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  • बैंक ऑफ बड़ौदा ने कार लोन पर ब्याज दर 0.30 फीसदी घटाई, नई दरें लागू

    बैंक ऑफ बड़ौदा ने कार लोन पर ब्याज दर 0.30 फीसदी घटाई, नई दरें लागू


    नई दिल्‍ली।
    सार्वजनिक क्षेत्र (Public Sector) के बैंक ऑफ बड़ौदा (बॉब) (Bank of Baroda – BOB) ने सोमवार को अपनी कार लोन पर ब्याज की दरों में 0.30 फीसदी की कटौती करने का ऐलान किया है। नई दरें तत्काल प्रभाव से लागू हो गई हैं।

    बैंक ऑफ बड़ौदा के मुताबिक परिवर्तनशील (फ्लोटिंग) ब्याज दर अब 7.6 फीसदी सालाना से शुरू होगी। इसके अलावा बैंक ने ‘बड़ौदा कार लोन’ पर आकर्षक निश्चित ब्याज दर की भी पेशकश की है, जो 8.5 फीसदी प्रति वर्ष से शुरू होती है। बैंक के मुताबिक 7.6 फीसदी की शुरुआती ब्याज की दर नई कार की खरीद पर उपलब्ध होगी और यह कर्ज लेने वाले व्यक्ति के क्रेडिट प्रोफाइल (सिबिल स्कोर आदि) से जुड़ी होगी। ब्याज दरों में कटौती के साथ ही बैंक व्यक्तिगत कर्जदारों को फ्लोटिंग रेट वाले कार ऋण पर समय पूर्व भुगतान या आंशिक भुगतान पर लगने वाले शुल्क से राहत देगा।

    बॉब ने बताया कि ‘बड़ौदा कार लोन’ (निश्चित और परिवर्तनशील दोनों) पर ब्याज की गणना ‘डेली रिड्यूसिंग बैलेंस’ (दैनिक घटते शेष) पद्धति के आधार पर की जाती है, जो इसे ग्राहकों के लिए और भी किफायती बनाता है। बैंक के मुताबिक ग्राहक 84 महीनों तक की विस्तारित पुनर्भुगतान अवधि (रिपेमेंट टेन्योर) का लाभ भी उठा सकते हैं, जिससे उन्हें भुगतान में अधिक लचीलापन मिलेगा।

  • बीसीसीआई केंद्रीय अनुबंध 2025-26: रोहित-कोहली ग्रेड बी में, ग्रेड ए+ श्रेणी खत्म, जेमिमा रोड्रिग्स को ग्रेड-ए में पदोन्नति

    बीसीसीआई केंद्रीय अनुबंध 2025-26: रोहित-कोहली ग्रेड बी में, ग्रेड ए+ श्रेणी खत्म, जेमिमा रोड्रिग्स को ग्रेड-ए में पदोन्नति


    नई दिल्ली।
    भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) (Board of Control for Cricket in India – BCCI) ने 2025-26 सत्र के लिए खिलाड़ियों की केंद्रीय अनुबंध सूची (Central Contract List.) जारी कर दी है। इस बार सबसे बड़ा बदलाव यह रहा कि ए+ श्रेणी को पूरी तरह हटा दिया गया है और अब अनुबंध तीन ग्रेड – ए, बी और सी – में बांटे गए हैं। कुल 30 खिलाड़ियों को केंद्रीय अनुबंध मिला है।

    इस सूची में पूर्व कप्तान रोहित शर्मा (Rohit Sharma) और स्टार बल्लेबाज विराट कोहली (Virat Kohli) को ग्रेड बी में रखा गया है। शीर्ष ग्रेड ए में शुभमन गिल, जसप्रीत बुमराह और रविंद्र जडेजा को जगह मिली है।


    ग्रेड बी में बड़े नाम

    ग्रेड बी में कुल 11 खिलाड़ी शामिल हैं। कोहली और रोहित के अलावा केएल राहुल, ऋषभ पंत, हार्दिक पांड्या, मोहम्मद सिराज, सूर्यकुमार यादव, श्रेयस अय्यर, कुलदीप यादव, यशस्वी जायसवाल और वॉशिंगटन सुंदर को इस श्रेणी में रखा गया है। वॉशिंगटन सुंदर को प्रमोशन मिला है, जबकि कुछ खिलाड़ी इस ग्रेड में बरकरार हैं।


    ग्रेड सी में युवा खिलाड़ियों पर जोर

    ग्रेड सी में 15 खिलाड़ियों को शामिल किया गया है। अक्षर पटेल को ग्रेड बी से नीचे लाकर इसी श्रेणी में रखा गया है। इस ग्रेड में तिलक वर्मा, रिंकू सिंह, संजू सैमसन, शिवम दुबे, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा, आकाश दीप, ध्रुव जुरेल, हर्षित राणा, वरुण चक्रवर्ती, नितीश कुमार रेड्डी, अभिषेक शर्मा, रवि बिश्नोई और ऋतुराज गायकवाड़ जैसे नाम शामिल हैं। साई सुदर्शन इस सूची में नए खिलाड़ी के रूप में जुड़े हैं।


    इन खिलाड़ियों को नहीं मिला अनुबंध

    पिछले सत्र की तुलना में मोहम्मद शमी, ईशान किशन, रजत पाटीदार, मुकेश कुमार और सरफराज खान इस बार केंद्रीय अनुबंध से बाहर हो गए हैं। नई अनुबंध सूची से साफ है कि बीसीसीआई अब प्रदर्शन और भविष्य की योजनाओं को ध्यान में रखते हुए खिलाड़ियों को प्राथमिकता दे रहा है। साथ ही युवा प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की रणनीति पर भी जोर है।

    इधर, भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार बल्लेबाज जेमिमा रोड्रिग्स को 2025-26 सत्र के लिए बीसीसीआई के केंद्रीय अनुबंध में ग्रेड-ए में पदोन्नत किया गया है। 25 वर्षीय जेमिमा पिछले एक साल में टीम की सबसे भरोसेमंद खिलाड़ियों में रही हैं और 2025 विश्व कप में भारत की खिताबी जीत में उनकी भूमिका अहम रही। सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनकी नाबाद 127 रनों की पारी खास तौर पर यादगार रही। ग्रेड-ए में जेमिमा अब कप्तान हरमनप्रीत कौर, स्मृति मंधाना और दीप्ति शर्मा के साथ शामिल हो गई हैं। यह श्रेणी बोर्ड के सर्वोच्च अनुबंध स्तर को दर्शाती है।


    अनुबंध सूची का विस्तार

    इस बार महिला केंद्रीय अनुबंध सूची का दायरा बढ़ाया गया है। 2024-25 में जहां 16 खिलाड़ी शामिल थीं, वहीं 2025-26 में यह संख्या बढ़कर 21 हो गई है। हालांकि, चोटों के कारण लंबे समय तक बाहर रहीं श्रेयंका पाटिल और पूजा वस्त्राकर को इस सूची में जगह नहीं मिली, जबकि दोनों ने हाल ही में डब्ल्यूपीएल में वापसी की थी।


    ग्रेड-बी में सबसे ज्यादा बदलाव

    ग्रेड-बी श्रेणी में कई बदलाव देखने को मिले। रेणुका ठाकुर, शेफाली वर्मा और ऋचा घोष ने अपनी जगह बरकरार रखी है। वहीं स्नेह राणा, राधा यादव, उमा छेत्री, अरुंधति रेड्डी और अमनजोत कौर को ग्रेड-सी से प्रमोशन मिला है। प्रतिका रावल और क्रांति गौड़ को भी नए तौर पर इस ग्रेड में शामिल किया गया है।


    ग्रेड-सी में नए चेहरे

    ग्रेड-सी में युवा खिलाड़ियों को तरजीह दी गई है। पिछली सूची की नौ खिलाड़ियों में से सिर्फ यास्तिका भाटिया अपनी जगह बचा पाईं। नई सूची में हरलीन देओल, काश्वी गौतम, जी. कमलिनी, वैष्णवी शर्मा, तेजल हसबनिस और बाएं हाथ की स्पिनर श्री चरणी को शामिल किया गया है। ये चयन हालिया अंतरराष्ट्रीय मौकों और भविष्य की तैयारी को ध्यान में रखकर किए गए हैं। बीसीसीआई की यह सूची साफ संकेत देती है कि महिला क्रिकेट में प्रदर्शन, फिटनेस और भविष्य की संभावनाओं को आधार बनाकर खिलाड़ियों को आगे बढ़ाया जा रहा है।

  • MP: इंदौर में घर खाली कराने पहुंची टीम तो बैंककर्मी ने गोली मारकर की खुदकुशी

    MP: इंदौर में घर खाली कराने पहुंची टीम तो बैंककर्मी ने गोली मारकर की खुदकुशी


    इंदौर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के इंदौर शहर (Indore city) के विजय नगर में सोमवार शाम को सिनर्जी अस्पताल के पास रहने वाले एक बैंककर्मी (Bank Employee.) ने खुद को गोली मारकर खुदकुशी कर ली। मृतक का नाम हेमंत पुत्र एसडी ब्रह्मवंशी बताया गया है। वह को-ऑपरेटिव बैंक में काम करता था।

    जानकारी के मुताबिक, हेमंत ने अपने मकान को गिरवी रखकर बैंक ऑफ महाराष्ट्र से ढाई करोड़ का कर्ज ले रखा था। डेढ़ साल से किश्त न चुकाने पर सोमवार को बैंक की टीम मकान खाली कराने पहुंची थी। बैंक के कर्मचारी मकान की पहली मंजिल पर लिखा-पढ़ी कर रहे थे, इसी दौरान शाम करीब साढ़े पांच बजे हेमंत ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली।

    विजय नगर थाना प्रभारी चंद्रकांत पटेल ने बताया कि हेमंत ने अपनी लायसेंसी बंदूक से सिर पर गोली मारी। वह अपने रूम में अकेला बैठा था। कर्ज के चलते काफी समय से वह डिप्रेशन में था। इलाज भी चल रहा था। बडे़ बेटे ने इसकी पुष्टि की है। थाना प्रभारी के मुताबिक, कर्ज चुकाने को लेकर बैंक से कई बार नोटिस तामील हुए थे। हेमंत उसका जबाव नहीं देता था। हेमंत के परिवार में दो लड़के, एक लड़की और मां हैं। हेमंत का बड़ा बेटा एक आईटी कंपनी में कार्यरत है। उनका दूसरा बेटा वर्तमान में पढ़ाई कर रहा है। बेटी पुणे में अध्ययनरत है। हेमंत अकाउंट सेक्शन में पदस्थ था।

  • MP: मुरैना में निर्माणाधीन मंदिर की गुमंद टूटकर गिरने से तीन बच्चियों की मौत, पति-पत्नी और 5 बच्चियां घायल

    MP: मुरैना में निर्माणाधीन मंदिर की गुमंद टूटकर गिरने से तीन बच्चियों की मौत, पति-पत्नी और 5 बच्चियां घायल


    मुरैना।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के मुरैना जिले (Morena district) के ग्राम अहरौली में सोमवार को दोपहर में निर्माणाधीन चामड़ माता के मंदिर (Chamad Mata Temple) की गुमंद गिर गई। इस हादसे में मलबे में दबकर तीन बच्चियों की मौत हो गई, जबकि पांच अन्य बच्चियां और एक दंपत्ति घायल हो गए हैं।

    जानकारी के अनुसार, कैलारस थाना क्षेत्र अंतर्गत अहरौली गांव के चामड़ माता मंदिर पर सोमवार को दोपहर करीब दो बजे मुंगावली निवासी सतीश गौड़ अपनी पत्नी गुड्डी व बच्ची मानसी के साथ पूजा करने गया था। पूजा के पश्चात गांव की बच्चियों को बुलाकर प्रसाद ग्रहण कराया जा रहा था। इसी दौरान निर्माणाधीन गुमंद की पटिया टूटकर नीचे गिर गईं, जिसमें आठ बच्चियों सहित सतीश व उसकी पत्नी गुड्डी भी दब गए। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और हादसे की सूचना पुलिस प्रशासन को दी। मलबा हटाकर घायलों और शवों को बाहर निकाला। सूचना पर एसडीएम जौरा शुभम शर्मा, पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। घायलों को कैलारस अस्पताल में भर्ती कराया। यहां सामान्य घायल दो बच्चियों का इलाज किया जा रहा है। वहीं, गंभीर घायल पति-पत्नी व पांच बच्चियों सहित 7 घायलों को मुरैना जिला चिकित्सालय लाया गया। इनमें से एक बालिका को इलाज के लिए ग्वालियर भेज दिया गया है। हादसे में तीन बच्चियों की मौके मौत हो गई।

    मृतक बच्चों की पहचान वैष्णवी सिकरवार (11) पुत्री जीतू सिकरवार, करिश्मा गोस्वामी (9) पुत्री अशोक गोस्वामी और छाया गोस्वामी (7) पुत्री अशोक गोस्वामी के रूप में हुई है। देर शाम तीनों मृतक बच्चियों का कैलारस के अस्पताल में पोस्टमार्टम करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिये गये। हादसे में गुंजन (12) पुत्री योगेंद्र सिंह, परी (8) पुत्री योगेंद्र सिंह, विद्या (6) पुत्री योगेंद्र सिंह, सतीश गौड (45), पृथ्वी गौड (40) पत्नी सतीश गौड, मानसी गौड (14) पुत्री सतीश गौड और पल्लवी गोस्वामी घायल हुई। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।

    हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय विधायक पंकज उपाध्याय मौके पर पहुंच गये। इसके साथ ही उन्होंने कैलारस चिकित्सालय में घायलों का बेहतर इलाज करने हेतु प्रबंधन को अवगत कराया। विधायक पंकज उपाध्याय ने मौके के बाद अस्पताल पहुंचकर मृतक बच्चियों के परिजनों को ढांढ़स बंधाया, वहीं हरसंभव मदद का भरोसा भी जताया। इसके साथ ही जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी कमलेश भार्गव ने जांच कराने का आश्वासन दिया है। इसमें दोषी पाये जाने पर कार्यवाही की जायेगी। सीईओ ने मृतक व घायल परिजनों को नियमानुसार आर्थिक सहायता दिये जाने का भरोसा दिलाया।

  • टी20 विश्वकप से पहले भारत-पाक मैच पर टकराव: आईसीसी ने पीसीबी की तीन बड़ी मांगें ठुकराईं

    टी20 विश्वकप से पहले भारत-पाक मैच पर टकराव: आईसीसी ने पीसीबी की तीन बड़ी मांगें ठुकराईं


    नई दिल्ली।
    टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) में भारत (India) के खिलाफ मैच खेलने से पाकिस्तान (Pakistan) के इनकार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) (Pakistan Cricket Board – PCB) और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) (International Cricket Council – ICC) के बीच तनातनी बढ़ गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक आईसीसी ने पीसीबी की तीन प्रमुख मांगों को खारिज कर दिया है।

    बताया जा रहा है कि पीसीबी ने आईसीसी से भारत-पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय सीरीज कराने की मांग रखी, लेकिन आईसीसी ने साफ किया कि द्विपक्षीय सीरीज उसके अधिकार क्षेत्र में नहीं आतीं, भले ही वह विश्व टेस्ट चैंपियनशिप चक्र का हिस्सा क्यों न हों।

    इसके अलावा पीसीबी ने भारत, पाकिस्तान और बांग्लादेश के बीच त्रिकोणीय सीरीज का प्रस्ताव भी रखा, जिसे आईसीसी ने अस्वीकार कर दिया। पीसीबी ने यह भी आग्रह किया कि भारत इस वर्ष बांग्लादेश दौरे पर जाए, जो पिछली बार टल गया था, मगर आईसीसी ने इसमें हस्तक्षेप से इनकार किया।

    हालांकि बांग्लादेश से जुड़े कुछ मुद्दों पर आईसीसी ने नरम रुख दिखाया है। महिलाओं के टी20 विश्व कप की मेजबानी स्थानांतरित होने के बाद बांग्लादेश को भविष्य में किसी आईसीसी टूर्नामेंट की मेजबानी मिल सकती है, जैसे अंडर-19 विश्व कप। साथ ही आईसीसी ने बांग्लादेश की राजस्व हिस्सेदारी पर कोई दंडात्मक कदम न उठाने का फैसला किया है।

    रिपोर्ट्स के अनुसार आईसीसी ने पीसीबी को अंतिम फैसला लेने के लिए 24 घंटे का समय दिया है। माना जा रहा है कि इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के स्तर पर होगा। मैदान पर दोनों टीमों ने अपने अभियान की जीत से शुरुआत की है। पाकिस्तान ने नीदरलैंड्स को करीबी मुकाबले में हराया, जबकि भारत ने अमेरिका को 29 रन से मात दी। अब सबकी नजर इस पर है कि भारत-पाकिस्तान मुकाबले पर अंतिम फैसला क्या होता है।

  • मुरैना में मंदिर की छत गिरने से मातम प्रसाद लेने गईं तीन मासूम बच्चियों की दर्दनाक मौत

    मुरैना में मंदिर की छत गिरने से मातम प्रसाद लेने गईं तीन मासूम बच्चियों की दर्दनाक मौत


    मुरैना/मध्य प्रदेश के मुरैना जिले से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जहां मंदिर की छत गिरने से तीन मासूम बच्चियों की मौत हो गई। यह हादसा उस वक्त हुआ जब बच्चियां मंदिर में प्रसाद लेने गई थीं। अचानक हुए इस हादसे ने पूरे इलाके को सदमे में डाल दिया और गांव में मातम का माहौल बन गया।

    घटना मुरैना जिले के कैलारस थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एहरौली गांव की है। यहां स्थित चमड़ा माता मंदिर में रोज की तरह श्रद्धालु पूजा और प्रसाद लेने पहुंचे थे। इसी दौरान अचानक मंदिर की छत भरभराकर गिर गई। छत गिरते ही वहां अफरा तफरी मच गई और लोग इधर उधर भागने लगे। मलबे के नीचे कई लोग दब गए।

    प्रसाद लेने गईं तीन बच्चियां छत के नीचे दब गईं। मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। तीनों बच्चियों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इस हादसे में तीन अन्य बच्चियां और एक पति पत्नी भी गंभीर रूप से घायल हो गए।

    घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। मलबा हटाने का काम शुरू किया गया और घायलों को बाहर निकाला गया। सभी घायलों को तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार कुछ घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है, जिन पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।

    हादसे की जानकारी मिलते ही कैलारस थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने घटनास्थल को घेर लिया और मलबे का निरीक्षण किया। प्रारंभिक जांच में मंदिर की जर्जर हालत सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि मंदिर की छत काफी पुरानी थी और लंबे समय से उसकी मरम्मत नहीं कराई गई थी।

    इस हादसे के बाद ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति नाराजगी देखी जा रही है। लोगों का कहना है कि मंदिर की हालत पहले से खराब थी, लेकिन इस ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया। यदि समय रहते मरम्मत कराई जाती तो शायद यह हादसा टल सकता था।

    घटना के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। जिन परिवारों ने अपनी मासूम बेटियों को खोया है, उनका रो रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवारों को आर्थिक सहायता और घायलों को बेहतर इलाज मुहैया कराने की मांग की है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। प्रशासन की ओर से भी मौके पर अधिकारियों को भेजा गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।

  • फरीदाबाद जेल में राम मंदिर हमले के आरोपी का खून देश विरोध की साजिश का अंत या जेल सुरक्षा पर सवाल

    फरीदाबाद जेल में राम मंदिर हमले के आरोपी का खून देश विरोध की साजिश का अंत या जेल सुरक्षा पर सवाल


    नई दिल्ली :अयोध्या में बने राम मंदिर पर हमले की कथित साजिश से जुड़े मामले में फरीदाबाद जिला जेल से एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। जेल में बंद उन्नीस वर्षीय आरोपी अब्दुल रहमान की रविवार रात हत्या कर दी गई। अब्दुल रहमान पर आरोप था कि वह राम मंदिर परिसर पर ग्रेनेड हमले की साजिश में शामिल था। इस घटना ने न केवल जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं बल्कि अंडरवर्ल्ड गैंग की खुलेआम चुनौती को भी उजागर किया है।

    अब्दुल रहमान को मार्च दो हजार पच्चीस में हरियाणा एसटीएफ और गुजरात एटीएस की संयुक्त कार्रवाई में गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी के समय उसके पास से दो हैंड ग्रेनेड बरामद किए गए थे। जांच एजेंसियों का दावा था कि वह आईएसआई से जुड़े नेटवर्क के संपर्क में था और अयोध्या स्थित राम मंदिर से संबंधित कई संवेदनशील वीडियो उसके मोबाइल से मिले थे। इसके बाद उसे फरीदाबाद जिला जेल में न्यायिक हिरासत में रखा गया था।

    रविवार रात करीब आठ बजे जेल के भीतर अचानक हिंसा भड़क उठी। बताया जा रहा है कि उसी बैरक में बंद कैदी अरुण चौधरी ने किसी नुकीली वस्तु या पत्थर से अब्दुल रहमान के सिर पर हमला कर दिया। हमले के बाद जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। गंभीर रूप से घायल अब्दुल रहमान को तुरंत अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

    इस हत्या के बाद मामला और ज्यादा गंभीर तब हो गया जब कुख्यात रोहित गोदारा गैंग की ओर से सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई। गैंग के सदस्य महेंद्र डेलाना ने इस हत्या की जिम्मेदारी को नैतिक समर्थन देते हुए अरुण चौधरी की खुलेआम सराहना की। पोस्ट में कहा गया कि जो भी देश के खिलाफ जाएगा उसका यही अंजाम होगा। इस बयान को सुरक्षा एजेंसियां खुलेआम धमकी और कानून व्यवस्था को चुनौती के रूप में देख रही हैं।

    रोहित गोदारा गैंग का नाम पहले भी कई आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। जेल के भीतर इस तरह की वारदात और उसके बाद गैंग का खुला समर्थन यह संकेत देता है कि जेलों के अंदर अपराधी नेटवर्क किस हद तक सक्रिय हैं। सवाल यह भी उठ रहा है कि एक हाई प्रोफाइल आतंकी मामले के आरोपी की सुरक्षा में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई।

    उधर अब्दुल रहमान के परिवार को जैसे ही जेल से सूचना मिली वे फरीदाबाद के लिए रवाना हो गए। पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया चल रही है। परिजनों का कहना है कि अब्दुल रहमान उनके परिवार का इकलौता वारिस था। दो दिन पहले ही वे उससे जेल में मिलकर लौटे थे और किसी को अंदेशा नहीं था कि इतनी बड़ी घटना हो जाएगी।

    इस मामले की जांच अब कई स्तरों पर की जा रही है। एक ओर हत्या की आपराधिक जांच होगी वहीं दूसरी ओर जेल प्रशासन की भूमिका भी जांच के घेरे में है। यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि क्या जेलें सुधार गृह हैं या अपराध का नया मैदान बनती जा रही हैं।

  • मंगलवार: हनुमानजी की आराधना से कठिनाइयाँ दूर, जीवन में आएगी सुख-समृद्धि

    मंगलवार: हनुमानजी की आराधना से कठिनाइयाँ दूर, जीवन में आएगी सुख-समृद्धि

    नई दिल्ली। हिंदू धार्मिक परंपरा में मंगलवार का दिन भगवान हनुमान की विशेष आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। मंगलवार को हनुमानजी की पूजा-अर्चना करने से जीवन में बाधाएँ कम होती हैं, मानसिक शांति मिलती है और सुख-समृद्धि आती है। इस दिन किये गए विशेष उपायों से देवी-देवताओं की कृपा पाकर कठिनाइयों से भी मुक्ति मिल सकती है।

    धार्मिक आस्था के अनुसार मंगलवार को सुबह स्नान कर शुद्ध वस्त्र धारण करने के बाद हनुमान चालीसा, बजरंगबाण या मारुति स्तोत्र का पाठ करने से जीवन में आने वाली परेशानियों का नाश होता है और संकट दूर हो जाते हैं। हनुमान चालीसा की भक्ति से हनुमानजी संकटों से रक्षा करते हैं और भक्त को साहस तथा शक्ति प्रदान करते हैं।

    इस दिन श्रीराम के नाम का स्मरण तथा जाप भी अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है। हनुमानजी को प्रभु राम का नाम अत्यंत प्रिय है, इसलिए मंगलवार के दिन राम नाम का उच्चारण निरंतर करने से मन और बुद्धि में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

    आस्था अनुसार मंगलवार को तुलसी के पास दीपक जलाना भी शुभ फलदायी होता है। तुलसी के पास जल या दीपक प्रज्वलित करने से घर में सकारात्मक वातावरण बनता है और नकारात्मक ऊर्जा का नाश होता है। तुलसी के उपाय से गृहस्थ जीवन में सुख-शांति तथा लक्ष्मीजी का आगमन भी माना जाता है।

    लाल जनेऊ अर्पण तथा विशेष विधि से पूजा करना भी मंगलमय फल देता है। मंगलवार को मंदिर में जाकर या घर में ही हनुमानजी को लाल जनेऊ अर्पित करने से कार्यों में आ रही बाधाएँ दूर होती हैं और बिगड़े हुए कार्यों के सफल होने की संभावनाएँ बढ़ती हैं।

    अन्य उपायों में हनुमानजी के मंदिर में दीपक जलाना, लाल या केसरिया वस्त्र धारण कर पूजा करना और प्रसाद के रूप में गुड़-चना, मेवा-फल अर्पित करना शामिल है। इस प्रकार की भक्ति और उपायों से मनोबल उच्च रहता है तथा जीवन में आने वाली कठिनाइयाँ बलवान उपाय के रूप में कमजोर पड़ती हैं।

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मंगलवार को हनुमानजी की भक्ति निरंतर करने से न केवल भौतिक जीवन की समस्याओं का समाधान होता है, बल्कि मानसिक संतुलन, सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक उन्नति भी प्राप्त होती है। इससे घर-परिवार में समृद्धि तथा संतोषपूर्ण जीवन का अनुभव होता है, जिससे भक्त का संपूर्ण कल्याण सुनिश्चित होता है।

  • भारत अमेरिका समझौते ने बदली बाजार की चाल सेंसेक्स निफ्टी में शानदार तेजी

    भारत अमेरिका समझौते ने बदली बाजार की चाल सेंसेक्स निफ्टी में शानदार तेजी


    नई दिल्ली :भारतीय शेयर बाजार सोमवार के कारोबारी सत्र में मजबूत तेजी के साथ हरे निशान में बंद हुआ। भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील को लेकर साझा बयान सामने आने के बाद निवेशकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। दिन के अंत में सेंसेक्स 485.35 अंक की तेजी के साथ 84,065.75 के स्तर पर बंद हुआ जबकि निफ्टी 173.60 अंक चढ़कर 25,867.30 पर पहुंच गया।

    कारोबार के दौरान लगभग सभी सेक्टोरल इंडेक्स हरे निशान में बंद हुए। कंज्यूमर ड्यूरेबल्स पीएसयू बैंक रियल्टी इंडिया डिफेंस मेटल फार्मा और हेल्थकेयर सेक्टर में अच्छी खरीदारी देखने को मिली। निवेशकों का रुझान जोखिम लेने की ओर दिखाई दिया जिससे बाजार को व्यापक समर्थन मिला।

    सेंसेक्स के प्रमुख शेयरों की बात करें तो एसबीआई टाइटन टाटा स्टील अल्ट्राटेक सीमेंट इटरनल बीईएल कोटक महिंद्रा बैंक ट्रेंट इंडिगो एमएंडएम एलएंडटी अदाणी पोर्ट्स और एशियन पेंट्स में मजबूत तेजी दर्ज की गई। इन शेयरों में खरीदारी ने सेंसेक्स को ऊपरी स्तरों तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

    वहीं दूसरी ओर पावर ग्रिड आईटीसी एनटीपीसी आईसीआईसीआई बैंक इन्फोसिस एचडीएफसी बैंक टेक महिंद्रा और मारुति जैसे शेयरों में दबाव देखा गया और ये शेयर गिरावट के साथ बंद हुए। इसके बावजूद बाजार की समग्र धारणा सकारात्मक बनी रही।

    बाजार में इस तेजी की सबसे बड़ी वजह भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील पर जारी साझा बयान को माना जा रहा है। रविवार सुबह जारी इस बयान के अनुसार भारतीय निर्यात पर अमेरिकी टैरिफ को 50 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है। इसके अलावा कई उत्पादों पर ड्यूटी को शून्य रखा गया है। इस फैसले से भारतीय निर्यातकों को बड़ा फायदा मिलने की उम्मीद है और इसी उम्मीद ने बाजार को नई ऊर्जा दी।

    लार्जकैप शेयरों के साथ साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी जोरदार खरीदारी देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 938.45 अंक की तेजी के साथ 60,441.15 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 447.25 अंक चढ़कर 17,385.90 के स्तर पर पहुंच गया। यह दर्शाता है कि बाजार में तेजी व्यापक आधार पर रही।

    एसबीआई सिक्योरिटीज के टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च प्रमुख सुदीप शाह ने बाजार की चाल पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बाजार की शुरुआत मजबूत रही थी हालांकि शुरुआती कारोबार में कुछ मुनाफावसूली देखने को मिली। इसके बाद बाजार सीमित दायरे में कारोबार करता रहा और अंत में निफ्टी 25,867 के स्तर पर बंद हुआ।

    उन्होंने आगे बताया कि निफ्टी के लिए 25,970 से 26,000 का स्तर एक अहम रुकावट है। यदि निफ्टी इस स्तर को पार करता है तो आने वाले सत्रों में 26,200 और 26,400 तक जाने की संभावना बन सकती है। वहीं गिरावट की स्थिति में 25,780 से 25,750 के बीच मजबूत सपोर्ट देखा जा सकता है।कुल मिलाकर भारत अमेरिका ट्रेड डील से जुड़े सकारात्मक संकेतों ने शेयर बाजार में नई जान फूंक दी है और निवेशकों को आगे भी बाजार से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद नजर आ रही है।

  • भारतीय अर्थव्यवस्था की गणना में बड़ा बदलाव: जीडीपी, सीपीआई और आईआईपी के लिए नया आधार वर्ष तय, जानें कब जारी होंगे सटीक आंकड़े

    भारतीय अर्थव्यवस्था की गणना में बड़ा बदलाव: जीडीपी, सीपीआई और आईआईपी के लिए नया आधार वर्ष तय, जानें कब जारी होंगे सटीक आंकड़े


    नई दिल्ली :भारतीय अर्थव्यवस्था की चाल को मापने और उसे अंतरराष्ट्रीय मानकों के अधिक करीब लाने के लिए केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय MoSPI ने मुख्य आर्थिक आंकड़ों-जीडीपी सीपीआई और आईआईपी की प्रासंगिकता और सटीकता को बेहतर बनाने के लिए एक व्यापक समीक्षा पूरी कर ली है। सोमवार को संसद में राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने आधिकारिक रूप से घोषणा की कि सरकार अब नए आधार वर्ष Base Year पर आधारित आर्थिक आंकड़ों की नई सीरीज जारी करने के लिए तैयार है। इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य गणना के तरीकों में सुधार करना और तेजी से बदलती अर्थव्यवस्था विशेषकर सेवा और अनौपचारिक क्षेत्र की अधिक सटीक गणना सुनिश्चित करना है।

    मंत्रालय द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार सकल घरेलू उत्पाद GDP के नए आंकड़े 27 फरवरी को पेश किए जाएंगे। वहीं महंगाई को मापने वाले उपभोक्ता मूल्य सूचकांक CPI के आंकड़े 12 फरवरी को और औद्योगिक उत्पादन सूचकांक IIP की नई सीरीज 28 मई को जारी की जाएगी। सरकार ने जीडीपी और आईआईपी का नया आधार वर्ष 2022-23 तय किया है जबकि सीपीआई का बेस ईयर अब 2024 होगा। आधार वर्ष को अपडेट करना इसलिए अनिवार्य हो गया था क्योंकि पुराना डेटा अब वर्तमान उपभोग पैटर्न और औद्योगिक उत्पादन की नई तकनीकों को सही ढंग से नहीं दर्शा पा रहा था।

    संसद में जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि यह पूरी प्रक्रिया तकनीकी सलाहकार समितियों की देखरेख में संपन्न हुई है। इन समितियों में प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों के विशेषज्ञ आरबीआई RBI के जानकार और केंद्र व राज्य सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। गणना की इस नई पद्धति में न केवल डेटा के स्रोतों को बढ़ाया गया है बल्कि वस्तुओं और सेवाओं के “वजन” Weightage को भी वर्तमान जरूरतों के हिसाब से अपडेट किया गया है। सरकार का मानना है कि इन सुधारों से भारत के आर्थिक आंकड़े अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष IMF के विशेष डेटा प्रसार मानकों SDDS के और अधिक अनुरूप हो जाएंगे।

    नए आधार वर्ष के लागू होने से न केवल डेटा की पारदर्शिता बढ़ेगी बल्कि यह नीति निर्माताओं और निवेशकों को भी निवेश संबंधी निर्णय लेने में मदद करेगा। खासकर सीपीआई का बेस ईयर 2024 करने से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में उपभोक्ताओं की बदलती खपत की आदतों का सही अंदाजा लग सकेगा। सरकार के अनुसार ये सुधार देश की आर्थिक नीतियों को तैयार करने और जनकल्याणकारी योजनाओं को बेहतर तरीके से लागू करने में मील का पत्थर साबित होंगे। कुल मिलाकर नई सीरीज का आगमन यह सुनिश्चित करेगा कि भारत के सांख्यिकीय आंकड़े वैश्विक स्तर पर सबसे भरोसेमंद और उपयोगी बने रहें।