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  • Bigg Boss 20 में फैसल खान की एंट्री पर बड़ा अपडेट! कभी आमिर पर लगाए थे गंभीर आरोप अब सलमान के शो में आएंगे नजर?

    Bigg Boss 20 में फैसल खान की एंट्री पर बड़ा अपडेट! कभी आमिर पर लगाए थे गंभीर आरोप अब सलमान के शो में आएंगे नजर?


    नई दिल्ली। Bigg Boss 20 के शुरू होने से पहले ही शो को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। सलमान खान के चर्चित रियलिटी शो का नया सीजन 6 सितंबर 2026 से शुरू होने वाला है और इसके संभावित कंटेस्टेंट्स को लेकर लगातार नए अपडेट सामने आ रहे हैं। इसी बीच सबसे ज्यादा चर्चा आमिर खान के भाई फैसल खान के नाम को लेकर हो रही है। रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि फैसल खान बिग बॉस 20 में बतौर कंटेस्टेंट नजर आ सकते हैं। हालांकि अभी तक मेकर्स या फैसल की ओर से उनकी एंट्री की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

    Variety की एक रिपोर्ट के मुताबिक फैसल खान को बिग बॉस में शामिल होने का ऑफर पहले भी मिल चुका है। बताया जाता है कि साल 2022 में भी शो की टीम ने उन्हें अप्रोच किया था लेकिन उस समय उन्होंने बिग बॉस के घर में जाने से इनकार कर दिया था। अब अगर इस बार फैसल शो का हिस्सा बनते हैं तो यह सीजन शुरुआत से ही काफी सुर्खियां बटोर सकता है। इसकी सबसे बड़ी वजह उनका आमिर खान के साथ रहा विवादित रिश्ता है।

    फैसल खान पहले सार्वजनिक तौर पर अपने परिवार को लेकर कई गंभीर आरोप लगा चुके हैं। उन्होंने आमिर खान अपनी मां बहन और जीजा पर आरोप लगाया था कि उन्हें जबरन घर में बंद करके रखा गया था। उन्होंने यह भी दावा किया था कि उन्हें ऐसी दवाइयां दी जाती थीं जिनसे उनकी मानसिक स्थिति प्रभावित हो रही थी। इन बयानों के बाद फैसल और उनके परिवार के रिश्तों को लेकर काफी विवाद हुआ था और मामला लंबे समय तक चर्चा में रहा था।

    हालांकि बाद में फैसल खान ने अपने पुराने बयानों पर सफाई देते हुए परिवार से माफी मांगी थी। साल 2026 में एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने कहा था कि उन्हें अपने परिवार की निजी बातें सार्वजनिक नहीं करनी चाहिए थीं और वह इसके लिए माफी मांगना चाहते हैं। ऐसे में अगर फैसल बिग बॉस के घर में पहुंचते हैं तो दर्शकों की नजर इस बात पर रहेगी कि क्या वह आमिर खान और परिवार के साथ अपने रिश्ते पर खुलकर बात करते हैं या फिर पुराने विवादों को पीछे छोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश करते हैं।

    बिग बॉस के घर का माहौल ऐसा रहा है जहां कंटेस्टेंट्स कई बार कैमरों के सामने अपनी निजी जिंदगी से जुड़े ऐसे राज खोल देते हैं जिनकी बाहर चर्चा तक नहीं होती। यही वजह है कि फैसल खान की संभावित एंट्री ने फैंस की उत्सुकता बढ़ा दी है। अगर वह शो में आते हैं तो आमिर खान से उनके रिश्ते और पुराने विवाद से जुड़े सवालों का सामना भी उन्हें करना पड़ सकता है।

    वहीं बिग बॉस 20 की कमान इस बार भी सलमान खान के हाथों में होगी। शो में शामिल होने वाले कई संभावित कंटेस्टेंट्स के नाम सामने आ रहे हैं जिनमें टीवी अभिनेता अर्जुन बिजलानी का नाम भी चर्चा में है। हालांकि अभी किसी भी संभावित कंटेस्टेंट की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में फैसल खान की एंट्री भी फिलहाल सिर्फ रिपोर्ट्स और चर्चाओं तक सीमित है। अब असली तस्वीर शो के ग्रैंड प्रीमियर के करीब ही साफ होगी कि क्या आमिर खान के भाई सलमान खान के बिग बॉस हाउस में कदम रखते हैं और अगर रखते हैं तो क्या पुराने रिश्तों के राज एक बार फिर सुर्खियों में आते हैं।

  • जब दंगल की शूटिंग में हो गई थी बड़ी गड़बड़, नितेश तिवारी ने VFX से ऐसा खेल रचा कि सब देखते रह गए

    जब दंगल की शूटिंग में हो गई थी बड़ी गड़बड़, नितेश तिवारी ने VFX से ऐसा खेल रचा कि सब देखते रह गए


    नई दिल्ली। रणबीर कपूर स्टारर रामायण का ट्रेलर रिलीज होने के बाद फिल्म के विजुअल्स और VFX को लेकर जबरदस्त चर्चा हो रही है। फिल्म के निर्देशक नितेश तिवारी को लेकर ट्रेलर रिलीज से पहले सोशल मीडिया पर कई तरह के सवाल भी उठाए गए थे। कुछ लोगों का मानना था कि दंगल और छिछोरे जैसी फिल्मों का निर्देशन कर चुके नितेश तिवारी इतने बड़े VFX प्रोजेक्ट के लिए सही चुनाव नहीं हैं। इसकी वजह यह बताई जा रही थी कि उनकी पिछली फिल्मों में बड़े स्तर पर VFX का इस्तेमाल देखने को नहीं मिला था। हालांकि दंगल से जुड़े उनके कुछ पुराने किस्से बताते हैं कि नितेश तिवारी शूटिंग और पोस्ट प्रोडक्शन के स्तर पर तकनीक का बेहद समझदारी से इस्तेमाल कर चुके हैं।

    नितेश तिवारी की फिल्म दंगल साल 2016 में रिलीज हुई थी और आमिर खान स्टारर इस फिल्म ने दर्शकों के साथ साथ बॉक्स ऑफिस पर भी शानदार सफलता हासिल की थी। फिल्म की कहानी और कलाकारों के अभिनय की जितनी चर्चा हुई उतनी ही दिलचस्प इसके निर्माण से जुड़ी कई बातें भी हैं। खास बात यह है कि फिल्म के कुछ ऐसे सीन भी थे जिनकी शूटिंग के दौरान खामियां सामने आने के बाद नितेश तिवारी ने VFX और क्रोमा तकनीक का सहारा लिया और दर्शकों को इसकी भनक तक नहीं लगने दी।

    दंगल के क्लाइमैक्स से जुड़ा एक सीन इसका सबसे बड़ा उदाहरण है। फिल्म में महावीर सिंह फोगाट को एक कमरे में बंद कर दिया जाता है। इस पूरे सीक्वेंस की शूटिंग के दौरान टीम ने महसूस किया कि दरवाजा तोड़ने वाले हिस्से को जितना प्रभावी होना चाहिए था उतना शूट नहीं किया जा सका। एडिटिंग के दौरान जब नितेश तिवारी और उनकी टीम ने फुटेज देखा तो उन्हें महसूस हुआ कि सीन में जरूरी प्रभाव की कमी है। समस्या यह थी कि जिस कमरे में शूटिंग हुई थी वह लोकेशन अब दोबारा उपलब्ध नहीं थी।

    ऐसे में नितेश तिवारी ने दोबारा पूरी शूटिंग करने के बजाय तकनीक का सहारा लिया। उन्होंने एक अलग दरवाजा तैयार करवाया और आमिर खान को उसके सामने खड़ा करके पीछे क्रोमा लगाया। इसके बाद जरूरी शॉट्स शूट किए गए और पोस्ट प्रोडक्शन में उन्हें पहले से मौजूद फुटेज के साथ इस तरह जोड़ा गया कि पूरा सीन स्वाभाविक दिखाई देने लगा। दर्शकों को फिल्म देखते समय यह अंदाजा लगाना मुश्किल था कि सीन के एक हिस्से को बाद में VFX की मदद से तैयार किया गया है।

    दंगल में एक और सीन ऐसा था जहां कहानी के भीतर एक तरह का विरोधाभास दिखाई दे रहा था। यह वह हिस्सा था जब महावीर फोगाट अपनी बेटियों को लड़कों के दंगल में उतारने के लिए ले जाते हैं। वहां मौजूद एक व्यक्ति लड़कियों को लड़कों के साथ मुकाबला कराने का विरोध करता है लेकिन बाद में एक अन्य व्यक्ति यह बात कहता है कि अगर लड़कियां लड़कों के साथ दंगल करेंगी तो मुकाबला देखने के लिए भीड़ जुटेगी और दंगल हिट हो जाएगा।

    इस सीन को भी नितेश तिवारी ने साधारण तरीके से दोबारा शूट करने के बजाय VFX और क्रोमा की मदद से ठीक किया। दूसरे कलाकार की मदद से जरूरी हिस्सा शूट किया गया और फिर उसे मौजूदा सीन में इस तरह शामिल किया गया कि कहानी की निरंतरता बनी रहे। सबसे दिलचस्प बात यह रही कि फिल्म देखने वाले ज्यादातर दर्शक इस बदलाव को पहचान भी नहीं पाए।

    यही वजह है कि रामायण के बड़े VFX प्रोजेक्ट को लेकर नितेश तिवारी की क्षमता पर सवाल उठाने से पहले उनके पुराने काम को देखना जरूरी है। दंगल में उन्होंने सीमित परिस्थितियों के बावजूद तकनीक और कहानी के बीच ऐसा संतुलन बनाया था कि VFX पर्दे पर अलग से नजर नहीं आया बल्कि कहानी का हिस्सा बन गया। अब रामायण में उन्हें इससे कहीं बड़े स्तर पर यही काम करना है। फिल्म के ट्रेलर ने जिस तरह के भव्य विजुअल्स दिखाए हैं उससे साफ है कि नितेश तिवारी के सामने इस बार चुनौती बड़ी है लेकिन दंगल का उनका अनुभव उनके लिए निश्चित तौर पर मजबूत आधार साबित हो सकता है।

  • अश्नीर ग्रोवर की बायोपिक में बड़ा बदलाव! आमिर खान के बाहर होने की चर्चा तेज, श्रद्धा कपूर संभालेंगी जिम्मेदारी

    अश्नीर ग्रोवर की बायोपिक में बड़ा बदलाव! आमिर खान के बाहर होने की चर्चा तेज, श्रद्धा कपूर संभालेंगी जिम्मेदारी


    नई दिल्ली । बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान को लेकर एक बड़ी चर्चा सामने आई है। रिपोर्ट्स के अनुसार उन्होंने बिजनेसमैन और भारतपे के पूर्व सह संस्थापक अश्नीर ग्रोवर के जीवन पर बनने वाली प्रस्तावित बायोपिक से कथित तौर पर अपने कदम पीछे खींच लिए हैं। हालांकि इस पूरे मामले पर अब तक आमिर खान फिल्म के निर्देशक राहुल मोदी या फिल्म की टीम की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है लेकिन खबरों ने फिल्म इंडस्ट्री में हलचल जरूर बढ़ा दी है।

    इस साल की शुरुआत में खबरें आई थीं कि अश्नीर ग्रोवर के जीवन पर आधारित फिल्म बनाई जाएगी जिसमें मुख्य भूमिका के लिए आमिर खान का नाम सामने आया था। वहीं फिल्म का निर्देशन राहुल मोदी करने वाले थे और अभिनेत्री श्रद्धा कपूर को फीमेल लीड के तौर पर चुना गया था। इस खबर के सामने आने के बाद दर्शकों में इस प्रोजेक्ट को लेकर काफी उत्सुकता देखी गई थी क्योंकि आमिर खान लंबे समय से चुनिंदा और अलग विषयों वाली फिल्मों के लिए जाने जाते हैं।

    अब नई रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि आमिर खान और निर्देशक राहुल मोदी के बीच स्क्रिप्ट और फिल्म के क्रिएटिव विजन को लेकर मतभेद पैदा हो गए। बताया जा रहा है कि आमिर खान स्टार्टअप और उद्यमिता की दुनिया पर आधारित इस कहानी को अपने नजरिए से और अधिक प्रभावशाली बनाना चाहते थे। उन्होंने स्क्रिप्ट पर कई सुझाव भी दिए लेकिन दोनों पक्षों के बीच सहमति नहीं बन सकी जिसके बाद उन्होंने कथित तौर पर इस फिल्म से अलग होने का फैसला किया।

    रिपोर्ट्स के मुताबिक आमिर खान के प्रोजेक्ट से बाहर होने के बावजूद श्रद्धा कपूर फिल्म से पूरी तरह जुड़ी हुई हैं। बताया जा रहा है कि वह फिल्म में अश्नीर ग्रोवर की पत्नी माधुरी जैन ग्रोवर का किरदार निभा सकती हैं। इतना ही नहीं खबरों के अनुसार श्रद्धा कपूर एक प्रमुख प्रोडक्शन हाउस के साथ मिलकर इस फिल्म के निर्माण की जिम्मेदारी भी संभाल सकती हैं।

    फिल्म की कास्टिंग को लेकर भी नए सिरे से काम शुरू होने की चर्चा है। रिपोर्ट्स का दावा है कि अब मेकर्स अश्नीर ग्रोवर की भूमिका के लिए किसी युवा अभिनेता की तलाश कर रहे हैं और जल्द ही मुख्य कलाकारों के नाम पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है। हालांकि आधिकारिक घोषणा का इंतजार अभी भी बना हुआ है।

    गौरतलब है कि अश्नीर ग्रोवर भारतीय स्टार्टअप जगत की चर्चित हस्तियों में शामिल रहे हैं। भारतपे से जुड़े विवादों और शार्क टैंक इंडिया में उनकी लोकप्रियता के बाद उनका नाम लगातार सुर्खियों में रहा है। वहीं उनकी पत्नी माधुरी जैन ग्रोवर भी हाल के समय में अपने बयानों और सार्वजनिक उपस्थिति को लेकर चर्चा में रही हैं।

    फिलहाल आमिर खान के फिल्म छोड़ने और नई कास्टिंग से जुड़ी सभी बातें मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित हैं। जब तक निर्माता निर्देशक या कलाकारों की ओर से आधिकारिक घोषणा नहीं होती तब तक इन खबरों की पुष्टि नहीं मानी जा सकती। इसके बावजूद इस प्रस्तावित बायोपिक को लेकर दर्शकों की दिलचस्पी लगातार बनी हुई है।

  • आमिर खान ने शादी की खबर पर लगाई मुहर 5 जुलाई को गौरी स्प्रैट संग लेंगे सात फेरे बेटे जुनैद का रिएक्शन बना चर्चा का विषय

    आमिर खान ने शादी की खबर पर लगाई मुहर 5 जुलाई को गौरी स्प्रैट संग लेंगे सात फेरे बेटे जुनैद का रिएक्शन बना चर्चा का विषय


    नई दिल्ली। बॉलीवुड के मिस्टर परफेक्शनिस्ट आमिर खान ने अपनी तीसरी शादी को लेकर चल रही सभी अटकलों पर आखिरकार विराम लगा दिया है। अभिनेता ने खुद पुष्टि की है कि वह 5 जुलाई को अपनी गर्लफ्रेंड गौरी स्प्रैट के साथ विवाह बंधन में बंधने जा रहे हैं। 61 वर्ष की उम्र में आमिर अपनी जिंदगी की नई शुरुआत करने जा रहे हैं और इस खास मौके को उन्होंने पूरी तरह निजी रखने का फैसला किया है। शादी में केवल परिवार के सदस्य और कुछ बेहद करीबी दोस्त ही शामिल होंगे। अभिनेता ने इस मौके पर अपने प्रशंसकों से भी प्यार और आशीर्वाद की अपील की है ताकि उनके जीवन का नया सफर खुशियों से भरा रहे।

    आमिर खान हाल ही में अपने बेटे जुनैद खान के साथ एक कार्यक्रम में पहुंचे थे जहां उन्होंने मीडिया से खुलकर अपनी शादी को लेकर बातचीत की। सबसे दिलचस्प पल तब देखने को मिला जब आमिर अपनी शादी की जानकारी साझा कर रहे थे और उनके बगल में बैठे जुनैद खान मुस्कुराते हुए नजर आए। पिता की बात सुनकर उनके चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दी। इस दौरान आमिर ने बताया कि शादी किसी आलीशान होटल या बड़े वेडिंग वेन्यू पर नहीं बल्कि उनके घर पर ही होगी। उन्होंने कहा कि यह एक छोटा और पारिवारिक समारोह होगा जिसमें केवल अपने लोग शामिल होंगे।

    अभिनेता ने स्पष्ट किया कि वह किसी भव्य रिसेप्शन या करोड़ों रुपये के आयोजन के पक्ष में नहीं हैं। उनकी प्राथमिकता सादगी और पारिवारिक माहौल है। आमिर का कहना है कि जीवन के इस महत्वपूर्ण अवसर को वह शोर शराबे के बजाय अपनों के साथ शांत और यादगार तरीके से मनाना चाहते हैं। उन्होंने मीडिया से बातचीत के दौरान सभी से दुआएं मांगते हुए कहा कि उनकी और गौरी की नई जिंदगी खुशियों और विश्वास से भरी रहे।

    आमिर खान की निजी जिंदगी हमेशा चर्चा में रही है। उनकी पहली शादी रीना दत्ता से हुई थी जिनसे उन्हें दो बच्चे जुनैद खान और आयरा खान हैं। कई वर्षों तक साथ रहने के बाद दोनों ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला लिया। इसके बाद आमिर ने फिल्म निर्माता किरण राव से दूसरी शादी की। इस रिश्ते से उनके बेटे आजाद राव खान का जन्म हुआ। हालांकि वर्ष 2021 में आमिर और किरण ने भी अलग होने का फैसला किया लेकिन दोनों आज भी अच्छे दोस्त हैं और बेटे की परवरिश मिलकर कर रहे हैं।

    अब आमिर खान गौरी स्प्रैट के साथ अपने जीवन की नई पारी शुरू करने जा रहे हैं। पिछले कुछ समय से दोनों के रिश्ते की चर्चा लगातार हो रही थी लेकिन अभिनेता ने हमेशा इस रिश्ते को निजी रखा। अब शादी की आधिकारिक पुष्टि के बाद उनके प्रशंसकों में उत्साह बढ़ गया है। सोशल मीडिया पर भी फैंस उन्हें लगातार शुभकामनाएं दे रहे हैं और नई जिंदगी के लिए ढेर सारी बधाइयां भेज रहे हैं।

    आमिर खान का यह फैसला इस बात का भी संदेश देता है कि जीवन में नई शुरुआत के लिए उम्र कभी बाधा नहीं बनती। अपने परिवार के समर्थन और करीबी दोस्तों की मौजूदगी में वह 5 जुलाई को गौरी स्प्रैट का हाथ थामकर एक नए अध्याय की शुरुआत करेंगे। अब सभी की नजरें इस निजी लेकिन बेहद चर्चित शादी पर टिकी हुई हैं।

  • ‘लगान’ ने मुझे बर्बाद कर दिया…’, आमिर खान की फिल्म के अभिनेता अमीन हाजी का चौंकाने वाला खुलासा

    ‘लगान’ ने मुझे बर्बाद कर दिया…’, आमिर खान की फिल्म के अभिनेता अमीन हाजी का चौंकाने वाला खुलासा


    नई दिल्ली । आमिर खान की सुपरहिट फिल्म ‘लगान’ को रिलीज हुए 25 साल पूरे होने जा रहे हैं। इस ऐतिहासिक फिल्म ने भारतीय सिनेमा को नई पहचान दी और इसके कलाकारों को भी रातोंरात लोकप्रियता मिली। लेकिन फिल्म में ‘बागा’ का यादगार किरदार निभाने वाले अभिनेता अमीन हाजी के लिए यह सफलता एक अलग ही अनुभव लेकर आई। अमीन हाजी ने हाल ही में एक इंटरव्यू में खुलासा किया कि ‘लगान’ ने उन्हें “बर्बाद” कर दिया था। उनका यह बयान सुनकर फिल्म प्रेमी हैरान रह गए।

    अमीन हाजी ने बताया कि ‘लगान’ उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि थी, लेकिन यही उपलब्धि उनके लिए आगे बढ़ने में बाधा भी बन गई। उन्होंने कहा कि फिल्म के बाद उन्हें कई ऑफर मिले, लेकिन कोई भी किरदार या कहानी ‘लगान’ के स्तर की नहीं लगी। ऐसे में उन्होंने अभिनय जारी रखने के बजाय खुद को पीछे खींच लिया। अमीन के मुताबिक, वह अपनी मेहनत से कमाई गई प्रतिष्ठा को खोना नहीं चाहते थे और उन्हें लगता था कि अगर कमजोर भूमिकाएं स्वीकार करेंगे तो उनकी पहचान प्रभावित हो सकती है।

    उन्होंने अपनी स्थिति को मशहूर शायरी की पंक्तियों से बयां करते हुए कहा, “हजारों ख्वाहिशें ऐसी कि हर ख्वाहिश पे दम निकले, बहुत निकले मेरे अरमान लेकिन फिर कम निकले।” अमीन ने माना कि ‘लगान’ जैसी फिल्म जीवन में बार-बार नहीं मिलती और उस अनुभव ने उनके लिए अभिनय की कसौटी बहुत ऊंची कर दी थी।

    अमीन हाजी ने यह भी बताया कि एक समय ऐसा आया जब निर्देशक आशुतोष गोवारिकर और उनकी पत्नी ने उनसे पूछा कि आखिर वह आगे क्या करना चाहते हैं। तब उन्होंने साफ कहा कि वह केवल अभिनय के लिए अभिनय नहीं करना चाहते। इसके बाद आशुतोष गोवारिकर ने उन्हें अपनी अगली फिल्म ‘स्वदेश’ के लेखन से जुड़ने का प्रस्ताव दिया। उस समय फिल्म का नाम ‘देश’ था। अमीन ने आश्चर्य जताते हुए पूछा कि इतने बड़े प्रोजेक्ट के लिए उन्हें क्यों चुना जा रहा है, तो आशुतोष ने उनकी ईमानदारी और रचनात्मक सोच की तारीफ करते हुए उन्हें टीम में शामिल कर लिया।

    यहीं से अमीन हाजी के जीवन का नया अध्याय शुरू हुआ। अभिनय से दूरी बनाने वाले अमीन ने लेखन की दुनिया में कदम रखा और धीरे-धीरे एक सफल लेखक के रूप में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने ‘हॉन्टेड 3डी’ और ‘डेंजरस इश्क’ जैसी फिल्मों में सह-लेखक के रूप में काम किया। बाद में उन्होंने अपनी फिल्म ‘कोई जाने ना’ का निर्देशन भी किया।

    अमीन हाजी ने कहा कि ‘लगान’ उनके लिए किसी विश्वविद्यालय से कम नहीं रही। इस फिल्म ने उन्हें केवल अभिनय ही नहीं, बल्कि सिनेमा की बारीकियां भी सिखाईं। उन्होंने आमिर खान, आशुतोष गोवारिकर और पूरी टीम का आभार जताते हुए कहा कि अगर ‘लगान’ नहीं होती तो शायद उनका फिल्मी सफर इस तरह आकार नहीं ले पाता।

    भले ही अमीन हाजी ने मजाकिया अंदाज में कहा हो कि ‘लगान’ ने उन्हें बर्बाद कर दिया, लेकिन उनके पूरे बयान से साफ है कि यह फिल्म उनके जीवन की सबसे महत्वपूर्ण सीख और सबसे बड़ा मोड़ साबित हुई। यही वजह है कि 25 साल बाद भी ‘लगान’ उनके लिए सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि एक ऐसी पाठशाला है जिसने उनके करियर की दिशा बदल दी।

  • आमिर खान का बड़ा बयान: गोविंदा-डेविड धवन की ब्लॉकबस्टर फिल्म को बताया था ‘वल्गर’, 25 करोड़ के कलेक्शन से बनी थी सुपरहिट

    आमिर खान का बड़ा बयान: गोविंदा-डेविड धवन की ब्लॉकबस्टर फिल्म को बताया था ‘वल्गर’, 25 करोड़ के कलेक्शन से बनी थी सुपरहिट


    नई दिल्ली । बॉलीवुड में कई बार ऐसी फिल्में सामने आई हैं जिन्हें दर्शकों ने भरपूर प्यार दिया, लेकिन आलोचकों और कलाकारों की राय उनसे बिल्कुल अलग रही। ऐसी ही एक चर्चा में आई थी 1993 में रिलीज हुई गोविंदा और चंकी पांडे स्टारर सुपरहिट फिल्म ‘आंखें’, जिसे लेकर बॉलीवुड के मिस्टर परफेक्शनिस्ट आमिर खान ने एक बार बेहद स्पष्ट और सख्त राय दी थी।

    आमिर खान ने एक पुराने इंटरव्यू में इस फिल्म पर बात करते हुए कहा था कि उन्हें यह फिल्म व्यक्तिगत रूप से पसंद नहीं आई। उन्होंने फिल्म के कुछ दृश्यों को लेकर टिप्पणी करते हुए इसे “वल्गर” और “अश्लीलता के करीब” बताया था। आमिर का कहना था कि फिल्म के कुछ कॉमेडी सीन उनकी समझ और पसंद से मेल नहीं खाते थे, हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि दर्शकों की पसंद अलग हो सकती है और किसी फिल्म की सफलता का पैमाना केवल व्यक्तिगत राय नहीं होता।

    ‘आंखें’ एक कॉमेडी-ड्रामा फिल्म थी, जिसका निर्देशन डेविड धवन ने किया था और कहानी अनीस बज्मी ने लिखी थी। गोविंदा इस फिल्म में डबल रोल में नजर आए थे, जिसने दर्शकों को खूब हंसाया और मनोरंजन का नया अंदाज दिया। फिल्म में चंकी पांडे, राज बब्बर, कादर खान और शक्ति कपूर जैसे कलाकारों ने भी महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाईं। अपनी रिलीज के साथ ही यह फिल्म उस समय की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में शामिल हो गई थी।

    कम बजट में बनी इस फिल्म की सबसे बड़ी खासियत इसकी कॉमिक टाइमिंग और मनोरंजन से भरपूर कहानी थी। लगभग ढाई करोड़ रुपये के बजट में तैयार हुई इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर लगभग 25 करोड़ रुपये का शानदार कलेक्शन किया था, जो उस दौर में एक बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। इस सफलता ने गोविंदा को कॉमेडी फिल्मों के सुपरस्टार के रूप में और मजबूत पहचान दिलाई।

    आमिर खान के बयान ने फिल्म इंडस्ट्री में चर्चा जरूर पैदा की, क्योंकि जहां एक तरफ यह फिल्म जनता के बीच बेहद लोकप्रिय रही, वहीं दूसरी तरफ एक स्थापित अभिनेता द्वारा इसे लेकर इतनी सख्त राय सामने आई। हालांकि आमिर ने यह भी स्पष्ट किया था कि उनका उद्देश्य किसी फिल्म को छोटा दिखाना नहीं था, बल्कि वह सिर्फ अपनी व्यक्तिगत प्रतिक्रिया साझा कर रहे थे।

    बाद के वर्षों में भी ‘आंखें’ को हिंदी सिनेमा की उन फिल्मों में गिना जाता है, जिन्होंने कम लागत में बड़ी कमाई कर इंडस्ट्री को चौंका दिया। इस फिल्म की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसे बाद में अन्य भाषाओं में भी रीमेक किया गया।

    आज भी जब 90 के दशक की कॉमेडी फिल्मों की चर्चा होती है, तो ‘आंखें’ का नाम प्रमुखता से लिया जाता है। आमिर खान की टिप्पणी और फिल्म की ऐतिहासिक सफलता मिलकर इसे बॉलीवुड इतिहास की उन फिल्मों में शामिल कर देती है, जो अपनी लोकप्रियता और विवाद दोनों के कारण याद की जाती हैं।

  • बॉक्स ऑफिस पर लुढ़की जुनैद-सई पल्लवी की केमिस्ट्री, आमिर खान बोले- फिल्म की हार को पर्सनली ले लेता हूँ

    बॉक्स ऑफिस पर लुढ़की जुनैद-सई पल्लवी की केमिस्ट्री, आमिर खान बोले- फिल्म की हार को पर्सनली ले लेता हूँ


    नई दिल्ली । बॉलीवुड के ‘मिस्टर परफेक्शनिस्ट’ कहे जाने वाले आमिर खान के बेटे जुनैद खान ने फिल्म ‘एक दिन’ के जरिए बड़े पर्दे पर अपनी शुरुआत तो की, लेकिन बॉक्स ऑफिस के आंकड़ों ने उनके अरमानों पर पानी फेर दिया है। सई पल्लवी जैसे बड़े नाम के साथ आई यह फिल्म दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचने में नाकाम रही और अब बुरी तरह फ्लॉप होने की कगार पर है। एक मई को रिलीज हुई इस फिल्म ने पहले दिन महज 1.15 करोड़ रुपये की कमाई की थी, जिसके बाद इसकी रफ़्तार लगातार गिरती चली गई। फिल्म की इस करारी हार पर जुनैद खान ने पहली बार खुलकर बात की है और अपनी भावनाओं के साथ-साथ अपने पिता आमिर खान की मानसिक स्थिति का भी जिक्र किया है।

    जुनैद खान ने एक हालिया साक्षात्कार में बेहद परिपक्वता के साथ फिल्म की असफलता को स्वीकार किया। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि फिल्म उम्मीदों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई और लोगों को यह कहानी पसंद नहीं आई। जुनैद का मानना है कि कभी-कभी कड़ी मेहनत के बावजूद परिणाम आपके पक्ष में नहीं होते। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि भले ही उन्हें इस प्रोजेक्ट पर काम करने में मजा आया और उन्होंने अपनी तरफ से पूरी कोशिश की, लेकिन अंततः दर्शकों का फैसला ही सर्वोपरि होता है। जुनैद ने अपनी बातचीत में यह भी संकेत दिया कि फिल्म की असफलता का उन्हें दुख तो है, लेकिन वह इसे अपने करियर के एक हिस्से के रूप में देख रहे हैं।

    हालांकि, जुनैद से कहीं ज्यादा उनके पिता आमिर खान इस विफलता से प्रभावित नजर आ रहे हैं। जुनैद ने बताया कि आमिर खान इतने दशकों तक फिल्म इंडस्ट्री का हिस्सा रहने और अनगिनत उतार-चढ़ाव देखने के बावजूद, आज भी किसी फिल्म के फ्लॉप होने पर बहुत ज्यादा परेशान हो जाते हैं। जुनैद के अनुसार, आमिर खान किसी भी फिल्म की असफलता को बहुत गहराई से और व्यक्तिगत रूप से लेते हैं, खासकर तब जब उन्हें वह फिल्म खुद पसंद हो। आमिर अभी भी इस नतीजे से उदास हैं और खुद को व्यस्त रखकर इस गम से उबरने की कोशिश कर रहे हैं। यह देखना दिलचस्प है कि एक मंझा हुआ कलाकार और निर्माता होने के बाद भी आमिर का सिनेमा के प्रति जुनून उन्हें आज भी विचलित कर देता है।

    फिल्म ‘एक दिन’ के बजट और कमाई के आंकड़ों पर नजर डालें तो स्थिति काफी चिंताजनक दिखाई देती है। लगभग 18 से 25 करोड़ रुपये के अनुमानित बजट में बनी यह फिल्म दुनियाभर में अब तक केवल 5.44 करोड़ रुपये ही कमा सकी है। आमिर खान प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी इस फिल्म से काफी उम्मीदें जुड़ी थीं, लेकिन यह लागत निकालने में भी पूरी तरह विफल रही। फिल्म की कहानी दिनेश (जुनैद) और मीरा (सई पल्लवी) के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसमें जापान की यात्रा और एक दुर्लभ बीमारी के साथ भावनाओं का ताना-बाना बुना गया था। लेकिन कमजोर पटकथा या दर्शकों से जुड़ाव की कमी के चलते यह प्रेम कहानी बॉक्स ऑफिस पर अपनी जगह बनाने में नाकाम रही। सई पल्लवी के बयान कि उन्हें इस किरदार के लिए गलत कास्ट किया गया, ने भी फिल्म की साख पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • आमिर खान के करियर की वे दो फ़िल्में जो मिस्टर परफेक्शनिस्ट ने बिना स्क्रिप्ट पढ़े ही कर ली थीं साइन

    आमिर खान के करियर की वे दो फ़िल्में जो मिस्टर परफेक्शनिस्ट ने बिना स्क्रिप्ट पढ़े ही कर ली थीं साइन

    नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा में अपनी बेहतरीन अदाकारी और पटकथा की गहरी समझ के लिए मशहूर अभिनेता आमिर खान का फिल्मी सफर हमेशा से केवल नपे-तुले फैसलों पर आधारित नहीं रहा है। अक्सर रणनीतिक सोच के साथ काम करने वाले इस कलाकार ने स्वीकार किया है कि उनके जीवन में ऐसे भी पल आए जब उन्होंने तर्क के बजाय केवल भावनाओं को प्राथमिकता दी। उन्होंने बताया कि उनके शुरुआती करियर की दो फिल्में ऐसी थीं, जिनकी स्क्रिप्ट के बारे में उन्हें रत्ती भर भी अंदाजा नहीं था, लेकिन पिता के प्रति सम्मान और उनके व्यक्तित्व के प्रभाव के कारण उन्होंने उन फिल्मों को अपनी सहमति देने में एक पल की भी देरी नहीं की।

    इस दिलचस्प कहानी की शुरुआत तब हुई जब दिग्गज अभिनेता देव आनंद ने आमिर खान को अपनी एक फिल्म के लिए याद किया। आमिर के पिता ने अपने बेटे से मशविरा किए बिना ही देव आनंद को जुबान दे दी थी कि आमिर इस परियोजना का हिस्सा बनेंगे। जब आमिर खान को इस बारे में पता चला, तो एक पेशेवर अभिनेता के तौर पर उन्होंने पहले फिल्म की कहानी और अपनी भूमिका को समझने की इच्छा जताई। हालांकि, उनके पिता ताहिर हुसैन का रुख बेहद सख्त था। उन्होंने साफ लफ्जों में आमिर को हिदायत दी कि उन्हें स्क्रिप्ट पूछने की कोई जरूरत नहीं है, बल्कि उन्हें सीधे जाकर फिल्म के लिए अपनी सहमति देनी होगी। पिता के अनुशासित स्वभाव और उनके प्रति मन में बसे डर के कारण आमिर खान चाहकर भी विरोध नहीं कर पाए और बिना कुछ जाने उस फिल्म का हिस्सा बन गए।

    एक अन्य घटना भी ठीक वैसी ही थी, जब उनके पिता स्वयं एक फिल्म का निर्माण कर रहे थे। आमिर ने जब स्वाभाविक रूप से अपने पिता से उस फिल्म की पटकथा के बारे में सवाल किया, तो उन्हें पिता के कड़े रुख का सामना करना पड़ा। उनके पिता का मानना था कि दशकों से फिल्म निर्माण के क्षेत्र में सक्रिय रहने के बाद उन्हें अपने ही बेटे को कहानी सुनाने की औपचारिकता निभाने की आवश्यकता नहीं है। इस मुद्दे पर आमिर को पिता के लंबे उपदेश का सामना करना पड़ा, जिसके बाद उन्होंने हार मान ली और बिना किसी सवाल के फिल्म में काम करने का निर्णय लिया।

    आमिर खान ने मजाकिया लहजे में यह स्पष्ट किया कि उनके करियर में जिन फिल्मों के चुनाव पर सवाल उठते हैं, उनमें से इन दो फिल्मों के लिए वह जिम्मेदार नहीं हैं क्योंकि इनका फैसला केवल उनके पिता का था। यह किस्सा यह भी उजागर करता है कि किस तरह उस दौर के कलाकारों के लिए व्यावसायिक अनुबंधों से कहीं अधिक महत्वपूर्ण अपने बड़ों का मान-सम्मान और पारिवारिक गरिमा हुआ करती थी। आमिर खान का यह अनुभव यह भी दिखाता है कि एक मंझा हुआ कलाकार भी कभी-कभी अपनों के प्रति समर्पण के कारण अपने पेशेवर सिद्धांतों से समझौता कर लेता है।

  • जुनैद और साई पल्लवी की ‘एक दिन’ ने दी दस्तक, आमिर खान ने फिल्म के किरदार में देखा अपना अक्स

    जुनैद और साई पल्लवी की ‘एक दिन’ ने दी दस्तक, आमिर खान ने फिल्म के किरदार में देखा अपना अक्स

    नई दिल्ली। रोमांटिक कहानियों की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए फिल्म ‘एक दिन’ ने सिनेमाघरों में अपनी उपस्थिति दर्ज करा दी है। यह फिल्म एक सरल लेकिन गहराई से जुड़ी प्रेम कहानी को सामने लाती है, जिसमें भावनाओं की सच्चाई और आत्मविश्वास की कमी जैसे पहलुओं को संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत किया गया है। फिल्म में जुनैद खान और साई पल्लवी मुख्य भूमिकाओं में नजर आते हैं और उनकी जोड़ी को लेकर दर्शकों में उत्सुकता पहले से ही बनी हुई थी।

    कहानी एक ऐसे युवक के इर्द-गिर्द बुनी गई है, जो स्वभाव से काफी संकोची है और अपने भीतर आत्मविश्वास की कमी महसूस करता है। उसे हमेशा यह डर रहता है कि वह अपनी भावनाओं को व्यक्त नहीं कर पाएगा और कोई उसे समझ नहीं पाएगा। इसी मानसिक स्थिति के बीच उसकी मुलाकात एक ऐसी लड़की से होती है, जो आत्मविश्वास से भरपूर है और जीवन को खुलकर जीने में विश्वास रखती है। यह मुलाकात धीरे-धीरे उसके जीवन में बदलाव की शुरुआत बनती है।

    फिल्म की खास बात यह है कि इसके मुख्य किरदार की सोच और अनुभव को लेकर आमिर खान ने खुद को उससे जुड़ा हुआ महसूस किया है। उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि जब वह किशोर अवस्था में थे, तब वह भी काफी झिझक महसूस करते थे और अपने विचारों को खुलकर सामने रखने में हिचकिचाते थे। उनके अनुसार फिल्म का नायक भी उसी दौर से गुजरता है, जहां वह खुद को कम आंकता है और यही संघर्ष कहानी का भावनात्मक केंद्र बनता है।

    ‘एक दिन’ केवल एक पारंपरिक प्रेम कहानी नहीं है, बल्कि यह आत्म-खोज और आत्मविश्वास की यात्रा को भी दर्शाती है। इसमें यह दिखाया गया है कि कैसे एक व्यक्ति अपने डर और असमंजस को पार कर जीवन में आगे बढ़ता है। फिल्म का माहौल हल्का-फुल्का होने के बावजूद उसमें भावनात्मक गहराई मौजूद है, जो दर्शकों को अपने अनुभवों से जोड़ने की क्षमता रखती है।

    फिल्म के निर्माण से जुड़े लोगों ने पहले भी कई यादगार प्रोजेक्ट्स पर साथ काम किया है, और इस बार भी उन्होंने एक सादगी भरी लेकिन प्रभावशाली कहानी को प्रस्तुत करने की कोशिश की है। निर्देशन में कहानी को सहज और वास्तविक बनाए रखने पर जोर दिया गया है, ताकि किरदारों की भावनाएं बनावटी न लगें बल्कि दर्शकों को अपने आसपास की सच्चाई का अहसास कराएं।

    जुनैद खान के लिए यह फिल्म उनके करियर का एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है, जहां वह एक संवेदनशील और वास्तविक किरदार निभाते नजर आते हैं। वहीं साई पल्लवी अपने आत्मविश्वास से भरे किरदार के जरिए कहानी में संतुलन और ऊर्जा लाती हैं।

    ‘एक दिन’ एक ऐसी फिल्म के रूप में सामने आई है, जो प्रेम, आत्मविश्वास और जीवन के शुरुआती संघर्षों को सरल भाषा में पेश करती है। यह कहानी दर्शकों को यह एहसास दिलाती है कि हर इंसान के जीवन में एक ऐसा पल जरूर आता है, जब वह अपने डर को पीछे छोड़कर आगे बढ़ने का साहस जुटाता है।

  • फैमिली मोमेंट वायरल: आमिर खान के साथ दिखीं गौरी, आयरा ने बढ़ाया अपनापन

    फैमिली मोमेंट वायरल: आमिर खान के साथ दिखीं गौरी, आयरा ने बढ़ाया अपनापन


    नई दिल्ली | मुंबई में 28 अप्रैल को एक्टर जुनैद खान की अपकमिंग फिल्म ‘एक दिन’ की स्पेशल स्क्रीनिंग रखी गई, जहां पूरा खान परिवार उन्हें सपोर्ट करने पहुंचा। इस मौके पर सबसे ज्यादा चर्चा में रहे आमिर खान, जो अपनी गर्लफ्रेंड गौरी स्प्रैट के साथ पहुंचे और दोनों की बॉन्डिंग ने सभी का ध्यान खींच लिया।
    स्क्रीनिंग के दौरान आमिर खान की बेटी आयरा खान और दामाद नुपुर शिखरे भी मौजूद रहे। खास बात यह रही कि आयरा और गौरी स्प्रैट के बीच गर्मजोशी से गले मिलने का पल कैमरे में कैद हो गया, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
    इवेंट के कई वीडियो और तस्वीरों में पूरा परिवार एक साथ पोज देता नजर आया। आमिर खान, गौरी स्प्रैट का हाथ थामे हुए दिखाई दिए और दोनों स्क्रीनिंग हॉल तक भी साथ-साथ पहुंचे। परिवार के अन्य सदस्य आयरा, नुपुर और जुनैद भी इस दौरान काफी खुश नजर आए।
    एक और वीडियो में सभी ने मिलकर पैपराजी के सामने ग्रुप फोटो खिंचवाई। इस दौरान आयरा और नुपुर ने भी साथ में तस्वीरें क्लिक कराईं, जबकि आमिर और जुनैद मुस्कुराते हुए कैमरे के सामने पोज देते दिखे।
    फिल्म ‘एक दिन’ को लेकर आमिर खान ने इवेंट में काफी सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने साउथ एक्ट्रेस साई पल्लवी के अभिनय की जमकर तारीफ करते हुए उन्हें देश की बेहतरीन एक्ट्रेस बताया। वहीं जुनैद के काम पर हल्के-फुल्के अंदाज में प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि उन्होंने भी अच्छा काम किया है, लेकिन वह उनके बेटे हैं इसलिए ज्यादा कुछ नहीं कह सकते।
    यह फिल्म One Day का हिंदी रीमेक है और इसका निर्देशन सुनील पांडे ने किया है। इसे आमिर खान प्रोडक्शंस के बैनर तले मंसूर खान, आमिर खान और अपर्णा पुरोहित ने मिलकर प्रोड्यूस किया है।
    फिल्म की कहानी एक ऐसे शख्स की है जो अपनी ऑफिस कलीग से प्यार करता है लेकिन अपने जज़्बात जाहिर नहीं कर पाता और बस एक दिन उसके साथ बिताने की ख्वाहिश रखता है, जो एक अनोखे मोड़ पर पूरी होती है।
    ‘एक दिन’ 1 मई को सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही है और इसके लिए एडवांस बुकिंग पहले ही शुरू हो चुकी है।