Tag: Suryakumar Yadav

  • सेमीफाइनल से पहले टीम इंडिया के लिए मंदिरों में पूजा: उज्जैन में खिलाड़ियों की फोटो रखकर जीत की प्रार्थना

    सेमीफाइनल से पहले टीम इंडिया के लिए मंदिरों में पूजा: उज्जैन में खिलाड़ियों की फोटो रखकर जीत की प्रार्थना

    नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच होने वाले हाई-वोल्टेज सेमीफाइनल मुकाबले को लेकर देशभर में क्रिकेट प्रेमियों का उत्साह चरम पर है। इसी उत्साह के बीच मध्यप्रदेश के उज्जैन में क्रिकेट फैंस ने टीम इंडिया की जीत के लिए विशेष पूजा-अर्चना की। उज्जैन के प्रसिद्ध अंगारेश्वर मंदिर में गुरुवार को क्रिकेट प्रेमियों, पुजारियों और श्रद्धालुओं ने मिलकर भारतीय टीम की सफलता के लिए भगवान से प्रार्थना की।

    टी-20 विश्व कप के दूसरे सेमीफाइनल मुकाबले में भारत का सामना इंग्लैंड से होना है। यह महत्वपूर्ण मैच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में शाम 7 बजे खेला जाएगा, जबकि टॉस 6:30 बजे होगा। इस मुकाबले को लेकर देशभर के क्रिकेट प्रशंसकों में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। करो या मरो की स्थिति वाले इस मैच से पहले फैंस ने मंदिर में विशेष अनुष्ठान कर टीम इंडिया की जीत की कामना की।

    अंगारेश्वर मंदिर में आयोजित इस पूजा में करीब 50 से अधिक पंडित, पुजारी, श्रद्धालु और क्रिकेट प्रेमी शामिल हुए। सभी ने मिलकर भगवान शिव का अभिषेक किया और भारतीय टीम की जीत के लिए विशेष प्रार्थना की। इस दौरान टीम इंडिया के खिलाड़ियों की तस्वीरें भी मंदिर में रखी गईं। सूर्यकुमार यादव, अभिषेक शर्मा, हार्दिक पंड्या और शिवम दुबे जैसे खिलाड़ियों की फोटो शिवलिंग के पास रखकर विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया गया।

    क्रिकेट प्रेमियों का कहना था कि भारत और इंग्लैंड के बीच होने वाला यह मुकाबला बेहद महत्वपूर्ण है और पूरी उम्मीद है कि टीम इंडिया शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में अपनी जगह बनाएगी। पूजा में शामिल लोगों ने कहा कि टीम इंडिया की जीत के लिए वे भगवान से प्रार्थना कर रहे हैं और देशवासियों की उम्मीदें खिलाड़ियों के साथ हैं।

    इधर, सेमीफाइनल मुकाबले से पहले भारतीय खिलाड़ियों ने भी भगवान के दर्शन किए। इंग्लैंड के खिलाफ महत्वपूर्ण मैच से एक दिन पहले भारतीय टीम के कुछ खिलाड़ी मुंबई के प्रसिद्ध श्री सिद्धिविनायक गणपति मंदिर पहुंचे थे। यहां अक्षर पटेल, ईशान किशन और अभिषेक शर्मा ने भगवान गणपति के दर्शन कर आशीर्वाद लिया और टीम की सफलता के लिए प्रार्थना की।

    भारत और इंग्लैंड के बीच यह मुकाबला लगातार तीसरी बार टी-20 विश्व कप के सेमीफाइनल में देखने को मिल रहा है। इससे पहले वर्ष 2022 और 2024 में भी दोनों टीमें सेमीफाइनल में आमने-सामने आ चुकी हैं। इन मुकाबलों में दोनों टीमों ने एक-एक जीत हासिल की थी और खास बात यह रही कि सेमीफाइनल जीतने वाली टीम ने फाइनल मुकाबला भी अपने नाम किया था।

    ऐसे में इस बार का सेमीफाइनल भी बेहद रोमांचक होने की उम्मीद है। क्रिकेट विशेषज्ञों के अनुसार दोनों टीमों के पास मजबूत बल्लेबाजी और गेंदबाजी लाइनअप है, जिससे मुकाबला काफी कड़ा रहने की संभावना है।

    देशभर के क्रिकेट प्रेमियों की नजरें अब इस अहम मुकाबले पर टिकी हुई हैं। फैंस को उम्मीद है कि भारतीय टीम शानदार प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड को हराएगी और टी-20 विश्व कप के फाइनल में अपनी जगह बनाएगी। इसी उम्मीद के साथ मंदिरों में प्रार्थनाएं और दुआओं का सिलसिला जारी है।

  • करारी हार के बाद खुलासा: आखिर क्यों बाहर हुए उपकप्तान अक्षर?

    करारी हार के बाद खुलासा: आखिर क्यों बाहर हुए उपकप्तान अक्षर?


    नई दिल्ली। टी20 वर्ल्ड कप के सुपर-8 चरण में भारत राष्ट्रीय क्रिकेट टीम को दक्षिण अफ्रीका राष्ट्रीय क्रिकेट टीम के खिलाफ 76 रन की करारी शिकस्त झेलनी पड़ी, और इस हार ने न सिर्फ सेमीफाइनल की राह कठिन कर दी बल्कि टीम चयन को लेकर भी तीखी बहस छेड़ दी है। अहमदाबाद में खेले गए इस अहम मुकाबले से पहले टीम प्रबंधन के एक फैसले ने सबको चौंका दिया था

    उपकप्तान अक्षर पटेल को प्लेइंग इलेवन से बाहर बैठाना। उनकी जगह ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर को मौका दिया गया, लेकिन मैच का नतीजा भारत के पक्ष में नहीं गया और अब इस रणनीति पर सवाल उठना स्वाभाविक है। हार के बाद भारतीय बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने पूरे घटनाक्रम पर विस्तार से बात करते हुए स्पष्ट किया कि यह फैसला किसी दबाव या व्यक्तिगत कारण से नहीं, बल्कि पूरी तरह रणनीतिक सोच के तहत लिया गया था। उनके अनुसार, कप्तान सूर्यकुमार यादव और मुख्य कोच गौतम गंभीर ने मैच से पहले अक्षर से लंबी और सकारात्मक चर्चा की थी, जिसमें टीम संयोजन और विपक्षी बल्लेबाजी क्रम को ध्यान में रखते हुए स्थिति समझाई गई थी। दक्षिण अफ्रीका के शीर्ष क्रम में तीन बाएं हाथ के बल्लेबाजों की मौजूदगी को देखते हुए टीम मैनेजमेंट को लगा कि ऑफ स्पिन विकल्प अधिक कारगर साबित हो सकता है, इसलिए संयोजन में बदलाव किया गया।

    शुरुआती ओवरों में भारतीय गेंदबाजों ने असर भी दिखाया और कुछ महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए, जिससे रणनीति सही दिशा में जाती दिखी, लेकिन बीच के ओवरों में गेंदबाजी योजना पटरी से उतर गई। खास तौर पर सुंदर से पावरप्ले में गेंदबाजी नहीं कराई गई, जबकि मूल रणनीति यही थी कि वे नई गेंद से बाएं हाथ के बल्लेबाजों पर दबाव बनाएंगे। बल्लेबाजी मोर्चे पर भी टीम अपेक्षाओं पर खरी नहीं उतर सकी और नियमित अंतराल पर विकेट गिरने से बड़ा स्कोर खड़ा करने का मौका हाथ से निकल गया। नतीजा यह रहा कि दक्षिण अफ्रीका ने लक्ष्य का बचाव करते हुए एकतरफा जीत दर्ज कर ली। इस हार ने अंकतालिका की तस्वीर बदल दी है और अब भारत के लिए सुपर-8 के बाकी मुकाबले किसी फाइनल से कम नहीं रह गए हैं। सेमीफाइनल की उम्मीदों को जिंदा रखने के लिए टीम को अपने शेष दोनों मैच हर हाल में जीतने होंगे। हालांकि कोटक ने भरोसा जताया कि भारतीय खिलाड़ी बड़े मंच और दबाव की परिस्थितियों के अभ्यस्त हैं और वापसी की क्षमता रखते हैं। कुल मिलाकर, अक्षर को बाहर करने का निर्णय रणनीतिक था, लेकिन मैदान पर रणनीति का सही क्रियान्वयन न हो पाने और बल्लेबाजों के फ्लॉप प्रदर्शन ने भारत की राह मुश्किल कर दी है; अब देखना होगा कि टीम इस झटके से कितनी जल्दी उबरकर मजबूती से वापसी करती है।

  • सूर्यकुमार यादव के कॉल ने मोहम्मद सिराज की टी20 वर्ल्ड कप की कहानी बदल दी

    सूर्यकुमार यादव के कॉल ने मोहम्मद सिराज की टी20 वर्ल्ड कप की कहानी बदल दी


    नई दिल्ली। मोहम्मद सिराज की 15 फरवरी की योजना बिल्कुल साधारण थी, रियल मैड्रिड का मैच देखना और घर पर परिवार के साथ समय बिताना। लेकिन अचानक कप्तान सूर्यकुमार यादव का फोन आया और उनकी पूरी किस्मत बदल गई। टी20 वर्ल्ड कप में पहले हर्षित राणा चोटिल हो गए, और सिराज को उनकी जगह टीम में बुलाया गया।

    यूएसए के खिलाफ पहले मैच में सिराज ने चार ओवर में 3 विकेट लेकर केवल 29 रन दिए। जसप्रीत बुमराह के बीमार होने के कारण सिराज सीधे प्लेइंग XI में शामिल हुए। इससे पहले उन्होंने भारत के लिए आखिरी बार टी20 2024 में खेला था।

    मोहम्मद सिराज ने मैच के बाद कहा, मेरा प्लान था कि 15 तारीख को रियल मैड्रिड का मैच देखूं और रमजान की तैयारी करूं। लेकिन भगवान ने मेरी किस्मत बदल दी। मैच से दो दिन पहले सूर्या भाई का कॉल आया—उन्होंने कहा, ‘मिया, तैयार हो जाओ…बैग पैक करो और आ जाओ।’ मैंने कहा, ‘मजाक मत करो’, लेकिन उन्होंने बताया कि वह सच कह रहे हैं। यह मेरे लिए चौंकाने वाला और अविश्वसनीय पल था।

    सिराज ने आगे बताया कि टीम के साथ प्लेन में बैठना “एक सपने जैसा” था क्योंकि उन्हें लगा था कि पिछले एक साल में उन्हें इस फॉर्मेट में खेलने का मौका नहीं मिलेगा।

    यूएसए के खिलाफ अपने प्रदर्शन के बारे में उन्होंने कहा, मैंने उसी लाइन और लेंथ पर बॉलिंग की जो रणजी ट्रॉफी में कर रहा था। नई गेंद पर टिके रहना और विकेट टू विकेट बॉलिंग करना मेरा प्लान था। उसी रणनीति के जरिए मुझे टीम के लिए महत्वपूर्ण विकेट मिले।सिराज की यह कहानी बताती है कि कैसे अचानक मिलने वाले मौके और सही तैयारी मिलकर खिलाड़ी की किस्मत बदल सकते हैं।

  • T20 World Cup : सूर्यकुमार की तूफानी पारी से भारत की दमदार शुरुआत, अमेरिका को 29 रन से हराया

    T20 World Cup : सूर्यकुमार की तूफानी पारी से भारत की दमदार शुरुआत, अमेरिका को 29 रन से हराया


    मुंबई।
    टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) में भारत (India) ने जीत के साथ अपने अभियान की शुरुआत करते हुए अमेरिका (America) को 29 रन से पराजित किया। वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में टीम इंडिया (Team India) ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 161 रन बनाए, जिसके जवाब में अमेरिकी टीम 20 ओवर में 132 रन ही जुटा सकी।

    टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनने वाली अमेरिकी टीम ने शुरुआती ओवरों में भारतीय बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। भारत को शुरुआती झटके लगे—अभिषेक शर्मा और शिवम दुबे खाता खोले बिना लौटे। ईशान किशन (20) और तिलक वर्मा (25) ने कुछ योगदान दिया, लेकिन पारी की असली धुरी कप्तान सूर्यकुमार यादव रहे।

    सूर्यकुमार ने जिम्मेदारी भरी बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 84 रन बनाए। 49 गेंदों की उनकी पारी में सधी हुई आक्रामकता दिखी, जिसने भारत को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। उनकी पारी ने मध्यक्रम को संभाला और टीम को मजबूत स्थिति दी। अमेरिका की ओर से शेडली वैन शाल्कविक ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए 4 ओवर में 25 रन देकर 4 विकेट झटके। उन्होंने एक ही ओवर में ईशान, तिलक और दुबे को आउट कर मैच का रुख पलटने की कोशिश की। हरमीत सिंह को भी दो विकेट मिले।

    लक्ष्य का पीछा करते हुए अमेरिका की शुरुआत ठीक रही, लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट लेकर दबाव बनाए रखा। मोहम्मद सिराज सबसे सफल गेंदबाज रहे—उन्होंने 4 ओवर में 29 रन देकर 3 विकेट लिए। गौरतलब है कि सिराज को चोटिल हर्षित राणा की जगह टीम में शामिल किया गया था।

    अर्शदीप सिंह और अक्षर पटेल ने दो-दो विकेट लेकर जीत सुनिश्चित की, जबकि वरुण चक्रवर्ती को एक सफलता मिली। हार्दिक पांड्या महंगे जरूर साबित हुए, लेकिन टीम की जीत पर असर नहीं पड़ा। इस जीत के साथ भारत ने टूर्नामेंट में मजबूत आगाज किया है, जबकि इससे पहले पाकिस्तान और वेस्टइंडीज भी अपने शुरुआती मुकाबले जीत चुके हैं। भारत की नजर अब इस लय को आगे के मैचों में बरकरार रखने पर होगी।

  • IND vs NZ T20 सीरीज: सूर्यकुमार यादव का रन-राज, अर्शदीप सिंह का पंजा; अभिषेक शर्मा ने छोड़ी अलग छाप

    IND vs NZ T20 सीरीज: सूर्यकुमार यादव का रन-राज, अर्शदीप सिंह का पंजा; अभिषेक शर्मा ने छोड़ी अलग छाप


    नई दिल्ली । भारत की शानदार जीत के साथ इंडिया वर्सेस न्यूजीलैंड टी20 सीरीज का रोमांचक समापन हो गया। तिरुवनंतपुरम में खेले गए आखिरी टी20 मुकाबले ने सीरीज की कहानी को पूरी तरह बयान कर दिया, जहां भारतीय बल्लेबाजों की तूफानी पारियों और गेंदबाजों के धारदार प्रदर्शन ने न्यूजीलैंड को बैकफुट पर धकेल दिया। ईशान किशन के शतक और कप्तान सूर्यकुमार यादव की विस्फोटक अर्धशतकीय पारी की बदौलत भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए विशाल स्कोर खड़ा किया। लक्ष्य का पीछा करते हुए कीवी टीम संघर्ष करती दिखी और अंततः भारतीय गेंदबाजों के आगे घुटने टेक दिए।

    इस पूरी सीरीज में बल्लेबाजों का बोलबाला रहा, लेकिन सबसे चमकदार नाम रहा कप्तान सूर्यकुमार यादव का। सीरीज से पहले खराब फॉर्म की चर्चाओं से घिरे सूर्यकुमार ने बल्ले से जोरदार जवाब दिया और पांच मैचों की सीरीज में सबसे ज्यादा 242 रन बनाए। तीन अर्धशतकों के साथ उन्होंने न सिर्फ भारतीय पारी को मजबूती दी, बल्कि विरोधी गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा। भले ही उन्हें किसी मैच में ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ का अवॉर्ड न मिला हो, लेकिन सर्वाधिक रन बनाकर उन्होंने ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का खिताब अपने नाम किया।

    सूर्यकुमार यादव के साथ ईशान किशन भी पूरे रंग में नजर आए। आक्रामक अंदाज और बड़े शॉट्स के लिए पहचाने जाने वाले ईशान ने 215 रन बनाकर 200 रन का आंकड़ा पार किया। उनका शतक सीरीज का यादगार लम्हा रहा। वहीं युवा सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने भी सभी को प्रभावित किया। 182 रन बनाकर वह तीसरे स्थान पर रहे और यह साबित किया कि वह बड़े मंच पर लंबी रेस के घोड़े हैं। न्यूजीलैंड की ओर से ग्लेन फिलिप्स 176 रन और डेरिल मिशेल 125 रन ने जिम्मेदारी निभाई और टॉप-5 बल्लेबाजों में अपनी जगह बनाई।

    गेंदबाजी की बात करें तो सीरीज का आखिरी मैच अर्शदीप सिंह के नाम रहा। निर्णायक मुकाबले में पांच विकेट झटककर उन्होंने मैच का रुख ही पलट दिया। कुल 8 विकेट के साथ अर्शदीप इस सीरीज में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बने। उनके अलावा न्यूजीलैंड के जेकब डफी ने 6 विकेट, जबकि मिचेल सेंटनर और ईश सोढ़ी ने 5-5 विकेट हासिल किए। सीमित मौके मिलने के बावजूद अक्षर पटेल ने भी अपनी उपयोगिता साबित की और अहम समय पर असरदार गेंदबाजी की।
    कुल मिलाकर, यह सीरीज भारतीय क्रिकेट के लिए आत्मविश्वास बढ़ाने वाली रही। बल्लेबाजी में गहराई, गेंदबाजी में धार और युवा खिलाड़ियों का उभरता प्रदर्शन आने वाले मुकाबलों के लिए शुभ संकेत है।

  • रायपुर में रनचेज का महातूफान: टीम इंडिया ने 92 गेंदों में रचा इतिहास, एशिया की नंबर-1 T20I टीम बनी

    रायपुर में रनचेज का महातूफान: टीम इंडिया ने 92 गेंदों में रचा इतिहास, एशिया की नंबर-1 T20I टीम बनी


    नई दिल्ली । रायपुर की शाम भारतीय क्रिकेट के इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गई, जब टीम इंडिया ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 मुकाबले में ऐसा तूफानी प्रदर्शन किया कि पूरी क्रिकेट दुनिया दंग रह गई। शहीद वीर नारायण सिंह स्टेडियम में खेले गए इस मैच में भारत ने 209 रनों के विशाल लक्ष्य को महज 15.2 ओवर यानी 92 गेंदों में हासिल कर लिया और 28 गेंद शेष रहते मुकाबला अपने नाम कर लिया। यह न सिर्फ भारत का सबसे तेज सफल टी20 अंतरराष्ट्रीय रनचेज बना, बल्कि इसके साथ ही टीम इंडिया ने एक साथ दो बड़े रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिए।
    मैच की शुरुआत भारत के लिए कुछ खास नहीं रही। लक्ष्य का पीछा करते हुए पहले दो ओवर में ही टीम ने अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन के विकेट गंवा दिए। अभिषेक खाता भी नहीं खोल सके, जबकि संजू सिर्फ 6 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। शुरुआती झटकों के बाद ऐसा लगा कि न्यूजीलैंड ने मुकाबले में मजबूत पकड़ बना ली है, लेकिन इसके बाद जो हुआ, उसने मैच की तस्वीर ही बदल दी।
    तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे ईशान किशन ने कप्तान सूर्यकुमार यादव के साथ मिलकर मैदान पर रन बरसाने शुरू कर दिए। ईशान ने सिर्फ 21 गेंदों में अर्धशतक जड़ दिया और कीवी गेंदबाजों की एक भी चाल कामयाब नहीं होने दी। दूसरी ओर सूर्यकुमार यादव अपने चिर-परिचित अंदाज में गेंदबाजों पर टूट पड़े। दोनों बल्लेबाजों के बीच 122 रनों की विस्फोटक साझेदारी हुई, जिसने न्यूजीलैंड को पूरी तरह बैकफुट पर धकेल दिया।
    कप्तान सूर्यकुमार यादव ने 37 गेंदों पर नाबाद 82 रनों की शानदार पारी खेली, जबकि ईशान किशन ने 32 गेंदों पर 76 रन बनाए। चौकों-छक्कों की बारिश के बीच दर्शकों का उत्साह चरम पर था और हर ओवर के साथ भारत जीत के करीब पहुंचता गया।
    आखिरकार भारत ने यह मुकाबला 7 विकेट से जीतकर सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली।इस जीत के साथ टीम इंडिया ने पहला बड़ा रिकॉर्ड यह बनाया कि उसने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में छठी बार 200 या उससे ज्यादा रनों का लक्ष्य सफलतापूर्वक चेज किया। इस मामले में भारत अब दुनिया की दूसरी सबसे सफल टीम बन गई हैऑस्ट्रेलिया 7 बार ऐसा कर चुका है, जबकि भारत ने दक्षिण अफ्रीका, पाकिस्तान और इंग्लैंड जैसी टीमों को पीछे छोड़ दिया है।
    दूसरा और ऐतिहासिक रिकॉर्ड यह रहा कि भारत अपने घर में 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाला एशिया का पहला देश बन गया। न पाकिस्तान और न ही कोई अन्य एशियाई टीम यह उपलब्धि हासिल कर सकी है। भारत ने घरेलू मैदान पर खेले गए 100 टी20 मैचों में से 68 जीते हैं, जो उसकी घरेलू मजबूती को साफ दर्शाता है। रायपुर का यह मुकाबला सिर्फ एक जीत नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट की आक्रामक सोच, गहराई और आत्मविश्वास का प्रतीक बन गया, जिसने टीम इंडिया को एशिया की नंबर-1 T20I टीम के रूप में और मजबूत पहचान दिला दी।
  • ईशान किशन और सूर्यकुमार यादव के तूफानी अर्धशतक से भारत ने 209 रन का लक्ष्य महज 15 ओवर में हासिल किया

    ईशान किशन और सूर्यकुमार यादव के तूफानी अर्धशतक से भारत ने 209 रन का लक्ष्य महज 15 ओवर में हासिल किया


    नई दिल्ली। रायपुर में टीम इंडिया ने न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 में धमाकेदार जीत दर्ज की। कीवी टीम ने भारत के सामने 209 रनों का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा था। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए भारत ने महज 15.2 ओवर का समय लिया और कई रिकॉर्ड्स अपने नाम किए। ईशान किशन ने 32 गेंदों पर 76 और सूर्यकुमार यादव ने 37 गेंदों पर नाबाद 82 रन बनाए। किशन को प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड भी मिला।

    इस जीत के दौरान भारत ने टी20आई में फुल मेंबर टीम द्वारा सबसे तेज 200 प्लस रन चेज का वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले पाकिस्तान ने 2025 में न्यूजीलैंड के खिलाफ 200 रन के लक्ष्य का पीछा 16 ओवर में पूरा किया था। भारत ने यह रिकॉर्ड सिर्फ तोड़ा ही नहीं बल्कि इसे और भी शानदार अंदाज में पूरा किया।यह दूसरी बार है जब टीम इंडिया ने 200 से अधिक रन बनाए और दो विकेट जल्दी गिरने के बावजूद शानदार पीछा किया। पहले टी20 में 27/2 के बाद भारत ने 211 रन जोड़े थे जबकि दूसरे टी20 में छह ओवर के बाद दो विकेट खोने के बाद 203 रन बनाए। 209 रनों का यह चेज टी20आई में सबसे बड़ा सफल पीछा भी माना जा रहा है जब टीम के दो विकेट दस रन से कम पर गिर गए हों।

    सूर्यकुमार यादव ने लगातार 23 पारियों में कोई फिफ्टी नहीं बनाने के बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ 82 रन नाबाद बनाए। इस दौरान उन्होंने टॉप चार में बल्लेबाजी करते हुए टी20आई में लंबा सिलसिला तोड़ा। ऋषभ पंत के बाद यह किसी भारतीय बल्लेबाज का दूसरा सबसे लंबा रिकॉर्ड है।ईशान किशन ने अपनी फिफ्टी 21 गेंदों में पूरी की जो न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत के लिए सबसे तेज फिफ्टी है। पावरप्ले में उनके 56 रन मेंस टी20आई में भारत के किसी बल्लेबाज द्वारा बनाया गया दूसरा सबसे बड़ा स्कोर है।

    भारत ने न्यूजीलैंड को 28 गेंदें शेष रहते हराया। इस जीत के साथ भारत ने फुल मेंबर टीम द्वारा 200 प्लस रन का पीछा करते हुए सबसे ज्यादा गेंदें शेष रहते जीत हासिल करने का रिकॉर्ड भी पाकिस्तान से छीना। इस शानदार प्रदर्शन ने टीम इंडिया के आक्रामक और मजबूत फॉर्म को फिर साबित कर दिया।ईशान और सूर्यकुमार की तूफानी पारियों के दम पर भारत ने टी20 क्रिकेट के इतिहास में अपना नाम और भी ऊंचा किया और इस मैच ने दर्शकों के लिए रोमांचक और यादगार मोड़ साबित किया।

  • सूर्यकुमार यादव विवाद मामले में खुशी मुखर्जी पर 100 करोड़ का मानहानि केस, सोशल मीडिया बयान बना कानूनी संकट

    सूर्यकुमार यादव विवाद मामले में खुशी मुखर्जी पर 100 करोड़ का मानहानि केस, सोशल मीडिया बयान बना कानूनी संकट




    नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव को लेकर अभिनेत्री खुशी मुखर्जी का दिया गया बयान अब बड़े कानूनी विवाद में बदल गया है। खुशी मुखर्जी ने हाल ही में एक इंटरव्यू में दावा किया था कि सूर्यकुमार यादव उन्हें बार-बार मैसेज किया करते थे। यह बयान सामने आते ही सोशल मीडिया पर हंगामा मच गया और क्रिकेट फैंस ने इसे लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी।
    मुंबई के सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर फैजान अंसारी ने खुशी मुखर्जी के खिलाफ 100 करोड़ रुपये का मानहानि दावा दायर कर दिया है। फैजान अंसारी का कहना है कि खुशी मुखर्जी के आरोप बेबुनियाद हैं और इससे एक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर की प्रतिष्ठा को गंभीर नुकसान पहुंचा है। उनके अनुसार इस तरह के बयान केवल सुर्ख़ियों में आने और पब्लिसिटी पाने के लिए दिए गए हैं।

    फैजान अंसारी ने खुद गाजीपुर पुलिस स्टेशन जाकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने मीडिया से कहा कि इस मामले में कड़ी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए और दोषियों को सजा मिलनी चाहिए।

    अंसारी का यह भी कहना है कि यह मामला केवल सूर्यकुमार यादव की नहीं, बल्कि पूरे देश के एक सम्मानित खिलाड़ी की प्रतिष्ठा का सवाल है।

    उन्होंने साफ किया कि खुशी मुखर्जी के खिलाफ 100 करोड़ रुपये का मानहानि मुकदमा दायर कर दिया गया है। यदि अभिनेत्री अपने आरोप सबूतों के साथ साबित कर देती हैं, तो वह सार्वजनिक रूप से माफी मांगने के लिए तैयार हैं, लेकिन तब तक वह पीछे हटने वाले नहीं हैं।

    खुशी मुखर्जी ने अपने इंटरव्यू में यह स्पष्ट किया था कि उनके और सूर्यकुमार यादव के बीच कभी कोई निजी या रोमांटिक रिश्ता नहीं रहा, लेकिन उनके मैसेज वाले बयान ने ही विवाद को जन्म दिया। अब यह मामला कानूनी लड़ाई तक पहुंच गया है, और अगले कदमों पर सभी की नजर है।

  • 2025 में नहीं चला सूर्यकुमार यादव का बल्ला, तेज गेंदबाजों के खिलाफ हुए बुरी तरह फेल

    2025 में नहीं चला सूर्यकुमार यादव का बल्ला, तेज गेंदबाजों के खिलाफ हुए बुरी तरह फेल


    नई दिल्ली।
    सूर्यकुमार यादव (Suryakumar Yadav) के लिए टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट (T20 International Cricket) में तेज गेंदबाजों को मारना उनके बाएं हाथ का खेल होता था। वे एक ही गेंद को किसी भी दिशा में बाउंड्री के पार भेजने का दम रखते थे, लेकिन 2025 में ऐसा नहीं है। जिन तेज गेंदबाजों के खिलाफ वे टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट (T20 International Cricket) में आसानी चौके-छक्के लगाते थे, उन्हीं तेज गेंदबाजों के खिलाफ अब रन बनाने में भी इस न्यू मिस्टर 360 कहे जाने वाले सूर्यकुमार यादव की हवा टाइट हो गई है। ये हम नहीं कह रहे, बल्कि उनके आंकड़े इस तरह की गवाही दे रहे हैं, जो उनके साथ-साथ टी20 वर्ल्ड कप 2026 को ध्यान में रखते हुए टीम इंडिया के लिए भी चिंता का विषय है।

    दरअसल, सूर्यकुमार यादव ने टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में 2025 में तेज गेंदबाजों के खिलाफ 18 पारियों में बल्लेबाजी की है। आप जानकर हैरान हो जाएंगे कि वे इन 18 पारियों में सिर्फ 122 रन ही बना पाए हैं। 106 गेंदों का सामना इस साल उन्होंने पेसर्स का किया है। इससे भी ज्यादा चौंकाने वाली बात ये है कि 18 में 14 बार वे तेज गेंदबाजों के ही खिलाफ आउट हुए हैं। उनका औसत 8.71 का है, जबकि स्ट्राइक रेट 115.09 का है। वहीं, डॉट बॉल पर्सेंटेज 50.9 का है। यानी दाएं हाथ ये बल्लेबाज दो में से एक गेंद को तेज गेंदबाजों को खिलाफ खाली जाने दे रहा है।

    सूर्या से पेसर्स खौफ खाते थे, क्योंकि वे जिस गेंद पर ऑफ साइड में छक्का लगाने की काबिलियत रखते थे, उसी गेंद को फाइन लेग से लॉन्ग ऑन तक बाउंड्री के पार भेज देते थे। हालांकि, 2025 में ऐसा नहीं हैं और इस बात को सूर्यकुमार यादव कबूल नहीं कर पा रहे हैं। वे इस बात को मान ही नहीं रहे हैं कि वे आउट ऑफ फॉर्म हैं। सूर्या बार-बार एक ही चीज दोहरा रहे हैं कि वे आउट ऑफ फॉर्म नहीं, बल्कि आउट ऑफ रन्स हैं। क्रिकेट में आउट ऑफ रन्स को ही आउट ऑफ फॉर्म माना जाता है, लेकिन सूर्या इस चीज को कबूल नहीं कर पा रहे हैं। टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले ये चिंता का कारण है, क्योंकि वे टीम के कप्तान भी हैं।

  • मुल्लांपुर की शर्मनाक हार पर भड़के सूर्या, गिल को दी जिम्मेदारी, टीम की सबसे बड़ी चूक का किया खुलासा

    मुल्लांपुर की शर्मनाक हार पर भड़के सूर्या, गिल को दी जिम्मेदारी, टीम की सबसे बड़ी चूक का किया खुलासा


    नई दिल्ली। भारत और साउथ अफ्रीका के बीच मुल्लांपुर में खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में भारत को 51 रन से हार का सामना करना पड़ा। इस हार ने कप्तान सूर्यकुमार यादव को काफी निराश किया, जिन्होंने मैच के बाद अपनी टीम की नाकामी को स्वीकार किया। सूर्यकुमार यादव ने हार की मुख्य वजह टॉप ऑर्डर की नाकामी को बताया, और विशेष रूप से युवा ओपनर शुभमन गिल के जल्दी आउट होने पर गुस्सा जताया।

    कप्तान का गुस्सा: शुभमन गिल को दिया दोष

    कप्तान सूर्यकुमार यादव ने मैच के बाद कहा कि उन्हें और शुभमन गिल को अच्छी शुरुआत देनी चाहिए थी, जिससे टीम को मजबूती मिलती। गिल का पहली गेंद पर आउट होना कप्तान के लिए बेहद निराशाजनक था। सूर्या ने कहा, “मुझे और शुभमन को बेहतर शुरुआत देनी चाहिए थी। हर बार अभिषेक शर्मा से उम्मीद नहीं की जा सकती है। शुभमन की पहली गेंद पर आउट होना टीम के लिए बड़ा झटका था।” उन्होंने यह भी माना कि उनका और गिल का जल्दी आउट होना हार की प्रमुख वजह बनी।

    टॉस और रणनीति पर पछतावा

    सूर्यकुमार यादव ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने के फैसले को भी गलत ठहराया। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है हमें पहले बल्लेबाजी करनी चाहिए थी। विकेट शुरुआती ओवरों में बल्लेबाजी के लिए अच्छा था, और हम इसका सही उपयोग नहीं कर पाए।” कप्तान ने गेंदबाजों की रणनीति पर भी सवाल उठाया, कहा कि उनकी टीम सही लेंथ पर गेंदबाजी करने में नाकाम रही, और साउथ अफ्रीका ने पावरप्ले में तेजी से रन बटोरने का फायदा उठाया।

    ओस का फायदा उठाने में नाकामी

    मुल्लांपुर में ओस होने के बावजूद भारतीय टीम दूसरी पारी में इसका फायदा नहीं उठा पाई। सूर्या ने कहा, “थोड़ी ओस थी, लेकिन हमारी योजना काम नहीं कर रही थी। हमें अपनी रणनीति में बदलाव करना चाहिए था, लेकिन हम ऐसा नहीं कर पाए।” यह हार टीम के लिए एक सीख थी, और सूर्या ने आगे सुधार की बात की।

    अक्षर पटेल की तारीफ, लेकिन टॉप ऑर्डर की नाकामी भारी पड़ी

    कप्तान सूर्यकुमार यादव ने निचले क्रम में अक्षर पटेल की तारीफ की, जिन्होंने अकेले संघर्ष किया, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि जब टॉप ऑर्डर फेल हो जाए, तो निचला क्रम मैच को पलटने में नाकाम रहता है। सूर्या ने कहा, “अक्षर ने अच्छी बल्लेबाजी की, लेकिन हमें शुरुआत में ही पारी को सेट करना चाहिए था। तभी चेज करना आसान होता।”

    सूर्यकुमार यादव का यह तीखा रिएक्शन साफ तौर पर दिखाता है कि टीम अगले मैच में अपनी रणनीति और प्लेइंग इलेवन में बड़े बदलाव करने की योजना बना सकती है। भारत सीरीज में वापसी करने के लिए हर हाल में जीत दर्ज करना चाहेगा।