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  • टाइगर श्रॉफ पर हमले की साजिश में नया खुलासा, इमरान हाशमी के घर की रेकी करने पहुंचे थे शूटर्स लेकिन रहे नाकाम

    टाइगर श्रॉफ पर हमले की साजिश में नया खुलासा, इमरान हाशमी के घर की रेकी करने पहुंचे थे शूटर्स लेकिन रहे नाकाम


    नई दिल्ली । बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुई गोलीबारी के मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच की जांच के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। पुलिस के मुताबिक हमलावरों को टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने से पहले अभिनेता इमरान हाशमी के घर की रेकी करने की जिम्मेदारी भी दी गई थी। हालांकि हमलावर काफी कोशिशों के बावजूद इमरान हाशमी का घर खोजने में नाकाम रहे। इसके बाद उन्होंने अपने हैंडलर्स को इसकी जानकारी दी। जांच में यह भी सामने आया है कि हमलावरों ने सलमान खान और आमिर खान जैसे बड़े बॉलीवुड सितारों के घरों की रेकी करने की कोशिश की थी। इस घटनाक्रम ने फिल्मी सितारों की सुरक्षा और उनके खिलाफ रची जा रही कथित साजिश को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

    पुलिस की जांच के अनुसार सलमान खान लंबे समय से लॉरेंस बिश्नोई गैंग के निशाने पर रहे हैं। इसी सिलसिले में हमलावरों ने आमिर खान के घर की भी रेकी की थी। हालांकि उन्हें जानकारी नहीं थी कि आमिर खान पश्चिमी मुंबई से दक्षिण मुंबई में शिफ्ट हो चुके हैं। इस वजह से वे उनके वर्तमान ठिकाने तक नहीं पहुंच सके। इसके बाद हमलावरों को इमरान हाशमी के घर का पता लगाने के लिए कहा गया। उन्होंने स्थानीय स्तर पर पूछताछ भी की लेकिन अभिनेता का घर खोजने में सफल नहीं हुए। इसके बाद उन्होंने अपने हैंडलर्स को अपनी नाकामी के बारे में बताया।

    जांच में सामने आई जानकारी के मुताबिक बाद में हमलावरों को पता चला कि टाइगर श्रॉफ हर रविवार को फुटबॉल खेलने के लिए जुहू स्थित पुष्पा नारसी ग्राउंड आते हैं। इसके बाद उन्होंने अभिनेता को निशाना बनाने का फैसला किया। बीती 18 अक्टूबर को टाइगर श्रॉफ पर गोलीबारी की घटना हुई थी। इस हमले में अभिनेता गोली लगने से बाल-बाल बच गए लेकिन उनके ड्राइवर और एक ब्लॉगर को गोलियां लगीं। पुलिस अब इस मामले में हमले की योजना बनाने से लेकर हथियार उपलब्ध कराने और आरोपियों के आपसी संपर्कों तक की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

    इस मामले में हरियाणा के सोनीपत से गिरफ्तार किए गए चार आरोपियों राधा वर्मा उम्र 21 वर्ष बबीता राव उम्र 21 वर्ष कुणाल जामिनसिंह उम्र 21 वर्ष और सुमित सरोलिया उम्र 19 वर्ष को मुंबई की अदालत में पेश किया गया। अदालत ने उन्हें 28 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया। पुलिस ने अदालत को बताया कि इन आरोपियों ने कथित तौर पर गोलीबारी करने वाले हमलावरों को हथियार उपलब्ध कराए थे। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस पूरी साजिश में किसकी क्या भूमिका थी और निर्देश कहां से दिए जा रहे थे।

    पुलिस के मुताबिक आरोपी कुणाल जामिनसिंह विदेश में बैठे बिश्नोई गैंग के कथित गुर्गे अनिल पंडित के संपर्क में था। अनिल पंडित ने टाइगर श्रॉफ पर हुए हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किया था। जांच में यह भी सामने आया कि राधा वर्मा को एक पिस्तौल सौंपी गई थी। इसके बाद राधा वर्मा और बबीता राव ने 17 अक्टूबर को दादर में हमलावर रेहान अंसारी से मुलाकात कर उसे कथित तौर पर पिस्तौल दी थी।

    पुलिस ने अदालत को यह भी बताया कि हमलावरों को निर्देश दिए गए थे कि टाइगर श्रॉफ पर हमला करने के बाद हथियार तुरंत वापस कर दें। उन्हें भरोसा दिलाया गया था कि हथियार वापस लेने की व्यवस्था कर दी जाएगी। इस मामले में अब तक कुल 11 आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई है। क्राइम ब्रांच पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है ताकि हमले के पीछे की साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाया जा सके। आने वाले दिनों में जांच के दौरान और खुलासे होने की संभावना है।

  • टाइगर श्रॉफ गोलीकांड में पुलिस की जांच तेज, मेडिकल के बाद एंटी एक्सटॉर्शन सेल पहुंचे तीनों आरोपी, अब पूछताछ में सामने आएंगी अहम कड़ियां

    टाइगर श्रॉफ गोलीकांड में पुलिस की जांच तेज, मेडिकल के बाद एंटी एक्सटॉर्शन सेल पहुंचे तीनों आरोपी, अब पूछताछ में सामने आएंगी अहम कड़ियां


    नई दिल्ली। फिल्म अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग के मामले में मुंबई पुलिस ने जांच तेज कर दी है। इस मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों को राजस्थान के कोटा से मुंबई लाया गया है। करीब 17 घंटे के लंबे सफर के बाद मुंबई पहुंचे आरोपियों का सबसे पहले जीटी अस्पताल में मेडिकल चेकअप कराया गया। इसके बाद तीनों को मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी एक्सटॉर्शन सेल में रखा गया है। यहां उनसे फायरिंग की घटना और कथित साजिश को लेकर पूछताछ की जाएगी। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वारदात को किसके निर्देश पर अंजाम दिया गया और इसमें शामिल अन्य लोगों की क्या भूमिका थी।

    गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ऋतिक कुमार फूल सिंह और रेहान अंसारी के रूप में बताई गई है। पुलिस तीनों को कड़ी सुरक्षा के बीच मुंबई लेकर पहुंची। कोटा से आरोपियों को दो इनोवा कारों के जरिए लाया गया जबकि वलसाड से एक अन्य इनोवा कार भी पुलिस के काफिले में शामिल हुई थी। मुंबई पहुंचने के बाद आरोपियों को जीटी अस्पताल ले जाया गया जहां जरूरी मेडिकल जांच की प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद उन्हें पूछताछ के लिए एंटी एक्सटॉर्शन सेल के हवाले कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की सुरक्षा के भी विशेष इंतजाम किए गए हैं।

    पुलिस की जांच में रेहान अंसारी का नाम कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े अनिल पंडित के संपर्क में होने के संबंध में सामने आया है। बताया जा रहा है कि टाइगर श्रॉफ पर हमले को लेकर रेहान और अनिल पंडित के बीच बातचीत हुई थी। अब मुंबई पुलिस आरोपियों से यह जानने की कोशिश कर रही है कि उनके बीच किस तरह संपर्क स्थापित हुआ था और फायरिंग की घटना में उनकी क्या भूमिका रही। जांच एजेंसियां कथित साजिश की कड़ियों को जोड़ने के साथ यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि इस मामले में और कौन लोग शामिल हो सकते हैं।

    18 अक्टूबर 2026 को मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की BMW कार पर कई राउंड फायरिंग की घटना सामने आई थी। बताया गया कि अभिनेता फुटबॉल खेलने के बाद लौट रहे थे तभी उनकी कार को निशाना बनाया गया। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और संदिग्धों की तलाश में कई जगह कार्रवाई की। शुरुआती जांच में पुलिस ने आशंका जताई थी कि फायरिंग का मकसद अभिनेता को डराना हो सकता है। हालांकि इस मामले में हमले के पीछे की वास्तविक वजह और आरोपियों की भूमिका की पुष्टि विस्तृत जांच के बाद ही हो सकेगी।

    इससे पहले पुलिस ने राजस्थान के कोटा से तीन संदिग्धों को पकड़ा था। अब उन्हें मुंबई लाकर पूछताछ की जा रही है। वहीं इस मामले में हथियारों की सप्लाई से जुड़े चार अन्य लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस के अनुसार इन गिरफ्तारियों के बाद जांच का दायरा बढ़ा है और हथियारों की व्यवस्था से लेकर उन्हें मुंबई पहुंचाने तक की कड़ियों की पड़ताल की जा रही है। वारदात में इस्तेमाल पिस्तौल की बरामदगी भी जांच का अहम हिस्सा है। फिलहाल पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ के जरिए फायरिंग के पीछे की कथित साजिश और पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है।

  • IIT बॉम्बे छात्र साहिल वाकोडे की मौत मामले में प्रोफेसर दूल्ला से 8 घंटे पूछताछ, करीब 50 लोगों के बयान दर्ज

    IIT बॉम्बे छात्र साहिल वाकोडे की मौत मामले में प्रोफेसर दूल्ला से 8 घंटे पूछताछ, करीब 50 लोगों के बयान दर्ज

    नई दिल्ली: IIT बॉम्बे के छात्र साहिल वाकोडे की मौत के मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच ने प्रोफेसर सूर्यनारायण दूल्ला से करीब 8 घंटे तक पूछताछ की। इस दौरान जांच टीम ने उनसे मामले से जुड़े कई सवाल किए। साहिल के परिवार ने प्रोफेसर दूल्ला पर जातिगत भेदभाव का आरोप लगाते हुए उनकी गिरफ्तारी की मांग की है। पूछताछ के दौरान प्रोफेसर दूल्ला ने अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों को खारिज किया। उन्होंने कहा कि छात्र से जुड़े मामले में उन्होंने संस्थान के नियमों और दिशा-निर्देशों के अनुसार ही काम किया था। साहिल वाकोडे की मौत की जांच लगातार जारी है और मामले में अलग-अलग लोगों से जानकारी जुटाई जा रही है।

    22 वर्षीय साहिल वाकोडे ने 18 सितंबर को पवई कैंपस स्थित हॉस्टल के कमरे में आत्महत्या कर ली थी। जानकारी के अनुसार, परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए उसे पकड़ा गया था। इसके कुछ घंटे बाद उसका शव हॉस्टल के कमरे में फंदे से लटका मिला था। साहिल के माता-पिता ने आरोप लगाया था कि प्रोफेसर दूल्ला ने उनके बेटे के साथ जातिगत भेदभाव किया। परिवार ने इस मामले में प्रोफेसर की गिरफ्तारी की मांग की है। मामले को लेकर परिवार की ओर से लगातार कार्रवाई की मांग की जा रही है। वहीं, 18 सितंबर के सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दिया था कि परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए पकड़े जाने के बाद प्रोफेसर दूल्ला ने साहिल वाकोडे को एक तरफ खींच लिया था।

    मुंबई पुलिस के मुताबिक, क्राइम ब्रांच इस मामले में IIT बॉम्बे के डायरेक्टर शिरीष केदारे को भी पूछताछ के लिए बुला सकती है। जांच के दौरान क्राइम ब्रांच अब तक साहिल के माता-पिता और उसके क्लासमेट समेत करीब 50 लोगों के बयान दर्ज कर चुकी है। पुलिस ने साहिल के पिता रविंद्र वाकोड़े की शिकायत के आधार पर आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। जांच टीम मामले से जुड़े लोगों के बयान और उपलब्ध जानकारी के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। दूसरी ओर, IIT बॉम्बे के कुछ संकाय सदस्यों ने प्रोफेसर दूल्ला के समर्थन में बयान देते हुए कहा कि उन्हें केवल अपना काम करने के लिए बदनाम किया जा रहा है।

    इस मामले को लेकर साहिल के परिवार की ओर से विरोध भी जारी है। मुंबई के आजाद मैदान में साहिल के माता-पिता पिछले छह दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे हैं। वे प्रोफेसर दूल्ला की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। परिवार का आरोप है कि साहिल के साथ जातिगत भेदभाव किया गया था और इसी मामले में वे प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। दूसरी ओर, प्रोफेसर दूल्ला ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए संस्थान के नियमों और दिशा-निर्देशों का पालन करने की बात कही है। क्राइम ब्रांच की ओर से अब तक करीब 50 लोगों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं और प्रोफेसर दूल्ला से लंबी पूछताछ भी की गई है। मामले में आगे की जांच जारी है।