यह पारंपरिक युद्ध से अलग है
राष्ट्रीय एकता की अपील
परमाणु कार्यक्रम पर विवाद
जून 2025 का ईरान-इजराइल युद्ध
सेना को लेकर राष्ट्रपति का दावा
संभावित युद्ध के असर

यह पारंपरिक युद्ध से अलग है
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परमाणु कार्यक्रम पर विवाद
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संशोधित वैकेंसी के बाद शुरू हुई भर्ती
कौन कर सकता है आवेदन
आवेदन की तारीख और माध्यम
ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
आवेदन शुल्क कितना है
आगे की प्रक्रिया

शीघ्र दर्शन के लिए खोला गया सम्राट अशोक सेतु
प्रशासन को करना पड़ा इंतजामों में बदलाव
अन्य मंदिरों में भी उमड़ी श्रद्धा
अव्यवस्थाओं पर उठे सवाल

CBI अफसर और पत्रकार बनकर करते थे ठगी
कार्रवाई के दौरान भड़की हिंसा
पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा
पहले भी हो चुके हैं हमले
जांच जारी

अपराध के आधार पर तय होती है थानों कीरेट
प्रशासन पर बढ़ता दबाव

भोपाल । पहाड़ी राज्यों में हो रही लगातार बर्फबारी का असर अब मध्यप्रदेश में साफ नजर आने लगा है। प्रदेश कड़ाके की ठंड की चपेट में है। भोपाल, इंदौर सहित पांच जिलों में शीतलहर चल रही है, जबकि मंदसौर प्रदेश का सबसे ठंडा जिला बन गया है, जहां न्यूनतम तापमान 2.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बीती रात प्रदेश के करीब 30 शहरों में पारा 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहा। उत्तरी जिलों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।मौसम विभाग ने रविवार को भोपाल, इंदौर, शाजापुर, सीहोर और राजगढ़ में कोल्ड वेव का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में दिन का तापमान 25 डिग्री से नीचे रहने की संभावना है, जिससे दिन में भी ठंड का एहसास बना रहेगा। लोगों को आवश्यक सावधानी बरतने और गर्म कपड़े पहनकर ही बाहर निकलने की सलाह दी गई है।
मालवा-निमाड़ में ठंड का सबसे ज्यादा असर
प्रदेश में ठंड का सबसे ज्यादा असर मालवा और निमाड़ अंचल में देखने को मिल रहा है। इंदौर और उज्जैन संभाग के 15 जिलों में तापमान लगातार गिरा है। मंदसौर के बाद शाजापुर दूसरा सबसे ठंडा शहर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 3.1 डिग्री दर्ज किया गया। पांच बड़े शहरों में भोपाल में 4.6 डिग्री, इंदौर में 6.2 डिग्री, ग्वालियर में 6.7 डिग्री, उज्जैन में 7.3 डिग्री और जबलपुर में 7.4 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
शनिवार की रात में शहडोल के कल्याणपुर में 3.2 डिग्री, राजगढ़ में 3.8 डिग्री, नौगांव में 4.6 डिग्री, उमरिया में 4.7 डिग्री, पचमढ़ी में 4.8 डिग्री, खजुराहो में 5 डिग्री, मलाजखंड में 5.6 डिग्री और रीवा में तापमान 5.8 डिग्री रहा। वहीं, रायसेन, शिवपुरी, दमोह, मंडला, दतिया, सतना, गुना, श्योपुर, धार, रतलाम समेत करीब 30 शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया। इधर, 16 से ज्यादा जिलों में कोहरे का असर भी देखा गया।
कोहरे से रेल यातायात प्रभावित
शनिवार को ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, सीधी, सिंगरौली सहित कई जिलों में घना कोहरा छाया रहा। कोहरे और सर्द हवाओं के चलते दिल्ली से मध्यप्रदेश आने वाली कई ट्रेनें देरी से पहुंचीं। भोपाल, इंदौर, मंदसौर, शाजापुर और आसपास के जिलों में तेज सर्द हवाओं ने ठंड का असर और बढ़ा दिया।
आगे और बढ़ सकती है ठंड
मौसम विभाग के अनुसार, 30 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित करेगा, जिसका असर मध्य प्रदेश में भी देखने को मिल सकता है। सर्द हवाओं और जेट स्ट्रीम के सक्रिय रहने से आने वाले दिनों में ठंड और तेज होने की संभावना जताई गई है।

कहां और कैसे हुआ आयोजन
मैदान पर उतरे सांसद
विजेताओं को मिले पुरस्कार
युवाओं को दिया संदेश

मंदिर प्रशासन ने बताया कि सतर्कता बरतते हुए सभी श्रद्धालुओं को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी भी प्रकार की जनहानि या गंभीर नुकसान नहीं हुआ। घटना की जानकारी लेते हुए पुलिस अधिकारियों ने मंदिर प्रबंधन और मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं से पूछताछ की। सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) भेलूपुर गौरव कुमार ने बताया कि मंदिर के पिछले हिस्से में स्थित एक कमरे में सुबह करीब 6:30 बजे शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी थी। समय पर कार्रवाई से आग को फैलने से रोक लिया गया और मंदिर का मुख्य हिस्सा पूरी तरह सुरक्षित है। फिलहाल स्थिति सामान्य है ।

मुख्यमंत्री डॉ. सरमा ने अमित शाह को असम की पुण्यभूमि का आत्मिक शुभचिंतक बताते हुए कहा कि उनकी यह यात्रा राज्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस दौरान केंद्रीय गृहमंत्री असम की विरासत और विकास से जुड़े कई अहम परियोजनाओं को प्रदेशवासियों को समर्पित करेंगे। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि अमित शाह की यह यात्रा असम के लिए विकास और सांस्कृतिक नवजागरण के एक नए दौर की शुरुआत करेगी।