Tag: Salim Khan

  • सलीम खान से नाराज थे सलमान के नाना, शादी के बाद 5 साल तक नहीं किया दामाद से बात, फिर जलेबी का डिब्बा लेकर पहुंचे घर

    सलीम खान से नाराज थे सलमान के नाना, शादी के बाद 5 साल तक नहीं किया दामाद से बात, फिर जलेबी का डिब्बा लेकर पहुंचे घर


    नई दिल्ली । बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान अक्सर अपनी फिल्मों और निजी जिंदगी को लेकर चर्चा में रहते हैं। इस बार उन्होंने अपने परिवार से जुड़ा एक ऐसा किस्सा साझा किया है जिसने उनके माता-पिता सलीम खान और सलमा खान की शादी के शुरुआती दिनों की कहानी को फिर सुर्खियों में ला दिया है। बिग बॉस 20 के वीकेंड का वार में सलमान ने बताया कि उनके नाना माता-पिता की शादी से खुश नहीं थे और इस नाराजगी के कारण उन्होंने करीब पांच साल तक सलीम खान से बातचीत नहीं की थी। सलमान के मुताबिक इस नाराजगी की वजह धर्म नहीं बल्कि सलीम खान का अभिनेता बनने की कोशिश करना और फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा होना था।

    शो के दौरान सलमान खान घर के सदस्यों के बीच हुए विवाद पर बात कर रहे थे। जो गुल्लू और नकुल के बीच हुई लड़ाई का जिक्र करते हुए उन्होंने साफ किया कि वह घर में हिंसा बर्दाश्त नहीं करेंगे। इसी बातचीत के दौरान उन्होंने अपनी जिंदगी से जुड़ा पुराना किस्सा सुनाया। सलमान ने बताया कि जब उनके माता-पिता ने शादी की थी तब उनके नाना को यह चिंता सताती थी कि उनकी बेटी ऐसे माहौल में कैसे रहेगी जहां उसका पति फिल्म इंडस्ट्री में काम करने का सपना देख रहा है। सलमान के अनुसार उनके नाना को सलीम खान के व्यक्तित्व और उनके अभिनेता बनने की इच्छा पर आपत्ति थी।

    सलमान ने बताया कि इस नाराजगी के चलते उनके नाना ने सलीम खान से पांच साल तक बात नहीं की। परिवार के बीच यह दूरी लंबे समय तक बनी रही। हालांकि समय के साथ हालात बदले और परिवार के रिश्तों में फिर से गर्मजोशी लौटने लगी। सलमान के मुताबिक उनके छोटे भाई सोहेल खान के जन्म के बाद उनके नाना उनसे मिलने पहुंचे थे। वह माहिम से बांद्रा जलेबी का डिब्बा लेकर आए थे। यह मुलाकात परिवार के लिए खास थी क्योंकि लंबे समय से चली आ रही नाराजगी के बाद नाना ने खुद आगे बढ़कर रिश्ते सुधारने की पहल की थी।

    सलमान ने बताया कि मुलाकात के दौरान उनके नाना ने अफसोस जताया कि उनसे बड़ी गलती हुई जो उन्होंने अपने नाती और नातिन को बड़ा होते नहीं देखा। उन्होंने सलमा खान से यह भी कहा कि वह जब चाहें अपने मायके आ सकती हैं लेकिन घर आने पर झगड़ा नहीं होना चाहिए। इस तरह परिवार में बनी दूरी धीरे-धीरे कम हुई और रिश्तों को एक नई शुरुआत मिली। सलमान की इस बात से पता चलता है कि पारिवारिक नाराजगी कितनी भी लंबी क्यों न हो समय और आपसी समझ से उसे दूर किया जा सकता है।

    सलीम खान और सलमा खान की प्रेम कहानी भी दिलचस्प रही है। बताया जाता है कि दोनों की नजदीकियां एक-दूसरे को बालकनी में खड़े होकर देखने से शुरू हुई थीं। सलीम खान ने पहले भी बताया था कि वे शाम और रात के समय कभी-कभी मिलते थे। जब सलमा के घरवालों को इस रिश्ते के बारे में पता चला तो परिवार की ओर से दबाव बढ़ने लगा। इसके बाद दोनों ने शादी करने का फैसला किया। उनकी शादी के बाद परिवार में सलमान खान अरबाज खान सोहेल खान और अलवीरा खान का जन्म हुआ।

    बाद के वर्षों में सलीम खान की जिंदगी में अभिनेत्री हेलेन भी आईं। सलीम और हेलेन की मुलाकात 1963 में फिल्म कबली खान के सेट पर हुई थी। धीरे-धीरे दोनों की दोस्ती प्यार में बदली और साल 1980 में उन्होंने शादी कर ली। सलीम खान पहले से शादीशुदा थे और उनके चार बच्चे थे। समय के साथ परिवार ने हेलेन को भी अपनाया और आज खान परिवार में उनके प्रति सम्मान और अपनापन दिखाई देता है। सलमान खान का यह किस्सा एक बार फिर उनके परिवार के निजी जीवन और रिश्तों के उतार-चढ़ाव को चर्चा में ले आया है।

  • जब अपनी ही छवि से परेशान हो गए थे सलमान खान, पिता सलीम खान की एक सलाह ने बदल दिया करियर का रुख

    जब अपनी ही छवि से परेशान हो गए थे सलमान खान, पिता सलीम खान की एक सलाह ने बदल दिया करियर का रुख


    नई दिल्ली। बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान अपनी फिल्मों और दमदार अंदाज के लिए पहचाने जाते हैं लेकिन उनकी जिंदगी में एक ऐसा दौर भी आया था जब मीडिया में उनके बारे में लगातार नकारात्मक खबरें प्रकाशित हो रही थीं। निजी रिश्तों से लेकर कोर्ट केस और फिल्मों तक को लेकर उन्हें आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा था। अब बिग बॉस 20 के वीकेंड का वार एपिसोड में सलमान खान ने अपने जीवन के उस मुश्किल दौर को याद किया और बताया कि किस तरह टेलीविजन के लोकप्रिय रियलिटी शो 10 का दम ने उनकी छवि बदलने में अहम भूमिका निभाई। इस दौरान उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए यह भी बताया कि शुरुआत में वह इस शो का हिस्सा बनने के लिए तैयार नहीं थे।

    सलमान खान ने फिल्म मैंने प्यार किया से दर्शकों के बीच खास पहचान बनाई थी। हालांकि सफलता के साथ उनकी निजी जिंदगी भी लगातार चर्चा का विषय बनने लगी। अभिनेता के मुताबिक उस समय अखबारों और टेलीविजन पर उनके बारे में ज्यादातर नकारात्मक खबरें दिखाई देती थीं। उनके रिश्तों और कानूनी मामलों को लेकर लगातार चर्चाएं होती थीं। इस माहौल का असर उनकी सार्वजनिक छवि पर भी पड़ रहा था। सलमान ने बताया कि जब भी वह अखबार खोलते या टेलीविजन देखते तो उन्हें अपने बारे में नकारात्मक खबरें ही नजर आती थीं। ऐसे समय में उनके लिए यह तय करना आसान नहीं था कि उन्हें आगे क्या करना चाहिए।

    इसी दौर में सलमान खान को साल 2008 में टेलीविजन शो 10 का दम होस्ट करने का प्रस्ताव मिला। शुरुआत में वह इस ऑफर को स्वीकार करने के पक्ष में नहीं थे। उन्हें लग रहा था कि जब पहले से ही उनके खिलाफ इतना नकारात्मक माहौल बना हुआ है तो ऐसे में टेलीविजन पर आना कितना सही होगा। उन्हें आशंका थी कि लोग उनके बारे में पहले से बनी धारणा के कारण शो को भी उसी नजर से देखेंगे। हालांकि इस मुश्किल समय में उन्होंने अपने पिता और मशहूर पटकथा लेखक सलीम खान से सलाह ली।

    सलमान ने बताया कि उनके पिता ने उनसे पूछा कि क्या उन्हें अपनी परवरिश पर भरोसा है। जब अभिनेता ने हां में जवाब दिया तो सलीम खान ने उन्हें सलाह दी कि यदि उन्हें अपनी परवरिश और खुद पर विश्वास है तो उन्हें 10 का दम जरूर करना चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि शो में उन्हें किसी दूसरे व्यक्ति की तरह व्यवहार करने की जरूरत नहीं है बल्कि उन्हें वैसे ही रहना चाहिए जैसे वह वास्तविक जीवन में हैं। पिता की इस सलाह ने सलमान को अपने फैसले पर दोबारा विचार करने के लिए प्रेरित किया और आखिरकार उन्होंने शो की मेजबानी स्वीकार कर ली।

    सलमान खान के अनुसार 10 का दम का केवल एक एपिसोड करने के बाद ही लोगों को उनका एक अलग पक्ष देखने का मौका मिला। दर्शक उन्हें सिर्फ फिल्मों में निभाए गए किरदारों के आधार पर नहीं बल्कि उनके वास्तविक व्यक्तित्व और सहज अंदाज के जरिए भी जानने लगे। अभिनेता ने इस बदलाव की तुलना अमिताभ बच्चन के टेलीविजन शो कौन बनेगा करोड़पति से जुड़ी लोकप्रियता से भी की। उनके मुताबिक टेलीविजन ने कलाकारों को दर्शकों के करीब आने और अपनी अलग पहचान बनाने का अवसर दिया।

    हालांकि सलमान ने यह भी माना कि उनकी जिंदगी में इसके बाद भी कई उतार-चढ़ाव आए। इसके बावजूद 10 का दम उनके करियर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हुआ। बिग बॉस में अपने अनुभव का जिक्र करते हुए उन्होंने यह संदेश दिया कि मुश्किल परिस्थितियों में खुद पर भरोसा बनाए रखना जरूरी है। कई बार लोगों की धारणा बदलने के लिए अपनी बातों से ज्यादा अपने व्यवहार और व्यक्तित्व को सामने आने का अवसर देना पड़ता है। सलमान की यह कहानी उनके प्रशंसकों के लिए उनके करियर के एक अनदेखे पहलू को सामने लाती है।

  • सलमान खान का इमोशनल खुलासा: पहली कमाई से पिता को दिया था खास तोहफा, फिर हुई फटकार

    सलमान खान का इमोशनल खुलासा: पहली कमाई से पिता को दिया था खास तोहफा, फिर हुई फटकार


    नई दिल्ली । 
    बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान ने अपने करियर के शुरुआती दिनों की एक ऐसी कहानी साझा की है, जो उनके संघर्ष, भावनाओं और परिवार के प्रति उनके गहरे लगाव को दर्शाती है। यह किस्सा उस समय का है जब उन्होंने अपनी पहली बड़ी कमाई को अपने लिए नहीं बल्कि अपने पिता सलीम खान के लिए एक खास तोहफे पर खर्च करने का फैसला किया था। यह तोहफा एक बेहद कीमती रोलेक्स घड़ी थी, जिसकी कीमत उस समय लगभग 9 लाख रुपये थी।

    सलमान खान ने बताया कि उस दौर में उनके पास इतनी बड़ी रकम मौजूद नहीं थी, लेकिन अपने पिता के लिए कुछ खास करने की इच्छा इतनी मजबूत थी कि उन्होंने बिना देर किए कर्ज लेने का फैसला कर लिया। उनके पास केवल चार लाख रुपये थे, जबकि बाकी पांच लाख रुपये उन्होंने उधार लेकर पूरे किए। यह निर्णय उनके लिए आर्थिक रूप से आसान नहीं था, लेकिन भावनात्मक रूप से यह उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण था।

    जब सलमान ने वह घड़ी खरीदी और अपने पिता को भेंट की, तो उनका अनुभव बिल्कुल वैसा नहीं था जैसा उन्होंने सोचा था। सलीम खान ने खुशी जताने के बजाय बेटे के इस फैसले पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने सलमान को सख्त लहजे में समझाया कि अभी करियर की शुरुआत है और इतनी बड़ी रकम खर्च करना सही नहीं है। सलीम खान ने यहां तक कहा कि क्या वह खुद को कोई राजा-महाराजा समझते हैं जो बिना सोचे-समझे इतना खर्च कर रहे हैं।

    यह प्रतिक्रिया सलमान के लिए उस समय थोड़ी निराशाजनक जरूर रही, लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती। समय के साथ यह घड़ी केवल एक महंगा तोहफा नहीं रही, बल्कि पिता और पुत्र के रिश्ते की एक यादगार निशानी बन गई। सलीम खान ने उस घड़ी को संभालकर रखा और बाद में जब सलमान ने दोबारा घड़ियां पहनना शुरू किया, तो वही घड़ी उन्होंने अपने बेटे को आशीर्वाद के रूप में वापस सौंप दी।

    सलमान खान ने यह भी बताया कि उन्होंने लंबे समय तक, लगभग 26 से 28 सालों तक घड़ियां पहनना लगभग बंद कर दिया था। उनके अनुसार, जो भी घड़ियां वह कभी-कभार पहनते हैं, वे अक्सर उनके अपने नहीं होते बल्कि दोस्तों से ली हुई होती हैं, जिन्हें वह कुछ समय इस्तेमाल करने के बाद लौटा देते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके पास किसी बड़े घड़ी संग्रह की जो चर्चा होती है, वह पूरी तरह गलत है।

    यह कहानी केवल एक महंगी घड़ी या कर्ज की नहीं है, बल्कि एक बेटे की अपने पिता के प्रति भावनाओं और जिम्मेदारी की भी झलक है। यह दिखाती है कि कभी-कभी इरादे पैसे से बड़े होते हैं, और रिश्तों की गहराई किसी भी कीमत से कहीं अधिक महत्वपूर्ण होती है। सलमान खान का यह किस्सा उनके निजी जीवन के उस पहलू को सामने लाता है, जिसमें सफलता से पहले संघर्ष, भावनाएं और पारिवारिक मूल्य सबसे ऊपर रहे हैं।

  • संघर्ष के दिनों में मिला प्यार सलीम खान ने धर्म से ऊपर चुना दिल का रिश्ता

    संघर्ष के दिनों में मिला प्यार सलीम खान ने धर्म से ऊपर चुना दिल का रिश्ता


    नई दिल्ली :मशहूर स्क्रीनराइटर सलीम खान इन दिनों स्वास्थ्य कारणों से चर्चा में हैं लेकिन इसी बीच उनकी निजी जिंदगी की एक दिलचस्प कहानी फिर सुर्खियों में आ गई है यह कहानी है उनके और उनकी पहली पत्नी सलमा खान की प्रेम कहानी की जो किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं है

    सलमा खान का असली नाम सुशीला चरक था और वह एक डोगरा राजपूत परिवार से ताल्लुक रखती थीं बताया जाता है कि जब सलीम खान अपने करियर के शुरुआती दौर में संघर्ष कर रहे थे तभी उनकी मुलाकात सलमा से हुई दोनों एक दूसरे के पड़ोस में रहते थे और अक्सर घरों की खिड़कियों से एक दूसरे को देखते थे धीरे धीरे यह नजरें मोहब्बत में बदल गईं

    उस समय सलीम खान मुंबई में अपने सपनों को पूरा करने के लिए संघर्ष कर रहे थे आर्थिक स्थिति भी मजबूत नहीं थी लेकिन इन मुश्किल हालातों के बीच उन्हें सलमा का साथ मिला दोनों ने करीब पांच साल तक एक दूसरे को जाना समझा और आखिरकार 1964 में शादी करने का फैसला किया

    यह शादी आसान नहीं थी क्योंकि यह एक इंटरफेथ मैरिज थी सलमा के पिता को शुरुआत में इस रिश्ते से आपत्ति थी उनकी चिंता धर्म को लेकर थी हालांकि सलीम खान ने उन्हें भरोसा दिलाया कि उनका रिश्ता आपसी समझ और सम्मान पर आधारित है और धर्म उनके बीच कभी दीवार नहीं बनेगा

    आखिरकार परिवार की सहमति के बाद दोनों ने शादी कर ली और समय के साथ यह रिश्ता और मजबूत होता गया सलीम खान ने खुद एक इंटरव्यू में बताया था कि उनकी शादी को अब छह दशक से ज्यादा समय हो चुका है और उनके बीच कभी धर्म को लेकर कोई विवाद नहीं हुआ

    शादी के बाद सलमा खान ने लाइमलाइट से दूर रहकर परिवार को संभालने का फैसला किया दोनों के चार बच्चे हुए जिनमें सलमान खान अरबाज खान सोहेल खान और अलवीरा खान शामिल हैं

    यह प्रेम कहानी न सिर्फ बॉलीवुड की सबसे खूबसूरत कहानियों में से एक है बल्कि यह भी दिखाती है कि सच्चा रिश्ता धर्म और सामाजिक बंधनों से ऊपर होता है संघर्ष के दिनों में शुरू हुई यह मोहब्बत आज भी एक मजबूत और प्रेरणादायक रिश्ते के रूप में कायम है

  • सलीम खान: जो खुद नहीं बने सुपरस्टार, लेकिन बेटे ने कर दिखाया कमाल..

    सलीम खान: जो खुद नहीं बने सुपरस्टार, लेकिन बेटे ने कर दिखाया कमाल..


    नई दिल्ली: सलीम खान का नाम सुनते ही हिंदी सिनेमा के कई क्लासिक फिल्में और सुपरस्टार याद आते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सलीम खान खुद एक्टर बनने मुंबई आए थे? बचपन में अनाथ होने के बावजूद उन्होंने बॉलीवुड में कदम रखा और छोटी-छोटी भूमिकाओं से शुरुआत की।

    सलीम अब्दुल रशीद खान के पूर्वज अफगानिस्तान से भारत आए थे और परिवार बाद में इंदौर में बस गया। बचपन में ही माता-पिता का साया खोने के बाद दस साल की उम्र में वह अनाथ हो गए। फिर भी बड़े सपने लेकर मुंबई आए। मरीन ड्राइव के गेस्ट हाउस में 55 रुपये महीने देकर आधा कमरा किराए पर लिया और गुजारे के लिए मॉडलिंग की। 1960 में फिल्म ‘बारात’ से डेब्यू किया, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। कई फिल्मों में काम किया, लेकिन एक्टर के तौर पर पहचान नहीं बन पाई। खुद सलीम मानते थे कि वह बड़े एक्टर नहीं हैं, लेकिन किरदार को समझने और गढ़ने में माहिर थे।

    एक्टर के रूप में संघर्ष के बाद सलीम खान ने लेखन की राह चुनी। जावेद अख्तर के साथ उनकी जोड़ी ‘सलीम-जावेद’ बनी, जिसने हिंदी सिनेमा में इतिहास रचा। उनकी लेखनी से बनी फिल्में जैसे जंजीर, दीवार, शोले, डॉन ने अमिताभ बच्चन को ‘एंग्री यंग मैन’ का टाइटल दिलाया और सलीम-जावेद को भी फिल्म इंडस्ट्री में पहचान मिली।

    सलीम खान ने 1964 में सलमा से शादी की। बाद में उन्होंने हेलेन से भी निकाह किया। वक्त के साथ परिवार ने हर रिश्ते को अपनाया और आज उनके बेटे सलमान खान बॉलीवुड के सबसे बड़े सुपरस्टार्स में गिने जाते हैं।

    सलीम खान की कहानी यह सिखाती है कि कभी-कभी किस्मत और हुनर अलग-अलग राह चुनते हैं। खुद सुपरस्टार नहीं बने, लेकिन अपने जादुई कलम के दम पर न केवल अमिताभ बच्चन को एंग्री यंग मैन बनाया, बल्कि बेटे सलमान के जरिए बॉलीवुड में एक नई पीढ़ी का सितारा चमकाया।
  • माइनर ब्रेन हेमरेज के बाद सलीम खान का स्वास्थ्य अपडेट, परिवार और फिल्म जगत की नजरें अस्पताल पर

    माइनर ब्रेन हेमरेज के बाद सलीम खान का स्वास्थ्य अपडेट, परिवार और फिल्म जगत की नजरें अस्पताल पर


    नई दिल्ली।मुंबई। फिल्म उद्योग के वरिष्ठ पटकथा लेखक और अभिनेता सलमान खान के पिता सलीम खान पिछले 10 दिनों से मुंबई के लीलावती अस्पताल के आईसीयू में भर्ती हैं। चिकित्सकों के अनुसार उनकी स्थिति स्थिर है और स्वास्थ्य में क्रमिक सुधार दर्ज किया जा रहा है। परिवार और करीबी सहयोगियों ने बताया कि सलीम खान खतरे से बाहर हैं हालांकि चिकित्सकीय निगरानी एहतियातन जारी है।

    अस्पताल सूत्रों के मुताबिक सलीम खान को पिछले सप्ताह माइनर ब्रेन हेमरेज के बाद भर्ती किया गया था। शुरुआती जांच और उपचार के बाद न्यूरो सर्जरी की गई जो सफल रही। उम्र और पूर्व स्वास्थ्य स्थितियों को ध्यान में रखते हुए उन्हें आईसीयू में रखा गया है। यहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर रख रही है और आवश्यकतानुसार दवा व निगरानी जारी रखी जा रही है।

    बुधवार को अभिनेता आमिर खान ने एक सार्वजनिक कार्यक्रम में स्वास्थ्य अपडेट साझा किया। उन्होंने बताया कि सलीम खान की हालत पहले से बेहतर है और चिकित्सकीय टीम उपचार से संतुष्ट है। आमिर खान शाम को अस्पताल भी पहुंचे, जहां उन्होंने परिवार से मुलाकात की और उन्हें स्वास्थ्य सुधार की जानकारी दी।

    अस्पताल परिसर में बीते कई दिनों से परिवार के सदस्य और फिल्म जगत के लोग लगातार आ-जा रहे हैं। गीतकार जावेद अख्तर, अर्पिता खान, अलवीरा खान और अतुल अग्निहोत्री समेत कई करीबी परिजन नियमित रूप से अस्पताल पहुंच रहे हैं और डॉक्टरों के मार्गदर्शन में स्थिति पर नजर रख रहे हैं। परिवार ने अभी तक आधिकारिक स्वास्थ्य बुलेटिन जारी नहीं किया है और मीडिया से निजी जीवन का सम्मान करने का अनुरोध किया है।

    चिकित्सकों के अनुसार माइनर ब्रेन हेमरेज के मामलों में शुरुआती 10–14 दिन सबसे महत्वपूर्ण माने जाते हैं। इसी कारण आईसीयू में निगरानी अवधि बढ़ाई जाती है ताकि किसी भी जटिलता का समय रहते पता चल सके। डॉक्टरों ने कहा कि यदि स्वास्थ्य में सुधार इसी तरह जारी रहा, तो आने वाले दिनों में सलीम खान को सामान्य वार्ड में शिफ्ट किया जा सकता है। इसके बाद डिस्चार्ज प्रक्रिया शुरू की जाएगी और घर लौटने की संभावना बढ़ जाएगी।

    फिल्म उद्योग और प्रशंसकों के बीच सलीम खान के स्वास्थ्य को लेकर व्यापक रुचि देखने को मिल रही है। सोशल मीडिया पर शुभकामनाओं और प्रार्थनाओं का सिलसिला लगातार जारी है। फैंस और सहयोगी दोनों ही उनकी त्वरित स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।

    सलीम खान की ICU में 10वें दिन की स्थिति स्थिर है और चिकित्सक आशावादी हैं। परिवार और अस्पताल प्रशासन का ध्यान केवल उनकी सुरक्षा और आराम सुनिश्चित करने पर केंद्रित है। आने वाले कुछ दिनों में सुधार की प्रक्रिया यदि सुचारू रही, तो उन्हें जल्दी ही सामान्य स्वास्थ्य सेवाओं में स्थानांतरित किया जा सकता है।

  • पिता सलीम की मेडिकल जानकारी लीक होने पर भड़के सलमान खान, लीलावती अस्पताल के डॉक्टर से नाखुश

    पिता सलीम की मेडिकल जानकारी लीक होने पर भड़के सलमान खान, लीलावती अस्पताल के डॉक्टर से नाखुश


    नई दिल्‍ली । बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान के पिता सलीम खान अस्पताल में भर्ती हैं। उनके स्वास्थ्य को लेकर कई तरह की खबरें सामने आईं। डॉक्टर ने बताया कि सलीम खान को वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया था, लेकिन इस बयान से सलमान खान नाराज हैं। सलमान चाहते हैं कि उनके पिता की हेल्थ से जुड़ी जानकारी मीडिया में सार्वजनिक न हो और अस्पताल की रिपोर्ट्स को निजी रखा जाए। उनका यह भी कहना है कि सलीम खान की निजी स्वास्थ्य स्थिति को लेकर मीडिया से कोई टिप्पणी नहीं होनी चाहिए।

    सलमान खान नाराज, चाहते हैं पिता सलीम की हेल्थ पूरी तरह प्राइवेट रहे
    एक रिपोर्ट के अनुसार, सलमान खान और उनके परिवार ने लीलावती अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ से साफ कहा है कि कोई भी जानकारी मीडिया के साथ साझा न की जाए। परिवार का मानना है कि सलीम खान की हेल्थ एक निजी मामला है और इसे लेकर अनावश्यक अफवाहें न फैलेसलमान और उनके परिवार के मुताबिक, हेल्थ अपडेट केवल परिवार की अनुमति से ही साझा किए जाएंगे। डॉक्टर के पिछले बयान से नाराज होकर उन्होंने स्पष्ट किया है कि अब अस्पताल सलीम खान की स्वास्थ्य स्थिति को लेकर मीडिया में कोई विवरण नहीं देगा। इससे स्पष्ट है कि सलमान खान अपने पिता की प्राइवेसी पर कड़ा ध्यान दे रहे हैं और किसी भी तरह की अनावश्यक जानकारी लीक नहीं होने देंगे।

    डॉक्टर ने सलीम खान के स्‍वास्‍थ्‍य को लेकर दी जानकारी

    बुधवार को जटिल पारकर ने मीडिया से बातचीत में बताया कि सलीम खान को हल्का ब्रेन हेमरेज हुआ था। डॉक्टर ने कहा कि उनकी हालत गंभीर नहीं थी, लेकिन उन्हें झटके लग रहे थे और ब्लड प्रेशर अधिक था, इसलिए सावधानी के तौर पर उन्हें वेन्टिलेटर पर रखा गया। उन्होंने आगे कहा “हमने सभी जरूरी चेकअप और इलाज कर लिया है। बुधवार को एक छोटा प्रोसिजर किया गया, जिसकी डिटेल्स मैं साझा नहीं कर सकता। वह अब पहले से बेहतर हैं और कल तक वेन्टिलेटर से हट जाएंगे। उम्र भी एक बड़ा फैक्टर है, इसलिए इस प्रक्रिया में समय लग रहा है।”

    सलीम खान का ख्याल रख रहा परिवार
    सलीम खान को 17 फरवरी को लीलावती अस्पताल में भर्ती कराया गया था। तब से उनके पूरे परिवार सलमान खान, अरबाज खान, सोहेल खान, अर्पिता खान और अलवीरा खान हर दिन अस्पताल आकर उनका हाल-चाल लेते हैं और उनकी देखभाल कर रहे हैं। इसके अलावा, कई बॉलीवुड सेलेब्स जैसे रमेश तौरानी, संजय दत्त, आमिर खान और अन्य सितारे भी अस्पताल जाकर सलीम खान से मिले। कई सेलेब्स ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर उनके जल्दी ठीक होने की कामना की है।

  • सलीम खान की सबसे हाई IMDb रेटिंग वाली फिल्में, नंबर वन पर शोले नहीं बल्कि साउथ की यह फिल्म

    सलीम खान की सबसे हाई IMDb रेटिंग वाली फिल्में, नंबर वन पर शोले नहीं बल्कि साउथ की यह फिल्म


    नई दिल्ली । सलीम खान ने भारतीय सिनेमा जगत को एक अलग ही स्तर पर लेकर जाने का काम किया है। उन्होंने बॉलीवुड को बेशुमार हिट फिल्में दी हैं, लेकिन अगर आपने उनकी सभी फिल्में नहीं देखी हैं, तो कम से कम ये 7 फिल्में तो जरूर देखनी चाहिए।
    त्रिशूल
    साल 1978 में आई अमिताभ बच्चन और शशि कपूर की यह फिल्म सुपरहिट थी। फिल्म की कहानी काफी इंगेजिंग है और इसे IMDb पर 7.6 रेटिंग मिली हुई है। यश चोपड़ा के निर्देशन में बनी यह फिल्म आज भी लोगों की पहली पसंद है। टॉप 7 की लिस्ट में यह फिल्म सातवें नंबर पर है।

    काला पत्थर

    एक बड़ा इत्तेफाक यह है कि सलीम खान की ज्यादातर हिट फिल्में अमिताभ बच्चन के साथ ही रही हैं। साल 1978 में आई इस फिल्म की IMDb रेटिंग 7.6 है। फिल्म की कहानी कोयला खदानों में होने वाली सच्ची घटनाओं पर आधारित थी और इसने लोगों को झकझोर कर रख दिया था। टॉप 7 लिस्ट में यह छठवें नंबर पर है।

    डॉन

    सलीम खान की सबसे आइकॉनिक फिल्मों में इसे 5वें नंबर पर रखा जाता है। इसमें भी अमिताभ बच्चन ने लीड रोल प्ले किया था। फिल्म की कहानी एक अंडरवर्ल्ड डॉन को काफी हीरोइक अंदाज में पेश करती है। इसकी IMDb पर रेटिंग 7.7 है।

    मिस्टर इंडिया

    उस दौर में जब लोग सीधी-साधी कहानियों पर जान छिड़कते थे, सलीम खान ने एक ऐसे शख्स की कहानी लेकर आए जो एक जादुई घड़ी पहनकर गायब हो सकता था। साल 1978 में आई इस फिल्म की IMDb रेटिंग 7.7 है और टॉप 7 की लिस्ट में यह चौथे नंबर पर है।

    दीवार

    अमिताभ बच्चन को उनकी कुछ सबसे आइकॉनिक फिल्में सलीम खान की मेहरबानी से ही मिली हैं। सलीम खान की लिखी ‘दीवार’ साल 1975 में रिलीज हुई थी। फिल्म की IMDb पर रेटिंग 8.0 है और टॉप 7 की लिस्ट में यह तीसरे नंबर पर काबिज है।

    शोले

    अब बात करें टॉप 2 की तो बेशक इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर है साल 1975 में आई फिल्म ‘शोले’। इस फिल्म की IMDb पर रेटिंग 8.1 है और इसमें अमिताभ बच्चन के साथ धर्मेंद्र लीड रोल प्ले करते नजर आए थे।

    प्रेमड़ा कईके

    शायद ही आपने यह सोचा हो, लेकिन सलीम खान की सबसे हाई IMDb रेटिंग वाली फिल्म हिंदी में नहीं है। साल 1976 में आई फिल्म ‘प्रेमड़ा कईके’ सलीम खान की सबसे हाई IMDb रेटिंग (8.7) वाली फिल्म है। सलीम खान की टॉप 7 फिल्मों की लिस्ट में यह नंबर 1 पर है।

  • सलमान के पिता सलीम खान वेटिंलेटर पर…. लीलाबती अस्पताल में हुई सर्जरी

    सलमान के पिता सलीम खान वेटिंलेटर पर…. लीलाबती अस्पताल में हुई सर्जरी


    मुम्बई।
    फेमस फिल्म एक्टर सलमान खान के पिता सलीम खान (Salim Khan) को वेंटिलेटर (Ventilator) पर रखा गया है। दरअसल, मंगलवार सुबह अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी थी।फेमस फिल्म एक्टर सलमान खान के पिता सलीम खान (Salim Khan) को वेंटिलेटर (Ventilator) पर रखा गया है। दरअसल, मंगलवार सुबह अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी थी। परिवार के सदस्य जब उन्हें मुंबई के लीलावती हॉस्पिटल (Lilavati Hospital, Mumbai) में लाए तब डॉक्टर्स ने उन्हें भर्ती किया और आईसीयू में रखा। पहले तो डॉक्टर्स ने सलीम खान के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी, लेकिन अब बताया जा रहा है कि उनकी सर्जरी हुई है।


    डॉक्टर ने क्या कहा?

    अभी तक सलीम खान के परिवार की तरफ से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। हालांकि, हॉस्पिटल के डॉ. जलील पारकर ने सलीम खान के बारे में जानकारी जरूरी दी है। डॉ.जलील पारकर ने बताया, ‘सलीम खान की सर्जरी हुई है। अब उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है। उनकी हालत अभी स्थिर है। बुधवार सुबह 11 बजे, हम परिवार और रिश्तेदारों की सहमति से एक प्रेस बुलेटिन जारी करेंगे।’


    मिलने पहुंच रहे परिवार के सदस्य

    डॉ. पारकर ने आगे कहा, ‘वह स्थिर हैं, लेकिन उनके क्लिनिकल स्टेटस को लेकर उन पर कड़ी नजर रखी जा रही है।’ बता दें, जब से सलीम खान हॉस्पिटल में भर्ती हुए हैं तब से खान परिवार के सदस्य बारी-बारी उनसे मिलने बांद्रा स्थित मेडिकल फैसिलिटी पहुंच रहे हैं। जावेद अख्तर और संजय दत्त भी हॉस्पिटल के बाहर स्पॉट हुए हैं।


    सलीम खान – द स्क्रीनराइटर

    सलीम खान को हिंदी सिनेमा के इतिहास के सबसे प्रभावशाली स्क्रीनराइटरों में से एक माना जाता है। वह जावेद अख्तर के साथ मिलकर लिखते थे। उनकी जोड़ी को सलीम-जावेद कहा जाता था। उन्होंने 1970 और 1980 के दशक की शुरुआत में मेनस्ट्रीम बॉलीवुड को बनाने में अहम भूमिका निभाई थी। उन्होंने एक या दो नहीं 24 फिल्मों का स्क्रीनप्ले लिखा था और इसमें से 20 फिल्में हिट हुई थीं।