Tag: Mother

  • मां को दोष देना बंद करो, साइंस समझो: बच्चे की हालत बिगड़ने पर मां को ताने, डॉक्टर का फूटा गुस्सा

    मां को दोष देना बंद करो, साइंस समझो: बच्चे की हालत बिगड़ने पर मां को ताने, डॉक्टर का फूटा गुस्सा



    नई दिल्ली। बच्चों की तबीयत बिगड़ने पर अक्सर परिवारों में सबसे पहले मां को जिम्मेदार ठहरा दिया जाता है। ऐसा ही एक मामला पीडियाट्रिशियन डॉ. माधवी भारद्वाज के सामने आया, जहां 20 महीने के बच्चे को दौरे पड़ने पर परिवार ने मां की देखभाल पर सवाल उठाए।

    डॉक्टर ने बताया कि बच्चा अचानक बुखार और दौरे की स्थिति में अस्पताल लाया गया था, जहां समय पर इलाज देकर उसकी हालत को स्थिर कर दिया गया। इसके बावजूद घरवालों ने मां से कहा कि अगर उसने ठीक से ध्यान रखा होता, तो यह स्थिति नहीं आती।

    इस पर डॉ. माधवी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि लोगों को पहले मेडिकल साइंस समझनी चाहिए। उन्होंने बताया कि 6 महीने से 5 साल तक के बच्चों में तेज बुखार के दौरान फेब्राइल सीजर्स (दौरे) आम होते हैं और यह हमेशा लापरवाही का नतीजा नहीं होता।

    डॉक्टर ने यह भी कहा कि समाज में अक्सर मांओं को हर स्थिति के लिए दोषी ठहरा दिया जाता है, जबकि कई बार यह पूरी तरह मेडिकल कंडीशन होती है। उन्होंने अपील की कि लोगों को दोष देने के बजाय समाधान और सही इलाज पर ध्यान देना चाहिए।

  • बेटे को बचाने के अंधविश्वास में मां ने ली बेटी की जान, तांत्रिक के कहने पर दी बलि; तीन गिरफ्तार

    बेटे को बचाने के अंधविश्वास में मां ने ली बेटी की जान, तांत्रिक के कहने पर दी बलि; तीन गिरफ्तार


    हजारीबाग। झारखंड के विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत कुसुंभा गांव में दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। आरोप है कि एक मां ने बेटे की बीमारी ठीक कराने के लिए अंधविश्वास के चलते अपनी नाबालिग बेटी की बलि दे दी। एसआईटी जांच में खुलासा हुआ कि तांत्रिक के कहने पर 12–13 वर्षीय बच्ची की हत्या की गई।
    पुलिस ने मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

    तीन आरोपी गिरफ्तार

    पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला ने अपनी बेटी को तांत्रिक क्रिया के बहाने ले जाकर उसकी हत्या कर दी। इस मामले में मां समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जांच में एक तांत्रिक महिला की भूमिका भी सामने आई है, जिसने अंधविश्वास फैलाकर वारदात को अंजाम देने के लिए उकसाया।

    अधिकारियों ने प्रेस वार्ता कर बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है, जिससे फैली अफवाहों पर विराम लग गया है।

    पुलिस ने साफ किया कि यह पूरा मामला अंधविश्वास से जुड़ा है और उसी के चलते बच्ची की हत्या की गई।

    जांच में नया एंगल

    पुलिस जांच में अवैध संबंध का एंगल भी सामने आया है, जिससे परिवार की संलिप्तता की बात कही जा रही है। इसी वजह से पीड़ित परिवार को मिलने वाले मुआवजे पर फिलहाल रोक लगा दी गई है और प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।

    यह घटना अंधविश्वास की भयावह तस्वीर पेश करती है। जागरूकता की कमी और अंधविश्वास आज भी समाज को ऐसे अमानवीय कृत्यों की ओर धकेल रहे हैं। मामले ने पूरे झारखंड में आक्रोश और चिंता दोनों बढ़ा दी है।

  • MP: 11 साल की बेटी से रेप करता रहा बाप… मां डालती रही पर्दा…. कोर्ट ने सुनाई 20-20 साल की सजा

    MP: 11 साल की बेटी से रेप करता रहा बाप… मां डालती रही पर्दा…. कोर्ट ने सुनाई 20-20 साल की सजा


    अशोक नगर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की जिला अदालत (District Court) ने एक मां-बाप को 20-20 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है। पिता नाबालिग बेटी (Minor Daughter) से लगातार रेप कर रहा था और इस घिनौने काम में उसकी पत्नी यानी नाबालिग की मां उसका साथ दे रही थी। मां लगातार दबाव बना रही है कि वह केस वापस ले-ले। न्यायालय में कह दे कि ऐसा कुछ नहीं हुआ है।

    मध्य प्रदेश के अशोक नगर जिले (Ashok Nagar district) में एक बाप अपनी 11 साल की नाबालिग बेटी से लगातार रेप करता है और उसकी मां बेटी की हिफाजत करने के बताए पति के गुनाहों पर लगातार पर्दा डालने का काम करती है। बेटी हिम्मत वाली निकली और एक दिन थाने पहुंच गई। वह पूछने लगी कि टीआई साहब कौन हैं। मुझे उनसे ही बात करना है। महिला सब इंस्पेक्टर ने उसकी बात सुनी तो वह दंग रह गई। बेटी ने बताया कि उसका सौतेला पिता उसके साथ रेप करता है। जब उसने मां को यह बात बताई तो वह पिता का ही साथ दे रही थी। उल्टा उसे डांट फटकार कर मुंह बंदा करा रही थी।


    डीएनए टेस्ट से स्पष्ट हुआ मामला

    जिले के शाढ़ौरा थाना क्षेत्र में 2024 में की गई नाबालिग की शिकायत को पुलिस ने बहुत गंभीरता से लिया। पुलिस ने तत्काल आरोपी पिता को गिरफ्तार किया और घर से सबूत एकत्रित किए। पुलिस ने नाबालिग का मेडिकल कराया और पिता के उपयोग किए कपड़े तौलिया आदि की फॉरेंसिक जांच कराई तो लड़की का मेडिकल और पिता के कपड़ों व तौलिया से मिले डीएनए से स्पष्ट हो गया कि बाप ही बेटी के साथ रेप कर रहा था।


    नाबालिग से मां के बारे में भी बताया

    पुलिस ने पिता के खिलाफ न्यायालय में प्रकरण पेश किया। इसके बाद उसकी पत्नी यानी पीड़िता की मां उसकी जमानत के लिए प्रयास करने लगी। वह बार-बार पुलिस को आवेदन देकर बता रही थी कि ऐसा कुछ भी नहीं है, उसका पति बेगुनाह है। महिला की इस तरह की हरकतों से पुलिस को उस पर भी शक हुआ। नाबालिग से मां के बारे में पूछा तो उसने बताया कि मां लगातार दबाव बना रही है कि वह केस वापस ले-ले। न्यायालय में कह दे कि ऐसा कुछ नहीं हुआ है।


    पिता को रोकने के बजाए उसे ही डांटती थी

    नाबालिग ने पुलिस को बताया कि मां से जब भी बोलती कि पापा ऐसा करते हैं तो वह उन्हें रोकने के बजाए उसे ही डांटती थी। शाढ़ौरा थाने के तत्कालीन थाना प्रभारी नरेंद्र ने बताया कि जब पिता को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तो वह दूसरी कहानी बनाने लगा। उसने बेटी की उम्र 17 साल बताई। साथ ही कहा कि उसका किसी लड़के से अफेयर है, जिसके साथ वह फिजिकल रिलेशन बनाती है। इसके बाद उस लड़के को बुलाकर पूछा गया तो लड़के ने बताया कि उसका लड़की के साथ इस तरह का कोई संबंध नहीं है। उसकी उम्र भी 11 साल है। इस पर पिता पर शक गहरा गया। पुख्ता सबूत मिले तो पिता को आरोपी बना लिया गया।


    दोनों को 20-20 साल का कठोर कारावास

    पुलिस मुख्यालय का निर्देश है कि महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराधों में किसी को सजा हो तो उसका अच्छे से प्रचार प्रसार किया जाए, ताकि अन्य अपराधों में भी लोग सामने आएं और आरोपियों को पकड़ने में पुलिस की मदद करें। इस घटनाक्रम में पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की और मजबूत केस बनाया, जिससे आरोपी पिता और उसका साथ देने वाली आरोपी मां दोनों को 20-20 साल की कठोर कारावास की सजा मिली है।

  • द्वारका हादसा: साहिल की मां ने आरोपी परिवार की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की, कहा – 'इमोशनल ड्रामा कर रहे हैं, बचने नहीं दूंगी'

    द्वारका हादसा: साहिल की मां ने आरोपी परिवार की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की, कहा – 'इमोशनल ड्रामा कर रहे हैं, बचने नहीं दूंगी'


    नई दिल्ली । दिल्ली के द्वारका में 3 फरवरी को हुए कार हादसे में साहिल धनेशरा की मौत के बाद उनकी मां ने आरोपी और उसके पिता की गिरफ्तारी की मांग उठाई है। उनका आरोप है कि हादसे के बाद आरोपी परिवार संवेदना दिखाने के नाम पर इमोशनल ड्रामा कर रहा है और जनता को भावुक करके जिम्मेदारी से बचने की कोशिश कर रहा है। साहिल की मां ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में कहा कि अब तक आरोपी बाहर क्यों है और उनके पिता को तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए।

    हादसे में साहिल की मौके पर ही मौत हो गई थी। उनका कहना है कि केवल चालक ही नहीं बल्कि उसके पिता को भी गिरफ्तार किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरा परिवार क्रिमिनल है और लोगों को उनके नाटक से भावुक होने की जरूरत नहीं है क्योंकि सच्चाई सबके सामने है। उन्होंने कहा “अब तक आरोपी बाहर क्यों है… क्या उन्हें इंतजाम करना है जुगाड़ करना है?

    साहिल की मां ने आरोपी माता-पिता पर भी सवाल उठाए और कहा कि ऐसे माता-पिता जिनको यह भी नहीं पता कि उनका बच्चा गाड़ी लेकर निकल जाता है वे बच्चों की जिम्मेदारी कैसे उठा सकते हैं। उनके अनुसार हादसे के बाद आरोपी पक्ष की ओर से कोई संवेदना नहीं दिखाई गई जबकि उनका बेटा हमेशा के लिए उनसे छिन गया।

    साहिल की मां ने ओवरटेक और सड़क नियमों को लेकर उठाए गए सवालों का भी जवाब दिया। उन्होंने कहा कि साहिल बस के पीछे चल रहा था और ट्रैफिक रुकने पर नियम के अनुसार दाहिनी ओर से ओवरटेक किया गया था जबकि स्कॉर्पियो चालक ने बाईं ओर से कट मारा जिससे हादसा हुआ। उन्होंने कहा कि सड़क कर्वेचर वाली थी और स्कॉर्पियो बस के सामने से कट करते हुए सीधे साहिल से टकरा गया।

    भावुक होते हुए साहिल की मां ने कहा “बच्चे की जगह मां की गोद में होती है न कि सड़क पर। मैं अपने बेटे को जिस हालत में देख कर आई हूं उसे कभी नहीं भूल सकती और न्याय मिलने तक चुप नहीं बैठूंगी।” उन्होंने साफ संदेश दिया कि वे आरोपियों को बचने नहीं देंगी और कानूनी लड़ाई अंत तक लड़ेंगी।

  • MP: छिंदवाड़ा में खौफनाक वारदात… मां ने पिता के लिए रो रही बच्ची का गला घोंटा

    MP: छिंदवाड़ा में खौफनाक वारदात… मां ने पिता के लिए रो रही बच्ची का गला घोंटा


    छिंदवाड़ा।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के छिंदवाड़ा जिले (Chhindwara district) के चांद थाना क्षेत्र के परसगांव में रिश्तों को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मां ने गुस्से में आकर अपनी ढाई साल की मासूम बेटी (Innocent Daughter) की गला घोंटकर हत्या कर दी। मिली जानकारी के अनुसार मृत बच्ची के पिता रामदास चौरिया ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी ढाई साल की बेटी की अज्ञात कारणों से मौत हो गई है। पिता ने बताया कि करीब 3 बजकर 25 मिनिट पर जब वह घर लौटे तो बेटी को अचेत अवस्था में मिली। उन्होंने तुरंत पड़ोसियों को बुलाया और बच्ची को स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

    बेटी की मौत पर संदेह जताते हुए पिता थाने पहुंचे। सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ कि बच्ची की मौत गला घोंटने से हुई है। इसके बाद पुलिस का शक बच्ची की मां संगीता चौरिया पर गया।पुलिस ने सख्ती से संगीता चौरिया से पूछताछ की तो उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी मां को किसी प्रकार की मानसिक बीमारी या अन्य परेशानी नहीं थी।

    पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मां ने बतया की बच्ची पूरी तरह सामान्य थी और खाना खाकर घर पर मौजूद थी। इसी दौरान पिता ट्रैक्टर में हवा भरवाने के लिए बच्ची को साथ ले गए। हवा भरवाने के बाद वह बच्ची को घर छोड़कर अपने काम पर निकल गए। पिता के जाते ही बच्ची रोने लगी। बच्ची को शांत कराने की कोशिश की लेकिन लगातार पिता के लिए रोने से वह गुस्से में आ गई। इसी दौरान उसने कान में बांधने वाले रूमाल से बच्ची का गला घोंट दिया और बाद में हाथ से भी गला दबाया, जिससे मासूम की मौत हो गई।

    चांद थाना प्रभारी प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक ललित बैरागी ने बताया कि घटना दोपहर 3 बजे से 3:25 बजे के बीच की है। जांच में सामने आया कि घटना के समय घर में मां के अलावा कोई और मौजूद नहीं था। उस दौरान किसी के आने-जाने के सबूत भी नहीं मिले। पुलिस ने 13 जनवरी 2026 को आरोपी मां संगीता चौरिया के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जिला जेल छिंदवाड़ा भेज दिया गया है।