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  • अरंडी का तेल बालों और त्वचा की देखभाल में कैसे मदद करता है, जानिए इसके संभावित फायदे और जरूरी सावधानियां

    अरंडी का तेल बालों और त्वचा की देखभाल में कैसे मदद करता है, जानिए इसके संभावित फायदे और जरूरी सावधानियां

    नई दिल्ली ।अरंडी का तेल लंबे समय से घरेलू और पारंपरिक देखभाल में इस्तेमाल किया जाता रहा है। यह अरंडी के बीजों से निकाला जाता है और सामान्य तौर पर गाढ़ा तथा हल्के पीले रंग का होता है। इसमें मौजूद फैटी एसिड और अन्य घटक इसे त्वचा और बालों की देखभाल के लिए उपयोग किए जाने वाले तेलों में शामिल करते हैं। हालांकि, प्राकृतिक उत्पाद होने का मतलब यह नहीं है कि यह हर व्यक्ति की त्वचा या बालों के लिए समान रूप से उपयुक्त होगा।

    बालों की देखभाल में अरंडी के तेल का इस्तेमाल खासतौर पर सूखे और बेजान बालों के लिए किया जाता है। इसकी गाढ़ी बनावट बालों और स्कैल्प पर नमी बनाए रखने में मदद कर सकती है। इससे बालों को मुलायम महसूस कराने और उनमें चमक लाने में सहायता मिल सकती है। हालांकि, इसे बालों की तेज ग्रोथ कराने वाले निश्चित उपचार के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।

    अरंडी का तेल सीधे लगाने पर कुछ लोगों को काफी गाढ़ा लग सकता है। इसलिए इसे नारियल या बादाम जैसे हल्के तेल के साथ मिलाकर इस्तेमाल करना सुविधाजनक रहता है। तेल को बालों और स्कैल्प पर हल्के हाथों से लगाया जा सकता है। मसाज करते समय बहुत अधिक दबाव डालने से बचना चाहिए। इस्तेमाल की मात्रा बालों की लंबाई और जरूरत के अनुसार रखी जा सकती है।

    त्वचा की देखभाल में भी अरंडी के तेल का उपयोग किया जाता है। इसमें मौजूद रिसिनोलिक एसिड त्वचा को नमी प्रदान करने में मदद कर सकता है। खासतौर पर शरीर के ऐसे हिस्सों पर इसे लगाया जाता है जहां रूखापन अधिक महसूस होता है। हाथ, पैर और अन्य सूखे हिस्सों पर थोड़ी मात्रा में तेल लगाने से त्वचा को मुलायम बनाए रखने में सहायता मिल सकती है।

    सर्दियों या कम नमी वाले मौसम में त्वचा का रूखापन बढ़ सकता है। ऐसे समय में कुछ लोग अरंडी के तेल को मॉइस्चराइजिंग देखभाल के हिस्से के रूप में इस्तेमाल करते हैं। हालांकि, तैलीय या संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को इसे चेहरे पर लगाने से पहले विशेष सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि हर व्यक्ति की त्वचा अलग तरह से प्रतिक्रिया कर सकती है।

    फटी एड़ियों की घरेलू देखभाल में भी अरंडी का तेल इस्तेमाल किया जाता है। रात में पैरों को साफ करके एड़ियों पर थोड़ी मात्रा में तेल लगाया जा सकता है। इसके बाद मोजे पहनने से तेल त्वचा के संपर्क में अधिक समय तक रह सकता है। इससे सूखी त्वचा में नमी बनाए रखने में मदद मिल सकती है। लेकिन गहरी दरार, रक्तस्राव या संक्रमण होने पर केवल घरेलू उपायों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।

    अरंडी का तेल इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करना एक जरूरी सावधानी है। त्वचा के छोटे हिस्से पर थोड़ी मात्रा लगाकर प्रतिक्रिया देखी जा सकती है। लालिमा, खुजली, जलन या सूजन जैसी परेशानी होने पर इसका इस्तेमाल बंद कर देना चाहिए। आंखों और शरीर के संवेदनशील हिस्सों के संपर्क से भी इसे बचाना जरूरी है।

    अरंडी के तेल को त्वचा या बालों की देखभाल में सीमित और उचित तरीके से इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके संभावित लाभ मुख्य रूप से नमी बनाए रखने और त्वचा तथा बालों को मुलायम महसूस कराने से जुड़े हैं। किसी गंभीर त्वचा समस्या, संक्रमण या लगातार बालों से जुड़ी परेशानी में घरेलू तेलों को उपचार का विकल्प मानने के बजाय विशेषज्ञ की सलाह लेना अधिक उचित रहता है।

  • Skin Care Tips: डल स्किन को अलविदा कहो, बस अपनाएं ये ट्रिक, सिर्फ 6 आसान टिप्स से निखार रहेगा दिन-रात

    Skin Care Tips: डल स्किन को अलविदा कहो, बस अपनाएं ये ट्रिक, सिर्फ 6 आसान टिप्स से निखार रहेगा दिन-रात

    नई दिल्ली । बदलते मौसम में सबसे पहले असर हमारी त्वचा पर दिखने लगता है. कभी रूखापन कभी ऑयलीनेस तो कभी पिंपल्स और रैशेज स्किन कन्फ्यूज हो जाती है. उसे आखिर चाहिए क्या. ऐसे में अगर सही देखभाल न की जाए तो चेहरा बेजान लगने लगता है, लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है. कुछ आसान और रोजमर्रा की आदतें अपनाकर आप बिना मेकअप भी चांद सा निखार पा सकते हैं. बदलते मौसम में थोड़ी सी सावधानी और नियमित स्किन केयर रूटीन अपनाकर आप अपनी त्वचा को हेल्दी और ग्लोइंग रख सकते हैं.
    याद रखिए असली खूबसूरती नैचुरल होती है. सही देखभाल से वही निखार सबसे ज्यादा दमकता है. मैक्स हॉस्पिटल में प्रिंसिपल कंसल्टेंट के तौर पर तैनात डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. साक्षी श्रीवास्तव का कहना है कि जब हम अपनी डाइट को बैलेंस करते हैं और केमिकल्स और मेकअप के बजाय नेचुरल चीज़ों पर ध्यान देते हैं तो स्किन ग्लो करती है.

    क्लेंजिंग है सबसे पहला कदम

    मौसम चाहे कोई भी हो दिन में 2 बार माइल्ड फेसवॉश से चेहरा साफ करना जरूरी है. इससे धूल-मिट्टी और अतिरिक्त ऑयल हटता है और पोर्स साफ रहते हैं, लेकिन बार-बार फेसवॉश करने से बचें, वरना स्किन ड्राई हो सकती है.

    मॉइश्चराइजर कभी न छोड़ें
    अक्सर लोग सोचते हैं कि गर्मी में मॉइश्चराइजर की जरूरत नहीं होती हैं, लेकिन बदलते मौसम में स्किन का बैलेंस बिगड़ जाता है. हल्का, वॉटर-बेस्ड मॉइश्चराइजर लगाएं. ताकि त्वचा हाइड्रेटेड रहे और ग्लो बरकरार रहे.

    सनस्क्रीन है जरूरी

    धूप सर्दी-गर्मी नहीं देखती. बाहर निकलने से 15-20 मिनट पहले SPF 30 या उससे ज्यादा वाला सनस्क्रीन लगाएं. इससे टैनिंग, पिग्मेंटेशन और समय से पहले झुर्रियों से बचाव होता है.बाहर जाने से पहले सनस्क्रीन लगाना बहुत ज़रूरी है. खासकर गर्मियों में, सनस्क्रीन हमारी स्किन के लिए बहुत सारी प्रॉब्लम खड़ी कर सकता है, जिससे यह डल और इरिटेटेड दिखती है.

    हफ्ते में एक-दो बार एक्सफोलिएशन

    डेड स्किन हटाने के लिए हल्के स्क्रब या केमिकल एक्सफोलिएटर का इस्तेमाल करें. इससे त्वचा साफ और फ्रेश दिखती है, लेकिन ज्यादा स्क्रब करने से स्किन डैमेज हो सकती है. इसलिए संतुलन जरूरी है.

    पानी और डाइट पर ध्यान दें

    खूबसूरत त्वचा सिर्फ बाहर से नहीं, अंदर से भी बनती है. दिन में 7-8 गिलास पानी पिएं और अपनी डाइट में फल, हरी सब्जियां और विटामिन-सी से भरपूर चीजें शामिल करें. इससे त्वचा में नैचुरल ग्लो आता है.

    ब्यूटी स्लीप को न करें नजरअंदाज

    रात की 7-8 घंटे की नींद स्किन के लिए बेहद जरूरी है. सोते समय त्वचा खुद को रिपेयर करती है, जिससे चेहरा सुबह फ्रेश और चमकदार नजर आता है.