एमएसएमई पर सबसे ज्यादा मार
कच्चे माल की कमी लागत में बढ़ोतरी
निर्यात पर भी पड़ा असर
सरकार से राहत की मांग तेज
रोजगार बचाने पर जोर

एमएसएमई पर सबसे ज्यादा मार
कच्चे माल की कमी लागत में बढ़ोतरी
निर्यात पर भी पड़ा असर
सरकार से राहत की मांग तेज
रोजगार बचाने पर जोर

देवड़ा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में भारत को विश्व की मजबूत अर्थव्यवस्था बनाने में मध्यप्रदेश पूरी क्षमता से योगदान दे रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य ने जो आर्थिक सुधारात्मक कदम उठाए, उनके परिणाम दिखाई देने लगे हैं।
आर्थिक आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025-26 में सकल राज्य घरेलू उत्पाद GSDP प्रचलित भाव पर 16,69,750 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष के 15,02,428 करोड़ रुपये की तुलना में 11.14 प्रतिशत अधिक है। स्थिर 2011-12 भाव पर GSDP 7,81,911 करोड़ रुपये अनुमानित है, जो 8.04 प्रतिशत की वास्तविक वृद्धि को दर्शाता है। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य की प्रति व्यक्ति आय प्रचलित भाव में 1,69,050 रुपये और स्थिर भाव में 76,971 रुपये तक बढ़ गई है।
प्राथमिक क्षेत्र में कुल सकल राज्य मूल्य वर्धन 6,79,817 करोड़ रुपये रहा, जिसमें फसलें 30.17 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ प्रमुख रहीं। पशुधन, वानिकी, मत्स्य एवं खनन ने भी योगदान दिया। कृषि एवं ग्रामीण विकास के मोर्चे पर फसल उत्पादन में 7.66 प्रतिशत तथा खाद्यान्न उत्पादन में 14.68 प्रतिशत वृद्धि हुई। दुग्ध उत्पादन 225.95 लाख टन और 72,975 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों के निर्माण से ग्रामीण आधार मजबूत हुआ।
द्वितीयक क्षेत्र का GSVA 3,12,350 करोड़ रुपये रहा, जिसमें निर्माण, विनिर्माण और उपयोगी सेवाओं का योगदान प्रमुख रहा। इस क्षेत्र में 1,028 इकाइयों को 6,125 एकड़ भूमि आवंटित की गई, जिससे ₹1.17 लाख करोड़ के प्रस्तावित निवेश और लगभग 1.7 लाख रोजगार सृजित हुए। वर्ष 2024-25 में MSME सहायता 2,162 करोड़ रुपये रही। स्टार्टअप्स और इनक्यूबेशन केंद्र सक्रिय हैं, जबकि CSR व्यय 600.47 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।
तृतीयक क्षेत्र ने सर्वाधिक तेज वृद्धि दिखाई। वर्ष 2025-26 में इसका GSVA 5,85,588 करोड़ रुपये रहा, जिसमें व्यापार, वित्तीय सेवाएँ, रियल एस्टेट, होटल-रेस्टोरेंट और पर्यटन प्रमुख योगदानकर्ता रहे। 13.18 करोड़ पर्यटकों की आवक इस क्षेत्र की गति को दिखाती है।
वित्तीय अनुशासन में सुधार भी दिखा; राजस्व 618 करोड़ रुपये बढ़ा और ऋण-GSDP अनुपात 31.3 प्रतिशत रहा। नगरीय विकास के तहत AMRUT 2.0 में 4,065 करोड़ रुपये का आवंटन और 1,134 परियोजनाओं की स्वीकृति दी गई। प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के तहत 8.75 लाख आवास पूरे हुए। स्वास्थ्य क्षेत्र में 34,112 करोड़ रुपये खर्च किए गए और मातृ मृत्यु दर घटकर 142 प्रति लाख जन्म रह गई।
शिक्षा एवं कौशल विकास में बजट का 10.37 प्रतिशत आवंटित किया गया। कक्षा 1-5 में ड्रॉपआउट शून्य और कक्षा 6-8 में 6.3 प्रतिशत रह गया। तकनीकी शिक्षण संस्थानों की संख्या 1,625 से बढ़कर 2,070 हो गई और 45,668 विद्यार्थियों को 500 करोड़ रुपये की सहायता प्रदान की गई। देवड़ा ने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था कृषि आधारित रही, लेकिन उद्योग और सेवा क्षेत्र में भी संतुलित विस्तार हुआ है, जिससे मध्यप्रदेश ने संतुलित विकास का आदर्श प्रस्तुत किया है।

विजेता गौरव खन्ना टीवी के जाना-माना चेहरा हैं और उन्होंने CID और अनुपमा जैसे लोकप्रिय शो में काम किया है। फिनाले में कार्तिक आर्यन अनन्या पांडे अरमान मलिक और करण कुंद्रा सहित कई बॉलीवुड सितारे मौजूद थे। इस सीजन की खास बात रही भोजपुरी सुपरस्टार पवन सिंह जिन्हें बिग बॉस के फिनाले से पहले लॉरेंस बिश्नोई गैंग की तरफ से धमकी मिली थी। कॉल करने वाले ने पवन सिंह को चेतावनी दी कि अगर वे सलमान खान के साथ मंच साझा करेंगे तो उन्हें इंडस्ट्री में काम नहीं करने दिया जाएगा। बावजूद इसके पवन सिंह ने हिम्मत दिखाई और शो में शामिल हुए। सुरक्षा के भी विशेष इंतजाम किए गए थे।
फिनाले के दौरान सलमान खान भावुक हो गए जब उन्होंने धर्मेंद्र को याद किया। शो में धर्मेंद्र के पुराने वीडियो दिखाए गए जिन्हें देखकर सलमान की आंखों से आंसू निकल आए। सलमान ने बताया कि धर्मेंद्र का निधन उनके पिता सलीम खान के जन्मदिन पर हुआ था। उन्होंने यह भी साझा किया कि 8 दिसंबर धर्मेंद्र का जन्मदिन उनकी मां सलमा का जन्मदिन भी है। फिनाले में सनी लियोनी और करण कुंद्रा ने अपने शो स्प्लिट्सविला X6 के प्रमोशन के लिए स्टेज पर मजेदार सेगमेंट किया। सलमान ने तान्या मित्तल की तारीफ करते हुए कहा कि वह बिग बॉस के इतिहास की सबसे वायरल कंटेस्टेंट्स में से हैं। वहीं बसीर अली के शो को लेकर बयानों पर सलमान ने उन्हें चेतावनी दी कि ऐसा प्रोफेशनल करियर को नुकसान पहुंचा सकता है।
बिग बॉस का इतिहास: इस रियलिटी शो का आइडिया 1997 में नीदरलैंड में शुरू हुए शो बिग ब्रदर से लिया गया। भारत में यह शो 2006 में आया। पहले सीजन के होस्ट थे अरशद वारसी इसके बाद शिल्पा शेट्टी और अमिताभ बच्चन ने होस्ट किया। 2010 से लगातार सलमान खान शो के होस्ट हैं। बिग बॉस आज भारत का सबसे चर्चित और लोकप्रिय रियलिटी शो बन चुका है।

सिमोन दुनोयर टाटा का जन्म स्विट्जरलैंड के जेनेवा में हुआ था। उनका पूरा नाम सिमोन नेवल दुनोयर था। 1953 में भारत यात्रा पर आईं सिमोन ने टाटा परिवार से जुड़ाव बनाया और 1955 में जेआरडी टाटा के सौतेले भाई, नवल एच. टाटा से विवाह किया। नवल टाटा की पहली पत्नी सूनी कॉमिस्सैरिएट से दो बेटे थे, रतन और जीमी टाटा। सिमोन ने परिवार में संतुलन बनाए रखा और नवजात टाटा परिवार को एकजुट रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके और नवल टाटा के बेटे नोएल टाटा आज टाटा ट्रस्ट्स और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसी संस्थाओं में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
सिमोन टाटा ने 1960 के दशक में टाटा ग्रुप के व्यवसाय में सक्रिय योगदान देना शुरू किया। उन्होंने टाटा ऑयल मिल्स की सब्सिडियरी कंपनी लेक्मे के बोर्ड में शामिल होकर इसकी रणनीति और विकास में अहम भूमिका निभाई। उस समय लेक्मे एक छोटी कंपनी थी, जो हमाम, ओके और मोदी सोप्स जैसे उत्पाद बनाती थी। लेकिन सिमोन ने इसे भारतीय महिलाओं के लिए एक प्रमुख और भरोसेमंद कॉस्मेटिक ब्रांड बनाने का विजन दिया।
1982 में सिमोन टाटा लेक्मे की चेयरपर्सन बनीं। उन्होंने भारतीय बाजार में महिलाओं की त्वचा और बालों की देखभाल के लिए विशेष उत्पाद विकसित कर ब्रांड को मजबूत किया। 1996 में भारत में आर्थिक उदारीकरण के बाद, लेक्मे ने हिंदुस्तान यूनिलीवर लिमिटेड (HUL) के साथ 50:50 साझेदारी की और लेक्मे यूनिलीवर लिमिटेड की स्थापना हुई। 1998 में सिमोन ने HUL को अपने 50 प्रतिशत शेयर 200 करोड़ रुपए में बेच दिए। इसके बाद लेक्मे ने कॉस्मेटिक्स से रिटेलिंग की दिशा में कदम बढ़ाया।
सिमोन टाटा को भारतीय कॉस्मेटिक्स उद्योग की ‘जैज़ीनेरा’ कहा जाता है। उन्होंने लेक्मे को केवल घरेलू उत्पादों तक सीमित नहीं रखा, बल्कि भारतीय महिलाओं की जरूरतों और समस्याओं को समझते हुए इसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई। उनके नेतृत्व में लेक्मे ने मार्केट में नई रणनीतियों और साझेदारियों के माध्यम से तेजी से विकास किया।
1998 में, सिमोन टाटा ने UK की लिटिलवुड्स इंटरनेशनल (इंडिया) कंपनी को खरीदा, जो रेडी-टू-वियर गारमेंट्स बेचती थी। इसी कदम के साथ उन्होंने ट्रेंट लिमिटेड की नींव रखी। लेक्मे लिमिटेड का नाम बदलकर ट्रेंट कर दिया गया और यह टाटा ग्रुप का प्रमुख रिटेल आर्म बन गया। आज ट्रेंट वेस्टसाइड, जुडियो और अन्य रिटेल फॉर्मेट्स चला रहा है। नोएल टाटा वर्तमान में ट्रेंट के चेयरमैन हैं और सिमोन टाटा की विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं।
सिमोन टाटा न केवल एक व्यवसायिक दृष्टिकोण रखने वाली महिला थीं, बल्कि उन्होंने टाटा परिवार में पारिवारिक मूल्यों और रिश्तों को भी मजबूती से संभाला। उनका जीवन भारतीय उद्योग जगत और समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत रहा। उनके योगदान ने न केवल महिलाओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए उद्योग में बदलाव लाया, बल्कि रिटेलिंग और ब्रांड निर्माण के क्षेत्र में भी नए मानक स्थापित किए।
उनकी यह विरासत आज भी टाटा समूह के कार्यों और समाज में उनके प्रभाव में देखी जा सकती है। सिमोन टाटा के निधन से टाटा परिवार और भारतीय उद्योग जगत को एक अनमोल व्यक्तित्व खोना पड़ा है।