Tag: Jaura Police Station

  • रिश्तों का कत्ल: अस्पताल में डिलीवरी का दर्द झेल रही थी मां, घर पर कलयुगी दादा ने 4 साल की पोती को बनाया हवस का शिकार

    रिश्तों का कत्ल: अस्पताल में डिलीवरी का दर्द झेल रही थी मां, घर पर कलयुगी दादा ने 4 साल की पोती को बनाया हवस का शिकार


    मध्य प्रदेश। मध्य प्रदेश के मुरैना जिले से एक ऐसा दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जिसने पारिवारिक रिश्तों और इंसानियत को पूरी तरह तार-तार कर दिया है। जौरा थाना क्षेत्र के ग्राम पन्नू का पुरा में एक कलयुगी दादा (बाबा) ने अपनी ही 4 साल की मासूम पोती/नातिन के साथ हैवानियत की सारी हदें पार करते हुए दुष्कर्म की घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। यह घटना उस वक्त की है जब मासूम की मां अस्पताल में प्रसव पीड़ा झेल रही थी और एक नवजात शिशु को जन्म दे रही थी। परिवार ने जिस दादा के भरोसे अपनी 4 साल की बच्ची को घर पर छोड़ा था, उसी ने उसकी बेबसी का फायदा उठाकर उसे अपनी हवस का शिकार बना डाला। इस खौफनाक वारदात के बाद से पूरे इलाके में भारी आक्रोश और सनसनी का माहौल व्याप्त है

    मासूम की तोतली जुबान ने खोला खौफनाक राज
    इस रूह कंपा देने वाले सच का खुलासा तब हुआ जब मां अस्पताल में डिलीवरी के बाद अपने नवजात बच्चे को लेकर घर लौटी। घर आते ही मां ने देखा कि उसकी 4 साल की मासूम बेटी अत्यंत पीड़ा में है और उसे लगातार ब्लीडिंग (रक्तस्राव) हो रही है। बेटी की यह हालत देखकर मां के पैरों तले जमीन खिसक गई। घबराए परिजन आनन-फानन में बच्ची को लेकर स्थानीय डॉक्टर के पास पहुंचे। डॉक्टरों ने जब बच्ची का गंभीर परीक्षण किया, तो उन्होंने साफ तौर पर बच्ची के साथ दुष्कर्म होने की पुष्टि की। डॉक्टरों की बात सुनकर परिवार सन्न रह गया। इसके बाद जब डरी-सहमी मासूम बच्ची से उसकी मां ने दुलारते हुए पूछताछ की, तो बच्ची ने रोते हुए अपनी तोतली जुबान में जो दास्तान बयां की, उसे सुनकर मां का कलेजा फट गया। मासूम ने बताया कि उसकी मां की गैरमौजूदगी में उसके सगे दादा ने ही उसके साथ यह गंदा काम किया था।

    अस्पताल में इलाज जारी, आरोपी दादा की तलाश में पुलिस की दबिश
    बच्ची की स्थिति नाजुक होने के कारण परिजन उसे तुरंत जिला चिकित्सालय मुरैना लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों की विशेष देखरेख में उसका उपचार और मेडिकल परीक्षण किया जा रहा है। चूंकि मामला बेहद गंभीर और आपराधिक था, इसलिए ड्यूटी डॉक्टर ने तत्काल इसकी सूचना स्थानीय जौरा पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम बिना वक्त गंवाए जिला चिकित्सालय पहुंची और पीड़ित बच्ची की मां व अन्य परिजनों के बयान दर्ज किए। मां की शिकायत के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ जीरो एफआईआर दर्ज कर ली है। एएसआई जेपी शर्मा के मुताबिक, घटना के बाद से ही कलयुगी आरोपी दादा घर से फरार है। पुलिस की कई टीमें गठित कर आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस का दावा है कि कानून के शिकंजे से आरोपी ज्यादा दिन दूर नहीं रह पाएगा और जल्द ही वह सलाखों के पीछे होगा।

  • जन्मदिन पर अपराधी को कंधे पर बैठाया, टीआई दर्शन शुक्ला निलंबित; सीएम डॉ. मोहन यादव की सख्त कार्रवाई

    जन्मदिन पर अपराधी को कंधे पर बैठाया, टीआई दर्शन शुक्ला निलंबित; सीएम डॉ. मोहन यादव की सख्त कार्रवाई


    भोपाल/मुरैना। मध्यप्रदेश में पुलिस की छवि को धक्का पहुंचाने वाले एक वायरल वीडियो पर मुख्यमंत्रीमोहन यादव ने सख्त रुख अपनाते हुए मुरैना जिले के जौरा थाना प्रभारी निरीक्षक दर्शन शुक्ला को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

    सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में टीआई शुक्ला कथित बाइक चोर गिरोह के सरगनालवकुश शर्मा के कंधे पर बैठे दिखाई दे रहे हैं। बताया गया कि यह वीडियो थाना परिसर में मनाए गए जन्मदिन समारोह का है, जहां केक काटा गया और ढोल-नगाड़ों के साथ जश्न मनाया गया। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे थे।

    सीएम के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई
    मामले की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कड़ी नाराजगी जताई और शासन को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। उनके निर्देश के बाद मुरैना एसपी कार्यालय से निलंबन आदेश जारी किया गया। आदेश में उल्लेख है कि 28 फरवरी 2026 को थाना प्रभारी जौरा निरीक्षक दर्शन शुक्ला अपने जन्मदिन समारोह के दौरान आपराधिक रिकॉर्ड वाले व्यक्ति लवकुश शर्मा के साथ उपस्थित थे।

    मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, लवकुश शर्मा पर थाना कोतवाली क्षेत्र में मोटरसाइकिल चोरी और थाना जौरा क्षेत्र में शासकीय कार्य में बाधा डालने जैसे मामले दर्ज हैं। ऐसे व्यक्ति के साथ थाना परिसर में जश्न मनाना पुलिस आचरण संहिता के विपरीत माना गया।

    पुलिस रेगुलेशन का उल्लंघन
    आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि यह आचरण मध्यप्रदेश पुलिस रेगुलेशन के पैरा 64(3)(11) का उल्लंघन है और इससे पुलिस की निष्पक्ष छवि पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। इसी आधार पर निरीक्षक दर्शन शुक्ला को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया।

    निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय रक्षित केंद्र, मुरैना निर्धारित किया गया है। उन्हें बिना लिखित अनुमति मुख्यालय छोड़ने की अनुमति नहीं होगी और प्रत्येक गणना में उपस्थित रहना अनिवार्य रहेगा। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा।

    कर्तव्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट संदेश दिया है कि कानून व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों द्वारा किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता या आपराधिक तत्वों से निकटता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह कार्रवाई पुलिस महकमे के लिए कड़ा संकेत मानी जा रही है कि शासन अपराधियों के प्रति किसी भी प्रकार की नरमी को स्वीकार नहीं करेगा।