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  • नीतीश कुमार 12 अप्रैल को मुख्‍यमंत्री पद से दे सकते हैं इस्तीफा, 14 को नई सरकार बनने की संभावना

    नीतीश कुमार 12 अप्रैल को मुख्‍यमंत्री पद से दे सकते हैं इस्तीफा, 14 को नई सरकार बनने की संभावना


    नई दिल्ली। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने हाल ही में MLC पद से इस्तीफा दे दिया है। इसके बाद बिहार में नए मुख्यमंत्री की खोज शुरू हो गई है। बीजेपी की ओर से नए सीएम के लिए सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा, नित्यानंद राय और दिलीप जायसवाल के नाम चर्चा में हैं। जेडीयू से निशांत कुमार और विजय चौधरी के नाम सामने आ रहे हैं।

    मीडिया और राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि नीतीश कुमार 12 अप्रैल को CM पद से इस्तीफा दे सकते हैं। इसके बाद 14 अप्रैल तक नए मुख्यमंत्री की शपथ समारोह होने की संभावना जताई जा रही है। फिलहाल कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

    राजनीतिक गतिविधियां और दिल्ली यात्रा

    सियासी हलचल के बीच बताया जा रहा है कि नीतीश कुमार अगले सप्ताह 9 अप्रैल को दिल्ली जाएंगे और राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ले सकते हैं। इसके बाद वे पटना लौटकर राज्यपाल रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन से मिलकर अपना इस्तीफा सौंपेंगे।

    सुरक्षा और आवास में बदलाव

    मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद भी नीतीश कुमार को जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा जारी रहेगी। गृह विभाग की विशेष शाखा ने आदेश में कहा है कि उन्हें बिहार स्पेशल सिक्योरिटी एक्ट-2000 के तहत सुरक्षा प्रदान की जाएगी। सीएम पद छोड़ने के बाद नीतीश कुमार को वर्तमान में 1 अणे मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास छोड़कर 7 सर्कुलर रोड स्थित बंगले में रहने के लिए जाना होगा।

  • बिहार में बिना लाइसेंस और परमिशन के नहीं बजेंगे DJ, 15 दिन के अंदर होगा एक्शन

    बिहार में बिना लाइसेंस और परमिशन के नहीं बजेंगे DJ, 15 दिन के अंदर होगा एक्शन


    नई दिल्ली । बिहार में अब बिना लाइसेंस और बिना परमिशन के डीजे बजाने को लेकर सरकार सख्त नजर आ रही है. राज्य में अब बिना इजाजत और लाइसेंस के बिना कोई भी डीजे नहीं बजा पाएगा. इसके लिए सरकार तैयारियों में जुट गई है. साथ ही प्रशासन को भी सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं.

    प्रदेश में 15 दिनों के अंदर अब डीजे बजाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. विधान परिषद में निर्दलीय एमएलसी वंशीधर व्रजवासी ने डीजे के मुद्दे को उठाया है. जिस पर बिहार सरकार के मंत्री श्रवण कुमार ने कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही.

    निर्दलीय एमएलसी ने उठाया मुद्दा

    विधान परिषद निर्दलीय एमएलसी वंशीधर व्रजवासी ने परिषद की कार्यवाही के दौरान सवाल उठाया कि शादी, जुलूसों में बजने वाले तेज डीजे से लोगों को दिल का दौरा पड़ रहा है. बिना नंबर प्लेट की गाड़ियों पर अवैध रूप से डीजे बजाया जाता है.

    उन्होंने आगे कहा कि कई लोग गाड़ियों को बिना परमिशन के डीजे वाले वाहन में तब्दील कर देते हैं. सरकार इस पर ध्यान दे और कार्रवाई करे. उन्होंने गुरुवार 19 फरवरी को ध्वनि प्रदूषण और डीजे से होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं का मुद्दा उठाया.

    परिवहन मंत्री ने एमएलसी के सवाल पर किया ऐलान

    परिवहन मंत्री एवं जदयू विधायक श्रवण कुमार ने उनके सवाल पर बड़ा ऐलान किया. मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि अगले 15 दिनों के भीतर पूरे बिहार में बिना अनुमति और बिना लाइसेंस के डीजे बजाने वालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की जाएगी. उन्होंने आगे यह कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाली डीजे गाड़ियों को सीधे जब्त किया जाएगा. बाद में यह मत कहिएगा कि शादी-ब्याह का मौका है, इसलिए डीजे बजाने दीजिए.

    उन्होंने कहा कि उत्सव के नाम पर आम जनता की सेहत और शांति से खिलवाड़ करने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी. बता दें बिना परमिशन चलने वाले डीजे संचालकों पर नकेल कसने की तैयारी सरकार कर रही है. साउंड लिमिट और लाइसेंसिंग को अनिवार्य बनाया जाएगा.

  • नीतीश के दोनों डिप्टी सीएम उनसे अमीर, सम्राट के पास कैश तो विजय सिन्हा के पास सबसे अधिक सोना-चांदी

    नीतीश के दोनों डिप्टी सीएम उनसे अमीर, सम्राट के पास कैश तो विजय सिन्हा के पास सबसे अधिक सोना-चांदी


    नई दिल्ली। बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी समेत सभी मंत्रियों ने अपने संपत्ति का ब्योरा सार्वजनिक कर दिया है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पास दोनों डिप्टी सीएम से कम संपत्ति है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 1 करोड़ 65 लाख रुपए की संपत्ति के मालिक हैं. उनके पास महज 20 हजार रुपए नकद हैं. दिल्ली के द्वारका में एक फ्लैट है, जिसकी कीमत 1 करोड़ 48 लाख रुपए है. साथ ही उनके पास दस गाय है. दो लाख रुपए की ज्वेलरी भी है, जिसमें 2 सोने की अंगूठी 1 चांदी की अंगूठी भी है. 10 साल पुरानी एक फोर्ड इकोस्पोर्ट कार है, जिसकी कीमत 11 लाख 32 हजार रुपए है.
    वहीं उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के पास नीतीश के मुकाबले करीब 7 गुना अधिक कैश है. उनके पास 1 लाख 35 हजार की नकदी है, उनकी पत्नी कुमारी ममता के पास 35 हजार की नकदी है. सम्राट चौधरी के बैंक खातों में 17 लाख 45 हजार 488 रुपए जमा है. उनकी पत्नी के खाते में 6 लाख 43 हजार बेटी के खाते में 1 लाख 34 हजार, बेटे प्रणय के खाते में 1 लाख 8 हजार रुपए जमा हैं.
    बॉन्ड और इंश्योरेंस में निवेश, हथियार के शौकीन हैं सम्राट
    सम्राट चौधरी ने बॉन्ड्स में 31 लाख रुपए का निवेश किया है. निप्पोन इंडिया, फ्रैंकलिन इंडिया और HDFC के बॉन्ड में उन्होंने निवेश किया है. वहीं 19 लाख रुपए LIC में निवेश किए हैं. राज्य के गृह मंत्री सम्राट चौधरी के पास NP बोर रायफल है जिसकी कीमत 4 लाख रुपए है. वहीं पिता शकुनि चौधरी की दी हुई रिवॉल्वर भी है. इसकी कीमत 2 लाख रुपए है.डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के पास 88 हजार 560 रुपए की नकदी है, वहीं उनकी पत्नी सुशीला देवी के पास 67 हजार 528 रुपए कैश हैं. विजय सिन्हा के पास करीब 1 करोड़ की चल संपत्ति है. वहीं उनकी पत्नी के पास 1 करोड़ 73 लाख रुपए की चल संपत्ति है. इसमें बैंक खातों में जमा राशि, शेयर्स और गहने शामिल हैं.

    विजय सिन्हा के पास सबसे अधिक सोना-चांदी

    मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पास दो लाख रुपए की ज्वेलरी है, जिसमें 2 सोने की अंगूठी, 1 चांदी की अंगूठी है. सम्राट चौधरी के पास पास 20 लाख रुपए का सोना, पत्नी के पास भी 20 लाख का सोना और 75 हजार मूल्य की चांदी है. वहीं विजय सिन्हा के पास 9 लाख 90 हजार के गहने हैं. उन्होंने बताया है कि यह उन्हें शादी के वक्त तोहफे में मिले थे. वहीं उनकी पत्नी के पास 49 लाख 50 हजार रुपए के गहने हैं.
  • शशि थरूर ने क्यों की नीतीश सरकार की तारीफ, बिहार को लेकर कही ये बड़ी बात, कांग्रेस को फिर लगेगा बुरा!

    शशि थरूर ने क्यों की नीतीश सरकार की तारीफ, बिहार को लेकर कही ये बड़ी बात, कांग्रेस को फिर लगेगा बुरा!


    नई दिल्ली । कांग्रेस के सांसद शशि थरूर ने सोमवार 22 दिसंबर को नीतीश कुमार सरकार की तरफ से बिहार में बुनियादी ढांचे पर किए जा रहे कार्यों की जमकर सराहना की, जबकि कांग्रेस की मुख्य प्रतिद्वंद्वी बीजेपी बिहार में नीतीश कुमार की जेडीयू के साथ गठबंधन में है.नालंदा साहित्य महोत्सव में भाग लेने के लिए बिहार आए शशि थरूर ने एक चैनल संग बातचीत में कहा कि इसमें कोई शक नहीं कि बुनियादी ढांचा पहले की तुलना में कहीं बेहतर है. सड़कें बेहतर हैं. लोग देर रात तक सड़कों पर दिखते हैं, जबकि पहले ऐसा नहीं होता था. अब तक बिजली, पानी और बाकी सब कुछ ठीक चल रहा है.
    नीतीश के बारे में पूछे जाने पर क्या बोले
    उन्होंने कहा कि मेरा मतलब है, इसमें कोई शक नहीं कि हाल के वर्षों में बहुत सी अच्छी चीजें हुई हैं. नीतीश कुमार के बारे में पूछे जाने पर कांग्रेस सांसद ने टालमटोल करते हुए कहा कि मुझे यहां राजनीति में मत घसीटिए. मैं निश्चित रूप से इस प्रगति को देखकर बहुत खुश हूं. बिहार की जनता और उनके प्रतिनिधि इसके लिए श्रेय के पात्र हैं.

    कांग्रेस का क्या है रिएक्शन

    बिहार में थरूर के बीजेपी संग गठबंधन वाली सरकार की प्रशंसा करने वाली हालिया टिप्पणी पर कांग्रेस ने अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. पिछले महीने दुबई में एक मीडिया कार्यक्रम में थरूर ने राजनीतिक परिदृश्य पर खेद व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि हर किसी को वैचारिक रूप से कट्टरपंथी होना पड़ता है और वे दूसरे पक्ष की अच्छाई को नहीं देखते या दूसरे पक्ष के किसी भी व्यक्ति से बात नहीं करते.

    हिजाब विवाद को लेकर क्या कहा था
    बता दें कि 4 बार के सांसद शशि थरूर, प्रधानमंत्री और सत्तारूढ़ बीजेपी की प्रशंसा करने वाले कई बयानों के बाद कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व के साथ अपने संबंध खराब होते देख रहे हैं. थरूर हमेशा से यह कहते रहे हैं कि उनकी टिप्पणियां केवल भारत की बेहतर सेवा करने की इच्छा को दर्शाती हैं. इससे पहले शशि थरूर ने हिजाब विवाद को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की आलोचना करते हुए कहा था कि यह घटना अनुचित थी.

  • अब नहीं चलेगी थानों की मनमानी: पुलिस सेवाएँ होंगी ऑनलाइन, रियल-टाइम ट्रैकिंग की सुविधा

    अब नहीं चलेगी थानों की मनमानी: पुलिस सेवाएँ होंगी ऑनलाइन, रियल-टाइम ट्रैकिंग की सुविधा


    नई दिल्ली । बिहार में नई सरकार के गठन के बाद कानून-व्यवस्था को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। राज्य के उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार (6 दिसंबर) को पुलिस मुख्यालय में बहुप्रतीक्षित ‘सिटीजन सर्विस पोर्टल’ का शुभारंभ किया। सरकार का दावा है कि यह पोर्टल पुलिस प्रशासन में पारदर्शिता बढ़ाने के साथ-साथ आम जनता को थानों की अनावश्यक भागदौड़ से मुक्त करेगा।

    नागरिकों को डिजिटल सुविधा, थानों के चक्कर से मुक्ति

    लॉन्चिंग के दौरान डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि हर आवश्यक पुलिस सेवा घर बैठे उपलब्ध हो। कई बार छोटी-छोटी जरूरतों के लिए लोगों को थानों के चक्कर लगाने पड़ते हैं, जहाँ देरी, मनमर्जी और परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि नया पोर्टल इस मनमानी पर रोक लगाएगा और हर प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी बनाएगा।

    सम्राट चौधरी ने कहा,
    “अब नागरिकों को साधारण सत्यापन से लेकर शिकायत दर्ज कराने तक किसी भी काम के लिए थाने पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी और जवाबदेही तय रहेगी।”

    पोर्टल की मुख्य ऑनलाइन सेवाएँ

    सिटीजन सर्विस पोर्टल को इस तरह डिजाइन किया गया है कि आम लोग कुछ ही क्लिक में अपने महत्वपूर्ण कार्य पूरा कर सकें। इसकी प्रमुख सेवाएँ इस प्रकार हैं—

    पुलिस सत्यापन (Verification)
    नौकरी, किरायेदार, पासपोर्ट या अन्य आवश्यक कार्यों के लिए अब पुलिस वेरिफिकेशन का ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा।

    ई-शिकायत (Online Complaint)
    किसी भी प्रकार की शिकायत दर्ज कराने के लिए थाने जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। नागरिक घर बैठे शिकायत फॉर्म भरकर सबमिट कर सकते हैं।

    खोया-पाया रिपोर्ट
    यदि कोई महत्वपूर्ण दस्तावेज या सामान खो जाए, तो उसकी रिपोर्ट वेबसाइट पर सीधे दर्ज की जा सकेगी।

    FIR की डिजिटल प्रक्रिया
    दर्ज की गई ऑनलाइन शिकायत संबंधित थाना को भेजी जाएगी। प्रारंभिक जांच के बाद मामला सही पाए जाने पर FIR भी ऑनलाइन दर्ज की जाएगी, जिससे प्रक्रिया तेज और पारदर्शी बनेगी।

    पोर्टल की सबसे बड़ी विशेषता: रियल-टाइम ट्रैकिंग

    पोर्टल का सबसे आकर्षक और उपयोगी फीचर है रियल-टाइम स्टेटस ट्रैकिंग। यानी नागरिक अपना आवेदन, शिकायत या सत्यापन किस चरण में है, यह तुरंत देख सकेंगे।
    इससे न केवल लोगों का समय बचेगा, बल्कि अफसरों पर भी कार्रवाई की पारदर्शिता बनाए रखने की जिम्मेदारी तय होगी।

    समय और पैसे दोनों की बचत

    पोर्टल के माध्यम से मिलने वाली डिजिटल सुविधाएँ तीन मुख्य लाभ सुनिश्चित करती हैं—

    समय की बचत: कार्यालय या थानों के शारीरिक चक्कर समाप्त।

    ऊर्जा की बचत: तनाव और परेशानी कम होगी।

    खर्च में कमी: बिना किसी एजेंट या मध्यस्थ के सीधी सेवा मिलेगी।

    सरकार का मानना है कि इन सुविधाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता, दक्षता और जवाबदेही व्यापक रूप से बढ़ेगी।

    सुरक्षा व्यवस्था को आधुनिक और मजबूत बनाने की दिशा में कदम

    सिटीजन सर्विस पोर्टल के शुभारंभ के मौके पर डीजीपी विनय कुमार, एडीजी कुंदन कृष्णन सहित पुलिस मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। अधिकारियों ने कहा कि यह पहल बिहार में डिजिटल पुलिसिंग की दिशा में ऐतिहासिक कदम साबित होगी।

    गृह मंत्री सम्राट चौधरी लगातार यह स्पष्ट कर रहे हैं कि राज्य में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत और तकनीक आधारित बनाना सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इस पोर्टल में और भी कई सेवाएँ जोड़ी जाएँगी, जिनमें—

    महिला सुरक्षा से जुड़ी सेवाएँ

    साइबर अपराध से संबंधित ऑनलाइन सुविधा

    ट्रैफिक उल्लंघन और चालान की डिजिटल जानकारी
    जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएँ शामिल हो सकती हैं।

    बिहार में नई उम्मीदें

    सिटीजन सर्विस पोर्टल का शुभारंभ बिहार की कानून-व्यवस्था प्रणाली में एक सकारात्मक बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
    जहाँ पहले थानों में मनमाने व्यवहार और देरी की शिकायतें आम थीं, वहीं अब डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्रक्रिया तेज, सरल और पारदर्शी होगी।

    सरकार का विश्वास है कि इस पहल से न केवल पुलिस प्रशासन पर लोगों का भरोसा बढ़ेगा, बल्कि बिहार में आधुनिक और जवाबदेह शासन व्यवस्था की एक नई नींव भी रखी जाएगी।