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  • उत्तर प्रदेश अब बदल चुका है, पीछे नहीं लौटेगा: सीएम योगी ने निवेश और विकास का नया विजन रखा सामने

    उत्तर प्रदेश अब बदल चुका है, पीछे नहीं लौटेगा: सीएम योगी ने निवेश और विकास का नया विजन रखा सामने


    नई दिल्ली । 
    दिल्ली में आयोजित एक बड़े औद्योगिक और निवेश मंच पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के भविष्य को लेकर एक नया और आत्मविश्वास से भरा विजन प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है जब उत्तर प्रदेश को केवल सुधार की प्रक्रिया में नहीं रखा जाएगा, बल्कि इसे बुलेट ट्रेन जैसी तेज रफ्तार के साथ आगे बढ़ाया जाएगा। उनके अनुसार, राज्य ने अब तक जिन कमजोरियों को पीछे छोड़ा है, उनके स्थान पर मजबूत विकास की नींव खड़ी कर दी गई है।

    मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में यह स्पष्ट किया कि किसी भी राज्य की असली ताकत उसके उद्योग, निवेश और उत्पादन क्षमता में होती है। जब उद्योग मजबूत होते हैं तो रोजगार के अवसर अपने आप बढ़ते हैं और अर्थव्यवस्था को नई दिशा मिलती है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत की ताकत केवल आर्थिक प्रगति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दुनिया को स्थिरता और विकास का नया मार्ग दिखाने की क्षमता भी रखता है।

    अपने भाषण में उन्होंने उत्तर प्रदेश के पुराने हालातों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कुछ वर्ष पहले तक राज्य की स्थिति ऐसी थी कि विकास की रफ्तार धीमी थी और लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती थी। उन्होंने कहा कि उस समय सड़कों की स्थिति, कानून व्यवस्था की चुनौतियां और औद्योगिक माहौल की कमजोरी के कारण निवेश प्रभावित होता था और लोग राज्य से बाहर जाने को मजबूर होते थे।

    सीएम योगी ने कहा कि सरकार ने सबसे पहले प्रशासनिक व्यवस्था और सुरक्षा प्रणाली को मजबूत किया। उनका मानना है कि विकास की पहली शर्त एक सुरक्षित माहौल है। उन्होंने बताया कि कानून व्यवस्था को सख्ती से लागू किया गया और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को पारदर्शी बनाया गया। इसके साथ ही नीतिगत स्तर पर कई बड़े बदलाव किए गए ताकि निवेशकों का भरोसा बढ़ सके।

    उन्होंने यह भी बताया कि उनके नेतृत्व का तरीका अनुशासन और संगठनात्मक प्रबंधन पर आधारित रहा है, जिसे उन्होंने अपने पहले के अनुभवों से सीखा और शासन व्यवस्था में लागू किया। इसके परिणामस्वरूप सरकारी कामकाज में तेजी आई और निर्णय लेने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी हुई।

    विकास की दिशा में उठाए गए कदमों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में निवेश को आकर्षित करने के लिए मजबूत ढांचा तैयार किया गया है। स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए विशेष योजनाएं लागू की गई हैं, जिससे छोटे और मध्यम उद्योगों को नई पहचान मिली है। आज यह सेक्टर लाखों लोगों को रोजगार दे रहा है और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत कर रहा है।

    उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश अब केवल सुधार की कहानी नहीं है, बल्कि यह बदलाव और प्रगति का उदाहरण बन रहा है। राज्य में पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहरों को भी वैश्विक स्तर पर पहचान मिल रही है, जिससे आर्थिक गतिविधियों को और मजबूती मिल रही है।

    अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब पीछे मुड़ने वाला नहीं है। राज्य को अब एक ऐसे रास्ते पर आगे बढ़ाया जा रहा है जहां गति, निवेश, सुरक्षा और विकास साथ-साथ चलेंगे। उनका मानना है कि आने वाले वर्षों में उत्तर प्रदेश देश की अर्थव्यवस्था में सबसे महत्वपूर्ण योगदान देने वाले राज्यों में शामिल होगा।

  • तमिलनाडु में राजनीतिक हलचल: विजय की TVK को लेकर अंतरराष्ट्रीय चर्चा तेज, मलेशियाई पीएम ने बताया ऐतिहासिक बदलाव

    तमिलनाडु में राजनीतिक हलचल: विजय की TVK को लेकर अंतरराष्ट्रीय चर्चा तेज, मलेशियाई पीएम ने बताया ऐतिहासिक बदलाव



    नई दिल्ली। तमिलनाडु की राजनीति में अभिनेता से नेता बने थलापति विजय की पार्टी टीवीके (Tamilaga Vettri Kazhagam) के प्रदर्शन को लेकर सोशल मीडिया और कुछ रिपोर्ट्स में बड़ी चर्चा देखने को मिल रही है, हालांकि यह स्पष्ट करना जरूरी है कि इस तरह की चुनावी जीत और सरकार गठन से जुड़ी जानकारी की आधिकारिक पुष्टि निर्वाचन आयोग या अधिकृत नतीजों से ही मानी जाती है। फिलहाल उपलब्ध विश्वसनीय राजनीतिक परिदृश्य के अनुसार टीवीके का उदय राज्य की पारंपरिक DMK और AIADMK राजनीति के बीच एक नए विकल्प के रूप में देखा जा रहा है, लेकिन इसके सीटों और सरकार बनाने जैसे दावों पर अलग-अलग स्रोतों में स्पष्टता नहीं है।

    इसी बीच मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम का एक सोशल मीडिया बयान सामने आया है, जिसमें उन्होंने विजय को बधाई देते हुए तमिलनाडु की राजनीति में बदलाव की बात कही है। अपने संदेश में उन्होंने कहा कि तमिल समुदाय के साथ मलेशिया के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंध गहरे रहे हैं और वह उम्मीद करते हैं कि नया नेतृत्व इस रिश्ते को और मजबूत करेगा। उन्होंने विजय के चुनावी नारे “ओरु विरल पुरची” (एक उंगली क्रांति) का उल्लेख करते हुए इसे बदलाव की भावना से जोड़ा।

    अनवर इब्राहिम ने अपने संदेश में यह भी कहा कि विजय लंबे समय तक फिल्मों में भ्रष्टाचार और अन्याय के खिलाफ लड़ते हुए दिखे हैं और अब जनता ने उन्हें वास्तविक जीवन में नेतृत्व की जिम्मेदारी दी है। उन्होंने इसे तमिलनाडु की राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में वर्णित किया।

    राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, तमिलनाडु की राजनीति लंबे समय से DMK और AIADMK के प्रभाव में रही है, और किसी नए राजनीतिक विकल्प का उभरना अपने आप में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। लेकिन वास्तविक राजनीतिक स्थिति, सीटों का बंटवारा और सत्ता परिवर्तन को लेकर अंतिम और आधिकारिक जानकारी चुनाव आयोग के प्रमाणित परिणामों पर ही निर्भर करती है।

    कुल मिलाकर यह मामला अभी राजनीतिक चर्चा और दावों के स्तर पर ज्यादा है, जबकि जमीनी राजनीतिक तस्वीर आधिकारिक नतीजों और पुष्टि के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी।

  • तपती धूप से जनजीवन प्रभावित: विदिशा की सड़कों पर दिखा वीरान नजारा

    तपती धूप से जनजीवन प्रभावित: विदिशा की सड़कों पर दिखा वीरान नजारा


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में नौतपा शुरू होने से पहले ही गर्मी ने अपना तीखा असर दिखाना शुरू कर दिया है। सोमवार को तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर 2 बजे तक अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान भी 28 डिग्री के करीब पहुंच गया।
    लगातार बढ़ती गर्मी के कारण दिनभर जनजीवन प्रभावित रहा और लोग गर्म हवाओं से बचने के लिए घरों में रहने को मजबूर हो गए।

    दोपहर में बाजारों में पसरा सन्नाटा
    भीषण गर्मी का असर शहर की रफ्तार पर साफ दिखाई दिया। दोपहर होते-होते विदिशा की व्यस्त सड़कें लगभग खाली हो गईं। आम दिनों में जहां बाजारों में चहल-पहल रहती है, वहीं इस दिन सड़कों पर सन्नाटा नजर आया।
    तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोग जरूरी काम होने पर ही बाहर निकल रहे हैं।

    हीट वेव की आशंका, और बढ़ सकता है तापमान
    मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह सिर्फ शुरुआत है। आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ सकता है। खासकर मई के तीसरे सप्ताह में पारा और ऊपर चढ़ने की संभावना जताई जा रही है। उत्तर भारत से आने वाली गर्म हवाओं के कारण हीट वेव (लू) की स्थिति बनने की आशंका है। इससे लोगों की परेशानी और बढ़ सकती है।

    डॉक्टरों की सलाह: लू से बचाव जरूरी
    भीषण गर्मी को देखते हुए डॉक्टरों ने लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। विशेषज्ञों के अनुसार—

    शरीर को हाइड्रेटेड रखें, बार-बार पानी पीते रहें
    नींबू पानी, ओआरएस और छाछ का सेवन बढ़ाएं
    दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें
    बाहर निकलते समय हल्के और सूती कपड़े पहनें
    धूप से बचने के लिए छाता या टोपी का उपयोग करें

    विदिशा में बढ़ती गर्मी आने वाले दिनों में लोगों के लिए और मुश्किलें खड़ी कर सकती है। ऐसे में सावधानी और सतर्कता ही सुरक्षित रहने का सबसे बेहतर उपाय है।

  • विदिशा पुलिस की बड़ी सफलता, एक माह में 48 नाबालिग बालिकाएं सुरक्षित मिलीं, ऑपरेशन मुस्कान जारी

    विदिशा पुलिस की बड़ी सफलता, एक माह में 48 नाबालिग बालिकाएं सुरक्षित मिलीं, ऑपरेशन मुस्कान जारी


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में पुलिस ने गुमशुदा नाबालिग बालिकाओं की तलाश के लिए चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन मुस्कान’ अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। 1 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक चले विशेष अभियान में 48 नाबालिग बालिकाओं और किशोरियों को सुरक्षित बरामद कर उनके परिजनों को सौंप दिया गया। यह संख्या जिले से दर्ज गुमशुदगी के मामलों से भी अधिक बताई जा रही है, जिससे यह साफ होता है कि पुलिस ने पुराने लंबित मामलों को भी प्राथमिकता से हल किया।

    तीन साल में 827 किशोरियों को किया गया सुरक्षित बरामद
    विदिशा पुलिस के अनुसार, पिछले तीन वर्षों में ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत कुल 827 गुमशुदा बालिकाओं और किशोरियों को खोजकर उनके परिवारों से मिलाया गया है।

    आंकड़ों के अनुसार-

    वर्ष 2023 में 226 में से 209 बालिकाएं बरामद की गईं
    वर्ष 2024 में 302 में से 282 बालिकाएं सुरक्षित मिलीं
    वर्ष 2025 में 271 के मुकाबले 336 बालिकाएं खोजी गईं
    वर्ष 2026 (अप्रैल तक) 134 में से 125 बालिकाएं सुरक्षित वापस लाई गईं
    इन आंकड़ों से पुलिस की सक्रियता और खोजबीन की व्यापकता का अंदाजा लगाया जा सकता है।

    कई राज्यों तक चला सर्च ऑपरेशन
    इस अभियान के दौरान पुलिस ने सिर्फ मध्य प्रदेश तक ही सीमित नहीं रहकर राजस्थान, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश तक तलाशी अभियान चलाया। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम, ग्वालियर, रायसेन और देवास सहित कई जिलों में विशेष टीमों ने लगातार खोजबीन की। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, एसडीओपी, थाना और चौकी प्रभारियों सहित कई टीमों ने समन्वय के साथ यह अभियान चलाया।

    पाकिस्तान सीमा तक पहुंची पुलिस टीम
    एक मामले में पुलिस टीम एक गुमशुदा किशोरी की तलाश में राजस्थान होते हुए पाकिस्तान सीमा तक पहुंच गई थी। गहन खोजबीन के बाद किशोरी को सुरक्षित बरामद कर वापस लाया गया। यह मामला अभियान की गंभीरता और पुलिस की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

    ऑपरेशन मुस्कान का उद्देश्य
    पुलिस अधिकारियों के अनुसार ‘ऑपरेशन मुस्कान’ का मुख्य उद्देश्य गुमशुदा बच्चों और किशोरियों को सुरक्षित ढूंढकर उनके परिजनों से मिलाना है। यह अभियान केवल खोजबीन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सामाजिक जागरूकता और सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत किया जा रहा है।

    विदिशा पुलिस का यह अभियान लगातार प्रभावी साबित हो रहा है। बड़ी संख्या में बालिकाओं की सुरक्षित वापसी ने न केवल परिजनों को राहत दी है, बल्कि पुलिस की सक्रियता और संवेदनशीलता को भी उजागर किया है।

  • पाकिस्तान पर बड़ा आरोप: ईरानी विमानों को दी शरण, अमेरिका-ईरान तनाव के बीच उठे दोगलेपन पर सवाल

    पाकिस्तान पर बड़ा आरोप: ईरानी विमानों को दी शरण, अमेरिका-ईरान तनाव के बीच उठे दोगलेपन पर सवाल



    नई दिल्ली। अमेरिका-ईरान संघर्ष के बीच पाकिस्तान को लेकर एक बड़ा विवाद सामने आया है, जिसमें उस पर ईरानी सैन्य विमानों को अपने एयरबेस पर शरण देने के आरोप लगाए गए हैं। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट सीबीएस न्यूज के हवाले से दावा किया गया है कि संघर्ष के दौरान पाकिस्तान ने ईरान के कुछ सैन्य और निगरानी विमानों को रावलपिंडी के पास स्थित नूर खान एयरबेस पर अस्थायी रूप से रखने की अनुमति दी थी, ताकि वे संभावित हमलों से सुरक्षित रह सकें।

    रिपोर्ट के अनुसार इन विमानों में ईरानी वायुसेना का RC-130 टोही विमान भी शामिल बताया गया है, जो निगरानी और खुफिया जानकारी जुटाने में इस्तेमाल होता है। अमेरिकी अधिकारियों का दावा है कि यह कदम उस समय उठाया गया जब क्षेत्र में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव चरम पर था और दोनों पक्षों के बीच संघर्ष विराम की स्थिति अस्थिर बनी हुई थी।

    हालांकि पाकिस्तान ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। पाकिस्तान विदेश मंत्रालय ने कहा है कि नूर खान एयरबेस पर मौजूद बताए गए विमान किसी सैन्य ऑपरेशन का हिस्सा नहीं थे, बल्कि संघर्ष विराम और कूटनीतिक वार्ताओं से जुड़े राजनयिक या प्रशासनिक विमानों की आवाजाही थी। इस्लामाबाद का कहना है कि रिपोर्ट में दिए गए दावे भ्रामक हैं और इसका उद्देश्य गलत धारणा फैलाना है।

    इस पूरे मामले ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक नई बहस छेड़ दी है, जहां एक तरफ अमेरिका और कुछ विश्लेषक पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल उठा रहे हैं, वहीं पाकिस्तान खुद को एक संतुलित और मध्यस्थ देश के रूप में पेश कर रहा है।

    इसी बीच क्षेत्रीय विशेषज्ञों का कहना है कि मध्य-पूर्व और दक्षिण एशिया में बदलते भू-राजनीतिक हालात के कारण देशों की रणनीतियां तेजी से बदल रही हैं, और ऐसे में हर गतिविधि को अलग-अलग नजरिए से देखा जा रहा है।

    कुल मिलाकर यह मामला अभी विवादों के घेरे में है और स्वतंत्र रूप से इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है, लेकिन इसने अमेरिका, ईरान और पाकिस्तान के बीच कूटनीतिक रिश्तों पर नई बहस जरूर शुरू कर दी है।

  • नेतन्याहू का बड़ा आरोप: पाकिस्तान चला रहा है इजरायल-अमेरिका के खिलाफ डिजिटल युद्ध, भारत की खुलकर तारीफ

    नेतन्याहू का बड़ा आरोप: पाकिस्तान चला रहा है इजरायल-अमेरिका के खिलाफ डिजिटल युद्ध, भारत की खुलकर तारीफ




    नई दिल्ली। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक अमेरिकी टीवी इंटरव्यू में पाकिस्तान को लेकर बड़ा और तीखा बयान दिया है। CBS के कार्यक्रम “60 Minutes” में बातचीत के दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि पाकिस्तान सोशल मीडिया के जरिए एक संगठित डिजिटल अभियान चला रहा है, जिसका मकसद इजरायल और अमेरिका के रिश्तों को कमजोर करना है। नेतन्याहू के अनुसार यह अभियान फर्जी अकाउंट्स और बॉट नेटवर्क के जरिए चलाया जा रहा है, जिसमें इजरायल विरोधी नैरेटिव फैलाए जा रहे हैं।

    नेतन्याहू ने कहा कि कई देशों द्वारा सोशल मीडिया पर गलत जानकारी और फर्जी प्रचार के जरिए हेरफेर की कोशिशें की जा रही हैं और पाकिस्तान जैसे देशों से ऐसे डिजिटल ऑपरेशन सामने आ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इंटरनेट पर जो इजरायल विरोधी संदेश तेजी से फैलते हैं, उनकी शुरुआती गतिविधियां अक्सर पाकिस्तान से जुड़ी पाई जाती हैं। हालांकि इन आरोपों पर पाकिस्तान की ओर से अब तक कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।

    इसी इंटरव्यू में नेतन्याहू ने भारत की जमकर तारीफ की और भारत-इजरायल संबंधों को बेहद मजबूत और भरोसेमंद बताया। उन्होंने कहा कि जब वे अपनी पत्नी के साथ भारत यात्रा पर गए थे तो वहां उन्हें जिस तरह का सम्मान और गर्मजोशी मिली, वह उनके लिए “प्यार के उत्सव” जैसा अनुभव था। उन्होंने यह भी कहा कि भारत में इजरायल और उसके नागरिकों को काफी सम्मान मिलता है और दोनों देशों के रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं।

    नेतन्याहू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भी सराहना की और कहा कि दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी बहुत गहरी है। उन्होंने बताया कि भारत और इजरायल के बीच रक्षा, तकनीक और सुरक्षा के क्षेत्रों में लगातार सहयोग बढ़ रहा है।

    इसी बातचीत के दौरान ईरान मुद्दे पर बोलते हुए नेतन्याहू ने दावा किया कि अगर हालिया सैन्य कार्रवाई नहीं की जाती तो ईरान बहुत जल्दी परमाणु हथियार विकसित कर सकता था। उन्होंने कहा कि ईरान लंबे समय से परमाणु कार्यक्रम और बैलिस्टिक मिसाइल क्षमताओं को मजबूत करने में लगा हुआ है, जो क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है।

    नेतन्याहू ने यह भी दावा किया कि ईरान के भीतर राजनीतिक अस्थिरता बढ़ रही है और शासन के अंदर दरारें सामने आ रही हैं। उनके अनुसार देश में हाल की घटनाओं के बाद विरोध प्रदर्शन और असंतोष बढ़ा है, जिससे वहां की सरकार कमजोर स्थिति में दिखाई दे रही है।

    कुल मिलाकर इस इंटरव्यू में नेतन्याहू ने एक तरफ पाकिस्तान पर डिजिटल युद्ध और दुष्प्रचार के गंभीर आरोप लगाए, वहीं दूसरी तरफ भारत के साथ रिश्तों को मजबूत और भावनात्मक रूप से महत्वपूर्ण बताया, जिससे यह बयान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।

  • बचत पर बढ़िया रिटर्न की जंग: पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट या बैंक एफडी, कहां मिलेगा ज्यादा लाभ और सुरक्षा

    बचत पर बढ़िया रिटर्न की जंग: पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट या बैंक एफडी, कहां मिलेगा ज्यादा लाभ और सुरक्षा

    नई दिल्ली । आज के समय में जब निवेश के विकल्प तेजी से बढ़ रहे हैं, आम निवेशक हमेशा ऐसे माध्यम की तलाश में रहते हैं जहां उनका पैसा सुरक्षित भी रहे और साथ ही बेहतर रिटर्न भी प्राप्त हो सके। इसी संदर्भ में पोस्ट ऑफिस की टाइम डिपॉजिट यानी TD और सरकारी बैंकों की फिक्स्ड डिपॉजिट यानी FD दो सबसे लोकप्रिय और भरोसेमंद विकल्प माने जाते हैं। दोनों योजनाएं गारंटीड रिटर्न और स्थिर आय का भरोसा देती हैं, लेकिन इनके बीच ब्याज दर, सुरक्षा और सुविधाओं के स्तर पर महत्वपूर्ण अंतर देखने को मिलता है।

    पोस्ट ऑफिस TD योजना निवेशकों के बीच इसलिए लोकप्रिय है क्योंकि यह सरकार द्वारा समर्थित होती है और इसमें निवेश की गई राशि पूरी तरह सुरक्षित मानी जाती है। इस योजना में निवेशक एक निश्चित अवधि के लिए अपनी राशि जमा करते हैं और तय ब्याज दर के अनुसार रिटर्न प्राप्त करते हैं। वर्तमान में पांच साल की पोस्ट ऑफिस TD पर लगभग 7.5 प्रतिशत तक का आकर्षक ब्याज मिल रहा है, जो इसे कई सरकारी बैंकों की FD से बेहतर विकल्प बनाता है। इसके साथ ही यह योजना पुराने टैक्स रिजीम के तहत टैक्स छूट का लाभ भी प्रदान करती है, जिससे निवेशकों को अतिरिक्त बचत का फायदा मिलता है।

    दूसरी ओर सरकारी बैंकों की FD भी सुरक्षित निवेश का एक मजबूत माध्यम मानी जाती है। भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा और अन्य सरकारी बैंक पांच साल की FD पर औसतन 6 से 6.30 प्रतिशत तक ब्याज प्रदान कर रहे हैं। हालांकि यह ब्याज दर पोस्ट ऑफिस TD की तुलना में थोड़ी कम है, लेकिन बैंक FD में ऑनलाइन सेवाएं, लोन सुविधा और लिक्विडिटी जैसे कई अतिरिक्त लाभ मिलते हैं, जो इसे व्यावहारिक रूप से सुविधाजनक बनाते हैं।

    सुरक्षा के दृष्टिकोण से देखा जाए तो पोस्ट ऑफिस TD को सीधे सरकार की गारंटी प्राप्त होती है, जिससे निवेशक पूरी तरह निश्चिंत रहते हैं। वहीं बैंक FD में जमा राशि पर डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन के तहत केवल पांच लाख रुपये तक की सुरक्षा मिलती है। यही कारण है कि बड़े निवेशकों के लिए पोस्ट ऑफिस TD अधिक सुरक्षित विकल्प माना जाता है।

    हालांकि निवेश का निर्णय केवल ब्याज दर के आधार पर नहीं लिया जाना चाहिए, बल्कि निवेशक की जरूरत, समय अवधि, टैक्स लाभ और सुविधा जैसे कई पहलुओं पर विचार करना जरूरी है। यदि कोई व्यक्ति सुरक्षित और स्थिर रिटर्न के साथ थोड़ा अधिक ब्याज चाहता है तो पोस्ट ऑफिस TD बेहतर विकल्प हो सकता है। वहीं जो लोग डिजिटल सुविधा और लचीलापन चाहते हैं, उनके लिए सरकारी बैंक FD भी एक मजबूत विकल्प बनी रहती है।

  • मैहर में राजनीतिक बयानबाजी तेज: विधायक ने गिनाए विकास कार्य, कार्यकर्ताओं को बताया ताकत

    मैहर में राजनीतिक बयानबाजी तेज: विधायक ने गिनाए विकास कार्य, कार्यकर्ताओं को बताया ताकत


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश के मैहर में सोमवार देर शाम आयोजित “2 साल बेमिसाल” कार्यक्रम में विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी ने अपने दो साल के कार्यकाल का विस्तृत लेखा-जोखा जनता के सामने रखा। यह कार्यक्रम विधायक कार्यालय के पास स्थित एक निजी पैलेस में आयोजित किया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान विधायक कई बार भावुक नजर आए और मंच से अपनी बात रखते हुए उनकी आंखें नम हो गईं।

    “काम ही बोलता है, पैसा आता-जाता रहता है”  विधायक
    अपने संबोधन में विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी ने कहा कि उनकी असली ताकत जनता का विश्वास और कार्यकर्ताओं का समर्थन है। उन्होंने भावुक स्वर में कहा, “मैं बार-बार कहता हूं कि काम करिए, क्योंकि काम ही बोलता है। पैसा आता है और जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि वे साधारण परिवार से आते हैं और भाजपा कार्यकर्ताओं के सहयोग और जनता के आशीर्वाद से ही विधायक बने हैं। इस दौरान उन्होंने मंच से अपने राजनीतिक सफर को याद करते हुए कई अनुभव साझा किए।

    विकास कार्यों पर चर्चा, सुझावों की अपील
    विधायक ने अपने कार्यकाल में किए गए विकास कार्यों की जानकारी भी दी और कहा कि किसी भी क्षेत्र का विकास अकेले संभव नहीं है। उन्होंने कार्यकर्ताओं और प्रबुद्ध नागरिकों से अपील की कि वे मैहर के विकास के लिए अपने सुझाव और विचार साझा करें। उन्होंने कहा कि जो भी सकारात्मक सुझाव आएंगे, उन पर पूरी ईमानदारी और गंभीरता से काम किया जाएगा।

    पारदर्शिता और सेवा पर जोर
    अपने संबोधन में विधायक ने पारदर्शिता और ईमानदारी को अपनी प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि समाज में कई बार नकारात्मक सोच विकास को रोकती है, इसलिए सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ना जरूरी है।
    उन्होंने जनता को भरोसा दिलाया कि वे हमेशा उपलब्ध रहेंगे और क्षेत्र के विकास के लिए पूरी निष्ठा के साथ कार्य करते रहेंगे।

    कार्यक्रम में दिखा उत्साह
    इस अवसर पर बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान विकास कार्यों पर चर्चा हुई और आगामी योजनाओं को लेकर भी विचार साझा किए गए।

    मैहर विधायक का यह कार्यक्रम न केवल उनके दो साल के कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड रहा, बल्कि उनके भावुक संबोधन ने राजनीतिक और सामाजिक जुड़ाव की एक अलग तस्वीर भी पेश की।

  • ऊर्जा संकट के बीच PM मोदी का बड़ा कूटनीतिक मिशन: 5 देशों का दौरा, UAE से होगी शुरुआत

    ऊर्जा संकट के बीच PM मोदी का बड़ा कूटनीतिक मिशन: 5 देशों का दौरा, UAE से होगी शुरुआत



    नई दिल्ली।  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 मई से 20 मई तक एक महत्वपूर्ण विदेश दौरे पर जा रहे हैं, जिसमें वे कुल 5 देशों UAE, नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली का दौरा करेंगे। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब पश्चिम एशिया में ईरान संकट और होर्मुज स्ट्रेट से जुड़ा तनाव वैश्विक ऊर्जा बाजार और आपूर्ति श्रृंखला पर असर डाल रहा है, ऐसे में इस यात्रा को रणनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है।

    दौरे की शुरुआत 15 मई को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से होगी, जहां प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात करेंगे। इस बैठक में ऊर्जा सुरक्षा, क्षेत्रीय स्थिरता और भारत-UAE व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने पर चर्चा होगी। UAE भारत का एक प्रमुख व्यापारिक साझेदार है और वहां लगभग 45 लाख भारतीय प्रवासी रहते हैं, जो दोनों देशों के रिश्तों को और गहरा बनाते हैं।

    विशेषज्ञों के अनुसार, मौजूदा वैश्विक हालात में होर्मुज स्ट्रेट के आसपास बढ़ते तनाव और तेल आपूर्ति को लेकर अनिश्चितता के बीच यह दौरा भारत की ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण है। भारत अपनी तेल जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए पश्चिम एशिया में स्थिरता उसके लिए रणनीतिक प्राथमिकता है।

    इसके बाद प्रधानमंत्री 15 से 17 मई तक नीदरलैंड में रहेंगे, जहां वे प्रधानमंत्री रॉब जेटन, किंग विलेम-अलेक्जेंडर और क्वीन मैक्सिमा से मुलाकात करेंगे। इस दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा, सुरक्षा, ग्रीन हाइड्रोजन, सेमीकंडक्टर और जल प्रबंधन जैसे अहम क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा होगी।

    17 और 18 मई को प्रधानमंत्री मोदी स्वीडन का दौरा करेंगे, जहां तकनीक, नवाचार और ग्रीन एनर्जी पर बातचीत होने की संभावना है। इसके बाद 18 से 19 मई को वे नॉर्वे जाएंगे। नॉर्वे के ओस्लो में 19 मई को तीसरा भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिसमें ग्रीन ट्रांजिशन, ब्लू इकोनॉमी, रक्षा, अंतरिक्ष और नई तकनीक जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श होगा।

    दौरे के अंतिम चरण में प्रधानमंत्री 19 से 20 मई तक इटली में रहेंगे। यहां वे प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी और राष्ट्रपति सर्जियो मातारेला से मुलाकात करेंगे। इस दौरान भारत-EU फ्री ट्रेड एग्रीमेंट, रक्षा सहयोग और स्वच्छ ऊर्जा जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।

    कुल मिलाकर यह 5 देशों का दौरा भारत की विदेश नीति, ऊर्जा सुरक्षा और वैश्विक साझेदारी को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है, खासकर ऐसे समय में जब दुनिया भू-राजनीतिक और ऊर्जा संकट के दौर से गुजर रही है।

  • मैहर में प्रशासन की बड़ी कार्रवाई: बाल विवाह रोका, परिजनों को समझाकर रुकी शादी

    मैहर में प्रशासन की बड़ी कार्रवाई: बाल विवाह रोका, परिजनों को समझाकर रुकी शादी


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश के मैहर जिले के ग्राम पंचायत देवरा मोलहाई में सोमवार देर शाम प्रशासन ने एक नाबालिग की शादी को समय रहते रोक दिया। सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालते हुए बाल विवाह की तैयारी को रुकवा दिया। यह पूरी कार्रवाई एसडीएम एसपी मिश्रा के निर्देशन में की गई। टीम की त्वरित सक्रियता के चलते एक संभावित बाल विवाह होने से पहले ही टल गया, जिससे प्रशासन की सतर्कता एक बार फिर सामने आई।

    अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची, समझाइश से रुकी शाद
    मामले की जानकारी मिलते ही नायब तहसीलदार संजीव पांडेय, महिला एवं बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी नागेंद्र तिवारी, थाना प्रभारी विजय त्रिपाठी, एसआई भाग्यचंद कुशराम सहित पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने परिजनों से बातचीत की और उन्हें बाल विवाह से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कम उम्र में विवाह न केवल कानून के खिलाफ है, बल्कि यह बालिका के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य पर भी गंभीर प्रभाव डालता है।

    कानूनी प्रावधानों की दी जानकारी, दुष्परिणामों पर किया जागरूक
    अधिकारियों ने ग्रामीणों और परिजनों को बताया कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के तहत यह एक दंडनीय अपराध है। इसके तहत दोषियों पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है। इसके साथ ही टीम ने बाल विवाह से होने वाले सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी दुष्परिणामों पर भी विस्तार से समझाइश दी। लगातार समझाइश के बाद परिवार ने विवाह को रोकने पर सहमति व्यक्त की।

    पंचनामा कार्रवाई पूरी, परिजनों ने मानी बा
    महिला एवं बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी नागेंद्र तिवारी ने बताया कि सूचना मिलने के बाद एसडीएम से चर्चा कर संयुक्त टीम का गठन किया गया था। इसके बाद मौके पर पहुंचकर आवश्यक पंचनामा कार्रवाई भी पूरी की गई। लगातार संवाद और समझाइश के बाद परिवार ने शादी रोकने का निर्णय लिया, जिससे एक बड़ा सामाजिक और कानूनी उल्लंघन होने से बच गया।

    प्रशासन की अपील: बाल विवाह की सूचना तुरंत दे
    प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि यदि कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिले, तो तुरंत प्रशासन या पुलिस को सूचित करें। समय पर सूचना मिलने से ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है और बच्चों का भविष्य सुरक्षित किया जा सकता है।

    मैहर प्रशासन की यह कार्रवाई दिखाती है कि जागरूकता और त्वरित कार्रवाई से सामाजिक कुप्रथाओं को रोका जा सकता है। बाल विवाह जैसी प्रथाओं पर सख्ती से रोक लगाना ही बच्चों के सुरक्षित भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।