Author: bharati

  • एचडीएफसी बैंक में बड़ा कदम इस्तीफे की जांच के लिए बाहरी लॉ फर्म की नियुक्ति

    एचडीएफसी बैंक में बड़ा कदम इस्तीफे की जांच के लिए बाहरी लॉ फर्म की नियुक्ति


    नई दिल्ली:HDFC Bank ने अपने पूर्व अंशकालिक अध्यक्ष और स्वतंत्र निदेशक अतानु चक्रवर्ती के इस्तीफे को लेकर एक बड़ा कदम उठाया है। बैंक ने इस पूरे मामले की जांच के लिए बाहरी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कानूनी फर्मों की नियुक्ति को मंजूरी दी है। यह निर्णय बैंक के बोर्ड की 23 मार्च को हुई बैठक में लिया गया।

    बैंक की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि इस जांच का उद्देश्य इस्तीफे की परिस्थितियों को स्पष्ट करना और गवर्नेंस से जुड़े मानकों को और मजबूत बनाना है। कानूनी फर्मों को निर्देश दिया गया है कि वे चक्रवर्ती के इस्तीफा पत्र की गहराई से समीक्षा करें और एक तय समय सीमा के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करें।

    गौरतलब है कि अतानु चक्रवर्ती ने 18 मार्च को तत्काल प्रभाव से अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। अपने इस्तीफे में उन्होंने संकेत दिया था कि पिछले दो वर्षों में बैंक के भीतर कुछ ऐसे घटनाक्रम हुए जो उनके व्यक्तिगत मूल्यों और नैतिकता के अनुरूप नहीं थे। हालांकि उन्होंने किसी विशिष्ट घटना का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया।

    बाद में उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका इस्तीफा किसी गड़बड़ी या कदाचार के कारण नहीं बल्कि विचारधाराओं और दृष्टिकोण में मतभेद के चलते लिया गया है। वे वर्ष 2021 में बैंक के बोर्ड में शामिल हुए थे और अपने कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण फैसलों में शामिल रहे।

    इस बीच Reserve Bank of India ने बैंक के संचालन को सुचारू बनाए रखने के लिए केकी मिस्त्री को तीन महीने के लिए अंतरिम अंशकालिक अध्यक्ष नियुक्त करने की मंजूरी दी है। उन्होंने यह संकेत भी दिया है कि चक्रवर्ती के जाने के बाद बैंक के संचालन पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा।

    बैंक ने यह भी स्पष्ट किया है कि बाहरी जांच का उद्देश्य केवल पारदर्शिता और मजबूत कॉर्पोरेट गवर्नेंस को सुनिश्चित करना है। यह कदम निवेशकों और ग्राहकों के भरोसे को बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

    इसके साथ ही रिपोर्ट्स के मुताबिक बैंक ने अपने विदेशी कारोबार से जुड़े एनआरआई ग्राहकों को हाई-रिस्क एटी1 बॉन्ड की बिक्री के मामले में भी सख्त कार्रवाई की है। आंतरिक जांच के बाद बैंक ने तीन कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है, जिनमें वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हैं।

    शेयर बाजार में HDFC Bank के शेयर में हलचल देखने को मिली। मंगलवार दोपहर 12 बजे बैंक का शेयर 1.79 प्रतिशत की बढ़त के साथ 757.45 रुपये पर कारोबार कर रहा था। हालांकि बीते एक सप्ताह में शेयर में 9 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है।

     यह मामला बैंक के भीतर गवर्नेंस और पारदर्शिता को लेकर उठे सवालों के बीच एक अहम कदम माना जा रहा है। बाहरी जांच के बाद आने वाली रिपोर्ट से ही इस पूरे प्रकरण पर और स्पष्टता मिलने की उम्मीद है।

  • आईपीएल 2026 में लखनऊ सुपर जायंट्स की सबसे बड़ी चुनौती मिडिल ऑर्डर बन सकता है

    आईपीएल 2026 में लखनऊ सुपर जायंट्स की सबसे बड़ी चुनौती मिडिल ऑर्डर बन सकता है

    नई दिल्ली: Indian Premier League के आगामी सीजन में Lucknow Super Giants एक बार फिर अपने पहले खिताब की तलाश में मैदान में उतरेगी। टीम की कमान ऋषभ पंत के हाथों में है और फैंस को इस बार उनसे बड़े प्रदर्शन की उम्मीद है। हालांकि टीम का संतुलन देखते हुए मिडिल ऑर्डर एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आ सकता है।

    पिछले सीजन में लखनऊ सुपर जायंट्स का प्रदर्शन उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा था। टीम ने 14 में से केवल 6 मुकाबले जीते और प्लेऑफ में जगह बनाने में असफल रही। इस बार टीम ने कई बदलाव किए हैं और टॉप ऑर्डर को काफी मजबूत किया है। एडेन मार्करम निकोलस पूरन और मिचेल मार्श जैसे खिलाड़ियों की मौजूदगी से टीम की बल्लेबाजी को मजबूती मिली है। इन खिलाड़ियों ने पिछले सीजन में भी बेहतरीन प्रदर्शन किया था।

    लेकिन चिंता की बात टीम का मिडिल ऑर्डर है जहां अनुभव की कमी साफ दिखाई देती है। कप्तान पंत के साथ आयुष बदोनी अब्दुल समद और शाहबाज अहमद जैसे खिलाड़ियों को जिम्मेदारी निभानी होगी। इसके अलावा युवा बल्लेबाज मैथ्यू ब्रीत्जके से भी टीम को अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है।

    गेंदबाजी के मामले में लखनऊ सुपर जायंट्स काफी मजबूत नजर आ रही है। मोहम्मद शमी आवेश खान मयंक यादव और एनरिक नॉर्टजे किसी भी मजबूत बल्लेबाजी क्रम को ध्वस्त करने की क्षमता रखते हैं। स्पिन विभाग की जिम्मेदारी दिग्वेश राठी के कंधों पर होगी जिन्होंने पिछले सीजन में अपनी गेंदबाजी से प्रभावित किया था।

    टीम के लिए एक और चिंता वानिंदु हसरंगा की फिटनेस है। अगर वे पूरी तरह फिट रहते हैं तो टीम को संतुलन मिलेगा और मिडिल ऑर्डर की कमजोरी कुछ हद तक कम हो सकती है।

    लखनऊ की सबसे बड़ी समस्या यह भी है कि उनकी बल्लेबाजी विदेशी खिलाड़ियों पर काफी निर्भर नजर आती है। पिछले सीजन में यही कमजोरी टीम को भारी पड़ी थी और इस बार भी अगर मिडिल ऑर्डर ने जिम्मेदारी नहीं निभाई तो टीम का खिताब जीतने का सपना अधूरा रह सकता है।

    लखनऊ सुपर जायंट्स के पास एक मजबूत टीम है लेकिन खिताब जीतने के लिए उन्हें अपने मिडिल ऑर्डर को बेहतर करना होगा। अगर यह कमी दूर हो जाती है तो टीम आईपीएल 2026 में खिताब की प्रबल दावेदार बन सकती है।

    🏷️ Tags

  • अनकैप्ड खिलाड़ियों पर नजर आईपीएल 2026 में ये 5 नाम कर सकते हैं बड़ा कमाल

    अनकैप्ड खिलाड़ियों पर नजर आईपीएल 2026 में ये 5 नाम कर सकते हैं बड़ा कमाल


    नई दिल्ली:
    Indian Premier League को हमेशा से ही युवा और अनकैप्ड खिलाड़ियों के लिए खुद को साबित करने का सबसे बड़ा मंच माना जाता है। हर सीजन की तरह इस बार भी कई ऐसे नए चेहरे मैदान में उतरने के लिए तैयार हैं जो अपने प्रदर्शन से सभी को चौंका सकते हैं। आईपीएल में कई बार ऐसे खिलाड़ी उभरकर सामने आए हैं जिन्होंने अपने खेल से न सिर्फ टीम में जगह बनाई बल्कि देश के लिए भी खेलने का मौका हासिल किया।

    इस बार सबसे ज्यादा चर्चा प्रशांत किशोर की हो रही है जिन्हें Chennai Super Kings ने ऑक्शन में 14.2 करोड़ रुपये की बड़ी बोली लगाकर खरीदा है। प्रशांत निचले क्रम में तेजतर्रार बल्लेबाजी के साथ साथ बाएं हाथ की स्पिन गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं। पिछले घरेलू सीजन में उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 155 के स्ट्राइक रेट से 320 रन बनाए और गेंदबाजी में भी 6.69 की इकॉनमी के साथ 8 विकेट लिए। माना जा रहा है कि वे टीम में एक ऑलराउंडर की भूमिका निभा सकते हैं।

    दूसरी ओर आकिब नबी डार भी इस सीजन में सुर्खियों में हैं। रणजी ट्रॉफी में उनके शानदार प्रदर्शन ने जम्मू कश्मीर को पहली बार चैंपियन बनाने में अहम भूमिका निभाई। आकिब अपनी रफ्तार और सटीक लाइन लेंथ के लिए जाने जाते हैं और वे Delhi Capitals के लिए खेलते हुए नजर आएंगे।

    तेज गेंदबाज अशोक शर्मा ने भी घरेलू टी20 लीग में अपनी रफ्तार से सभी को प्रभावित किया है। उन्होंने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में 150 किमी प्रति घंटे की गति से गेंदबाजी करते हुए 22 विकेट झटके थे। इस प्रदर्शन के दम पर उन्हें Gujarat Titans ने अपनी टीम में शामिल किया है और उनसे इस सीजन में बड़ी उम्मीदें लगाई जा रही हैं।

    विकेटकीपर बल्लेबाज मुकुल चौधरी भी इस लिस्ट में शामिल हैं जिन्हें Lucknow Super Giants ने खरीदा है। मुकुल राजस्थान से घरेलू क्रिकेट खेलते हैं और अपनी आक्रामक बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने घरेलू सीजन में 200 के स्ट्राइक रेट से 173 रन बनाकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया था।

    इसके अलावा कार्तिक शर्मा भी Chennai Super Kings के लिए अहम खिलाड़ी साबित हो सकते हैं। कार्तिक अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और लंबे-लंबे छक्कों के लिए जाने जाते हैं। उनकी आक्रामक शैली उन्हें मैच का रुख बदलने वाला खिलाड़ी बनाती है और अगर उन्हें सही मौके मिले तो वे इस सीजन के बड़े सरप्राइज पैकेज साबित हो सकते हैं।

    आईपीएल 2026 में इन युवा खिलाड़ियों पर सबकी नजर रहने वाली है। ये सभी खिलाड़ी अगर अपने प्रदर्शन को दोहराने में सफल रहते हैं तो यह सीजन उनके करियर के लिए टर्निंग पॉइंट साबित हो सकता है और वे आने वाले समय में क्रिकेट के बड़े सितारे बन सकते हैं।
  • सोना-चांदी में तेज गिरावट मजबूत डॉलर, ने बिगाड़ा बाजार का खेल

    सोना-चांदी में तेज गिरावट मजबूत डॉलर, ने बिगाड़ा बाजार का खेल


    नई दिल्ली:वैश्विक बाजार में मजबूत होते अमेरिकी डॉलर का सीधा असर सोना और चांदी की कीमतों पर देखने को मिल रहा है। मंगलवार को दोनों कीमती धातुओं में तेज गिरावट दर्ज की गई और कीमतें लगभग 4.3 प्रतिशत तक फिसल गईं।

    घरेलू बाजार में MCX पर सोने के अप्रैल 2026 कॉन्ट्रैक्ट में सुबह 10:34 बजे तक 2094 रुपये यानी करीब 1.50 प्रतिशत की गिरावट देखी गई और यह 1,37,166 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। दिन के दौरान सोने ने 1,36,684 रुपये का न्यूनतम स्तर और 1,38,450 रुपये का उच्चतम स्तर छुआ।

    वहीं चांदी में गिरावट और भी ज्यादा रही। MCX पर मई 2026 के कॉन्ट्रैक्ट में चांदी करीब 9837 रुपये यानी 4.37 प्रतिशत टूटकर 2,15,330 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। दिनभर के कारोबार में चांदी ने 2,15,330 रुपये का निचला स्तर और 2,19,658 रुपये का ऊपरी स्तर देखा।

    इस गिरावट के पीछे सबसे बड़ा कारण मजबूत होता अमेरिकी डॉलर माना जा रहा है। डॉलर इंडेक्स, जो कि दुनिया की प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले डॉलर की मजबूती को दर्शाता है, इस समय करीब 0.51 प्रतिशत की तेजी के साथ 99.23 के स्तर पर पहुंच गया है। डॉलर की मजबूती के चलते अन्य मुद्राओं में निवेश करने वाले निवेशकों के लिए सोना महंगा हो जाता है जिससे इसकी मांग घटती है और कीमतों पर दबाव बढ़ता है।

    अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोना और चांदी दोनों पर दबाव बना हुआ है। सोना 1.67 प्रतिशत की गिरावट के साथ 4356 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया है जबकि चांदी करीब 3.78 प्रतिशत टूटकर 66.73 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही है।

    पिछले कुछ समय से कीमती धातुओं में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है। डॉलर में देखें तो बीते एक सप्ताह में सोना 13 प्रतिशत से अधिक और पिछले एक महीने में 15 प्रतिशत से ज्यादा फिसल चुका है। वहीं चांदी में गिरावट और भी तेज रही है जहां एक सप्ताह में 16 प्रतिशत से ज्यादा और एक महीने में 24 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है।

    विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक डॉलर मजबूत बना रहेगा और ब्याज दरें ऊंची बनी रहेंगी तब तक सोना और चांदी पर दबाव बना रह सकता है। हालांकि बाजार में अस्थिरता के बीच निवेशकों के लिए यह समय सतर्क रहने और सोच-समझकर निवेश करने का है।

  • जब रिहर्सल बना इतिहास ,श्रेया घोषाल का पहला ही गाना दिला गया नेशनल अवॉर्ड

    जब रिहर्सल बना इतिहास ,श्रेया घोषाल का पहला ही गाना दिला गया नेशनल अवॉर्ड


    नई दिल्ली । बॉलीवुड की दुनिया में कुछ कहानियां ऐसी होती हैं जो किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं लगती और श्रेया घोषाल की शुरुआत भी कुछ ऐसी ही रही महज 16 साल की उम्र में उनकी जिंदगी ने ऐसा मोड़ लिया जिसने उन्हें सीधे देश की सबसे बड़ी गायिकाओं की कतार में खड़ा कर दिया

    यह कहानी शुरू होती है संजय लीला भंसाली की फिल्म देवदास से जब भंसाली एक नई और ताजा आवाज की तलाश में थे तभी उनकी नजर श्रेया घोषाल पर पड़ी उन्होंने श्रेया को फिल्म के एक खास गाने के लिए चुना जिसका नाम था बैरी पिया यह गाना फिल्म में ऐश्वर्या राय और शाहरुख खान पर फिल्माया गया था और इसकी धुन और भावनाओं को जीवंत करने के लिए एक मासूम लेकिन मजबूत आवाज की जरूरत थी

    इस गाने से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा आज भी लोगों को हैरान कर देता है जब श्रेया पहली बार रिकॉर्डिंग स्टूडियो पहुंचीं तो उन्हें यह बताया गया कि यह सिर्फ एक तरह का ट्रायल या प्रैक्टिस सेशन है उन्होंने बिना किसी दबाव के हेडफोन लगाया और गाना शुरू कर दिया उनकी आवाज में सहजता और मासूमियत इतनी स्वाभाविक थी कि हर सुर दिल को छू रहा था बीच में जब वे रुकीं तो भंसाली ने उन्हें गाना जारी रखने को कहा और श्रेया ने बिना यह सोचे कि यह असली रिकॉर्डिंग है पूरा गाना गा दिया

    स्टूडियो में मौजूद सभी लोग उस वक्त हैरान रह गए थे क्योंकि एक किशोरी की आवाज में इतनी परिपक्वता और भावनात्मक गहराई कम ही देखने को मिलती है खास बात यह रही कि जिस टेक को श्रेया केवल प्रैक्टिस समझकर गा रही थीं वही टेक इतना परफेक्ट निकला कि उसे ही फिल्म का फाइनल वर्जन बना दिया गया इस गाने में उनके साथ उदित नारायण की आवाज भी थी जिसने इस गीत को और भी खास बना दिया

    जब फिल्म रिलीज हुई तो यह गाना लोगों के दिलों में बस गया और श्रेया घोषाल रातों रात एक बड़ा नाम बन गईं उनकी आवाज की मिठास और भावनाओं की सच्चाई ने उन्हें बाकी गायकों से अलग पहचान दिलाई सबसे बड़ी बात यह रही कि अपने पहले ही बॉलीवुड गाने के लिए उन्हें नेशनल अवॉर्ड से सम्मानित किया गया जो किसी भी नए कलाकार के लिए एक असाधारण उपलब्धि मानी जाती है

    इस एक गाने ने श्रेया के करियर की दिशा पूरी तरह बदल दी इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और एक के बाद एक हिट गाने देकर खुद को बॉलीवुड की सबसे भरोसेमंद और प्रतिभाशाली गायिकाओं में शामिल कर लिया आज भी जब देवदास के गानों की बात होती है तो बैरी पिया सबसे पहले याद आता है और उसके पीछे होती है एक 16 साल की लड़की की वह आवाज जिसने बिना किसी दबाव के सिर्फ दिल से गाकर इतिहास रच दिया

  • अप्रैल में एंटरटेनमेंट का तूफान सलमान अक्षय से लेकर रोमांस और हॉरर का जबरदस्त कॉम्बो

    अप्रैल में एंटरटेनमेंट का तूफान सलमान अक्षय से लेकर रोमांस और हॉरर का जबरदस्त कॉम्बो

    नई दिल्ली:  मार्च का महीना बॉक्स ऑफिस पर फिल्म धुरंधर: द रिवेंज के नाम रहा जिसने न सिर्फ देश में बल्कि विदेशों में भी शानदार प्रदर्शन किया। आदित्य धर के निर्देशन में बनी इस स्पाई एक्शन थ्रिलर ने अपने ओपनिंग वीकेंड में इंटरनेशनल मार्केट में बेहतरीन कमाई करते हुए दर्शकों का दिल जीत लिया है। अब मार्च की इस सफलता के बाद अप्रैल महीने में भी बॉलीवुड दर्शकों के लिए मनोरंजन का पूरा पैकेज लेकर तैयार है।

    अप्रैल में अलग अलग जॉनर की फिल्में रिलीज होने जा रही हैं जिनमें एक्शन रोमांस हॉरर कॉमेडी और पीरियड ड्रामा शामिल हैं। सबसे पहले बात करें आवारापन 2 की जो 3 अप्रैल को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। इमरान हाशमी इस फिल्म में मुख्य भूमिका में नजर आएंगे और यह फिल्म इमोशन एक्शन और प्यार से भरी कहानी पेश करेगी।

    इसके बाद भूत बंगला 10 अप्रैल को रिलीज होने जा रही है। इस हॉरर कॉमेडी फिल्म में अक्षय कुमार के साथ तब्बू और परेश रावल भी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। फिल्म में डर और कॉमेडी का दिलचस्प मिश्रण देखने को मिलेगा जो दर्शकों को एंटरटेनमेंट का नया अनुभव देगा।

    इसी दिन स्वयंभू भी रिलीज होगी जो एक पीरियड एक्शन फिल्म है। निखिल सिद्धार्थ स्टारर यह फिल्म अपने भव्य विजुअल्स और वीएफएक्स के कारण चर्चा में है और इसे दो भागों में रिलीज करने की योजना है।

    डकैत: ए लव स्टोरी भी 10 अप्रैल को ही सिनेमाघरों में आएगी। इस फिल्म में अदिवी शेष और मृणाल ठाकुर नजर आएंगे। यह फिल्म प्यार और बदले की कहानी को एक्शन के साथ पेश करती है।

    अप्रैल में सबसे चर्चित फिल्मों में Battle of Galwan भी शामिल है जिसे फिलहाल सलमान खान की बड़ी फिल्मों में गिना जा रहा है। यह फिल्म गलवान घाटी में हुई भारत चीन की वास्तविक घटना पर आधारित है और इसमें सैनिकों की बहादुरी को दिखाया जाएगा। हालांकि इसकी रिलीज डेट अभी आधिकारिक तौर पर घोषित नहीं हुई है।

    इसके अलावा गिन्नी वेड्स सनी 2 24 अप्रैल को रिलीज होगी जो एक रोमांटिक कॉमेडी फिल्म है। अविनाश तिवारी और मेधा शंकर इस फिल्म में मुख्य भूमिका निभाएंगे और यह फिल्म रिश्तों और प्यार की हल्की फुल्की कहानी को दिखाएगी।

    हॉरर पसंद करने वालों के लिए द वॉर्डरोब भी 24 अप्रैल को रिलीज होगी। इस फिल्म में डर और सस्पेंस का ऐसा माहौल देखने को मिलेगा जो दर्शकों को सीट से बांधे रखेगा। इसमें रजनीश दुग्गल और दिव्या अग्रवाल मुख्य किरदार निभाते नजर आएंगे।

    कुल मिलाकर अप्रैल का महीना फिल्मों के लिहाज से बेहद खास रहने वाला है। जहां एक ओर बड़े स्टार्स की फिल्में दर्शकों को आकर्षित करेंगी वहीं अलग अलग जॉनर की फिल्मों से हर तरह के दर्शकों को मनोरंजन का भरपूर मौका मिलेगा।

  • धुरंधर 2 पर रजनीकांत की मुहर बोले हर भारतीय जरूर देखे यह फिल्म

    धुरंधर 2 पर रजनीकांत की मुहर बोले हर भारतीय जरूर देखे यह फिल्म


    नई दिल्ली । साउथ सिनेमा के दिग्गज सुपरस्टार रजनीकांत ने हाल ही में फिल्म धुरंधर 2 को लेकर ऐसा बयान दिया है जिसने सोशल मीडिया पर हलचल मचा दी है अपने खास अंदाज और बेबाक राय के लिए मशहूर रजनीकांत ने फिल्म देखने के बाद खुलकर इसकी तारीफ की और इसे हर भारतीय के लिए मस्ट वॉच बता दिया

    सोमवार को अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट करते हुए रजनीकांत ने लिखा कि यह फिल्म बेहद शानदार है और इसके निर्देशक आदित्य धर को उन्होंने बॉक्स ऑफिस का बाप तक कह दिया उनके इस बयान ने फिल्म के प्रति लोगों की उत्सुकता और भी बढ़ा दी है उन्होंने फिल्म के लीड स्टार रणवीर सिंह के साथ पूरी कास्ट और क्रू को भी बधाई दी और देशभक्ति के जज्बे के साथ जय हिंद लिखकर अपनी बात खत्म की

    फिल्म के बॉक्स ऑफिस आंकड़ों की बात करें तो धुरंधर 2 पहले ही जबरदस्त कमाई कर चुकी है भारत में इसका नेट कलेक्शन 500 करोड़ रुपये के पार पहुंच चुका है वहीं वर्ल्डवाइड यह फिल्म 800 करोड़ रुपये के करीब पहुंच गई है यह आंकड़े साफ बताते हैं कि दर्शकों के बीच इस फिल्म का जबरदस्त क्रेज बना हुआ है

    रजनीकांत की इस तारीफ पर निर्देशक आदित्य धर भी खुद को रोक नहीं पाए और उन्होंने कमेंट सेक्शन में बेहद भावुक अंदाज में जवाब दिया आदित्य ने लिखा कि उन्होंने बचपन से लेकर आज तक मनोरंजन का असली पैमाना सिर्फ रजनीकांत को ही माना है उन्होंने यह भी कहा कि रजनीकांत ने दशकों तक लोगों को हंसाया रुलाया और सिनेमा का असली जादू दिखाया है ऐसे में उनका यह कहना कि धुरंधर 2 मस्ट वॉच है उनके लिए किसी बड़े सम्मान और आशीर्वाद से कम नहीं है

    आदित्य धर ने अपने जवाब में यह भी लिखा कि यह उनके लिए एक सुपरस्टार मोमेंट है और वह शब्दों में अपनी खुशी जाहिर नहीं कर सकते उन्होंने दिल से धन्यवाद देते हुए कहा कि जिस शख्स ने उन्हें बड़े सपने देखना सिखाया वही आज उनकी फिल्म की सराहना कर रहा है यह उनके लिए अविश्वसनीय अनुभव है

    रजनीकांत का यह पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और हजारों फैंस ने इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी कई लोगों ने फिल्म देखने की इच्छा जाहिर की तो कई यूजर्स ने रजनीकांत का शुक्रिया अदा किया कि उन्होंने फिल्म को इतना बड़ा समर्थन दिया

    फिल्म की कहानी की बात करें तो धुरंधर 2 पहले पार्ट की कहानी को आगे बढ़ाती है इसमें दिखाया गया है कि रणवीर सिंह का किरदार कैसे एक खतरनाक और प्रभावशाली शख्स हमजा अली मजारी बनने के लिए तैयार होता है फिल्म में एक्शन इमोशन और देशभक्ति का जबरदस्त मिश्रण देखने को मिलता है

    कुल मिलाकर रजनीकांत की तारीफ ने धुरंधर 2 को एक नई ऊंचाई दे दी है और यह साफ हो गया है कि यह फिल्म सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर ही नहीं बल्कि दिग्गज कलाकारों के दिलों में भी अपनी खास जगह बना चुकी है

  • शेयर बाजार में जोरदार उछाल सेंसेक्स 1500 अंक उछला बैंक और डिफेंस स्टॉक्स चमके

    शेयर बाजार में जोरदार उछाल सेंसेक्स 1500 अंक उछला बैंक और डिफेंस स्टॉक्स चमके


    नई दिल्ली:मध्य पूर्व में तनाव कम होने के संकेतों के बीच भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को मजबूत शुरुआत की और निवेशकों के बीच उत्साह का माहौल देखने को मिला। बाजार खुलते ही प्रमुख सूचकांकों में जबरदस्त उछाल दर्ज किया गया।

    बेंचमार्क इंडेक्स SENSEX 1516.08 अंक यानी 2.09 प्रतिशत की बढ़त के साथ 74212.47 के स्तर पर खुला। वहीं NIFTY 50 365.80 अंक यानी 1.62 प्रतिशत की तेजी के साथ 22878.45 पर पहुंच गया। इस तेजी ने पूरे बाजार में सकारात्मक माहौल बना दिया।

    शुरुआती कारोबार में लगभग सभी सेक्टर हरे निशान में नजर आए और चौतरफा खरीदारी देखने को मिली। खासतौर पर निफ्टी पीएसयू बैंक, निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी ऑटो, निफ्टी मेटल और निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स जैसे सेक्टर टॉप गेनर्स की लिस्ट में शामिल रहे।

    लार्जकैप के साथ साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी मजबूती देखने को मिली। NIFTY Midcap 100 करीब 772 अंक यानी 1.47 प्रतिशत की बढ़त के साथ 53490 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं NIFTY Smallcap 100 भी 219 अंक यानी 1.45 प्रतिशत की तेजी के साथ 15318 पर कारोबार करता नजर आया। इससे साफ है कि बाजार में केवल बड़े शेयर ही नहीं बल्कि छोटे और मिड साइज कंपनियों में भी निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी है।

    ब्रोकरेज हाउस चॉइस ब्रोकिंग के टेक्निकल एनालिस्ट आकाश शाह के अनुसार निफ्टी फिलहाल अपने शॉर्ट टर्म सपोर्ट जोन से नीचे ट्रेड कर रहा है जिससे बाजार का रुझान अभी कमजोर बना हुआ है। उन्होंने बताया कि 22650 से 22700 के स्तर पर मजबूत रुकावट देखी जा रही है जबकि 22300 से 22400 के बीच सपोर्ट जोन है। अगर यह स्तर टूटता है तो आने वाले समय में बाजार में गिरावट और गहरी हो सकती है।

    सेंसेक्स पैक में कई बड़े स्टॉक्स ने मजबूती दिखाई। एशियन पेंट्स, इंडिगो, ट्रेंट, टाइटन, बीईएल, अल्ट्राटेक सीमेंट, एलएंडटी, अदाणी पोर्ट्स, टेक महिंद्रा, कोटक महिंद्रा, एचडीएफसी बैंक, टाटा स्टील, बजाज फिनसर्व, मारुति सुजुकी और एसबीआई जैसे शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। केवल पावर ग्रिड एकमात्र ऐसा शेयर रहा जो लाल निशान में ट्रेड कर रहा था।

    ग्लोबल मार्केट की बात करें तो एशियाई बाजारों में भी तेजी देखने को मिली। टोक्यो, शंघाई, हांगकांग, बैंकॉक और सोल जैसे प्रमुख बाजार हरे निशान में खुले। वहीं अमेरिकी बाजार भी सोमवार को मजबूती के साथ बंद हुए थे जहां डाओ और नैस्डैक इंडेक्स में करीब 1.38 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज की गई।

    बाजार में आई इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण मध्य पूर्व में तनाव कम होने के संकेत और वैश्विक स्तर पर बेहतर निवेश माहौल को माना जा रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार अमेरिकी पक्ष द्वारा ईरान के पावर प्लांट्स पर संभावित हमले को फिलहाल टालने के फैसले से तनाव में कमी आई है, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा है और बाजार में खरीदारी तेज हुई है।

  • कलयुग के 5 जागृत देवी देवता संकट में तुरंत सुनते हैं भक्त की पुकार

    कलयुग के 5 जागृत देवी देवता संकट में तुरंत सुनते हैं भक्त की पुकार


    नई दिल्ली । कलयुग को अक्सर ऐसा समय माना जाता है जब भक्ति और साधना का प्रभाव कम हो गया है और लोगों को भगवान के साक्षात दर्शन मिलना दुर्लभ हो गया है लेकिन धर्म शास्त्रों और जनमान्यताओं के अनुसार आज भी कुछ ऐसे देवी देवता हैं जिन्हें जागृत माना जाता है यानी वे अपने भक्तों के बीच उपस्थित हैं और सच्चे मन से की गई प्रार्थना को तुरंत स्वीकार करते हैं ऐसे देवताओं की भक्ति करने से जीवन के बड़े से बड़े संकट भी दूर हो सकते हैं

    सबसे पहले नाम आता है संकटमोचन हनुमान जी का जिन्हें कलयुग का सबसे प्रभावशाली देवता माना गया है मान्यता है कि उन्हें अमरता का वरदान प्राप्त है और वे आज भी पृथ्वी पर विराजमान हैं हनुमान जी भगवान शिव के अवतार माने जाते हैं और अपने भक्तों के हर संकट को दूर करने वाले हैं जब भी जीवन में भय बाधा या संकट आए तो हनुमान चालीसा का पाठ और राम नाम का जप अत्यंत प्रभावी माना जाता है कहा जाता है कि सच्चे मन से स्मरण करने पर हनुमान जी तुरंत सहायता करते हैं

    दूसरे जागृत देवता के रूप में काल भैरव का नाम लिया जाता है जो भगवान शिव का रौद्र स्वरूप हैं उनका नाम सुनते ही मन में भय उत्पन्न होता है लेकिन वास्तव में वे अत्यंत दयालु और अपने भक्तों की रक्षा करने वाले देवता हैं काल भैरव की उपासना विशेष रूप से रात्रि में की जाती है और यह पूजा बहुत शीघ्र फल देने वाली मानी जाती है मान्यता है कि उनकी कृपा से शनि और राहु जैसे ग्रहों के दोष भी शांत हो जाते हैं और जीवन में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं

    तीसरी जागृत देवी के रूप में मां काली या महाकाली का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है मां काली का स्वरूप भले ही उग्र और रौद्र दिखाई देता हो लेकिन वे अपने भक्तों के लिए अत्यंत ममतामयी और करुणामयी हैं वे अन्याय और अधर्म का नाश करती हैं और अपने भक्तों को हर प्रकार के भय से मुक्त करती हैं जो व्यक्ति सच्चे मन से उनकी आराधना करता है उसके जीवन के कष्ट शीघ्र समाप्त होते हैं और उसे सुरक्षा तथा शक्ति प्राप्त होती है

    चौथे जागृत देवता के रूप में सूर्य देव का उल्लेख किया जाता है जो प्रत्यक्ष देवता माने जाते हैं क्योंकि वे प्रतिदिन दर्शन देते हैं सूर्य को जल अर्पित करना अत्यंत पुण्यदायी माना गया है इससे व्यक्ति को ऊर्जा आत्मविश्वास सफलता और उत्तम स्वास्थ्य प्राप्त होता है सूर्य उपासना से व्यक्ति के जीवन में सकारात्मकता आती है और उसका व्यक्तित्व निखरता है इसलिए कलयुग में सूर्य देव की पूजा को विशेष महत्व दिया गया है

    पांचवें जागृत देवता के रूप में भगवान शिव स्वयं भी माने जाते हैं जिन्हें भोलेनाथ कहा जाता है वे अत्यंत सरल स्वभाव के हैं और अपने भक्तों की थोड़ी सी भक्ति से भी प्रसन्न हो जाते हैं शिव की उपासना से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और मन को शांति मिलती है जलाभिषेक और महामृत्युंजय मंत्र का जप विशेष फलदायी माना गया है

    इस प्रकार कलयुग में भी भक्ति का महत्व कम नहीं हुआ है बल्कि सच्चे मन और श्रद्धा से की गई प्रार्थना आज भी उतनी ही प्रभावी है इन जागृत देवी देवताओं की आराधना करके व्यक्ति अपने जीवन की कठिनाइयों को दूर कर सकता है और सुख शांति तथा समृद्धि प्राप्त कर सकता है

  • सोने-चांदी के बाजार में ऐतिहासिक 'ब्लैक मंडे'! चांदी ₹9000 से ज्यादा टूटी, 45 सालों की सबसे बड़ी मासिक गिरावट दर्ज!

    सोने-चांदी के बाजार में ऐतिहासिक 'ब्लैक मंडे'! चांदी ₹9000 से ज्यादा टूटी, 45 सालों की सबसे बड़ी मासिक गिरावट दर्ज!


    नई दिल्ली:  साल 2026 के मार्च महीने ने सोने और चांदी के निवेशकों को बड़ा झटका दिया है। घरेलू वायदा बाजार (MCX) से लेकर अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक, कीमती धातुओं की कीमतों में ऐसी गिरावट देखी गई है जिसे विशेषज्ञ पिछले 45 वर्षों का सबसे बड़ा ‘क्रैश’ मान रहे हैं। सोमवार को एमसीएक्स पर चांदी की कीमतें 4.21% यानी करीब 9,474 रुपये की भारी गिरावट के साथ 2,15,693 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गईं। वहीं, सोने में भी 2,460 रुपये प्रति 10 ग्राम की बड़ी कटौती देखी गई, जिसके बाद भाव 1,36,800 रुपये के स्तर पर सिमट गए।

    बाजार में आई इस सुनामी के पीछे सबसे बड़ा कारण मध्य पूर्व (Middle East) में तनाव कम होने के संकेत बताए जा रहे हैं। जैसे ही भू-राजनीतिक अस्थिरता कम होने की उम्मीद जगी, निवेशकों ने ‘सेफ-हेवन’ यानी सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने-चांदी से अपना हाथ खींचना शुरू कर दिया। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हाजिर सोना 1.5% गिरकर 4,340.80 डॉलर प्रति औंस पर आ गया, जबकि चांदी में 3.3% की गिरावट दर्ज की गई।

    45 साल का रिकॉर्ड टूटा, ‘बेयर मार्केट’ की आहट

    मार्च 2026 का यह महीना इतिहास के पन्नों में दर्ज होने जा रहा है क्योंकि इस महीने अब तक दोनों धातुओं की कीमतों में 20% से ज्यादा की गिरावट आई है। यह करीब साढ़े चार दशकों में देखी गई सबसे तेज गिरावट है। तकनीकी रूप से, जब किसी एसेट की कीमत अपने ‘ऑल टाइम हाई’ से 20% या उससे ज्यादा गिर जाती है, तो उसे ‘बेयर मार्केट’ माना जाता है। वर्तमान में सोना और चांदी दोनों इसी दायरे में प्रवेश कर चुके हैं।

    गिरावट के प्रमुख कारण:
    विशेषज्ञों के विश्लेषण के अनुसार, इस भारी गिरावट के पीछे चार प्रमुख वैश्विक कारक काम कर रहे हैं:

    मजबूत अमेरिकी डॉलर: डॉलर के मजबूत होने से अन्य देशों की मुद्राओं के लिए सोना खरीदना महंगा हो गया, जिससे मांग में कमी आई।

    ऊंची ब्याज दरें: महंगाई के दबाव के कारण केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा रखने की संभावना ने बिना ब्याज देने वाली संपत्तियों (सोना-चांदी) के प्रति आकर्षण कम कर दिया है।

    मुनाफावसूली: हाल ही में रिकॉर्ड ऊंचाई छूने के बाद निवेशकों ने बाजार से पैसा निकालना शुरू किया, जिससे कीमतों पर दबाव बढ़ा।

    सेफ हेवन की छवि को झटका: आमतौर पर युद्ध या तनाव के समय सोने के दाम बढ़ते हैं, लेकिन इस बार मजबूत डॉलर और ऊंचे बॉन्ड यील्ड के कारण सोना अपनी साख बरकरार नहीं रख पाया।

    बाजार जानकारों का मानना है कि अल्पकालिक (Short-term) निवेश करने वालों के लिए यह स्थिति चिंताजनक हो सकती है, लेकिन लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह ‘करेक्शन’ खरीदारी का एक बेहतर अवसर साबित हो सकता है। फिलहाल, बाजार में अस्थिरता बनी रहने की संभावना है, इसलिए विशेषज्ञों ने चरणबद्ध तरीके से निवेश (Step-by-step investment) करने की सलाह दी है।