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  • आधी रात का हमला और बड़ा सवाल: क्या यह लोन वुल्फ अटैक था, ATS ने संभाली जांच

    आधी रात का हमला और बड़ा सवाल: क्या यह लोन वुल्फ अटैक था, ATS ने संभाली जांच


    नई दिल्ली । महाराष्ट्र के मुंबई के पास मीरा रोड इलाके से एक बेहद सनसनीखेज और चिंताजनक घटना सामने आई है जिसने सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द दोनों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं रविवार तड़के हुए इस हमले में एक शख्स ने दो सिक्योरिटी गार्ड्स से उनका धर्म पूछने के बाद उन पर चाकू से हमला कर दिया जिससे इलाके में दहशत का माहौल बन गया

    जानकारी के मुताबिक यह घटना सुबह करीब चार बजे की है जब दोनों गार्ड एक निर्माणाधीन इमारत में ड्यूटी पर तैनात थे तभी 31 वर्षीय आरोपी जैब जुबैर अंसारी वहां पहुंचा और उनसे नाम और धर्म के बारे में पूछताछ करने लगा इसके बाद उसने उनसे कलमा पढ़ने के लिए कहा और मना करने पर अचानक चाकू निकालकर हमला कर दिया

    इस हमले में एक गार्ड को गंभीर चोटें आई हैं जबकि दूसरे को हल्की चोटें आईं घायल गार्ड्स को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उनका इलाज जारी है बताया जा रहा है कि हमले के दौरान एक गार्ड किसी तरह अपनी जान बचाकर पास के केबिन में छिप गया और वहीं से पुलिस को सूचना दी

    घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस हरकत में आई और मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद पुलिस ने आरोपी की पहचान की और महज डेढ़ घंटे के भीतर उसे गिरफ्तार कर लिया आरोपी मीरा रोड ईस्ट के नया नगर इलाके में किराए के मकान में रह रहा था

    प्रारंभिक जांच में एक चौंकाने वाला पहलू सामने आया है पुलिस के अनुसार आरोपी इंटरनेट पर प्रतिबंधित आतंकी संगठन ISIS से जुड़े प्रोपेगैंडा वीडियो देखता था जिसके बाद इस मामले में आतंकी एंगल से भी जांच शुरू कर दी गई है

    मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अब महाराष्ट्र एंटी टेररिज्म स्क्वॉड को सौंप दी गई है जो यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या आरोपी किसी बड़े षड्यंत्र का हिस्सा था या फिर अकेले ही इस तरह के हमले की योजना बना रहा था जिसे लोन वुल्फ अटैक की श्रेणी में रखा जाता है

    पुलिस को आरोपी के पास से कुछ आपत्तिजनक सामग्री भी मिली है और उसके पिछले रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है बताया जा रहा है कि आरोपी पहले विदेश में पढ़ाई कर चुका है और पिछले कुछ समय से अकेले रह रहा था

    यह घटना सिर्फ एक आपराधिक वारदात नहीं बल्कि समाज में बढ़ती कट्टरता और ऑनलाइन कट्टरपंथी सामग्री के असर की ओर भी इशारा करती है फिलहाल पुलिस और जांच एजेंसियां हर पहलू को ध्यान में रखकर मामले की गहराई से जांच कर रही हैं और यह जानने की कोशिश कर रही हैं कि इस हमले के पीछे असली वजह क्या थी

  • खुशियों का जश्न बना मातम ,नाहरकोला में शादी के बीच चाकू चले, पुलिस पर भी हमला

    खुशियों का जश्न बना मातम ,नाहरकोला में शादी के बीच चाकू चले, पुलिस पर भी हमला


    इटारसी/ नर्मदापुरम । नर्मदापुरम जिले के नाहरकोला गांव में शादी समारोह के दौरान डीजे विवाद ने हिंसक रूप ले लिया जिसमें एक व्यक्ति की मौत और आरक्षक समेत 6 लोग घायल हो गए  जिले के शिवपुर थाना क्षेत्र के ग्राम नाहरकोला में एक शादी समारोह उस वक्त भयावह हिंसा में बदल गया जब मामूली सा डीजे बजाने का विवाद अचानक खूनी संघर्ष में तब्दील हो गया खुशियों और जश्न का माहौल देखते ही देखते चीख पुकार और अफरा तफरी में बदल गया और कुछ ही देर में पूरा गांव दहशत के साए में आ गया

    बताया जा रहा है कि शादी समारोह में डीजे को लेकर दो पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हुई थी शुरुआत में यह एक सामान्य बहस लग रही थी लेकिन देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि दोनों पक्ष आमने सामने आ गए और फिर चाकू निकल आए इस दौरान हुई ताबड़तोड़ चाकूबाजी में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए

    घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में करने की कोशिश की लेकिन हमलावर इतने उग्र थे कि उन्होंने पुलिस टीम पर ही हमला कर दिया इस दौरान आरक्षक ओम जाट बीच बचाव करने आगे आए तो आरोपियों ने उन पर ताबड़तोड़ चाकू से वार कर दिए उनके पेट हाथ और पैर पर कई गहरे घाव आए हैं बताया जा रहा है कि उन्हें कुल 9 गंभीर चोटें लगी हैं और उनकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है

    इस हिंसक झड़प में आरक्षक सहित कुल 6 लोग घायल हुए हैं सभी घायलों को तुरंत नर्मदापुरम के निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है जहां उनका इलाज जारी है डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है और गंभीर रूप से घायल लोगों को बचाने की हर संभव कोशिश की जा रही है

    घटना का एक वीडियो भी सामने आया है जिसमें मारपीट और चाकूबाजी का खौफनाक दृश्य देखा जा सकता है यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोगों के बीच डर और आक्रोश दोनों बढ़ा रहा है गांव में इस घटना के बाद से भारी तनाव का माहौल है और लोग सहमे हुए हैं

    पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी है फरार आरोपियों की तलाश के लिए कई टीमों का गठन किया गया है और लगातार दबिश दी जा रही है पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और पूरे मामले में सख्त कार्रवाई की जाएगी

    यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि छोटी छोटी बातों पर बढ़ती हिंसा किस तरह समाज के लिए खतरा बनती जा रही है एक मामूली विवाद ने एक परिवार की खुशियां छीन ली और कई लोगों को जिंदगी और मौत के बीच झूलने पर मजबूर कर दिया

  • आस्था के नाम पर अपराध पुणे में महिला से दुष्कर्म के आरोप में फर्जी बाबा अरेस्ट

    आस्था के नाम पर अपराध पुणे में महिला से दुष्कर्म के आरोप में फर्जी बाबा अरेस्ट


    नई दिल्ली:महाराष्ट्र में आस्था और विश्वास का दुरुपयोग कर महिलाओं के शोषण का एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है जहां पालघर निवासी ऋषिकेश वैद्य को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी पर आरोप है कि उसने खुद को भगवान शिव का अवतार बताकर एक महिला को अपने जाल में फंसाया और उसके साथ दुष्कर्म किया।

    पुलिस के अनुसार, यह मामला 2023 में शुरू हुआ जब पीड़िता की आरोपी से फेसबुक के जरिए दोस्ती हुई। धीरे-धीरे आरोपी ने महिला का विश्वास जीत लिया और खुद को दिव्य शक्तियों वाला बताते हुए उसे यह यकीन दिलाया कि वह महादेव का अवतार है। इतना ही नहीं वह पीड़िता को पार्वती कहकर संबोधित करता था और धार्मिक भावनाओं का सहारा लेकर उसे मानसिक रूप से प्रभावित करता रहा।

    जांच में सामने आया कि दिसंबर 2023 में आरोपी पुणे पहुंचा जहां मांजरी इलाके के एक लॉज में उसने महिला को कथित रूप से नशीला पदार्थ देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं उसने इस दौरान आपत्तिजनक तस्वीरें भी खींचीं और बाद में उन्हें वायरल करने की धमकी देकर महिला को ब्लैकमेल करता रहा।

    इसके बाद मई 2024 में वसई के एक होटल में फिर से शोषण का प्रयास किया गया। पीड़िता जो कि 34 वर्षीय महिला है लंबे समय तक डर और ब्लैकमेल के कारण चुप रही लेकिन आखिरकार उसने हिम्मत जुटाकर शिकायत दर्ज कराई।

    पुलिस अधिकारियों के मुताबिक आरोपी ऋषिकेश वैद्य का तरीका बेहद सुनियोजित था और वह सोशल मीडिया के जरिए महिलाओं को निशाना बनाता था। शुरुआती जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि वह कई अन्य महिलाओं को भी इसी तरह फंसा चुका हो सकता है।

    इस मामले का खुलासा तब हुआ जब अशोक खरात से जुड़े मामलों ने सुर्खियां बटोरीं और कई पीड़िताएं सामने आने लगीं। उसी से प्रेरित होकर इस पीड़िता ने भी पुलिस में शिकायत दर्ज कराने का साहस दिखाया। माणिकपुर पुलिस स्टेशन में जीरो FIR दर्ज की गई जिसे आगे की जांच के लिए हडपसर पुलिस को सौंपा गया।

    सीनियर इंस्पेक्टर हिरालाल जाधव के अनुसार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और अब यह जांच की जा रही है कि उसने कितनी महिलाओं को अपना शिकार बनाया। पुलिस का कहना है कि इस तरह के मामलों में सतर्कता और जागरूकता बेहद जरूरी है क्योंकि आरोपी धार्मिक भावनाओं का फायदा उठाकर लोगों को धोखा देते हैं।

    यह घटना एक बार फिर इस बात को उजागर करती है कि किस तरह स्वयंभू बाबा या फर्जी धार्मिक पहचान बनाकर कुछ लोग महिलाओं को निशाना बनाते हैं। ऐसे मामलों में पीड़ितों का आगे आकर शिकायत करना और पुलिस की तत्परता ही सच को सामने लाने का सबसे बड़ा जरिया बनती है।