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  • मेट्रो में सफर करना हुआ और आसान, भोपाल-इंदौर के हर स्टेशन पर लगीं दो टिकट मशीनें, जानिए टिकट लेने के तीन तरीके

    मेट्रो में सफर करना हुआ और आसान, भोपाल-इंदौर के हर स्टेशन पर लगीं दो टिकट मशीनें, जानिए टिकट लेने के तीन तरीके


    भोपाल । भोपाल और इंदौर में मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। अब टिकट खरीदने के लिए काउंटर पर लंबी कतार में खड़े होने की जरूरत नहीं होगी। मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने 30 अक्टूबर से दोनों शहरों के मेट्रो स्टेशनों पर टिकट वेंडिंग मशीन यानी TVM की सुविधा शुरू की है। इन मशीनों की मदद से यात्री खुद टिकट प्राप्त कर सकेंगे। मेट्रो प्रबंधन के अनुसार इस व्यवस्था का उद्देश्य टिकट खरीदने की प्रक्रिया को आसान और तेज बनाना है। मशीनों के शुरू होने से यात्रियों का समय बचेगा और टिकट काउंटरों पर निर्भरता भी कम होगी।

    भोपाल और इंदौर के मेट्रो स्टेशनों पर दो दो टिकट वेंडिंग मशीनें लगाई गई हैं। इन मशीनों के माध्यम से यात्री अपनी जरूरत के अनुसार टिकट खरीद सकेंगे। भोपाल के छह मेट्रो स्टेशनों पर कुल 12 मशीनें लगाए जाने की जानकारी दी गई है। शुरुआत में यात्रियों की सहायता के लिए मेट्रो कर्मचारी मशीनों के पास मौजूद रहेंगे ताकि पहली बार टिकट लेने वाले लोगों को प्रक्रिया समझने में परेशानी न हो। ये मशीनें रेलवे स्टेशनों पर इस्तेमाल होने वाली टिकट वेंडिंग मशीनों की तरह काम करेंगी।

    नई टिकट व्यवस्था में दिव्यांग यात्रियों की सुविधा का भी ध्यान रखा गया है। मशीनों में दृष्टिबाधित लोगों के लिए ब्रेल लिपि का प्रावधान किया गया है। इससे मेट्रो सेवाओं को अधिक सुलभ और समावेशी बनाने में मदद मिलेगी। मेट्रो प्रबंधन का प्रयास है कि तकनीक के इस्तेमाल से अलग अलग जरूरतों वाले यात्रियों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।

    अब भोपाल और इंदौर मेट्रो में टिकट लेने के लिए यात्रियों के पास तीन विकल्प उपलब्ध होंगे। पहला विकल्प MPMRCL मोबाइल ऐप है जिसके माध्यम से यात्री डिजिटल टिकट बुक कर सकते हैं। दूसरा विकल्प मेट्रो स्टेशन पर मौजूद टिकट काउंटर है। तीसरे विकल्प के रूप में अब टिकट वेंडिंग मशीन से सीधे टिकट प्राप्त किया जा सकेगा। डिजिटल भुगतान करने वाले यात्री UPI और QR कोड जैसे विकल्पों का इस्तेमाल कर सकते हैं। ई वॉलेट के माध्यम से भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
    अब भोपाल और इंदौर मेट्रो में टिकट लेने के लिए यात्रियों के पास तीन विकल्प उपलब्ध होंगे। पहला विकल्प MPMRCL मोबाइल ऐप है जिसके माध्यम से यात्री डिजिटल टिकट बुक कर सकते हैं। दूसरा विकल्प मेट्रो स्टेशन पर मौजूद टिकट काउंटर है। तीसरे विकल्प के रूप में अब टिकट वेंडिंग मशीन से सीधे टिकट प्राप्त किया जा सकेगा। डिजिटल भुगतान करने वाले यात्री UPI और QR कोड जैसे विकल्पों का इस्तेमाल कर सकते हैं। ई वॉलेट के माध्यम से भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।

    भोपाल में फिलहाल ऑरेंज लाइन के प्रायोरिटी कॉरिडोर पर सुभाष नगर से एम्स के बीच मेट्रो सेवा संचालित हो रही है। वहीं ऑरेंज लाइन के दूसरे चरण में सुभाष नगर से करोंद तक निर्माण कार्य जारी है। इसके अलावा ब्लू लाइन पर भदभदा से रत्नागिरी के बीच भी मेट्रो परियोजना का काम चल रहा है। इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद शहर में मेट्रो नेटवर्क का विस्तार होने की उम्मीद है।

    मेट्रो यात्रियों को टिकट पर विशेष छूट का लाभ भी दिया जा रहा है। 11 अक्टूबर से 31 दिसंबर 2026 तक लागू प्रमोशनल डिस्काउंट व्यवस्था के तहत सिंगल जर्नी टिकट पर 25 प्रतिशत अतिरिक्त छूट दी जा रही है। रिटर्न जर्नी टिकट पर कुल 30 प्रतिशत और ग्रुप टिकट पर कुल 35 प्रतिशत छूट का लाभ मिल रहा है। ग्रुप टिकट की सुविधा को भी आसान बनाया गया है और अब दो यात्री मिलकर इसका लाभ ले सकते हैं।

    नई टिकट वेंडिंग मशीनों की शुरुआत से भोपाल और इंदौर में मेट्रो यात्रा पहले से अधिक सुविधाजनक बनाने की कोशिश की गई है। हालांकि मेट्रो में यात्रियों की संख्या बढ़ाना प्रबंधन के सामने एक महत्वपूर्ण चुनौती है। ऐसे में आसान टिकट व्यवस्था और आकर्षक छूट यात्रियों को मेट्रो की ओर आकर्षित करने में कितनी सफल होती है यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा।

  • भोपाल-इंदौर मेट्रो में बचेंगे पैसे, सिंगल टिकट से लेकर ग्रुप टिकट तक पर बड़ी राहत, जानिए कैसे मिलेगा 44% तक का लाभ

    भोपाल-इंदौर मेट्रो में बचेंगे पैसे, सिंगल टिकट से लेकर ग्रुप टिकट तक पर बड़ी राहत, जानिए कैसे मिलेगा 44% तक का लाभ


    भोपाल । मध्य प्रदेश के भोपाल और इंदौर में मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। त्योहारों के मौसम में यात्रियों को आकर्षित करने और मेट्रो में सफर को किफायती बनाने के लिए मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने टिकट पर अतिरिक्त छूट देने का फैसला किया है। नई व्यवस्था 11 अक्टूबर 2026 से लागू होगी और इसका लाभ 31 दिसंबर 2026 तक उठाया जा सकेगा। इसके तहत यात्रियों को सिंगल जर्नी टिकट पर 25 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट मिलेगी। वहीं रिटर्न टिकट और ग्रुप टिकट पर भी पहले की तुलना में ज्यादा बचत होगी। मेट्रो कॉरपोरेशन के मुताबिक मौजूदा ई-वॉलेट बोनस और नई टिकट छूट को मिलाकर यात्रियों को अधिकतम लगभग 44 प्रतिशत तक का फायदा मिल सकता है।

    नई व्यवस्था के तहत सिंगल जर्नी टिकट यानी एक तरफ की यात्रा के टिकट पर 25 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट दी जाएगी। रिटर्न जर्नी टिकट लेने वाले यात्रियों को कुल 30 प्रतिशत की छूट का लाभ मिलेगा। पहले इस टिकट पर 5 प्रतिशत की छूट मिलती थी। इसी तरह ग्रुप टिकट पर मिलने वाली छूट को बढ़ाकर कुल 35 प्रतिशत कर दिया गया है। पहले ग्रुप टिकट पर 10 प्रतिशत की छूट दी जाती थी। इस बदलाव से रोजाना मेट्रो का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों के साथ ही परिवार और दोस्तों के साथ घूमने जाने वालों को भी फायदा मिलने की उम्मीद है।

    ग्रुप टिकट की सुविधा में भी महत्वपूर्ण बदलाव किया गया है। पहले इसका लाभ लेने के लिए कम से कम आठ यात्रियों का होना जरूरी था। अब इस संख्या को घटाकर केवल दो यात्री कर दिया गया है। यानी दो लोग भी एक साथ ग्रुप टिकट लेकर छूट का फायदा उठा सकेंगे। इससे परिवार के सदस्यों और दोस्तों के लिए मेट्रो से सफर करना पहले से अधिक किफायती हो सकता है। हालांकि 20 रुपये वाले सिंगल जर्नी टिकट पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत की छूट लागू नहीं होगी। यात्रियों को टिकट खरीदने से पहले संबंधित नियमों की जानकारी जरूर लेनी चाहिए।

    मेट्रो में बचत का एक और तरीका मोबाइल ऐप का ई-वॉलेट है। मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन पहले से ही रिचार्ज की राशि के आधार पर बोनस दे रहा है। 200 से 499 रुपये तक के रिचार्ज पर 8 प्रतिशत बोनस मिलता है। 500 से 999 रुपये तक के रिचार्ज पर 10 प्रतिशत बोनस दिया जाता है। वहीं 1000 से 1499 रुपये तक के रिचार्ज पर 12 प्रतिशत और 1500 से 2000 रुपये तक के रिचार्ज पर 15 प्रतिशत बोनस राशि मिलती है। नई टिकट छूट के साथ इस बोनस का लाभ लेने पर यात्रियों की बचत और बढ़ सकती है। हालांकि वास्तविक फायदा टिकट के प्रकार और रिचार्ज राशि पर निर्भर करेगा।

    भोपाल और इंदौर मेट्रो में डिजिटल टिकटिंग की सुविधा भी यात्रियों के लिए उपयोगी है। यात्री एमपी मेट्रो मोबाइल ऐप के जरिए टिकट प्राप्त कर सकते हैं और यूपीआई क्यूआर कोड तथा ई-वॉलेट जैसे डिजिटल माध्यमों से भुगतान कर सकते हैं। इससे टिकट खरीदने की प्रक्रिया आसान होती है और नकद भुगतान की जरूरत भी कम होती है।

    किराये की बात करें तो एक से दो स्टेशन की यात्रा के लिए 20 रुपये तीन से पांच स्टेशन के लिए 30 रुपये और छह से आठ स्टेशन के लिए 40 रुपये किराया निर्धारित है। पूरे रूट पर अधिकतम किराया 80 रुपये तक है। नई छूट लागू होने के बाद यात्रियों को मेट्रो के सफर पर खर्च कम करने का अवसर मिलेगा। त्योहारों के दौरान शुरू की जा रही यह पहल कितने नए यात्रियों को मेट्रो की ओर आकर्षित करती है इस पर भी नजर रहेगी।

  • भोपाल मेट्रो में बड़ा बदलाव, सुबह 11:30 से शुरू होगी सेवा; छुट्टियों में रात 8:30 बजे तक दौड़ेगी ट्रेन

    भोपाल मेट्रो में बड़ा बदलाव, सुबह 11:30 से शुरू होगी सेवा; छुट्टियों में रात 8:30 बजे तक दौड़ेगी ट्रेन


    भोपाल । भोपाल मेट्रो अब नई समय सारणी के साथ यात्रियों की सुविधा को और बेहतर बनाने की दिशा में आगे बढ़ गई है। सोमवार से भोपाल मेट्रो का नया शेड्यूल लागू हो गया है। इसके तहत यात्रियों को सप्ताह के सभी दिनों में हर 15 मिनट के अंतराल पर मेट्रो सेवा उपलब्ध होगी। नई व्यवस्था के मुताबिक सोमवार से शनिवार तक मेट्रो कुल 62 फेरे लगाएगी जबकि रविवार और सार्वजनिक अवकाश के दिनों में ट्रेनों के 70 फेरे संचालित किए जाएंगे। मेट्रो के नए समय को इस तरह तय किया गया है कि यात्रियों को पूरे परिचालन समय के दौरान नियमित अंतराल पर ट्रेन मिल सके।

    नए शेड्यूल के अनुसार सुभाष नगर स्टेशन से पहली मेट्रो सुबह 11:30 बजे रवाना होगी। यह ट्रेन एम्स की ओर जाएगी। वहीं एम्स स्टेशन से पहली मेट्रो दोपहर 12 बजे सुभाष नगर के लिए रवाना होगी। सोमवार से शनिवार तक मेट्रो सेवा सुबह 11:30 बजे से शाम 7:30 बजे तक उपलब्ध रहेगी। सुभाष नगर स्टेशन से इन दिनों आखिरी मेट्रो शाम 7 बजे रवाना होगी जबकि एम्स स्टेशन से अंतिम ट्रेन शाम 7:30 बजे चलेगी। इस अवधि में दोनों दिशाओं को मिलाकर कुल 62 फेरे लगाए जाएंगे।

    रविवार और सार्वजनिक अवकाश के दिनों में यात्रियों को मेट्रो की सुविधा एक घंटे ज्यादा समय तक मिलेगी। इन दिनों सेवा सुबह 11:30 बजे शुरू होकर रात 8:30 बजे तक जारी रहेगी। सुभाष नगर से आखिरी मेट्रो रात 8 बजे रवाना होगी जबकि एम्स स्टेशन से अंतिम मेट्रो रात 8:30 बजे चलेगी। रविवार और सार्वजनिक छुट्टियों पर दोनों दिशाओं में कुल 70 ट्रिप संचालित किए जाएंगे। इस तरह छुट्टी वाले दिनों में मेट्रो से सफर करने वाले लोगों को अतिरिक्त समय और ज्यादा ट्रिप का फायदा मिलेगा।

    भोपाल मेट्रो का संचालन अब दोनों ट्रैक पर किया जा रहा है। नई समय सारणी में ट्रेनों के बीच 15 मिनट का समान अंतराल रखा गया है। इससे यात्रियों को ट्रेन के लिए लंबे समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। खासकर नियमित रूप से मेट्रो का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों के लिए यह बदलाव काफी उपयोगी माना जा रहा है। यात्री अपनी यात्रा की योजना नई टाइमिंग के अनुसार आसानी से बना सकेंगे।

    मेट्रो प्रबंधन ने यात्रियों के लिए स्टेशन पहुंचने और सुरक्षा जांच से जुड़ी व्यवस्था को भी स्पष्ट किया है। पहली मेट्रो के निर्धारित प्रस्थान समय से करीब 15 मिनट पहले यात्रियों के लिए स्टेशन खोले जाएंगे। इससे यात्रियों को स्टेशन में प्रवेश करने सुरक्षा जांच पूरी करने और प्लेटफॉर्म तक पहुंचने के लिए पर्याप्त समय मिलेगा। टिकटिंग की सुविधा भी निर्धारित प्रवेश और निकास द्वार पर उपलब्ध रहेगी।

    सुभाष नगर स्टेशन पर गेट नंबर 3 केंद्रीय विद्यालय स्टेशन पर गेट नंबर 3 बोर्ड ऑफिस स्टेशन पर गेट नंबर 3 एमपी नगर स्टेशन पर गेट नंबर 3 रानी कमलापति स्टेशन पर गेट नंबर 2 डीआरएम ऑफिस स्टेशन पर गेट नंबर 3 अलकापुरी स्टेशन पर गेट नंबर 3 और एम्स स्टेशन पर गेट नंबर 1 पर मैनुअल टिकटिंग की सुविधा उपलब्ध रहेगी। नई टाइमिंग और नियमित 15 मिनट के अंतराल से भोपाल मेट्रो सेवा के इस्तेमाल को आसान बनाने की कोशिश की गई है। अब यात्रियों को सप्ताह के अधिकांश दिनों में तय अंतराल पर ट्रेन मिलेगी जबकि रविवार और सार्वजनिक अवकाश पर अतिरिक्त परिचालन समय का लाभ भी मिलेगा।

  • 21 जून से इंदौर में नए ट्रैक पर दौड़ेगी मेट्रो, एयरपोर्ट और आईटी हब तक मिलेगा सीधा कनेक्शन; 10 लाख लोगों को होगा फायदा

    21 जून से इंदौर में नए ट्रैक पर दौड़ेगी मेट्रो, एयरपोर्ट और आईटी हब तक मिलेगा सीधा कनेक्शन; 10 लाख लोगों को होगा फायदा


    मध्‍य प्रदेश । हिंदू धर्म में शनिवार का दिन न्याय के देवता और कर्मफलदाता भगवान शनि की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन श्रद्धा और नियमपूर्वक शनि देव की पूजा करने से व्यक्ति को अपने कर्मों के अनुसार शुभ फल प्राप्त होते हैं तथा जीवन में आने वाली बाधाओं और परेशानियों से राहत मिलती है। ज्योतिष शास्त्र में भी शनिवार के दिन किए गए कुछ विशेष उपायों और पूजा-विधि का उल्लेख मिलता है, जिन्हें अपनाने से शनि की कृपा प्राप्त हो सकती है।

    शनिवार की पूजा के लिए सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें। इसके बाद घर के मंदिर में दीप प्रज्वलित कर भगवान गणेश, भगवान शिव और शनि देव का स्मरण करें। शनि देव की पूजा में काले तिल, सरसों का तेल, नीले या काले रंग के फूल तथा उड़द की दाल का विशेष महत्व माना जाता है।

    पूजा के दौरान शनि देव की प्रतिमा या चित्र के सामने सरसों के तेल का दीपक जलाएं। इसके बाद काले तिल अर्पित करें और शनि मंत्रों का जाप करें। “ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करना शुभ माना जाता है। यदि संभव हो तो शनि चालीसा और शनि स्तोत्र का पाठ भी करें। इससे मानसिक शांति मिलने के साथ-साथ नकारात्मक प्रभावों में कमी आने की मान्यता है।

    शनिवार के दिन भगवान शिव की पूजा का भी विशेष महत्व बताया गया है। शिवलिंग पर जल और काले तिल अर्पित करने से शनि दोष का प्रभाव कम होने की मान्यता है। इसके अलावा पीपल के वृक्ष के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाना और वृक्ष की परिक्रमा करना भी शुभ माना जाता है।

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शनिवार को जरूरतमंद लोगों को दान करना अत्यंत फलदायी माना गया है। काले तिल, कंबल, काली उड़द, लोहे के पात्र या भोजन का दान करने से शनि देव प्रसन्न होते हैं। साथ ही गरीबों और असहाय लोगों की सहायता करना भी विशेष पुण्यदायी माना जाता है।

    शनिवार के दिन हनुमान जी की पूजा करने का भी विशेष महत्व है। मान्यता है कि हनुमान जी की आराधना से शनि देव के कष्टकारी प्रभावों से राहत मिलती है। इसलिए इस दिन हनुमान चालीसा का पाठ करना और मंदिर में जाकर दर्शन करना लाभकारी माना जाता है।

    धार्मिक विश्वासों के अनुसार नियमित रूप से शनिवार की पूजा और सद्कर्म करने से व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं। हालांकि पूजा के साथ-साथ अच्छे कर्म, अनुशासित जीवनशैली और दूसरों के प्रति सम्मान का भाव भी उतना ही महत्वपूर्ण माना गया है।