Tag: Puducherry Elections

  • पुडुचेरी चुनाव 2026 भाजपा की दूसरी सूची जारी कराईकल साउथ से एम अरुल मुरुगन उम्मीदवार

    पुडुचेरी चुनाव 2026 भाजपा की दूसरी सूची जारी कराईकल साउथ से एम अरुल मुरुगन उम्मीदवार

    नई दिल्ली:   पुडुचेरी विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं इसी बीच भारतीय जनता पार्टी ने अपनी दूसरी उम्मीदवार सूची जारी कर चुनावी मैदान में अपनी रणनीति को और स्पष्ट कर दिया है पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति ने कराईकल साउथ विधानसभा सीट से एम अरुल मुरुगन को उम्मीदवार घोषित किया है

    यह घोषणा ऐसे समय में की गई है जब चुनाव की तारीखें नजदीक हैं और सभी राजनीतिक दल अपने प्रचार अभियान और संगठनात्मक तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं भाजपा अपनी पूरी ताकत के साथ चुनाव में उतरने की रणनीति बना रही है ताकि सभी सीटों पर मजबूत प्रदर्शन किया जा सके

    इससे पहले शनिवार को भाजपा ने अपनी पहली सूची जारी की थी जिसमें कई महत्वपूर्ण सीटों पर उम्मीदवारों के नाम घोषित किए गए थे मन्नादीपेट सीट से ए नमस्सिवायम ओस्सुडु एससी सीट से ई थीप्पैंथन कालापेट सीट से पीएमएल कल्याणसुंदरम और राज भवन सीट से वीपी रामलिंगम को टिकट दिया गया है इसके अलावा मुदलियारपेट से ए जॉनकुमार मनावेली से एम्बलम आर सेल्वम तिरुनल्लार से जीएनएस राजसेकरन नेरावी टीआर पट्टिनम से टीकेएसएम मीनाक्षीसुंदरम और माहे सीट से ए दिनेशन को उम्मीदवार बनाया गया है

    पार्टी ने न केवल पुडुचेरी बल्कि अन्य राज्यों में भी अपने उम्मीदवारों की घोषणा तेज कर दी है इसी क्रम में केरल के लिए भी तीसरी सूची जारी की गई है जिसमें 11 उम्मीदवारों के नाम शामिल हैं यह दर्शाता है कि भाजपा अपने संगठन और चुनावी रणनीति को व्यापक स्तर पर मजबूत करने में लगी है

    पुडुचेरी विधानसभा में कुल 33 सीटें हैं जिनमें से 30 सीटों पर जनता द्वारा सीधे मतदान किया जाता है जबकि 3 सीटें केंद्र सरकार द्वारा नामित की जाती हैं इस चुनावी प्रक्रिया में जनता के वोट का महत्व बेहद महत्वपूर्ण होता है

    पुडुचेरी विधानसभा चुनाव 9 अप्रैल को एक ही चरण में संपन्न होंगे जबकि 4 मई को मतगणना की जाएगी और उसी दिन परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे चुनावी तारीखों के ऐलान के बाद क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां और तेज हो गई हैं सभी प्रमुख दल मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के लिए जनसभाएं रैलियां और प्रचार अभियान चला रहे हैं

    इस पूरी चुनावी प्रक्रिया में भाजपा अपनी मजबूत उम्मीदवार सूची और संगठनात्मक ताकत के सहारे बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश कर रही है वहीं अन्य दल भी अपनी रणनीति के साथ मैदान में सक्रिय हो गए हैं जिससे चुनावी मुकाबला और भी रोचक होने की उम्मीद है

  • पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान आज, चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस थोड़ी देर में

    पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान आज, चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस थोड़ी देर में


    नई दिल्ली। देश के पांच राज्यों पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों की तारीखों का ऐलान आज किया जाएगा। चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के लिए भारत निर्वाचन आयोग थोड़ी देर में प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगा। इसके साथ ही इन सभी राज्यों में आचार संहिता भी लागू हो जाएगी।

    चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस **विज्ञान भवन, नई दिल्ली में आयोजित की जाएगी। इस दौरान ज्ञानेश कुमार (मुख्य चुनाव आयुक्त), सुखबीर सिंह संधू और राजीव कुमार चुनाव कार्यक्रम की घोषणा करेंगे।

    संभावना जताई जा रही है कि पश्चिम बंगाल, असम और तमिलनाडु में चुनाव दो-दो चरणों में कराए जा सकते हैं, जबकि केरल और पुडुचेरी में एक चरण में मतदान हो सकता है। पांचों विधानसभाओं का कार्यकाल मई 2026 तक समाप्त हो रहा है, इसलिए उससे पहले चुनाव प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

    पिछली बार कैसे हुए थे चुनाव
    साल 2021 के विधानसभा चुनावों में चुनाव आयोग ने 26 फरवरी को चुनाव कार्यक्रम घोषित किया था। उस समय पश्चिम बंगाल में 8 चरणों में मतदान कराया गया था, जबकि असम में 3 चरण और तमिलनाडु, केरल तथा पुडुचेरी में एक ही चरण में मतदान हुआ था।

    मतदाता सूची में बदलाव
    इस बार चुनाव से पहले स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया के तहत मतदाता सूची का पुनरीक्षण किया गया है। इसमें तमिलनाडु में सबसे अधिक मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं।

    चुनाव आयोग के अनुसार, 27 अक्टूबर 2025 को SIR प्रक्रिया शुरू होने के समय राज्य में 6,41,14,587 मतदाता पंजीकृत थे। लगभग चार महीने चली इस प्रक्रिया के बाद 74,07,207 मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए, जिसके बाद राज्य में अब 5,67,07,380 मतदाता रह गए हैं।

    इसके अलावा पश्चिम बंगाल में लगभग 58 लाख, केरल में करीब 8 लाख, असम में करीब 2 लाख और पुडुचेरी में लगभग 77 हजार मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं।

    चुनाव से पहले सियासी हलचल
    चुनाव तारीखों की घोषणा से कुछ घंटे पहले ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल में दो अहम घोषणाएं कीं। उन्होंने पुरोहितों और मुअज्जिनों के मासिक मानदेय में 500 रुपये की बढ़ोतरी का ऐलान किया। इसके साथ ही राज्य सरकार के कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (DA) बकाया चुकाने की भी घोषणा की।

    राज्यों में राजनीतिक चुनौती
    पांचों राज्यों में चुनाव को लेकर राजनीतिक माहौल काफी सक्रिय है। खासतौर पर पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली सरकार के सामने भारतीय जनता पार्टी मुख्य चुनौती मानी जा रही है। अगर इस बार भी उनकी पार्टी जीतती है, तो ममता बनर्जी लगातार चौथी बार मुख्यमंत्री बनने वाली पहली महिला नेता बन सकती हैं।

    भाषा, केंद्र की योजनाएं, विचारधारा और केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई जैसे मुद्दे इन चुनावों में अहम भूमिका निभा सकते हैं।