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  • RBI का फरवरी तोहफा: लोन की EMI में बड़ी कटौती के संकेत जानें कैसे आपकी जेब को मिलेगी राहत

    RBI का फरवरी तोहफा: लोन की EMI में बड़ी कटौती के संकेत जानें कैसे आपकी जेब को मिलेगी राहत


    नई दिल्ली । देश के करोड़ों मध्यमवर्गीय परिवारों और कर्जदारों के लिए फरवरी का महीना खुशियों की सौगात लेकर आ सकता है। भारतीय रिजर्व बैंक की आगामी मौद्रिक नीति समिति की बैठक को लेकर वित्तीय गलियारों में सरगर्मी तेज हो गई है। वैश्विक ब्रोकरेज फर्म बैंक ऑफ अमेरिका की ताजा रिपोर्ट और आर्थिक संकेतकों की मानें तो आगामी 6 फरवरी को केंद्रीय बैंक रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत 25 बेसिस पॉइंट्स की कटौती का ऐतिहासिक फैसला ले सकता है। यदि यह अनुमान हकीकत में बदलता है तो आपके होम लोन कार लोन और पर्सनल लोन की मासिक किस्तों में बड़ी गिरावट देखने को मिलेगी जिससे आम आदमी की मासिक बजट योजना को बड़ी मजबूती मिलेगी।

    मुद्रास्फीति में नरमी और रेपो रेट का गणित आर्थिक विशेषज्ञों का तर्क है कि देश में मुद्रास्फीति महंगाई दर के आंकड़े अब धीरे-धीरे आरबीआई के संतोषजनक दायरे में आ रहे हैं। इसी अनुकूल स्थिति का लाभ उठाते हुए केंद्रीय बैंक ब्याज दरों में नरमी का रुख अपना सकता है। वर्तमान में जो रेपो रेट लागू है उसमें कटौती के बाद यह घटकर 5.25 प्रतिशत के स्तर पर आ सकता है। गौरतलब है कि रेपो रेट वह दर होती है जिस पर वाणिज्यिक बैंक आरबीआई से पैसा उधार लेते हैं। जब बैंकों को केंद्रीय बैंक से सस्ता फंड मिलता है तो वे अपनी लेंडिंग दरों में कटौती करते हैं जिसका सीधा फायदा अंतिम उपभोक्ता को सस्ती EMI के रूप में मिलता है। विशेषज्ञों का यह भी मानना है कि यह वर्तमान कटौती चक्र की अंतिम कटौती हो सकती है जिसके बाद स्थिरता का दौर शुरू होगा।

    सिस्टम में नकदी बढ़ाने का मास्टर प्लान आरबीआई केवल ब्याज दरें घटाने तक सीमित नहीं है बल्कि वह भारतीय बैंकिंग प्रणाली में पर्याप्त नकदी सुनिश्चित करने के लिए एक व्यापक लिक्विडिटी मैनेजमेंट प्लान पर भी काम कर रहा है। इसके तहत केंद्रीय बैंक 1 लाख करोड़ रुपये की सरकारी प्रतिभूतियों की खरीद करेगा। ओपन मार्केट ऑपरेशंसके माध्यम से होने वाली यह खरीद दो चरणों में 29 जनवरी और 5 फरवरी को आयोजित की जाएगी। इस कदम का मुख्य उद्देश्य बैंकों के हाथ में अधिक पैसा देना है ताकि वे आम जनता और उद्योगों को बिना किसी बाधा के कर्ज बांट सकें। इसके अतिरिक्त 4 फरवरी को 10 अरब डॉलर की डॉलर-रुपया स्वैप नीलामी भी की जाएगी जो विदेशी मुद्रा बाजार में स्थिरता लाने और दीर्घकालिक तरलता को बनाए रखने में सहायक सिद्ध होगी।

    अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई गति वित्तीय जानकारों का कहना है कि बजट के ठीक बाद आरबीआई के ये कदम वास्तविक अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा प्रदान करेंगे। ब्याज दरों में कमी से न केवल व्यक्तिगत कर्जदारों को राहत मिलेगी बल्कि कॉर्पोरेट क्षेत्र के लिए भी पूंजी जुटाना सस्ता होगा जिससे निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। 6 फरवरी को होने वाले औपचारिक ऐलान पर अब पूरे देश की नजरें टिकी हैं।

  • 31 दिसंबर से पहले निपटा लें ये 4 जरूरी काम: पैन-आधार लिंक और एडवांस टैक्स की डेडलाइन!

    31 दिसंबर से पहले निपटा लें ये 4 जरूरी काम: पैन-आधार लिंक और एडवांस टैक्स की डेडलाइन!


    नई दिल्ली  /साल 2025 का अंतिम महीना दिसंबर शुरू हो चुका है। इस महीने टैक्स और दस्तावेज़ से जुड़े कई महत्वपूर्ण कामों की लास्ट डेट है। अगर आपने इन्हें समय पर पूरा नहीं किया, तो भारी जुर्माना, पैन निष्क्रिय होने जैसी दिक्कतें सामने आ सकती हैं। ये हैं वो 4 जरूरी काम, जो आपको दिसंबर में हर हाल में पूरे कर लेने चाहिए-

    1. टैक्स ऑडिट वालों के लिए ITR भरने की अंतिम तारीख – 10 दिसंबर जिन करदाताओं का केस टैक्स ऑडिट के अंतर्गत आता है, उनके लिए आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 10 दिसंबर 2025 है। इस तारीख तक फाइल किया गया ITR समय पर दाखिल माना जाएगा।इस पर कोई लेट फीस या पेनाल्टी नहीं लगेगी।

    2. एडवांस टैक्स भरने का आखिरी मौका – 15 दिसंबरएडवांस टैक्स भुगतान की अंतिम तारीख 15 दिसंबर 2025 है। यह टैक्स उन सभी लोगों को देना होता है।  जिनकी कुल अनुमानित कर देनदारी TDS कटने के बाद ₹10,000 से अधिक हो। समय पर एडवांस टैक्स न भरने पर ब्याज और जुर्माना लग सकता है, इसलिए इसे ड्यू डेट पर भरना जरूरी है।

    3. बिलेटेड ITR की अंतिम तारीख – 31 दिसंबरयदि आपने वित्त वर्ष 2024–25 का ITR अभी तक फाइल नहीं किया है, तो आप इसे लेट फीस के साथ 31 दिसंबर 2025 तक भर सकते हैं।

    लेट फीस इस प्रकार है-

    ₹1,000 -यदि आय 5 लाख रुपए से कम है ₹5,000 -यदि आय 5 लाख या उससे अधिक है
    31 दिसंबर के बाद बिलेटेड रिटर्न फाइल नहीं किया जा सकेगा और आगे आपको नोटिस व पेनाल्टी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।

    4. आधार–पैन लिंक करना अनिवार्य -आखिरी तारीख 31 दिसंबर यदि आपने 1 अक्टूबर 2024 या उससे पहले आधार कार्ड बनवाया है, तो इसे 31 दिसंबर 2025 तक PAN से लिंक करना अनिवार्य है।

    आधार–पैन लिंक न करने पर-

    आपका PAN निष्क्रिय हो जाएगा
    बैंकिंग, निवेश, स्टॉक मार्केट, म्यूचुअल फंड और ITR फाइलिंग सभी में दिक्कत आएगी

    लिंकिंग की प्रक्रिया सरल है-
    आप इनकम टैक्स ई-फाइलिंग पोर्टल पर PAN नंबर, आधार नंबर और OTP डालकर इसे पूरा कर सकते हैं। इसके साथ निर्धारित जुर्माना भी चुकाना होगा। दिसंबर 2025 में ये चारों काम समय पर पूरे करना बेहद जरूरी हैं। थोड़ी सी लापरवाही भारी पेनाल्टी, आर्थिक नुकसान और दस्तावेज़ों के निष्क्रिय होने जैसी समस्याएं खड़ी कर सकती है।