Category: Entertainment

  • बॉलीवुड का कड़वा सच सामने, धुरंधर को लेकर कुणाल कोहली ने खोले इंडस्ट्री की सोच के राज

    बॉलीवुड का कड़वा सच सामने, धुरंधर को लेकर कुणाल कोहली ने खोले इंडस्ट्री की सोच के राज

    नई दिल्ली । फिल्म इंडस्ट्री की चमक दमक के पीछे छिपी कड़वी सच्चाइयां अक्सर सामने नहीं आ पातीं लेकिन जब कोई इन पर खुलकर बात करता है तो कई भ्रम टूट जाते हैं हाल ही में फिल्ममेकर कुणाल कोहली ने ऐसी ही एक सच्चाई उजागर की है जिसने बॉलीवुड के भीतर की सोच पर सवाल खड़े कर दिए हैं उन्होंने बताया कि कैसे फिल्म धुरंधर की रिलीज से पहले ही इंडस्ट्री के बड़े बड़े लोग इसकी असफलता का इंतजार कर रहे थे

    कुणाल कोहली के मुताबिक धुरंधर जब रिलीज होने वाली थी तब किसी को भी इस पर भरोसा नहीं था यहां तक कि इंडस्ट्री के दिग्गज निर्देशकों ने भी इसे लेकर नकारात्मक राय दी थी उन्होंने खुलासा किया कि कई बड़े डायरेक्टर्स से बातचीत के दौरान उन्हें साफ कहा गया था कि यह फिल्म सोमवार तक टिक नहीं पाएगी और बॉक्स ऑफिस पर बैठ जाएगी लेकिन हुआ इसका ठीक उल्टा फिल्म ने उम्मीदों को तोड़ते हुए शानदार प्रदर्शन किया और दर्शकों का दिल जीत लिया

    कुणाल कोहली ने यह भी कहा कि जब तक फिल्म ने सफलता हासिल नहीं कर ली तब तक इंडस्ट्री से इसे कोई समर्थन नहीं मिला यह स्थिति सिर्फ धुरंधर के साथ ही नहीं बल्कि कई बड़ी फिल्मों के साथ देखी गई है उन्होंने उदाहरण देते हुए फिल्म बॉर्डर 2 का जिक्र किया और बताया कि इस फिल्म को लेकर भी शुरुआत में नकारात्मक बातें कही गई थीं लेकिन बाद में इसी फिल्म ने 300 करोड़ से ज्यादा की कमाई कर सबको चौंका दिया

    उन्होंने अपनी फिल्म हम तुम का अनुभव भी साझा किया और बताया कि रिलीज से पहले प्रिव्यू शो के दौरान इंडस्ट्री के लोगों को यह फिल्म खास पसंद नहीं आई थी इस वजह से वह काफी निराश हो गए थे उस समय आदित्य चोपड़ा ने उन्हें समझाया था कि यह फिल्म हर किसी की समझ में आने वाली नहीं है और यही इसकी खासियत है बाद में यही फिल्म दर्शकों के बीच बड़ी हिट साबित हुई

    कुणाल कोहली ने बेहद साफ शब्दों में कहा कि इंडस्ट्री के 99 प्रतिशत लोग चाहते हैं कि दूसरा व्यक्ति सफल न हो यह बयान न सिर्फ चौंकाने वाला है बल्कि फिल्म इंडस्ट्री के प्रतिस्पर्धी माहौल की सच्चाई भी बयां करता है जहां सफलता से ज्यादा असफलता की चर्चा होती है

    इस पूरे मुद्दे पर कॉमेडियन जाकिर खान का बयान भी चर्चा में रहा था उन्होंने एक अवॉर्ड शो में मजाकिया अंदाज में कहा था कि लोग भले ही धुरंधर की तारीफ करें लेकिन अंदर ही अंदर उन्हें जलन जरूर होगी इस बयान पर अभिनेत्री अमीषा पटेल ने प्रतिक्रिया देते हुए इसे नकारात्मक सोच बताया था

    कुणाल कोहली की यह बात साफ करती है कि फिल्म की असली परीक्षा दर्शकों के बीच होती है न कि इंडस्ट्री के पूर्वाग्रहों में धुरंधर की सफलता इस बात का उदाहरण है कि अगर कंटेंट मजबूत हो तो वह हर तरह की आलोचना को पीछे छोड़ सकता है और यही सिनेमा की असली ताकत भी है

  • सरहदों से परे संगीत आशा भोसले और अदनान सामी का अनोखा संगम जिसने रच दिया इतिहास

    सरहदों से परे संगीत आशा भोसले और अदनान सामी का अनोखा संगम जिसने रच दिया इतिहास

    नई दिल्ली । भारतीय संगीत जगत की दिग्गज गायिका आशा भोसले ने अपनी मधुर आवाज से न सिर्फ भारत बल्कि पूरी दुनिया में पहचान बनाई थी लेकिन उनकी कला का विस्तार सरहदों से कहीं आगे तक फैला हुआ था कम ही लोग जानते हैं कि उन्होंने पाकिस्तानी फिल्म इंडस्ट्री के लिए भी अपनी आवाज दी थी और वहां भी अपने सुरों का जादू बिखेरा था

    साल 1995 में रिलीज हुई पाकिस्तानी उर्दू म्यूजिकल फिल्म सरगम इस बात का सबसे बड़ा उदाहरण है इस फिल्म का निर्देशन सयेद नूर ने किया था और इसमें मुख्य भूमिका निभाई थी मशहूर गायक अदनान सामी और अभिनेत्री ज़ेबा बख्तियार ने खास बात यह रही कि इस फिल्म से अदनान सामी ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी जबकि ज़ेबा पहले ही भारतीय दर्शकों के बीच फिल्म हिना से लोकप्रिय हो चुकी थीं

    इस फिल्म में कुल ग्यारह गाने शामिल थे जिनमें से दो गानों को अपनी आवाज दी थी आशा भोसले ने ये गाने थे क्या है ये उलझन और जरा ढोलकी बजाओ गोरियों ये दोनों गीत उस दौर में काफी लोकप्रिय हुए थे और आज भी संगीत प्रेमियों के बीच सुकून देने वाले गीतों के रूप में सुने जाते हैं खास बात यह भी थी कि इन गानों को फिल्म के हीरो अदनान सामी ने ही कंपोज किया था इस तरह यह फिल्म संगीत और अभिनय दोनों ही स्तर पर एक खास सहयोग का उदाहरण बन गई

    फिल्म की कहानी जितनी दिलचस्प थी उतनी ही रोचक इसकी कास्ट की असल जिंदगी भी थी बहुत कम लोगों को पता है कि फिल्म के रिलीज होने से पहले ही यानी 1993 में अदनान सामी और ज़ेबा बख्तियार ने शादी कर ली थी दोनों की यह जोड़ी पर्दे पर ही नहीं बल्कि असल जिंदगी में भी साथ थी हालांकि यह रिश्ता ज्यादा समय तक नहीं टिक सका और 1997 में दोनों अलग हो गए

    आशा भोसले का करियर अपने आप में एक मिसाल रहा उन्होंने करीब आठ दशकों तक संगीत की दुनिया में सक्रिय रहकर हजारों गाने गाए उन्होंने अलग अलग भाषाओं में अपनी आवाज दी और हर शैली में खुद को साबित किया अपनी बहन लता मंगेशकर से अलग पहचान बनाने के लिए उन्होंने अपनी गायकी में विविधता और प्रयोग को अपनाया यही कारण रहा कि उनका नाम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी दर्ज हुआ

    आज भले ही आशा भोसले हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनकी आवाज और उनके गीत हमेशा जीवित रहेंगे पाकिस्तान की फिल्म सरगम में गाए उनके गीत इस बात का प्रमाण हैं कि संगीत की कोई सीमा नहीं होती यह दिलों को जोड़ता है और सरहदों को पार कर जाता है

  • ‘धुरंधर’ का बॉक्स ऑफिस धमाका: Ranveer Singh ने ‘बाहुबली’, ‘पुष्पा’, ‘KGF’ को छोड़ा पीछे

    ‘धुरंधर’ का बॉक्स ऑफिस धमाका: Ranveer Singh ने ‘बाहुबली’, ‘पुष्पा’, ‘KGF’ को छोड़ा पीछे


    नई दिल्ली।  Ranveer Singh की फिल्म ‘धुरंधर 2’ (Dhurandhar 2) अपने 26वें दिन के पड़ाव पर पहुंच चुकी है। इतने दिनों में इस फिल्म ने कमाल किया है। लोगों ने फिल्म को काफी ज्यादा पसंद किया है। केवल इस पार्ट को नहीं बल्कि इसके पहले पार्ट को भी। फिल्म देखने के बाद लोग फिल्म की काफी तारीफ करते हुए नजर आए यहां तक की कई बड़े-बड़े सेलेब्स में भी इस फिल्म की काफी तारीफ की है। फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ ने बॉक्स ऑफिस पर कई रिकॉर्ड तोड़ दिए है और हर दिन फिल्म की कमाई तेजी से आगे बढ़ रही है।

    3000 करोड़ के पार पहुंची दोनों पार्ट
    धुरंधर’ के दोनों पार्ट ने मिलकर करीब 3000 करोड़ रुपये की कमाई कर डाली है। दोनों हिस्सों की कमाई मिला दें तो ये वर्ल्डवाइड 3000 करोड़ का आंकड़ा पार कर चुकी है। ‘धुरंधर’ ने जहां सिनेमाघरों में 1300 करोड़ से अधिक की कमाई के साथ अपना प्रदर्शन थामा था और देश की सबसे अधिक कमाई करने वाली चौथी फिल्म बनी थी, वहीं ‘धुरंधर 2’ ने ग्लोबल लेवल पर अब तक 1700 करोड़ से अधिक की कमाई कर चुकी है।

    वहीं ‘धुरंधर 2’ ने ग्लोबल लेवल पर अब तक 1700 करोड़ से अधिक की कमाई कर चुकी है। वहीं भारतीय बॉक्स ऑफिस पर इस फिल्म ने अब तक 1000 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लिया है। इस फिल्म के दोनों हिस्सों को मिला दें तो इसने ग्लोबल लेवल पर 3000 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लिया है।

    इस फिल्म की कास्ट की बात करें तो, Ranveer Singh के अलावा इस फिल्म में Akshaye Khanna, R. Madhavan, Arjun Rampal, Sanjay Dutt, Sara Arjun, Rakesh Bedi और Vikas Navlakha सहित कई लोग नजर आएं।

    इन फिल्मों को दी मात
    खास बात यह है कि ‘धुरंधर 2’ अभी सिनेमाघरों में चल रही है। इस तरह से ‘धुरंधर’ फ्रेंचाइजी ने अब कमाई के मामले में बाकी अन्य फ्रेंचाइजी फिल्मों को पीछे छोड़ दिया है। इनमें ‘बाहुबली’, ‘पुष्पा’ और ‘केजीएफ’ जैसी बड़ी फ्रेंचाइजी फिल्में शामिल हैं।

  • ‘धुरंधर’ की रिकॉर्ड तोड़ कमाई, भारतीय सिनेमा में नया माइलस्टोन

    ‘धुरंधर’ की रिकॉर्ड तोड़ कमाई, भारतीय सिनेमा में नया माइलस्टोन

    नई दिल्ली। रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर’ फ्रेंचाइज ने बॉक्स ऑफिस पर ऐसा रिकॉर्ड बना दिया है, जिसे अब तक किसी भी भारतीय फिल्म सीरीज़ ने हासिल नहीं किया था। ‘धुरंधर’ और ‘धुरंधर 2’ की संयुक्त कमाई अब दुनियाभर में 3000 करोड़ रुपये के पार पहुंच चुकी है, जिससे यह भारत की पहली ऐसी फिल्म फ्रेंचाइज बन गई है जिसने यह ऐतिहासिक आंकड़ा छुआ है।
    ‘धुरंधर 2’ का दमदार बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन
    ट्रेड रिपोर्ट्स के अनुसार, ‘धुरंधर 2’ ने रिलीज के 27 दिनों में भारत में करीब 1094.58 करोड़ रुपये का नेट कलेक्शन कर लिया है। वहीं इसका इंडिया ग्रॉस कलेक्शन 1310.40 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। वर्ल्डवाइड स्तर पर फिल्म ने अब तक लगभग 1718.62 करोड़ रुपये की कमाई की है।
    फिल्म अभी भी सिनेमाघरों में बनी हुई है और लगातार कमाई कर रही है, जिससे इसके आंकड़ों में और बढ़ोतरी की संभावना है।
    पहले पार्ट ने भी किया था शानदार प्रदर्शन
    फ्रेंचाइज का पहला पार्ट ‘धुरंधर’, जो 5 दिसंबर 2025 को रिलीज हुआ था, उसने भी बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त प्रदर्शन किया था। फिल्म ने वर्ल्डवाइड करीब 1307.35 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया था, जबकि भारत में इसका नेट कलेक्शन 840.20 करोड़ रुपये रहा था।
    कुल मिलाकर 3000 करोड़ क्लब में एंट्री
    दोनों फिल्मों की कमाई को जोड़ने पर ‘धुरंधर’ फ्रेंचाइज का कुल वर्ल्डवाइड कलेक्शन 3025.97 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इसी के साथ यह भारतीय सिनेमा की पहली फ्रेंचाइज बन गई है जिसने 3000 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया है।
    ‘बाहुबली’, ‘पुष्पा’ और ‘KGF’ को पीछे छोड़ा
    इस रिकॉर्ड के साथ ‘धुरंधर’ ने भारतीय सिनेमा की कई ब्लॉकबस्टर फ्रेंचाइज जैसे ‘बाहुबली’, ‘पुष्पा’ और ‘KGF’ को पीछे छोड़ दिया है। इंडस्ट्री में इसे अब तक का सबसे बड़ा बॉक्स ऑफिस मील का पत्थर माना जा रहा है।
    आदित्य धर का निर्देशन और स्टारकास्ट
    फिल्म का निर्देशन आदित्य धर ने किया है और इसे एक हाई-ऑक्टेन स्पाई-थ्रिलर के तौर पर पेश किया गया है। फिल्म में रणवीर सिंह मुख्य भूमिका में हैं, जबकि आर. माधवन, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, राकेश बेदी, सारा अर्जुन समेत कई कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आए हैं।

  • आध्यात्मिक अनुभव या चमत्कार? Akshay Kumar ने बताया वैष्णो देवी का खास किस्सा

    आध्यात्मिक अनुभव या चमत्कार? Akshay Kumar ने बताया वैष्णो देवी का खास किस्सा

     नई दिल्ली। बॉलीवुड सुपरस्टार अक्षय कुमार ने एक इंटरव्यू में अपने बचपन से जुड़ा एक ऐसा किस्सा साझा किया, जिसे वह आज भी एक आध्यात्मिक अनुभव मानते हैं। यह घटना उनके जन्म और माता-पिता की वैष्णो देवी यात्रा से जुड़ी है, जिसे वे एक तरह का “चमत्कार” बताते हैं।
    माता-पिता की मन्नत से हुआ था अक्षय का जन्म
    अक्षय कुमार के मुताबिक, उनके माता-पिता ने माता वैष्णो देवी के दरबार में संतान की मन्नत मांगी थी। उन्होंने प्रार्थना की थी कि उन्हें एक बच्चा मिले और कहा था कि वह बच्चा थोड़ा शरारती स्वभाव का हो। इस मन्नत के कुछ समय बाद ही अक्षय कुमार का जन्म हुआ।
    एक साल बाद फिर वैष्णो देवी पहुंचे थे माता-पिता
    अक्षय ने बताया कि जब वह लगभग एक साल के थे, तो उनके माता-पिता माता वैष्णो देवी का आभार व्यक्त करने के लिए दोबारा कटरा यात्रा पर गए। लेकिन इसी यात्रा के दौरान एक ऐसी घटना घटी, जिसने परिवार को गहरे संकट में डाल दिया।
    बुखार और बेहोशी की हालत में पहुंचा बच्चा
    कटरा पहुंचते ही अक्षय कुमार की तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें तेज बुखार हो गया, जो 103 से बढ़कर 104 डिग्री तक पहुंच गया। उस समय क्षेत्र में चिकित्सा सुविधाएं भी सीमित थीं, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई। डॉक्टरों ने तक सलाह दी कि बच्चे को तुरंत दिल्ली ले जाया जाए।
    मां के विश्वास ने बदली कहानी
    हालात बेहद चिंताजनक होने के बावजूद अक्षय की मां ने यात्रा रोकने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि अगर माता रानी ने यह बच्चा दिया है, तो वही उसे संभालेंगी। परिवार ने यात्रा जारी रखी और मंदिर तक पहुंचा।
    मंदिर में हुआ बदलाव, जिसे बताया चमत्कार
    अक्षय के अनुसार, मंदिर में पूजा और दर्शन के दौरान ही उनकी तबीयत में अचानक सुधार होने लगा। जब एक व्यक्ति ने उनके पिता से कहा कि बच्चा मुस्कुरा रहा है, तो परिवार ने देखा कि सच में उनके चेहरे पर मुस्कान आ गई थी। बुखार भी अचानक सामान्य हो गया।

  • करोड़ों के मालिक Salman Khan फिर भी रहते हैं सादगी से, 22 साल पुराना खुलासा

    करोड़ों के मालिक Salman Khan फिर भी रहते हैं सादगी से, 22 साल पुराना खुलासा


    नई दिल्ली। बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान आज इंडस्ट्री के सबसे बड़े और सबसे ज्यादा फीस लेने वाले एक्टर्स में से एक हैं। एक फिल्म के लिए करोड़ों रुपये चार्ज करने और रियलिटी शो बिग बॉस से सालाना भारी कमाई के बावजूद सलमान खान आज भी मुंबई के एक साधारण दो बेडरूम के अपार्टमेंट में रहते हैं। उनके इस फैसले को लेकर अक्सर फैंस हैरान रहते हैं, लेकिन इसके पीछे उनकी अपनी सोच और जीवनशैली का बड़ा कारण है।
    साधारण जीवन जीना पसंद करते हैं सलमान खान
    सलमान खान कई इंटरव्यू में बता चुके हैं कि उन्हें अपने परिवार के बेहद करीब रहना पसंद है। वे अपने माता-पिता के साथ समय बिताना ज्यादा जरूरी मानते हैं, इसलिए उन्होंने कभी बड़े और आलीशान घर की तरफ खास ध्यान नहीं दिया। उनका मानना है कि उन्हें ज्यादा लग्जरी की जरूरत नहीं है।
    22 साल पुराना बयान बना चर्चा का कारण
    साल 2004 में फिल्म ‘मुझसे शादी करोगी’ के सेट पर दिए गए एक इंटरव्यू में सलमान खान ने अपने छोटे घर में रहने की असली वजह बताई थी। उन्होंने कहा था कि वे आज भी दो बेडरूम के अपार्टमेंट में इसलिए रहते हैं क्योंकि अगर भविष्य में उनका काम नहीं चला, तो उनके पास कम से कम एक सुरक्षित घर तो रहेगा। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में यह भी कहा था कि उन्हें ज्यादा जरूरत नहीं है, बस एक साइकिल काफी है।
    उनका यह बयान अब फिर से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और लोग उनकी सादगी पर चर्चा कर रहे हैं।
    फिल्मों को लेकर भी रखी थी बेबाक राय
    इसी इंटरव्यू में सलमान खान ने अपनी कुछ सुपरहिट फिल्मों जैसे ‘तेरे नाम’ और ‘करण अर्जुन’ पर भी मजाकिया अंदाज में बात की थी। उन्होंने कहा था कि कई बार उन्हें लगता है कि इन फिल्मों में उन्होंने ज्यादा कुछ खास नहीं किया, बल्कि पूरी मेहनत डायरेक्टर और टीम की थी। फिर भी दर्शकों ने उनके किरदारों को खूब पसंद किया।
    सलमान का कहना था कि कभी-कभी कम मेहनत के बावजूद तारीफ मिल जाती है, जबकि कई बार पूरी मेहनत के बाद भी उतनी सराहना नहीं मिलती।
    वर्क फ्रंट पर क्या चल रहा है?
    फिलहाल सलमान खान कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहे हैं। उनकी आने वाली फिल्म ‘मातृभूमि’ चर्चा में है, जिसकी कुछ शूटिंग दोबारा की गई है। इसके अलावा वे एक एक्शन फिल्म में भी नजर आएंगे, जिसे साउथ के मशहूर निर्देशक वामशी पेडिपल्ली बना रहे हैं और दिल राजू इसका निर्माण कर रहे हैं। इस फिल्म में नयनतारा के भी उनके साथ नजर आने की संभावना है और इसे अगले साल ईद पर रिलीज करने की तैयारी है।

  • रणबीर-आलिया ने ऑस्ट्रिया की बर्फीली वादियों में मनाई शादी की चौथी सालगिरह..

    रणबीर-आलिया ने ऑस्ट्रिया की बर्फीली वादियों में मनाई शादी की चौथी सालगिरह..

    नई दिल्ली:   बॉलीवुड के चर्चित कपल रणबीर कपूर और आलिया भट्ट ने अपनी शादी की चौथी सालगिरह बेहद खास अंदाज में ऑस्ट्रिया में मनाई। 14 अप्रैल 2022 को मुंबई के बांद्रा स्थित अपने घर में शादी के बंधन में बंधे इस कपल ने इस बार अपनी सालगिरह को एक खूबसूरत विदेशी वेकेशन में यादगार बनाया। ऑस्ट्रिया की बर्फीली वादियों में बिताए गए इस खास पल की झलकियां सोशल मीडिया पर सामने आते ही फैंस के बीच चर्चा का विषय बन गईं।

    आलिया भट्ट ने अपने वेकेशन की कई तस्वीरें साझा कीं, जिनमें वह रणबीर कपूर के साथ बर्फ से ढके पहाड़ों में स्कीइंग का आनंद लेती नजर आईं। तस्वीरों में दोनों की केमिस्ट्री और साथ बिताए गए हल्के फुल्के पल साफ झलकते हैं। कहीं दोनों हंसते हुए नजर आते हैं तो कहीं शांत वादियों में एक दूसरे के साथ समय बिताते दिखाई देते हैं, जिससे उनकी बॉन्डिंग और भी खास लगती है।

    इस खास मौके पर फैमिली टाइम भी वेकेशन का अहम हिस्सा रहा। एक तस्वीर में रणबीर कपूर अपनी बेटी राहा के साथ नजर आते हैं, जहां दोनों अल्पाका जैसे जानवरों के बीच समय बिताते दिखाई देते हैं। यह पल बेहद क्यूट और भावनात्मक माना जा रहा है, जिसे देखकर फैंस लगातार अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।

    आलिया भट्ट ने इस खास अवसर पर एक भावुक संदेश भी साझा किया, जिसमें उन्होंने अपनी जिंदगी के सफर और रिश्ते की खूबसूरती को शब्दों में पिरोया। उन्होंने कहा कि साथ मिलकर मुश्किल और आसान सभी रास्तों को पार करते हुए उन्होंने एक सुंदर जीवन बनाया है। उनके इस संदेश में प्यार और अपनापन साफ झलकता है, जिसे फैंस ने खूब सराहा।

    इस वेकेशन की तस्वीरों में एक खास रोमांटिक डिनर का दृश्य भी देखने को मिला, जिसने इस सेलिब्रेशन को और भी खास बना दिया। शांत और खूबसूरत माहौल में बिताए गए इन पलों ने कपल के रिश्ते की गहराई को दर्शाया। सोशल मीडिया पर इन तस्वीरों को तेजी से शेयर किया जा रहा है और फैंस उन्हें शुभकामनाएं दे रहे हैं।

    वर्क फ्रंट की बात करें तो रणबीर कपूर कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहे हैं, जबकि आलिया भट्ट भी आने वाले समय में कई महत्वपूर्ण फिल्मों में नजर आने वाली हैं। दोनों कलाकार अपने करियर और निजी जीवन के बीच संतुलन बनाते हुए आगे बढ़ रहे हैं।

  • OTT और सिनेमाघरों में एंटरटेनमेंट की बरसात, इस हफ्ते रिलीज होंगी कई फिल्में और सीरीज

    OTT और सिनेमाघरों में एंटरटेनमेंट की बरसात, इस हफ्ते रिलीज होंगी कई फिल्में और सीरीज


    नई दिल्ली। वीकेंड पर चिल करने का प्लान बना रहे हैं तो सिनेमाघर और OTT पर कई फ़िल्में और सीरीज दस्तक देने को तैयार है। जिसे आप आसानी से देख सकते हैं। इनमें आपको कॉमेडी, रोमांस, क्राइम, हॉरर कॉमेडी, थ्रिलर और सस्पेंस की फुल डोज मिलेगी। इसलिए इस लिस्ट में अक्षय कुमार की भूत बंगला भी शामिल है जिसका फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं तो चलिए सब की लिस्ट जानते हैं।

    अक्षय कुमार की फिल्म Bhooth Bangla
    अक्षय कुमार की फिल्म ‘भूत बंगला’ कई दिनों से चर्चा में बनी हुई है आपको बता दें कि जब से इस फिल्म का टीचर और ट्रेलर आया है। दर्शक इस फिल्म को देखने के लिए अपनी उत्सुकता दिखा रहे हैं। यह एक हॉरर कॉमेडी फिल्म है इस फिल्म में अक्षय कुमार के अलावा दिवंगत एक्टर असरानी, परेश रावल, राजपाल यादव, तब्बू, मिथिला पालकर और वामिका गब्बी नजर आने वाले हैं यह फिल्म 16 अप्रैल को सिनेमाघरों में दस्तक देगी।

    टोस्टर (Toaster)
    राजकुमार राव और सान्या मल्होत्रा स्टारर टोस्टर इस महीने की चर्चित रिलीज में से एक है। यह एक डार्क कॉमेडी फिल्म है जिसकी कहानी एक ऐसे शख्स के इर्द-गिर्द घूमती है जो शादी में गिफ्ट किया गया अपना महंगा टोस्टर वापस लेने के चक्कर में अजीबोगरीब घटनाओं में फंस जाता है। फिल्म में कॉमेडी के साथ सस्पेंस और क्राइम का तड़का भी देखने को मिलेगा। ये 15 अप्रैल को Netflix पर आ रही है।

    अस्सी (Assi)
    अस्सी तापसी पन्नू की हार्ड हिटिंग मूवी है। मूवी अनुभव सिन्हा के डायरेक्शन में एक स्कूल टीचर के साथ हुए गैंगरेप के बाद इंसाफ की लड़ाई दिखाई गई है। तापसी ऐडवोकेट रावी बनी हैं जो पीड़िता का केस लड़ती हैं। यह फिल्म सिनेमा घरों में अपना धमाल मचाने के बाद अब ZEE5 पर 17 अप्रैल को आएगी।

    मटका किंग सीरीज (Matka King)
    मटका किंग 1960 के दशक की क्राइम ड्रामा वेब सीरीज है। सीरीज एक साधारण कॉटन ट्रेडर की कहानी है। वह मटका नाम का नया जुए का खेल शुरू करता है। धीरे-धीरे उसका यह आइडिया पूरे शहर और फिर देश में फैल जाता है, जिससे वह अंडरवर्ल्ड और राजनीति की दुनिया में बड़ा नाम बन जाता है। यह सीरीज 17 अप्रैल को Amazon Prime Video पर दस्तक देगी।

    यूफोरिया सीजन 3 (Euphoria-3)
    यूफोरिया का यह सीजन 3 है। यह पॉप्युलर टीन ड्रामा सीरीज है। इसमें 5 साल का लीप दिखाया जाएगा। लीड एक्टर्स टीन से 20s में पहुंच जाएंगे। यह सीरीज 15 अप्रैल से Jio Hotstar पर आएगी।

    फेक प्रोफाइल सीज़न 3 (Fake Profile Season 3)
    15 अप्रैल को प्रीमियर होने वाला नया सीज़न फेक प्रोफाइल सीज़न 3 में झूठ, विश्वासघात और बदले की रोमांचक कहानी दिखाई जाएगी। जैसे-जैसे राज़ खुलते हैं, किरदारों को अपने कर्मों के परिणामों का सामना करना पड़ता है। इस शो में कैरोलिना मिरांडा और रोडोल्फो सालास मुख्य भूमिका में हैं। ये Netflix पर आएगी।

  • जीवनशैली, नींद और संतुलन को लेकर सद्गुरु और आलिया भट्ट के बीच हुई बातचीत ने लोगों को सोचने पर मजबूर किया, उठे कई गहरे सवाल

    जीवनशैली, नींद और संतुलन को लेकर सद्गुरु और आलिया भट्ट के बीच हुई बातचीत ने लोगों को सोचने पर मजबूर किया, उठे कई गहरे सवाल

    नई दिल्ली:   अभिनेत्री आलिया भट्ट और आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु के बीच हुई एक बातचीत इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा का विषय बनी हुई है। इस बातचीत में नींद, जीवनशैली और जीवन के संतुलन जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई, जहां आलिया भट्ट ने अपनी दैनिक दिनचर्या साझा की और सद्गुरु ने उस पर एक ऐसा सवाल उठाया जिसने माहौल को हल्का लेकिन विचारशील बना दिया।

    कार्यक्रम के दौरान आलिया भट्ट ने बताया कि उन्हें पर्याप्त नींद लेना बेहद पसंद है और वह सामान्यतः आठ से नौ घंटे तक आराम करती हैं। उन्होंने कहा कि नींद उनके लिए केवल शारीरिक आवश्यकता नहीं बल्कि मानसिक शांति और सुकून पाने का एक तरीका भी है। आलिया ने सहजता से यह भी स्वीकार किया कि आराम उनकी जीवनशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा है और इससे उन्हें अगले दिन के लिए ऊर्जा मिलती है।

    इस पर सद्गुरु ने मुस्कुराते हुए एक ऐसा सवाल किया जिसने वहां मौजूद सभी लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने पूछा कि यदि दिन का इतना बड़ा हिस्सा सोने में ही निकल जाएगा तो फिर जीवन जीने का समय कब मिलेगा। उनका यह सवाल पहले तो हल्के मजाक के रूप में लिया गया, लेकिन धीरे धीरे इसने गहरी सोच को जन्म दे दिया।

    सद्गुरु ने आगे जीवनशैली और ऊर्जा संतुलन पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि अक्सर लोग दिनभर की थकान और तनाव के कारण अधिक नींद की ओर आकर्षित होते हैं, जबकि असली समस्या शरीर और मन के असंतुलन में होती है। उनके अनुसार यदि व्यक्ति अपने भीतर संतुलन बना ले तो उसे लंबे समय तक सोने की आवश्यकता कम हो सकती है और वह अधिक सक्रिय जीवन जी सकता है।

    उन्होंने यह भी कहा कि जीवन का उद्देश्य केवल आराम करना नहीं बल्कि हर क्षण को पूरी तरह से अनुभव करना है। उनके अनुसार जागरूकता के साथ जीया गया जीवन अधिक अर्थपूर्ण होता है और व्यक्ति अपनी ऊर्जा का बेहतर उपयोग कर सकता है। यह दृष्टिकोण आधुनिक जीवनशैली में संतुलन की आवश्यकता को उजागर करता है, जहां लोग व्यस्तता और थकान के बीच अपने स्वास्थ्य पर ध्यान देना भूल जाते हैं।

    बातचीत के दौरान जब पारिवारिक जीवन का जिक्र आया तो सद्गुरु ने बच्चों से सीखने की बात कही। उन्होंने कहा कि बच्चे जीवन को बिना किसी बोझ के जीते हैं और उनकी सरलता वयस्कों के लिए एक महत्वपूर्ण सीख हो सकती है। उनके अनुसार माता पिता को बच्चों को केवल सिखाना ही नहीं बल्कि उनसे सीखने की कोशिश भी करनी चाहिए क्योंकि वे जीवन को बहुत स्वाभाविक तरीके से समझते हैं।

    इस बातचीत का एक हल्का और मनोरंजक क्षण तब आया जब सद्गुरु ने मजाकिया अंदाज में अपनी भावनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उन्हें भी कभी कभी अपनी भावनाओं को खुलकर व्यक्त करने का मन होता है। इस पर माहौल हल्का हो गया और बातचीत में एक मानवीय और सरल पक्ष सामने आया।

    यह पूरा संवाद केवल एक सामान्य बातचीत नहीं रह गया बल्कि जीवनशैली, संतुलन और सोच के नजरिए पर एक गहरी चर्चा में बदल गया, जिसे लोग अपने अपने तरीके से समझ और साझा कर रहे हैं।

  • गणपति बप्पा के दरबार में झुके अनुपम खेर, नई स्क्रिप्ट पढ़कर मांगी अपार सफलता की दुआ..

    गणपति बप्पा के दरबार में झुके अनुपम खेर, नई स्क्रिप्ट पढ़कर मांगी अपार सफलता की दुआ..

    नई दिल्ली:हिंदी सिनेमा के वरिष्ठ अभिनेता अनुपम खेर इन दिनों थिएटर की दुनिया में फिर से सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं और अपने नए नाटकों के जरिए दर्शकों से सीधा जुड़ाव बना रहे हैं। फिल्मों में लंबा सफर तय करने के बाद उन्होंने एक बार फिर रंगमंच की ओर रुख किया है, जहां वे लगातार नए प्रयोग और प्रस्तुतियों के साथ दर्शकों का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं। इसी क्रम में अपने आगामी नाटक की तैयारी के बीच वे भगवान गणपति का आशीर्वाद लेने पहुंचे, जहां उन्होंने अपने काम की सफलता के लिए विशेष प्रार्थना की।

    नाटक के मंचन से पहले अनुपम खेर मुंबई स्थित सिद्धिविनायक मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने श्रद्धा के साथ अपने नए प्रोजेक्ट की स्क्रिप्ट भगवान के सामने प्रस्तुत की। मंदिर परिसर में उन्होंने स्क्रिप्ट की कुछ पंक्तियां पढ़कर सुनाईं और अपने आगामी नाटक की सफलता के लिए आशीर्वाद मांगा। यह क्षण उनके लिए भावनात्मक और आध्यात्मिक रूप से बेहद खास रहा, जिसे उन्होंने अपने प्रशंसकों के साथ भी साझा किया।

    अनुपम खेर का थिएटर से जुड़ाव उनके करियर की शुरुआती दिनों से रहा है। अब एक लंबे अंतराल के बाद उन्होंने फिर से रंगमंच पर वापसी की है और लगातार नए नाटकों के जरिए अपनी कला को नई दिशा दे रहे हैं। उनका हालिया हिंदी म्यूजिकल नाटक जाने पहचाने अनजाने दर्शकों के बीच काफी सराहा जा रहा है, जिसमें आधुनिक रिश्तों की जटिलता और भावनात्मक दूरी को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया है।

    इस नाटक की खास बात इसका संगीत और प्रस्तुति शैली है, जिसमें जाने-माने संगीतकारों और गायकों का योगदान रहा है। संगीत के जरिए कहानी को जीवंत बनाने की कोशिश की गई है, जिससे दर्शकों को एक अलग अनुभव मिलता है। अनुपम खेर ने इस प्रोजेक्ट में न केवल अभिनय किया है बल्कि इसके निर्माण और प्रस्तुति में भी सक्रिय भूमिका निभाई है।

    उनके इस नए प्रयास के पीछे एक स्पष्ट सोच नजर आती है कि वे थिएटर के माध्यम से ऐसे विषयों को सामने लाना चाहते हैं, जो आम जिंदगी से जुड़े हों और दर्शकों को भावनात्मक रूप से प्रभावित कर सकें। यही कारण है कि उनके नाटकों में कहानी, संगीत और अभिनय का संतुलन देखने को मिलता है।

    गौरतलब है कि इस नाटक का नाम भी एक दिलचस्प तरीके से सामने आया था, जिसे उनके करीबी परिवार सदस्य द्वारा सुझाया गया था। इससे यह भी साफ होता है कि उनके रचनात्मक काम में परिवार की भूमिका भी अहम बनी हुई है।

    अनुपम खेर का यह कदम यह दर्शाता है कि वे अपने काम को केवल पेशा नहीं बल्कि एक साधना के रूप में देखते हैं, जहां आस्था और कला का गहरा संबंध है। थिएटर के प्रति उनका समर्पण और नई शुरुआत के प्रति उनकी ऊर्जा यह संकेत देती है कि आने वाले समय में वे रंगमंच पर और भी प्रभावशाली प्रस्तुतियां लेकर आ सकते हैं।