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  • सीरीज जीतने उतरेगा भारत, वैभव सूर्यवंशी पर रहेंगी सबकी निगाहें; दूसरे टी20 में जिम्बाब्वे की वापसी की चुनौती

    सीरीज जीतने उतरेगा भारत, वैभव सूर्यवंशी पर रहेंगी सबकी निगाहें; दूसरे टी20 में जिम्बाब्वे की वापसी की चुनौती


    नई दिल्ली । भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का दूसरा मुकाबला शनिवार को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेला जाएगा। पहला मैच जीतकर सीरीज में 1-0 की बढ़त बना चुकी भारतीय टीम इस मुकाबले में जीत दर्ज कर सीरीज अपने नाम करने के इरादे से मैदान में उतरेगी। वहीं मेजबान जिम्बाब्वे की कोशिश वापसी करते हुए सीरीज को निर्णायक मुकाबले तक ले जाने की होगी।

    पहले टी20 में भारतीय टीम ने हर विभाग में शानदार प्रदर्शन किया था। तेज गेंदबाजों ने अनुशासित गेंदबाजी करते हुए जिम्बाब्वे को महज 125 रन पर समेट दिया। युवा तेज गेंदबाज मयंक यादव ने अपनी रफ्तार से बल्लेबाजों को परेशान करते हुए 18 रन देकर दो विकेट झटके। प्रिंस यादव ने भी दो सफलताएं हासिल कीं, जबकि अशोक शर्मा ने भी प्रभावशाली गेंदबाजी कर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई।

    स्पिन विभाग में रवि बिश्नोई ने अपनी फिरकी का जादू बिखेरा। उनकी सटीक गेंदबाजी के सामने जिम्बाब्वे के बल्लेबाज खुलकर रन नहीं बना सके। भारतीय गेंदबाजों के सामूहिक प्रदर्शन ने मेजबान टीम को बड़ा स्कोर खड़ा करने का मौका नहीं दिया।

    बल्लेबाजी में सबसे ज्यादा चर्चा 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी की रही। युवा बल्लेबाज ने केवल 19 गेंदों में 50 रन की विस्फोटक पारी खेलकर कई रिकॉर्ड अपने नाम किए और मैच का रुख पूरी तरह भारत की ओर मोड़ दिया। ईशान किशन ने भी 35 रन की उपयोगी पारी खेली, जबकि कप्तान श्रेयस अय्यर 28 रन बनाकर नाबाद लौटे और टीम को जीत तक पहुंचाया।

    दूसरी ओर, जिम्बाब्वे की बल्लेबाजी पहले मुकाबले में उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी। वेस्ली मधेवेरे ने 39 रन और रयान बर्ल ने 26 रन बनाकर कुछ संघर्ष जरूर किया, लेकिन बाकी बल्लेबाज बड़ी साझेदारी नहीं बना सके। गेंदबाजी में ब्लेसिंग मुजारबानी ने दो विकेट लेकर प्रभावित किया, लेकिन अन्य गेंदबाज भारतीय बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में नाकाम रहे।

    हरारे स्पोर्ट्स क्लब की पिच पहले मुकाबले में तेज गेंदबाजों के लिए मददगार साबित हुई थी। हालांकि शुरुआती झटकों के बाद बल्लेबाजों ने भी यहां खुलकर रन बनाए। इस मैदान पर अब तक 84 टी20 मुकाबले खेले जा चुके हैं, जिनमें पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम ने 45 और लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम ने 37 मैच जीते हैं। पहली पारी का औसत स्कोर 155 रन, जबकि दूसरी पारी का औसत 133 रन रहा है।

    मौसम विभाग के अनुसार दूसरे टी20 के दौरान हरारे में मौसम साफ रहने की संभावना है और बारिश की आशंका बेहद कम है। ऐसे में पूरे 20 ओवर का मुकाबला देखने को मिल सकता है।

    भारतीय टीम की सबसे बड़ी उम्मीद एक बार फिर युवा सनसनी वैभव सूर्यवंशी, कप्तान श्रेयस अय्यर, ईशान किशन और तेज गेंदबाज मयंक यादव पर रहेगी। यदि टीम इंडिया पहले मैच जैसी लय बरकरार रखती है तो उसके पास सीरीज अपने नाम करने का शानदार मौका होगा। वहीं जिम्बाब्वे को मुकाबले में बने रहने के लिए बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।

  • टीम इंडिया के खिलाफ मुकाबले से पहले जिम्बाब्वे की बढ़ी मुश्किलें, हैमस्ट्रिंग इंजरी ने छीना स्टार बल्लेबाज

    टीम इंडिया के खिलाफ मुकाबले से पहले जिम्बाब्वे की बढ़ी मुश्किलें, हैमस्ट्रिंग इंजरी ने छीना स्टार बल्लेबाज


    नई दिल्ली । भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज शुरू होने से ठीक पहले मेजबान टीम को बड़ा झटका लगा है। जिम्बाब्वे के बल्लेबाज मिल्टन शुम्बा हैमस्ट्रिंग की चोट के कारण पूरी टी20 सीरीज से बाहर हो गए हैं। टीम प्रबंधन ने उनकी जगह अनुभवी बल्लेबाज इनोसेंट काइया को स्क्वॉड में शामिल किया है। शुम्बा की गैरमौजूदगी ऐसे समय में सामने आई है जब जिम्बाब्वे भारत जैसी मजबूत टीम के खिलाफ घरेलू मैदान पर बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद कर रहा था।

    मिल्टन शुम्बा का मंगलवार को मेडिकल स्कैन कराया गया था। जांच रिपोर्ट में हैमस्ट्रिंग की चोट गंभीर पाई गई जिसके बाद उन्हें पूरी सीरीज से बाहर करने का फैसला लिया गया। हाल ही में बांग्लादेश के खिलाफ खेली गई टी20 सीरीज में शुम्बा ने जिम्बाब्वे की ओर से सभी मुकाबले खेले थे। साल 2022 के बाद राष्ट्रीय टीम में वापसी करने वाले शुम्बा से इस सीरीज में भी अहम भूमिका निभाने की उम्मीद थी लेकिन चोट ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

    शुम्बा की जगह टीम में शामिल किए गए इनोसेंट काइया के पास अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अच्छा अनुभव है। उन्होंने अपना आखिरी टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला जुलाई 2024 में भारत के खिलाफ हरारे में ही खेला था। काइया अब तक जिम्बाब्वे के लिए 19 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं जिनमें उन्होंने 290 रन बनाए हैं। उनका स्ट्राइक रेट 104 का रहा है और उनके नाम इस प्रारूप में एक अर्धशतक भी दर्ज है। टीम प्रबंधन को उम्मीद है कि वह शुम्बा की कमी को काफी हद तक पूरा कर सकेंगे।

    भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज का पहला मुकाबला 23 जुलाई को खेला जाएगा जबकि दूसरा और तीसरा मैच क्रमशः 25 और 26 जुलाई को होगा। तीनों मुकाबलों के लिए दोनों टीमें अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटी हैं।

    जिम्बाब्वे हाल के समय में अच्छी लय में नजर आया है। टीम ने बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मुकाबला पारी और 85 रन के बड़े अंतर से जीता था। इसके बाद वनडे सीरीज भी 2-1 से अपने नाम की। हालांकि टी20 सीरीज में उसे 1-2 से हार का सामना करना पड़ा था। अब टीम भारत के खिलाफ घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर मजबूत चुनौती पेश करना चाहेगी।

    दूसरी ओर भारतीय टीम भी हालिया प्रदर्शन के कारण दबाव में है। श्रेयस अय्यर की कप्तानी में टीम इंडिया को आयरलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में 0-2 से हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज भी भारत 0-4 से गंवा बैठा। ऐसे में भारतीय टीम इस दौरे पर जीत की राह पर लौटने के इरादे से मैदान में उतरेगी जबकि अय्यर बतौर कप्तान अपनी पहली टी20 सीरीज जीत दर्ज करने की कोशिश करेंगे।

    दोनों टीमों के बीच पिछली भिड़ंत टी20 विश्व कप 2026 में हुई थी जहां भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जिम्बाब्वे को 72 रन से हराया था। अब घरेलू मैदान पर जिम्बाब्वे उस हार का हिसाब चुकता करने की कोशिश करेगा जबकि भारत अपनी खोई हुई लय वापस पाने के लक्ष्य के साथ मैदान में उतरेगा।

  • भारत-जिम्बाब्वे टी20 सीरीज का रोमांच शुरू, इन पांच खिलाड़ियों का प्रदर्शन तय कर सकता है मुकाबले का रुख

    भारत-जिम्बाब्वे टी20 सीरीज का रोमांच शुरू, इन पांच खिलाड़ियों का प्रदर्शन तय कर सकता है मुकाबले का रुख


    नई दिल्ली । भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का आगाज गुरुवार से होने जा रहा है। इंग्लैंड दौरे के बाद टीम इंडिया अब नई चुनौती के लिए तैयार है। इस बार टीम की कमान श्रेयस अय्यर के हाथों में है और उनका लक्ष्य कप्तान के रूप में विजयी शुरुआत करना होगा। सीरीज में कई युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा साबित करने का मौका मिलेगा, जबकि कुछ अनुभवी चेहरे भी टीम की जीत में अहम भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं। ऐसे में पांच भारतीय खिलाड़ियों पर क्रिकेट प्रेमियों की खास नजर रहने वाली है।

    सबसे पहले बात करें युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की। इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले वैभव उम्मीदों के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर सके थे। लगातार तीन मैचों में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहने के बाद अब उनके पास जिम्बाब्वे के खिलाफ खुद को साबित करने का शानदार अवसर है। अपनी आक्रामक बल्लेबाजी के लिए पहचाने जाने वाले वैभव से टीम इंडिया को तेज शुरुआत की उम्मीद होगी।

    सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा भी इस सीरीज के सबसे अहम खिलाड़ियों में शामिल हैं। जिम्बाब्वे के खिलाफ उनका रिकॉर्ड शानदार रहा है और उन्होंने छह टी20 मुकाबलों में 179 रन बनाए हैं। हालांकि इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज के अंतिम तीन मैचों में उनका बल्ला शांत रहा था। ऐसे में वह इस दौरे पर दमदार वापसी करने के इरादे से उतरेंगे। अभिषेक के पास कई व्यक्तिगत रिकॉर्ड अपने नाम करने का भी मौका है।

    कप्तान श्रेयस अय्यर पर भी सभी की नजरें रहेंगी। हाल ही में इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में उन्होंने शानदार बल्लेबाजी की थी और अब उसी लय को टी20 प्रारूप में भी बरकरार रखना चाहेंगे। अय्यर की सबसे बड़ी ताकत परिस्थितियों के अनुसार बल्लेबाजी करना है। वह जरूरत पड़ने पर पारी को संभाल भी सकते हैं और तेजी से रन भी बना सकते हैं। कप्तान के तौर पर उनका प्रदर्शन टीम इंडिया के लिए बेहद महत्वपूर्ण होगा।

    तेज गेंदबाज प्रिंस यादव भी इस सीरीज में अहम भूमिका निभा सकते हैं। इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने अपनी रफ्तार और सटीक यॉर्कर से प्रभावित किया था, हालांकि विकेट उनकी उम्मीद के मुताबिक नहीं मिले। जिम्बाब्वे के खिलाफ वह नई गेंद और डेथ ओवरों दोनों में टीम के लिए प्रभावी साबित हो सकते हैं। उनकी गति विपक्षी बल्लेबाजों के लिए बड़ी चुनौती बन सकती है।

    वहीं तेज गेंदबाज मयंक यादव की वापसी भी क्रिकेट प्रेमियों के लिए उत्साह का विषय है। अपनी तेज रफ्तार के कारण आईपीएल में सुर्खियां बटोर चुके मयंक लंबे समय तक चोट से जूझते रहे हैं। अनुभवी गेंदबाजों की गैरमौजूदगी में उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका मिलने की संभावना है। यदि वह अपनी पुरानी लय में दिखाई देते हैं तो भारतीय गेंदबाजी आक्रमण को नई धार मिल सकती है।

    युवा और अनुभवी खिलाड़ियों के इस संतुलित संयोजन के साथ टीम इंडिया जिम्बाब्वे के खिलाफ जीत के इरादे से मैदान में उतरेगी। अब देखना होगा कि इन पांच खिलाड़ियों में कौन अपने प्रदर्शन से सबसे ज्यादा प्रभाव छोड़ता है और भारत को सीरीज में बढ़त दिलाने में अहम भूमिका निभाता है।

  • हरारे में होगी कांटे की टक्कर भारत और जिम्बाब्वे टी20 सीरीज पर सिकंदर रजा का बड़ा बयान जीत हार का फैसला करेगा प्रदर्शन

    हरारे में होगी कांटे की टक्कर भारत और जिम्बाब्वे टी20 सीरीज पर सिकंदर रजा का बड़ा बयान जीत हार का फैसला करेगा प्रदर्शन


    नई दिल्ली । भारत और जिम्बाब्वे के बीच 23 जुलाई से शुरू होने वाली तीन मैचों की टी20 सीरीज को लेकर क्रिकेट प्रेमियों में उत्साह बढ़ गया है। हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले जाने वाले इस मुकाबले से पहले जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि इस बार सीरीज पूरी तरह संतुलित रहेगी और दोनों टीमों के पास जीत हासिल करने के बराबर अवसर होंगे। रजा का मानना है कि मौजूदा परिस्थितियों में किसी भी टीम को कमजोर या मजबूत नहीं कहा जा सकता और मैदान पर बेहतर प्रदर्शन करने वाली टीम ही बाजी मारेगी।

    सिकंदर रजा ने कहा कि जिम्बाब्वे पिछले कुछ समय से लगातार प्रतिस्पर्धी क्रिकेट खेल रहा है और टीम का आत्मविश्वास पहले से कहीं ज्यादा मजबूत है। उन्होंने विश्वास जताया कि घरेलू परिस्थितियों का फायदा उनकी टीम को मिलेगा और दर्शकों को बेहद रोमांचक मुकाबले देखने को मिलेंगे। उनके अनुसार यह सीरीज किसी भी तरह से एकतरफा नहीं होगी क्योंकि दोनों टीमें बदलाव के दौर से गुजर रही हैं और नई रणनीतियों के साथ मैदान पर उतरेंगी।

    भारतीय टीम के लिए भी यह दौरा काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ लगातार टी20 सीरीज गंवाने के बाद टीम इंडिया जीत की राह पर लौटना चाहेगी। कप्तान श्रेयस अय्यर के सामने यह सीरीज खुद को साबित करने का बड़ा अवसर होगी। कप्तानी संभालने के बाद अब तक उन्हें सफलता नहीं मिली है इसलिए जिम्बाब्वे के खिलाफ सीरीज जीतना उनके लिए आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ टीम के मनोबल के लिए भी बेहद जरूरी माना जा रहा है।

    भारत और जिम्बाब्वे के बीच टी20 मुकाबलों का इतिहास देखें तो अब तक दोनों टीमों के बीच कुल दस मैच खेले गए हैं जिनमें भारत ने सात मुकाबलों में जीत दर्ज की है जबकि जिम्बाब्वे तीन बार जीत हासिल करने में सफल रहा है। आंकड़े भले ही भारत के पक्ष में हों लेकिन हाल के वर्षों में जिम्बाब्वे ने अपने प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार किया है और कई बड़ी टीमों को कड़ी चुनौती दी है। यही कारण है कि इस सीरीज को हल्के में नहीं लिया जा रहा।

    हरारे की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों के लिए संतुलित मानी जाती है। शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को मदद मिलती है जबकि बाद में बल्लेबाज खुलकर रन बना सकते हैं। ऐसे में दोनों टीमों की रणनीति और मैदान पर लिए गए फैसले जीत हार में अहम भूमिका निभाएंगे। भारतीय टीम जहां अपनी मजबूत बल्लेबाजी और अनुभवी खिलाड़ियों पर भरोसा करेगी वहीं जिम्बाब्वे घरेलू परिस्थितियों और टीम भावना के दम पर उलटफेर करने की कोशिश करेगा।

    भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज के मुकाबले 23 जुलाई 25 जुलाई और 26 जुलाई को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले जाएंगे। सभी मैच भारतीय समयानुसार शाम साढ़े चार बजे शुरू होंगे। क्रिकेट प्रशंसकों को उम्मीद है कि यह सीरीज रोमांच संघर्ष और बेहतरीन प्रदर्शन से भरपूर होगी तथा दोनों टीमों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिलेगी।

  • भारत के सामने सम्मान और नंबर-1 रैंकिंग बचाने की चुनौती, इंग्लैंड से आखिरी टी20 में निर्णायक भिड़ंत

    भारत के सामने सम्मान और नंबर-1 रैंकिंग बचाने की चुनौती, इंग्लैंड से आखिरी टी20 में निर्णायक भिड़ंत


    नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का आखिरी मुकाबला शनिवार को साउथैम्पटन के रोज बाउल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। सीरीज में 3-0 से पिछड़ चुकी भारतीय टीम के लिए यह मुकाबला केवल औपचारिक नहीं है। इस मैच में उसकी प्रतिष्ठा के साथ आईसीसी टी20 रैंकिंग में नंबर-1 स्थान भी दांव पर लगा है। यदि इंग्लैंड अंतिम मुकाबला जीतने में सफल रहता है तो वह भारत को पीछे छोड़ते हुए दुनिया की नंबर-1 टी20 टीम बन सकता है।

    श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारतीय टीम का प्रदर्शन पूरी सीरीज में उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा। बल्लेबाजी लगातार संघर्ष करती नजर आई। युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी मिले मौकों का फायदा नहीं उठा सके, जबकि अभिषेक शर्मा पिछले दो मैचों में बड़ी पारी खेलने में असफल रहे। ईशान किशन भी रन बनाने के लिए जूझते दिखाई दिए। तिलक वर्मा और अक्षर पटेल का बल्ला भी अब तक शांत रहा है।

    हालांकि चौथे मुकाबले में कप्तान श्रेयस अय्यर ने 49 गेंदों में 80 रन की शानदार पारी खेलकर अपनी फॉर्म का परिचय दिया, लेकिन उन्हें दूसरे बल्लेबाजों का अपेक्षित सहयोग नहीं मिल सका। गेंदबाजी विभाग में भी भारतीय टीम संघर्ष करती नजर आई है। अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा और प्रसिद्ध कृष्णा विपक्षी बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में सफल नहीं रहे। स्पिन आक्रमण में भी अक्षर पटेल और अन्य गेंदबाज अपेक्षित प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे।

    दूसरी ओर इंग्लैंड का प्रदर्शन पूरी सीरीज में संतुलित और प्रभावशाली रहा है। कप्तान हैरी ब्रूक ने उदाहरण पेश करते हुए चौथे टी20 में 35 गेंदों पर 79 रन की विस्फोटक पारी खेली। फिल साल्ट, जैकब बेथेल और टॉम बैंटन ने भी बल्लेबाजी में लगातार योगदान दिया है। गेंदबाजी में जोफ्रा आर्चर और जोश टंग ने नई गेंद से भारतीय बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया, जबकि अनुभवी स्पिनर आदिल राशिद ने मध्य ओवरों में विकेट निकालकर टीम को मजबूती दी।

    रोज बाउल की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों के लिए अनुकूल मानी जाती है। यहां गेंद अच्छी तरह बल्ले पर आती है, जिससे बड़े स्कोर बनने की संभावना रहती है। इस मैदान पर पहली पारी का औसत स्कोर लगभग 166 रन है, जबकि दूसरी पारी का औसत 138 रन रहा है। आंकड़े बताते हैं कि यहां पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम को अधिक सफलता मिली है। अब तक खेले गए 24 टी20 मुकाबलों में 16 मैच पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम ने जीते हैं, जबकि लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम को 8 मुकाबलों में जीत मिली है।

    मौसम भी क्रिकेट प्रेमियों के लिए राहत भरी खबर लेकर आया है। पूर्वानुमान के अनुसार साउथैम्पटन में शनिवार को आसमान साफ रहेगा और बारिश की संभावना बेहद कम है। ऐसे में पूरे 40 ओवर का मुकाबला होने की उम्मीद है।

    भारतीय टीम के लिए यह मैच सीरीज में सम्मानजनक विदाई के साथ-साथ अपनी नंबर-1 रैंकिंग बचाने का सुनहरा मौका भी है। वहीं इंग्लैंड इस जीत के साथ सीरीज पर पूरी तरह अपना दबदबा साबित करने और टी20 क्रिकेट की नई नंबर-1 टीम बनने के इरादे से मैदान में उतरेगा।

  • टीम इंडिया का बड़ा उलटफेर आयरलैंड ने 2-0 से किया क्लीन स्वीप इतिहास में पहली बार भारत हारा टी20 सीरीज

    टीम इंडिया का बड़ा उलटफेर आयरलैंड ने 2-0 से किया क्लीन स्वीप इतिहास में पहली बार भारत हारा टी20 सीरीज


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट टीम को बेलफास्ट में ऐसा झटका लगा जिसकी उम्मीद शायद ही किसी ने की होगी। सिविल सर्विस क्रिकेट क्लब में खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में आयरलैंड ने रोमांचक मुकाबले में भारत को महज 1 रन से हराकर दो मैचों की सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली। यह पहला मौका है जब भारत को टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में आयरलैंड के खिलाफ सीरीज में हार का सामना करना पड़ा। इससे पहले पहला मुकाबला भी आयरलैंड ने 34 रन से जीतकर भारत पर दबाव बना दिया था और दूसरे मैच में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया।

    टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी आयरलैंड की शुरुआत अच्छी नहीं रही। टीम ने 17 रन के स्कोर पर पहला विकेट गंवा दिया। इसके बाद रॉस अडायर और कप्तान लोर्कन टकर भी जल्दी पवेलियन लौट गए जिससे मेजबान टीम दबाव में नजर आई। हालांकि हैरी टेक्टर और बेंजामिन कैलिट्ज ने चौथे विकेट के लिए 65 रन जोड़कर पारी को संभाल लिया। टेक्टर ने संयमित बल्लेबाजी करते हुए 47 गेंदों में 53 रन बनाए जबकि कैलिट्ज ने सिर्फ 23 गेंदों पर 37 रन की तेजतर्रार पारी खेली। जॉर्ज डॉकरेल ने भी उपयोगी 19 रन जोड़े और आयरलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 8 विकेट पर 154 रन का प्रतिस्पर्धी स्कोर खड़ा किया।

    भारतीय गेंदबाजों में प्रिंस यादव सबसे सफल रहे जिन्होंने 3 विकेट हासिल किए। अर्शदीप सिंह और शिवम दुबे ने दो-दो विकेट लिए जबकि हर्षित राणा को एक सफलता मिली। गेंदबाजों ने वापसी जरूर कराई लेकिन बल्लेबाजों पर जिम्मेदारी आ गई।

    155 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। पहले ही ओवर में संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए। इसके बाद कप्तान श्रेयस अय्यर भी केवल 10 रन बनाकर चलते बने जबकि ईशान किशन भी 12 रन से आगे नहीं बढ़ सके। शुरुआती चार विकेट जल्दी गिरने से भारत पूरी तरह दबाव में आ गया।

    इसके बाद अक्षर पटेल और तिलक वर्मा ने पारी संभालने की कोशिश की। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए अहम साझेदारी निभाई लेकिन अक्षर 14 रन बनाकर आउट हो गए। तिलक वर्मा ने एक छोर संभाले रखा और 46 गेंदों में 55 रन की संघर्षपूर्ण अर्धशतकीय पारी खेली। शिवम दुबे ने 20 रन और हर्षित राणा ने 21 रन बनाकर मैच को रोमांचक बनाया लेकिन आखिरी क्षणों में भारतीय टीम जीत से सिर्फ एक रन दूर रह गई। निर्धारित 20 ओवर में भारत 9 विकेट पर 153 रन ही बना सका।

    आयरलैंड की ओर से जय मूंदड़ा और मैथ्यू हॉलार्ड ने तीन-तीन विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। मैथ्यू हम्फ्रीज और हैरी टेक्टर ने भी एक-एक विकेट हासिल कर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई।

    इस ऐतिहासिक जीत के साथ आयरलैंड ने न केवल पहली बार भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीती बल्कि 2-0 से क्लीन स्वीप कर अपनी सबसे बड़ी उपलब्धियों में एक और अध्याय जोड़ दिया। दूसरी ओर भारतीय टीम के लिए यह हार कई सवाल छोड़ गई है खासकर शीर्ष क्रम की नाकामी और बल्लेबाजी में निरंतरता की कमी को लेकर। अब टीम इंडिया की नजर इंग्लैंड दौरे पर होगी जहां उसे पांच टी20 और तीन वनडे मैचों की चुनौती का सामना करना है।

  • ऋतुराज गायकवाड़ का शतक, इंडिया ए ने श्रीलंका ए को दिया 278 का लक्ष्य

    ऋतुराज गायकवाड़ का शतक, इंडिया ए ने श्रीलंका ए को दिया 278 का लक्ष्य


    नई दिल्ली । श्रीलंका के दांबुला में खेले जा रहे ट्राई-नेशन ए सीरीज के पहले मुकाबले में India A ने मजबूत बल्लेबाजी करते हुए Sri Lanka A को 278 रनों का लक्ष्य दिया है। इस पारी का मुख्य आकर्षण रहे Ruturaj Gaikwad, जिन्होंने शानदार शतक लगाया।

    शुरुआत में लड़खड़ाई इंडिया ए
    टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंडिया ए की शुरुआत खराब रही। सलामी बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह सिर्फ 2 रन और वैभव सूर्यवंशी 14 रन बनाकर जल्दी आउट हो गए। टीम 16 रन पर दो विकेट खोकर दबाव में आ गई थी। इसके बाद प्रियांश आर्य और ऋतुराज गायकवाड़ ने पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन आर्य 32 रन बनाकर पवेलियन लौट गए।

    गायकवाड़–तिलक की बड़ी साझेदारी
    इसके बाद कप्तान Tilak Varma और गायकवाड़ ने पारी को स्थिर किया। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 150 रनों की शानदार साझेदारी की, जिसने मैच का रुख बदल दिया। गायकवाड़ ने 114 गेंदों में 101 रन की पारी खेली, जिसमें 6 चौके और 3 छक्के शामिल रहे। यह पारी खास इसलिए भी रही क्योंकि आईपीएल फॉर्म को लेकर चल रही आलोचनाओं के बीच उन्होंने बड़े मैच में शानदार वापसी की। तिलक वर्मा ने भी 97 गेंदों पर 60 रन बनाकर अहम योगदान दिया।

    मध्यक्रम का सहयोग और मजबूत स्कोर
    आयुष बडोनी ने 24 और सूर्यांश शेड्गे ने 26 रन जोड़कर स्कोर को आगे बढ़ाया। पूरी टीम ने 50 ओवर में 6 विकेट पर 277 रन बनाए।

    श्रीलंका ए की गेंदबाजी
    श्रीलंका की तरफ से मोहम्मद शिराज सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 2 विकेट लिए। उनके अलावा चमिका करुणारत्ने, गारुका संकेथ और वानुजा सहान को 1-1 सफलता मिली।

    अब गेंदबाजों पर नजर
    अब मैच का पूरा दारोमदार भारतीय गेंदबाजों पर होगा, जिसमें अंशुल कंबोज, अरशद खान, विपराज निगम और अनुकूल रॉय जैसे गेंदबाजों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है। अगर गेंदबाज लय में रहे तो इंडिया ए इस मुकाबले में जीत के साथ शुरुआत कर सकता है।

  • श्रीलंका की टीम को झटका, इंग्लैंड ने सीरीज में किया दबदबा कायम..

    श्रीलंका की टीम को झटका, इंग्लैंड ने सीरीज में किया दबदबा कायम..


    नई दिल्ली: T20 World Cup 2026 से पहले इंग्लैंड ने श्रीलंका के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए टी20 सीरीज में दबदबा कायम कर दिया है इंग्लैंड ने पहले दोनों मैच जीतकर 2-0 की अजेय बढ़त बना ली इससे पहले तीन मैचों की वनडे सीरीज में भी इंग्लैंड ने श्रीलंका को 2-1 से मात दी थी

    टी20 सीरीज का पहला मैच इंग्लैंड के नाम रहा जबकि दूसरा मैच बारिश से बाधित हुआ लेकिन इंग्लैंड ने संशोधित लक्ष्य छह विकेट से हासिल कर लिया श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में पांच विकेट पर 189 रन बनाए टॉप चार बल्लेबाजों ने अच्छी शुरुआत दी लेकिन टीम 200 का आंकड़ा पार नहीं कर सकी ओस और बारिश ने मैच की रणनीति पर असर डाला

    इंग्लैंड ने 190 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए तेज शुरुआत की खेल के 17 ओवर में उन्हें 168 रन का संशोधित लक्ष्य मिला इंग्लैंड ने यह लक्ष्य 16.4 ओवर में चार विकेट खोकर पूरा किया और मैच तथा सीरीज अपने नाम कर लीइंग्लैंड के गेंदबाजों में जोफ्रा आर्चर ने चार ओवर में दो विकेट लिए और 42 रन खर्च किए वहीं विल जैक्स, लियाम डॉसन और आदिल रशीद को एक-एक सफलता मिली बल्लेबाजी में टॉम बैंटन ने 33 गेंदों में 54 रन बनाए जोस बटलर ने 29 गेंदों में 39 रन किए कप्तान हैरी ब्रूक ने 12 गेंदों में 36 रन बनाए उनका स्ट्राइक रेट तीन सौ रहा जिसमें दो चौके और चार छक्के शामिल थे सैम करन ने 14 गेंदों में 20 रन बनाए

    श्रीलंका की ओर से पवन रथनायके टॉप स्कोरर रहे जिन्होंने 22 गेंदों में 40 रन बनाए कामिल मिशारा ने 36 रन, पथुम निसंका 34 रन और कुसल मेंडिस 32 रन ही जोड़ पाए इस हार के साथ श्रीलंका की टी20 वर्ल्ड कप की तैयारियों को बड़ा झटका लगा इंग्लैंड ने टी20 सीरीज में दबदबा कायम कर अपनी ताकत दिखाईश्रीलंका के खिलाड़ी अब घर लौटकर अपनी रणनीति और प्रदर्शन सुधारने पर ध्यान देंगे वहीं इंग्लैंड की टीम आत्मविश्वास के साथ आगामी टूर्नामेंट्स की तैयारी में जुट जाएगी इस सीरीज के परिणाम ने यह स्पष्ट कर दिया कि इंग्लैंड किसी भी हालात में दबदबा बनाए रखने में सक्षम है और श्रीलंका को अपनी कमजोरियों पर तुरंत काम करने की आवश्यकता है

  • वायरल वीडियो: हार्दिक पांड्या-मुरली कार्तिक की बहस, क्या सच में हुआ ‘भयंकर झगड़ा’?

    वायरल वीडियो: हार्दिक पांड्या-मुरली कार्तिक की बहस, क्या सच में हुआ ‘भयंकर झगड़ा’?


    नई दिल्ली। भारत और न्यूजीलैंड के बीच चल रही पांच मैचों की टी20 सीरीज के दौरान सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें टीम इंडिया के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या और पूर्व गेंदबाज मुरली कार्तिक के बीच तीखी बहस दिखाई दे रही है। वीडियो में दोनों के बीच बातचीत धीरे-धीरे गहमागहमी की स्थिति तक पहुंचती दिख रही है, जिससे यह अंदेशा बढ़ रहा है कि दोनों के बीच झगड़ा हो गया है।
    वीडियो में हार्दिक पांड्या अभ्यास के लिए मैदान पर आते नजर आते हैं। जैसे ही वे मैदान पर प्रवेश करते हैं, मुरली कार्तिक से उनकी बातचीत शुरू होती है। शुरुआत में बातचीत सामान्य दिखती है, लेकिन कुछ ही देर बाद दोनों के बीच टोन तेज और गंभीर हो जाता है। वीडियो के कुछ हिस्सों में ऐसा भी दिखाई देता है कि हार्दिक बातचीत के दौरान कुछ दूरी पर चले जाते हैं, फिर वापस आकर मुरली कार्तिक के साथ फिर से बात करते हैं। इस वजह से सोशल मीडिया पर यह चर्चा तेज हो गई कि कहीं यह ‘कड़वी बहस’ किसी बड़ी लड़ाई की शुरुआत तो नहीं।
    https://twitter.com/CricketCentrl/status/2014699202862055795

    वीडियो को शेयर करने वालों ने दावा किया कि यह रायपुर में खेले गए दूसरे टी20 मैच से पहले का है और हार्दिक पांड्या मुरली कार्तिक पर नाराज दिखे। हालांकि, इस बात की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई कि दोनों के बीच सच में झगड़ा हुआ या यह केवल बातचीत थी। टीम इंडिया के भीतर अभ्यास और रणनीति पर चर्चा अक्सर तीखी दिख सकती है, इसलिए केवल वीडियो के आधार पर निष्कर्ष निकालना सही नहीं माना जा रहा है।

    जहां तक हार्दिक पांड्या के प्रदर्शन की बात है, उन्होंने इस सीरीज में अब तक बल्ले और गेंद दोनों से योगदान दिया है। पहले टी20 (नागपुर) में हार्दिक ने 25 रन बनाए और 1 विकेट लिया। दूसरे टी20 में उन्हें बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला, लेकिन गेंदबाजी में उन्होंने 1 विकेट अपने नाम किया।

    फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वायरल वीडियो की असलियत क्या है, लेकिन सोशल मीडिया पर इस बहस ने क्रिकेट प्रेमियों के बीच चर्चा का नया विषय बना दिया है।