Author: bharati

  • बेसन से निखरेगी त्वचा की प्राकृतिक चमक, जानिए स्किन केयर में इसके बेहतरीन फायदे

    बेसन से निखरेगी त्वचा की प्राकृतिक चमक, जानिए स्किन केयर में इसके बेहतरीन फायदे


    नई दिल्ली । भारतीय घरों में सदियों से बेसन का इस्तेमाल केवल खाने-पीने की चीजों में ही नहीं, बल्कि सौंदर्य निखारने के लिए भी किया जाता रहा है। आज जब लोग प्राकृतिक और केमिकल-फ्री स्किन केयर की ओर बढ़ रहे हैं, तब बेसन एक बार फिर लोकप्रिय हो रहा है। त्वचा की सफाई से लेकर टैन हटाने और अतिरिक्त तेल को नियंत्रित करने तक, बेसन कई तरह से त्वचा को लाभ पहुंचा सकता है।

    बेसन में मौजूद प्राकृतिक गुण त्वचा की गहराई से सफाई करने में मदद करते हैं। यह त्वचा पर जमा धूल, गंदगी और अतिरिक्त तेल को हटाने में सहायक माना जाता है। तैलीय त्वचा वाले लोगों के लिए बेसन विशेष रूप से उपयोगी हो सकता है क्योंकि यह त्वचा को साफ रखने के साथ-साथ अतिरिक्त ऑयल को नियंत्रित करने में मदद करता है।

    त्वचा की रंगत निखारने के लिए भी बेसन का उपयोग लंबे समय से किया जाता रहा है। बेसन में दही, दूध, गुलाब जल या हल्दी मिलाकर फेस पैक तैयार किया जा सकता है। यह मिश्रण त्वचा को ताजगी देने और चेहरे की प्राकृतिक चमक बढ़ाने में मदद कर सकता है। हालांकि किसी भी घरेलू नुस्खे का असर व्यक्ति की त्वचा के प्रकार और संवेदनशीलता के अनुसार अलग-अलग हो सकता है।

    गर्मियों में धूप के कारण होने वाली टैनिंग को कम करने के लिए भी बेसन का इस्तेमाल किया जाता है। बेसन और दही का मिश्रण त्वचा को ठंडक देने के साथ-साथ टैनिंग कम करने में सहायक माना जाता है। नियमित उपयोग से त्वचा अधिक साफ और फ्रेश दिखाई दे सकती है।

    डेड स्किन सेल्स हटाने के लिए बेसन एक प्राकृतिक एक्सफोलिएटर की तरह काम कर सकता है। बेसन में थोड़ा सा दूध या गुलाब जल मिलाकर हल्के हाथों से चेहरे पर मसाज करने से त्वचा की मृत कोशिकाओं को हटाने में मदद मिल सकती है। इससे त्वचा मुलायम और चमकदार दिख सकती है।

    हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि हर व्यक्ति की त्वचा अलग होती है। इसलिए किसी भी घरेलू उपाय को अपनाने से पहले पैच टेस्ट करना जरूरी है। यदि त्वचा पर जलन, खुजली या एलर्जी जैसी समस्या महसूस हो तो उसका उपयोग तुरंत बंद कर देना चाहिए। जिन लोगों की त्वचा अत्यधिक संवेदनशील है, उन्हें त्वचा विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर रहता है।

    प्राकृतिक स्किन केयर के क्षेत्र में बेसन आज भी एक भरोसेमंद विकल्प माना जाता है। सही तरीके से और सीमित मात्रा में उपयोग करने पर यह त्वचा की सफाई, निखार और देखभाल में मददगार साबित हो सकता है। संतुलित आहार, पर्याप्त पानी और नियमित स्किन केयर रूटीन के साथ बेसन का उपयोग स्वस्थ और दमकती त्वचा पाने में सहायक हो सकता है।

  • जन्मदिन को रोजगार दिवस बनाने की तैयारी, राहुल गांधी के सम्मान में आयोजित होगा विशाल जॉब फेयर

    जन्मदिन को रोजगार दिवस बनाने की तैयारी, राहुल गांधी के सम्मान में आयोजित होगा विशाल जॉब फेयर

    नई दिल्ली । लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi के आगामी जन्मदिन को लेकर कांग्रेस संगठन ने रोजगार के मुद्दे पर एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी शुरू कर दी है। 19 जून को राजधानी में एक विशाल जॉब फेयर आयोजित किए जाने की योजना बनाई गई है, जिसके माध्यम से हजारों युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। पार्टी इसे केवल एक आयोजन नहीं बल्कि युवाओं को रोजगार से जोड़ने की व्यापक पहल के रूप में प्रस्तुत कर रही है।

    इस कार्यक्रम का आयोजन नई दिल्ली स्थित Talkatora Stadium में किए जाने की तैयारी है। कांग्रेस से जुड़े सूत्रों के अनुसार आयोजन में देश की अनेक निजी कंपनियों की भागीदारी सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य विभिन्न शैक्षणिक और व्यावसायिक पृष्ठभूमि से आने वाले युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि वे सीधे कंपनियों के प्रतिनिधियों से संपर्क स्थापित कर सकें।

    बताया जा रहा है कि जॉब फेयर में 150 से अधिक कंपनियों के शामिल होने की संभावना है। आयोजकों का लक्ष्य एक ही दिन में बड़ी संख्या में युवाओं को इंटरव्यू और भर्ती प्रक्रिया से जोड़ना है। इस दौरान उम्मीदवारों को अपने कौशल, अनुभव और योग्यता के आधार पर विभिन्न क्षेत्रों में नौकरी के अवसर मिल सकते हैं। कार्यक्रम को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि युवा सीधे भर्ती अधिकारियों से बातचीत कर सकें और कई मामलों में मौके पर ही प्रारंभिक चयन प्रक्रिया भी पूरी हो सके।

    कांग्रेस की युवा इकाई इस आयोजन को अपने व्यापक रोजगार अभियान का हिस्सा बता रही है। पार्टी का कहना है कि देश में बेरोजगारी, भर्ती परीक्षाओं में अनियमितता और युवाओं से जुड़े मुद्दे लगातार चर्चा के केंद्र में बने हुए हैं। ऐसे में केवल राजनीतिक बयानबाजी के बजाय युवाओं को प्रत्यक्ष अवसर उपलब्ध कराना भी आवश्यक है। इसी सोच के तहत यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।

    कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि रोजगार का मुद्दा वर्तमान समय में देश के युवाओं की सबसे बड़ी चिंताओं में शामिल है। इसी कारण पार्टी लंबे समय से विभिन्न मंचों पर रोजगार और भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर अपनी आवाज उठाती रही है। अब जॉब फेयर जैसे आयोजनों के माध्यम से युवाओं को सीधे लाभ पहुंचाने की रणनीति पर भी काम किया जा रहा है।

    पार्टी नेताओं का दावा है कि इससे पहले आयोजित किए गए इसी प्रकार के रोजगार मेलों में भी बड़ी संख्या में युवाओं को अवसर मिले थे। इस बार आयोजन का दायरा और अधिक व्यापक रखने की तैयारी है। कार्यक्रम में आईटी, सेवा क्षेत्र, बिक्री, वित्त, ग्राहक सेवा, तकनीकी कार्यों और अन्य कई क्षेत्रों से जुड़ी कंपनियों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।

    राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह आयोजन रोजगार उपलब्ध कराने के साथ-साथ युवाओं के बीच एक राजनीतिक संदेश देने का भी प्रयास हो सकता है। बेरोजगारी और रोजगार सृजन का मुद्दा पिछले कुछ वर्षों से राष्ट्रीय राजनीति के प्रमुख विषयों में शामिल रहा है। ऐसे में राहुल गांधी के जन्मदिन के अवसर पर आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम राजनीतिक और सामाजिक दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

    फिलहाल आयोजन को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं और विभिन्न स्तरों पर समन्वय का काम जारी है। यदि निर्धारित योजना के अनुसार कार्यक्रम आयोजित होता है, तो यह राजधानी में युवाओं के लिए आयोजित होने वाले बड़े रोजगार आयोजनों में से एक माना जा सकता है। रोजगार की तलाश कर रहे युवाओं की नजरें अब इस पहल पर टिकी हुई हैं।

  • सेबी की पारदर्शिता पर वैश्विक बहस तेज, स्पेसएक्स IPO नियमों के बीच भारतीय बाजार की मजबूत नियामकीय छवि की सराहना

    सेबी की पारदर्शिता पर वैश्विक बहस तेज, स्पेसएक्स IPO नियमों के बीच भारतीय बाजार की मजबूत नियामकीय छवि की सराहना

    नई दिल्ली । वैश्विक वित्तीय बाजारों में पारदर्शिता और निवेशक सुरक्षा को लेकर एक नई बहस उस समय तेज हो गई जब स्पेसएक्स के हालिया आईपीओ और उसके बाद लागू किए गए अमेरिकी ब्रोकरेज प्रतिबंधों की तुलना भारत की नियामकीय व्यवस्था से की जाने लगी। इस चर्चा के केंद्र में भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड यानी सेबी की भूमिका रही, जिसे विशेषज्ञों ने कई मामलों में अधिक पारदर्शी और निवेशक-अनुकूल बताया है।

    मामला तब चर्चा में आया जब जेरोधा के संस्थापक नितिन कामथ और कैपिटलमाइंड म्यूचुअल फंड के सीईओ दीपक शेनॉय ने अमेरिकी ब्रोकरेज फर्म फिडेलिटी द्वारा स्पेसएक्स आईपीओ निवेशकों पर लगाए गए नियमों की ओर ध्यान आकर्षित किया। फिडेलिटी की नीति के अनुसार, यदि कोई निवेशक आईपीओ में मिले शेयरों को लिस्टिंग के शुरुआती 15 दिनों के भीतर बेच देता है, तो उसे भविष्य में आईपीओ आवंटन से वंचित किया जा सकता है।

    इस व्यवस्था को लेकर नितिन कामथ ने भारत के बाजार नियामक ढांचे की तुलना करते हुए कहा कि सेबी और भारतीय स्टॉक एक्सचेंजों की वजह से देश का पूंजी बाजार अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बन पाया है। उनके अनुसार, हालांकि सुधार की गुंजाइश हमेशा बनी रहती है, लेकिन भारतीय प्रणाली कई मामलों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत उदाहरण पेश करती है।

    वहीं, दीपक शेनॉय ने इस अमेरिकी व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे प्रतिबंधों की कानूनी वैधता पर भी चर्चा होनी चाहिए। उनके अनुसार, भारत में ऐसी स्थिति को सेबी द्वारा तुरंत नियामकीय कार्रवाई के दायरे में लिया जा सकता है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भारत का ढांचा निवेशकों के अधिकारों की रक्षा को प्राथमिकता देता है और इसी कारण इसमें कठोर नियंत्रण तंत्र मौजूद है।

    अमेरिकी ब्रोकरेज फर्म की नीतियों के अनुसार, पहली बार नियमों के उल्लंघन पर निवेशक को छह महीने तक आईपीओ में भाग लेने से रोका जा सकता है। दोबारा उल्लंघन करने पर यह प्रतिबंध एक वर्ष तक बढ़ सकता है, जबकि बार-बार उल्लंघन की स्थिति में स्थायी रोक भी लगाई जा सकती है। इस तरह की व्यवस्था को लेकर अंतरराष्ट्रीय निवेश समुदाय में मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।

    इस पूरे घटनाक्रम के बीच स्पेसएक्स की लिस्टिंग भी चर्चा का विषय बनी रही, जहां शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान तेज बढ़त दर्ज की गई और कंपनी का बाजार मूल्य ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया। इससे वैश्विक टेक और निवेश बाजार में नई पूंजीगत हलचल देखी गई।

    विशेषज्ञों का मानना है कि यह बहस केवल एक कंपनी या एक आईपीओ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह इस बात का संकेत है कि वैश्विक स्तर पर बाजार नियमन के मॉडल किस दिशा में विकसित हो रहे हैं। भारत का सेबी मॉडल जहां निवेशक सुरक्षा और पारदर्शिता पर जोर देता है, वहीं अमेरिकी प्रणाली में संस्थागत नियंत्रण और अनुशासनात्मक नीतियों पर अधिक फोकस दिखाई देता है।

    इस तुलना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि भविष्य में वैश्विक पूंजी बाजारों के लिए कौन-सा नियामकीय मॉडल अधिक प्रभावी साबित होगा और निवेशकों का विश्वास किस प्रणाली में अधिक मजबूत रहेगा।

  • छिंदवाड़ा में दर्दनाक हादसा: पत्नी के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे बुजुर्ग की मौत, नाती घायल

    छिंदवाड़ा में दर्दनाक हादसा: पत्नी के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे बुजुर्ग की मौत, नाती घायल


    मध्‍य प्रदेश । छिंदवाड़ा जिले के तामिया थाना क्षेत्र अंतर्गत साजंकुही में शुक्रवार शाम एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जिसमें 70 वर्षीय बुजुर्ग की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके साथ मौजूद नाती घायल हो गया। यह हादसा उस समय हुआ जब बुजुर्ग अपनी पत्नी के अंतिम संस्कार की तैयारी के लिए बाजार से सामान लेने जा रहे थे।

    जानकारी के अनुसार, मृतक सुमरलाल उईके (70 वर्ष), निवासी धूर्वाढ़ाना, अपनी पत्नी के निधन के बाद उनके अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुटे हुए थे। वे अपने नाती संजय के साथ टू-व्हीलर से सामान खरीदने निकले थे, तभी साजंकुही के पास एक तेज रफ्तार वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी।

    टक्कर इतनी भीषण थी कि दादा और नाती दोनों सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत दोनों को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन बुजुर्ग ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया, जबकि नाती का इलाज जारी है।

    प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने सामने से आकर टू-व्हीलर को टक्कर मारी, जिससे यह दर्दनाक हादसा हुआ। हालांकि पुलिस ने अभी तक वाहन की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है।

    हादसे की सूचना मिलते ही तामिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा तैयार किया। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है और आसपास के सीसीटीवी व प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर वाहन की तलाश की जा रही है।

    इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है, क्योंकि एक ही घर पहले से पत्नी की मौत के शोक में डूबा था और अब पति की भी सड़क हादसे में मौत हो गई। ग्रामीणों के अनुसार, अब इस घर से पति-पत्नी दोनों की अंतिम यात्रा एक साथ निकलने की स्थिति बन गई है, जिससे माहौल बेहद गमगीन हो गया है।

  • छिंदवाड़ा में युवती पर जानलेवा हमला: घर में अकेली सोते समय सिर पर वार, हालत गंभीर

    छिंदवाड़ा में युवती पर जानलेवा हमला: घर में अकेली सोते समय सिर पर वार, हालत गंभीर


    मध्‍य प्रदेश । छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम पिपरिया भर्ती में शुक्रवार देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जहां घर में अकेली सो रही एक युवती पर अज्ञात हमलावरों ने जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने युवती के सिर पर धारदार या भारी वस्तु से वार किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर लहूलुहान हो गई।

    घटना के बाद सबसे चिंताजनक बात यह रही कि घायल युवती पूरी रात अपने ही घर के आंगन में तड़पती रही और किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी। सुबह जब पड़ोसियों की नजर उस पर पड़ी, तो उन्होंने तुरंत 108 एंबुलेंस को सूचना दी। इसके बाद स्थानीय लोगों की मदद से उसे अमरवाड़ा अस्पताल पहुंचाया गया।

    अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे छिंदवाड़ा जिला अस्पताल रेफर कर दिया, जहां फिलहाल उसका इलाज जारी है और स्थिति नाजुक बताई जा रही है।

    घटना की जानकारी मिलते ही अमरवाड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और अज्ञात हमलावरों की तलाश तेज कर दी गई है।

    प्रारंभिक जांच में पुलिस को आशंका है कि यह हमला किसी व्यक्तिगत विवाद का परिणाम हो सकता है। बताया जा रहा है कि कुछ समय पहले विवाह या रिश्ते को लेकर विवाद की स्थिति बनी थी, हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सकता और सभी एंगल से जांच की जा रही है।

    पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटनास्थल और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है और जल्द ही हमलावरों की पहचान कर मामले का खुलासा किया जाएगा। इस घटना ने इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है और लोग सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

  • नरसिंहपुर सड़क हादसा: बुजुर्ग महिला की मौत, परिजनों ने रेत के ट्रैक्टर पर जताया शक

    नरसिंहपुर सड़क हादसा: बुजुर्ग महिला की मौत, परिजनों ने रेत के ट्रैक्टर पर जताया शक


    मध्‍य प्रदेश । नरसिंहपुर जिले के डोंगरगांव थाना क्षेत्र में शनिवार को हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। यह घटना कालदाऊ घाट स्थित सीतारेवा नदी के पास हुई, जहां किसी अज्ञात वाहन की टक्कर से महिला ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

    मृतका की पहचान हरोबाई पति मूलचंद्र हरिजन (उम्र लगभग 65 से 70 वर्ष) के रूप में हुई है, जो ग्राम पंचायत छेनाकछार के बांदरबारू गांव की निवासी थीं। बताया जा रहा है कि वह बाजार से घरेलू सामान लेकर अपने घर लौट रही थीं, तभी यह हादसा हो गया।

    घटना की सूचना मिलते ही डोंगरगांव पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ कर वाहन की पहचान करने की कोशिश की है। घटनास्थल से महिला का सामान भी बरामद किया गया है, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि वह बाजार से लौट रही थीं।

    परिजनों का आरोप है कि यह हादसा रेत से भरे ट्रैक्टर की टक्कर से हुआ है, हालांकि पुलिस ने अभी किसी भी वाहन की पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और आसपास के क्षेत्रों में संदिग्ध वाहनों की तलाश की जा रही है।

    थाना प्रभारी प्रकाश पाठक के अनुसार, महिला सुबह के समय बाजार से खाने का तेल लेकर लौट रही थीं, जो उनके पास मिला है। उन्होंने बताया कि अभी तक टक्कर मारने वाला वाहन अज्ञात है और पुलिस इसकी पहचान करने में जुटी हुई है।

    फिलहाल परिजन पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी कार्रवाई को लेकर अड़े हुए हैं। पुलिस ने मामले को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने और आगे की प्रक्रिया पूरी करने का प्रयास शुरू कर दिया है।

  • नरसिंहपुर में साइकिल महोत्सव की शुरुआत: विश्व साइकिलिंग दिवस पर निकली भव्य रैली

    नरसिंहपुर में साइकिल महोत्सव की शुरुआत: विश्व साइकिलिंग दिवस पर निकली भव्य रैली


    मध्‍य प्रदेश ।  नरसिंहपुर में विश्व साइकिलिंग दिवस के अवसर पर शनिवार को खेल और स्वास्थ्य जागरूकता से जुड़ा एक भव्य आयोजन देखने को मिला। जिले में दो दिवसीय साइकिल महोत्सव की शुरुआत के साथ ही शहर की सड़कों पर साइकिल रैली निकाली गई, जिसमें बच्चों, युवाओं, महिलाओं, पुरुषों और बुजुर्गों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर फिटनेस और स्वस्थ जीवनशैली का संदेश दिया।

    साइकिलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के ‘अस्मिता कार्यक्रम’ के तहत आयोजित इस रैली को स्थानीय स्टेडियम ग्राउंड से कलेक्टर रजनी सिंह और जिला पंचायत सीईओ गजेंद्र सिंह नागेश ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर कश्मीर से कन्याकुमारी तक साइकिल यात्रा पूरी करने वाले रेडक्रॉस सोसाइटी के अध्यक्ष डॉ. अनंत दुबे और उनकी टीम का भी सम्मान किया गया।

    रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी, जिसमें गांधी चौक, नगर पालिका चौराहा, सुभाष पार्क, बाहरी रोड और पुलिस लाइन जैसे क्षेत्र शामिल रहे। पूरे रास्ते प्रतिभागियों में उत्साह देखने को मिला और लोगों ने स्वस्थ जीवन के लिए साइकिलिंग को अपनाने का संदेश दिया।

    कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर रजनी सिंह ने कहा कि आज के आधुनिक और मशीन आधारित जीवन में शारीरिक श्रम काफी कम हो गया है। ऐसे में साइकिलिंग, योग, दौड़, तैराकी और अन्य खेल गतिविधियों को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना बेहद जरूरी है। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं और बच्चों को नियमित खेल गतिविधियों से जुड़ने की सलाह दी।

    मध्यप्रदेश साइकिलिंग एसोसिएशन के सचिव बी.एस. राजपूत ने बताया कि प्रधानमंत्री के ‘फिट इंडिया’ और ‘स्वस्थ भारत’ अभियान को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से जिले में अस्मिता लीग का आयोजन किया जा रहा है, जिससे खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और अधिक लोग फिटनेस गतिविधियों से जुड़ेंगे।

    रैली के समापन पर राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। इस अवसर पर जिला साइकिलिंग संघ के अध्यक्ष सुनील कोठारी ने ‘नरसिंह साइक्लिंग क्लब’ शुरू करने की घोषणा भी की। वहीं आयोजन प्रभारी मनीष कटारे ने बताया कि 14 जून को बालिका और महिला वर्ग की साइकिल रेस आयोजित की जाएगी, जिसमें विभिन्न आयु वर्गों की प्रतियोगिताएं होंगी और विजेताओं को मेडल, सर्टिफिकेट एवं पुरस्कार दिए जाएंगे। इसके साथ ही रविवार शाम को बरमान कला में भी साइकिल रैली निकाली जाएगी।

  • नेवज नदी किनारे मंत्री परमार ने किया श्रमदान, जटाशंकर मंदिर क्षेत्र में चला विशेष स्वच्छता अभियान

    नेवज नदी किनारे मंत्री परमार ने किया श्रमदान, जटाशंकर मंदिर क्षेत्र में चला विशेष स्वच्छता अभियान


    मध्‍य प्रदेश । शुजालपुर में शनिवार को नेवज नदी के जटाशंकर मंदिर के पास एक विशेष स्वच्छता अभियान का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लेकर नदी तट की सफाई में योगदान दिया। यह अभियान मध्यप्रदेश शासन द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस से शुरू किए गए जल स्रोत संरक्षण अभियान के तहत आयोजित किया गया था।

    इस कार्यक्रम में उच्च शिक्षा मंत्री एवं शुजालपुर विधायक इंदर सिंह परमार स्वयं भी पहुंचे और उन्होंने श्रमदान कर लोगों के बीच सक्रिय सहभागिता का उदाहरण प्रस्तुत किया। मंत्री परमार ने जे.एन.एस. कॉलेज के खेल मैदान में संचालित समर कैंप के सैकड़ों प्रतिभागियों के साथ मिलकर नदी किनारे सफाई अभियान में हिस्सा लिया।

    मंत्री परमार ने खुद तगाड़ी और फावड़ा उठाकर नदी तट की सफाई की, जिससे वहां मौजूद लोगों में भी उत्साह देखा गया। उन्होंने उपस्थित नागरिकों, युवाओं और विद्यार्थियों को स्वच्छता और जल संरक्षण के महत्व के बारे में जागरूक किया। अभियान के दौरान नगर पालिका का स्वच्छता अमला, पोकलेन और जेसीबी मशीनें भी लगाई गईं, जिनकी मदद से लगभग तीन घंटे तक व्यापक स्तर पर सफाई कार्य किया गया।

    इस अवसर पर प्रशासनिक अधिकारियों की भी सक्रिय उपस्थिति रही। एसडीएम राजकुमार हलदार, तहसीलदार किरण धाकड़, जिला खनिज निरीक्षक गणेश सोनारे, खेल प्रशिक्षक देवेंद्र कुंभकार सहित कई भाजपा नेता एवं कार्यकर्ता भी अभियान में शामिल हुए और श्रमदान कर नदी क्षेत्र की स्वच्छता में सहयोग दिया।

    मंत्री इंदर सिंह परमार ने कहा कि जल स्रोतों का संरक्षण केवल सरकार की नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि नदियों और जलाशयों की स्वच्छता बनाए रखने के लिए नियमित अभियान चलाए जाने चाहिए और अधिक से अधिक पौधारोपण कर पर्यावरण संतुलन को मजबूत किया जाना चाहिए।

    कार्यक्रम के दौरान मौजूद लोगों ने भी इस पहल की सराहना की और भविष्य में ऐसे अभियानों को लगातार जारी रखने की अपील की। इस स्वच्छता अभियान ने स्थानीय स्तर पर पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया।

  • शुजालपुर में गांजा तस्करी का 2019 से फरार वारंटी गिरफ्तार, 5 हजार का इनामी आरोपी दबोचा

    शुजालपुर में गांजा तस्करी का 2019 से फरार वारंटी गिरफ्तार, 5 हजार का इनामी आरोपी दबोचा


    मध्‍य प्रदेश । शुजालपुर में मंडी थाना पुलिस ने नशा तस्करी के एक पुराने मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गांजा तस्करी के आरोप में 2019 से फरार चल रहे स्थायी वारंटी शंकरलाल रघुवंशी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस की पकड़ से दूर था और उस पर 5 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था।

    पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह मामला 22 अप्रैल 2019 का है, जब मुस्करा निवासी सीताराम खाती को 1.200 किलोग्राम गांजे के साथ गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के दौरान सीताराम ने अपने सहयोगी के रूप में घनसौदा निवासी शंकरलाल रघुवंशी का नाम बताया था। इसी आधार पर पुलिस ने शंकरलाल के खिलाफ भी मामला दर्ज किया था।

    मामला दर्ज होने के बाद से ही आरोपी लगातार फरार चल रहा था। कई बार उसकी तलाश की गई, लेकिन वह पुलिस की पकड़ में नहीं आ सका। इसी बीच न्यायालय ने उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी कर दिया था। इसके बावजूद उसकी गिरफ्तारी नहीं हो पाई, जिसके चलते पुलिस ने उस पर इनाम घोषित कर दिया।

    हालांकि, हाल ही में पुलिस को मुखबिर से महत्वपूर्ण सूचना मिली, जिसके आधार पर शुजालपुर मंडी थाना पुलिस ने आरोपी की लोकेशन ट्रेस की और उसे घेराबंदी कर हिरासत में ले लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कीं और आरोपी को न्यायालय में पेश किया।

    पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ आगे की कार्रवाई न्यायालय के निर्देशों के अनुसार की जाएगी। इस गिरफ्तारी को पुलिस की एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है, क्योंकि आरोपी लंबे समय से फरार था और लगातार अपनी पहचान छिपाकर बचता आ रहा था।

  • मीनाक्षी नटराजन नामांकन विवाद पर कांग्रेस का हमला, भाजपा पर लगाया राजनीतिक षड्यंत्र का आरोप

    मीनाक्षी नटराजन नामांकन विवाद पर कांग्रेस का हमला, भाजपा पर लगाया राजनीतिक षड्यंत्र का आरोप


    मध्‍य प्रदेश । मंदसौर जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस नेताओं ने राज्यसभा चुनाव से जुड़ा बड़ा राजनीतिक विवाद उठाया। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द कर दिया जाना भाजपा की राजनीतिक साजिश का हिस्सा है और यह लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा हमला है।

    इस प्रेस वार्ता में पूर्व मंत्री नरेंद्र नाहटा, जिला कांग्रेस अध्यक्ष महेंद्र सिंह गुर्जर, पूर्व विधायक नवकृष्ण पाटिल, पूर्व विधायक पुष्पा भारती और पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रकाश रातड़िया सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

    जिला कांग्रेस अध्यक्ष महेंद्र सिंह गुर्जर ने कहा कि राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस के पास स्पष्ट बहुमत था, इसके बावजूद भाजपा ने तीसरा उम्मीदवार उतारकर राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश की। उन्होंने आरोप लगाया कि जब यह रणनीति सफल नहीं हुई तो “मिथ्या आधार” पर आपत्ति लगाकर मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त कराया गया।

    कांग्रेस नेताओं ने इस पूरे घटनाक्रम को लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गंभीर प्रहार बताया। उनका कहना है कि यह केवल एक उम्मीदवार का मामला नहीं, बल्कि निष्पक्ष चुनाव व्यवस्था और संवैधानिक मूल्यों को कमजोर करने की कोशिश है।

    पूर्व मंत्री नरेंद्र नाहटा ने कहा कि भाजपा लगातार लोकतंत्र को कमजोर करने की दिशा में काम कर रही है, जबकि पूर्व विधायक नवकृष्ण पाटिल ने आरोप लगाया कि सत्ता का दुरुपयोग कर पूरी चुनावी व्यवस्था को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।

    पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रकाश रातड़िया ने दावा किया कि मीनाक्षी नटराजन के खिलाफ किसी भी आपराधिक मामले में न तो कोर्ट ने संज्ञान लिया है और न ही कोई मामला लंबित है। उन्होंने कहा कि नामांकन निरस्त करने का कोई वैधानिक आधार नहीं था। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि वे इस मामले को लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से आगे भी उठाते रहेंगे।