Tag: Jabalpur Police

  • पुलिस की भनक लगते ही जंगल में भागा शराब तस्कर बाइक मौके पर छोड़ी 55 लीटर शराब मिली 600 लीटर लाहन किया नष्ट

    पुलिस की भनक लगते ही जंगल में भागा शराब तस्कर बाइक मौके पर छोड़ी 55 लीटर शराब मिली 600 लीटर लाहन किया नष्ट


    जबलपुर । जबलपुर के पनागर इलाके में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए जंगल में चल रहे शराब बनाने के अड्डे का भंडाफोड़ किया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि पनागर से करीब 25 से 30 किलोमीटर दूर तिलगमा और भौरहा गांव के बीच घने जंगल में हाथ भट्टी लगाकर महुआ शराब तैयार की जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने इलाके में पहुंचकर जंगल और नाले के आसपास तलाशी अभियान शुरू किया। पुलिस की गतिविधि देखते ही वहां मौजूद एक आरोपी बाइक छोड़कर जंगल की ओर भाग निकला।

    पुलिस टीम जब बताए गए स्थान पर पहुंची तो एक मोटरसाइकिल सवार व्यक्ति वहां मौजूद था। पुलिस को देखते ही उसने बाइक वहीं छोड़ दी और घने जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गया। पुलिस ने मौके पर छोड़ी गई मोटरसाइकिल को अपने कब्जे में ले लिया। बाइक की तलाशी लेने पर उसमें करीब 55 लीटर हाथ भट्टी से तैयार की गई महुआ शराब मिली। शराब को जब्त कर पुलिस ने आगे की कार्रवाई शुरू की।

    इसके बाद पुलिस टीम ने जंगल के अंदर और नाले के किनारे मौजूद संभावित ठिकानों की तलाश की। तलाशी के दौरान तीन बड़े ड्रम मिले जिनमें शराब बनाने के लिए सामग्री छिपाकर रखी गई थी। पुलिस को मौके पर करीब 600 लीटर लाहन मिला। इसके अलावा शराब तैयार करने के लिए इस्तेमाल होने वाली भट्टियां और अन्य उपकरण भी वहां रखे हुए थे। इससे साफ हुआ कि जंगल में लंबे समय से अवैध शराब बनाने का काम चल रहा था।

    पुलिस ने मौके पर ही शराब बनाने के इस पूरे ठिकाने को नष्ट करने की कार्रवाई शुरू की। करीब 600 लीटर लाहन को मौके पर नष्ट कर दिया गया। इसके साथ ही अवैध शराब तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली भट्टियों और अन्य सामान को भी हटाया गया ताकि दोबारा वहां शराब बनाने की गतिविधि शुरू न हो सके। पुलिस ने जब्त 55 लीटर महुआ शराब और मोटरसाइकिल को अपने कब्जे में ले लिया है।

    पुलिस ने मामले में आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फरार आरोपी की पहचान के लिए मौके से जब्त मोटरसाइकिल के रजिस्ट्रेशन नंबर की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस अब यह पता लगाने में लगी है कि बाइक किसके नाम पर दर्ज है और जंगल में शराब बनाने के इस कारोबार से उसका क्या संबंध है।

    पुलिस अधिकारियों के मुताबिक अवैध शराब के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। जांच में यदि अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। जंगल के भीतर लंबे समय से चल रहे इस अवैध कारोबार पर कार्रवाई के बाद पुलिस ने साफ किया है कि क्षेत्र में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

  • फ्रिज खोला तो सामने आया नशे का काला कारोबार, जबलपुर पुलिस ने 24 नशीले इंजेक्शन किए जब्त

    फ्रिज खोला तो सामने आया नशे का काला कारोबार, जबलपुर पुलिस ने 24 नशीले इंजेक्शन किए जब्त


    जबलपुर । जबलपुर में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गोरखपुर थाना पुलिस ने सेठीनगर निवासी बड़कू सोनकर को उसके घर से पकड़ा है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 24 प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन बरामद किए हैं। इनमें 11 बुप्रेनोरफिन और 13 फेनिरामाइन मैलेट के इंजेक्शन शामिल हैं। पुलिस ने नशीले इंजेक्शनों की बिक्री से मिले 3950 रुपए भी जब्त किए हैं। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

    पुलिस के मुताबिक 9 सितंबर को गोरखपुर थाना प्रभारी नितिन कमल को मुखबिर से सूचना मिली थी कि सेठीनगर निवासी बड़कू सोनकर अपने घर से नशीले इंजेक्शनों की बिक्री कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने टीम तैयार की और बताए गए स्थान पर दबिश देने के लिए पहुंच गई। पुलिस को आशंका थी कि आरोपी नशीले इंजेक्शनों को किसी सुरक्षित जगह पर छिपाकर रख सकता है।

    पुलिस टीम ने घर की तलाशी शुरू की। इसी दौरान आंगन में निर्माणाधीन कमरे में रखा एक फ्रिज पुलिस के निशाने पर आया। फ्रिज की तलाशी लेने पर उसके अंदर एक थैला मिला। जब पुलिस ने थैला खोला तो उसमें प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन रखे हुए थे। गिनती करने पर कुल 24 इंजेक्शन बरामद हुए। इनमें 11 इंजेक्शन बुप्रेनोरफिन के जबकि 13 इंजेक्शन फेनिरामाइन मैलेट के बताए गए हैं।

    पुलिस ने मौके से नशीले इंजेक्शनों की बिक्री से प्राप्त 3950 रुपए भी जब्त किए। पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह इन प्रतिबंधित इंजेक्शनों को नशे के आदी लोगों को बेचता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी को नशीले इंजेक्शनों की सप्लाई कहां से मिलती थी और इस अवैध कारोबार में उसके साथ और कौन लोग जुड़े हुए हैं।

    जांच के दौरान पुलिस को आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड भी मिला है। पुलिस के अनुसार बड़कू सोनकर आदतन अपराधी है और उसके खिलाफ पहले से छह से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें आर्म्स एक्ट के साथ सट्टा एक्ट एनडीपीएस एक्ट और आबकारी एक्ट से जुड़े मामले शामिल हैं। इस वजह से पुलिस आरोपी से पूछताछ में पुराने मामलों और नशे के नेटवर्क से जुड़े पहलुओं को भी खंगाल रही है।

    पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत प्रकरण दर्ज किया है। अब जांच टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बरामद इंजेक्शन किस माध्यम से आरोपी तक पहुंचे थे और इनकी सप्लाई किन लोगों तक की जाती थी। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ से नशीले इंजेक्शनों की अवैध सप्लाई से जुड़े दूसरे लोगों के बारे में भी जानकारी मिल सकती है।

    थाना प्रभारी नितिन कमल के नेतृत्व में पुलिस टीम मामले की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। फिलहाल गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है और उसके नेटवर्क से जुड़े संभावित लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है।

  • होली के जश्न में मातम: जबलपुर में नाले, तालाब और बरगी बांध में डूबने से 3 की मौत

    होली के जश्न में मातम: जबलपुर में नाले, तालाब और बरगी बांध में डूबने से 3 की मौत


    जबलपुर । मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में होली का त्योहार उस समय मातम में बदल गया, जब अलग-अलग थाना क्षेत्रों में डूबने से तीन लोगों की मौत हो गई। इन घटनाओं में एक बुजुर्ग और दो युवकों ने अपनी जान गंवा दी। पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने तीनों शव बरामद कर लिए हैं और मामले की जांच शुरू कर दी है।जानकारी के अनुसार तीनों घटनाएं जबलपुर जिले के बरगी, सिहोरा और संजीवनी नगर थाना क्षेत्रों में हुई हैं।
    प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि नशा और लापरवाही इन हादसों की बड़ी वजह बनी।पहली घटना में बुजुर्ग रूपसिंह पटेल की नाले में डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि वे नशे की हालत में थे और इसी दौरान कछपुरा नाले में गिर गए। काफी देर तक जब उनका कोई पता नहीं चला तो स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी। बाद में पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नाले से उनका शव बरामद किया।

    दूसरी घटना बरगी बांध के जीरो डिग्री क्षेत्र की है, जहां एक युवक की डूबने से मौत हो गई। मृतक की पहचान शैलेष नेमा के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि शैलेष अपने दोस्तों के साथ बरगी बांध में नहाने गया था। इसी दौरान वह गहरे पानी में चला गया और डूब गया। घटना के बाद एसडीआरएफ और पुलिस की टीम ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान शुरू किया। करीब तीन दिनों तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद युवक का शव बरामद किया गया।

    तीसरी घटना सिहोरा क्षेत्र में सामने आई, जहां तालाब में डूबने से एक अन्य युवक की मौत हो गई। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि तीनों मामलों में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है। साथ ही त्योहारों के दौरान लोगों से सावधानी बरतने और नशे की हालत में जलाशयों के पास न जाने की अपील भी की गई है। होली जैसे पर्व के दौरान हुए इन हादसों से इलाके में शोक का माहौल है। पुलिस और प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि त्योहार मनाते समय सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

  • चांदमारी पहाड़ी पर युवती से दुष्कर्म की सनसनीखेज वारदात, अपहरण कर घंटों बंधक बनाकर किया गया अत्याचार

    चांदमारी पहाड़ी पर युवती से दुष्कर्म की सनसनीखेज वारदात, अपहरण कर घंटों बंधक बनाकर किया गया अत्याचार

    जबलपुर । मध्यप्रदेश के जबलपुर जिले से महिला सुरक्षा को झकझोर देने वाली एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। चांदमारी पहाड़ी क्षेत्र में एक युवती के साथ अपहरण के बाद दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया गया। आरोपियों ने युवती को जबरन बंधक बनाकर रखा और उसके साथ बार-बार दैहिक शोषण किया। किसी तरह साहस जुटाकर पीड़िता आरोपियों के चंगुल से भाग निकली और घमापुर थाने पहुंचकर पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी।

    पुलिस के अनुसार यह घटना 21 जनवरी की बताई जा रही है। पीड़िता अपने बहन के घर पनागर जा रही थी तभी रास्ते में हर्ष कुशवाहा और उसका साथी कन्हैया ठाकुर ने उसे जबरन एक वाहन में बैठा लिया। आरोपियों ने युवती को चांदमारी पहाड़ी के सुनसान इलाके में ले जाकर बंधक बना लिया। वहां मुख्य आरोपी हर्ष कुशवाहा ने युवती के साथ कई बार दुष्कर्म किया।

    पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि आरोपियों की क्रूरता इतनी अधिक थी कि वह डर और शारीरिक पीड़ा के कारण बेहोश हो गई। इसके बावजूद आरोपियों ने मानवता को शर्मसार करते हुए उस पर पानी छिड़ककर होश में लाया और फिर उसके साथ दैहिक शोषण किया। पीड़िता लगातार अपनी जान की गुहार लगाती रही, लेकिन आरोपियों ने किसी तरह की दया नहीं दिखाई।

    पीड़िता ने यह भी बताया कि आरोपी हर्ष कुशवाहा पिछले करीब पांच वर्षों से उसे परेशान कर रहा था। वह आए दिन उसका पीछा करता और मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था। आरोपी कंचनपुर आजाद नगर क्षेत्र का रहने वाला बताया जा रहा है। लंबे समय से चल रही प्रताड़ना के बावजूद पीड़िता भय के कारण पहले शिकायत नहीं कर पाई थी।

    किसी तरह मौके का फायदा उठाकर पीड़िता आरोपियों के कब्जे से भाग निकली और सीधे घमापुर थाने पहुंची। घमापुर पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जीरो पर कायमी कर प्रकरण दर्ज किया और केस डायरी पनागर थाना भेज दी गई है, क्योंकि घटना स्थल पनागर थाना क्षेत्र में आता है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है और बयान दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की टीमें गठित कर दी गई हैं और संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा किया जा रहा है।

    इस घटना के सामने आने के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है। महिला सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं और पुलिस प्रशासन से संवेदनशीलता के साथ त्वरित न्याय की अपेक्षा की जा रही है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और अधिकारियों का कहना है कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।