Tag: suicide

  • भाई का आरोप- काम की कमी और मानसिक अपमान झेल रही थीं अभिनेत्री, सुशांत सिंह राजपूत से जुड़ा आखिरी पोस्ट

    भाई का आरोप- काम की कमी और मानसिक अपमान झेल रही थीं अभिनेत्री, सुशांत सिंह राजपूत से जुड़ा आखिरी पोस्ट

    नई दिल्ली । टेलीविजन मनोरंजन उद्योग से आई एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली खबर ने पूरी इंडस्ट्री सहित प्रशंसकों को गहरे सदमे में डाल दिया है। कई लोकप्रिय धारावाहिकों में अपनी अदाकारी का जलवा बिखेर चुकीं बाईस वर्षीय उभरती हुई अभिनेत्री संचिता उगले के अचानक निधन से एक बार फिर चकाचौंध भरी इस दुनिया के पीछे छिपे मानसिक तनाव और दबाव की कड़वी सच्चाई सामने आ गई है। शुरुआती पुलिस जांच में इस घटना को कथित तौर पर आत्महत्या का मामला माना जा रहा है, जिसकी बारीकी से तफ्तीश की जा रही है।

    अभिनेत्री के असमय चले जाने के बाद उनके परिजनों और करीबी सहयोगियों की तरफ से आ रहे बयानों ने इस मामले में दुख और आक्रोश को और बढ़ा दिया है। संचिता की सह-कलाकार और बेहद करीबी दोस्त मेघा शर्मा ने मीडिया से बातचीत में खुलासा किया कि अभिनेत्री पिछले कुछ महीनों से गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं और मानसिक अवसाद के दौर से गुजर रही थीं। जनवरी महीने से ही उनका नियमित इलाज चल रहा था और वे अपनी कुछ निजी उलझनों को लेकर लगातार मानसिक रूप से परेशान चल रही थीं।

    करीबी सूत्रों के मुताबिक, संचिता अक्सर जिंदगी से हार मानने और हताशा से भरी बातें किया करती थीं, जिसके बाद उनके दोस्तों और परिजनों ने हमेशा उन्हें ढांढस बंधाया और सकारात्मक रहने के लिए प्रेरित किया। हालांकि, बीते कुछ दिनों से उनका फोन लगातार बंद आ रहा था, जिसने उनके करीबियों की चिंता बढ़ा दी थी। अपनी मौत से करीब दस दिन पहले वे एक ऑडिशन के सिलसिले में अपनी दोस्त के साथ गई थीं, जहां वे अपने भविष्य और अभिनय करियर को लेकर काफी आश्वस्त और सकारात्मक नजर आ रही थीं।

    दूसरी तरफ, इस संवेदनशील मामले में पुलिसिया कार्रवाई के बीच संचिता के भाई अविनाश उगले ने मनोरंजन जगत की कार्यशैली पर बेहद गंभीर और तीखे आरोप लगाए हैं। उनके भाई का कहना है कि ग्लैमर की इस दुनिया में लगातार मिलने वाला मानसिक दबाव, काम की अत्यधिक कमी और कार्यस्थल पर वरिष्ठों द्वारा कथित तौर पर किया जाने वाला अपमान उनकी बहन की मानसिक स्थिति बिगड़ने की मुख्य वजह बना। वह लंबे समय से इस बेइज्जती और उपेक्षा को चुपचाप सहन कर रही थीं, जिससे उनका आत्मविश्वास पूरी तरह टूट चुका था।

    मृतक अभिनेत्री के भाई ने इस पूरे घटनाक्रम का संबंध दिवंगत बॉलीवुड अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की त्रासदी से भी जोड़ा है। उन्होंने बताया कि संचिता का आखिरी सोशल मीडिया पोस्ट भी सुशांत सिंह राजपूत को ही समर्पित था, जिससे यह साफ झलकता है कि वे किस कदर अंदरूनी तौर पर अकेलेपन और मानसिक तनाव से जूझ रही थीं। गौरतलब है कि चौदह जून की शाम को संचिता अपने आवास पर अचेत अवस्था में पाई गई थीं, जिसके बाद अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था।

    टेलीविजन शोज के अलावा हाल ही में एक बड़ी फिल्म का हिस्सा रहीं संचिता उगले के इस कदम ने फिल्म सिटी के भीतर कलाकारों की मानसिक सुरक्षा पर एक बार फिर बहस छेड़ दी है। पुलिस प्रशासन ने इस मामले में अप्राकृतिक मृत्यु का मुकदमा दर्ज कर शव को अंत्यपरीक्षण के लिए भेज दिया है। जांच अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट आने और अभिनेत्री के कॉल डिटेल्स व सोशल मीडिया अकाउंट्स की गहन पड़ताल के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पूरी तरह खुलासा हो सकेगा।

  • मंदसौर डबल मर्डर केस का खुलासा: कारोबारी दंपती की हत्या के बाद आरोपी ने खुद को मारी गोली, 5 महीने बाद जांच पूरी

    मंदसौर डबल मर्डर केस का खुलासा: कारोबारी दंपती की हत्या के बाद आरोपी ने खुद को मारी गोली, 5 महीने बाद जांच पूरी


    मध्यप्रदेश । मंदसौर शहर में 31 दिसंबर 2025 की रात हुई सनसनीखेज डबल मर्डर और आत्महत्या की घटना की जांच अब अंतिम चरण में पहुंच गई है। करीब पांच महीने तक चली विस्तृत जांच, फॉरेंसिक रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयानों के आधार पर पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची है कि राजस्थान के निम्बाहेड़ा निवासी सराफा कारोबारी विकास सोनी ने सोना कारोबारी दिलीप जैन और उनकी पत्नी रेखा जैन की हत्या की थी तथा इसके बाद खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी।

    पुलिस के अनुसार, 31 दिसंबर की रात विकास सोनी स्कूटी से मंदसौर स्थित गोल चौराहा क्षेत्र में दिलीप जैन के घर पहुंचा था। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि उस समय घर में रेखा जैन मौजूद थीं। कुछ देर बाद दिलीप जैन भी घर पहुंच गए। पुलिस जांच में मिले साक्ष्यों के अनुसार, तीनों के बीच सामान्य बातचीत हुई और उन्होंने साथ बैठकर चाय-नाश्ता भी किया।

    जांच रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ समय बाद दिलीप जैन और विकास सोनी के बीच पुराने कारोबारी लेन-देन को लेकर विवाद शुरू हुआ। पुलिस का कहना है कि इसी दौरान कथित रूप से विकास सोनी ने पहले हथियार निकालकर फायर करने की कोशिश की, लेकिन गोली नहीं चली। इसके बाद उसने चाकू से हमला कर दिया।

    फॉरेंसिक जांच और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार, दिलीप जैन पर कई बार चाकू से हमला किया गया, जिससे उनकी मौत हो गई। शोर सुनकर नीचे पहुंचीं रेखा जैन पर भी आरोपी ने हमला किया। गंभीर चोटों के कारण उनकी भी घटनास्थल पर ही मौत हो गई।

    पुलिस का कहना है कि वारदात के बाद आरोपी कुछ समय तक घर में ही मौजूद रहा और बाद में कथित रूप से अपनी कनपटी पर गोली मार ली। बैलिस्टिक और फॉरेंसिक जांच में यह पुष्टि हुई कि घटनास्थल से बरामद हथियार और गोली का संबंध आरोपी से था। गोली घर की छत में धंसी हुई मिली थी, जिसे जांच के दौरान जब्त किया गया।

    सिटी कोतवाली पुलिस ने मामले की जांच के दौरान घटनास्थल से पिस्टल, चाकू, कारतूस, सीसीटीवी रिकॉर्डिंग, फॉरेंसिक साक्ष्य तथा अन्य सामग्री जब्त की थी। पुलिस ने आसपास लगे कई सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली। जांच में आरोपी की आवाजाही स्पष्ट रूप से रिकॉर्ड हुई, जबकि किसी अन्य संदिग्ध व्यक्ति की मौजूदगी सामने नहीं आई।

    पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हत्या और आत्महत्या की इस घटना के पीछे मुख्य कारण कारोबारी लेन-देन से जुड़ा विवाद था। हालांकि कथित बकाया राशि और आर्थिक विवाद से जुड़े सभी पहलुओं की भी जांच की गई। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को किसी तीसरे व्यक्ति की भूमिका नहीं मिली।

    मामले में दर्ज अपराध की जांच पूरी कर पुलिस ने अपनी अंतिम रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को सौंप दी है। अब अदालत में खात्मा प्रतिवेदन (क्लोजर रिपोर्ट) प्रस्तुत करने की प्रक्रिया चल रही है।

    इस दर्दनाक घटना ने दो परिवारों को गहरा आघात पहुंचाया। एक ओर जैन दंपती के बच्चे अपने माता-पिता को खो चुके हैं, वहीं दूसरी ओर आरोपी के परिवार पर भी इसका गंभीर प्रभाव पड़ा है। पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्य और वैज्ञानिक जांच इस निष्कर्ष की पुष्टि करते हैं कि यह मामला दोहरी हत्या और उसके बाद आत्महत्या का है।

  • इंदौर में ड्राइवर ने फांसी लगाकर दी जान, वीडियो बनाकर प्रेमिका समेत 5 लोगों को ठहराया जिम्मेदार

    इंदौर में ड्राइवर ने फांसी लगाकर दी जान, वीडियो बनाकर प्रेमिका समेत 5 लोगों को ठहराया जिम्मेदार


    मध्य प्रदेश। इंदौर के नंदा नगर क्षेत्र में एक युवक द्वारा आत्महत्या किए जाने का मामला सामने आया है। मृतक ने यह कदम उठाने से पहले एक वीडियो रिकॉर्ड किया था, जिसे उसने अपने भाई को भी भेजा। वीडियो में युवक ने अपनी प्रेमिका, उसकी बहन, भाई और अन्य लोगों को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस ने वीडियो को जब्त कर लिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।

    परदेशीपुरा थाना पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान 25 वर्षीय लविश लश्करी के रूप में हुई है। लविश मूल रूप से उज्जैन का निवासी था और इंदौर में किराये के मकान में रहकर ड्राइवर का काम करता था। गुरुवार को उसके द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या करने की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।

    परिजनों के अनुसार लविश का खंडवा निवासी एक युवती के साथ करीब दो वर्षों से प्रेम संबंध था। युवक द्वारा रिकॉर्ड किए गए वीडियो में दावा किया गया है कि वह लगभग डेढ़ वर्ष तक युवती के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रहा था। वीडियो में उसने कहा कि कुछ समय पहले युवती के परिजनों को इस संबंध की जानकारी हो गई थी, जिसके बाद वे युवती को अपने साथ ले गए और उसका मोबाइल फोन भी अपने कब्जे में रख लिया।

    मृतक ने वीडियो में यह भी कहा कि वह लंबे समय से युवती से संपर्क नहीं कर पा रहा था, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान था। वीडियो में उसने अपनी मौत के लिए कुछ लोगों को जिम्मेदार बताते हुए कई आरोप लगाए हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि वीडियो में किए गए दावों और आरोपों की सत्यता की जांच की जा रही है तथा सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ाई जाएगी।

    पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराकर परिजनों के बयान दर्ज किए हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही आत्महत्या के पीछे की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी।

    इसी बीच शहर में आत्महत्या के दो अन्य मामले भी सामने आए हैं। द्वारकापुरी क्षेत्र के अहीरखेड़ी निवासी 28 वर्षीय करण बलाई ने भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों के अनुसार उसकी कुछ समय पहले शादी हुई थी, लेकिन पत्नी के अलग होकर चले जाने के कारण वह मानसिक रूप से परेशान रहता था। गुरुवार शाम उसके पिता ने उसे कमरे में फंदे पर लटका हुआ पाया।

    वहीं आजाद नगर क्षेत्र में हम्माली का काम करने वाले 40 वर्षीय कन्हैया जायसवाल ने भी आत्मघाती कदम उठा लिया। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर विवाद होने की जानकारी सामने आई है। कन्हैया के चार बच्चे हैं। घटना की जानकारी उस समय लगी जब देर रात उसकी पत्नी ने उसे फंदे पर लटका देखा।

    पुलिस तीनों मामलों में अलग-अलग जांच कर रही है और संबंधित परिस्थितियों तथा परिजनों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

  • गोरखपुर में दर्दनाक घटना: इंजीनियर ने पत्नी से विवाद के बाद फांसी लगाकर दी जान

    गोरखपुर में दर्दनाक घटना: इंजीनियर ने पत्नी से विवाद के बाद फांसी लगाकर दी जान



    नई दिल्ली। गोरखपुर में एक 33 वर्षीय इंजीनियर ने पत्नी से चल रहे विवाद और मानसिक तनाव से परेशान होकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतक की पहचान कुशीनगर निवासी प्रद्युमन यादव के रूप में हुई है, जो इंदौर की एक निजी कंपनी में इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे।

    जानकारी के अनुसार, प्रद्युमन यादव की शादी 2017 में अर्पिता यादव से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही दोनों के बीच अनबन शुरू हो गई और पत्नी मायके जाकर रहने लगी। इसके बाद दोनों के बीच विवाद बढ़ता गया और मामला दहेज उत्पीड़न तक पहुंच गया, जो पिछले 6 सालों से कोर्ट में विचाराधीन था।

    परिजनों के अनुसार, लगातार विवाद और मानसिक तनाव के कारण प्रद्युमन काफी परेशान रहने लगे थे। बीते दिनों कोर्ट की तारीख पर आने के बाद वे गोरखपुर पहुंचे थे और फिर अपने बहनोई के घर हाटा में रुके थे। इसके बाद वह कुसमी जंगल स्थित बुढ़िया माई मंदिर दर्शन के लिए गए।

    इसी दौरान उन्होंने करीब 1 मिनट 48 सेकंड का एक वीडियो रिकॉर्ड कर अपने व्हाट्सऐप स्टेटस पर डाला, जिसमें उन्होंने भावुक होकर अपनी परेशानी साझा की। वीडियो में उन्होंने कहा कि वह अब पूरी तरह टूट चुके हैं और पत्नी के विवादों से परेशान हैं।

    वीडियो में उन्होंने अपने परिवार को संबोधित करते हुए कहा—“भाई, माफ करना… अब माता-पिता को समझा देना कि उनका अब एक ही बेटा है।” साथ ही उन्होंने अपनी बेटी को भी संदेश दिया और भावुक शब्दों में कहा कि वह अब और नहीं सह सकते।

    सबसे दर्दनाक पल वह था जब उन्होंने फंदे की ओर इशारा करते हुए कहा—“देखो मेरा सेहरा तैयार है, मैं अब जा रहा हूं।” इसके बाद उन्होंने पेड़ से लटककर अपनी जान दे दी।

    घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि मामला घरेलू विवाद और मानसिक तनाव से जुड़ा प्रतीत होता है और पूरे मामले की जांच की जा रही है।

  • छात्रा और अस्पताल अटेंडर ने की आत्महत्या, कारणों की तलाश में जुटी पुलिस

    छात्रा और अस्पताल अटेंडर ने की आत्महत्या, कारणों की तलाश में जुटी पुलिस


    नई दिल्ली । अशोका गार्डन थाना क्षेत्र की ग्रीन पार्क कॉलोनी में 19 वर्षीय ख्याति जैन, जो बीए की छात्रा थी, ने आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि जब उसकी मां किसी काम से बाहर गई हुई थी, उसी दौरान उसने यह कदम उठाया।
    ब्लेड से काटी नस
    छात्रा ने ब्लेड से अपने हाथ की नस काट ली, जिससे अत्यधिक रक्तस्राव हुआ और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
    पुलिस जांच शुरू
    सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। कमरे की तलाशी में कोई सुसाइड नोट नहीं मिला। पुलिस ने मोबाइल जब्त कर जांच शुरू कर दी है।

    खजूरी सड़क में अस्पताल अटेंडर ने लगाई फांसी
    23 वर्षीय युवक ने दी जान
    खजूरी सड़क थाना क्षेत्र के भैंसाखेड़ी में 23 वर्षीय राकेश मेहरा, जो एक अस्पताल में अटेंडर के रूप में कार्यरत था, ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।

    घर में मिला शव
    पुलिस के अनुसार, राकेश ने सोमवार सुबह अपने घर में फांसी लगाई। परिजन उसे तुरंत अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
    कारण अज्ञात
    मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे आत्महत्या के कारण स्पष्ट नहीं हो पाए हैं। पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है।

    पुलिस की जांच जारी, कारणों की तलाश
    दोनों ही मामलों में पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। परिजनों के बयान और मोबाइल डेटा की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।

    भोपाल में सामने आई ये दोनों घटनाएं मानसिक तनाव और सामाजिक परिस्थितियों पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं। फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही वास्तविक कारण सामने आ सकेंगे।

  • MP: खंडवा सांसद के छोटे भाई ने किया सुसाइड… कुएं में कूदकर दी जान, खेत में मिली चप्पल

    MP: खंडवा सांसद के छोटे भाई ने किया सुसाइड… कुएं में कूदकर दी जान, खेत में मिली चप्पल


    बुरहानपुर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के खंडवा-बुरहानपुर संसदीय क्षेत्र (Khandwa-Burhanpur parliamentary constituency) से सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल (MP Dnyaneshwar Patil) के छोटे भाई विश्वनाथ उर्फ बाडू पाटिल (58) ने आत्महत्या कर ली. यह घटना बुरहानपुर जिले (Burhanpur district) के गृह ग्राम बोहरडा में सामने आई, जहां उन्होंने अपने ही खेत के कुएं में कूदकर जान दे दी. बताया गया कि बुधवार तड़के वे चुपचाप घर से निकले थे और फिर वापस नहीं लौटे.

    सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस में हड़कंप मच गया. जिले के डीएम और एसपी दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे. इसके बाद गोताखोरों की मदद से कुएं में तलाश शुरू की गई. करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद विश्वनाथ पाटिल का शव कुएं से बाहर निकाला गया।

    पुलिस ने पंचनामा बनाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया. प्रारंभिक जांच में आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है, हालांकि घटना का वास्तविक कारण अभी तक सामने नहीं आ सका है.


    घटना के बाद क्षेत्र में शोक की लहर

    इस दुखद घटना के बाद पूरे क्षेत्र और पाटिल परिवार के समर्थकों में शोक की लहर दौड़ गई है. जानकारी के अनुसार, दिवंगत विश्वनाथ पाटिल का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव बोहरडा में किया जाएगा.

    सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल उस समय दिल्ली में थे. घटना की जानकारी मिलते ही वे तुरंत दिल्ली से बुरहानपुर के लिए रवाना हो गए. उधर, सांसद के गृह ग्राम बोहरडा स्थित निवास पर बड़ी संख्या में समर्थक और रिश्तेदार पहुंचने लगे. नेपानगर विधायक मंजू दादू सहित भाजपा और कांग्रेस के कई नेता भी सांसद निवास पहुंचे और शोक संवेदना व्यक्त की. स्थिति को देखते हुए पुलिस बल भी तैनात किया गया।


    पुलिस जांच जारी

    बुरहानपुर एसपी देवेंद्र पाटीदार ने बताया कि पुलिस को पहले विश्वनाथ पाटिल के लापता होने की सूचना मिली थी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की गई. जांच के दौरान खेत के पास उनकी चप्पल मिली, जिसके बाद कुएं में तलाश की गई और शव बरामद किया गया. पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और मृत्यु के कारणों की जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है. घटना के बाद पूरे इलाके में गमगीन माहौल बना हुआ है।

  • ग्वालियर में सुसाइड का सनसनीखेज वीडियो: मेरी मौत का जिम्मेदार मेरा पति…प्रेम विवाह के 6 माह बाद पत्नी ने लगाई फांसी

    ग्वालियर में सुसाइड का सनसनीखेज वीडियो: मेरी मौत का जिम्मेदार मेरा पति…प्रेम विवाह के 6 माह बाद पत्नी ने लगाई फांसी


    ग्वालियर । मध्य प्रदेश के ग्वालियर से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहाँ प्यार में मिले धोखे ने एक महिला को मौत गले लगाने पर मजबूर कर दिया। बहोड़ापुर इलाके की रहने वाली वैष्णवी उर्फ प्राची ने सिरौल थाना क्षेत्र स्थित ‘ईस्ट मैरेडियन मल्टी’ के अपने फ्लैट में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मौत को गले लगाने से पहले प्राची ने अपने मोबाइल से एक वीडियो रिकॉर्ड किया जिसमें उसने सिसकते हुए अपनी मौत का जिम्मेदार अपने पति राजू उर्फ सत्यनारायण भदौरिया और उसके परिवार को ठहराया है।

    मंदिर में रचाई थी शादी फिर खुला कड़वा सच करीब 6 महीने पहले प्राची ने अपने परिवार की मर्जी के खिलाफ जाकर पुरानी छावनी निवासी राजू से मंदिर में शादी की थी। दोनों ने स्टांप पर भी अपने रिश्ते को प्रमाणित किया था और किराये के फ्लैट में साथ रह रहे थे। प्राची को लगा था कि उसने अपना संसार बसा लिया है लेकिन जल्द ही उसके सामने एक ऐसा सच आया जिसने उसके पैरों तले जमीन खिसका दी। उसे पता चला कि राजू पहले से शादीशुदा है और उसके दो बच्चे भी हैं।

    ससुराल में मारपीट और आखिरी फैसला पति की पहली शादी की सच्चाई जानने के बाद जब प्राची न्याय मांगने के लिए राजू के घर पहुंची तो वहां सहानुभूति के बजाय उसे प्रताड़ना मिली। परिजनों का आरोप है कि राजू की पहली पत्नी और उसके पिता ने प्राची के साथ जमकर मारपीट की। इसी अपमान और धोखे से आहत होकर प्राची अपने फ्लैट पर वापस आई और पंखे से दुपट्टे का फंदा बनाकर सुसाइड कर लिया।

    पुलिस की कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही सिरौल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस के हाथ वह वीडियो भी लगा है जिसे प्राची ने मरने से ठीक पहले बनाया था। पुलिस अब इस मामले में आरोपी पति और उसके परिजनों के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है।

  • महंगे शौक की सनक: कार के लिए जमीन बेचने की जिद, पिता ने किया इनकार तो बेटे ने लगा ली फांसी

    महंगे शौक की सनक: कार के लिए जमीन बेचने की जिद, पिता ने किया इनकार तो बेटे ने लगा ली फांसी

    नई दिल्ली।
    उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले से एक ऐसी खबर सामने आई है जो आधुनिक दौर में युवाओं की बेलगाम होती महत्वाकांक्षाओं और उनके घातक परिणामों की ओर इशारा करती है। जिले के रायपुर गांव में 20 वर्षीय रोहित यादव ने केवल इसलिए अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली क्योंकि उसके माता-पिता उसकी महंगी मांगों को पूरा करने में असमर्थ थे। यह घटना न केवल एक परिवार के उजड़ने की कहानी है बल्कि समाज के लिए एक चेतावनी भी है कि कैसे ‘दिखावे की संस्कृति’ युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर हावी हो रही है।

    जमीन बेचकर कार खरीदने का था दबाव मृतक रोहित के पिता बीरेंद्र यादव के अनुसार उनका बेटा पिछले काफी समय से घर वालों पर अनुचित दबाव बना रहा था। उसकी मांग थी कि पुश्तैनी जमीन को बेचकर उसे एक लग्जरी चार पहिया गाड़ी और एक नई मोटरसाइकिल दिलाई जाए। इतना ही नहीं वह अपने लिए एक नई दुकान भी खुलवाना चाहता था। एक मध्यमवर्गीय ग्रामीण परिवार के लिए खेती की जमीन बेचकर ऐशो-आराम के साधन जुटाना मुमकिन नहीं था जिसके चलते परिजन लगातार उसे समझाने की कोशिश कर रहे थे।

    हिंसक व्यवहार और पुरानी चेतावनी रोहित के व्यवहार में जिद और हताशा का मेल इस कदर था कि वह अपनी मांगों को मनवाने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार रहता था। परिजनों ने बताया कि यह पहली बार नहीं था जब उसने ऐसा कदम उठाया हो। साल 2025 में भी उसने कार की मांग को लेकर आत्महत्या का प्रयास किया था। उस वक्त परिवार ने डरकर और उसकी खुशी की खातिर उसे एक नई मोटरसाइकिल दिला दी थी। लेकिन सनक का आलम यह था कि कुछ समय बाद उसने उसी मोटरसाइकिल को आग के हवाले कर दिया था।

    सूने घर में मौत को लगाया गले घटना वाले दिन घर के अन्य सदस्य अपने रोजमर्रा के कामों में व्यस्त थे और कुछ लोग बाहर गए हुए थे। रोहित घर में अकेला था। इसी बीच अपनी मांग पूरी न होने से आहत और गुस्से में उसने कमरे के भीतर फंदा लगाकर जान दे दी। जब घर वाले वापस लौटे तो रोहित का शव लटका देख उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण इकट्ठा हुए और पुलिस को सूचना दी गई।

    पुलिस की कार्रवाई और जांच सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का ही लग रहा है जिसका कारण पारिवारिक अनबन और युवक की जिद बताया जा रहा है। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या युवक किसी मानसिक तनाव या गलत सोहबत का शिकार तो नहीं था।यह घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि आज के दौर में सोशल मीडिया और दिखावे की दुनिया युवाओं को वास्तविकता से दूर ले जा रही है जहां धैर्य की कमी उन्हें ऐसे आत्मघाती मोड़ पर खड़ा कर देती है।

  • सुशांत सिंह राजपूत: टीवी से बॉलीवुड तक, चमकते सितारे का सफर और 6 साल बाद भी दिलों में बसे सवाल

    सुशांत सिंह राजपूत: टीवी से बॉलीवुड तक, चमकते सितारे का सफर और 6 साल बाद भी दिलों में बसे सवाल



    नई दिल्ली । कुछ कलाकार ऐसे होते हैं जिन्होंने छोटे पर्दे से अपनी शुरुआत की और फिर बड़े परदे पर भी अपना जलवा बिखेरा। सुशांत सिंह राजपूत भी उन्हीं में से एक थे। टीवी से लेकर बॉलीवुड तक उनका सफर प्रेरणा से कम नहीं था। लेकिन 6 साल पहले एक दुखद घटना ने उनके करोड़ों चाहने वालों को चौंका दिया और वे हमारे बीच नहीं रहे। आज, 21 जनवरी को उनके जन्मदिन पर हम याद करते हैं उनके फिल्मी सफर को।

    टीवी से चमकती शुरुआत
    सुशांत ने अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत 2008 में टीवी शो ‘किस देश में है मेरा दिल’ से की थी।

    इस शो ने उन्हें इंडस्ट्री में पहचान दिलाई।
    लेकिन 2009 में उनकी जिंदगी का सबसे बड़ा मोड़ आया जब उन्होंने ‘पवित्र रिश्ता’ में मानव का किरदार निभाया। इस भूमिका ने उन्हें घर-घर में लोकप्रिय बना दिया। शो में उनकी ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री अंकिता लोखंडे के साथ बेहद पसंद की गई।

    बॉलीवुड में कदम और सितारा बनना
    टीवी पर कामयाबी के बाद सुशांत ने 2013 में बॉलीवुड में कदम रखा। उनकी पहली फिल्म ‘काय पो छे’ थी, जिसने उन्हें बड़े पर्दे पर स्थापित कर दिया।
    इसके बाद उन्होंने कई फिल्मों में शानदार काम किया, जैसे:शुद्ध देसी रोमांस, पीके,डिटेक्टिव ब्योमकेश बक्शीलेकिन 2016 में आई ‘एम.एस. धोनी: द अनटोल्ड स्टोरी’ ने उन्हें सुपरस्टार बना दिया। इस बायोपिक ने बॉक्स ऑफिस पर धूम मचा दी और सुशांत को असली पहचान मिली।

    फिर अचानक बुझा सितारा
    सुशांत ने कई यादगार फिल्मों में काम किया जैसे:राब्ता, केदारनाथ, सोनचिड़िया, छिछोरे, दिल बेचारा।इन फिल्मों ने उनके फैंस के दिलों में उनके लिए प्यार और सम्मान और बढ़ाया।

    लेकिन 2020 में एक दुखद घटना ने सबको हिला दिया। सुशांत अपने मुंबई स्थित घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उनके निधन ने पूरे देश को सदमे में डाल दिया। पुलिस रिपोर्ट के अनुसार मानसिक दबाव और चुनौतियों के कारण उन्होंने यह कदम उठाया, जबकि परिवार ने इस मामले में अलग राय भी जताई।आज भी सुशांत की याद उनके फैंस के दिलों में जिंदा है और उनकी फिल्मों का जादू लोगों के बीच बरकरार है।

  • शादी से 12 दिन पहले ग्वालियर के वकील ने फांसी लगाई; मां का दावा- SI प्रेमिका के कमरे में आरक्षक को आपत्तिजनक हालत में देखा था

    शादी से 12 दिन पहले ग्वालियर के वकील ने फांसी लगाई; मां का दावा- SI प्रेमिका के कमरे में आरक्षक को आपत्तिजनक हालत में देखा था


    ग्वालियर । यह सनसनीखेज मामला ग्वालियर के गोले का मंदिर थाना क्षेत्र के आदर्श पुरम इलाके का है। श्योपुर जिले के मूल निवासी वकील मृत्युंजय सिंह चौहान ग्वालियर में किराए के मकान में रहते थे।
    मां का फोन नहीं उठाया फिर
    वकील मृत्युंजय ने रविवार रात अपनी मां शिव कुमारी चौहान का फोन अटेंड नहीं किया। चिंतित मां ने तुरंत ग्वालियर में मृत्युंजय के दोस्तों को इसकी जानकारी दी। सोमवार की सुबह जब दोस्त मृत्युंजय के किराए के घर पहुंचे तो उन्होंने उसे अपने कमरे में फांसी के फंदे पर लटका हुआ पाया। सूचना मिलते ही गोले का मंदिर थाना पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची।

    शादी से पहले मिला धोखा

    मृत्युंजय की मां शिव कुमारी चौहान ने ग्वालियर पहुंचकर पुलिस को बताया कि उनका बेटा पिछले पांच साल से मुरैना में तैनात एक महिला SI के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में था। यह संबंध काफी गंभीर था और दोनों ने इसी महीने की 30 दिसंबर को शादी करने की योजना बनाई थी। हर शनिवार को मृत्युंजय मुरैना में SI के क्वार्टर पर जाता था। मां ने खुलासा किया कि आत्महत्या से ठीक पहले मृत्युंजय ने उन्हें फोन किया और बताया कि उसके साथ बहुत बड़ा धोखा हुआ है।

    आपत्तिजनक हालत में आरक्षक

    वकील की मां के बयान के अनुसार मृत्युंजय ने उन्हें बताया था कि शुक्रवार रात वह महिला SI को सरप्राइज देने के लिए अचानक मुरैना उसके क्वार्टर पहुंच गया। जब वह कमरे के अंदर गया तो वहां महिला SI के अलावा एक आरक्षक भी मौजूद था। मृत्युंजय ने देखा कि आरक्षक और महिला SI आपत्तिजनक हालत में थे और कमरे से शराब की बदबू भी आ रही थी। जब मृत्युंजय ने आरक्षक को फटकारा तो उनके बीच विवाद और मारपीट भी हुई। बाद में महिला SI ने आरक्षक को वहां से भगा दिया।

    डिप्रेशन में आकर की खुदकुशी

    इस घटना से मृत्युंजय गहरे सदमे और डिप्रेशन में आ गया था। मां ने फोन पर उसे काफी समझाने की कोशिश की लेकिन इस भावनात्मक आघात के कारण सोमवार सुबह उसने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने फिलहाल मृत्युंजय के कमरे की तलाशी ली है और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि वे मृतक के परिजनों के बयान मोबाइल की कॉल डिटेल और अन्य सभी तथ्यों के आधार पर इस संवेदनशील मामले की गहन विवेचना करेंगे।