Tag: summer temperature india

  • राजस्थान की गर्म हवाओं से दतिया तपने लगा: नौतपा शुरू होते ही बढ़ी गर्मी, सीजन की सबसे गर्म रात में पारा 32°C पहुंचा

    राजस्थान की गर्म हवाओं से दतिया तपने लगा: नौतपा शुरू होते ही बढ़ी गर्मी, सीजन की सबसे गर्म रात में पारा 32°C पहुंचा


    मध्य प्रदेश । दतिया जिले में इन दिनों मौसम ने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। राजस्थान की ओर से आ रही सूखी और गर्म पश्चिमी हवाओं ने पूरे इलाके को तपन की चपेट में ले लिया है। नौतपा शुरू होते ही गर्मी का असर और तेज हो गया है, जिससे दिन के साथ-साथ रात में भी राहत मिलना मुश्किल हो गया है।

    रविवार और सोमवार की रात इस सीजन की सबसे गर्म रात दर्ज की गई, जब न्यूनतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। यह पिछले वर्षों के मुकाबले काफी अधिक माना जा रहा है। वहीं दिन का अधिकतम तापमान लगातार 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है, जिससे चौबीस घंटे लू जैसे हालात बने हुए हैं।

    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, राजस्थान से आ रही गर्म हवाओं के कारण हवा में नमी लगभग खत्म हो गई है। सामान्यतः सूर्यास्त के बाद तापमान में गिरावट आती है, लेकिन इस बार रात देर तक गर्म हवाएं चलने से लोगों को राहत नहीं मिल पा रही है। रात 12 बजे तक भी सड़कों पर गर्म हवा के थपेड़े महसूस किए जा रहे हैं।

    गर्मी का असर आम जनजीवन पर भी साफ दिख रहा है। कूलर और पंखे भी राहत देने में नाकाम साबित हो रहे हैं, जबकि कई जगहों पर लोग पूरी रात बेचैनी में जागने को मजबूर हैं। बाजारों में भी दिन के समय सन्नाटा पसर रहा है और दोपहर 12 बजे से शाम 5 बजे तक शहर की रफ्तार लगभग थम सी गई है।

    किला चौक, टाउन हॉल और आनंद टॉकीज रोड जैसे प्रमुख क्षेत्रों में लोग केवल आवश्यक कार्यों के लिए ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। प्रशासन ने भी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है और दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे तक बाहर न निकलने तथा पर्याप्त पानी पीने की अपील की है।

    मौसम विभाग का कहना है कि नौतपा के दौरान तापमान और बढ़ सकता है और पारा 45 डिग्री से ऊपर जाने की संभावना बनी हुई है। हालांकि विशेषज्ञ यह भी मानते हैं कि इस दौरान जितनी अधिक गर्मी पड़ेगी, मानसून के बेहतर रहने की संभावना उतनी ही अधिक हो सकती है। फिलहाल दतिया में भीषण गर्मी ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है और लोग राहत की बारिश का इंतजार कर रहे हैं।

  • इंदौर में तापमान में हल्की गिरावट, फिर भी गर्मी से नहीं मिली राहत

    इंदौर में तापमान में हल्की गिरावट, फिर भी गर्मी से नहीं मिली राहत


    इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में मई के तीसरे सप्ताह में तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की गई है, लेकिन इसके बावजूद भीषण गर्मी से राहत नहीं मिल पाई है। शुक्रवार को दिन का अधिकतम तापमान 2 डिग्री गिरकर 41.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से अभी भी करीब 2 डिग्री अधिक है। दिन में तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोग घरों से बाहर निकलने से बचते नजर आए। वहीं, रात का तापमान भी 3 डिग्री गिरकर 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, लेकिन उमस और गर्मी का असर लगातार बना रहा।

    दोपहर में हालत सबसे खराब, अलर्ट जारी
    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इंदौर में दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच सबसे ज्यादा गर्मी का असर रहेगा। इस दौरान लू जैसे हालात बन सकते हैं। लोगों को सलाह दी गई है कि केवल जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकलें और पर्याप्त पानी पिएं। विशेषज्ञों का कहना है कि अगले 4 दिन यानी 16 से 19 मई तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में भीषण गर्मी का दौर जारी रहेगा, जिसमें इंदौर संभाग भी प्रभावित रहेगा।

    तापमान में उतार-चढ़ाव, लेकिन राहत नहीं
    हालांकि पिछले कुछ दिनों में तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की गई है, लेकिन यह गिरावट लोगों को राहत देने में नाकाम रही है। 41 से 43 डिग्री के बीच लगातार बना तापमान गर्मी को और ज्यादा असहनीय बना रहा है। इंदौर में हाल के दिनों में तापमान 43 डिग्री से ऊपर भी पहुंच चुका है, जिससे शहरवासियों को लगातार गर्म हवाओं का सामना करना पड़ रहा है।

    मानसून से उम्मीद, जल्दी पहुंचने के संकेत
    भीषण गर्मी के बीच राहत की एक उम्मीद मानसून से जुड़ी है। मौसम विभाग के अनुसार इस बार मानसून सामान्य से पहले आगे बढ़ सकता है। संकेत हैं कि मानसून 26 मई के आसपास केरल पहुंच सकता है और मध्य प्रदेश में 12 जून तक प्रवेश कर सकता है। यदि यह अनुमान सही साबित होता है, तो इस बार लोगों को जल्दी बारिश की राहत मिल सकती है।

    ऐतिहासिक रिकॉर्ड और बदलता मौसम
    इंदौर में मई का तापमान कई बार 46 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच चुका है। 31 मई 1994 को शहर में 46.6 डिग्री सेल्सियस का रिकॉर्ड दर्ज किया गया था, जो अब तक का सर्वाधिक तापमान माना जाता है। हाल के वर्षों में मई के महीने में बारिश भी देखने को मिली है, जिससे मौसम में अचानक बदलाव आते रहे हैं।

    इंदौर में तापमान भले ही थोड़ा घटा हो, लेकिन गर्मी का प्रकोप अभी भी चरम पर है। आने वाले दिनों में राहत की कोई बड़ी संभावना नजर नहीं आ रही है। ऐसे में सावधानी और स्वास्थ्य सुरक्षा ही सबसे जरूरी उपाय बने हुए हैं।