Tag: India vs West Indies

  • 2.5 ओवर में 50 रन ठोककर भारत ने रचा इतिहास, बारिश ने रोका मुकाबला, नमन धीर ने 6 गेंदों में जड़े 24 रन

    2.5 ओवर में 50 रन ठोककर भारत ने रचा इतिहास, बारिश ने रोका मुकाबला, नमन धीर ने 6 गेंदों में जड़े 24 रन


    नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम ने वेस्टइंडीज के खिलाफ बेंगलुरु में खेले गए पांचवें टी20 मुकाबले में अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से नया रिकॉर्ड बना दिया। टीम इंडिया ने महज 2.5 ओवर यानी 17 गेंदों में 50 रन पूरे कर लिए। यह टी20 क्रिकेट में भारत का सबसे तेज अर्धशतक रहा। भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआत से ही तेज रफ्तार से रन बनाए और विरोधी गेंदबाजों पर दबाव बनाया। हालांकि बारिश के कारण मुकाबला पूरा नहीं हो सका और आखिरकार मैच रद्द करना पड़ा।
    एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में बारिश के कारण टॉस में काफी देरी हुई। इसके बाद दोनों टीमों के बीच मैच को नौ-नौ ओवरों का कर दिया गया। भारतीय बल्लेबाजों ने कम ओवरों में बड़ा स्कोर खड़ा करने के इरादे से आक्रामक रुख अपनाया। टीम ने केवल 2.5 ओवरों में 50 रन का आंकड़ा छूकर अपना पिछला रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। यह प्रदर्शन भारतीय बल्लेबाजी की तेज गति और छोटे प्रारूप में बड़े लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ने की क्षमता को दिखाता है।
    इससे पहले इसी सीरीज में भारत ने हैदराबाद में वेस्टइंडीज के खिलाफ तीन ओवर में 50 रन पूरे किए थे। न्यूजीलैंड के खिलाफ गुवाहाटी में भारतीय टीम ने 3.1 ओवर में यह आंकड़ा हासिल किया था। एशियन गेम्स 2026 के दौरान जापान के निस्शिन में पाकिस्तान के खिलाफ भारत ने 3.2 ओवर में अर्धशतक पूरा किया था। वहीं अफगानिस्तान के खिलाफ दिल्ली में भारतीय बल्लेबाजों ने 3.3 ओवर में 50 रन पूरे किए थे। बेंगलुरु में बनाया गया नया रिकॉर्ड इन सभी उपलब्धियों से आगे निकल गया।
    भारतीय पारी में ईशान किशन ने तेज शुरुआत करते हुए केवल 10 गेंदों में 30 रन बनाए। उनकी पारी में पांच बाउंड्री शामिल रहीं। कप्तान श्रेयस अय्यर ने भी आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 14 गेंदों में 22 रन जोड़े। संजू सैमसन ने 16 रन का योगदान दिया। वहीं नमन धीर ने कम गेंदों में तेजी से रन बनाकर दर्शकों का ध्यान खींचा। वह छह गेंदों पर 24 रन बनाकर नाबाद रहे। इन पारियों की मदद से भारतीय टीम ने बारिश से प्रभावित मुकाबले में भी बड़े स्कोर की ओर तेजी से कदम बढ़ाए।
    वेस्टइंडीज की ओर से कीमो पॉल और शमार स्प्रिंगर ने दो-दो विकेट हासिल किए जबकि शमार जोसेफ को एक सफलता मिली। भारतीय टीम ने 7.4 ओवरों की समाप्ति तक पांच विकेट खोकर 118 रन बना लिए थे। इसके बाद बारिश ने एक बार फिर खेल रोक दिया। मौसम में सुधार नहीं होने के कारण मुकाबले को रद्द करने का फैसला किया गया। इस तरह दर्शकों को मैच का पूरा रोमांच देखने का अवसर नहीं मिल सका।
    भले ही पांचवां टी20 मुकाबला पूरा नहीं हो पाया लेकिन भारतीय टीम का तेज अर्धशतक चर्चा का विषय बन गया। कम गेंदों में 50 रन पूरे करना टी20 प्रारूप में आक्रामक बल्लेबाजी का महत्वपूर्ण संकेत माना जाता है। ईशान किशन और श्रेयस अय्यर की तेज पारियों के साथ नमन धीर की विस्फोटक बल्लेबाजी ने भारतीय पारी को रफ्तार दी। बेंगलुरु में बना यह रिकॉर्ड भारतीय टी20 क्रिकेट के सबसे तेज अर्धशतकों में खास स्थान रखेगा।

  • भारत-वेस्टइंडीज टी20 सीरीज ड्रॉ, शाई होप बने सबसे बड़े हीरो, श्रेयस अय्यर ने मानी टीम इंडिया की रणनीति में कमी

    भारत-वेस्टइंडीज टी20 सीरीज ड्रॉ, शाई होप बने सबसे बड़े हीरो, श्रेयस अय्यर ने मानी टीम इंडिया की रणनीति में कमी


    नई दिल्ली। भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेली गई पांच मैचों की टी20 सीरीज 2-2 की बराबरी पर समाप्त हो गई। शनिवार को बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में होने वाला पांचवां और निर्णायक मुकाबला बारिश के कारण नहीं खेला जा सका। लगातार बारिश और मैदान की परिस्थितियों को देखते हुए अंपायरों ने मैच रद्द करने का फैसला किया। इसके साथ ही सीरीज का परिणाम बराबरी पर रहा। मुकाबला रद्द होने के बाद भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप के प्रदर्शन की तारीफ की और माना कि उनकी बल्लेबाजी ने भारतीय टीम के सामने बड़ी चुनौती खड़ी की।
    श्रेयस अय्यर ने मैच के बाद कहा कि भारतीय टीम दूसरे और चौथे टी20 मुकाबले में बेहतर गेंदबाजी कर सकती थी। अगर इन मैचों में गेंदबाज अपनी योजनाओं को सही तरीके से लागू कर पाते तो परिणाम अलग हो सकता था। उन्होंने वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी को शानदार बताते हुए कहा कि विरोधी टीम को उसके प्रदर्शन का पूरा श्रेय दिया जाना चाहिए। अय्यर के मुताबिक शाई होप ने बेहतरीन बल्लेबाजी की और उनकी पारियों ने भारतीय टीम के लिए मुश्किलें बढ़ा दीं। उन्होंने होप को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए बधाई भी दी।
    इस सीरीज में शाई होप वेस्टइंडीज की सफलता के सबसे प्रमुख खिलाड़ियों में रहे। उन्होंने चार पारियों में दो शतकों की मदद से कुल 261 रन बनाए। इनमें से 204 रन उन्होंने केवल 95 गेंदों पर बनाए। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाया और वेस्टइंडीज को सीरीज में वापसी करने का मौका दिया। होप को उनके लगातार शानदार प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया।
    सीरीज के दूसरे और चौथे टी20 मुकाबले में वेस्टइंडीज ने भारत को हराया था। इन दोनों मैचों में शाई होप ने शतक लगाकर अपनी टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। उनके प्रदर्शन की बदौलत वेस्टइंडीज ने सीरीज में 2-2 की बराबरी हासिल कर ली। भारतीय टीम के लिए इन मुकाबलों में विपक्षी बल्लेबाजों को रोकना चुनौतीपूर्ण रहा। कप्तान अय्यर की टिप्पणी से भी साफ हुआ कि टीम को अपनी गेंदबाजी योजनाओं के क्रियान्वयन पर ध्यान देने की जरूरत है।
    वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी में शरफेन रदरफोर्ड का योगदान भी महत्वपूर्ण रहा। बाएं हाथ के इस आक्रामक बल्लेबाज ने दूसरे टी20 में 37 गेंदों पर 84 रन की शानदार पारी खेली थी। इसके बाद चौथे मुकाबले में उन्होंने 26 गेंदों पर नाबाद 49 रन बनाकर टीम को मजबूती दी। होप और रदरफोर्ड की पारियों ने वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी को धार दी और भारतीय टीम के सामने चुनौतीपूर्ण स्थिति पैदा की।
    सीरीज बराबरी पर समाप्त होने के बाद शाई होप ने भी अपनी टीम के प्रदर्शन पर संतोष जताया। उन्होंने कहा कि टीम जीत के काफी करीब पहुंची और इतने वर्षों में इस तरह की प्रतिस्पर्धा दिखाना खिलाड़ियों के सामूहिक प्रयास को दर्शाता है। होप के अनुसार सीरीज में टीम ने खुद को अच्छा मौका दिया और यह संकेत है कि वेस्टइंडीज एक इकाई के रूप में आगे बढ़ रही है।
    पांचवें मुकाबले के बारिश में धुलने से दोनों टीमों को निर्णायक मैच खेलने का मौका नहीं मिला। भारतीय टीम जहां अपनी गेंदबाजी की कमियों से सबक लेकर आगे बढ़ना चाहेगी वहीं वेस्टइंडीज के लिए शाई होप और शरफेन रदरफोर्ड का प्रदर्शन सकारात्मक पहलू रहा। बराबरी पर खत्म हुई सीरीज ने दोनों टीमों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा को दिखाया।

  • टीम इंडिया के लिए करो या मरो का मुकाबला, लेकिन बेंगलुरु में बारिश बिगाड़ सकती है खेल, जानें मौसम का ताजा अनुमान

    टीम इंडिया के लिए करो या मरो का मुकाबला, लेकिन बेंगलुरु में बारिश बिगाड़ सकती है खेल, जानें मौसम का ताजा अनुमान


    नई दिल्ली। भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज का आखिरी मुकाबला शनिवार 17 अक्टूबर को बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाना है। सीरीज 2-2 से बराबर होने के कारण इस मुकाबले का महत्व काफी बढ़ गया है। दोनों टीमें जीत दर्ज कर सीरीज अपने नाम करना चाहेंगी लेकिन निर्णायक मैच से पहले मौसम ने चिंता बढ़ा दी है। बेंगलुरु में भारी बारिश की आशंका जताई गई है जिससे मुकाबले में रुकावट आ सकती है। अगर बारिश के कारण मैच प्रभावित होता है तो दोनों टीमों की सीरीज जीतने की उम्मीदों पर भी असर पड़ सकता है।
    एक्यूवेदर की रिपोर्ट के अनुसार शनिवार को बेंगलुरु में बारिश होने की 90 प्रतिशत संभावना जताई गई है। खासतौर पर शाम के समय तेज बारिश होने का अनुमान है। मौसम में बदलाव के चलते आसमान में घने बादल छाए रहने की भी संभावना है। ऐसे में मैच शुरू होने से लेकर खेल के दौरान तक बारिश खलल डाल सकती है। क्रिकेट प्रशंसकों के लिए यह चिंता की बात है क्योंकि पांचवें टी20 से ही सीरीज का अंतिम नतीजा निकलना है। हालांकि मौसम का पूर्वानुमान संभावनाओं पर आधारित होता है और वास्तविक स्थिति में बदलाव भी हो सकता है।
    बारिश की आशंका के बावजूद चिन्नास्वामी स्टेडियम का बेहतर ड्रेनेज सिस्टम उम्मीद की किरण बना हुआ है। मैदान से पानी निकालने और खेल के लिए सतह को जल्द तैयार करने की व्यवस्था अच्छी मानी जाती है। ऐसे में यदि बारिश कुछ समय के लिए रुकती है तो मैदान को दोबारा खेलने लायक बनाने में मदद मिल सकती है। हालांकि लगातार या भारी बारिश होने पर मैच के ओवर कम करने पड़ सकते हैं। मुकाबला कितने समय तक प्रभावित होगा और कितने ओवर का खेल संभव हो पाएगा यह पूरी तरह बारिश की अवधि और मैदान की स्थिति पर निर्भर करेगा।
    सीरीज के चौथे मुकाबले में वेस्टइंडीज ने दमदार प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम को 24 रन से हराया था। पहले बल्लेबाजी करते हुए कैरेबियाई टीम ने 20 ओवर में तीन विकेट के नुकसान पर 247 रन बनाए थे। कप्तान शाई होप ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 50 गेंदों पर नाबाद 102 रन की शतकीय पारी खेली थी। वहीं शेरफेन रदरफोर्ड ने महज 26 गेंदों में 49 रन बनाकर टीम के स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाया। भारतीय गेंदबाज इस मुकाबले में विपक्षी बल्लेबाजों को रोकने में नाकाम रहे थे। अर्शदीप सिंह और मयंक यादव ने अपने चार-चार ओवर में 52-52 रन खर्च किए थे।
    248 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम ने आक्रामक बल्लेबाजी की लेकिन जीत हासिल नहीं कर सकी। टीम ने 20 ओवर में नौ विकेट गंवाकर 223 रन बनाए। संजू सैमसन ने 23 गेंदों पर 56 रन की तेज पारी खेली जबकि तिलक वर्मा ने 25 गेंदों पर 43 रन बनाए। नीतीश कुमार रेड्डी ने भी 20 गेंदों में 41 रन का योगदान दिया। इसके बावजूद भारतीय टीम लक्ष्य से 24 रन दूर रह गई। अब आखिरी मुकाबले में टीम इंडिया पिछली हार का बदला लेकर सीरीज जीतना चाहेगी।
    इस निर्णायक मुकाबले में मौसम की भूमिका बेहद अहम हो सकती है। यदि बारिश के कारण मैच पूरा नहीं हो पाता तो सीरीज का फैसला प्रभावित हो सकता है। वहीं खेल होने की स्थिति में दोनों टीमों के बल्लेबाजों और गेंदबाजों पर दबाव रहेगा। भारतीय टीम को वेस्टइंडीज के बड़े स्कोर बनाने की क्षमता पर अंकुश लगाना होगा जबकि कैरेबियाई टीम पिछली जीत के आत्मविश्वास के साथ मैदान पर उतरेगी। अब सभी की निगाहें बेंगलुरु के मौसम और मैच की शुरुआत पर टिकी हैं।

  • भारत-वेस्टइंडीज सीरीज 2-2 से बराबर, चिन्नास्वामी में होगा आखिरी मुकाबला, क्या टीम इंडिया पलटेगी बाजी?

    भारत-वेस्टइंडीज सीरीज 2-2 से बराबर, चिन्नास्वामी में होगा आखिरी मुकाबला, क्या टीम इंडिया पलटेगी बाजी?


    नई दिल्ली। भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज का रोमांच निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। शनिवार 17 अक्टूबर को बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी क्रिकेट स्टेडियम में दोनों टीमें पांचवें और आखिरी मुकाबले में आमने-सामने होंगी। सीरीज फिलहाल 2-2 से बराबर है और ऐसे में दोनों टीमों के पास सीरीज अपने नाम करने का मौका है। भारतीय टीम घरेलू मैदान पर जीत दर्ज कर सीरीज जीतने के इरादे से उतरेगी जबकि वेस्टइंडीज की नजर पिछले मुकाबले में मिली शानदार जीत के प्रदर्शन को दोहराने पर होगी। इस अहम मुकाबले से पहले चिन्नास्वामी स्टेडियम में भारतीय टीम के टी20 इंटरनेशनल रिकॉर्ड की भी चर्चा हो रही है।
    बेंगलुरु के इस मैदान पर भारतीय टीम अब तक आठ टी20 इंटरनेशनल मुकाबले खेल चुकी है। इनमें से चार मैचों में टीम इंडिया को जीत मिली है जबकि तीन मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा है। एक मैच का कोई नतीजा नहीं निकल सका। आंकड़ों के मुताबिक इस मैदान पर भारतीय टीम का जीत का प्रतिशत 50 रहा है। हालांकि क्रिकेट के छोटे प्रारूप में पुराने रिकॉर्ड से ज्यादा मौजूदा फॉर्म और दबाव में प्रदर्शन मायने रखता है। पांचवें टी20 में भारतीय खिलाड़ियों को बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में बेहतर तालमेल दिखाना होगा ताकि निर्णायक मुकाबले में जीत हासिल की जा सके।
    चिन्नास्वामी स्टेडियम में भारतीय टीम ने अपना पिछला टी20 इंटरनेशनल मुकाबला वर्ष 2024 में अफगानिस्तान के खिलाफ खेला था। यह मैच बेहद रोमांचक रहा था और इसका फैसला निकालने के लिए दो सुपर ओवर खेलने पड़े थे। आखिरकार भारतीय टीम ने मुकाबला अपने नाम किया था। उस मैच ने दिखाया था कि बेंगलुरु के मैदान पर दर्शकों को आखिरी गेंद तक रोमांच देखने को मिल सकता है। अब भारत और वेस्टइंडीज के बीच होने वाले निर्णायक मुकाबले में भी प्रशंसकों को बड़े स्कोर और कड़े संघर्ष की उम्मीद है।
    सीरीज के चौथे टी20 मुकाबले में वेस्टइंडीज ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए भारत को 24 रन से हराया था। पहले बल्लेबाजी करने उतरी कैरेबियाई टीम ने निर्धारित 20 ओवर में तीन विकेट के नुकसान पर 247 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। कप्तान शाई होप ने बेहतरीन शतकीय पारी खेलते हुए 50 गेंदों पर नाबाद 102 रन बनाए। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने भारतीय गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा। वेस्टइंडीज के अन्य बल्लेबाजों ने भी तेजी से रन बनाए और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय टीम ने संघर्ष जरूर किया लेकिन निर्धारित 20 ओवर में नौ विकेट खोकर 223 रन ही बना सकी।
    भारत की ओर से संजू सैमसन ने सर्वाधिक 56 रन बनाए। तिलक वर्मा ने 43 जबकि नीतीश कुमार रेड्डी ने 41 रन का योगदान दिया। हालांकि इन पारियों के बावजूद भारतीय टीम लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी। वेस्टइंडीज के गेंदबाज कीमो पॉल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चार ओवर में 41 रन देकर पांच विकेट झटके। उनकी गेंदबाजी ने भारतीय पारी को बड़ा झटका दिया और मुकाबले का रुख कैरेबियाई टीम की ओर मोड़ दिया।
    अब पांचवें टी20 में भारतीय टीम के सामने पिछली हार से उबरने और सीरीज जीतने की चुनौती होगी। वेस्टइंडीज की टीम भी पूरे आत्मविश्वास के साथ मैदान पर उतरेगी। कैरेबियाई टीम ने आखिरी बार 2023 में भारत के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज 3-2 से जीती थी। ऐसे में भारतीय टीम के पास घरेलू मैदान पर सीरीज अपने नाम करने का मौका है। चिन्नास्वामी में बल्लेबाजों के प्रदर्शन के साथ गेंदबाजों की भूमिका भी निर्णायक साबित हो सकती है। दोनों टीमों के बीच होने वाला यह मुकाबला तय करेगा कि सीरीज की ट्रॉफी किसके हाथ लगेगी।
  • बेंगलुरु मैच से पहले पुजारा ने टीम इंडिया को चेताया, गेंदबाजी में सुधार की सलाह, वेस्टइंडीज के तीन बल्लेबाजों की तारीफ

    बेंगलुरु मैच से पहले पुजारा ने टीम इंडिया को चेताया, गेंदबाजी में सुधार की सलाह, वेस्टइंडीज के तीन बल्लेबाजों की तारीफ


    नई दिल्ली। भारत के पूर्व बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने वेस्टइंडीज के खिलाफ मुकाबले में टीम के प्रदर्शन का विश्लेषण करते हुए शाई होप की बल्लेबाजी और कीमो पॉल की गेंदबाजी की जमकर तारीफ की है। पुजारा के मुताबिक शाई होप ने जिस संयम और समझदारी के साथ बल्लेबाजी की उसने भारतीय गेंदबाजों के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी। वहीं कीमो पॉल का निर्णायक गेंदबाजी स्पेल मैच का टर्निंग प्वाइंट साबित हुआ। पुजारा ने भारतीय गेंदबाजी की कमजोरियों की ओर भी ध्यान दिलाया और कहा कि बेंगलुरु में होने वाले अगले मुकाबले में टीम इंडिया को अपनी रणनीति में सुधार करना होगा। गेंदबाजों को सही लेंथ के साथ अधिक विविधता दिखानी होगी ताकि विपक्षी बल्लेबाजों को आसानी से रन बनाने का मौका न मिले।

    पुजारा ने शाई होप की बल्लेबाजी को वेस्टइंडीज की सफलता का प्रमुख आधार बताया। उनका कहना है कि होप बिना सोचे-समझे आक्रामक शॉट खेलने के बजाय अपने स्वाभाविक खेल पर भरोसा करते हैं। वह गेंद की दिशा और गति को समझकर सही गैप में शॉट लगाते हैं। इसी वजह से वह कम जोखिम लेते हुए भी तेजी से रन बनाने में सफल रहते हैं। पुजारा के अनुसार होप की टाइमिंग और अपनी पसंदीदा जगहों पर शॉट खेलने की क्षमता उन्हें खास बनाती है। स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ भी उनका प्रदर्शन प्रभावशाली रहा है। ऐसी पिच पर जहां बल्लेबाजों के लिए स्पिनरों पर हावी होना आसान नहीं था वहां होप ने अपने खेल पर नियंत्रण बनाए रखा और गेंदबाजों को दबाव बनाने का ज्यादा मौका नहीं दिया।

    पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने होप के निरंतर प्रदर्शन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब कोई बल्लेबाज अपनी तकनीक और रणनीति को लेकर स्पष्ट होता है तो उसे रोकना गेंदबाजों के लिए मुश्किल हो जाता है। होप ने पूरी सीरीज में प्रभावशाली बल्लेबाजी की है और उनके आंकड़े भी उनकी निरंतरता को दर्शाते हैं। पुजारा ने शिमरोन हेटमायर और शेरफेन रदरफोर्ड की भी तारीफ की। उनके मुताबिक इन बल्लेबाजों ने भी भारतीय गेंदबाजी योजनाओं की कमजोरियों को पहचाना और जरूरत के मुताबिक आक्रामक रुख अपनाया। इन खिलाड़ियों के सामूहिक योगदान ने वेस्टइंडीज को मुकाबले में मजबूत स्थिति दिलाने में अहम भूमिका निभाई।

    पुजारा ने कीमो पॉल की गेंदबाजी को जीत का निर्णायक मोड़ बताया। पॉल ने अपनी पहली ही गेंद पर संजू सैमसन को आउट कर भारतीय टीम को बड़ा झटका दिया। इसके बाद उसी ओवर में ईशान किशन का विकेट लेकर उन्होंने दबाव और बढ़ा दिया। फिर 19वें ओवर में तीन विकेट लेकर मुकाबले का रुख बदल दिया। पुजारा के मुताबिक मुश्किल परिस्थिति में इस तरह का प्रदर्शन टीम के आत्मविश्वास को मजबूत करता है। उन्होंने कहा कि वेस्टइंडीज ने दबाव के बावजूद शानदार वापसी की और अपने प्रदर्शन से यह संदेश दिया कि टीम मुकाबले में जीत हासिल करने के इरादे से उतरी थी।

    भारतीय गेंदबाजी पर बात करते हुए पुजारा ने कहा कि पावरप्ले के दौरान और उसके बाद गेंदबाज सही लेंथ बनाए रखने में नाकाम रहे। साथ ही गेंदबाजी में पर्याप्त विविधता भी नजर नहीं आई। उन्होंने नमन धीर की गेंदबाजी का उल्लेख करते हुए कहा कि वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने उनकी लेंथ को जल्दी समझ लिया और खराब गेंदों का फायदा उठाया। ऐसे बल्लेबाजों के सामने छोटी सी चूक भी भारी पड़ सकती है। पुजारा ने सलाह दी कि बेंगलुरु में भारतीय गेंदबाजों को बेहतर लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी करनी होगी और अपनी रणनीति में बदलाव करते रहना होगा। अगले मुकाबले में टीम इंडिया के सामने चुनौती होगी कि वह वेस्टइंडीज के आक्रामक बल्लेबाजों पर लगाम लगाए और पिछली गलतियों से सबक लेकर बेहतर प्रदर्शन करे।

  • अभिषेक शर्मा के तूफान से पस्त हुआ वेस्टइंडीज, हार के बाद कप्तान शाई होप का बड़ा बयान, भारतीय गेंदबाजों की तारीफ में कही ये बात

    अभिषेक शर्मा के तूफान से पस्त हुआ वेस्टइंडीज, हार के बाद कप्तान शाई होप का बड़ा बयान, भारतीय गेंदबाजों की तारीफ में कही ये बात


    नई दिल्ली । भारत के खिलाफ तीसरे टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में 14 रन से मिली हार के बाद वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप ने अपनी टीम की गेंदबाजी को लेकर अहम बात कही है। उन्होंने माना कि गेंदबाज कुछ मौकों पर बेहतर प्रदर्शन कर सकते थे और भारतीय बल्लेबाजों को कुछ अतिरिक्त बाउंड्री देने से बचना चाहिए था। रविवार को खेले गए मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 223 रन बनाए। जवाब में वेस्टइंडीज की टीम सात विकेट खोकर 209 रन तक ही पहुंच सकी। इस जीत के साथ भारत ने सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली है।
    मैच के बाद शाई होप ने कहा कि क्रिकेट में जीत और हार का अंतर कई बार बेहद कम होता है। ऐसे मुकाबलों में कुछ अहम पल पूरे परिणाम को बदल सकते हैं। उनके मुताबिक वेस्टइंडीज की टीम ने मैच में वापसी करने की कोशिश की और कुछ विकेट लेकर मुकाबले पर पकड़ भी बनाई। हालांकि गेंदबाजी के दौरान कुछ मौकों पर टीम बेहतर कर सकती थी। होप ने माना कि भारतीय बल्लेबाजों को बाउंड्री लगाने के अवसर मिले और इसका असर अंतिम परिणाम पर पड़ा। उन्होंने यह भी कहा कि शुरुआती साझेदारी काफी खतरनाक साबित हो सकती थी लेकिन रोस्टन चेज की मदद से टीम को जरूरी विकेट मिले।
    वेस्टइंडीज के कप्तान ने टीम की सलामी जोड़ी के प्रदर्शन पर भी बात की। सीरीज के शुरुआती तीनों मुकाबलों में ओपनिंग साझेदारी टीम को मजबूत शुरुआत देने में नाकाम रही है। होप ने कहा कि किसी भी टीम के लिए अच्छी शुरुआत बेहद जरूरी होती है क्योंकि इससे आगे आने वाले बल्लेबाजों को पारी संभालने और बड़े लक्ष्य का पीछा करने में मदद मिलती है। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि खराब शुरुआत के लिए केवल एक या दो खिलाड़ियों को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। टीम को सामूहिक रूप से बेहतर प्रदर्शन करने की जरूरत है।
    होप ने मुकाबले में ओस की स्थिति और गेंद की स्विंग का भी जिक्र किया। उनके मुताबिक टीम को उम्मीद थी कि परिस्थितियां अलग होंगी लेकिन पारी के अंतिम हिस्से में गेंद अपेक्षाकृत ज्यादा स्विंग करती दिखाई दी। उन्होंने भारतीय गेंदबाजों की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने अच्छी लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी की और यॉर्कर का प्रभावी इस्तेमाल किया। होप के अनुसार भारतीय गेंदबाजों ने दबाव के क्षणों में सटीक गेंदें डालकर अपनी क्षमता दिखाई और उन्हें इसका श्रेय मिलना चाहिए।
    इस मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। अभिषेक शर्मा ने केवल 30 गेंदों पर 69 रन बनाए। उनकी पारी में छह चौके और पांच छक्के शामिल रहे। ईशान किशन ने 18 गेंदों पर 37 रन बनाकर तेजी से रन जोड़े। तिलक वर्मा ने भी 16 गेंदों पर 28 रन की उपयोगी पारी खेली। इन योगदानों की मदद से भारतीय टीम 223 रन के बड़े स्कोर तक पहुंची और वेस्टइंडीज के सामने 224 रन का लक्ष्य रखा।
    लक्ष्य का पीछा करते हुए वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने मुकाबले में बने रहने की कोशिश की। कामिल पूरन ने 27 गेंदों पर 42 रन और शिमरोन हेटमायर ने 26 गेंदों पर 43 रन बनाए। रदरफोर्ड ने 32 रन का योगदान दिया जबकि शमर स्प्रिंगर ने केवल 11 गेंदों पर नाबाद 35 रन बनाकर आखिरी ओवरों में तेजी से रन जुटाए। इसके बावजूद टीम लक्ष्य से 14 रन दूर रह गई। अब वेस्टइंडीज के सामने अगले मुकाबले में वापसी करने की चुनौती होगी जबकि भारतीय टीम सीरीज में अपनी बढ़त मजबूत करने के इरादे से उतरेगी।

  • रोहित शर्मा और विराट कोहली की खास लिस्ट में शामिल हुए तिलक वर्मा, टी20 इंटरनेशनल में 50 कैच पूरे कर रचा इतिहास

    रोहित शर्मा और विराट कोहली की खास लिस्ट में शामिल हुए तिलक वर्मा, टी20 इंटरनेशनल में 50 कैच पूरे कर रचा इतिहास


    नई दिल्ली । भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले गए तीसरे टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में टीम इंडिया ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 14 रन से जीत दर्ज की। इस मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने आक्रामक अंदाज में रन बनाए और गेंदबाजों ने दबाव के क्षणों में अहम विकेट हासिल किए। इस जीत के बीच तिलक वर्मा ने भी एक खास उपलब्धि अपने नाम कर ली। उन्होंने टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में बतौर फील्डर 50 कैच पूरे कर लिए हैं। इस मुकाम तक पहुंचने वाले वह भारत के पांचवें खिलाड़ी बन गए हैं। उनसे पहले रोहित शर्मा हार्दिक पांड्या सूर्यकुमार यादव और विराट कोहली यह उपलब्धि हासिल कर चुके हैं।
    टी20 इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा कैच लेने वाले भारतीय खिलाड़ियों की सूची में रोहित शर्मा शीर्ष पर हैं। उनके नाम 65 कैच दर्ज हैं। हार्दिक पांड्या 64 कैच के साथ दूसरे स्थान पर हैं जबकि सूर्यकुमार यादव 58 कैच लेकर तीसरे नंबर पर हैं। विराट कोहली इस सूची में 54 कैच के साथ शामिल हैं। अब तिलक वर्मा ने 50 कैच पूरे करके इस खास क्लब में जगह बना ली है। यह उपलब्धि उनकी फील्डिंग क्षमता और मैदान पर लगातार योगदान को दर्शाती है।
    वेस्टइंडीज के खिलाफ तीसरे टी20 में तिलक ने बल्लेबाजी में भी उपयोगी प्रदर्शन किया। उन्होंने केवल 16 गेंदों का सामना करते हुए 28 रन बनाए। उनकी पारी में चार चौके शामिल रहे और उन्होंने 175 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की। इससे पहले दूसरे टी20 मुकाबले में भी तिलक ने शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने उस मैच में 18 गेंदों पर नाबाद 44 रन बनाकर भारतीय पारी को तेज गति दी थी। लगातार दो मुकाबलों में उनके आक्रामक अंदाज ने टीम के मध्यक्रम को मजबूती प्रदान की।
    तीसरे टी20 में भारत की ओर से अभिषेक शर्मा ने सबसे प्रभावशाली पारियों में से एक खेली। उन्होंने 30 गेंदों पर 69 रन बनाए। उनकी पारी में छह चौके और पांच छक्के शामिल रहे। ईशान किशन ने भी तेजी से रन बनाते हुए 18 गेंदों पर 37 रन जोड़े। इन पारियों की मदद से भारतीय टीम 20 ओवर में 223 रन के बड़े स्कोर तक पहुंचने में सफल रही। भारत ने वेस्टइंडीज के सामने जीत के लिए 224 रन का लक्ष्य रखा।
    लक्ष्य का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम ने संघर्ष किया लेकिन निर्धारित ओवरों में सात विकेट गंवाकर 209 रन ही बना सकी। शिमरोन हेटमायर ने 43 रन और कामिल पूरन ने 42 रन बनाकर टीम को मुकाबले में बनाए रखने की कोशिश की। शेरफेन रदरफोर्ड ने 20 गेंदों पर 32 रन बनाए। वहीं शमर स्प्रिंगर ने केवल 11 गेंदों पर नाबाद 35 रन की तेज पारी खेली। इसके बावजूद कैरेबियाई टीम लक्ष्य से 14 रन दूर रह गई। दूसरे टी20 में शतक लगाने वाले कप्तान शाई होप इस बार केवल पांच रन बनाकर आउट हो गए।
    भारतीय गेंदबाजी में अर्शदीप सिंह ने 44 रन देकर तीन विकेट हासिल किए जबकि नमन धीर ने दो विकेट झटके। गेंदबाजों ने अंतिम ओवरों में जरूरी नियंत्रण बनाए रखा और टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। इस मुकाबले में भारत की जीत के साथ तिलक वर्मा की व्यक्तिगत उपलब्धि भी चर्चा में रही। बल्लेबाजी और फील्डिंग दोनों में योगदान देने वाले तिलक के लिए यह रिकॉर्ड उनके टी20 इंटरनेशनल करियर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है।
  • वेस्टइंडीज के खिलाफ प्रिंस यादव की तूफानी बल्लेबाजी से प्रभावित हुए अभिषेक, बोले- बड़े शॉट लगाने का हुनर आने वाले समय में और निखरेगा

    वेस्टइंडीज के खिलाफ प्रिंस यादव की तूफानी बल्लेबाजी से प्रभावित हुए अभिषेक, बोले- बड़े शॉट लगाने का हुनर आने वाले समय में और निखरेगा


    नई दिल्ली । भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले गए तीसरे टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में भारतीय टीम ने 14 रन से जीत दर्ज की। इस मैच में जहां भारतीय बल्लेबाजों ने बड़े स्कोर की नींव रखी वहीं आखिरी ओवरों में प्रिंस यादव की छोटी लेकिन उपयोगी पारी भी चर्चा में रही। प्रिंस ने महज छह गेंदों पर नाबाद 13 रन बनाकर टीम के स्कोर को आगे बढ़ाने में अहम योगदान दिया। उनकी इस बल्लेबाजी से अभिषेक शर्मा भी प्रभावित नजर आए। अभिषेक ने प्रिंस की तारीफ करते हुए कहा कि वह उनकी बल्लेबाजी पहले देख चुके हैं और दिल्ली के क्रिकेट सर्कल में उनके नाम की चर्चा होती है।
    भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड की ओर से साझा किए गए वीडियो में प्रिंस यादव ने बताया कि तीसरे टी20 मुकाबले में बल्लेबाजी के लिए अभिषेक शर्मा ने उन्हें अपना बल्ला दिया था। प्रिंस के मुताबिक टीम के लिए किसी भी तरह से योगदान देना उनके लिए खुशी की बात है। चाहे बल्लेबाजी हो या गेंदबाजी अथवा फील्डिंग हर खिलाड़ी की कोशिश रहती है कि वह टीम की सफलता में अपना हिस्सा दे। उन्होंने मजाकिया अंदाज में बताया कि अभिषेक ने बल्ला देते समय उनसे कहा था कि उसकी बेइज्जती नहीं होनी चाहिए। प्रिंस ने कहा कि उन्होंने बल्ले की इज्जत रखते हुए कुछ अच्छे शॉट लगा दिए।
    वीडियो में प्रिंस के साथ मौजूद अभिषेक शर्मा ने उनकी बल्लेबाजी की क्षमता पर भरोसा जताया। अभिषेक ने कहा कि यदि किसी ने प्रिंस को बल्लेबाजी करते हुए नहीं देखा है तो उन्होंने उन्हें खेलते देखा है। दिल्ली में होने वाले सिंगल विकेट क्रिकेट में खिलाड़ियों को आमने-सामने अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों का हुनर दिखाना पड़ता है। अभिषेक के अनुसार प्रिंस में बड़े शॉट लगाने की क्षमता है और इसकी झलक वेस्टइंडीज के खिलाफ मुकाबले में भी देखने को मिली। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में प्रिंस का यह हुनर और निखरेगा। अभिषेक ने यह भी कहा कि बल्ला उनका था लेकिन गेंद को बाउंड्री के पार पहुंचाने में प्रिंस की ताकत और प्रतिभा का योगदान था।
    प्रिंस ने बातचीत के दौरान यह भी बताया कि इंग्लैंड में भी उन्होंने अभिषेक के बल्ले से बल्लेबाजी की थी और छक्का लगाया था। इसी वजह से अब वह जब भी बल्लेबाजी के लिए उतरेंगे तो अभिषेक से ही बल्ला लेने की कोशिश करेंगे। मैदान पर इस हल्की-फुल्की बातचीत ने दोनों खिलाड़ियों के बीच अच्छे तालमेल की झलक भी दिखाई।
    मैच में प्रिंस यादव ने भारत की ओर से नंबर 10 या 11 पर बल्लेबाजी करते हुए टी20 इंटरनेशनल में तीन या उससे अधिक बाउंड्री लगाने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों की सूची में जगह बनाई। उन्होंने अपनी नाबाद 13 रन की पारी में तीन चौके लगाए। भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 223 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया। जवाब में वेस्टइंडीज की टीम सात विकेट गंवाकर 209 रन ही बना सकी और भारत ने मुकाबला 14 रन से अपने नाम कर लिया।
    इस जीत में भारतीय टीम के सामूहिक प्रदर्शन की अहम भूमिका रही। हालांकि प्रिंस यादव की छोटी पारी ने यह भी दिखाया कि निचले क्रम के बल्लेबाजों का योगदान टी20 क्रिकेट में कितना महत्वपूर्ण हो सकता है। अभिषेक शर्मा की तारीफ से प्रिंस का आत्मविश्वास बढ़ने की उम्मीद है और अब नजरें उनके आगे के प्रदर्शन पर रहेंगी।
  • IND vs WI: इंदौर में भारत की जीत के बीच वेस्टइंडीज ने बनाया महारिकॉर्ड, T20I में छक्कों का दोहरा हजार पूरा, जानें किस नंबर पर है टीम इंडिया

    IND vs WI: इंदौर में भारत की जीत के बीच वेस्टइंडीज ने बनाया महारिकॉर्ड, T20I में छक्कों का दोहरा हजार पूरा, जानें किस नंबर पर है टीम इंडिया


    नई दिल्ली । भारत और वेस्टइंडीज के बीच इंदौर में खेले गए तीसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में टीम इंडिया ने 14 रन से जीत दर्ज कर पांच मैचों की सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली। हालांकि इस हार के बावजूद वेस्टइंडीज की टीम ने ऐसा विश्व रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया जो टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अब तक कोई दूसरी टीम हासिल नहीं कर सकी थी। वेस्टइंडीज टी20 इंटरनेशनल में 2000 छक्के लगाने वाली दुनिया की पहली टीम बन गई है। भारतीय टीम भी इस रिकॉर्ड के बेहद करीब पहुंच चुकी है और आने वाले मुकाबलों में उसके पास इस आंकड़े को पार करने का मौका होगा।
    वेस्टइंडीज की टीम ने भारत के खिलाफ तीसरे टी20 मुकाबले में कुल 13 छक्के लगाए। इसी के साथ उसके टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में छक्कों की संख्या 2000 के पार पहुंच गई। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक वेस्टइंडीज के नाम 2010 छक्के दर्ज हैं और वह इस सूची में पहले स्थान पर है। दूसरी ओर भारतीय टीम 1997 छक्कों के साथ दूसरे नंबर पर मौजूद है। इंदौर में खेले गए मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने आठ छक्के लगाए थे। इस तरह दोनों टीमों के बीच छक्कों के मामले में अंतर बेहद कम रह गया है। भारत को वेस्टइंडीज के आंकड़े से आगे निकलने के लिए अब ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ सकता।
    टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में छक्के लगाने के मामले में भारत और वेस्टइंडीज का दबदबा साफ दिखाई देता है। दोनों टीमों में कई ऐसे बल्लेबाज हैं जो तेजी से रन बनाने और बड़े शॉट खेलने के लिए जाने जाते हैं। इस सूची में न्यूजीलैंड तीसरे स्थान पर है जिसके नाम 1585 छक्के दर्ज हैं। भारत और न्यूजीलैंड के बीच 412 छक्कों का बड़ा अंतर है। पाकिस्तान 1500 छक्कों के साथ चौथे स्थान पर है जबकि दक्षिण अफ्रीका 1407 छक्कों के साथ पांचवें नंबर पर मौजूद है। इंग्लैंड के खाते में 1406 और ऑस्ट्रेलिया के नाम 1400 छक्के दर्ज हैं। श्रीलंका 1045 छक्कों के साथ आठवें स्थान पर है। अफगानिस्तान के 1014 बांग्लादेश के 986 और जिम्बाब्वे के 931 छक्के हैं। ये आंकड़े टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में आक्रामक बल्लेबाजी के लिहाज से टीमों के प्रदर्शन को दर्शाते हैं।
    इंदौर में खेले गए तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए बड़ा स्कोर खड़ा किया। सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने तूफानी अर्धशतक लगाकर टीम को तेज शुरुआत दिलाई और भारत ने निर्धारित 20 ओवर में 223 रन बनाए। इसके जवाब में वेस्टइंडीज की टीम सात विकेट के नुकसान पर 209 रन ही बना सकी। शिमरोन हेटमायर ने 26 गेंदों में 43 रन बनाए जिसमें छह चौके और दो छक्के शामिल रहे। कामिल पूरन ने भी 27 गेंदों पर 42 रन की उपयोगी पारी खेली। हालांकि भारतीय गेंदबाजों ने दबाव बनाए रखा और मेहमान टीम लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी।
    वेस्टइंडीज की ओर से पारी के अंतिम ओवरों में शमार स्प्रिंगर ने तेजी से रन बनाकर मुकाबले में रोमांच पैदा किया। उन्होंने केवल 11 गेंदों पर नाबाद 35 रन ठोक दिए जिसमें चार छक्के और दो चौके शामिल थे। इसके बावजूद टीम को जीत नहीं मिल सकी। भारत की तरफ से अर्शदीप सिंह ने 44 रन देकर तीन विकेट हासिल किए जबकि नमन धीर ने 39 रन देकर दो बल्लेबाजों को आउट किया। गेंदबाजों के इस प्रदर्शन ने भारत की जीत सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाई।
    इस जीत के साथ भारत ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 2-1 की बढ़त हासिल कर ली। मुकाबले की खास बात यह भी रही कि मौजूदा भारत दौरे में पहली बार किसी टीम ने लक्ष्य का सफलतापूर्वक बचाव किया। एक तरफ भारतीय टीम सीरीज में बढ़त बनाकर उत्साहित है तो दूसरी तरफ वेस्टइंडीज ने हार के बावजूद छक्कों का ऐतिहासिक रिकॉर्ड अपने नाम किया है। अब क्रिकेट प्रशंसकों की नजर भारतीय टीम पर रहेगी कि वह कितनी जल्दी 2000 छक्कों का आंकड़ा पार कर इस उपलब्धि को हासिल करती है।

  • होलकर स्टेडियम में आज बनेगा इतिहास? अभिषेक शर्मा तोड़ सकते हैं सूर्या के दो रिकॉर्ड, ईशान और श्रेयस के पास भी बड़ा मौका

    होलकर स्टेडियम में आज बनेगा इतिहास? अभिषेक शर्मा तोड़ सकते हैं सूर्या के दो रिकॉर्ड, ईशान और श्रेयस के पास भी बड़ा मौका


    नई दिल्ली। इंदौर के होलकर स्टेडियम में रविवार 11 अक्टूबर को भारत और वेस्टइंडीज के बीच होने वाला तीसरा टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला भारतीय बल्लेबाजों के लिए ऐतिहासिक साबित हो सकता है। टीम इंडिया के सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा की नजरें सूर्यकुमार यादव के दो बड़े रिकॉर्ड पर टिकी हैं। वहीं ईशान किशन और कप्तान श्रेयस अय्यर के पास भी भारतीय क्रिकेट के रिकॉर्ड बुक में अपना नाम दर्ज कराने का मौका है। ऐसे में इस मुकाबले में रोमांचक क्रिकेट के साथ कई व्यक्तिगत उपलब्धियों पर भी दर्शकों की निगाहें रहेंगी।
    अभिषेक शर्मा इस समय शानदार बल्लेबाजी कर रहे हैं और उनके पास टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे कम गेंदों में 2000 रन पूरे करने का रिकॉर्ड अपने नाम करने का मौका है। अभिषेक अब तक 64 मुकाबलों की 63 पारियों में 1967 रन बना चुके हैं और इसके लिए उन्होंने 1009 गेंदों का सामना किया है। तीसरे टी20 में 33 रन बनाते ही वह 2000 रन के आंकड़े तक पहुंच जाएंगे। फिलहाल यह रिकॉर्ड सूर्यकुमार यादव के नाम है जिन्होंने अपनी 1164वीं गेंद पर टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 2000 रन पूरे किए थे। अभिषेक को यह उपलब्धि हासिल करने के लिए सूर्यकुमार से कम गेंदों में यह आंकड़ा पार करना होगा। इस सूची में ऑस्ट्रेलिया के आरोन फिंच और ग्लेन मैक्सवेल भी शामिल हैं।
    अभिषेक के निशाने पर सूर्यकुमार का एक और बड़ा रिकॉर्ड है। एक कैलेंडर वर्ष में टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में सूर्यकुमार शीर्ष पर हैं। उन्होंने 2022 में 31 मुकाबलों में 68 छक्के लगाए थे। अभिषेक 2026 में अब तक 31 मैचों में 63 छक्के जड़ चुके हैं। उन्हें सूर्यकुमार का रिकॉर्ड तोड़ने के लिए तीसरे टी20 में कम से कम छह छक्के लगाने होंगे। अगर अभिषेक ऐसा करने में सफल रहते हैं तो वह एक कैलेंडर वर्ष में पूर्ण सदस्य देशों के बल्लेबाजों के बीच सबसे ज्यादा टी20 अंतरराष्ट्रीय छक्के लगाने वाले बल्लेबाज बन सकते हैं।
    अभिषेक के पास टी20 क्रिकेट के सभी मुकाबलों में भी अपना ही रिकॉर्ड बेहतर करने का मौका है। उन्होंने 2025 में 41 मैचों में 108 छक्के लगाए थे। इस साल वह 46 मुकाबलों में 106 छक्के लगा चुके हैं। यानी अपने पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ने के लिए उन्हें तीन और छक्कों की जरूरत है। इंदौर में उनकी आक्रामक बल्लेबाजी इस उपलब्धि को खास बना सकती है।
    ईशान किशन भी इस मुकाबले में एक बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकते हैं। उन्होंने 2026 में अब तक 31 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 1085 रन बनाए हैं। भारत के लिए एक कैलेंडर वर्ष में सबसे ज्यादा टी20 अंतरराष्ट्रीय रन बनाने का रिकॉर्ड फिलहाल सूर्यकुमार यादव के नाम है जिन्होंने 2022 में 1164 रन बनाए थे। ईशान को इस रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए तीसरे टी20 में कम से कम 80 रन बनाने होंगे। ऐसे में उनकी बल्लेबाजी भी मैच का अहम आकर्षण रहेगी।
    भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर के पास भी रिकॉर्ड बनाने का अवसर है। उन्होंने 2026 में भारत की कप्तानी करते हुए 18 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 551 रन बनाए हैं। एक कैलेंडर वर्ष में भारतीय कप्तान के तौर पर सबसे ज्यादा टी20 अंतरराष्ट्रीय रन बनाने का रिकॉर्ड रोहित शर्मा के नाम है। रोहित ने 2022 में 29 मैचों में 656 रन बनाए थे। श्रेयस को उनसे आगे निकलने के लिए 106 रन बनाने होंगे। कुल मिलाकर इंदौर में होने वाला यह मुकाबला भारतीय बल्लेबाजों के लिए उपलब्धियों के लिहाज से बेहद खास हो सकता है। अब देखना होगा कि अभिषेक ईशान और श्रेयस में से कौन अपने प्रदर्शन से नया इतिहास रचता है।