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  • जेल से रिहा हत्यारा फिर बना कातिल, दमोह में युवक की लोहे की रॉड और हथौड़े से निर्मम हत्या

    जेल से रिहा हत्यारा फिर बना कातिल, दमोह में युवक की लोहे की रॉड और हथौड़े से निर्मम हत्या

    दमोह जिले के ग्राम सम्मना में गुरुवार दोपहर को एक खौफनाक वारदात हुई, जिसने पूरे इलाके को हिला दिया। जानकारी के अनुसार, पत्नी की हत्या के मामले में जेल से हाल ही में रिहा हुए 58 वर्षीय गुड्डा पटैल ने बाइक सवार 16 वर्षीय भरत पुत्र रामगोपाल विश्वकर्मा पर लोहे की रॉड और हथौड़े से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के समय भरत अपनी बहन दीक्षा विश्वकर्मा और पति लोकमन विश्वकर्मा के साथ टीका लगवाने के लिए सम्मना आया हुआ था।

    नगर पुलिस अधीक्षक एच.आर. पांडेय ने बताया कि हमला अचानक हुआ और आरोपी घटना के बाद मौके से भाग गया। ग्रामीणों ने जब उसे खेत में रॉड घुमाते देखा तो लाठी-डंडों से उसे रोकने का प्रयास किया। इसी दौरान पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को नियंत्रण में लिया। घटना की भयावहता को और बढ़ाते हुए, आरोपी का एक खून पीने और मांस खाने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

    पुलिस ने बताया कि आरोपी दो वर्ष पहले अपनी पत्नी की हत्या के आरोप में आजीवन कारावास की सजा पूरी कर जेल से रिहा हुआ था। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी मानसिक रूप से अस्थिर है। इस वारदात ने इलाके में डर का माहौल बना दिया है और स्थानीय नागरिकों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।

    मृतक भरत की बहन दीक्षा विश्वकर्मा ने कहा कि ऐसे आरोपियों को फांसी की सजा दी जानी चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब परिवार को आरोपी की हिंसक प्रवृत्ति के बारे में पता था, तो उसके बेटे को क्यों नियंत्रित नहीं किया गया। दीक्षा के अनुसार, उसकी भाभी के दो भाई हैं — बड़ा भाई 21 वर्ष का और छोटा भाई भरत 16 वर्ष का — और वह अकेली बहन है।

    इस मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन और सुरक्षा बल इस तरह की हिंसक घटनाओं पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं, ताकि भविष्य में ऐसी भयावह घटनाओं को रोका जा सके।

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  • नर्मदापुरम में दिनदहाड़े एक्टिवा चोरी: 40 सेकंड में लॉक तोड़कर फरार हुआ चोर, CCTV में कैद

    नर्मदापुरम में दिनदहाड़े एक्टिवा चोरी: 40 सेकंड में लॉक तोड़कर फरार हुआ चोर, CCTV में कैद



    नई दिल्ली। नर्मदापुरम शहर के राजा मोहल्ला इलाके में बोहरा मस्जिद के सामने दिनदहाड़े एक चोर ने एक्टिवा चोरी कर ली। घटना मंगलवार शाम करीब 6:10 बजे हुई, जब फरियादी हातिम अली अपनी एक्टिवा (MP 05 ZC 5153) मस्जिद के सामने खड़ी कर नमाज अदा करने अंदर गए थे। कुछ ही देर में लौटने पर उन्होंने देखा कि उनकी गाड़ी गायब है।

    सीसीटीवी फुटेज में तीन संदिग्ध युवक गाड़ी की रैकी करते नजर आए। दो युवक पैदल चले गए, जबकि तीसरे ने एक्टिवा के पास बैठकर महज 40 सेकंड में लॉक तोड़ा और गाड़ी स्टार्ट कर फरार हो गया। पुलिस ने घटना की शिकायत पर तुरंत अज्ञात आरोपियों के खिलाफ चोरी का केस दर्ज किया और फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान और तलाश शुरू कर दी।

    रमजान के महीने में मस्जिद आने-जाने वाले लोग इस घटना से भयभीत हैं। कोतवाली पुलिस ने आसपास के इलाकों की निगरानी बढ़ा दी है और लोगों से अपील की है कि अगर किसी के पास संदिग्धों की जानकारी या CCTV फुटेज हो तो पुलिस से साझा करें।

    यह वारदात सुरक्षा की दृष्टि से गंभीर मानी जा रही है, क्योंकि दिनदहाड़े हुई चोरी ने इलाके में सनसनी फैला दी है। पुलिस की प्राथमिक जांच में स्पष्ट हुआ है कि चोरों ने पूरी वारदात योजनाबद्ध तरीके से की और कैमरे में कैद होने के बावजूद आसानी से फरार हो गए।

    फरियादी ने बताया कि वह जल्द ही पुलिस के साथ सहयोग करेंगे ताकि चोरी की गाड़ी को बरामद किया जा सके और अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया जा सके। पुलिस ने आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज इकट्ठा किए हैं और संदिग्धों की पहचान के लिए स्थानीय क्षेत्रों में पूछताछ शुरू कर दी है।

    संक्षेप में: नर्मदापुरम में राजा मोहल्ला स्थित बोहरा मस्जिद के सामने दिनदहाड़े एक्टिवा चोरी, चोर ने महज 40 सेकंड में लॉक तोड़ा और गाड़ी स्टार्ट कर फरार। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर फुटेज के आधार पर तलाश शुरू कर दी।

  • खाड़ी देशों में फंसे मप्र निवासियों के लिए सरकार अलर्ट, भोपाल और नई दिल्ली में 24×7 कंट्रोल रूम शुरू

    खाड़ी देशों में फंसे मप्र निवासियों के लिए सरकार अलर्ट, भोपाल और नई दिल्ली में 24×7 कंट्रोल रूम शुरू

    मध्यप्रदेश सरकार ने खाड़ी देशों में रह रहे प्रदेश के नागरिकों की सुरक्षा और सहायता को ध्यान में रखते हुए महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मध्य-पूर्व देशों में उत्पन्न हो रही अप्रत्याशित परिस्थितियों के मद्देनजर सरकार ने नई दिल्ली स्थित मध्यप्रदेश भवन में चौबीसों घंटे सक्रिय रहने वाला कंट्रोल रूम स्थापित किया है। इस कंट्रोल रूम का उद्देश्य खाड़ी देशों में अध्ययन, नौकरी, व्यापार या पर्यटन के लिए गए मध्यप्रदेश के नागरिकों को समय पर सहायता और आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराना है।

    प्रदेश सरकार का मानना है कि मौजूदा अंतरराष्ट्रीय हालात को देखते हुए विदेशों में रह रहे नागरिकों को कभी भी आपात स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। ऐसी स्थिति में उन्हें त्वरित सहायता प्रदान करना जरूरी है। इसी उद्देश्य से मध्यप्रदेश भवन नई दिल्ली में स्थापित कंट्रोल रूम चौबीसों घंटे सक्रिय रहेगा और वहां से नागरिकों की समस्याओं का समाधान करने का प्रयास किया जाएगा।

    खाड़ी देशों में रह रहे मध्यप्रदेश के निवासी यदि किसी भी प्रकार की परेशानी में हों या उन्हें किसी प्रकार की सहायता की आवश्यकता हो तो वे सीधे कंट्रोल रूम से संपर्क कर सकते हैं। इसके लिए दूरभाष नंबर 01126772005 जारी किया गया है। इसके अलावा व्हाट्सएप नंबर 9818963273 पर भी संपर्क किया जा सकता है। नागरिक अपनी समस्या या जानकारी ईमेल के माध्यम से भी भेज सकते हैं जिसके लिए [email protected] ईमेल आईडी उपलब्ध कराई गई है।

    कंट्रोल रूम के माध्यम से प्राप्त होने वाली जानकारी के आधार पर मध्यप्रदेश शासन संबंधित नागरिकों की सहायता के लिए भारत सरकार और अन्य आवश्यक एजेंसियों से समन्वय स्थापित करेगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि विदेशों में रह रहे प्रदेश के लोगों को किसी भी प्रकार की परेशानी में अकेला महसूस न करना पड़े और उन्हें हर संभव सहायता मिल सके।

    इसके साथ ही प्रदेश सरकार ने भोपाल स्थित वल्लभ भवन मंत्रालय में भी एक अलग कंट्रोल रूम स्थापित किया है ताकि प्रदेश के नागरिक या उनके परिवारजन यहां से भी जानकारी और सहायता प्राप्त कर सकें। भोपाल में स्थापित इस कंट्रोल रूम के जरिए भी जरूरतमंद लोगों को मार्गदर्शन और सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

    भोपाल कंट्रोल रूम के लिए दूरभाष नंबर 07552708055 और 07552708059 जारी किए गए हैं। इसके अतिरिक्त व्हाट्सएप नंबर +917648862100 पर भी संपर्क किया जा सकता है। नागरिक अपनी समस्याएं या जानकारी [email protected] ईमेल आईडी पर भी भेज सकते हैं।

    मध्यप्रदेश शासन ने प्रदेश के नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके परिजन या परिचित खाड़ी देशों में रह रहे हैं और उन्हें किसी प्रकार की समस्या का सामना करना पड़ रहा है तो वे तुरंत इन कंट्रोल रूम से संपर्क करें। नई दिल्ली और भोपाल दोनों स्थानों पर स्थापित ये कंट्रोल रूम नागरिकों की सहायता के लिए चौबीसों घंटे उपलब्ध रहेंगे और हर संभव मदद पहुंचाने का प्रयास करेंगे।

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  • कनाडा में पंजाबी यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल की बेरहमी से हत्या, मां ने खालिस्तानियों पर लगाया आरोप, विवादित टिप्पणियां बनीं वजह

    कनाडा में पंजाबी यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल की बेरहमी से हत्या, मां ने खालिस्तानियों पर लगाया आरोप, विवादित टिप्पणियां बनीं वजह



    नई दिल्ली। कनाडा में पंजाबी मूल की यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल (45) की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। घटना मंगलवार रात साढ़े 9 बजे विंडसर इलाके में हुई, जब हमलावर उसके घर में घुसे और उसे घर के भीतर ही कई बार चाकू मारे। गंभीर हालत में उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। नैन्सी का जन्म हरियाणा में हुआ था और बाद में उनका परिवार लुधियाना शिफ्ट हो गया। उनकी मां जालंधर में रहती हैं।

    नैन्सी ग्रेवाल अपने यूट्यूब वीडियो के लिए विवादित रही हैं। वह खुलकर खालिस्तानियों, अकाल तख्त जत्थेदार और डेरा ब्यास मुखी की आलोचना करती थीं। हत्या से पहले नैन्सी ने इंस्टाग्राम पर अकाल तख्त जत्थेदार और डेरे के मुखी पर विवादित टिप्पणी की थी, जिसमें उन्होंने धार्मिक नेताओं की गतिविधियों पर सवाल उठाए थे।

    कनाडा पुलिस ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद रात में टीम तुरंत मौके पर पहुंची। अस्पताल में नैन्सी ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने नैन्सी के घर और आसपास का क्षेत्र सील कर सबूत जुटाए। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और किसी के पास जानकारी होने पर डिटेक्टिव सार्जेंट जेमी नेस्टर से संपर्क करने को कहा है।

    नैन्सी की मां छिंदरपाल कौर ने कहा कि बेटी पहले भी कई बार धमकी और हमले का शिकार हो चुकी थी। पिछले हमले में घर में आग लगाई गई थी, जिससे नैन्सी बच गई थी। इस बार हमलावरों ने उसकी रेकी कर बेरहमी से कत्ल किया। मां ने आरोप लगाया कि इसमें 3-4 लोग शामिल थे और उन्होंने उनके नाम नोट कर लिए हैं। छिंदरपाल ने कनाडा पुलिस से अपील की है कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्याय दिलाया जाए।

    नैन्सी पेशे से नर्स थीं और दो कंपनियों में काम करती थीं। वह गरीबों और जरूरतमंदों की मदद करती थीं। उनके परिवार ने बताया कि बेटी ने हमेशा सच के रास्ते पर चलने की सीख दी।

    पुलिस के अनुसार हत्या की घटना की गंभीर जांच की जा रही है। आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के लिए सीसीटीवी फुटेज और आसपास के सबूत जुटाए जा रहे हैं। नैन्सी ग्रेवाल के परिवार ने न्याय की उम्मीद जताई है और बताया कि उनका यह कट्टर विरोध और निर्भीक व्यक्तित्व कई लोगों को परेशान करता था।

    नैन्सी की हत्या ने कनाडा और पंजाब की समाज में सनसनी मचा दी है। सोशल मीडिया पर उनके समर्थक और भारतीय समुदाय ने इस घटना की कड़ी निंदा की है और जिम्मेदारों को कानून के तहत सजा दिलाने की मांग की है।

  • 5 मार्च का प्रेम राशिफल: इन राशियों के लिए आज प्यार का इजहार जरूरी, संवाद और विश्वास से सुलझेंगे रिश्तों के उलझे धागे

    5 मार्च का प्रेम राशिफल: इन राशियों के लिए आज प्यार का इजहार जरूरी, संवाद और विश्वास से सुलझेंगे रिश्तों के उलझे धागे

    नई दिल्ली :आज का दिन प्रेम संबंधों के लिहाज से मिलाजुला रहने वाला है। कई राशियों के जीवन में रोमांस और खुशियों की नई शुरुआत हो सकती है तो कुछ लोगों को रिश्तों में छोटी गलतफहमियों और अहंकार से बचने की जरूरत होगी। ग्रहों की स्थिति संकेत दे रही है कि आज संवाद और समझदारी से रिश्तों को मजबूत किया जा सकता है। जो लोग अपने प्रेम संबंधों में दूरी महसूस कर रहे हैं उन्हें आज खुलकर दिल की बात कहनी चाहिए। प्रेम में विश्वास और धैर्य सबसे बड़ी ताकत साबित होगा।

    मेष राशि के लोगों के लिए आज का दिन थोड़ा सावधानी भरा हो सकता है। किसी छोटी बात को लेकर प्रेम साथी के साथ असहमति हो सकती है। हालांकि बाद में आपको अपनी गलती का एहसास भी हो सकता है इसलिए बेहतर होगा कि अहंकार को छोड़कर रिश्ते को बचाने के लिए खुद पहल करें और जरूरत पड़े तो माफी मांगने में भी देर न करें।

    वृषभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन सुखद रहने के संकेत दे रहा है। आपका प्रियजन आपको कहीं घूमने चलने का प्रस्ताव दे सकता है। यह समय रिश्ते को और मजबूत बनाने का है। साथ बिताया गया समय आप दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ाएगा और प्रेम में मिठास भी घोलेगा।

    मिथुन राशि के लोगों का प्रेम जीवन आज बेहद रोमांटिक रह सकता है। आपका साथी रोमांटिक मूड में रहेगा और साथ में कहीं बाहर जाने का प्लान भी बन सकता है। मौसम और माहौल दोनों आपके पक्ष में रहेंगे जिससे आप दोनों के बीच प्यार और स्नेह बढ़ेगा।

    कर्क राशि के लोगों को प्रेम जीवन में खुशखबरी मिल सकती है। जिन लोगों की जिंदगी में अभी तक कोई खास नहीं था उनके जीवन में नए प्रेम संबंध की शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। प्रेम साथी के साथ लॉन्ग ड्राइव या रोमांटिक पल बिताने का अवसर मिल सकता है। भविष्य को लेकर भी कुछ महत्वपूर्ण योजनाएं बन सकती हैं।

    सिंह राशि के लोगों को अपने लव पार्टनर से कोई अच्छी खबर मिल सकती है। दिन प्रकृति के बीच समय बिताने और यादगार पल बनाने का हो सकता है। रिश्ते में उत्साह और नई ऊर्जा का अनुभव होगा।

    कन्या राशि के लोगों के लिए आज का दिन थोड़ा चुनौतीपूर्ण हो सकता है। प्रेम साथी की अपेक्षाएं अधिक हो सकती हैं और संवाद की कमी के कारण गलतफहमी पैदा हो सकती है। ऐसे में शांत मन से बातचीत करना ही सबसे अच्छा समाधान होगा।

    तुला राशि के लोगों को आज प्रेम साथी के व्यवहार में थोड़ा बदलाव महसूस हो सकता है। ऐसा लग सकता है कि वे कुछ बातें छिपा रहे हैं लेकिन जल्दबाजी में कोई फैसला लेने से बचें। धैर्य और शांति के साथ बातचीत करने से स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।

    वृश्चिक राशि के लिए आज का दिन प्रेम संबंधों के लिहाज से काफी अच्छा रहेगा। आप अपने दिल की बात खुलकर कह सकते हैं। अपने प्रेम का इजहार करने का यह सही समय है। इससे रिश्ता और मजबूत होगा।

    धनु राशि के लोगों को आज रिश्तों में तीसरे व्यक्ति के हस्तक्षेप से सावधान रहना होगा। किसी की बातों में आकर अपने रिश्ते को नुकसान पहुंचाने से बचें। बेहतर होगा कि आप दोनों मिलकर शांतिपूर्वक समाधान निकालें।

    मकर राशि के लोगों के लिए आज का दिन प्यार से भरा रहेगा। आपका साथी दिल खोलकर अपने प्रेम का इजहार कर सकता है और कोई छोटा सा तोहफा भी दे सकता है। दिन को खास बनाने का अवसर मिलेगा।

    कुंभ राशि के लोगों के लिए आज का दिन भावनात्मक रूप से महत्वपूर्ण हो सकता है। प्रेम साथी अपने दिल की बात कह सकता है और रिश्ते को आगे बढ़ाने या विवाह जैसे गंभीर विषयों पर चर्चा भी हो सकती है।

    मीन राशि के लोगों के लिए आज का दिन प्रेम और मिठास से भरा रहेगा। एक छोटा सा उपहार या सरप्राइज रिश्ते में नई खुशियां ला सकता है। पुराने मनमुटाव खत्म होंगे और प्रेम संबंध और मजबूत होंगे।

  • सोनू सूद ने दुबई में फंसे नागरिकों के लिए इंसानियत का हाथ बढ़ाया, मुफ्त में सुरक्षित ठहरने की सुविधा दी

    सोनू सूद ने दुबई में फंसे नागरिकों के लिए इंसानियत का हाथ बढ़ाया, मुफ्त में सुरक्षित ठहरने की सुविधा दी



    नई दिल्ली। इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते युद्ध के कारण दुबई में फंसे लोगों के लिए बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद आगे आए हैं। उन्होंने यह घोषणा की है कि युद्ध या संकट के चलते फंसे सभी लोग—चाहे वे भारत से हों या किसी अन्य देश से फ्री में सुरक्षित रहने की सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। इस सुविधा के लिए उन्हें केवल इंस्टाग्राम पर @dugastaproperties को मैसेज करना होगा।

    सोनू सूद ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट करते हुए बताया कि युद्ध के चलते कई यात्री दुबई में फंसे हुए हैं और उनके पास रहने की जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि मदद किसी भी शर्त या राष्ट्रीयता के बिना इंसानियत के नाते की जा रही है। उन्होंने सभी को आश्वस्त किया कि यह सुविधा पूरी तरह सुरक्षित और भरोसेमंद है।

    इस समय दुबई में फंसे लोगों में पंजाब के कई नागरिक भी शामिल हैं। पंजाब सरकार के अनुसार, अब तक 150 से अधिक कॉल दुबई में फंसे लोगों की प्राप्त हो चुकी हैं। ज्यादातर लोग होटलों में ठहरे हुए हैं, लेकिन उनका संपर्क सीमित है। मंत्री डॉ. रवजोत सिंह ने बताया कि नवंबर से मार्च तक दुबई में टूरिस्ट सीजन होता है, इसलिए कई लोग छुट्टियों के लिए गए थे और वर्तमान हालात में फंस गए।

    सोनू सूद का यह कदम नया नहीं है। इससे पहले अगस्त 2025 में पंजाब में आई भयंकर बाढ़ के समय भी उन्होंने राहत और बचाव कार्य में सक्रिय योगदान दिया था। तब वह अपनी बहन मालविका सूद के साथ प्रभावित इलाकों जैसे मोगा, धर्मकोट, फाजिल्का, खमाणों और संगेरा में पहुंचे और पीड़ित परिवारों की मदद की।

    बाढ़ के समय उनके द्वारा प्रदान की गई सहायता में खाद्य सामग्री, पीने का पानी, बेबी न्यूट्रिशन किट, कंबल, तिरपाल, हाइजीन किट, मच्छरदानी और पशुओं के लिए चारा शामिल था। साथ ही, उन्होंने मेडिकल कैंप भी लगाए और एक बच्चे का किडनी का इलाज करवाया। निचले इलाकों में राशन और बचाव के लिए दो नावें भी भेजी गई थीं, और प्रभावित परिवारों की आजीविका के लिए 100 भैंसें देने का वादा भी किया गया।

    सोनू सूद के इस कदम ने दुबई में फंसे लोगों को राहत दी है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद की है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी कोशिश है कि किसी भी आम नागरिक को डर और असुरक्षा के माहौल में जीना न पड़े।

    यह पहल दर्शाती है कि सोनू सूद ने हमेशा विपरीत परिस्थितियों में भी इंसानियत और सेवा के लिए आगे आकर मदद करने का संकल्प रखा है। दुबई में फंसे लोगों के लिए यह राहत एक बड़ी उम्मीद बनकर सामने आई है।

  • चैत्र माह की शुरुआत पूरे महीने रहेंगी धार्मिक पर्वों की धूम नवरात्रि रामनवमी हनुमान जयंती की तिथियां नोट करें

    चैत्र माह की शुरुआत पूरे महीने रहेंगी धार्मिक पर्वों की धूम नवरात्रि रामनवमी हनुमान जयंती की तिथियां नोट करें


    नई दिल्ली:होली के पर्व के साथ हिंदू पंचांग के पहले महीने चैत्र मास की शुरुआत हो गई है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस माह का विशेष महत्व माना जाता है क्योंकि इसी समय से हिंदू नववर्ष का आरंभ भी माना जाता है। मान्यता है कि चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से ही सृष्टि की रचना की शुरुआत हुई थी। इसी कारण यह महीना धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से बेहद पवित्र माना जाता है।

    धार्मिक ग्रंथों के अनुसार सृष्टि के रचयिता Brahma ने इसी तिथि से सृष्टि निर्माण का कार्य शुरू किया था। इस कारण चैत्र मास को नई शुरुआत और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक भी माना जाता है। पूरे महीने में कई महत्वपूर्ण व्रत और त्योहार आते हैं जिनका हिंदू धर्म में विशेष महत्व है।

    चैत्र मास के प्रारंभिक दिनों में कई प्रमुख व्रत मनाए जाएंगे। इस क्रम में 6 मार्च को संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा। इसके बाद 8 मार्च को रंग पंचमी का पर्व मनाया जाएगा। 11 मार्च को शीतला अष्टमी का व्रत आएगा जो विशेष रूप से Sheetala Mata की पूजा के लिए जाना जाता है। इसके बाद 15 मार्च को पाप मोचिनी एकादशी का व्रत रखा जाएगा। 16 मार्च को प्रदोष व्रत और 17 मार्च को मासिक Shiva रात्रि यानी मासिक शिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। इसके बाद 18 मार्च को चैत्र अमावस्या होगी।

    चैत्र मास के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों की शुरुआत 19 मार्च से होगी जब चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ होगा। इसी दिन Gudi Padwa और Ugadi के साथ हिंदू नववर्ष का भी आरंभ माना जाता है। इस दौरान नौ दिनों तक Durga के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है और देशभर में मंदिरों और घरों में विशेष धार्मिक आयोजन होते हैं।

    इसके बाद 21 मार्च को गणगौर पूजा का पर्व मनाया जाएगा जो खास तौर पर महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। 24 मार्च को चैती छठ और यमुना छठ का पर्व आएगा। 26 मार्च को भगवान Rama के जन्मोत्सव के रूप में राम नवमी का पर्व मनाया जाएगा। इसके अगले दिन 27 मार्च को चैत्र नवरात्रि व्रत का पारण किया जाएगा।

    महीने के अंतिम दिनों में भी कई महत्वपूर्ण धार्मिक पर्व आएंगे। 29 मार्च को कामदा एकादशी का व्रत रखा जाएगा जबकि 31 मार्च को Mahavira जयंती मनाई जाएगी। इसके बाद 2 अप्रैल को Hanuman जयंती और चैत्र पूर्णिमा का पर्व आएगा जो भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है।

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चैत्र माह में कुछ विशेष धार्मिक कार्य करने से पुण्य की प्राप्ति होती है। इस महीने में रोज सुबह सूर्य देव को जल अर्पित करना शुभ माना जाता है। इसके साथ ही जरूरतमंद लोगों को पंखा घड़ा सूती वस्त्र और अन्य आवश्यक वस्तुओं का दान करना भी फलदायी माना जाता है।

    इसके अलावा चैत्र मास में देवी उपासना का विशेष महत्व बताया गया है। इस दौरान Durga Saptashati का पाठ करना और देवी की आराधना करना अत्यंत शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि ऐसा करने से घर में सुख शांति और समृद्धि का वास होता है।
  • अर्मेनिया में युद्ध के बीच फंसी उज्जैन की महिला पहलवान प्रियांशी प्रजापत सुरक्षित लौटीं, सीएम मोहन यादव ने किया त्वरित हस्तक्षेप

    अर्मेनिया में युद्ध के बीच फंसी उज्जैन की महिला पहलवान प्रियांशी प्रजापत सुरक्षित लौटीं, सीएम मोहन यादव ने किया त्वरित हस्तक्षेप

    नई दिल्ली। अर्मेनिया में आयोजित कुश्ती वर्ल्ड चैंपियनशिप में हिस्सा लेने गई उज्जैन की प्रियांशी प्रजापत पिछले चार दिनों से युद्ध के कारण फंसी थीं। अमेरिका और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के चलते उनका दुबई के रास्ते भारत लौटना असंभव हो गया।

    इस मुश्किल समय में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पहलवान से लाइव बातचीत कर उनकी सुरक्षित वापसी के लिए तुरंत कदम उठाए। सीएम के निर्देश और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के सहयोग से प्रियांशी को अर्मेनिया से तुर्की और कजाकिस्तान के मार्ग से भारत लाया गया। गुरुवार सुबह प्रियांशी देश लौट आईं और उनके परिवार व खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई।

    प्रियांशी मध्यप्रदेश की एकमात्र खिलाड़ी थीं जो इस विश्व चैम्पियनशिप में प्रदेश का प्रतिनिधित्व कर रही थीं। उनकी सुरक्षित वापसी ने राज्य सरकार के त्वरित और प्रभावी हस्तक्षेप की अहमियत को भी दर्शाया।

    इन हालात में उनके पिता ने मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के अध्यक्ष नारायण यादव से संपर्क किया और मदद के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को सूचित किया। मुख्यमंत्री ने तुरंत हस्तक्षेप किया और प्रियांशी से ऑनलाइन बातचीत कर उन्हें युद्ध के खतरनाक हालात में सुरक्षित मार्ग से लौटने का भरोसा दिया।

    सीएम के निर्देशों और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के सहयोग से प्रियांशी को अर्मेनिया से तुर्की और कजाकिस्तान के मार्ग से सुरक्षित भारत लाया गया। गुरुवार सुबह वे देश लौट आईं, और उनके परिवार, प्रशिक्षक और खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई। प्रियांशी की वापसी ने राज्य सरकार की तत्परता और संकट प्रबंधन क्षमता को उजागर किया।

    प्रियांशी इस चैम्पियनशिप में मध्यप्रदेश की एकमात्र प्रतिनिधि खिलाड़ी थीं। उनके साथियों और प्रशिक्षकों ने बताया कि यह उनका सपना था कि वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन करें, लेकिन युद्ध और अंतरराष्ट्रीय तनाव ने उन्हें अचानक कठिनाई में डाल दिया। इस बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सक्रिय भूमिका और त्वरित निर्णय ने उनकी जान को सुरक्षित रखने में अहम योगदान दिया।

    प्रियांशी के सुरक्षित लौटने के बाद प्रदेश की खेल प्रतिष्ठा भी बढ़ी है। युवा खिलाड़ी और उनके परिवार ने मुख्यमंत्री और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ को धन्यवाद दिया। इसके अलावा, इस घटना ने यह भी स्पष्ट किया कि अंतरराष्ट्रीय संकट में राज्य सरकार और खेल संस्थाएं मिलकर खिलाड़ियों की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकती हैं।

    प्रियांशी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यह चार दिन उनके जीवन के सबसे तनावपूर्ण रहे। उन्होंने बताया कि दुबई और अर्मेनिया में युद्ध के कारण भय का माहौल था, लेकिन उन्हें विश्वास था कि मुख्यमंत्री और संबंधित अधिकारी उनकी मदद करेंगे। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री ने मुझे व्यक्तिगत रूप से आश्वस्त किया और सही मार्ग से भारत लौटने में मदद की। यह अनुभव यादगार तो है, लेकिन काफी डराने वाला भी रहा।”

    इस घटना ने यह संदेश भी दिया कि खेल और खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए प्रशासनिक तत्परता बेहद जरूरी है। प्रियांशी अब सुरक्षित हैं और अपने परिवार के साथ हैं, जबकि मध्यप्रदेश सरकार की इस सक्रिय भूमिका को खेल जगत में सराहा जा रहा है।

  • करणवीर बोहरा के पिता और फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा का निधन, तेजा और टक्कर जैसी फिल्मों के निर्माता रहे

    करणवीर बोहरा के पिता और फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा का निधन, तेजा और टक्कर जैसी फिल्मों के निर्माता रहे


    नई दिल्ली। अएक्टर करणवीर बोहरा ने सोशल मीडिया के जरिए अपने पिता और जाने-माने फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा के निधन की जानकारी दी। महेंद्र बोहरा हिंदी फिल्म इंडस्ट्री से कई दशकों से जुड़े थे और उन्होंने तेजा, टक्कर, प्यार का कर्ज और लश्कर जैसी फिल्मों का निर्माण किया।

    करणवीर ने इंस्टाग्राम पोस्ट में अपने पिता को याद करते हुए लिखा, “लव यू डैड। मैंने आपको शब्दों से ज्यादा मिस करूंगा। आपने एक अच्छी और पूरी जिंदगी जी।” उन्होंने बताया कि उनके पिता हमेशा कहते थे कि इस दुनिया से शांति से और बिना किसी तकलीफ के जाना चाहिए, और महेंद्र बोहरा ने ऐसा ही किया।

    एक्टर ने आगे कहा कि उनके पिता ने उन्हें और उनकी बहन को हिम्मत, उम्मीद और मेहनत करना सिखाया। उन्होंने लिखा, आपने मुझे सिखाया कि चाहे हालात कितने भी मुश्किल हों, उम्मीद नहीं छोड़नी चाहिए। गिरो तो दोबारा खड़े होना चाहिए। जिंदगी को जोश और पॉजिटिविटी के साथ जीना चाहिए।

    करणवीर ने अपने पिता के पेशेवर जीवन की भी तारीफ की और कहा कि महेंद्र बोहरा ने उन्हें सिखाया कि एक्टर और प्रोड्यूसर दोनों के तौर पर मेहनत और क्रिएटिविटी की अहमियत समझना चाहिए। उनके पिता ने हमेशा अच्छा व्यवहार करना और सपने देखने की प्रेरणा दी।

    महेंद्र बोहरा हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में रामकुमार बोहरा के बेटे के रूप में आए और कई बड़े सितारों जैसे नसीरुद्दीन शाह, संजय दत्त, सुनील शेट्टी और सोनाली बेंद्रे के साथ काम किया। उनकी फिल्में दर्शकों में हमेशा यादगार रही हैं।

  • एआई समिट के बाद भारत का बड़ा रणनीतिक कदम सेना में तेजी से शामिल हो रही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक

    एआई समिट के बाद भारत का बड़ा रणनीतिक कदम सेना में तेजी से शामिल हो रही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक

    नई दिल्ली में आयोजित India AI Impact Summit 2026 के बाद भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक बड़ा रणनीतिक कदम उठाया है। रिपोर्ट के अनुसार भारत अब अपनी सशस्त्र सेनाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई तकनीक को तेजी से शामिल कर रहा है। इस पहल का उद्देश्य सेना को भविष्य के तकनीक आधारित युद्ध के लिए तैयार करना है।

    विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय तक किसी देश की सैन्य ताकत का आकलन उसकी सेना के आकार टैंकों की संख्या और मिसाइलों की मारक क्षमता के आधार पर किया जाता था। लेकिन बदलते दौर में युद्ध की रणनीति भी बदल रही है। आधुनिक युद्ध में अब सूचना हासिल करने की गति और तेजी से निर्णय लेने की क्षमता भी उतनी ही महत्वपूर्ण हो गई है जितनी कि हथियारों की ताकत।

    रक्षा रणनीतिकार अक्सर OODA Loop का जिक्र करते हैं जिसका अर्थ है ऑब्जर्व ओरिएंट डिसाइड और एक्ट यानी स्थिति को देखना समझना फैसला लेना और तुरंत कार्रवाई करना। किसी भी सेना की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि वह इन चार चरणों को कितनी तेजी से पूरा कर सकती है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इसी प्रक्रिया को तेज और अधिक सटीक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

    समिट के दौरान Strategic Forces Command ने एक नया स्वदेशी एआई टूल भी प्रस्तुत किया। बताया जा रहा है कि यह तकनीक भारत की सीमा निगरानी प्रणाली को काफी हद तक बदल सकती है। यह एआई सिस्टम सैटेलाइट तस्वीरों ड्रोन फुटेज और इलेक्ट्रॉनिक डेटा का विश्लेषण करके सीमा क्षेत्रों में संभावित सैन्य गतिविधियों का पता लगाने में सक्षम है।

    रिपोर्ट के अनुसार यह सिस्टम Line of Actual Control के आसपास होने वाली गतिविधियों पर विशेष नजर रख सकता है। इसकी सटीकता लगभग 94 प्रतिशत बताई जा रही है। खास बात यह है कि यह टूल तंबू या सैन्य उपकरण जैसे स्पष्ट संकेत दिखाई देने से पहले ही संभावित सैन्य जमावड़े की पहचान कर सकता है।

    अधिकारियों के अनुसार इस तकनीक की मदद से सेना किसी भी असामान्य गतिविधि को शुरुआती चरण में ही पहचान सकती है और तेजी से प्रतिक्रिया दे सकती है। पहले जहां मानव विश्लेषकों को बड़ी मात्रा में डेटा का अध्ययन करने में अधिक समय लगता था वहीं एआई सिस्टम इस डेटा को तेजी से प्रोसेस करके रियल टाइम जानकारी उपलब्ध कराता है। इससे सैन्य कमांडरों को जमीन पर तनाव बढ़ने से पहले ही रणनीतिक फैसले लेने में मदद मिलती है।

    रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को धीरे धीरे सेना की तीनों शाखाओं में शामिल किया जा रहा है। भारतीय सेना में SAM-UN platform नामक एक सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है जिसके माध्यम से पुराने टैंकों और बख्तरबंद वाहनों को आधुनिक तकनीक से अपग्रेड किया जा रहा है।

    इन सैन्य प्लेटफॉर्मों में एआई आधारित फायर कंट्रोल सिस्टम जोड़े जा रहे हैं जिससे पुराने हथियार भी आधुनिक युद्धक्षेत्र में प्रभावी बने रह सकें। इससे नई सैन्य गाड़ियों की पूरी नई फ्लीट खरीदने की आवश्यकता भी कम हो सकती है और रक्षा संसाधनों का बेहतर उपयोग संभव हो सकेगा।

    विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक भारतीय सेना की रणनीति और युद्ध क्षमता को नई दिशा दे सकती है और सीमा सुरक्षा को पहले से अधिक मजबूत बना सकती है।