Tag: ITC

  • शेयर बाजार में चार दिन बाद लौटी तेजी, सेंसेक्स 473 अंक चढ़ा; निफ्टी 0.60 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद

    शेयर बाजार में चार दिन बाद लौटी तेजी, सेंसेक्स 473 अंक चढ़ा; निफ्टी 0.60 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद


    नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार ने लगातार चार दिनों की गिरावट का सिलसिला तोड़ते हुए सोमवार को बढ़त के साथ कारोबार समाप्त किया। अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में तेजी से बढ़ोतरी की आशंकाएं कम होने और वैश्विक शेयर बाजारों में तेजी का असर घरेलू बाजार पर भी दिखाई दिया। प्रमुख बेंचमार्क सूचकांकों में 0.66 प्रतिशत तक की बढ़त दर्ज की गई। बीएसई सेंसेक्स 472.77 अंक यानी 0.66 प्रतिशत की तेजी के साथ 72,382.47 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 50 में 133.80 अंक यानी 0.60 प्रतिशत की बढ़त रही और यह 22,555.75 के स्तर पर बंद हुआ।

    निफ्टी 50 में आईटीसी के शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी रही और इसमें 5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई। इसके बाद बीएसई, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स, श्रीराम फाइनेंस, बजाज फाइनेंस, भारती एयरटेल, इटरनल, एनटीपीसी और अदाणी पोर्ट्स के शेयरों में भी अच्छी तेजी देखने को मिली। दूसरी ओर, एचसीएल टेक, मैक्स हेल्थ, एचडीएफसी बैंक, अपोलो हॉस्पिटल, एशियन पेंट्स, इंफोसिस और सन फार्मा के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। व्यापक बाजारों में भी खरीदारी का रुझान रहा। निफ्टी मिडकैप में 0.67 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप में 0.47 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई।

    सेक्टरवार प्रदर्शन की बात करें तो निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और निफ्टी एफएमसीजी ने बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि निफ्टी हेल्थकेयर और निफ्टी फार्मा कमजोर रहे। एक मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक, भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को लगातार आठ हफ्तों की गिरावट के बाद कुछ राहत भरी रिकवरी देखने को मिली। इस बढ़त को कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और अमेरिका के कमजोर जॉब्स डेटा के बाद ब्याज दरों में तेज बढ़ोतरी की उम्मीद कम होने से समर्थन मिला। इन परिस्थितियों ने वैश्विक बाजारों में धारणा को बेहतर किया, जिसका असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा।

    हालांकि, दिन के उच्चतम स्तर से बाजार में आई गिरावट से संकेत मिलता है कि निवेशक अभी भी पूरी तरह आश्वस्त नहीं हैं। ऊंची वैश्विक बॉन्ड यील्ड, विदेशी निवेश की लगातार निकासी और भू-राजनीतिक जोखिमों को लेकर बाजार में सतर्कता बनी हुई है। एक्सपर्ट ने कहा कि फाइनेंशियल, आईटी और कंज्यूमर सेक्टर के शेयर बाजार को सहारा दे रहे हैं, जबकि कुछ चुनिंदा आईटी और हेल्थकेयर शेयरों में कमजोरी व्यापक स्तर पर भरोसे की कमी को दर्शाती है। ऐसे में निवेशकों को आगे कमाई की संभावनाओं पर ध्यान देने और बाजार की रिकवरी के पीछे भागने के बजाय गिरावट के दौरान चुनिंदा शेयरों में खरीदारी करने पर विचार करना चाहिए।

  • भारत मंडपम के ब्रिक्स मीडिया सेंटर में देशी-विदेशी मेहमानों के लिए भारतीय स्वाद के साथ वैश्विक व्यंजनों की खास व्यवस्था

    भारत मंडपम के ब्रिक्स मीडिया सेंटर में देशी-विदेशी मेहमानों के लिए भारतीय स्वाद के साथ वैश्विक व्यंजनों की खास व्यवस्था

    नई दिल्ली ।दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में देश-विदेश से पहुंचे मेहमानों और पत्रकारों के लिए भोजन की विशेष व्यवस्था की गई है। मीडिया सेंटर में भारतीय व्यंजनों के साथ अलग-अलग देशों और क्षेत्रों के पसंदीदा वैश्विक व्यंजन भी परोसे जा रहे हैं। इस पूरी व्यवस्था की जिम्मेदारी आईटीसी होटल्स की ओर से संभाली जा रही है।

    शिखर सम्मेलन के लिए तैयार किए गए मेन्यू में भारतीय स्वाद को प्रमुख स्थान दिया गया है। इसके साथ ही चाइनीज और वेस्टर्न कुजीन को भी शामिल किया गया है, ताकि अलग-अलग देशों से आने वाले प्रतिभागियों को अपनी पसंद के अनुसार भोजन मिल सके। मेन्यू तैयार करते समय अंतरराष्ट्रीय मेहमानों की विविध पसंद को ध्यान में रखा गया है।

    आईटीसी की कॉर्पोरेट शेफ मनीषा के अनुसार, सम्मेलन के दौरान आईटीसी के विभिन्न ब्रांड्स के व्यंजनों को भी प्रदर्शित किया जा रहा है। इनमें बुखारा, दम पुख्त, दक्षिण तथा कबाब एंड करीज जैसे ब्रांड्स के व्यंजन शामिल हैं। पिछले डेढ़ दिन से इन व्यंजनों को प्रतिभागियों के सामने पेश किया जा रहा है, ताकि वे भारतीय पाक परंपरा के अलग-अलग स्वाद का अनुभव कर सकें।

    मनीषा ने बताया कि इतने बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजन के लिए भोजन तैयार करना एक चुनौतीपूर्ण जिम्मेदारी है, लेकिन यह देश के व्यंजनों को सामने रखने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि इससे पहले जी20 और एआई समिट जैसे बड़े आयोजनों में भी आईटीसी की ओर से भोजन परोसा गया था। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए चुना जाना उनके लिए गर्व की बात है।

    उन्होंने बताया कि आईटीसी के पूरे भारत में करीब 140 होटल हैं और बड़े आयोजनों के दौरान अलग-अलग स्थानों से विशेषज्ञ शेफ को एक साथ लाया जाता है। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में 100 से अधिक शेफ मेन्यू तैयार करने और भोजन बनाने की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।

    आईटीसी होटल के एरिया शेफ राजदीप कपूर ने भी मेहमानों का भारतीय भोजन का आनंद लेने के लिए स्वागत किया। वहीं, ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में आईटीसी होटल्स के प्रतिनिधि रजनीश मल्लर ने बताया कि मीडिया सेंटर में अंतरराष्ट्रीय और घरेलू मीडिया से जुड़े लोग मौजूद हैं। उनके अनुसार, मेन्यू को इस तरह तैयार किया गया है कि भारतीय व्यंजनों की विशेषता के साथ वैश्विक स्वाद और पसंद को भी जगह मिल सके।

    मेन्यू में भारतीय भोजन और आरामदायक भोजन के विकल्पों के साथ विभिन्न क्षेत्रों के व्यंजनों को शामिल करने की कोशिश की गई है। इसका उद्देश्य अलग-अलग देशों से आए मेहमानों की भोजन संबंधी पसंद को ध्यान में रखते हुए विविध विकल्प उपलब्ध कराना है।

    आईटीसी की स्थापना 1910 में इंपीरियल टोबैको कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड के नाम से हुई थी। वर्ष 1970 में इसका नाम इंडिया टोबैको कंपनी लिमिटेड किया गया और 1974 में कंपनी का नाम बदलकर आईटीसी लिमिटेड कर दिया गया। कंपनी के होटल कारोबार की शुरुआत 1975 में चेन्नई में पहली प्रॉपर्टी के साथ हुई थी।

    वर्तमान में आईटीसी होटल्स और वेलकम होटल जैसे ब्रांड्स के तहत 150 से अधिक प्रॉपर्टीज संचालित की जाती हैं। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भी कंपनी की पाक कला से जुड़ी टीम भारतीय व्यंजनों और वैश्विक कुजीन के जरिए मेहमानों के लिए भोजन की व्यवस्था संभाल रही है।