Tag: Rajendra Shukla

  • मॉनिटरिंग में ढिलाई नहीं चलेगी ,रीवा की जल और सीवरेज योजनाओं पर ,उप मुख्यमंत्री का बड़ा एक्शन

    मॉनिटरिंग में ढिलाई नहीं चलेगी ,रीवा की जल और सीवरेज योजनाओं पर ,उप मुख्यमंत्री का बड़ा एक्शन


    भोपाल । मध्यप्रदेश सरकार शहरी विकास और बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयासरत है और इसी कड़ी में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने रीवा शहर में चल रही जल प्रदाय योजना और सीवरेज सिस्टम के कार्यों की गहन समीक्षा करते हुए स्पष्ट संदेश दिया है कि किसी भी प्रकार की लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मंत्रालय में आयोजित इस उच्चस्तरीय बैठक में उन्होंने कार्यों की प्रगति गुणवत्ता समय सीमा और वित्तीय प्रबंधन पर विस्तार से चर्चा की और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी परियोजनाएं तय समय में हर हाल में पूरी हों।

    उप मुख्यमंत्री ने कहा कि इन योजनाओं का सीधा संबंध आम जनता की रोजमर्रा की जिंदगी से है इसलिए कार्यों में देरी या गुणवत्ता में कमी किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने विशेष रूप से जल प्रदाय व्यवस्था से जुड़े लंबित कार्यों पर ध्यान केंद्रित करते हुए निर्देश दिए कि ओवरहेड वाटर टैंक का निर्माण और जल वितरण नेटवर्क का विस्तार आगामी वर्षा ऋतु से पहले हर स्थिति में पूरा किया जाए। उनका स्पष्ट कहना था कि यदि समय पर यह कार्य पूरे नहीं हुए तो नागरिकों को असुविधा होगी और सरकार की मंशा भी प्रभावित होगी।

    बैठक में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया कि कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए ताकि हर चरण पर प्रगति का आकलन किया जा सके और किसी भी समस्या का तत्काल समाधान निकाला जा सके। उन्होंने कहा कि योजनाओं का क्रियान्वयन केवल कागजों तक सीमित न रहे बल्कि जमीनी स्तर पर उसकी गुणवत्ता और प्रभाव भी नजर आना चाहिए।

    उप मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्यों के दौरान आमजन को होने वाली असुविधाओं पर भी विशेष चिंता जताई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यों को इस तरह चरणबद्ध और सुनियोजित तरीके से किया जाए जिससे शहरवासियों की दैनिक जीवनचर्या प्रभावित न हो। साथ ही सुरक्षा के सभी मानकों का पालन सुनिश्चित करने पर भी उन्होंने जोर दिया।

    सीवरेज सिस्टम की समीक्षा करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि शहरी स्वच्छता और जन स्वास्थ्य के लिए यह परियोजना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने शेष पाइपलाइन बिछाने और हाउस सर्विस कनेक्शन के कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट यानी एसटीपी के निर्माण कार्य को भी समय पर पूरा करने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। बैठक में अपर मुख्य सचिव नगरीय विकास एवं आवास संजय दुबे और आयुक्त संकेत भोंडवे सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे जिन्होंने परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति और प्रगति की जानकारी दी।

    उप मुख्यमंत्री ने अंत में दोहराया कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं शुरू करना नहीं बल्कि उन्हें तय समय में पूरा कर नागरिकों को उनका वास्तविक लाभ पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी भरे लहजे में कहा कि मॉनिटरिंग और जवाबदेही में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं होनी चाहिए।

    यह समीक्षा बैठक स्पष्ट संकेत देती है कि राज्य सरकार अब शहरी विकास परियोजनाओं में गति और गुणवत्ता दोनों पर बराबर ध्यान दे रही है और जनता को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

  • उपमुख्यमंत्री शुक्ल की बड़ी समीक्षा बैठक रीवा में बुनियादी ढांचे पर जोर

    उपमुख्यमंत्री शुक्ल की बड़ी समीक्षा बैठक रीवा में बुनियादी ढांचे पर जोर


    भोपाल । मध्यप्रदेश में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में सरकार लगातार बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है। इसी क्रम में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने मंत्रालय, भोपाल में रीवा जिले के लोक निर्माण विभाग से जुड़े प्रस्तावित सड़क एवं आधारभूत संरचना विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।

    बैठक के दौरान उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र अंतिम रूप देकर टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाए, ताकि विकास कार्यों में तेजी लाई जा सके और जनता को जल्द सुविधाओं का लाभ मिल सके।

    समीक्षा में सबसे प्रमुख प्रस्ताव रीवा शहर में कमिश्नर बंगला से ढेकहा तिराहे तक बनने वाला 700 करोड़ रुपए की लागत का फ्लाईओवर रहा। यह फ्लाईओवर शहर के बढ़ते यातायात दबाव को कम करने और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए एक आधुनिक ट्रैफिक मैनेजमेंट व्यवस्था के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे शहर में आवागमन अधिक सुगम और व्यवस्थित होने की उम्मीद है।

    इसके साथ ही लक्ष्मण बाग से कुठुलिया मार्ग में बिछिया नदी पर प्रस्तावित पुल निर्माण कार्य पर भी चर्चा की गई। इस परियोजना से लक्ष्मण बाग, कुठुलिया मार्ग और संस्कृत विश्वविद्यालय तक पहुंच आसान हो जाएगी, जिससे छात्रों, शिक्षकों और स्थानीय नागरिकों को बड़ी सुविधा मिलेगी।

    उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने यह भी निर्देश दिए कि इस परियोजना में रिवर फ्रंट के सौंदर्यीकरण को भी शामिल किया जाए, ताकि यह क्षेत्र न केवल आवागमन के लिहाज से बल्कि पर्यटन और शहरी सौंदर्य के दृष्टिकोण से भी विकसित हो सके।

    अधिकारियों ने बैठक में प्रस्तावित कार्यों की वर्तमान स्थिति और आगे की कार्ययोजना की जानकारी प्रस्तुत की। सरकार का लक्ष्य है कि इन परियोजनाओं के माध्यम से रीवा में शहरी विकास और यातायात व्यवस्था को एक नई दिशा दी जा सके।

  • एमपी सरकार का बड़ा फैसला चिकित्सा छात्रों को समय पर मिलेगा छात्रवृत्ति लाभ

    एमपी सरकार का बड़ा फैसला चिकित्सा छात्रों को समय पर मिलेगा छात्रवृत्ति लाभ


    भोपाल । मध्यप्रदेश में चिकित्सा शिक्षा से जुड़े विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति और अन्य योजनाओं के लाभ समय पर उपलब्ध कराने को लेकर सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने मंत्रालय में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी पात्र छात्रों को उनकी योजनागत राशि समय पर और बिना किसी बाधा के उपलब्ध कराई जाए।

    बैठक में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की देरी या प्रशासनिक अड़चन का सामना न करना पड़े। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भुगतान प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और समयबद्ध बनाया जाए तथा यदि कोई तकनीकी समस्या आती है तो उसका तुरंत समाधान किया जाए।

    समीक्षा के दौरान अन्य पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को दी जाने वाली छात्रवृत्ति योजनाओं की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके साथ ही संबल योजना और मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी योजना के अंतर्गत दिए जा रहे लाभों की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
    उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाए ताकि भुगतान प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो।

    बैठक में वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्होंने योजनाओं के क्रियान्वयन और भुगतान स्थिति की जानकारी प्रस्तुत की। सरकार का कहना है कि इन कदमों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि चिकित्सा शिक्षा के छात्र अपनी पढ़ाई बिना आर्थिक बाधा के जारी रख सकें और उन्हें समय पर सरकारी सहायता मिलती रहे।

  • विंध्य क्षेत्र के समग्र विकास के लिए अधोसंरचना परियोजनाओं को समयबद्ध पूर्ण करने के निर्देश, उप मुख्यमंत्री शुक्ल

    विंध्य क्षेत्र के समग्र विकास के लिए अधोसंरचना परियोजनाओं को समयबद्ध पूर्ण करने के निर्देश, उप मुख्यमंत्री शुक्ल


    भोपाल । भोपाल में उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने मंत्रालय में विंध्य क्षेत्र में चल रही सड़क फ्लाइओवर और पुल-पुलिया निर्माण परियोजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि किसी भी क्षेत्र के समग्र विकास के लिए सुदृढ़ और प्रभावी अधोसंरचना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी परियोजनाओं की मॉनिटरिंग नियमित और प्रभावी रूप से की जाए ताकि निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण हो सके।

    बैठक में रीवा फ्लाइओवर संस्कृत विश्वविद्यालय लक्ष्मण बाग के समीप प्रस्तावित एप्रोच रोड मऊगंज बायपास और मऊगंज–पटेरा औद्योगिक क्षेत्र को जोड़ने वाली सड़क सहित अन्य प्रमुख अधोसंरचना परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति प्रगति और शेष कार्य पर विस्तृत चर्चा हुई। उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जिन कार्यों में अंतर्विभागीय समन्वय की आवश्यकता है उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र हल किया जाए।

    उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने स्पष्ट किया कि सभी परियोजनाओं में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने प्रशासनिक स्तर की स्वीकृतियों भूमि संबंधी मुद्दों तकनीकी अड़चनों और मैदानी समस्याओं की पहचान कर त्वरित और यथोचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधोसंरचना परियोजनाओं के पूर्ण होने से क्षेत्र में आवागमन सुगम होगा व्यापारिक गतिविधियों को गति मिलेगी और आमजन को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

    उन्होंने क्षेत्र के औद्योगिक विकास को प्रोत्साहित करने के लिए मजबूत अधोसंरचना की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया। बेहतर सड़क संपर्क और परिवहन सुविधाएं निवेश आकर्षित करने में सहायक होंगी जिससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेश के सभी क्षेत्रों में संतुलित और समग्र विकास सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

    उप मुख्यमंत्री ने अधोसंरचनात्मक विकास को शासन की प्राथमिकताओं में शामिल बताया और कहा कि सभी परियोजनाओं का समयबद्ध पूर्ण होना विंध्य क्षेत्र के दीर्घकालीन विकास लक्ष्यों की प्राप्ति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यों की प्रगति नियमित रूप से रिपोर्ट की जाए और किसी भी बाधा को तुरंत दूर किया जाए।

    बैठक में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव श्री सुखवीर सिंह सहित संबंधित विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने अधिकारियों से कहा कि अधोसंरचना विकास केवल सड़क और पुल निर्माण तक सीमित नहीं है बल्कि यह क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास की रीढ़ है। उन्होंने यह भी कहा कि परियोजनाओं की समयबद्ध पूर्णता से न केवल जनता को लाभ मिलेगा बल्कि क्षेत्र में निवेश और औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।

    उप मुख्यमंत्री ने बैठक का समापन करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार विंध्य क्षेत्र के समग्र और संतुलित विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है। अधोसंरचना परियोजनाओं को समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करना इस प्रयास का अहम हिस्सा है और यह क्षेत्र की दीर्घकालीन प्रगति सुनिश्चित करेगा।

  • लंबित भर्तियों की प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश, स्वास्थ्य सेवाओं में मानव संसाधन को बढ़ावा

    लंबित भर्तियों की प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश, स्वास्थ्य सेवाओं में मानव संसाधन को बढ़ावा


    भोपाल । भोपाल में उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में कहा कि लंबित भर्तियों की प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण किया जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि स्वास्थ्य संस्थानों में मानव संसाधन की कमी को जल्द से जल्द दूर करना अत्यंत आवश्यक है। बैठक में उप मुख्यमंत्री ने विभागीय भर्ती प्रक्रियाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की और भर्ती में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी को रोकने के लिए सभी संबंधित विभागों से समन्वय बनाए रखने को कहा।

    उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कर्मचारी चयन बोर्ड ईएसबी और मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग पीएससी के साथ निरंतर संपर्क बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सभी प्रशासनिक और तकनीकी औपचारिकताओं को समय पर पूरा किया जाना चाहिए ताकि भर्ती प्रक्रिया में रुकावट न आए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भर्ती की प्रक्रिया में किसी प्रकार की ढील या विलंब स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है।

    बैठक में विशेष रूप से अस्पताल सहायक के रिक्त पदों की भर्ती पर ध्यान केंद्रित किया गया। उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पताल सहायक के पदों के प्रस्ताव को शीघ्र ही कर्मचारी चयन बोर्ड को भेजा जाए। उन्होंने कहा कि अस्पताल सहायक स्वास्थ्य संस्थानों के सुचारू संचालन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं और इन पदों की पूर्ति में किसी भी प्रकार की देरी स्वीकार्य नहीं है।

    इसके साथ ही, उप मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेजों और स्वास्थ्य विभाग में नर्सिंग टीचरों की नियुक्ति प्रक्रिया की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र कार्यवाही पूर्ण करने के निर्देश दिए। श्री शुक्ल ने स्पष्ट किया कि प्रशिक्षित और योग्य नर्सिंग स्टाफ स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में महत्वपूर्ण योगदान देता है और इसकी भर्ती प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की देरी स्वास्थ्य सेवाओं की प्रभावशीलता को प्रभावित कर सकती है।

    उप मुख्यमंत्री ने प्रदेश के स्वास्थ्य संस्थानों में आधुनिक और अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए योजनाबद्ध और चरणबद्ध कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि उच्च गुणवत्ता वाले उपकरण स्वास्थ्य सेवाओं की दक्षता और मरीजों की सुविधा में सुधार लाने में सहायक होंगे।

    बैठक में आयुक्त लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा श्री धनराजू एस और अपर संचालक श्री मनोज कुमार सरियाम उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और समयबद्धता बनी रहे। उन्होंने यह भी कहा कि स्वास्थ्य विभाग में मानव संसाधन की कमी दूर करने के लिए सभी आवश्यक प्रयास किए जाएं और भर्ती प्रक्रिया में बाधा डालने वाले किसी भी अड़चन को शीघ्र हल किया जाए।

    उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल के निर्देशों के बाद यह स्पष्ट हो गया कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं में तेजी और सुधार लाने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। लंबित भर्तियों को शीघ्र पूर्ण करने और स्वास्थ्य विभाग में मानव संसाधन की कमी को दूर करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इस समीक्षा बैठक ने प्रदेश के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत बनाने और मरीजों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने में एक नया संदेश दिया है।

  • भोपाल में कृषि वर्ष पर मंत्रियों-विधायकों का महामंथन:खेती को 'फायदे का धंधा' बनाने पर जोर

    भोपाल में कृषि वर्ष पर मंत्रियों-विधायकों का महामंथन:खेती को 'फायदे का धंधा' बनाने पर जोर


    भोपाल । भोपाल में सोमवार को कुशाभाऊ ठाकरे अंतरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में कृषि वर्ष 2026 को लेकर बड़ा वैचारिक मंथन आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मौजूदगी में भाजपा के मध्य प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह, डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला, मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, एदल सिंह कंसाना, करन सिंह वर्मा, विश्वास सारंग सहित कई मंत्री और विधायक मंच पर उपस्थित थे।

    खेती को लाभ का धंधा बनाने पर चर्चा
    कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य था सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारकर किसानों की आय बढ़ाना। दिनभर चलने वाले इस मंथन में विभागों के अपर मुख्य सचिव और प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री के सामने विभागवार प्रेजेंटेशन दे रहे हैं।

    कृषि विभाग: उन्नत बीज, खाद और नई तकनीकों पर आधारित योजनाएं।

    उद्यानिकी एवं मत्स्य पालन: नकदी फसलों और मछली पालन से आय दोगुनी करने के रोडमैप।

    सहकारिता एवं पशुपालन: डेयरी और सहकारी समितियों के सुदृढ़ीकरण पर चर्चा।

    कार्यक्रम की रूपरेखा
    सवालों का निराकरण: विधायक अपने क्षेत्रों की समस्याएं और सुझाव अधिकारियों के सामने रखेंगे।

    मंत्रीगणों का संबोधन: विभागों की प्राथमिकताएं साझा।

    मुख्यमंत्री का मुख्य संबोधन: किसानों के हित में सरकार के विजन और आगामी रणनीतियों पर प्रकाश।

    किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग के इस कार्यक्रम का उद्देश्य हर जिले के जनप्रतिनिधि को किसानों से जोड़ना और कृषि क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाना है।

  • जबलपुर में भाजपा का प्रशिक्षण महाभियान: मुख्यमंत्री बोले- यही कारण है कि भाजपा विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनी

    जबलपुर में भाजपा का प्रशिक्षण महाभियान: मुख्यमंत्री बोले- यही कारण है कि भाजपा विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनी


    नई दिल्ली। जबलपुर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान (2026) के तहत भाजपा के संभागीय कार्यालय में बड़ी बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ल, मंत्री, विधायक और वरिष्ठ कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य कार्यकर्ताओं को वैचारिक स्पष्टता, सांगठनिक कौशल और नेतृत्व क्षमता प्रदान करना है।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि लगातार प्रशिक्षण के कारण ही भाजपा विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनी है। उन्होंने यह भी कहा कि संगठन की मजबूती के लिए कार्यकर्ताओं को सक्रिय बनाने और उनके कौशल को निखारने हेतु प्रशिक्षण वर्ग आवश्यक है। उन्होंने हेमंत खंडेलवाल की सक्रिय नेतृत्व क्षमता की भी सराहना की और कहा कि सांसद, विधायक और मंत्री दोनों दायित्वों का बराबरी से निर्वहन कर रहे हैं।

    इस अवसर पर डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ल रीवा से पहुंचे और कहा कि भाजपा अपने मिशन को पूरा करने के लिए निरंतर प्रशिक्षण और ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित करती रहती है। उन्होंने जुड़ा की हड़ताल के संबंध में कहा कि समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा और सभी को ड्यूटी पर लौटने का अनुरोध किया।

    प्रदेश के परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह नरसिंहपुर से कार द्वारा जबलपुर पहुंचे। पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री राधा सिंह भी प्रशिक्षण शिविर में शामिल हुईं।

    कार्यशाला में जबलपुर, रीवा, शहडोल और छिंदवाड़ा संभाग के लगभग 400 प्रशिक्षार्थी शामिल हुए। कार्यक्रम में वरिष्ठ नेता और विषय विशेषज्ञ विभिन्न सत्रों में कार्यशाला को संबोधित करेंगे। उद्घाटन सत्र प्रातः 11 बजे पंजीयन के बाद दोपहर 12:30 बजे आयोजित किया गया।

    इस प्रशिक्षण महाभियान का मुख्य उद्देश्य कार्यकर्ताओं को संगठनात्मक दक्षता और वैचारिक प्रतिबद्धता के साथ तैयार करना है, ताकि भाजपा का जनसंपर्क और नेतृत्व मजबूत हो।

  • जबलपुर में भाजपा का पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान शुरू, मुख्यमंत्री बोले- संगठन की ताकत ही पार्टी की सफलता का आधार

    जबलपुर में भाजपा का पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान शुरू, मुख्यमंत्री बोले- संगठन की ताकत ही पार्टी की सफलता का आधार


    जबलपुर । जबलपुर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान 2026 के तहत भाजपा का बड़ा संभागीय प्रशिक्षण अभियान आयोजित किया गया। इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश गुजरात के संगठन महामंत्री रत्नाकर सहित वरिष्ठ मंत्री विधायक और कार्यकर्ता शामिल हुए।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि संगठन को मजबूत बनाना और प्रशिक्षण का क्रम जारी रखना ही भाजपा को विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनाता है। उन्होंने बताया कि सरकार जनहित के कार्यों में अपने संगठन की शक्ति का उपयोग करती है। डॉ. यादव ने कार्यकर्ताओं को संगठनात्मक कौशल वैचारिक स्पष्टता और नेतृत्व क्षमता विकसित करने के लिए प्रशिक्षण वर्ग की महत्ता पर जोर दिया।

    उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि भाजपा अपने उद्देश्यों को मिशन की तरह आगे बढ़ा रही है और इसके लिए प्रशिक्षण और ओरिएंटेशन कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाते हैं। उन्होंने जूडा की हड़ताल पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा और सभी कार्यकर्ताओं से ड्यूटी पर लौटने का आग्रह किया।

    प्रदेश के परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह नरसिंहपुर से कार द्वारा जबलपुर पहुंचे और रानीताल स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित कार्यशाला में शामिल हुए। पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री राधा सिंह भी प्रशिक्षण शिविर में भाग लेने जबलपुर पहुंची।

    कार्यशाला में जबलपुर रीवा शहडोल और छिंदवाड़ा संभाग के 19 जिलों से लगभग 400 प्रशिक्षार्थी कार्यकर्ता शामिल हैं। प्रातः 11 बजे पंजीयन और दोपहर 12:30 बजे उद्घाटन सत्र हुआ जिसमें वरिष्ठ नेताओं ने मार्गदर्शन प्रदान किया। उद्घाटन के बाद विभिन्न विषयगत सत्रों में विशेषज्ञ और वक्ता कार्यकर्ताओं को संगठनात्मक वैचारिक और नेतृत्व संबंधी प्रशिक्षण देंगे।

    कार्यशाला के माध्यम से कार्यकर्ताओं को अपने विचारों के प्रति प्रतिबद्ध रहकर जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। भाजपा का यह प्रशिक्षण महाभियान चार संभागों में आयोजित किया गया है और इसका उद्देश्य संगठन की मजबूती के साथ कार्यकर्ताओं को सक्रिय और सक्षम बनाना है।

  • मऊगंज से बीजेपी विधायक का लंबा सस्पेंस: एक माह से गायब प्रदीप पटेल, ‘गैंग से डर’ की बात पर सियासत गरम, विपक्ष ने कहा शर्मनाक

    मऊगंज से बीजेपी विधायक का लंबा सस्पेंस: एक माह से गायब प्रदीप पटेल, ‘गैंग से डर’ की बात पर सियासत गरम, विपक्ष ने कहा शर्मनाक


    भोपाल । मऊगंज से बीजेपी विधायक प्रदीप पटेल का एक माह से गायब रहना राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है। इस दौरान उनके न मिलने की वजह के रूप में एक गैंग से डर की बातें सामने आईं। मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है और कांग्रेस ने इसे राज्य की बिगड़ती कानून व्यवस्था और सत्ता की अक्षमता बताया है।

    कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने इस मामले को गंभीर बताया और कहा कि प्रदेश में पहले लाडली बहन जैसी घटनाएँ हो रही थीं अब बीजेपी के विधायक भी गायब हो रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदीप पटेल मूसा गैंग से डरकर गायब हुए हैं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि मध्य प्रदेश में कितनी गैंगें चल रही हैं और माफियाओं का राज है। कांग्रेस ने इसे नया माफिया कहकर सरकार पर हमला किया।

    पीसी शर्मा ने कहा कि सरकार अपने ही विधायक को ढूंढ नहीं पा रही जबकि कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। आम जनता पहले से ही परेशान है और अब विधायक भी सुरक्षित नहीं हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यह मामला विधानसभा में उठाया जाएगा और सड़कों पर भी आवाज़ उठेगी। उनका कहना था कि बीजेपी का विधायक गायब है और सरकार उसे खोज नहीं पा रही इससे शर्मनाक स्थिति और कुछ नहीं हो सकती।

    दूसरी ओर डिप्टी सीएम और विंध्य क्षेत्र के नेता राजेंद्र शुक्ल ने इस खबर को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि प्रदीप पटेल सक्रिय विधायक हैं और जनता की समस्याओं के लिए संघर्ष करते रहते हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें इस संबंध में किसी भी तरह की जानकारी नहीं है और गैंग की खबरों में कोई वास्तविकता नहीं है। राजेंद्र शुक्ल ने यह भी कहा कि किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं है और यह सारी बातें अफवाहें हैं। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि विधायक लगातार काम कर रहे हैं और उनकी स्थिति सामान्य है।

    मामले को लेकर सियासत और आरोप-प्रत्यारोप तेज होते जा रहे हैं। विपक्ष का कहना है कि प्रदेश में कानून व्यवस्था चरमरा गई है और सरकार को अपने ही विधायक की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए। वहीं सरकार की ओर से इसे निराधार बताते हुए मामला शांतिपूर्ण रूप से टाला जा रहा है। अब यह देखना बाकी है कि विधायक की असल स्थिति क्या है और प्रशासन इस मामले में कब तक स्पष्टता देगा।

  • स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने दिया प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन का निर्देश

    स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने दिया प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन का निर्देश


    भोपाल : उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने मंत्रालय में लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, अधोसंरचना विकास, चिकित्सकीय मैनपावर की उपलब्धता और चिकित्सा शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के महत्वपूर्ण पहलुओं पर चर्चा हुई। उप मुख्यमंत्री ने सभी योजनाओं का प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

    बैठक में अधोसंरचना विकास, चिकित्सकीय सहायक और चिकित्सकीय मैनपावर की नियुक्ति, स्वास्थ्य संस्थानों के उन्नयन से जुड़े प्रस्तावों की गहन समीक्षा की गई। उप मुख्यमंत्री ने इन प्रस्तावों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र आगे बढ़ाने और रिमोट लोकेशन में स्थित मेडिकल कॉलेजों में शिक्षण स्टाफ की नियुक्ति को प्रोत्साहित करने हेतु अतिरिक्त इंसेंटिव प्रस्ताव को कैबिनेट अनुमोदन के लिए शीघ्र भेजने के निर्देश दिए उन्होंने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों में योग्य शिक्षण स्टाफ की उपलब्धता गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। बैठक में विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर औपचारिकताओं की पूर्ति प्राथमिकता से करने का निर्देश भी दिया गया ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन में विलंब न हो।

    सीएम केयर्स के अंतर्गत टर्शरी केयर स्वास्थ्य सुविधाओं में अत्याधुनिक उपकरण और आवश्यक मैनपावर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रस्तावों को प्राथमिकता से अग्रेषित करने के निर्देश भी उप मुख्यमंत्री ने दिए। उन्होंने कहा कि गंभीर रोगों के उपचार हेतु टर्शरी केयर सेवाओं को और अधिक मजबूत किया जाना आवश्यक है, ताकि नागरिकों को उच्च स्तरीय चिकित्सा सेवाएं प्रदेश के हर क्षेत्र में उपलब्ध हो सकें।

    उप मुख्यमंत्री ने दमोह, छतरपुर और बुधनी मेडिकल कॉलेजों के संचालन के लिए आवश्यक शिक्षण स्टाफ की भर्ती प्रक्रिया को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए और आगामी शैक्षणिक सत्र में संचालन शुरू करने के लिए प्राथमिकता से सभी औपचारिकताओं को पूरा करने का निर्देश भी दिया। बैठक में केंद्रीय बजट प्रावधानों और उपलब्ध संसाधनों के समयबद्ध एवं प्रभावी उपयोग पर भी चर्चा हुई।बैठक में प्रमुख सचिव लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा श्री संदीप यादव, आयुक्त श्री धनराज एस, एमडी एमपीपीएचएससीएल श्री मयंक अग्रवाल, एमडी एनएचएम डॉ. सलोनी सिडाना, संचालक चिकित्सा शिक्षा डॉ. अरुणा कुमार सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।