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  • सिंधिया के अपनी तो जैसे तैसे डांस की चर्चा, विजयवर्गीय के भजन पर सियासी तंज, गड्ढों के झटकों से हिल गए BJP प्रदेश अध्यक्ष

    सिंधिया के अपनी तो जैसे तैसे डांस की चर्चा, विजयवर्गीय के भजन पर सियासी तंज, गड्ढों के झटकों से हिल गए BJP प्रदेश अध्यक्ष


    भोपाल। मध्य प्रदेश की सियासत में इन दिनों नेताओं के भाषणों के साथ उनके डांस और भजन की प्रस्तुतियां भी चर्चा का विषय बन रही हैं। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से लेकर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और पूर्व मंत्री कमल पटेल तक के वीडियो सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच रहे हैं। वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की एक रील सड़क की बदहाली को लेकर चर्चा में आ गई है। इन वीडियो में कहीं मनोरंजन नजर आ रहा है तो कहीं लोग गाने और भजन के बोल के आधार पर सियासी मायने निकाल रहे हैं।

    केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया अशोक नगर में युवाओं के साथ संवाद कार्यक्रम के दौरान एक गाने पर थिरकते नजर आए। उन्होंने अपनी तो जैसे तैसे कोई ऐसे या वैसे कट जाएगी आपका क्या होगा जनाब ए आली गाने पर डांस किया। उनकी इस प्रस्तुति की चर्चा होने लगी। लोगों ने उनके अंदाज को पसंद किया लेकिन गाने के बोल ने भी सियासी गलियारों में चुटकी लेने का मौका दे दिया। अब इस बात पर कयास लगाए जा रहे हैं कि आखिर इस गाने को लेकर लोग क्या संदेश तलाश रहे हैं। हालांकि सिंधिया की ओर से किसी खास राजनीतिक संदेश की बात सामने नहीं आई है।

    दूसरी ओर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का भजन भी चर्चा में है। एक गरबा आयोजन के दौरान वे महाकाल डमरू वाले तू न संभाले तो हमें कौन संभाले भजन गाते नजर आए। विजयवर्गीय के भजन गाने का यह पहला मौका नहीं है लेकिन इस बार इसके बोल को लेकर राजनीतिक चर्चाएं शुरू हो गईं। प्रदेश की राजनीति में उनकी भूमिका और सत्ता संगठन में कथित उपेक्षा को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच लोग इसे अपने अपने अंदाज में देख रहे हैं। हालांकि इसे उनकी निजी आस्था और भक्ति की प्रस्तुति के रूप में भी देखा जा सकता है। इसी बीच उनके पुराने मित्र और पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने चुटकी लेते हुए उन्हें इंदौर के पितृ पर्वत स्थित हनुमान मंदिर में बैठने की सलाह दी। उनकी टिप्पणी ने इस पूरे मामले को और दिलचस्प बना दिया।

    पूर्व मंत्री कमल पटेल का एक वीडियो भी चर्चा में है। हरदा में आयोजित भजन संध्या के दौरान तुम अगर साथ देने का वादा करो मैं यूं ही मस्त नगमे लुटाता रहूं गाना बजा तो वे खुद को थिरकने से रोक नहीं पाए। कमल पटेल पिछला विधानसभा चुनाव हार चुके हैं और अब उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर चर्चाएं होती रहती हैं। ऐसे में उनके डांस को लेकर भी लोग मजाकिया अंदाज में राजनीतिक संकेत तलाश रहे हैं। कुछ लोग इसे जनता का साथ पाने की इच्छा से जोड़कर देख रहे हैं लेकिन यह लोगों की अपनी व्याख्या है।

    इधर मध्य प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की कार में भजन सुनते हुए बनाई गई रील भी चर्चा में आ गई। वे कार में बैठकर माता के भजन सुन रहे थे। इसी दौरान वाहन सड़क पर बने गड्ढों से गुजरा तो कार हिचकोले खाने लगी और अध्यक्ष भी झटकों से हिलते नजर आए। इस वीडियो को लेकर लोगों ने सड़क की हालत पर सवाल उठाए। भले ही वीडियो बनाने का उद्देश्य भक्ति का आनंद लेना रहा हो लेकिन उसमें दिखाई देने वाले गड्ढों ने सड़क की बदहाली को भी सामने ला दिया।

    इसी राजनीतिक हलचल के बीच सरकारी विभाग में अनुकंपा नियुक्तियों को लेकर एक मामला भी सामने आया है। खबर के मुताबिक एक विभाग के सचिव स्तर के अधिकारी ने 25 लोगों की सूची तैयार कर वरिष्ठ अधिकारी को भेजी थी। जांच में पता चला कि सूची में शामिल 15 लोगों को पहले ही अनुकंपा नियुक्ति मिल चुकी थी और वे नौकरी कर रहे थे। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारी ने सूची तैयार करने वाले अधिकारी को फटकार लगाई। अब बाकी 10 लोगों की नियुक्ति को लेकर आगे क्या निर्णय होता है इस पर नजर रहेगी। इस तरह मध्य प्रदेश में नेताओं के वीडियो से लेकर प्रशासनिक कामकाज तक कई मुद्दे चर्चा में हैं।

  • हेमंत खंडेलवाल ने कहा- अमित शाह ने सहकारिता को दी नई दिशा, मध्यप्रदेश में 50 लाख लीटर दूध कलेक्शन का लक्ष्य

    हेमंत खंडेलवाल ने कहा- अमित शाह ने सहकारिता को दी नई दिशा, मध्यप्रदेश में 50 लाख लीटर दूध कलेक्शन का लक्ष्य


    मध्यप्रदेश:
    की राजधानी भोपाल के भेल दशहरा मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष एवं वरिष्ठ विधायक हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने देश में सहकारिता को नई दिशा दी है। उन्होंने कहा कि अमित शाह के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश में सहकारिता के क्षेत्र की दिशा बदली है और प्रदेश में दुग्ध क्रांति की शुरुआत की गई है। खंडेलवाल ने राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन में अमित शाह की मौजूदगी को प्रदेशवासियों के लिए गर्व का विषय बताया। उन्होंने कहा कि सहकारिता के माध्यम से दुग्ध उत्पादन और किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में काम किया जा रहा है।

    खंडेलवाल ने कहा कि मध्यप्रदेश में अब तक 1700 से अधिक दुग्ध सहकारी समितियां बनाई जा चुकी हैं। सांची और नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के बीच हुए समझौता ज्ञापन के बाद प्रदेश में दूध का कलेक्शन बढ़कर 12 लाख लीटर प्रतिदिन तक पहुंच गया है। उनके मुताबिक प्रदेश के गौपालकों को अब दूध के लिए 8.50 रुपये प्रति लीटर अधिक दाम मिल रहा है। इससे दूध उत्पादन से जुड़े कृषकों की आय में वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि उद्देश्य यह है कि दूध से किसानों की आय बढ़े, गोबर से खाद बने और सरकार के सहयोग से समृद्धि आए। सहकारिता के जरिए दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।

    भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि केंद्रीय मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में प्रदेश सरकार इसी दिशा में काम कर रही है। उन्होंने आगामी वर्षों में दूध कलेक्शन को 50 लाख लीटर प्रतिदिन तक पहुंचाने का संकल्प जताया। खंडेलवाल के अनुसार मध्यप्रदेश में दूध से आय आधारित अर्थव्यवस्था विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। इस लक्ष्य के लिए दुग्ध सहकारी समितियों और दूध उत्पादन से जुड़े किसानों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। सम्मेलन में दुग्ध उत्पादन को ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जोड़ने और किसानों की आय बढ़ाने की बात भी सामने रखी गई।

    भोपाल में आयोजित इस राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन में सहकारिता और दुग्ध क्षेत्र से जुड़े विषयों पर चर्चा हुई। कार्यक्रम के दौरान प्रदेश में दूध कलेक्शन बढ़ाने और दुग्ध उत्पादकों की आय में वृद्धि के लिए सहकारी मॉडल को मजबूत करने की बात कही गई। खंडेलवाल ने सहकारिता, दुग्ध उत्पादन और गोपालकों की आय को एक-दूसरे से जोड़कर आगे बढ़ाने की आवश्यकता बताई। उनके बयान के अनुसार, मौजूदा 12 लाख लीटर प्रतिदिन के दूध कलेक्शन को आने वाले वर्षों में 50 लाख लीटर प्रतिदिन तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।

    खंडेलवाल ने कहा कि प्रदेश में दूध से आय आधारित अर्थव्यवस्था विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही गोबर से खाद तैयार करने और सरकार के सहयोग से समृद्धि लाने की दिशा में काम करने की बात उन्होंने कही। उन्होंने सहकारिता के क्षेत्र में हुए काम को आगे बढ़ाने और दुग्ध उत्पादन को प्रदेश की अर्थव्यवस्था से जोड़ने पर जोर दिया। सम्मेलन में कही गई बातों के अनुसार, आने वाले वर्षों में दूध कलेक्शन बढ़ाना, किसानों की आय में वृद्धि करना और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर तैयार करना इस दिशा में प्रमुख लक्ष्य हैं।

  • MP की सियासत में एक दिन में तीन बड़े सीन ट्रंप के ऐलान से शिवराज ट्रेंड में CM मोहन ने हेमंत को बीच में बैठाया दिग्विजय ने भाजपा पर साधा निशाना

    MP की सियासत में एक दिन में तीन बड़े सीन ट्रंप के ऐलान से शिवराज ट्रेंड में CM मोहन ने हेमंत को बीच में बैठाया दिग्विजय ने भाजपा पर साधा निशाना


    भोपाल । मध्य प्रदेश की राजनीति में शुक्रवार को अलग अलग घटनाओं ने सियासी माहौल को खासा दिलचस्प बना दिया। एक तरफ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक ऐलान के बाद मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगे तो दूसरी तरफ प्रदेश भाजपा में सत्ता और संगठन के बीच कथित मनमुटाव की चर्चाओं के बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल एक मंच पर साथ नजर आए। इसी बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भाजपा को लेकर पूछे गए सवाल पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भाजपा भाड़ में जाए।

    दरअसल ट्रंप ने कहा है कि अगर उनकी रिपब्लिकन पार्टी चुनाव जीतती है तो हर अमेरिकी वयस्क को 5000 डॉलर दिए जाएंगे। इस घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर शिवराज सिंह चौहान की लाड़ली बहना योजना से जोड़कर कई पोस्ट और तस्वीरें वायरल होने लगीं। शिवराज समर्थकों ने इसे मामा के मॉडल की वैश्विक चर्चा से जोड़ दिया। इसके बाद शिवराज सिंह चौहान ट्रेंड में आ गए।

    जब उनसे पूछा गया कि सोशल मीडिया पर यह चर्चा है कि ट्रंप भी आपके मॉडल को अपना रहे हैं तो शिवराज ने कहा कि लाड़ली बहना योजना सस्ती लोकप्रियता के लिए नहीं लाई गई थी। उनका कहना था कि इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को उनका अधिकार और न्याय दिलाना था। इसके बाद सोशल मीडिया पर तरह तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं और लोगों ने ट्रंप के ऐलान को लाड़ली बहना योजना से जोड़कर अपनी राय जाहिर की।

    इधर मध्य प्रदेश भाजपा में सत्ता और संगठन के बीच कथित खटपट की चर्चाओं के बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने साथ आकर अलग संदेश देने की कोशिश की। दोनों नेता भाजपा कार्यालय में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में एक साथ नजर आए। जब दोनों की दोस्ती को लेकर सवाल किया गया तो मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी दोस्ती तो पहले से ही प्रगाढ़ है। इस दौरान दोनों नेता मुस्कुराते दिखाई दिए।

    प्रेस कॉन्फ्रेंस से पहले भी दोनों नेताओं की मुलाकात हुई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के घर पहुंचे। वहां दोनों के बीच बंद कमरे में बातचीत हुई। इसके बाद दोनों एक ही वाहन से भाजपा कार्यालय पहुंचे। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भी मुख्यमंत्री ने प्रदेश अध्यक्ष को बीच की कुर्सी पर बैठने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि आप प्रदेश अध्यक्ष हैं इसलिए यहां बैठिए। इस पूरे घटनाक्रम को भाजपा के भीतर एकजुटता का संदेश देने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।

    उधर दतिया में कांग्रेस नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह अपनी सनातन स्वाभिमान यात्रा को लेकर जानकारी दे रहे थे। इसी दौरान भाजपा की ओर से यात्रा पर उठाए जा रहे सवालों को लेकर उनसे सवाल किया गया। पत्रकार के सवाल पर दिग्विजय सिंह ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भाजपा भाड़ में जाए और इसके बाद वहां से चले गए।

    इसी बीच सागर के जहरीली शराबकांड की न्यायिक जांच से जुड़ी फाइल को लेकर भी मंत्रालय के गलियारों में चर्चा है। सरकार ने मामले की जांच के लिए एक सदस्यीय आयोग बनाने का ऐलान किया है लेकिन दावा किया जा रहा है कि जांच से संबंधित फाइल वल्लभ भवन की चौथी मंजिल पर पिछले कुछ दिनों से आगे नहीं बढ़ी है। अब सवाल उठ रहे हैं कि जब सरकार जांच का ऐलान कर चुकी है तो प्रक्रिया में देरी क्यों हो रही है। इस पूरे घटनाक्रम ने मध्य प्रदेश की सियासत में एक बार फिर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • 17 सितंबर से MP में भाजपा का सेवा संकल्प अभियान CM मोहन यादव और हेमंत खंडेलवाल ने बताया पूरा प्लान बूथ से आंगनवाड़ी तक होंगे कार्यक्रम

    17 सितंबर से MP में भाजपा का सेवा संकल्प अभियान CM मोहन यादव और हेमंत खंडेलवाल ने बताया पूरा प्लान बूथ से आंगनवाड़ी तक होंगे कार्यक्रम


    भोपाल। मध्य प्रदेश में भाजपा 17 सितंबर से सेवा संकल्प अभियान की शुरुआत करने जा रही है। यह अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा और इसके तहत प्रदेशभर में अलग अलग स्तर पर सेवा और जनसंपर्क से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने प्रदेश भाजपा कार्यालय में संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अभियान की रूपरेखा साझा की। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य सेवा गतिविधियों के जरिए समाज के अलग अलग वर्गों तक पहुंचना है। इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के सार्वजनिक जीवन और उनके कार्यकाल में देश तथा मध्य प्रदेश में हुए बदलावों की जानकारी भी लोगों तक पहुंचाई जाएगी।

    अभियान की शुरुआत 17 सितंबर को शाम 7 बजे से होगी। इस दिन प्रदेश के करीब 18 हजार बूथों पर लाभार्थियों के घरों में आशीर्वाद का दीप जलाया जाएगा। इसके साथ ही सामाजिक धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व वाले प्रमुख स्थानों पर दीपोत्सव का आयोजन किया जाएगा। भाजपा का प्रयास है कि इस कार्यक्रम के जरिए लाभार्थियों और कार्यकर्ताओं के बीच संवाद को मजबूत किया जाए और सरकार की योजनाओं से जुड़े लोगों तक संगठन की पहुंच बढ़ाई जाए।

    अभियान के दौरान सरकारी और निजी स्कूलों में मेरे सपनों का भारत कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा। इसमें विद्यार्थियों के लिए चित्रकला ड्राइंग और भाषण प्रतियोगिताएं होंगी। विकसित भारत की संकल्पना को लेकर स्कूल स्तर से लेकर ब्लॉक और जिला स्तर तक विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इसमें विद्यार्थियों को भविष्य के भारत को लेकर अपने विचार रखने का अवसर मिलेगा।

    इसके अलावा नमो सेवा अनकही कहानी नाम से भी कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के सार्वजनिक जीवन और उनके कार्यों पर आधारित 10 से 15 मिनट की नाट्य प्रस्तुतियां तैयार की जाएंगी। इनका मंचन चौक चौराहों और विभिन्न संस्थानों में किया जाएगा। अभियान के दौरान 2 अक्टूबर को भी विशेष कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी है।

    महिलाओं और बच्चों तक पहुंच बनाने के लिए आंगन मिलन कार्यक्रम भी अभियान का अहम हिस्सा रहेगा। प्रदेश की 97 हजार से ज्यादा आंगनवाड़ियों में तीन दिन तक कार्यक्रम होंगे। इस दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का सम्मान किया जाएगा। बच्चों और माताओं के साथ पोषण स्वास्थ्य तथा महिलाओं से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी साझा की जाएगी। इसके जरिए सरकार की योजनाओं और समाज के अंतिम वर्ग के बीच संवाद को मजबूत करने पर जोर रहेगा।

    भाजपा प्रदेश के करीब 11 हजार 400 शक्ति केंद्रों पर सेवा की कहानी कार्यक्रम भी आयोजित करेगी। इन कार्यक्रमों में छोटी झांकियों और प्रस्तुतियों के जरिए देश में हुए बदलावों की जानकारी लोगों तक पहुंचाई जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के सार्वजनिक जीवन के साथ केंद्र सरकार के 12 वर्ष के कार्यकाल में हुए बदलावों को भी इन कार्यक्रमों के माध्यम से जनता के सामने रखा जाएगा।

    भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान शासन और समाज के मिलकर काम करने की भावना पर आधारित है। पार्टी का फोकस सेवा गतिविधियों के साथ सरकार की योजनाओं और उनके प्रभाव को जनता तक पहुंचाने पर रहेगा। एक महीने तक चलने वाले इस अभियान में बूथ से लेकर आंगनवाड़ी और शक्ति केंद्र तक अलग अलग स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। ऐसे में सितंबर और अक्टूबर के दौरान मध्य प्रदेश में भाजपा का यह अभियान संगठनात्मक गतिविधियों के साथ व्यापक जनसंपर्क अभियान के रूप में भी नजर आएगा।

  • बीजेपी मध्यप्रदेश में संगठन का बड़ा विस्तार 106 सदस्यीय प्रदेश कार्यसमिति घोषित दिग्गज नेताओं से लेकर नए चेहरों तक साधे गए राजनीतिक और सामाजिक समीकरण

    बीजेपी मध्यप्रदेश में संगठन का बड़ा विस्तार 106 सदस्यीय प्रदेश कार्यसमिति घोषित दिग्गज नेताओं से लेकर नए चेहरों तक साधे गए राजनीतिक और सामाजिक समीकरण


    मध्यप्रदेश । मध्यप्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने संगठनात्मक स्तर पर बड़ा कदम उठाते हुए नई प्रदेश कार्यसमिति की घोषणा कर दी है। प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की ओर से जारी सूची में कुल 106 नेताओं को प्रदेश कार्यसमिति सदस्य बनाया गया है। इस नई टीम में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया सहित पार्टी के कई वरिष्ठ और प्रभावशाली नेताओं को शामिल किया गया है। इसके साथ ही विभिन्न क्षेत्रों और सामाजिक वर्गों के प्रतिनिधित्व को महत्व देते हुए अनेक नए चेहरों को भी जिम्मेदारी सौंपी गई है।

    नई कार्यसमिति को भाजपा के आगामी राजनीतिक और संगठनात्मक अभियानों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी नेतृत्व ने इस सूची के माध्यम से स्पष्ट संकेत दिया है कि आने वाले वर्षों में संगठन को और अधिक मजबूत बनाने के लिए अनुभव और युवा नेतृत्व के बीच संतुलन स्थापित किया जाएगा। प्रदेश कार्यसमिति में वरिष्ठ नेताओं के साथ महिला प्रतिनिधित्व को भी पर्याप्त महत्व दिया गया है। कई महिला नेताओं को शामिल कर भाजपा ने संगठन में महिलाओं की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करने का प्रयास किया है।

    घोषित सूची में जगदीश देवड़ा कैलाश विजयवर्गीय प्रह्लाद पटेल विष्णु दत्त शर्मा नरेंद्र सिंह तोमर के करीबी नेताओं सहित कई अनुभवी कार्यकर्ताओं को स्थान मिला है। वहीं विभिन्न संभागों और जिलों से जुड़े नेताओं को भी प्रतिनिधित्व देकर क्षेत्रीय संतुलन साधने की कोशिश की गई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा ने इस नई कार्यसमिति के जरिए संगठन के भीतर सभी प्रमुख वर्गों और क्षेत्रों को साथ लेकर चलने का संदेश दिया है।

    सूची जारी होने के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है। कार्यसमिति में शामिल नेताओं ने इसे संगठन के प्रति अपनी जिम्मेदारी और पार्टी नेतृत्व के विश्वास का सम्मान बताया है। वहीं जिन नए चेहरों को मौका मिला है उनके लिए यह राजनीतिक रूप से बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। भाजपा नेतृत्व का मानना है कि मजबूत संगठन ही चुनावी सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है और इसी सोच के तहत कार्यसमिति का गठन किया गया है।

    राजनीतिक दृष्टि से यह घोषणा इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि प्रदेश में आने वाले समय में नगरीय निकाय चुनाव पंचायत चुनाव और 2028 के विधानसभा चुनाव की तैयारियां धीरे-धीरे शुरू होने वाली हैं। ऐसे में भाजपा संगठन को बूथ स्तर तक सक्रिय करने और सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने के लिए नई टीम पर भरोसा जता रही है। पार्टी की रणनीति साफ है कि संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर राजनीतिक आधार को और मजबूत किया जाए।

    नई प्रदेश कार्यसमिति में वरिष्ठ नेताओं के अनुभव और युवा कार्यकर्ताओं की ऊर्जा का समावेश भाजपा की भविष्य की रणनीति को दर्शाता है। माना जा रहा है कि यह टीम न केवल संगठनात्मक गतिविधियों को गति देगी बल्कि आगामी चुनावी चुनौतियों के लिए भी पार्टी को मजबूत आधार प्रदान करेगी। भाजपा की इस घोषणा को प्रदेश की राजनीति में एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक कदम माना जा रहा है जिसकी राजनीतिक चर्चा आने वाले दिनों में और तेज हो सकती है।

  • किसानों के अनाज से सजी पीएम मोदी की भव्य रंगोली, 12 साल के कार्यकाल पर भोपाल में विशेष आयोजन

    किसानों के अनाज से सजी पीएम मोदी की भव्य रंगोली, 12 साल के कार्यकाल पर भोपाल में विशेष आयोजन


    मध्यप्रदेश । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने और देश के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने के ऐतिहासिक अवसर पर राजधानी भोपाल में भाजपा द्वारा एक विशेष और अनूठा आयोजन किया गया। शहर के नीलबड़ स्थित दुर्गा माता मंदिर परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में किसानों के अनाज से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विशाल और आकर्षक रंगोली बनाई गई, जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा।

    इस आयोजन की पहल भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने की। कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। आयोजन स्थल पर सुबह से ही भाजपा कार्यकर्ताओं, किसानों और स्थानीय नागरिकों की बड़ी संख्या जुटने लगी थी। धार्मिक और सांस्कृतिक माहौल के बीच प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व, विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं को याद किया गया।

    कार्यक्रम का सबसे खास आकर्षण किसानों के अनाज से तैयार की गई रंगोली रही। इस रंगोली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल की प्रमुख उपलब्धियों और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को प्रतीकात्मक रूप से दर्शाया गया। रंगोली के निर्माण में विभिन्न प्रकार के अनाज का उपयोग किया गया, जो देश के अन्नदाताओं के सम्मान और कृषि क्षेत्र के महत्व को भी प्रदर्शित करता है। उपस्थित लोगों ने इस अनूठी कलाकृति की सराहना करते हुए इसे प्रधानमंत्री और किसानों के बीच मजबूत संबंध का प्रतीक बताया।

    कार्यक्रम के दौरान सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और भाजपा कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इसके पश्चात मंदिर परिसर में विशेष पूजा-अर्चना और आरती संपन्न हुई। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ, दीर्घायु और सफल जीवन की कामना की गई। श्रद्धालुओं ने देश की प्रगति, समृद्धि और विकास के लिए भी प्रार्थना की।

    विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश ने विकास, सुशासन और वैश्विक प्रतिष्ठा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छुआ है। उन्होंने बताया कि किसानों द्वारा उपलब्ध कराए गए अनाज से रंगोली बनाकर अन्नदाता वर्ग की भावनाओं को भी सम्मान दिया गया है। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रधानमंत्री के कार्यों के प्रति आभार व्यक्त करना और जनभागीदारी के माध्यम से उनके योगदान को याद करना था।

    उधर, भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने नेहरू नगर स्थित करुणाधाम आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया। यहां ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण किया गया। इस अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में विधायक भगवानदास सबनानी, किसान मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष जयपाल सिंह चावड़ा, जिला अध्यक्ष रविंद्र यति, प्रदेश सह-मीडिया प्रभारी बृजगोपाल लोया सहित अनेक भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

    धार्मिक आस्था, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सहभागिता के संदेश के साथ आयोजित यह कार्यक्रम भाजपा के लिए एक महत्वपूर्ण जनसंपर्क अभियान भी साबित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की।

  • चुनावी तैयारी में भाजपा का मास्टर प्लान: दिग्गज नेताओं को साथ लाने की कोशिश, संगठन में संतुलन बनाने की पहल

    चुनावी तैयारी में भाजपा का मास्टर प्लान: दिग्गज नेताओं को साथ लाने की कोशिश, संगठन में संतुलन बनाने की पहल

    मध्यप्रदेश में जैसे-जैसे विधानसभा चुनाव नजदीक आते जा रहे हैं, वैसे-वैसे राजनीतिक हलचल भी तेज होती जा रही है। इस समय भारतीय जनता पार्टी पूरी तरह से अपने संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। पार्टी का मुख्य फोकस इस बात पर है कि चुनाव से पहले किसी भी तरह की अंदरूनी नाराजगी या गुटबाजी को खत्म किया जाए और सभी प्रमुख नेताओं को एक मंच पर लाकर मजबूत राजनीतिक संदेश दिया जाए।

    प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल इस पूरी रणनीति के केंद्र में हैं और लगातार वरिष्ठ नेताओं के बीच संवाद स्थापित करने में जुटे हुए हैं। उनका प्रयास है कि पार्टी के पुराने और अनुभवी नेताओं को फिर से सक्रिय भूमिका में लाया जाए, ताकि संगठन में अनुभव और ऊर्जा दोनों का संतुलन बना रहे। इस दिशा में वे लगातार नेताओं से व्यक्तिगत रूप से संपर्क कर रहे हैं और उनकी नाराजगी दूर करने की कोशिश कर रहे हैं।

    पिछले कुछ समय में पार्टी के भीतर कई स्तरों पर समन्वय की कोशिशें तेज हुई हैं। विभिन्न गुटों के बीच दूरी कम करने और नेताओं को एक साथ काम करने के लिए प्रेरित करने की रणनीति अपनाई जा रही है। हाल के राजनीतिक कार्यक्रमों में शीर्ष नेतृत्व की एकजुट मौजूदगी ने भी यह संकेत दिया है कि संगठन अब पूरी तरह से चुनावी मोड में आ चुका है और किसी भी तरह की आंतरिक कमजोरी को दूर करने पर जोर दिया जा रहा है।

    पार्टी के भीतर यह भी माना जा रहा है कि आने वाले समय में कुछ वरिष्ठ नेताओं को बड़ी जिम्मेदारियां दी जा सकती हैं। इससे न केवल संगठन को मजबूती मिलेगी बल्कि क्षेत्रीय स्तर पर भी पार्टी का प्रभाव बढ़ेगा। इसी के साथ यह कोशिश भी की जा रही है कि सभी क्षेत्रों के नेताओं को पर्याप्त प्रतिनिधित्व मिले ताकि किसी भी वर्ग या क्षेत्र में असंतोष की स्थिति न बने।

    हेमंत खंडेलवाल की रणनीति केवल संगठन को मजबूत करने तक सीमित नहीं है, बल्कि उनका ध्यान इस बात पर भी है कि पार्टी के भीतर विश्वास और सहयोग का माहौल तैयार हो। वे लगातार ऐसे नेताओं से संवाद कर रहे हैं जो किसी कारण से सक्रिय भूमिका से दूर हो गए थे या असंतुष्ट माने जा रहे थे। इस प्रयास का उद्देश्य पार्टी को फिर से पूरी तरह एकजुट करना है।

    सूत्रों के अनुसार, संगठन में संतुलन बनाए रखने के लिए कुछ महत्वपूर्ण राजनीतिक फैसलों पर भी काम चल रहा है, जिससे विभिन्न गुटों के बीच सामंजस्य स्थापित हो सके। पार्टी का मानना है कि मजबूत संगठन ही चुनावी सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है, इसलिए हर स्तर पर एकजुटता को प्राथमिकता दी जा रही है।

    कुल मिलाकर भाजपा इस समय एक व्यापक संगठनात्मक रणनीति पर काम कर रही है, जिसका लक्ष्य चुनाव से पहले पूरी पार्टी को एकजुट, सक्रिय और मजबूत बनाना है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि यह रणनीति जमीन पर कितना प्रभाव डालती है और पार्टी को किस हद तक राजनीतिक मजबूती प्रदान करती है।

  • मध्यप्रदेश में कौशल विकास को बढ़ावा, बैतूल आईटीआई के लिए 14 करोड़ से अधिक की मंजूरी

    मध्यप्रदेश में कौशल विकास को बढ़ावा, बैतूल आईटीआई के लिए 14 करोड़ से अधिक की मंजूरी


    बैतूल । मध्यप्रदेश में तकनीकी शिक्षा को मजबूत करने की दिशा में बैतूल जिले को एक बड़ी सौगात मिली है। राज्य शासन के तकनीकी शिक्षा कौशल विकास एवं रोजगार विभाग ने शासकीय आईटीआई बैतूल और शासकीय एकलव्य महिला आईटीआई कोसमी के लिए कुल 14 करोड़ 11 लाख 5 हजार रुपये के निर्माण कार्यों को स्वीकृति प्रदान की है। इस पहल से जिले में तकनीकी शिक्षा के बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण मदद मिलेगी और छात्रों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।

    इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के पीछे बैतूल विधायक और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के प्रयासों को प्रमुख माना जा रहा है। उनके निरंतर प्रयासों के चलते ही यह स्वीकृति मिली है, जिससे स्थानीय स्तर पर शिक्षा और कौशल विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।

    स्वीकृत राशि के तहत शासकीय आईटीआई बैतूल में 60 सीट क्षमता वाले बालक छात्रावास के निर्माण के लिए 3.41 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। इससे दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले विद्यार्थियों को रहने की सुविधा मिलेगी और वे बेहतर तरीके से अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित कर सकेंगे।

    वहीं कोसमी स्थित शासकीय एकलव्य महिला आईटीआई में 60 सीट क्षमता वाले बालिका छात्रावास के निर्माण के लिए 3.42 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इसके अलावा यहां 6 ट्रेड शेड भवनों के निर्माण के लिए 7.26 करोड़ रुपये की राशि मंजूर की गई है। इन ट्रेड शेड्स के बनने से विभिन्न तकनीकी ट्रेड्स में प्रशिक्षण की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी और छात्राओं को आधुनिक संसाधनों के साथ सीखने का अवसर मिलेगा।

    इस योजना का उद्देश्य केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके माध्यम से प्रदेश में कौशल आधारित शिक्षा को बढ़ावा देना और युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर प्रदान करना भी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के निवेश से स्थानीय युवाओं की रोजगार क्षमता में वृद्धि होगी और वे तकनीकी क्षेत्रों में अधिक दक्ष बन सकेंगे।

    स्थानीय स्तर पर भी इस घोषणा का स्वागत किया जा रहा है। लोगों का मानना है कि इससे बैतूल जिले में शिक्षा का स्तर बेहतर होगा और विशेष रूप से छात्राओं को सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण में तकनीकी शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।

    इस प्रकार बैतूल आईटीआई को मिली यह 14.11 करोड़ रुपये की सौगात न केवल शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा कदम है, बल्कि यह जिले के समग्र विकास की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगी। आने वाले समय में इसके सकारात्मक परिणाम देखने को मिल सकते हैं।

  • बैतूल जिला अस्पताल में बनेगा आधुनिक मर्चुरी भवन, बढ़ेंगी शवों की सुरक्षित व्यवस्था

    बैतूल जिला अस्पताल में बनेगा आधुनिक मर्चुरी भवन, बढ़ेंगी शवों की सुरक्षित व्यवस्था


    बैतूल / मध्यप्रदेश । बैतूल जिला अस्पताल में जल्द ही नया और आधुनिक मर्चुरी भवन बनने जा रहा है। वर्तमान मर्चुरी भवन लगभग 20 वर्ष पुराना हो चुका है और जर्जर अवस्था में होने के कारण कर्मचारियों और परिजनों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों ने लंबे समय से इस स्थिति को सुधारने की आवश्यकता जताई थी।

    अधिकारिक जानकारी के अनुसार भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल ने हाल ही में अस्पताल परिसर का दौरा किया और नया मर्चुरी भवन बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पताल अधिकारियों से कहा कि न सिर्फ भवन आधुनिक होना चाहिए बल्कि इसमें शवों को सुरक्षित रखने की पर्याप्त व्यवस्था भी होनी चाहिए। वर्तमान में जिला अस्पताल में केवल दो फ्रीजर हैं जिनमें प्रत्येक में दो-दो शव रखने की क्षमता है। इसका मतलब है कि एक समय में कुल चार शव ही सुरक्षित रखे जा सकते हैं।

    हालांकि अस्पताल में हर महीने औसतन लगभग 50 पोस्टमार्टम किए जाते हैं और कई बार एक ही दिन में पांच से छह पोस्टमार्टम की स्थिति बन जाती है। ऐसी स्थिति में वर्तमान फ्रीजर व्यवस्था अपर्याप्त साबित होती है और शवों को सुरक्षित रखने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। कर्मचारियों का कहना है कि पुराने मर्चुरी भवन में जगह की कमी और फ्रीजर की सीमित संख्या के कारण काम में परेशानी होती है और परिजनों को भी असुविधा होती है।

    नया मर्चुरी भवन न केवल आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा बल्कि इसमें अधिक फ्रीजर और शवों को सुरक्षित रखने के पर्याप्त स्थान की व्यवस्था भी की जाएगी। अस्पताल प्रशासन के मुताबिक नया भवन तैयार होने के बाद पोस्टमार्टम कार्य और शवों के रखरखाव में काफी सुधार आएगा। इस कदम से न केवल कर्मचारियों के कामकाज में सुविधा बढ़ेगी बल्कि परिजनों को भी बेहतर और सम्मानजनक सुविधा मिलेगी।

    विधायक हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में सुधार करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि जिला अस्पताल में आधुनिक मर्चुरी भवन का निर्माण एक महत्वपूर्ण कदम है जिससे न सिर्फ अस्पताल की कार्यप्रणाली में सुधार होगा बल्कि शवों को सुरक्षित और सम्मानजनक ढंग से रखा जा सकेगा। उन्होंने अधिकारियों से निर्माण कार्य में किसी प्रकार की देरी नहीं होने के निर्देश भी दिए।

    अस्पताल प्रशासन ने बताया कि मर्चुरी भवन के निर्माण के लिए जल्द ही आवश्यक वित्तीय और निर्माण संबंधी औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी। निर्माण कार्य शुरू होने के बाद अस्पताल की मर्चुरी और पोस्टमार्टम व्यवस्था में काफी सुधार देखने को मिलेगा और यह क्षेत्रीय स्वास्थ्य सेवाओं में एक नया मील का पत्थर साबित होगा।

  • विजयपुर चुनाव फैसले पर सियासी घमासान: पटवारी-सिंघार ने BJP पर साधा निशाना

    विजयपुर चुनाव फैसले पर सियासी घमासान: पटवारी-सिंघार ने BJP पर साधा निशाना


    भोपाल । मध्य प्रदेश की राजनीति में विजयपुर को लेकर नया विवाद उभर कर सामने आया है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने साफ कहा कि विजयपुर विधायक मुकेश मल्होत्रा का निर्वाचन शून्य घोषित करने के फैसले पर कांग्रेस सुप्रीम कोर्ट तक जाएगी। पटवारी ने न्यायपालिका का सम्मान करते हुए यह भी भरोसा जताया कि अदालत में पार्टी को न्याय मिलेगा। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि उसे यह स्वीकार नहीं हो रहा कि एक आदिवासी नेता चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंच गया।

    पटवारी ने भाजपा पर तंज कसते हुए विधायक निर्मला सप्रे के मामले का जिक्र किया और कहा कि अगर हिम्मत है तो उस मामले में भी निर्णय करवा कर दिखाएं। उनका कहना था कि भाजपा दबाव बनाकर फैसले करवाने की कोशिश कर रही है और यह पूरी तरह से राजनीतिक रोटेशन का हिस्सा लगता है।

    नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भी राज्य सूचना आयोग में लंबित पदों को लेकर सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सूचना आयुक्तों की नियुक्ति लंबे समय से नहीं हो पाई है और सरकार इसमें बेहद धीमी गति से काम कर रही है। सिंघार ने कहा कि सरकार सांप की तरह धीरे-धीरे रेंगती है जबकि सूचना आयुक्तों की नियुक्ति तुरंत होनी चाहिए। उन्होंने बताया कि इस संबंध में उन्होंने मुख्यमंत्री से बातचीत भी की है और दो सूचना आयुक्तों की नियुक्ति करनी तय की गई है।

    सिंघार ने पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा से जुड़े मामले की भी याद दिलाई। उनका कहना था कि भाजपा दबाव बनाकर फैसले करवाने की कोशिश करती है और यह संभव है कि कांग्रेस की राज्यसभा सीट प्रभावित करने के लिए ऐसा किया जा रहा हो। वहीं गैस सिलेंडर की कमी और महंगाई पर भी उन्होंने सरकार को कटघरे में खड़ा किया। उनका कहना था कि सरकार हर मामले में देर से निर्णय लेती है कोविड काल में भी देरी हुई थी। उन्होंने कहा कि सरकार को टैक्स में कमी कर जनता को राहत देनी चाहिए लेकिन वह केवल अपना खजाना भरने में लगी है।

    बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने इस पर पलटवार किया। इंदौर में उन्होंने कहा कि कांग्रेस को उच्च न्यायालय के निर्णय का स्वागत करना चाहिए और न्यायालय के फैसले पर अनावश्यक टिप्पणी करने से उनकी अज्ञानता उजागर होती है। उन्होंने जीतू पटवारी और उमंग सिंघार के बयानों को तूल देने से भी बचने की सलाह दी।

    राजनीतिक गलियारों में यह विवाद लगातार गर्माता जा रहा है। विजयपुर विधानसभा सीट और संबंधित मामलों को लेकर दोनों पार्टियों के बीच सियासी टकराव और तेज होता दिखाई दे रहा है। कांग्रेस सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी में है जबकि बीजेपी अपने पक्ष को मजबूत रखने के लिए लगातार बयानबाजी कर रही है।