Tag: Prayagraj News

  • आज प्रयागराज से राहुल गांधी का यूपी में चुनावी शंखनाद, 2 लाख छात्रों से करेंगे संवाद

    आज प्रयागराज से राहुल गांधी का यूपी में चुनावी शंखनाद, 2 लाख छात्रों से करेंगे संवाद

    प्रयागराज। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को प्रयागराज से उत्तर प्रदेश में चुनावी अभियान का आगाज करेंगे। वह केपी इंटर कॉलेज मैदान में करीब दो घंटे तक छात्रों से सीधा संवाद करेंगे। कांग्रेस ने इस कार्यक्रम के जरिए पूर्वांचल के युवाओं तक पहुंच बनाने की रणनीति तैयार की है। कार्यक्रम में प्रदेश के करीब 25 जिलों के शहर और जिला अध्यक्षों के साथ कांग्रेस के सभी छह सांसद और कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहेंगे।

    राहुल गांधी शाम 6:30 बजे से रात 8:30 बजे तक छात्रों से संवाद करेंगे। इस दौरान नीट, आरओ/आरआरओ समेत अन्य भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक, परीक्षाओं में देरी, भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार और बेरोजगारी जैसे मुद्दे प्रमुख रहेंगे। कांग्रेस के मुताबिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए करीब दो लाख छात्रों ने रजिस्ट्रेशन कराया है।

    स्वराज भवन में नेताओं के साथ करेंगे मंथन
    छात्र संवाद कार्यक्रम से पहले राहुल गांधी अपने पैतृक आवास स्वराज भवन पहुंचेंगे। यहां वह करीब ढाई घंटे रुकेंगे। इस दौरान पार्टी के सांसदों, विधायकों, प्रदेश प्रभारी, सहप्रभारियों और वरिष्ठ नेताओं के साथ आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा करेंगे। कांग्रेस ने प्रयागराज को चुनने के पीछे यहां मौजूद बड़ी छात्र आबादी को भी अहम वजह माना है। राजस्थान और उत्तराखंड के बाद राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के तहत प्रयागराज में यह आयोजन किया जा रहा है।

    प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का बड़ा केंद्र है प्रयागराज
    प्रयागराज में करीब दो लाख छात्र अलग-अलग डेलीगेसियों और हॉस्टलों में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। इनमें आधे से ज्यादा युवा पूर्वांचल के विभिन्न जिलों से आते हैं। ऐसे में कांग्रेस की नजर इस बड़े युवा वर्ग पर है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय लंबे समय से देश की राजनीति का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। इसके अलावा मोती लाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान और भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान जैसे प्रमुख संस्थानों में भी देशभर से छात्र पढ़ने आते हैं।

    पॉप सिंगर लश्करी और MC अल्ताफ देंगे प्रस्तुति
    कार्यक्रम की शुरुआत सांस्कृतिक और सांगीतिक प्रस्तुतियों से होगी। जेन-जी की पसंद को ध्यान में रखते हुए पॉप सिंगर लश्करी और एमसी अल्ताफ को प्रस्तुति के लिए बुलाया गया है। आयोजकों के मुताबिक कार्यक्रम में किसी तरह का राजनीतिक भाषण नहीं होगा। राहुल गांधी सीधे छात्रों से संवाद करेंगे और उनके सामने रोजगार, भर्ती परीक्षाओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करेंगे।

  • 8 अगस्त को प्रयागराज में छात्रों से संवाद करेंगे राहुल गांधी, पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था पर होगी चर्चा

    8 अगस्त को प्रयागराज में छात्रों से संवाद करेंगे राहुल गांधी, पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था पर होगी चर्चा

    प्रयागराज। प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितताओं, पेपर लीक और शिक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर अभियान तेज करने जा रही है। इसी क्रम में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी 8 अगस्त को प्रयागराज के केपी ग्राउंड में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में छात्रों से संवाद करेंगे।

    यह अभियान कोटा से 17 जून को शुरू हुआ था, जबकि दूसरा चरण 17 जुलाई को देहरादून में आयोजित किया गया। तीसरे चरण के तहत अब 8 अगस्त को प्रयागराज में कार्यक्रम होगा। पहले 9 अगस्त को दिल्ली में विशाल छात्र रैली प्रस्तावित थी, लेकिन अनुमति नहीं मिलने के कारण छात्र संवाद कार्यक्रम प्रयागराज में आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
    यह अभियान कोटा से 17 जून को शुरू हुआ था, जबकि दूसरा चरण 17 जुलाई को देहरादून में आयोजित किया गया। तीसरे चरण के तहत अब 8 अगस्त को प्रयागराज में कार्यक्रम होगा। पहले 9 अगस्त को दिल्ली में विशाल छात्र रैली प्रस्तावित थी, लेकिन अनुमति नहीं मिलने के कारण छात्र संवाद कार्यक्रम प्रयागराज में आयोजित करने का निर्णय लिया गया।

    कांग्रेस के प्रवक्ता हसीब अहमद ने बताया कि कार्यक्रम में रोजगार, प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताएं, पेपर लीक, शिक्षा की बढ़ती लागत, छात्रवृत्ति, विश्वविद्यालयों का माहौल और युवाओं के भविष्य जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी।

    उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम में प्रयागराज, कौशाम्बी, प्रतापगढ़, अमेठी, रायबरेली, भदोही, मिर्जापुर, वाराणसी समेत आसपास के कई जिलों से बड़ी संख्या में छात्र भाग लेंगे।

    तैयारियों में जुटी कांग्रेस
    कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए रविवार को उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम, प्रदेश अध्यक्ष अजय राय, शहर और जिला इकाइयों के पदाधिकारियों तथा स्थानीय नेताओं की बैठक होगी।

    प्रदेश महासचिव मुकुंद तिवारी ने बताया कि छात्र संवाद में प्रदेशभर से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं की भागीदारी रहेगी। वहीं कार्यक्रम के समन्वयक विवेकानंद पाठक के अनुसार, अब तक इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए डेढ़ लाख से अधिक युवाओं ने पंजीकरण कराया है। शहर कांग्रेस अध्यक्ष फुजैल हाशमी ने बताया कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं।

  • प्रयागराज मेट्रो को मिलेगी रफ्तार, 12 हजार करोड़ की परियोजना का दिसंबर तक शिलान्यास संभव

    प्रयागराज मेट्रो को मिलेगी रफ्तार, 12 हजार करोड़ की परियोजना का दिसंबर तक शिलान्यास संभव


    प्रयागराज। प्रयागराज में मेट्रो रेल परियोजना को जल्द धरातल पर उतारने की तैयारी तेज हो गई है। करीब 12 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने का काम अंतिम चरण में है। प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) ने राइट्स (RITES) को 14 अगस्त तक डीपीआर सौंपने के निर्देश दिए हैं। यदि सभी औपचारिकताएं समय पर पूरी हो गईं, तो वर्ष के अंत तक परियोजना का शिलान्यास किया जा सकता है।

    पीडीए के अधिकारियों के अनुसार, डीपीआर मिलने के बाद अगस्त में ही प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा जाएगा। प्रदेश कैबिनेट की मंजूरी के बाद इसे केंद्र सरकार के पास अंतिम स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा। चुनावी वर्ष को देखते हुए इस परियोजना को तय समय पर शुरू कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

    दो कॉरिडोर और 40 स्टेशन होंगे
    प्रस्तावित योजना के तहत प्रयागराज में दो प्रमुख मेट्रो कॉरिडोर विकसित किए जाएंगे। पहला ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर प्रयागराज एयरपोर्ट से झूंसी स्थित सिटी लेक फॉरेस्ट तक जाएगा, जबकि दूसरा नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर फाफामऊ के शांतिपुरम कॉलोनी से नैनी तक संचालित होगा। दोनों कॉरिडोर पर कुल 40 मेट्रो स्टेशन बनाए जाने का प्रस्ताव है। परेड मैदान को इंटरचेंज जंक्शन बनाया जाएगा, जहां से यात्रियों को चारों दिशाओं में मेट्रो की सुविधा मिलेगी। परियोजना के तहत झूंसी और नैनी में 20-20 हेक्टेयर भूमि पर मेट्रो डिपो भी विकसित किए जाएंगे।

    महाकुंभ और शहर की यातायात व्यवस्था को मिलेगा लाभ
    मेट्रो सेवा शुरू होने के बाद महाकुंभ और माघ मेले में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों को संगम और शहर के प्रमुख इलाकों तक तेज और सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। परेड इंटरचेंज से झूंसी, फाफामऊ, बमरौली और नैनी की ओर सीधी मेट्रो सेवा उपलब्ध होगी। संगम क्षेत्र में भी मेट्रो स्टेशन प्रस्तावित है।

    तीन से आठ कोच वाली मेट्रो का प्रस्ताव
    पीडीए के उपाध्यक्ष ऋषि राज ने बताया कि प्रयागराज के लिए तीन से आठ कोच वाली फुल मेट्रो ट्रेन की योजना पर डीपीआर तैयार की जा रही है। राइट्स को 14 अगस्त तक रिपोर्ट सौंपने का लक्ष्य दिया गया है। उन्होंने कहा कि सभी प्रशासनिक और तकनीकी प्रक्रियाएं जल्द पूरी करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि परियोजना निर्धारित समय पर शुरू हो सके।

  • प्रयागराज में गंगा नदी पर बनेगा नया पुल, फाफामऊ जाम से मिलेगी बड़ी राहत

    प्रयागराज में गंगा नदी पर बनेगा नया पुल, फाफामऊ जाम से मिलेगी बड़ी राहत


    नई दिल्ली। प्रयागराज में गंगा नदी पर फाफामऊ पुल के समानांतर एक और नया पुल बनाया जाएगा, जिससे शहर में जाम की समस्या से लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। इस परियोजना के लिए जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) को विस्तृत प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

    जानकारी के अनुसार, यह नया पुल पुराने फाफामऊ पुल के पास गंगा नदी के अपस्ट्रीम हिस्से में प्रस्तावित है। इसके बनने से प्रयागराज में गंगा नदी पर कुल पुलों की संख्या बढ़कर 10 हो जाएगी। अधिकारियों का मानना है कि इस नए पुल के निर्माण से गंगापार क्षेत्र और शहर के उत्तरी हिस्से के बीच आवागमन पहले की तुलना में काफी आसान हो जाएगा और लोगों को जाम से बड़ी राहत मिलेगी।

    इस परियोजना को लेकर प्रशासन का कहना है कि बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए यह पुल बेहद जरूरी है, जिससे भविष्य में यातायात व्यवस्था को सुचारु रखा जा सकेगा।

  • PCS ज्योति मौर्य विवाद में नया मोड़: पति आलोक मौर्य बोले- अब राजनीति में उतरूंगा, अफसर पत्नी ने सुलह से किया साफ इनकार

    PCS ज्योति मौर्य विवाद में नया मोड़: पति आलोक मौर्य बोले- अब राजनीति में उतरूंगा, अफसर पत्नी ने सुलह से किया साफ इनकार



    नई दिल्ली। यूपी की चर्चित PCS अफसर ज्योति मौर्य और उनके सफाईकर्मी पति आलोक मौर्य का विवाद एक बार फिर सुर्खियों में है, लेकिन इस बार मामला सिर्फ पारिवारिक नहीं बल्कि राजनीतिक रंग भी लेता दिख रहा है। प्रयागराज में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से मुलाकात के बाद आलोक मौर्य ने साफ संकेत दे दिए हैं कि वे जल्द ही राजनीति में कदम रख सकते हैं। उन्होंने कहा कि जनता चाहती है कि वे आगे आएं और समाज की सेवा करें, खासकर युवाओं के मुद्दों को लेकर।

    5 मई को जब डिप्टी सीएम का हेलिकॉप्टर पुलिस लाइन में उतरा, तो आलोक मौर्य अपने समर्थकों के साथ स्वागत के लिए पहले से मौजूद थे। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी युवाओं को राजनीति में आने के लिए प्रेरित करते हैं और वे भी उसी राह पर आगे बढ़ने की सोच रहे हैं। हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि अंतिम फैसला पार्टी और जनता की इच्छा पर निर्भर करेगा।

    इस बीच, ज्योति और आलोक के बीच चल रहा वैवाहिक विवाद भी एक बार फिर चर्चा में आ गया है। मामला फिलहाल मीडिएशन सेंटर में है, जहां सुलह की कोशिशें जारी हैं। आलोक मौर्य का कहना है कि वे परिवार को टूटने से बचाना चाहते हैं और उम्मीद है कि जल्द कोई सकारात्मक नतीजा सामने आएगा। लेकिन दूसरी तरफ PCS अफसर ज्योति मौर्य ने साफ कर दिया है कि अब समझौते की कोई गुंजाइश नहीं बची है। उन्होंने कहा कि वे इस मुद्दे पर अब कुछ नहीं कहना चाहतीं और पहले ही अपना पक्ष स्पष्ट कर चुकी हैं।

    गाजियाबाद में एडीएम प्रशासन के पद पर तैनात ज्योति मौर्य पहले भी कह चुकी हैं कि तलाक की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और अब यह रिश्ता बच पाना मुश्किल है। दोनों के बीच विवाद इतना बढ़ चुका है कि मामला जिला कोर्ट और इलाहाबाद हाईकोर्ट तक पहुंच गया है। जहां एक ओर आलोक ने गुजारा भत्ता की मांग को लेकर याचिका दाखिल की है, वहीं ज्योति ने तलाक के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

    आलोक मौर्य ने इस पूरे विवाद को एक बड़े सामाजिक मुद्दे से भी जोड़ने की कोशिश की है। उन्होंने पुरुषों के अधिकारों की बात करते हुए प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर ‘पुरुष आयोग’ बनाने की मांग की है। उनका कहना है कि पुरुषों को अपनी बात रखने का मंच नहीं मिल रहा, जिसकी वजह से कई लोग मानसिक दबाव में आकर आत्महत्या तक कर रहे हैं।

    गौरतलब है कि इस विवाद ने पहले भी देशभर में बहस छेड़ दी थी, जब आलोक ने ज्योति पर अफेयर और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। हालांकि बाद में वे इन आरोपों को साबित नहीं कर पाए और वापस लेना पड़ा। दूसरी ओर, ज्योति मौर्य ने आलोक के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का केस दर्ज कराया है, जो फिलहाल कोर्ट में विचाराधीन है।

    एक साधारण परिवार से निकलकर PCS अफसर बनने तक का ज्योति मौर्य का सफर जितना प्रेरणादायक रहा, उतना ही उनका निजी जीवन विवादों में घिर गया। अब इस पूरे मामले में राजनीति की एंट्री ने इसे और ज्यादा चर्चित बना दिया है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि आलोक मौर्य सच में राजनीति में कदम रखते हैं या नहीं, और कोर्ट में चल रहा यह हाई-प्रोफाइल विवाद किस दिशा में जाता है।