मध्य भारत के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना जताई जा रही है। मौसम से जुड़े ताजा पूर्वानुमानों में 19 अगस्त को मध्य प्रदेश में भी बारिश की गतिविधियां बने रहने के संकेत हैं। ऐसे में भोपाल के लोगों को बुधवार को बादल छाए रहने के साथ बारिश और गरज चमक का सामना करना पड़ सकता है।

    भोपाल में पिछले दिनों लगातार हुई बारिश ने शहर की रफ्तार पर भी असर डाला था। कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी और लोगों को आने जाने में परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम में कुछ समय के लिए राहत जरूर मिली लेकिन बारिश का खतरा पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। स्थानीय मौसम रिपोर्टों में भी भोपाल में आगे बारिश की संभावना बनी रहने की बात सामने आई है। ऐसे में 19 अगस्त को भी शहर में मौसम पूरी तरह साफ रहने की उम्मीद कम है।

    बुधवार की शुरुआत बादलों के बीच हो सकती है। दिन चढ़ने के साथ कुछ इलाकों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। मानसूनी परिस्थितियों के कारण एक ही समय में पूरे शहर में समान बारिश होना जरूरी नहीं है। राजधानी के किसी हिस्से में तेज बौछारें पड़ सकती हैं तो दूसरे इलाके में केवल बादल छाए रहने या हल्की बारिश होने की स्थिति बन सकती है। इसी वजह से घर से बाहर निकलने वाले लोगों को अचानक बदलने वाले मौसम के लिए तैयार रहना बेहतर होगा।

    बारिश के दौरान तापमान में भी राहत मिलने की उम्मीद रहती है। बादल और बारिश की वजह से दिन में गर्मी का असर कम हो सकता है और मौसम अपेक्षाकृत सुहावना महसूस हो सकता है। हालांकि बारिश रुकने के बाद उमस बढ़ सकती है। अगर बुधवार को तेज बारिश होती है तो शहर की सड़कों पर पानी जमा होने से ट्रैफिक की रफ्तार भी प्रभावित हो सकती है। खासतौर पर निचले इलाकों और उन रास्तों पर लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए जहां बारिश के दौरान जलभराव की समस्या सामने आती है।

    गरज चमक के दौरान सावधानी रखना भी जरूरी होगा। खुले मैदानों में रहने या पेड़ के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। दोपहिया वाहन से सफर करने वाले लोगों के लिए बारिश के दौरान सड़क पर फिसलन और कम दृश्यता परेशानी बढ़ा सकती है। ऐसे में जरूरी होने पर ही तेज बारिश के दौरान यात्रा करना बेहतर रहेगा।

    मौसम विभाग के व्यापक पूर्वानुमानों के मुताबिक 19 अगस्त को देश के कई हिस्सों में बारिश और आंधी की गतिविधियां बनी रह सकती हैं और मध्य प्रदेश भी प्रभावित राज्यों में शामिल है। इसलिए भोपाल में रहने वाले लोगों को मौसम के ताजा अपडेट पर नजर रखनी चाहिए।

    कुल मिलाकर 19 अगस्त को भोपाल में मौसम का मिजाज मिलाजुला रहने की संभावना है। आसमान में बादलों का डेरा रहने के साथ बारिश के दौर देखने को मिल सकते हैं। हालांकि बारिश कितनी तेज होगी और शहर के किन हिस्सों में ज्यादा असर रहेगा यह स्थानीय मौसम परिस्थितियों पर निर्भर करेगा। इसलिए बुधवार को बाहर निकलने से पहले मौसम की ताजा जानकारी देखना और बारिश की स्थिति में जरूरी सावधानी बरतना समझदारी होगी।