Category: Entertainment

  • बॉर्डर 2 बॉक्स ऑफिस पर आई बड़ी गिरावट, 11वें दिन कमाई में जोरदार झटका

    बॉर्डर 2 बॉक्स ऑफिस पर आई बड़ी गिरावट, 11वें दिन कमाई में जोरदार झटका


    नई दिल्ली । सनी देओल स्टारर और 1997 की सुपरहिट फिल्म बॉर्डर की सीक्वल बॉर्डर 2 ने रिलीज़ के बाद बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया है। देशभक्ति और युद्ध की पृष्ठभूमि पर बनी इस फिल्म को दर्शकों का जबरदस्त समर्थन मिला जिसका नतीजा है कि फिल्म ने महज 11 दिनों में करीब 280 करोड़ रुपये की कमाई कर ली है। हालांकि दूसरे सोमवार को फिल्म की कमाई में भारी गिरावट दर्ज की गई है जिसने ट्रेड एक्सपर्ट्स को चौंका दिया है।

    11वें दिन 4 करोड़ से भी कम कमाई

    सैकनिल्क की शुरुआती रिपोर्ट के अनुसार बॉर्डर 2 ने रिलीज़ के 11वें दिन यानी सोमवार को भारत में सिर्फ 3.88 करोड़ रुपये नेट की कमाई की। यह आंकड़ा पिछले दिनों की तुलना में काफी कम है। इसके बावजूद फिल्म का कुल घरेलू कलेक्शन अब 279.13 करोड़ रुपये तक पहुंच चुका है जो इसे साल की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में शामिल करता है।

    पहले हफ्ते में की थी रिकॉर्डतोड़ कमाई

    फिल्म ने पहले ही हफ्ते में बॉक्स ऑफिस पर धूम मचा दी थी। बॉर्डर 2 ने अपने पहले सात दिनों में ही 224.25 करोड़ रुपये कमा लिए थे। इसके बाद दूसरे हफ्ते की शुरुआत भी मजबूत रही। 8वें दिन: 10.75 करोड़ ,9वें दिन: 17.75 करोड़, 10वें दिन: 22.50 करोड़ ,हालांकि वीकेंड के बाद सोमवार को दर्शकों की संख्या में गिरावट साफ दिखाई दी।

    देशभक्ति और स्टारकास्ट बनी फिल्म की ताकत

    अनुराग सिंह के निर्देशन में बनी इस वॉर ड्रामा फिल्म में सनी देओल के साथ वरुण धवन दिलजीत दोसांझ और अहान शेट्टी अहम भूमिकाओं में नजर आए हैं। इसके अलावा मोना सिंह सोनम बाजवा अन्या सिंह प्रणव वशिष्ठ और मेधा राणा ने भी फिल्म में प्रभावशाली अभिनय किया है। फिल्म 23 जनवरी को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई थी और शुरुआत से ही इसे जबरदस्त ओपनिंग मिली।

    1971 युद्ध की पृष्ठभूमि में रची गई कहानी

    बॉर्डर 2 भी पहली फिल्म की तरह 1971 के भारत-पाक युद्ध और लोंगेवाला की ऐतिहासिक लड़ाई की पृष्ठभूमि पर आधारित है। दमदार डायलॉग्स देशभक्ति से भरे दृश्य और सनी देओल की मजबूत स्क्रीन प्रेजेंस ने दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचा।

    सफलता का जश्न मनाते दिखे सनी देओल

    फिल्म की जबरदस्त सफलता के बाद सनी देओल ने अपनी टीम के साथ जश्न भी मनाया। उन्होंने इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो साझा किया जिसमें वे केक काटते और टीम के साथ गाना गाते नजर आए। इससे पहले सनी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर फैंस का धन्यवाद करते हुए लिखा था कि बॉर्डर 2 को मिल रहा प्यार उनके लिए बेहद खास है।

    आगे कैसी रहेगी कमाई ट्रेड की नजर

    हालांकि 11वें दिन आई गिरावट ने थोड़ा झटका जरूर दिया है लेकिन कुल कमाई को देखते हुए बॉर्डर 2 का हिट होना तय माना जा रहा है। अब देखना होगा कि वीकेंड पर फिल्म फिर से रफ्तार पकड़ पाती है या नहीं।

  • फिल्म का नाम रखने का 'कानूनी' रास्ता: जानें कैसे बुक होते हैं टाइटल और क्या है डायरेक्टर्स के IFTDA कार्ड की असली ताकत?

    फिल्म का नाम रखने का 'कानूनी' रास्ता: जानें कैसे बुक होते हैं टाइटल और क्या है डायरेक्टर्स के IFTDA कार्ड की असली ताकत?


    नई दिल्ली। बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता गोविंदा ने एक बार अपने इंटरव्यू में कहा था कि उनके लिए फिल्म का नाम इतना महत्वपूर्ण है कि उन्होंने महज नाम पसंद न आने पर कई फिल्में ठुकरा दीं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जब दो फिल्ममेकर्स एक ही नाम के लिए भिड़ जाते हैं, तो उसका फैसला कैसे होता है? दरअसल, फिल्म का नाम चुनना केवल एक क्रिएटिव फैसला नहीं है बल्कि इसके पीछे IMPPA और IFTDA जैसी संस्थाओं की एक जटिल प्रक्रिया काम करती है।

    IMPPA फिल्मों का रजिस्ट्री ऑफिस

    साल 1937 में गठित इंडियन मोशन पिक्चर प्रोडक्शन एसोसिएशन IMPPA प्रोड्यूसर्स के लिए काम करने वाली सबसे पुरानी और प्रमुख संस्था है। इसे आप फिल्मों का ‘रजिस्ट्री ऑफिस’ कह सकते हैं। इसका मुख्य काम फिल्मों के नामों Titles को सुरक्षित रखना और उनकी रजिस्ट्री करना है।नाम की सुरक्षा यदि कोई प्रोड्यूसर अपनी फिल्म का नाम ‘धुरंधर’ रखना चाहता है, तो उसे सबसे पहले IMPPA में यह चेक करना होगा कि यह नाम पहले से किसी और ने बुक तो नहीं किया है। टाइटल ब्लॉकिंग प्रोड्यूसर्स भविष्य की संभावनाओं को देखते हुए पहले से ही कुछ आकर्षक नाम बुक करके रख सकते हैं ताकि कोई दूसरा उनका उपयोग न कर सके।

    नाम फाइनल करने की स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया

    किसी भी फिल्म प्रोड्यूसर को इन चरणों का पालन करना अनिवार्य है  बैनर रजिस्ट्रेशन सबसे पहले अपने प्रोडक्शन हाउस बैनर का नाम रजिस्टर करना होता है। इसके लिए पैन कार्ड, GST और आधार जैसे दस्तावेज जरूरी हैं। मेंबरशिप फीस कैटेगरी के आधार पर प्रोड्यूसर को 5,000 से 20,000 रुपये तक की मेंबरशिप फीस देनी होती है।

    टाइटल बुकिंग एक बार बैनर रजिस्टर होने के बाद, फिल्म का टाइटल ब्लॉक करने के लिए सालाना 350 से 500 रुपये की फीस चुकानी पड़ती है। इसे हर साल रिन्यू भी कराना होता है।CBFC के लिए प्रमाण IMPPA द्वारा जारी रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट को फिल्म सर्टिफिकेशन CBFC के समय दिखाना होता है, जिसके बिना फिल्म रिलीज नहीं हो सकती।

    IFTDA कार्ड डायरेक्टर्स का सुरक्षा कवच

    फिल्म के नाम और निर्माण के साथ-साथ निर्देशन के क्षेत्र में भी कड़े नियम हैं। यहाँ इंडियन फिल्म्स एंड टीवी डायरेक्टर्स एसोसिएशन IFTDA की भूमिका अहम हो जाती है। यह संस्था डायरेक्टर्स और असिस्टेंट डायरेक्टर्स के अधिकारों की रक्षा करती है।पेमेंट की सुरक्षा यदि कोई प्रोड्यूसर काम लेने के बाद डायरेक्टर के पैसे देने से मना करता है, तो IFTDA उस फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने तक की ताकत रखता है। पहचान और भरोसा फिल्म सेट पर IFTDA कार्ड एक डायरेक्टर की आधिकारिक पहचान होती है। ज्यादातर बड़े प्रोड्यूसर्स केवल उन्हीं डायरेक्टर्स को काम देते हैं जिनके पास यह कार्ड होता है।

  • 34 साल की मेहनत के बाद रवि किशन को मिली पहचान, बोले- ‘मैं खत्म हो गया था’

    34 साल की मेहनत के बाद रवि किशन को मिली पहचान, बोले- ‘मैं खत्म हो गया था’


    नई दिल्ली । रवि किशन की जिंदगी की कहानी एक लंबी जर्नी हैजिसमें संघर्षनिराशा और फिर सफलता का उजाला शामिल है। 34 साल तक धैर्य से इंतजार करने के बाद उन्हें आखिरकार वह मुकाम मिलाजिसकी हर कलाकार को चाह होती है। लापता लेडीज़ और वेब सीरीज मामला लीगल है में उनके बेहतरीन अभिनय ने दर्शकों और क्रिटिक्स दोनों का दिल जीत लिया। इस समय वे फिल्म भाबीजी घर पर हैं: फन ऑन द रन में भी नजर आ रहे हैंजिसे बिनैफर और संजय कोहली ने प्रोड्यूस किया है।

    रवि किशन ने इस फिल्म के बारे में कहा कि वे हमेशा से इस शो के फैन रहे हैं। कहानीडायरेक्टर और उनके किरदार तीनों ही कारण थे जिनकी वजह से उन्होंने यह प्रोजेक्ट चुना। उनका किरदार एकतरफा प्यार में डूबा हुआ हैजिसे बिना ज्यादा एक्सप्रेशन के भी लोगों को हंसाना पड़ता है। रवि ने बताया कि बिहार और यूपी में उन्हें ऐसे लोगों से रोज मिलना होता हैइसलिए यह रोल उन्हें बेहद पसंद आया।

    हालांकि रवि किशन दशकों से फिल्मों में काम कर रहे हैंलेकिन उन्हें बड़ी पहचान हाल ही में मिली। उन्होंने कहा कि उन्होंने 34 साल तक धैर्य से इंतजार किया और एक समय ऐसा भी आया जब लोगों को लगता था कि वे सिर्फ भोजपुरी फिल्मों तक सीमित रह गए हैंराजनीति में चले गए हैंउम्र बढ़ गई है और अब धीरे-धीरे गायब हो जाएंगे। लेकिन भगवान की कृपा सेजब सब कुछ खत्म होता दिखातभी किरण राव जैसी निर्देशक लापता लेडीज़ जैसी स्क्रिप्ट लेकर आईं और उसके बाद मामला लीगल है जैसी वेब सीरीज ने उन्हें नई पहचान दी।

    रवि ने कहा कि पिछले साल ने साबित कर दिया कि जब फिल्ममेकर उन पर भरोसा करते हैं और अच्छा कंटेंट देते हैंतो वे क्या कर सकते हैं। उनकी जर्नी संघर्ष कर रहे कलाकारों के लिए एक मिसाल है।

    उन्होंने तेरे नाम के बाद अपने करियर के उस दौर को याद किया जब काम के मौके बहुत कम मिल रहे थे। सलमान खान के साथ तेरे नाम के बाद उन्हें लगा कि यहां बहुत भीड़ हैवह इस रेस का हिस्सा नहीं बन पाएंगे और लोग उनका रिस्पॉन्स नहीं देंगे। गुस्सा और निराशा जरूर थीलेकिन उन्होंने उसी गुस्से को भोजपुरी इंडस्ट्री में अपनी जगह बनाने में लगाया। रवि ने साफ कहा कि उन्होंने कभी बॉलीवुड को दोष नहीं दियाक्योंकि हिंदी सिनेमा ने उन्हें पहचान दी और वही सब सिखायाजिसे बाद में भोजपुरी फिल्मों ने अपनाया।

    अब जब उन्हें प्यार और पहचान मिल रही हैतो वे बेहद आभारी हैं। रवि किशन का कहना है कि यह उगते सूरज का खेल है और यह बात हर पेशे में सच है। उन्होंने कहा कि अब जो प्यार मिल रहा हैउसके लिए वह दिल से धन्यवाद करते हैं।

  • रोहित शेट्टी के घर फायरिंग केस में बड़े खुलासे: लॉरेंस बिश्नोई गैंग की साजिश, स्कूटर से रेकी और ट्रेन से फरारी

    रोहित शेट्टी के घर फायरिंग केस में बड़े खुलासे: लॉरेंस बिश्नोई गैंग की साजिश, स्कूटर से रेकी और ट्रेन से फरारी

    नई दिल्‍ली । मुंबई के जुहू इलाके में फिल्म निर्देशक और निर्माता रोहित शेट्टी के घर के बाहर हुई फायरिंग की घटना ने न केवल फिल्म इंडस्ट्री, बल्कि सुरक्षा एजेंसियों को भी हिला कर रख दिया है। इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच को अब तक कई चौंकाने वाले और अहम खुलासे हाथ लगे हैं। जांच में सामने आया है कि यह हमला अचानक नहीं, बल्कि पूरी योजना और तैयारी के साथ अंजाम दिया गया था, जिसके तार कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े हुए हैं।

    पुलिस जांच के अनुसार, आरोपियों ने फायरिंग से पहले कई दिनों तक रोहित शेट्टी के जुहू स्थित घर और आसपास के इलाके की बारीकी से रेकी की थी। खास बात यह है कि रेकी के लिए जिस स्कूटर का इस्तेमाल किया गया, उसी स्कूटर का उपयोग फायरिंग के बाद मौके से फरार होने के लिए भी किया गया। इससे साफ है कि अपराधियों ने हर कदम पहले से सोच-समझकर उठाया था।

    घटना वाले दिन एक अज्ञात शूटर ने रोहित शेट्टी के घर के बाहर पहुंचकर पांच राउंड फायरिंग की। फायरिंग के बाद वह बिना समय गंवाए स्कूटर पर सवार होकर फरार हो गया। पुलिस के मुताबिक, शूटर सीधे विले पार्ले रेलवे स्टेशन पहुंचा, जहां उसने स्कूटर छोड़ दिया और ट्रेन के जरिए मुंबई से बाहर निकल गया। इस तरह उसने अपने पीछे बहुत कम सुराग छोड़े, हालांकि तकनीकी जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी से पूरी साजिश धीरे-धीरे सामने आ रही है।

    क्राइम ब्रांच की जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि अपराध में इस्तेमाल किया गया स्कूटर पुणे से खरीदा गया था। स्कूटर 30 हजार रुपये में लिया गया था और यह मूल रूप से आनंद मारोटे के नाम पर रजिस्टर्ड था। रिकॉर्ड के अनुसार, मारोटे ने यह स्कूटर 6 अगस्त 2009 को खरीदा था। घटना से करीब 12 दिन पहले मारोटे ने यह स्कूटर गिरफ्तार आरोपी आदित्य गायकवाड़ को बेच दिया था। स्कूटर खरीदने के लिए पैसे कथित मास्टरमाइंड शुभम लोनकर ने उपलब्ध कराए थे।

    पुलिस के मुताबिक, पूरी साजिश के तहत समर्थ पोमाजी के निर्देश पर सिद्धार्थ येनपुरे और स्वप्नील सकट स्कूटर को सड़क मार्ग से पुणे से लोनावला लाने वाले थे, ताकि इसे आगे शूटर को सौंपा जा सके। हालांकि किसी कारणवश शूटर लोनावला नहीं पहुंच सका। इसके बाद आरोपियों ने योजना में बदलाव करते हुए घटना से लगभग 10 दिन पहले स्कूटर को सीधे मुंबई पहुंचा दिया और अज्ञात शूटर के हवाले कर दिया। इस काम के बदले उन्हें अतिरिक्त पैसे भी दिए गए।जांच में यह बात भी सामने आई है कि मुंबई में स्कूटर पहुंचाने वाले आरोपियों को यह जानकारी थी कि वे किसी आपराधिक साजिश का हिस्सा हैं, लेकिन उन्हें यह नहीं बताया गया था कि निशाना रोहित शेट्टी का घर होगा। इससे यह संकेत मिलता है कि मास्टरमाइंड ने जानबूझकर पूरी जानकारी सीमित लोगों तक ही रखी थी, ताकि पकड़े जाने की स्थिति में पूरी साजिश उजागर न हो सके।

    क्राइम ब्रांच के अनुसार, इस मामले में समर्थ पोमाजी की भूमिका बेहद अहम रही है। उसने मुख्य शूटर की सक्रिय रूप से मदद की। शुभम लोनकर के निर्देश पर समर्थ ने आदित्य गायकवाड़ की मदद से स्कूटर का इंतजाम कराया और फायरिंग की पूरी योजना को जमीन पर उतारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। जांच में यह भी सामने आया है कि समर्थ लगातार शुभम लोनकर के संपर्क में था और दोनों के बीच सिग्नल ऐप के जरिए नियमित बातचीत होती थी। इसी सुरक्षित मैसेजिंग ऐप के माध्यम से शुभम समर्थ को निर्देश देता था और पूरी योजना को नियंत्रित कर रहा था।

    अब तक पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों आदित्य गायकवाड़, सिद्धार्थ येनपुरे, समर्थ पोमाजी और स्वप्नील सकट को गिरफ्तार कर लिया है। इनसे पूछताछ के आधार पर पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली हैं। फिलहाल क्राइम ब्रांच इस पूरे मामले के कथित मास्टरमाइंड शुभम लोनकर की तलाश में जुटी हुई है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।रोहित शेट्टी के घर पर हुई इस फायरिंग की घटना ने एक बार फिर संगठित अपराध और फिल्मी हस्तियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इस साजिश की परतें खुलती जा रही हैं, और आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासों की संभावना जताई जा रही है।

  • 'Mardaani 3 Box Office Collection Day 3: Rani Mukerji की वापसी धमाकेदार, फिल्म ने तीसरे दिन भी दिखाई बढ़त

    'Mardaani 3 Box Office Collection Day 3: Rani Mukerji की वापसी धमाकेदार, फिल्म ने तीसरे दिन भी दिखाई बढ़त


    नई दिल्‍ली । Rani Mukerji की एक्शन-क्राइम थ्रिलर Mardaani 3 रिलीज के सिर्फ तीन दिनों में ₹17.50 करोड़ का कलेक्शन कर चुकी है। फिल्म की सफलता में Rani के दमदार प्रदर्शन और दर्शकों की तारीफों का बड़ा हाथ है, जिससे हॉलीवुड और बॉलीवुड के दर्शक इसे खूब पसंद कर रहे हैं।

    तीसरे दिन बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन

    Abhiraj Minawala द्वारा निर्देशित Mardaani 3 30 जनवरी को रिलीज हुई और पहले ही वीकेंड में दर्शकों का भरपूर प्यार बटोर चुकी है। रविवार को फिल्म ने ₹7.25 करोड़ का कलेक्शन किया, जिससे कुल कमाई तीसरे दिन तक ₹17.50 करोड़ हो गई। रिपोर्ट के अनुसार, हिंदी भाषी सिनेमाघरों में फिल्म की औसत सीट बुकिंग 33.29% रही।

    शो टाइम और रीजनल रुझान

    फिल्म ने दिनभर में विभिन्न शोज़ में अच्छी उपस्थिति दर्ज की। शाम के शो में 49.80% तक, दोपहर में 37.04%, रात के शो में 33.10% और सुबह के शो में 13.23% तक थिएटर भरे रहे। शहरवार आंकड़ों पर नजर डालें तो पुणे में 45% की उपस्थिति रही, मुंबई में 42.25%, कोलकाता में 38.75% और भोपाल में 38.25% दर्शकों ने फिल्म देखी।

    Rani Mukerji ने साझा किया पुलिस अधिकारी का अनुभव

    Rani Mukerji ने हाल ही में बताया कि Mardaani फ्रेंचाइजी के तीसरे भाग में पुलिस की वर्दी पहनना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा, “उनकी (पुलिस अधिकारियों) जिंदगी की चुनौतियाँ और रोजमर्रा की कठिनाइयाँ उन्हें असाधारण बनाती हैं। यह मेरे लिए सम्मान की बात है कि मैं उनके किरदार को पर्दे पर पेश कर रही हूँ।”

    फिल्म का कास्ट और क्रू

    फिल्म में Rani Mukerji के अलावा Janki Bodiwala कॉन्स्टेबल Fatima Anwar के किरदार में हैं, जो Shivani Roy की जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। Prajesh Kashyap रामानुजन के रूप में दिखते हैं, जो NGO फाउंडर के रूप में आते हैं लेकिन बाद में ट्रैफिकिंग रिंग के मास्टरमाइंड निकलते हैं। Mallika Prasad Sinha मुख्य खलनायक Amma के किरदार में हैं, जो एक खौफनाक, साइकोपैथिक चाइल्ड ट्रैफिकर के रूप में सामने आती हैं। Jisshu Sengupta Shivani के पति Dr Bikram Roy, Indraneel Bhattacharya भारतीय एंबेसडर Sahu और Mikhail Yawalkar Inspector Balwinder Singh Sodhi के रूप में नजर आए।

    फिल्म को Yash Raj Films ने प्रोड्यूस किया है। Artur Żurawski ने सिनेमेटोग्राफी संभाली, John Stewart Eduri ने संगीत दिया और Yasha Ramchandani ने एडिटिंग की। Mardaani 3 की तगड़ी शुरुआत और दर्शकों की उत्साही प्रतिक्रिया इसे एक सफल एक्शन-क्राइम फिल्म के रूप में स्थापित करती है, और उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में बॉक्स ऑफिस पर यह और बढ़त दर्ज करेगी।

  • फरवरी में OTT पर मचेगा धमाल, रिलीज होंगी ये 6 बड़ी फिल्‍में और वेब सीरीज, जाने कब और कहां देखें?

    फरवरी में OTT पर मचेगा धमाल, रिलीज होंगी ये 6 बड़ी फिल्‍में और वेब सीरीज, जाने कब और कहां देखें?


    नई दिल्‍ली । सिनेमा और वेब सीरीज के शौकीनों के लिए फरवरी 2026 काफी खास होने वाला है। इस महीने कुल 6 बेहतरीन फिल्में और वेब सीरीज ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज होने जा रही हैं। इस लिस्ट में प्रियंका चोपड़ा की नई फिल्म से लेकर मोना सिंह की वेब सीरीज तक शामिल हैं, जो वीकेंड को और भी मजेदार बना देंगी। चलिए एक नजर डालते हैं कि ये फिल्में और सीरीज कब और किस प्लेटफॉर्म पर दर्शकों के लिए उपलब्ध होंगी।

    मैनुअल गार्सिया-रूल्फो की मशहूर कोर्टरूम ड्रामा सीरीज The Lincoln Lawyer का चौथा सीजन इस महीने ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज होने जा रहा है। फैंस इस नए सीजन का इंतजार लंबे समय से कर रहे हैं। सीजन 4 नेटफ्लिक्स पर 5 फरवरी से स्ट्रीम होगा और इसमें कोर्टरूम की तीखी लड़ाइयों और ड्रामा से भरपूर कहानियां देखने को मिलेंगी।

    सीजन 3

    गैब्रियल बासो स्टारर थ्रिलर सीरीज The Night Agent का तीसरा सीजन इस महीने नेटफ्लिक्स पर रिलीज होने जा रहा है। नई कड़ी 19 फरवरी से स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध होगी। इस सीजन की कहानी एक भ्रष्ट ट्रेजर एजेंट के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसमें कॉन्फ्लिक्ट, ट्विस्ट और सस्पेंस से भरपूर घटनाएं देखने को मिलेंगी।

    सीजन 2

    स्टर्लिंग के. ब्राउन की पॉलिटिकल थ्रिलर सीरीज Paradise का दूसरा सीजन इसी महीने जियोहॉटस्टार पर रिलीज होने जा रहा है। नया सीजन 23 फरवरी से स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध होगा। इस सीरीज में दर्शकों को राजनीति, साजिश और अप्रत्याशित ट्विस्ट से भरी कहानी देखने को मिलेगी, जो हर एपिसोड को और रोमांचक बना देती है।
    सीजन 4 पार्ट 2
    लोकप्रिय अमेरिकन रोमांटिक सीरीज Bridgerton का चौथा सीजन का दूसरा पार्ट 26 फरवरी को नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध होगा। फैंस लंबे समय से इस पार्ट का इंतजार कर रहे थे, और अब उनकी प्रतीक्षा खत्म होने जा रही है। इस नए पार्ट में रोमांस, ड्रामा और शाही रोमांच की कहानियां फिर से दर्शकों को लुभाएंगी।

    सीजन 2

    मोना सिंह और बरुण सोबती की लोकप्रिय वेब सीरीज Kohrra का दूसरा सीजन 11 फरवरी को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगा। हाल ही में इस सीरीज का ट्रेलर जारी किया गया था, जिसे फैंस ने काफी पसंद किया है। नया सीजन भी दर्शकों को सस्पेंस और ड्रामा से भरपूर मनोरंजन देने के लिए तैयार है।

    प्रियंका चोपड़ा की अपकमिंग अमेरिकन फिल्म The Bluff इस महीने अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज होगी। फिल्म 25 फरवरी से स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध होगी। इस मूवी में प्रियंका एक समुद्री डाकू की भूमिका में नजर आएंगी और कार्ल अर्बन के साथ जबरदस्त एक्शन और टकराव करती दिखेंगी।

  • मंथन: जब 5 लाख किसानों ने 2-2 रुपये जोड़कर बनाई देश की पहली 'क्राउड फंडेड' फ़िल्म, कान्स तक गूंजी थी सफलता

    मंथन: जब 5 लाख किसानों ने 2-2 रुपये जोड़कर बनाई देश की पहली 'क्राउड फंडेड' फ़िल्म, कान्स तक गूंजी थी सफलता


    मुंबई। अक्सर फ़िल्मों के बजट करोड़ों में होते हैं और उनके पीछे बड़े कॉर्पोरेट घरानों का हाथ होता है, लेकिन 1976 में एक ऐसी फ़िल्म आई जिसने पूरी दुनिया को हैरान कर दिया। श्याम बेनेगल के निर्देशन में बनी फ़िल्म ‘मंथन’ भारतीय सिनेमा की वह क्रांतिकारी फ़िल्म है, जिसे किसी फ़ाइनेंसर ने नहीं बल्कि गुजरात के 5 लाख किसानों ने अपने दो-दो रुपये के चंदे से बनाया था। करीब 10 लाख रुपये के बजट में तैयार हुई यह फ़िल्म भारत की पहली ‘क्राउड फंडेड’ फ़िल्म कहलाई, जिसकी शुरुआत में गर्व से लिखा गया गुजरात के 5 लाख किसान इस फ़िल्म को प्रस्तुत कर रहे हैं।

    श्वेत क्रांति की वह अनकही दास्तान फ़िल्म की कहानी गुजरात कोऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन और डॉ. वर्गीज कुरियन के ‘श्वेत क्रांति’ के संघर्ष पर आधारित थी। विजय तेंदुलकर और श्याम बेनेगल द्वारा लिखित यह कहानी एक ऐसे समाज को दिखाती है जहाँ गरीब किसान डेयरी मालिकों के शोषण और जाति प्रथा की बेड़ियों में जकड़े हुए थे। फ़िल्म में गिरीश कर्नाड ने डॉ. राव डॉ. कुरियन से प्रेरित का किरदार निभाया, जो गाँव में सहकारिता का अलख जगाने पहुँचते हैं। वहीं, दिवंगत अभिनेत्री स्मिता पाटिल ने ‘बिंदु’ नामक एक आत्मनिर्भर और स्वाभिमानी ग्रामीण महिला का किरदार निभाकर अपनी अदाकारी का लोहा मनवाया।

    कलाकारों का दिग्गज जमावड़ा और नेशनल अवॉर्ड का सफर ‘मंथन’ केवल अपनी फंडिंग के लिए ही नहीं, बल्कि अपनी जबरदस्त स्टारकास्ट के लिए भी जानी जाती है। नसीरुद्दीन शाह, कुलभूषण खरबंदा और अमरीश पुरी जैसे मंझे हुए कलाकारों ने इस फ़िल्म को जीवंत बना दिया। इस फ़िल्म की गुणवत्ता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उस साल इसने दो नेशनल अवॉर्ड अपने नाम किए बेस्ट फीचर फ़िल्म और बेस्ट स्क्रीनप्ले। प्रीति सागर के गाने मेरो गाम काठा पारे ने न केवल फ़िल्मफ़ेयर अवॉर्ड जीता, बल्कि यह आज भी अमूल के विज्ञापनों की पहचान बना हुआ है।

    48 साल बाद भी कायम है चमक मई 2024 में इस फ़िल्म ने तब एक बार फिर सुर्खियां बटोरीं, जब इसकी रिलीज के 48 साल पूरे होने पर इसे प्रतिष्ठित कान्स फिल्म फेस्टिवल में प्रदर्शित किया गया। यह इस बात का प्रमाण है कि किसानों के छोटे से सहयोग से शुरू हुई यह यात्रा आज भी वैश्विक स्तर पर प्रासंगिक है। ‘मंथन’ आज भी हमें याद दिलाती है कि यदि नीयत साफ़ हो और उद्देश्य नेक, तो जनता का छोटा-सा चंदा भी इतिहास रचने की ताकत रखता है।

  • रोहित शेट्टी ने दोस्तों से घर न आने की अपील की, सुरक्षा कड़ी..

    रोहित शेट्टी ने दोस्तों से घर न आने की अपील की, सुरक्षा कड़ी..


    नई दिल्ली: बॉलीवुड के मशहूर फिल्ममेकर रोहित शेट्टी के घर हुई फायरिंग की घटना ने इंडस्ट्री को हिला कर रख दिया है आज सुबह रोहित शेट्टी के घर के बाहर बाइक सवार हमलावर ने चार राउंड फायरिंग की जिससे इलाके में दहशत फैल गई घटना की जानकारी मिलते ही मुंबई पुलिस हरकत में आई और तुरंत जांच शुरू कर दी

    इस मामले में मुंबई पुलिस ने पुणे से पांच संदिग्धों को हिरासत में लिया है जिनकी उम्र अठारह से सत्ताईस साल के बीच बताई जा रही है पुलिस सभी से गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस हमले के पीछे की साजिश और नेटवर्क का खुलासा किया जा सकेरोहित शेट्टी इस पूरे मामले में पुलिस के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं उन्होंने अपना बयान दर्ज करवाया है और जांच से जुड़े हर सवाल का जवाब दे रहे हैं फायरिंग की घटना के बाद रोहित शेट्टी के घर के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर दिए गए हैं पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है और हर आने जाने वाले पर नजर रखी जा रही है

    इसी बीच यह जानकारी सामने आई है कि रोहित शेट्टी ने फिल्म इंडस्ट्री के सभी करीबी दोस्तों और जान पहचान वालों से फिलहाल घर न आने की अपील की है उन्होंने कहा कि सुरक्षा और जांच को ध्यान में रखते हुए फिलहाल कोई भी घर पर मिलने न आएं हालांकि रोहित अपने चिंतित दोस्तों से फोन कॉल के जरिए लगातार संपर्क में बने हुए हैंइस घटना के बाद रोहित शेट्टी ने अपने आने वाले कुछ प्लान भी कैंसिल कर दिए हैं फिलहाल उनका पूरा ध्यान परिवार की सुरक्षा और पुलिस जांच पर है अभी तक रोहित शेट्टी या उनके परिवार की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है

    बताया जा रहा है कि इस हमले की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने ली है सोशल मीडिया के जरिए एक धमकी भरा मैसेज सामने आया है जिसमें अगली बार और भी गंभीर अंजाम की बात कही गई है इस धमकी के बाद पुलिस और ज्यादा सतर्क हो गई है और पूरे मामले की हर एंगल से जांच की जा रही हैमुंबई पुलिस ने घटना स्थल पर सुरक्षा बढ़ा दी है और इलाके में अतिरिक्त पेट्रोलिंग शुरू कर दी गई है रोहित शेट्टी के घर के आसपास कैमरे और सुरक्षा गार्ड की संख्या बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी तरह की अनहोनी को रोका जा सके पुलिस इस मामले में लगातार अपडेट साझा कर रही है और जल्द ही मामले का खुलासा करने की पूरी कोशिश कर रही है

  • बिग बॉस 19 के फाइनलिस्ट अमाल मलिक ने शेयर किया अपने संघर्ष का अनसुना सच

    बिग बॉस 19 के फाइनलिस्ट अमाल मलिक ने शेयर किया अपने संघर्ष का अनसुना सच

    नई दिल्ली :म्यूजिक कंपोजर और बिग बॉस 19 के फाइनलिस्ट अमाल मलिक आज भले ही इंडस्ट्री का एक बड़ा नाम बन गए हों लेकिन उनके सफर की शुरुआत आसान नहीं थी बिग बॉस 19 में नजर आने के बाद अमाल लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं और उन्होंने अपनी निजी जिंदगी से जुड़े कई अनसुने किस्से साझा किए हाल ही में एक इंटरव्यू में अमाल ने बताया कि उनके सरनेम ने उन्हें इंडस्ट्री में संघर्ष के लिए मजबूर किया

    अमाल का जन्म एक मशहूर म्यूजिकल परिवार में हुआ लेकिन शुरुआती सालों में इंडस्ट्री ने उन्हें खुले दिल से स्वीकार नहीं किया उन्होंने बताया कि कई बार उन्हें केवल उनके सरनेम की वजह से काम से निकाल दिया गया लोग यह सोचते थे कि वह अपने परिवार के नाम का फायदा उठा सकते हैं या म्यूजिक बेच सकते हैं इस गलतफहमी की वजह से कई बार उन्हें नौकरी छोड़नी पड़ी और यह अनुभव उनके भाई अरमान मलिक के साथ भी साझा रहा

    अमाल ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए बताया कि पंद्रह से पच्चीस साल की उम्र के बीच उन्होंने करीब दस साल तक लगातार मेहनत की इस दौर को आम लोग अक्सर अलग नजरिए से देखते हैं लेकिन उनके लिए यह समय सीखने और खुद को मजबूत बनाने वाला था शुरुआती चुनौतियों ने उन्हें मानसिक रूप से तैयार कियाउन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें कभी भी काम थाली में परोस कर नहीं मिला एक टीनएजर के तौर पर उन्होंने इंडस्ट्री में बने रहने के लिए असिस्टेंट के तौर पर काम किया पोस्ट प्रोडक्शन से जुड़े काम किए और कई बार हार्ड डिस्क ले जाने जैसी रनर की जिम्मेदारियां निभाईं इन जमीनी अनुभवों ने उन्हें अनुशासन सिखाया और काम के प्रति ईमानदार बनाया

    अमाल मलिक की यह कहानी उन लोगों के लिए प्रेरणा है जो मानते हैं कि बड़े नाम या मशहूर परिवार से आने वालों को सब कुछ आसानी से मिल जाता है अमाल का संघर्ष यह साबित करता है कि इंडस्ट्री में पहचान आखिरकार मेहनत और लगन से ही बनती है उनकी कहानी यह संदेश देती है कि सरनेम चाहे जितना भी बड़ा हो असली संघर्ष और सीख तो मेहनत में ही मिलती हैअमाल ने यह भी कहा कि शुरुआती कठिनाइयों ने उन्हें हर परिस्थिति में खुद पर भरोसा रखना सिखाया और आज उनकी मेहनत और समर्पण ही उन्हें बॉलीवुड म्यूजिक इंडस्ट्री में खास पहचान दिला रहा है उनके अनुभव नए कलाकारों के लिए प्रेरणा स्रोत बन सकते हैं

  • फराह खान का नया शो द 50 टीवी हिट या विवादों का नया अड्डा? बिग बॉस से टकराव और हाई वोल्टेज ड्रामा के साथ शुरू

    फराह खान का नया शो द 50 टीवी हिट या विवादों का नया अड्डा? बिग बॉस से टकराव और हाई वोल्टेज ड्रामा के साथ शुरू


    नई दिल्ली :फराह खान का नया रियलिटी शो द 50 टीवी आते ही सुर्खियों में छा गया है शो की खासियत इसका अनोखा फॉर्मेट और करीब पचास चर्चित चेहरों का एक साथ होना है इस शो में बिग बॉस के पुराने कंटेस्टेंट्स सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स यूट्यूब स्टार्स और टीवी इंडस्ट्री के जाने माने कलाकार नजर आ रहे हैं यही वजह है कि दर्शक इसे बिग बॉस से कंपेयर कर रहे हैं

    शो की शुरुआत से ही घर के अंदर तनाव का माहौल देखने को मिल रहा है टास्क के दौरान बहस और नोकझोंक आम बात बन गई है हाल ही में रिलीज हुए एक प्रोमो में करण पटेल और सिद्धार्थ भारद्वाज के बीच जबरदस्त टकराव देखने को मिला दोनों एक टास्क के दौरान आमने सामने आए और बहस इतनी बढ़ गई कि माहौल पूरी तरह गर्म हो गयासिद्धार्थ के बीच में बोलने पर करण पटेल अपना आपा खो बैठे उनका गुस्सा इस कदर बढ़ गया कि उन्होंने नेशनल टीवी पर धमकी तक दे डाली यह देख घर के बाकी कंटेस्टेंट्स भी हैरान रह गए करण का आक्रामक रवैया सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है फैंस इस प्रोमो पर जमकर रिएक्शन दे रहे हैं

    करण और सिद्धार्थ की बहस के अलावा शो में सपना चौधरी और अदनान शेख के बीच भी तीखी नोकझोंक देखने को मिली टास्क के दौरान सपना ने अदनान को कड़े शब्दों में जवाब दिया जिसके बाद दोनों के बीच बहस और तेज हो गई यह साफ नजर आया कि शो में हर कंटेस्टेंट अपनी जगह बनाने के लिए पूरी ताकत लगा रहा हैइन लगातार झगड़ों और टकरावों ने यह साफ कर दिया है कि द 50 में आगे और भी जबरदस्त ड्रामा देखने को मिलेगा शुरुआती एपिसोड्स में ही गुस्से भावनाओं और टकराव की झलक देखने को मिली है जिससे दर्शकों की दिलचस्पी और बढ़ गई है फराह खान का यह शो आने वाले दिनों में और भी बड़े विवादों और हाई वोल्टेज ड्रामे से भरपूर होने वाला है

    दर्शक और फैंस इस शो के अगले एपिसोड्स में और किस तरह के टकराव और ड्रामा देखने को मिलेगा इस पर लगातार नजर बनाए हुए हैं शो का अनोखा फॉर्मेट और पचास सितारों की मौजूदगी इसे बाकी रियलिटी शोज से अलग बनाती है यही वजह है कि द 50 टीवी को आने वाले दिनों में काफी चर्चा मिलने वाली है