Tag: Diwali Special Trains

  • दीपावली और छठ पर घर जाना होगा आसान, ग्वालियर-गांधीनगर समेत 4 ट्रेनों में स्लीपर कोच बढ़ाए, नई व्यवस्था लागू

    दीपावली और छठ पर घर जाना होगा आसान, ग्वालियर-गांधीनगर समेत 4 ट्रेनों में स्लीपर कोच बढ़ाए, नई व्यवस्था लागू


    ग्वालियर । दीपावली और छठ पूजा के दौरान ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के लिए रेलवे ने राहत देने वाला फैसला लिया है। त्योहारों के समय बढ़ती भीड़ और स्लीपर क्लास में सीटों की मांग को देखते हुए चार ट्रेनों के कोच कंपोजिशन में बदलाव किया गया है। इन ट्रेनों में थर्ड एसी इकोनॉमी कोच की संख्या घटाकर स्लीपर कोच बढ़ाए गए हैं। रेलवे के इस फैसले से उन यात्रियों को फायदा मिलने की उम्मीद है जो त्योहारों पर अपने घर जाने या दूसरे शहरों की यात्रा करने के लिए स्लीपर क्लास में टिकट बुक कराते हैं।

    रेलवे के अनुसार कोच व्यवस्था में बदलाव का उद्देश्य यात्रियों की जरूरत के हिसाब से सीटों की उपलब्धता बढ़ाना है। दीपावली और छठ पूजा के आसपास ग्वालियर और झांसी सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग गुजरात और महाराष्ट्र की ओर यात्रा करते हैं। त्योहारों के दौरान ट्रेनों में भीड़ बढ़ने से टिकटों की मांग भी काफी बढ़ जाती है। ऐसे में यात्रियों को कई बार वेटिंग टिकट लेकर सफर की योजना बनानी पड़ती है। स्लीपर कोच बढ़ने से इस श्रेणी में अतिरिक्त बर्थ उपलब्ध हो सकेंगी।

    रेलवे ने जिन ट्रेनों की व्यवस्था में बदलाव किया है उनमें ग्वालियर-गांधीनगर एक्सप्रेस और झांसी-बांद्रा स्पेशल शामिल हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक इन दोनों ट्रेनों में नई कोच व्यवस्था 21 और 22 अक्टूबर से लागू की गई है। बाकी दो ट्रेनों के नाम और उनमें बदलाव लागू होने की तारीख की जानकारी संबंधित रेलवे सूचना से स्पष्ट होने पर ही बताई जा सकती है।

    त्योहारों के समय लंबी दूरी की ट्रेनों में स्लीपर क्लास की मांग अधिक रहती है। बड़ी संख्या में यात्री परिवार के साथ सफर करते हैं और किफायती किराए के कारण स्लीपर श्रेणी को प्राथमिकता देते हैं। यात्रियों की संख्या बढ़ने पर इसी श्रेणी में सीटों की कमी और वेटिंग की समस्या सामने आती है। ऐसे में एसी इकोनॉमी कोच घटाकर स्लीपर कोच बढ़ाने का फैसला यात्रियों की मांग के अनुरूप माना जा रहा है।

    हालांकि कोचों की संख्या में बदलाव का मतलब यह नहीं है कि हर ट्रेन में हर तारीख पर सीट मिलना सुनिश्चित हो गया है। यात्रियों को यात्रा से पहले संबंधित ट्रेन में उपलब्ध सीटों और टिकट की स्थिति की जांच कर लेनी चाहिए। साथ ही ट्रेन के कोच कंपोजिशन और यात्रा संबंधी ताजा जानकारी के लिए रेलवे के आधिकारिक आरक्षण माध्यमों पर भरोसा करना चाहिए।

    रेलवे का यह कदम त्योहारों के दौरान यात्रियों की बढ़ती जरूरतों को देखते हुए उठाया गया है। स्लीपर कोच में बर्थ बढ़ने से अधिक यात्रियों को आरक्षण मिलने की संभावना बनेगी और उन्हें यात्रा की योजना बनाने में कुछ राहत मिल सकती है।

  • दिवाली-छठ की भीड़ से पहले रेलवे की तैयारी तेज भोपाल समेत MP के 30 स्टेशनों से चलेंगी कई पूजा स्पेशल ट्रेनें

    दिवाली-छठ की भीड़ से पहले रेलवे की तैयारी तेज भोपाल समेत MP के 30 स्टेशनों से चलेंगी कई पूजा स्पेशल ट्रेनें

    भोपाल। दिवाली और छठ पूजा के दौरान घर लौटने वाले यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने मध्यप्रदेश से कई स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी की है। त्योहारी सीजन में नियमित ट्रेनों में यात्रियों की संख्या बढ़ने के कारण अतिरिक्त ट्रेन सेवाओं का संचालन किया जाएगा। इन स्पेशल ट्रेनों के जरिए मध्यप्रदेश के करीब 30 स्टेशन राजस्थान उत्तरप्रदेश बिहार झारखंड महाराष्ट्र तेलंगाना आंध्रप्रदेश तमिलनाडु हरियाणा और दिल्ली से जुड़ेंगे। इससे यात्रियों को त्योहारों के दौरान अपने घर जाने और वापस लौटने के लिए अतिरिक्त ट्रेन विकल्प मिल सकेंगे।

    भोपाल मंडल के यात्रियों के लिए भी इन सेवाओं में कई महत्वपूर्ण ट्रेनें शामिल हैं। सुल्तानपुर और वाराणसी से लोकमान्य तिलक टर्मिनस जाने वाली फेस्टिवल स्पेशल ट्रेनें बीना रानी कमलापति और इटारसी होकर चलेंगी। दोनों दिशाओं में इनके चार चार फेरे निर्धारित किए गए हैं। इससे भोपाल मंडल के इन तीन प्रमुख स्टेशनों से मुंबई जाने वाले यात्रियों को अतिरिक्त विकल्प मिलेगा। सुल्तानपुर से लोकमान्य तिलक टर्मिनस जाने वाली ट्रेन 21 अक्टूबर से 11 नवंबर तक प्रत्येक बुधवार चलेगी जबकि वापसी सेवा 22 अक्टूबर से 12 नवंबर तक प्रत्येक गुरुवार रहेगी। वाराणसी से मुंबई जाने वाली ट्रेन 22 अक्टूबर से 12 नवंबर तक प्रत्येक गुरुवार और मुंबई से वाराणसी लौटने वाली ट्रेन 23 अक्टूबर से 13 नवंबर तक प्रत्येक शुक्रवार चलेगी।

    इसके अलावा अजमेर से रांची के बीच पूजा स्पेशल ट्रेन भी चलाई जाएगी। ट्रेन के दोनों दिशाओं में नौ नौ फेरे होंगे। यह सेवा अक्टूबर से नवंबर के बीच चलेगी और मध्यप्रदेश में रुठियाई गुना सागर दमोह कटनी ब्यौहारी और सिंगरौली जैसे स्टेशनों के यात्रियों को सुविधा देगी। इसी तरह जोधपुर और चेन्नई बीच चलने वाली पूजा स्पेशल ट्रेन के भी दोनों दिशाओं में नौ नौ फेरे होंगे। यह ट्रेन गुना बीना भोपाल और इटारसी जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी।

    पितृपक्ष के दौरान रानी कमलापति से गया के बीच भी विशेष ट्रेन चलाई जाएगी। इस ट्रेन के दोनों दिशाओं में तीन तीन फेरे होंगे। रानी कमलापति से गया के लिए सेवा 27 सितंबर 2 अक्टूबर और 7 अक्टूबर को रहेगी जबकि गया से वापसी 30 सितंबर 5 अक्टूबर और 10 अक्टूबर को होगी। ट्रेन नर्मदापुरम इटारसी पिपरिया नरसिंहपुर जबलपुर कटनी मैहर सतना और अन्य प्रमुख स्टेशनों पर ठहरेगी।

    त्योहारी भीड़ को देखते हुए पुणे से गोरखपुर और मुंबई सीएसएमटी से गोरखपुर के बीच भी स्पेशल ट्रेनें चलेंगी। पुणे गोरखपुर सेवा मध्यप्रदेश में खंडवा इटारसी भोपाल और बीना से होकर जाएगी। वहीं मुंबई सीएसएमटी गोरखपुर सेवा खंडवा इटारसी भोपाल और बीना से होकर चलेगी। मुंबई गोरखपुर स्पेशल के 43 फेरे निर्धारित हैं जबकि पुणे और मुंबई से गोरखपुर जाने वाली दोनों सेवाओं को मिलाकर कुल 87 अतिरिक्त फेरे होने की जानकारी दी गई है।

    विंध्य और मालवा क्षेत्र के यात्रियों के लिए भी अतिरिक्त सेवाएं रखी गई हैं। रानी कमलापति रीवा पूजा स्पेशल के दोनों दिशाओं में चार चार फेरे होंगे। वहीं रीवा से डॉ. अंबेडकर नगर के बीच चलने वाली पूजा स्पेशल ट्रेन के दोनों दिशाओं में छह छह फेरे होंगे। यह ट्रेन सतना मैहर कटनी जबलपुर इटारसी रानी कमलापति संत हिरदाराम नगर सीहोर शुजालपुर मक्सी देवास और इंदौर जैसे स्टेशनों पर ठहरेगी। इससे रीवा और आसपास के यात्रियों को भोपाल जबलपुर और इंदौर मालवा क्षेत्र के लिए अतिरिक्त कनेक्टिविटी मिलेगी।

    इन 10 स्पेशल ट्रेन सेवाओं के घोषित ठहरावों को मिलाकर दोहराव हटाने पर मध्यप्रदेश के 30 अलग अलग स्टेशन इस त्योहारी रेल नेटवर्क में शामिल होंगे। इनमें भोपाल रानी कमलापति बीना इटारसी नर्मदापुरम खंडवा गुना सागर दमोह विदिशा कटनी मैहर सतना जबलपुर इंदौर देवास और डॉ. अंबेडकर नगर सहित कई स्टेशन शामिल हैं। त्योहारों के दौरान बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए इन अतिरिक्त ट्रेनों से यात्रियों को नियमित सेवाओं के साथ यात्रा के और विकल्प मिल सकेंगे।