Tag: Ratlam temperature 45 degree

  • एमपी में उज्जैन समेत 6 जिलों में लू का अलर्ट, रतलाम में लगातार दूसरे दिन 45 डिग्री पहुंचा

    एमपी में उज्जैन समेत 6 जिलों में लू का अलर्ट, रतलाम में लगातार दूसरे दिन 45 डिग्री पहुंचा

    भोपाल । मध्य प्रदेश में आंधी और बारिश का दौर थमते ही गर्मी ने फिर से तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। प्रदेश में अब हीट वेव यानी लू का असर बढ़ने लगा है। मौसम विभाग ने मंगलवार को उज्जैन, धार, आलीराजपुर, बड़वानी, रतलाम और झाबुआ जिलों में लू चलने का अलर्ट जारी किया है।

    मौसम विभाग के अनुसार अगले चार दिनों तक इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भीषण गर्मी बनी रह सकती है। इस दौरान तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है।

    कई शहरों में बढ़ेगा तापमान
    मौसम विभाग का कहना है कि मंगलवार को भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर समेत प्रदेश के 49 जिलों में तेज गर्मी का असर रहेगा। कई शहरों में तापमान 43 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रह सकता है। उज्जैन संभाग के रतलाम, नीमच और मंदसौर सबसे ज्यादा गर्म रहने की संभावना जताई गई है।

    रतलाम लगातार सबसे गर्म
    सोमवार को रतलाम में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। लगातार दूसरे दिन यहां पारा 45 डिग्री के आसपास बना रहा। इंदौर में इस सीजन का सबसे अधिक तापमान 43.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। यह पिछले साल के मुकाबले ज्यादा है। बीते वर्ष 1 मई को यहां अधिकतम तापमान 42 डिग्री था। उज्जैन में 43 डिग्री, भोपाल में 41.2 डिग्री, जबलपुर में 40.8 डिग्री और ग्वालियर में 39 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इसके अलावा शाजापुर में 44.2 डिग्री, धार में 44 डिग्री, खरगोन में 42.6 डिग्री, खंडवा में 42.5 डिग्री और गुना में 41.5 डिग्री तापमान रहा। रायसेन, सागर, नर्मदापुरम और श्योपुर में भी पारा 41 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया।

    मई की शुरुआत में लगातार बारिश
    प्रदेश में 30 अप्रैल से 10 मई तक लगातार आंधी और बारिश का दौर चला था। इस दौरान कभी पश्चिमी विक्षोभ तो कभी चक्रवाती सिस्टम और टर्फ का असर देखने को मिला। इसी वजह से मई के पहले सप्ताह में मौसम बदला हुआ रहा।

    मौसम विभाग की सलाह
    गर्मी बढ़ने के साथ मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। दिनभर पर्याप्त पानी पीने, शरीर को हाइड्रेट रखने और दोपहर की तेज धूप से बचने की अपील की गई है। हल्के रंग के सूती कपड़े पहनने और बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है।