Tag: Salman Khan News

  • सलमान खान की जिंदगी का हैरान करने वाला किस्सा, इलाज के दौरान भी नहीं टूटा जज्बा

    सलमान खान की जिंदगी का हैरान करने वाला किस्सा, इलाज के दौरान भी नहीं टूटा जज्बा


    नई दिल्ली । बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान अपनी फिटनेस दमदार पर्सनैलिटी और लंबे समय से बरकरार स्टारडम के लिए जाने जाते हैं लेकिन इस चमक के पीछे कितनी मेहनत और त्याग छिपा होता है इसका एक दिलचस्प खुलासा उनके करीबी दोस्त और फिल्म निर्माता शैलेंद्र सिंह ने किया है। उन्होंने एक पुराने किस्से को साझा करते हुए बताया कि सलमान खान अपने बालों के उपचार के दौरान भी पूरी सहजता के साथ बिरयानी का आनंद ले रहे थे और मजाकिया अंदाज में बोले थे कि स्टार बनने की यही कीमत होती है।

    शैलेंद्र सिंह ने एक पॉडकास्ट में बताया कि वह एक दिन सलमान खान से मिलने उनके मुंबई स्थित गैलेक्सी अपार्टमेंट पहुंचे थे। उस समय सोमवार की नियमित पार्टी का माहौल था। सलमान डाइनिंग टेबल पर बैठकर खाना खा रहे थे और सामने लगे शीशे में खुद को देखते हुए दोस्तों से बातचीत कर रहे थे। शैलेंद्र के मुताबिक सलमान को खाना खाते समय शीशे में खुद को देखना पसंद है और उसी दौरान दोनों बातचीत में व्यस्त थे।

    इसी बीच अचानक एक व्यक्ति मेडिकल उपकरणों के साथ वहां पहुंचा। उसने बिना बातचीत में व्यवधान डाले अपने दस्ताने पहने और सलमान खान के सिर पर इंजेक्शन लगाने शुरू कर दिए। यह पूरा दृश्य देखकर शैलेंद्र कुछ पल के लिए हैरान रह गए क्योंकि सलमान बिना किसी परेशानी के आराम से बिरयानी खाते रहे और बातचीत भी जारी रखी।

    जब शैलेंद्र ने उनसे पूछा कि आखिर यह सब क्या हो रहा है तब सलमान ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया कि दोस्त स्टार बनने की यही कीमत है। उनके इस जवाब ने माहौल को हल्का बना दिया लेकिन साथ ही यह भी दिखाया कि अपने व्यक्तित्व और लुक्स को बनाए रखने के लिए कलाकार कितनी मेहनत करते हैं।

    बाद में शैलेंद्र को पता चला कि सलमान खान प्लेटलेट रिच प्लाज्मा यानी पीआरपी थेरेपी करवा रहे थे। इस उपचार में व्यक्ति के अपने ही रक्त से प्लेटलेट्स युक्त प्लाज्मा तैयार किया जाता है और उसे सिर की त्वचा में इंजेक्ट किया जाता है ताकि बालों की जड़ों को मजबूती मिले और हेयर ग्रोथ बेहतर हो सके। आज यह थेरेपी हेयर लॉस की समस्या से जूझ रहे लोगों के बीच काफी लोकप्रिय मानी जाती है।

    शैलेंद्र सिंह ने यह भी बताया कि उस समय उन्हें इस प्रक्रिया की जानकारी नहीं थी। बाद में उन्हें समझ आया कि यह सामान्य मेडिकल ट्रीटमेंट है और कई बड़े कलाकार भी इसका सहारा लेते हैं। उन्होंने कहा कि उम्र बढ़ने के साथ बाल पतले होना स्वाभाविक है और ऐसे में कई अभिनेता अपनी पर्सनैलिटी को बनाए रखने के लिए इस तरह के उपचार करवाते हैं। उन्होंने अभिनेता ऋतिक रोशन का उदाहरण देते हुए कहा कि कई सितारे इस तरह की आधुनिक चिकित्सा तकनीकों का इस्तेमाल करते हैं।

    सलमान खान की प्रोफेशनल लाइफ की बात करें तो वह जल्द ही अपनी नई फिल्म मातृभूमि में नजर आने वाले हैं। इस फिल्म में उनके साथ अभिनेत्री चित्रांगदा सिंह मुख्य भूमिका निभा रही हैं। फिल्म का शुरुआती नाम बैटल ऑफ गलवान रखा गया था लेकिन बाद में इसे बदलकर मातृभूमि कर दिया गया। हालांकि फिल्म की रिलीज डेट को लेकर अभी आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।

  • सलमान खान की याचिका पर हाईकोर्ट की टिप्पणी अभी सेंसर बोर्ड तक नहीं पहुंची फिल्म इसलिए नहीं लगेगी रोक

    सलमान खान की याचिका पर हाईकोर्ट की टिप्पणी अभी सेंसर बोर्ड तक नहीं पहुंची फिल्म इसलिए नहीं लगेगी रोक


    नई दिल्ली । अपनी छवि और व्यक्तित्व अधिकारों की रक्षा के लिए अभिनेता सलमान खान ने दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। उन्होंने फिल्म काला हिरण द बैटल फॉर लीगेसी की रिलीज पर रोक लगाने की मांग करते हुए दावा किया है कि यह फिल्म कथित तौर पर ब्लैकबक शिकार मामले पर आधारित है और इसमें उनके जैसे दिखने वाले किरदार के जरिए गलत और भ्रामक कहानी पेश की जा रही है। हालांकि अदालत ने फिलहाल किसी भी तरह की अंतरिम राहत देने से इनकार करते हुए मामले की सुनवाई छह जुलाई तक के लिए टाल दी है।

    सुनवाई के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस ज्योति सिंह की पीठ ने स्पष्ट किया कि संबंधित फिल्म अभी तक केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड के पास सर्टिफिकेशन के लिए भेजी ही नहीं गई है। अदालत ने कहा कि जब तक किसी फिल्म को सेंसर बोर्ड से प्रमाणपत्र नहीं मिलता तब तक उसकी रिलीज संभव नहीं है। ऐसे में फिलहाल तत्काल रोक लगाने का कोई औचित्य नहीं बनता। अदालत ने यह भी कहा कि अभिनेता की ओर से दाखिल जवाब अभी रिकॉर्ड पर उपलब्ध नहीं है इसलिए मामले पर विस्तार से सुनवाई अगली तारीख पर की जाएगी।

    सलमान खान की ओर से पेश वकील ने अदालत से फिल्म की रिलीज पर तत्काल रोक लगाने की मांग की थी। इसके जवाब में फिल्म निर्माताओं की ओर से आश्वासन दिया गया कि अगली सुनवाई तक फिल्म को केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड के पास सर्टिफिकेशन के लिए प्रस्तुत नहीं किया जाएगा। इस भरोसे के बाद अदालत ने अंतरिम आदेश पारित करने की आवश्यकता नहीं समझी।

    अपनी याचिका में सलमान खान ने दावा किया है कि फिल्म में दिखाया गया मुख्य किरदार उनकी शक्ल सूरत और व्यक्तित्व से काफी मिलता जुलता है। इतना ही नहीं उस किरदार के हाथ में उनकी तरह का ब्रेसलेट भी दिखाया गया है जिससे आम दर्शकों के लिए उसे सलमान खान के रूप में पहचानना आसान हो जाता है। अभिनेता का कहना है कि इससे उनकी सार्वजनिक छवि प्रभावित होती है और उनके व्यक्तित्व अधिकारों का उल्लंघन होता है।

    याचिका में यह भी कहा गया है कि फिल्म के पोस्टर और कथित कहानी के माध्यम से एक ऐसी कहानी प्रस्तुत की जा रही है जो वास्तविक तथ्यों और न्यायिक रिकॉर्ड से मेल नहीं खाती। सलमान खान का कहना है कि उन्हें शस्त्र अधिनियम से जुड़े मामले में पहले ही बरी किया जा चुका है लेकिन फिल्म के जरिए ऐसा संदेश दिया जा रहा है जिससे लोगों के बीच गलत धारणा बन सकती है। अभिनेता ने आरोप लगाया कि फिल्म निर्माता इस संवेदनशील मामले को सनसनीखेज बनाकर उनकी लोकप्रियता और पहचान का अनुचित लाभ उठाने की कोशिश कर रहे हैं।

    अब इस मामले में सभी की नजरें छह जुलाई को होने वाली अगली सुनवाई पर टिकी हैं। यदि तब तक फिल्म सेंसर बोर्ड के पास भेजी जाती है या उससे जुड़ी कोई नई स्थिति सामने आती है तो अदालत इस पूरे विवाद पर आगे की कानूनी प्रक्रिया तय कर सकती है। फिलहाल फिल्म की रिलीज और उससे जुड़े विवाद पर अंतिम फैसला न्यायालय की आगामी सुनवाई के बाद ही स्पष्ट होगा।