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  • विदिशा में जनता परेशान, सरकारी दफ्तरों में चल रहे एसी और पंखे बिना कामकाज

    विदिशा में जनता परेशान, सरकारी दफ्तरों में चल रहे एसी और पंखे बिना कामकाज


    विदिशा । विदिशा जिले में अघोषित बिजली कटौती और लगातार ट्रिपिंग ने आम जनता का जीवन मुश्किल कर दिया है। भीषण गर्मी के बीच शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक लोग बार-बार बिजली गुल होने और कम वोल्टेज की समस्या से परेशान हैं। घरों में पंखे, कूलर और एसी जैसे उपकरण ठीक से काम नहीं कर पा रहे हैं, जिससे लोगों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

    बिजली विभाग का कहना है कि गर्मी के कारण खपत बढ़ने से सिस्टम पर दबाव है, जिसके चलते कटौती और ट्रिपिंग की समस्या हो रही है। लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग तस्वीर पेश कर रही है।

    शुक्रवार को शहर के कई सरकारी दफ्तरों की ग्राउंड रिपोर्ट में यह सामने आया कि जहां आम जनता बिजली संकट से जूझ रही है, वहीं सरकारी कार्यालयों में बिजली की खुली बर्बादी जारी थी। कई दफ्तरों में अधिकारी और कर्मचारी अनुपस्थित थे, लेकिन लाइटें, पंखे, कूलर और एयर कंडीशनर लगातार चालू हालत में पाए गए।

    एसडीएम कार्यालय में कई चैंबर खाली पड़े थे, लेकिन वहां बिजली उपकरण चालू थे। कार्यालय में अधिकारी मौजूद नहीं थे, फिर भी कमरे एसी की ठंडी हवा में चलते रहे। इसी तरह कलेक्ट्रेट स्थित कंट्रोल रूम में भी अधिकारी और कर्मचारी अनुपस्थित थे, लेकिन वहां भी लाइट, पंखे और कूलर लगातार चलते रहे।

    बिजली कंपनी के जोन-1 कार्यालय में भी स्थिति कुछ अलग नहीं थी। दफ्तर खाली होने के बावजूद एसी और पंखे चलते रहे, जिससे साफ दिखाई दिया कि बिजली बचत के नियमों का पालन नहीं हो रहा है।

    इस स्थिति ने आम जनता में नाराजगी बढ़ा दी है। लोगों का कहना है कि एक तरफ उन्हें घंटों बिजली कटौती का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी तरफ सरकारी कार्यालयों में बिना जरूरत बिजली खर्च की जा रही है। यह स्थिति जनता के साथ अन्याय जैसी महसूस हो रही है।

    विशेषज्ञों का कहना है कि ऊर्जा संरक्षण नियमों के तहत सभी सरकारी भवनों में बिजली उपयोग को नियंत्रित करना आवश्यक है। केंद्रीय ऊर्जा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुसार, एयर कंडीशनर का तापमान 24 डिग्री पर सेट रखना अनिवार्य है और अनावश्यक बिजली उपयोग पर कार्रवाई का प्रावधान भी है।

    जनता की मांग है कि प्रशासन इस मामले में सख्त कदम उठाए और सभी सरकारी दफ्तरों में बिजली उपयोग को लेकर स्पष्ट गाइडलाइन लागू की जाए। साथ ही नियमित निगरानी भी की जाए, ताकि ऊर्जा की बर्बादी रोकी जा सके।

    फिलहाल, एक तरफ जनता गर्मी और बिजली कटौती से जूझ रही है, वहीं दूसरी तरफ सरकारी दफ्तरों में बिजली की यह स्थिति व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।

  • शाजापुर में बिजली कटौती का अलर्ट, कल 3 घंटे बाधित रहेगी सप्लाई

    शाजापुर में बिजली कटौती का अलर्ट, कल 3 घंटे बाधित रहेगी सप्लाई


    शाजापुर  शाजापुर शहर के निवासियों को रविवार, 17 मई 2026 को तीन घंटे की बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा। विद्युत विभाग ने जानकारी दी है कि सुबह 7 बजे से 10 बजे तक लालघाटी उपकेंद्र से जुड़े कई इलाकों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित रहेगी। यह कटौती आवश्यक तकनीकी रखरखाव और लाइन सुधार कार्य के चलते की जा रही है। विभाग के अनुसार, 33 केवी धनलक्ष्मी लाइन और न्यू कलेक्टर फीडर पर 11 केवी कंडक्टर बदलने एवं सुधार कार्य किया जाएगा। इस दौरान सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 11 केवी जेल फीडर और 11 केवी इमरजेंसी फीडर को भी अस्थायी रूप से बंद रखा जाएगा।

    इन प्रमुख इलाकों में रहेगा असर
    बिजली कटौती के दौरान शहर के कई महत्वपूर्ण क्षेत्र प्रभावित रहेंगे। इनमें हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, सीसीटीवी कंट्रोल रूम, जिला जेल, डाइट कॉलेज, कलेक्ट्रेट सर्कल ऑफिस, मजिस्ट्रेट निवास, बापू की कुटिया, स्टेडियम, राजराजेश्वरी मंदिर, विजय नगर, ज्योति नगर, बस स्टैंड और ट्रॉमा सेंटर सहित आसपास के क्षेत्र शामिल हैं। इन इलाकों में सुबह के समय सामान्य जनजीवन, कार्यालय कार्य और घरेलू गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं। विशेषकर सरकारी कार्यालयों और अस्पताल क्षेत्र में पहले से तैयारी करने की सलाह दी गई है।

    विद्युत विभाग की अपील: पहले से कर लें जरूरी काम
    विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि लोग बिजली कटौती के समय को ध्यान में रखते हुए अपने आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि मेंटेनेंस कार्य समय से पहले पूरा हो जाता है, तो बिजली आपूर्ति निर्धारित समय से पहले भी बहाल की जा सकती है। स्थानीय प्रशासन ने भी नागरिकों से अपील की है कि वे धैर्य बनाए रखें और इस तकनीकी कार्य में सहयोग करें, ताकि भविष्य में बेहतर और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।

    तकनीकी सुधार से भविष्य में मिलेगी राहत
    विद्युत विभाग का कहना है कि यह मेंटेनेंस कार्य आने वाले दिनों में ट्रिपिंग, वोल्टेज उतार-चढ़ाव और लाइन फॉल्ट जैसी समस्याओं को कम करेगा। इससे शाजापुर शहर को अधिक स्थिर और मजबूत बिजली आपूर्ति प्रणाली का लाभ मिलेगा।

  • अजगरहा में बिजली समस्या को लेकर बवाल, सड़क जाम से यातायात प्रभावित

    अजगरहा में बिजली समस्या को लेकर बवाल, सड़क जाम से यातायात प्रभावित


    रीवा। मध्य प्रदेश के रीवा शहर के अजगरहा इलाके में शुक्रवार देर रात बिजली की लगातार समस्या को लेकर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। कम वोल्टेज और बार-बार बिजली कटौती से परेशान रहवासियों ने मुख्य सड़क पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिससे कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।

    लंबे समय से जारी समस्या, शिकायतों के बावजूद समाधान नहीं
    प्रदर्शन कर रहे लोगों का कहना है कि इलाके में लंबे समय से बिजली आपूर्ति की समस्या बनी हुई है। बार-बार बिजली गुल होने और कम वोल्टेज की वजह से घरेलू जीवन प्रभावित हो रहा है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद जिम्मेदार विभाग ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया।

    मौके पर पहुंची पुलिस, प्रदर्शनकारियों से हुई तीखी बहस
    सूचना मिलने के बाद विश्वविद्यालय थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जाम हटवाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली। काफी देर तक चले तनाव के बाद पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए सड़क खाली करवाई और यातायात बहाल कराया।

    स्थानीय लोगों का आरोप: समस्याओं पर नहीं होती सुनवाई
    प्रदर्शन के दौरान स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया। एक महिला ने कहा कि जब आम लोग अपनी समस्या लेकर सड़क पर आते हैं तो पुलिस तुरंत सख्ती दिखाती है, लेकिन असली समस्या पर कोई ध्यान नहीं देता।

    स्थानीय निवासियों की नाराजगी बढ़ी
    स्थानीय निवासी रमेश कुशवाहा ने बताया कि कई दिनों से बिजली बार-बार जा रही है, जिससे बच्चे और बुजुर्ग परेशान हैं। वहीं सीमा पटेल ने कहा कि मजबूरी में सड़क पर उतरना पड़ा क्योंकि समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा।

    आगे आंदोलन की चेतावनी
    प्रदर्शन समाप्त होने के बाद भी इलाके में नाराजगी बनी हुई है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो वे फिर से आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

    रीवा के अजगरहा में हुआ यह विरोध प्रदर्शन बिजली व्यवस्था की खामियों को उजागर करता है। स्थानीय लोगों की नाराजगी यह संकेत देती है कि अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो हालात और गंभीर हो सकते हैं।