Blog

  • पुत्रदा एकादशी 2025 साल की आखिरी एकादशी पर विष्णु जी को कैसे करें प्रसन्न जानें 5 सरल उपाय

    पुत्रदा एकादशी 2025 साल की आखिरी एकादशी पर विष्णु जी को कैसे करें प्रसन्न जानें 5 सरल उपाय


    नई दिल्ली । पुत्रदा एकादशी 2025 हिंदू धर्म में सभी तिथियों का विशेष महत्व माना गया है। हालांकि इनमें प्रत्येक महीने की ग्यारहवीं तिथि अधिक महत्वपूर्ण होती हैं। मान्यता है कि इस दिन एकादशी व्रत किया जाता है जो सृष्टि के पालनहार विष्णु जी को समर्पित है। इस दिन उनकी पूजा-अर्चना दान-दक्षिणा या भजन-कीर्तन जैसे शुभ कार्य करने से प्रभु शीघ्र प्रसन्न होते हैं। इसके प्रभाव से घर से लेकर साधक के निजी जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं यही नहीं धन की माता लक्ष्मी जी भी अपनी असीम कृपा बरसाती हैं।
    वर्तमान में पौष महीना जारी है और इस माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि पर पुत्रदा एकादशी मनाई जाती है। इस वर्ष 30 दिसंबर 2025 को पुत्रदा एकादशी व्रत रखा जाएगा। यह साल 2025 की आखिरी एकादशी होगी। ऐसे में इस दिन कुछ सरल उपाय करने से प्रभु प्रसन्न हो सकते हैं। साथ ही कार्यों में आ रही रुकावटें विवाह मार्ग बाधाएं और करियर में अच्छे रिजल्ट मिल सकते हैं। ऐसे में आइए इन उपायों को जानते हैं।

    पुत्रदा एकादशी 2025

    इस वर्ष पौष महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 30 दिसंबर 2025 को सुबह 7 बजकर 50 मिनट पर शुरू होगी। इस तिथि का समापन अगले दिन 31 दिसंबर की सुबह 5 बजे होगा। इसलिए 30 दिसंबर 2025 को पुत्रदा एकादशी मनाई जाएगी। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक पुत्रदा एकादशी के दिन भगवान विष्णु का पंचामृत से अभिषेक करें। यह सरल उपाय करियर में तरक्की प्रमोशन के योग और व्यापार विस्तार की बाधाओं को दूर करता है। साथ ही मानसिक शांति भी बनी रहती हैं।

    पुत्रदा एकादशी के दिन आप पान के पत्ते पर ‘ॐ विष्णवे नमः’ लिखकर विष्णु जी के चरणों में चढ़ाएं। यह शुभ होता है। मान्यता है कि इस सरल उपाय से प्रभु प्रसन्न होकर अपनी कृपा बरसाते हैं। पूजा के बाद इस पत्ते को आप अपनी तिजोरी में रख लें। इससे आर्थिक उन्नति भी होती हैं।एकादशी के दिन विष्णु जी को केले का भोग लगाएं। इसके बाद गाय को घी चुपड़ी हुई रोटी पर गुड़ रखकर खिला दें। मान्यता है कि यह सरल उपाय संतान के जीवन में सुख-समृद्धि से लेकर उनकी खुशियों में वृद्धि करता है।

    पुत्रदा एकादशी पर आप तीन तुलसी के पत्ते पर 11 बार श्री का जाप करके भगवान विष्णु को अर्पित करें। इस इसके बाद शाम को तुलसी के पास दीपक जलाकर उनकी पूजा भी करें। यह सरल उपाय बरकत के योग का निर्माण करता है एकादशी पर आप पीपल के पेड़ के नीचे तेल का एक दीपक जलाएं। इसके बाद पूजा करते हुए आप ऊँ नमो नारायणाय नमः मंत्र का जाप करें। मान्यता है कि इससे भगवान विष्णु की कृपा मिलती हैं। साथ ही व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं।

    पूजा का शुभ मुहूर्त

    ब्रह्म मुहूर्त- सुबह में 5:24 से 06:19
    प्रातः सन्ध्या- सुबह में 5:51 से 07:13
    अभिजित मुहूर्त- दोपहर में 12:3 से 12:44
    विजय मुहूर्त- दोपहर में 2:07 से 02:49
    निशिता मुहूर्त- रात 11:57 से सुबह 12:51

  • धुरंधर की ताबड़तोड़ कमाई 19वें दिन 17 25 करोड़ की कमाई अवतार 3 भी कर रहा अच्छा प्रदर्शन

    धुरंधर की ताबड़तोड़ कमाई 19वें दिन 17 25 करोड़ की कमाई अवतार 3 भी कर रहा अच्छा प्रदर्शन


    नई दिल्ली । रणवीर सिंह और अक्षय खन्ना की स्पाई थ्रिलर धुरंधर बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त कमाई कर रही है। फिल्म को रिलीज हुए 19 दिन हो चुके हैं और इन 19 दिनों में फिल्म की कमाई में लगातार उछाल देखने को मिला है। धुरंधर ने 19वें दिन 17 25 करोड़ की कमाई की जिससे फिल्म का कुल कलेक्शन 589 50 करोड़ तक पहुँच गया है। वर्ल्डवाइड कलेक्शन ने 897 5 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है जिससे यह फिल्म इस साल की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन चुकी है।

    धुरंधर की हिंदी ऑक्यूपेंसी 30 70% रही और शोज की बात करें तो सुबह के शोज में 18 59% दोपहर के शोज में 32 66% शाम के शोज में 35 67% और रात के शोज में 35 88% ऑक्यूपेंसी दर्ज की गई। यह फिल्म अब तक बॉक्स ऑफिस पर बेहद प्रभावी साबित हुई है और दर्शकों से भी अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है।

    वहीं हॉलीवुड की बहुप्रतीक्षित फिल्म अवतार: फायर एंड एश का कलेक्शन भी अच्छे आंकड़े दिखा रहा है। 5 दिनों में फिल्म ने भारत में 85 50 करोड़ की कमाई की है जबकि वर्ल्डवाइड कलेक्शन 3550 करोड़ तक पहुँच चुका है। फिल्म की सोशल मीडिया पर भी खूब तारीफ हो रही है और इसका रिस्पॉन्स पॉजिटिव है। हालांकि भारत में अवतार 3 धुरंधर से पीछे है लेकिन फिल्म ने अच्छी कमाई की है और इसकी लोकप्रियता लगातार बढ़ती जा रही है।

    अवतार: फायर एंड एश के पहले दो पार्ट्स भी बॉक्स ऑफिस पर हिट रहे थे पहला पार्ट 2009 में आया था और दूसरा 2022 में। अब साल 2025 में अवतार के तीसरे पार्ट के रूप में अवतार: फायर एंड एश ने दर्शकों का दिल जीतने में सफलता पाई है। दोनों फिल्में धुरंधर और अवतार 3 बॉक्स ऑफिस पर शानदार कमाई कर रही हैं। जहां धुरंधर भारतीय सिनेमाघरों में हिट हो रही है वहीं अवतार: फायर एंड एश भी वर्ल्डवाइड दर्शकों का दिल जीतने में सफल रही है।

  • विघ्नेश्वर चतुर्थी 2025: गणेश जी के मंत्र पूजा विधि और शुभ मुहूर्त

    विघ्नेश्वर चतुर्थी 2025: गणेश जी के मंत्र पूजा विधि और शुभ मुहूर्त


    नई दिल्ली । आज 24 दिसंबर को विघ्नेश्वर चतुर्थी का पर्व मनाया जा रहा है जो विशेष रूप से भगवान गणेश की पूजा से जुड़ा हुआ है। यह पर्व पौष माह की विनायक चतुर्थी के रूप में मनाया जाता है और इसे विघ्नेश्वर चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन श्रद्धा और विधि-विधान से गणेश जी की पूजा करने से जीवन के सारे विघ्न दूर होते हैं और समृद्धि सफलता और सिद्धि की प्राप्ति होती है।

    विघ्नेश्वर चतुर्थी का शुभ मुहूर्त चतुर्थी मध्याह्न पूजा मुहूर्त

    सुबह 11:19 बजे से दोपहर 1:11 बजे तक वर्जित चंद्रोदय काल सुबह 10:16 बजे से रात 9:26 बजे तक इस दौरान चंद्र दर्शन न करें

    गणेश जी की पूजा विधि

    ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें। घर के मंदिर या पूजा स्थल की साफ-सफाई करें। पूजा की चौकी पर लाल वस्त्र बिछाकर भगवान गणेश की मूर्ति या चित्र स्थापित करें। कलश स्थापना करके पंचामृत से भगवान गणेश का अभिषेक करें। इसके बाद वस्त्र जनेऊ चंदन दूर्वा फूल धूप और दीप अर्पित करें। भगवान गणेश को मोदक गुड़ या लड्डू का भोग लगाएं। गणेश जी के मंत्रों का जाप करें और अंत में आरती करें।

    गणेश जी के मंत्र:
    ॐ गण गणपतये नमः कम से कम 108 बार जाप करें श्री गणेशाय नम: ऊं गं गणपतये नमः वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ । निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ॥

    गणेश गायत्री मंत्र:

    ॐ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभः। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ॥
    गणेश जी की आरती
    जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा माता जाकी पार्वती पिता महादेवा।
    एक दंत दयावंत चार भुजा धारी माथे सिंदूर सोहे मूसे की सवारी। यह आरती भगवान गणेश के गुणों और उनकी कृपा के बारे में है जो भक्तों के जीवन में सुख समृद्धि और शांति लाती है।

    विघ्नेश्वर चतुर्थी का महत्व

    इस दिन का व्रत रखने और गणेश जी की पूजा करने से जीवन की सभी बाधाएं दूर होती हैं। विशेष रूप से नौकरी व्यापार शिक्षा और वैवाहिक जीवन में आने वाली समस्याओं से राहत मिलती है और कार्यों में सफलता प्राप्त होती है। आज के दिन गणेश जी की पूजा विधि और मंत्रों के जाप से न केवल आशीर्वाद प्राप्त होता है बल्कि जीवन में सुख-शांति और समृद्धि भी आती है।

  • माधुरी दीक्षित की बहू दीक्षा जुनेजा के बोल्ड सीन से मचा तहलका वेब सीरीज ने उड़ाई रातों की नींद

    माधुरी दीक्षित की बहू दीक्षा जुनेजा के बोल्ड सीन से मचा तहलका वेब सीरीज ने उड़ाई रातों की नींद


    नई दिल्ली । बॉलीवुड की लिजेंड माधुरी दीक्षित इन दिनों अपनी नई वेब सीरीज मिसेज देशपांडे को लेकर चर्चा में हैं। इस सीरीज में माधुरी ने एक अलग तरह की भूमिका निभाई है लेकिन सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोर रही हैं उनकी ऑन-स्क्रीन बहू तन्वी का किरदार निभा रही अभिनेत्री दीक्षा जुनेजा।

    दीक्षा जुनेजा की एक्टिंग और स्क्रीन पर उनकी केमिस्ट्री ने इस सीरीज को और भी खास बना दिया है। खासकर पहले एपिसोड में दीक्षा और अभिनेता सिद्धार्थ चंदेकर के बीच फिल्माया गया एक बोल्ड सीन सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। यह सीन दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बन गया है और दीक्षा जुनेजा की लोकप्रियता में जबरदस्त इजाफा हुआ है।

    दीक्षा का करियर भी काफी दिलचस्प रहा है। वह पहले एक महिला पत्रकार थीं लेकिन बाद में उन्होंने एक्टिंग की दुनिया में कदम रखा। ओटीटी प्लेटफॉर्म पर अपनी पहचान बनाने के बाद उन्होंने मिसेज देशपांडे में अपनी एक्टिंग से दर्शकों का दिल जीत लिया। इससे पहले वह सारे जहां से अच्छा सीरीज में भी नसीमा के किरदार में नजर आ चुकी हैं।

    दीक्षा जुनेजा अपनी स्टाइल और ग्लैमरस अंदाज के लिए भी सोशल मीडिया पर फेमस हैं। उनकी तस्वीरें और अपडेट्स हमेशा वायरल होते रहते हैं और उनके फैंस उन्हें बेहद पसंद करते हैं। यदि आप भी इस सीरीज को देखना चाहते हैं तो मिसेज देशपांडे जियो हॉटस्टार पर उपलब्ध है। छह एपिसोड की यह सस्पेंस और इमोशन से भरपूर सीरीज आपको अंत तक बांधे रखेगी।

  • अमित शाह कल करेंगे ग्वालियर व्यापार मेला का उद्घाटन शिल्प और संस्कृति का संगम

    अमित शाह कल करेंगे ग्वालियर व्यापार मेला का उद्घाटन शिल्प और संस्कृति का संगम


    ग्वालियर । ग्वालियर व्यापार मेला जो मध्य भारत का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक मेला माना जाता है 25 दिसंबर से शुरू होने जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में इस मेले का उद्घाटन होने वाला है जो व्यापारियों और सैलानियों के लिए एक खास अवसर बनेगा। मेला प्राधिकरण और प्रशासन ने उद्घाटन की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है और अब इस मेला के उद्घाटन का इंतजार है।

    इस वर्ष का मेला पहले से भी ज्यादा खास होगा क्योंकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के आगमन से व्यापारियों और स्थानीय लोगों का उत्साह दोगुना हो गया है। सुरक्षा और स्वागत की भव्य तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
    मेले में इस बार विभिन्न सेक्टरों की छटा देखने को मिलेगी ऑटोमोबाइल क्षेत्र में शोरूम सजाए जा रहे हैं और बड़ी संख्या में लोग वाहन खरीदारी की योजना बना रहे हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में नए गैजेट्स और घरेलू उपकरणों की प्रदर्शनी भी आकर्षण का केंद्र बनेगी।

    इसके साथ ही झूला सेक्टर और फूड जोन में रोमांच और स्वाद का तड़का होगा। हाई-टेक झूले युवाओं के लिए तैयार हैं जबकि फूड जोन में राजस्थानी पंजाबी और दक्षिण भारतीय व्यंजन भी स्वादिष्ट रूप से परोसे जाएंगे। मेला न केवल व्यापार बल्कि कला और संस्कृति का भी केंद्र बनेगा जहां 1 जनवरी से सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन शुरू होगा।
    जनवरी के महीने में पहलवानी का भी आयोजन होगा। 19-20 जनवरी को जिला स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता और 23-25 जनवरी को राज्य स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता होगी जो खेल प्रेमियों के लिए आकर्षण का केंद्र रहेगी।

    व्यापारी भी इस वर्ष मेला में उत्साहित हैं। पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दुकान आवंटन के बाद उत्तर प्रदेश राजस्थान दिल्ली जैसे राज्यों से बड़ी संख्या में व्यापारी ग्वालियर आ रहे हैं। हस्तशिल्प और फर्नीचर सेक्टर में इस बार ऐसी अनोखी कलाकृतियां देखने को मिलेंगी जो पहले कभी नहीं आईं। ग्वालियर व्यापार मेला इस बार एक बेहतरीन अनुभव देने वाला है जिसमें व्यापार कला संस्कृति और खेल का जबरदस्त मिश्रण देखने को मिलेगा।

  • भारत से रिश्ते सुधारने के प्रयास…. यूनुस सरकार ने 50000 टन चावल खरीदने के प्रस्ताव को दी मंजूरी

    भारत से रिश्ते सुधारने के प्रयास…. यूनुस सरकार ने 50000 टन चावल खरीदने के प्रस्ताव को दी मंजूरी


    ढाका।
    बांग्लादेश (Bangladesh) की अंतरिम सरकार (Interim Government) के वित्त सलाहकार सालेहुद्दीन अहमद (Finance Advisor Salehuddin Ahmed) ने मंगलवार को कहा कि मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) भारत के साथ तनावपूर्ण रिश्तों को आसान बनाने के लिए कदम उठा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रशासन आर्थिक हितों को राजनीतिक बयानबाजी से अलग रखते हुए भारत के साथ व्यापारिक रिश्तों को आगे बढ़ाने पर काम कर रहा है।

    अहमद ने यह टिप्पणी अपने कार्यालय में सरकारी खरीद से जुड़े सलाहकार परिषद समिति की बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में की। उन्होंने कहा कि मुख्य सलाहकार भारत के साथ राजनयिक रिश्तों में सुधार के लिए विभिन्न हितधारकों से संवाद कर रहे हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या यूनुस ने सीधे भारत से बात की है, तो अहमद ने कहा कि मुख्य सलाहकार ने सीधे तौर पर नहीं, लेकिन इस मसले से जुड़े लोगों से बातचीत जरूर की है।

    वित्त सलाहकार ने जोर देकर कहा कि बांग्लादेश की व्यापार नीति राजनीतिक कारणों से संचालित नहीं होती। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि भारत से चावल आयात करना वियतनाम या अन्य देशों की तुलना में सस्ता पड़ता है, तो आर्थिक दृष्टि से भारत से ही खरीदना उचित है। अहमद ने बताया कि भारत के बजाय वियतनाम से चावल मंगाने पर प्रति किलोग्राम लगभग 10 टका (0.082 अमेरिकी डॉलर) अधिक खर्च आता है।

    इस बीच, बांग्लादेश सरकार ने मंगलवार को भारत से 50,000 टन चावल खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। अहमद ने कहा कि यह कदम दोनों देशों के बीच अच्छे संबंधों की दिशा में भी मददगार साबित हो सकता है, साथ ही इससे बांग्लादेश को आर्थिक लाभ भी होगा।

    अहमद की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब कूटनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि ढाका और नई दिल्ली के बीच संबंध 1971 में पाकिस्तान से बांग्लादेश की स्वतंत्रता के बाद सबसे निचले स्तर पर पहुंच गए हैं। हाल के महीनों में दोनों देशों ने एक-दूसरे के राजनयिकों को तलब किया है और दोनों राजधानियों समेत विभिन्न स्थानों पर विरोध-प्रदर्शन भी हुए हैं।

    हालांकि, वित्त सलाहकार ने इन आकलनों से आंशिक रूप से असहमति जताई। उन्होंने कहा- स्थिति इतनी खराब नहीं हुई है। उनके अनुसार, बाहरी तौर पर भले ही ऐसा लगे कि कई तरह की घटनाएं हो रही हैं, लेकिन कुछ बयान ऐसे होते हैं जिन्हें पूरी तरह रोका नहीं जा सकता।

    जब उनसे पूछा गया कि क्या लोग या बाहरी ताकतें भारत विरोधी बयान दे रही हैं, तो अहमद ने कहा कि बांग्लादेश किसी भी तरह की कड़वाहट नहीं चाहता। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई बाहरी तत्व दोनों देशों के बीच तनाव भड़काने की कोशिश कर रहा है, तो यह किसी के भी हित में नहीं है।

    अहमद ने स्पष्ट किया कि ऐसे बयान या घटनाएं राष्ट्रीय अभिव्यक्ति का प्रतिनिधित्व नहीं करतीं, बल्कि वे बांग्लादेश के लिए अनावश्यक रूप से जटिल हालात पैदा करती हैं। उनका कहना था कि सरकार का उद्देश्य व्यावहारिक और आर्थिक तर्कों के आधार पर फैसले लेना और पड़ोसी देशों के साथ स्थिर तथा सहयोगपूर्ण रिश्ते बनाए रखना है।

    बहरहाल, बांग्लादेश सरकार के इस रुख से संकेत मिलता है कि वह क्षेत्रीय स्थिरता और आर्थिक लाभ को प्राथमिकता देते हुए भारत के साथ संबंधों में सुधार की राह तलाश रही है, भले ही राजनीतिक बयानबाजी और कूटनीतिक तनावों की चुनौतियां बनी हुई हों।

  • US: अभी खत्म नहीं हुआ ट्रंप के Tariff का खेल, चाइना पर फिर फूटेगा टैरिफ बम

    US: अभी खत्म नहीं हुआ ट्रंप के Tariff का खेल, चाइना पर फिर फूटेगा टैरिफ बम


    वाशिगटन।
    डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ (Donald Trump Tariff) का खेल अभी खत्म नहीं हुआ है. अमेरिकी राष्ट्रपति (American President) एक बार फिर चीन पर टैरिफ लगाने (US Tariff On China) के लिए तैयार हैं और इसके लिए तारीख भी तय कर दी गई है. जी हां, अमेरिका चीन से आयात सेमीकंडक्टर चिप (Tariff On Chinese chips) टैरिफ बढ़ाने की तैयारी में है और लेकिन इसे 18 महीने के लिए अभी टाला गया है. चाइनीज चिप आयात पर ट्रंप कितना टैरिफ लगाएंगे इसकी दर भी कम से कम एक महीने पहले तय की जाएगी।


    18 महीने तक जीरो, फिर होगा फैसला

    न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका चीनी चिप्स पर टैरिफ में 18 महीने बाद बढ़ोतरी करेगा. Donald Trump प्रशासन ने मंगलवार को फेडरल रजिस्टर में दाखिल एक दस्तावेज में साफ किया है कि अमेरिका जून 2027 में चीनी सेमीकंडक्टर आयात पर टैरिफ बढ़ाएगा और इसके लागू होने से महीनेभर पहले Tariff Rate भी तय कर दिया जाएगा।

    डॉक्युमेंट्स के मुताबिक, अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय द्वारा शेयर जानकारी में बताया गया है कि चीन से सेमीकंडक्टर आयात पर प्रारंभिक टैरिफ दर इन 18 महीनों के लिए शून्य (Zero Tariff) ही रहेगा. अमेरिका ने पाया है कि चीन सेमीकंडक्टर बिजनेस में अनुचित व्यापार प्रथाओं में लिप्त है. यह नोटिस पुराने चिप्स पर केंद्रित प्रोसेस का अगला चरण है, जो बिजनेस एक्ट की धारा 301 के तहत बाइडेन प्रशासन के दौरान शुरू हुई थी।


    23 जून की तारीख हो गई तय

    अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय की ओर से फाइलिंग में कहा गया है कि दशकों से China ने इस उद्योग पर अपना दबदबा कायम करने का टारगेट बनाकर तेजी से आक्रामक और व्यापक गैर-बाजार नीतियों को अपनाया है. हालांकि, नए टैरिफ को कम से कम 18 महीनों के लिए टालने का Donald Trump का निर्णय इस बात का संकेत भी देता है कि ट्रंप प्रशासन अमेरिका और चीन के बीच किसी भी व्यापारिक शत्रुता को कम करने की कोशिश कर रहा है.

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने बीते अक्टूबर महीने में ट्रेड टेंशन को खत्म करने के लिए एक करार किया था, जिसके अमेरिका ने कुछ Tariff Cut किया और चीन ने दुर्लभ पृथ्वी धातुओं (Rare Earth Metals) के निर्यात की अनुमति दी थी. अमेरिकी आयकर विभाग (USTR) द्वारा मंगलवार को दाखिल किए गए दस्तावेज में US Tariff On China की डेट 23 जून 2027 तय की गई है।

    टैरिफ के असर पर बारीक नजर
    NYT की रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि ट्रंप प्रशासन द्वारा टैरिफ बढ़ाने के लिए तय की गई 2027 की नई तारीख अमेरिकी कंपनियों को स्पष्टता प्रदान करती है, जिन्होंने कहा है कि वे इस बात पर बारीकी से नजर रख रही हैं कि अमेरिकी टैरिफ उनके व्यवसायों या आपूर्ति श्रृंखलाओं को कैसे प्रभावित (US Tariff Imapct) कर सकते हैं. ये टैरिफ कानून की धारा 232 के तहत ट्रंप प्रशासन द्वारा चीनी चिप्स आयात (China Cips Import) पर लगाए जाने वाले अन्य शुल्कों से अलग हैं।

  • जीतन राम मांझी का दावा… बोले- हर MP-MLA लेता है कमीशन', सियासी गलियारे में मची हलचल

    जीतन राम मांझी का दावा… बोले- हर MP-MLA लेता है कमीशन', सियासी गलियारे में मची हलचल


    गयाजी।
    केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने अपने नए और सनसनीखेज बयान से NDA को असहज स्थिति में डाल दिया है। जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने दावा किया है कि सभी सांसद और विधायक (MP-MLA ) अपने निर्वाचन क्षेत्र के डेवलपमेंट फंड में कमीशन (Development Fund Commission) लेते हैं। हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (धर्मनिरपेक्ष) सुप्रीमो मांझी ने आगे दावा किया कि उन्होंने कई बार पार्टी को अपना कमीशन दिया था और पार्टी नेताओं को सलाह दी थी कि वे उस पैसे का इस्तेमाल कार खरीदने के लिए करें। जीतन राम मांझी ने हाल ही में HAM के एक कार्यक्रम में ये बयान दिया है।


    सांसद-विधायक लेते हैं कमीशन- जीतन राम मांझी

    जीतन राम मांझी ने विधायकों से कहा कि अगर उन्हें 10% कमीशन नहीं मिल पा रहा है, तो 5% तो ले ही लें। उन्होंने आगे कहा, ‘हर सांसद और विधायक कमीशन लेता है और एक रुपये में से 10 पैसे भी लेना एक बड़ी रकम है।’ गया जी लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले श्री मांझी ने कहा, ‘मैंने व्यक्तिगत रूप से कई बार अपनी कमीशन राशि पार्टी कोष में दी है। एक सांसद को 5 करोड़ रुपये मिलते हैं, और अगर उसे 10% कमीशन मिलता है, तो यह 40 लाख रुपये हो जाएगा।’


    मैंने तो बेटे से भी कमीशन लेने को कहा- मांझी

    एक रिपोर्ट के अनुसार जीतन राम मांझी यहीं नहीं रुके, यहां तक कहा कि उन्होंने अपने बेटे और पार्टी अध्यक्ष संतोष कुमार सुमन, जो राज्य में कैबिनेट मंत्री हैं, से भी कमीशन लेने को कहा, क्योंकि यह कोई रहस्य नहीं था और हर कोई ऐसा करता था।’ अपने बेटे की ओर देखते हुए मांझी ने कहा, ‘अगर ये लोग [पार्टी नेता] ऐसा करने में असमर्थ हैं, तो यह पार्टी अध्यक्ष की गलती है।’


    2030 में HAM 100 सीटों पर लड़े चुनाव- मांझी

    उन्होंने घोषणा की कि आगामी विधानसभा चुनाव में HAM को 100 सीटों पर चुनाव लड़ना चाहिए और यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो पार्टी अकेले चुनाव लड़ेगी। जीतन राम मांझी ने अपने बेटे को लक्ष्य हासिल करने के लिए एक कार्य योजना तैयार करने को कहा और बताया कि उनकी जाति के लोग इसका समर्थन करेंगे, हालांकि HAM को कुछ और जातियों के समर्थन की भी आवश्यकता होगी। उन्होंने यह भी कहा कि एनडीए की सहयोगी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने उन्हें कम आंककर गलती की है।


    तीन प्रमंडलों में मांझी ने ठोका दावा

    जीतन राम मांझी ने कहा कि ‘पूर्णिया, मगध और मुंगेर डिवीजनों में हम कोई साधारण पार्टी नहीं हैं। पश्चिम चंपारण में भी हमारे समर्थक हैं। हमारी पार्टी हर जगह मजबूत है, लेकिन भाजपा ने हर चुनाव में हमें कम आंका है। अब तक जो हुआ है, वह ठीक है। अगर अगले चुनाव में हमें महत्व नहीं दिया गया, तो हम अपना अलग रास्ता अपनाएंगे।’ कुछ दिनों पहले, जीतन राम मांझी के भाषण का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था, जिसमें उन्हें यह कहते हुए सुना गया था कि 2020 के विधानसभा चुनाव में, उन्होंने अपने टिकारी उम्मीदवार को, जो 2,700 वोटों से पीछे चल रहे थे, गया जी के तत्कालीन जिला मजिस्ट्रेट के समर्थन से जीत दिलाने में मदद की थी।


    मांझी पहले भी दे चुके हैं ऐसे बयान

    ये कोई पहली बार नहीं है जब बेबाकी से जीतन राम मांझी ने ऐसे बयान दिए हैं। इससे पहले मांझी ने 2015 में मुख्यमंत्री पद से हटने के बाद बिहार में एस्टीमेट घोटाले का जिक्र कर बहस छेड़ दी थी। तब मांझी ने कहा था कि सरकारी ठेकों में जमकर एस्टीमेट घोटाला किया जाता है। ठेकों में पैसा बनाने के लिए एस्टीमेट को जान बूझ कर बढ़ा चढ़ा कर बताया जाता है। हाल ही में राज्यसभा सीट की उनकी मांग पूरी न होने पर गठबंधन से बाहर निकलने की उनकी टिप्पणी ने भी हलचल मचा दी थी।

    बीजेपी ने बताया निजी राय
    मंत्री और भाजपा नेता दिलीप कुमार जायसवाल ने जीतन राम मांझी की टिप्पणी को उनकी निजी राय बताया है। वहीं विपक्षी राष्ट्रीय जनता दल को बैठे-बिठाए मुद्दा मिल गया है। RJD के प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने कहा कि विधानसभा चुनाव में 202 सीटें जीतने के बावजूद एनडीए में सब कुछ ठीक नहीं है।

  • MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान

    MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान


    बैतूल ।
    मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव (Chief Minister Dr. Mohan Yadav) ने बैतूल जिले (Betul district) की प्रसिद्ध धार्मिक नगरी मुलताई (Multai) का नाम बदलकर ‘मूलतापी’ किए जाने की ऐतिहासिक घोषणा की है। ताप्ती नदी के उद्गम स्थल के रूप में देशभर में विख्यात मुलताई का यह प्राचीन नाम अब पुनः स्थापित किया जाएगा। मुख्यमंत्री की इस घोषणा से क्षेत्र के नागरिकों, धर्मप्रेमियों और जनप्रतिनिधियों में उत्साह का माहौल है।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस बारे में मंगलवार को घोषणा करते हुए कहा कि मुलताई का मूल और प्राचीन नाम ‘मूलतापी’ है, जिसका अर्थ ताप्ती नदी का उद्गम स्थल है। यह नाम इस पवित्र भूमि की धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान को और अधिक सशक्त करेगा। उन्होंने कहा कि लंबे समय से स्थानीय जनता की यह मांग थी, जिसे सरकार ने स्वीकार करते हुए यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

    मुलताई विधायक चंद्रशेखर देशमुख द्वारा नगर का नाम ‘मूलतापी’ किए जाने का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा गया था, जिसे अब स्वीकृति मिल गई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह निर्णय क्षेत्र की ऐतिहासिक विरासत को सम्मान देने वाला है।

    मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर बैतूल जिले में एक भव्य आदिवासी संग्रहालय की स्थापना की भी घोषणा की। इससे जिले की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और इतिहास को राष्ट्रीय पहचान मिलेगी तथा यह संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों के लिए सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण का केंद्र बनेगा।

    कार्यक्रम के दौरान बैतूल में नए मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन भी किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा विशेष रूप से उपस्थित रहे। मेडिकल कॉलेज के निर्माण से जिले और आसपास के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होगा और युवाओं को चिकित्सा शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।

    ‘मूलतापी’ नाम से पहचान मिलने के बाद ताप्ती उद्गम स्थल की धार्मिक महत्ता और अधिक बढ़ेगी। इससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय रोजगार और व्यापार को भी गति मिलेगी। मुख्यमंत्री की इन घोषणाओं से पूरे मुलताई और बैतूल जिले में खुशी का माहौल है।

    इस मौके पर हुए विकास कार्यों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘माननीय केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा जी की गरिमामयी उपस्थिति में बैतूल जिले में 300 करोड़ रुपए की लागत के जन-निजी भागीदारी (PPP) आधारित चिकित्सा महाविद्यालय के भूमिपूजन कार्यक्रम में सहभागिता की। इस दौरान विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन भी हुआ। आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में मिली केन-बेतवा लिंक परियोजना से संपूर्ण बुंदेलखंड क्षेत्र लाभान्वित होगा। साथ ही, महाराष्ट्र के साथ मिलकर तापी बेसिन मेगा रीचार्ज परियोजना भी बनाई गई है। इनसे किसानों के जीवन में समृद्धि का नया सवेरा आएगा।’

  • तुर्किये में लीबिया के प्रतिनिधिमंडल को लेकर लौट रहा प्लेन क्रैश…आर्मी चीफ समेत 7 लोगों की मौत

    तुर्किये में लीबिया के प्रतिनिधिमंडल को लेकर लौट रहा प्लेन क्रैश…आर्मी चीफ समेत 7 लोगों की मौत


    अंकारा।
    तुर्किये (Turkey) में बड़ा विमान हादसा (Major Plane Crash) हो गया है। लीबिया (Libya ) के प्रधानमंत्री अब्दुल-हमीद दबीबे (Prime Minister Abdul-Hamid Dbeibeh) ने तुर्किये में हुए विमान हादसे में देश के सैन्य प्रमुख (मिलिट्री चीफ) मुहम्मद अली अहमद अल-हद्दाद (Military Chief Muhammad Ali Ahmed Al-Haddad) समेत सात लोगों की मौत की पुष्टि की है। यह हादसा मंगलवार शाम उस समय हुआ, जब लीबियाई प्रतिनिधिमंडल तुर्किये की राजधानी अंकारा से आधिकारिक दौरे के बाद अपने देश लौट रहा था।

    प्रधानमंत्री दबीबा की ओर से जारी बयान में इस घटना को दुर्घटनापूर्ण और बेहद दुखद बताते हुए कहा कि यह लीबिया के लिए एक बड़ी क्षति है। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना भी व्यक्त की। लीबिया के सैन्य प्रमुख, चार अन्य अधिकारियों और तीन चालक दल के सदस्यों को ले जा रहा एक निजी विमान राजधानी अंकारा से उड़ान भरने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें सवार सभी लोगों की मौत हो गई। लीबियाई अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना का कारण विमान में तकनीकी खराबी थी।


    तकनीकी खराबी के कारण टूटा संपर्क

    लीबिया के अधिकारियों के अनुसार उड़ान भरने के करीब 30 मिनट बाद विमान से संपर्क पूरी तरह टूट गया। प्रारंभिक जानकारी में कहा गया है कि यह संपर्क तकनीकी खराबी के कारण समाप्त हुआ। तुर्किये के अधिकारियों ने बताया कि लीबियाई प्रतिनिधिमंडल दोनों देशों के बीच सैन्य सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उच्च स्तरीय रक्षा वार्ता के लिए अंकारा में था।

    मलबा बरामद, हादसे की पुष्टि
    इससे पहले के गृह मंत्री अली येरलिकाया ने बताया था कि लीबियाई मिलिट्री चीफ और चार अन्य लोगों को ले जा रहे फाल्कन-50 श्रेणी के निजी जेट का मलबा अंकारा के पास बरामद कर लिया गया है। हालांकि, बाद में लीबिया के प्रधानमंत्री ने सभी के मारे जाने की आधिकारिक पुष्टि कर दी।

    इस दुर्घटना में मारे गए अन्य चार अधिकारी लीबिया के जमीनी बलों के प्रमुख जनरल अल-फितौरी गरैबिल, सैन्य विनिर्माण प्राधिकरण के प्रमुख ब्रिगेडियर जनरल महमूद अल-कतावी, चीफ ऑफ स्टाफ के सलाहकार मोहम्मद अल-असावी दियाब और चीफ ऑफ स्टाफ के कार्यालय में कार्यरत सैन्य फोटोग्राफर मोहम्मद उमर अहमद महजूब थे। तीनों चालक दल के सदस्यों की पहचान तुरंत पता नहीं चल पाई।

    उड़ान के तुरंत बाद हुआ हादसा
    तुर्किये के गृह मंत्री के मुताबिक, विमान ने मंगलवार शाम करीब 8:30 बजे अंकारा के एसेनबोगा एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी। करीब 40 मिनट बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल का विमान से संपर्क टूट गया। इससे पहले विमान ने अंकारा के दक्षिण में स्थित हायमाना जिले के पास इमरजेंसी लैंडिंग का सिग्नल भेजा था। स्थानीय टीवी चैनलों पर दिखाए गए सुरक्षा कैमरा फुटेज में हायमाना क्षेत्र के आसमान में अचानक तेज रोशनी दिखाई दी, जिसे संभावित विस्फोट के रूप में देखा गया।

    तुर्किये दौरे पर थे अल-हद्दाद
    मुहम्मद अली अहमद अल-हद्दाद तुर्की के आधिकारिक दौरे पर अंकारा आए थे, जहां उन्होंने तुर्की के रक्षा मंत्री यासर गुलर और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की थी। अल-हद्दाद पश्चिमी लीबिया के शीर्ष सैन्य कमांडर थे और संयुक्त राष्ट्र की मध्यस्थता में चल रहे लीबिया की बंटी हुई सेना को एकजुट करने के प्रयासों में उनकी अहम भूमिका मानी जाती थी।

    एयरपोर्ट बंद, उड़ानें डायवर्ट
    हादसे की खबर के बाद अंकारा एयरपोर्ट को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया और कई उड़ानों को अन्य स्थानों पर डायवर्ट किया गया। फिलहाल हादसे के कारणों की जांच जारी है। इस घटना को लीबिया की सुरक्षा और राजनीति के लिहाज से गंभीर झटका माना जा रहा है।