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  • एमपी में बिगड़ा मौसम का मिजाज, 42 जिलों में आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट, 6 अप्रैल तक रहेगा असर

    एमपी में बिगड़ा मौसम का मिजाज, 42 जिलों में आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट, 6 अप्रैल तक रहेगा असर


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। प्रदेश में आंधी बारिश और ओलावृष्टि का मजबूत सिस्टम सक्रिय हो गया है। शुक्रवार सुबह से भोपाल सहित कई जिलों में बादल छाए हुए हैं। इससे पहले गुरुवार को 15 से अधिक जिलों में कहीं बारिश तो कहीं तेज आंधी देखने को मिली।

    मौसम केंद्र भोपाल ने शुक्रवार को 42 जिलों में आंधी बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है। अलीराजपुर धार बड़वानी खरगोन खंडवा बुरहानपुर नरसिंहपुर छिंदवाड़ा और सिवनी में ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है। वहीं भोपाल इंदौर उज्जैन जबलपुर सहित कई अन्य जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की चेतावनी दी गई है।

    मौसम विभाग के मुताबिक यह स्थिति अगले चार दिनों यानी 6 अप्रैल तक बनी रहेगी। इस दौरान कुछ क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है जबकि अन्य इलाकों में 30 से 40 किमी प्रति घंटा की गति से आंधी चलने का अनुमान है।

    गुरुवार शाम भोपाल में तेज आंधी चली जिससे शहर के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। रात में बारिश भी हुई जो सुबह तक रुक-रुक कर जारी रही। सीहोर में खराब मौसम के कारण ‘पंचायत’ वेब सीरीज की शूटिंग प्रभावित हुई। महोडिया गांव में चल रही शूटिंग के दौरान तेज हवा और बारिश से टेंट और अन्य सामान उड़ गए साथ ही भोजन भी खराब हो गया। हालांकि किसी के घायल होने की खबर नहीं है।

    सागर में दिनभर मौसम बदलता रहा और शाम को हल्की बारिश के साथ तेज हवाएं चलीं। वहीं धार जिले के ग्रामीण इलाकों में ओलावृष्टि हुई जिससे जोबट रोड ओलों से ढक गई। मऊगंज के भलुहा गांव में खेत में काम कर रही 42 वर्षीय महिला की आकाशीय बिजली गिरने से मौके पर ही मौत हो गई।

    मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में फिलहाल एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन और दो ट्रफ सक्रिय हैं जिससे यह मौसम बना हुआ है। 7 अप्रैल से एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस भी प्रभाव डालेगा जिसके चलते 10 अप्रैल तक कहीं आंधी तो कहीं बारिश की संभावना बनी रहेगी।

    इसके बाद मौसम साफ होगा और गर्मी का दौर शुरू हो जाएगा। अप्रैल के दूसरे सप्ताह से तापमान तेजी से बढ़ेगा। महीने के अंतिम सप्ताह में ग्वालियर धार खरगोन बड़वानी और नौगांव-खजुराहो जैसे इलाकों में तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। दक्षिणी और पश्चिमी मध्य प्रदेश में गर्म हवाओं के कारण भीषण गर्मी पड़ने की संभावना है।

  • एमपी में 26 मार्च से फिर करवट बदलेगा मौसम, बारिश-आंधी का अलर्ट, पहले बढ़ेगी तेज गर्मी

    एमपी में 26 मार्च से फिर करवट बदलेगा मौसम, बारिश-आंधी का अलर्ट, पहले बढ़ेगी तेज गर्मी

    भोपाल। मध्य प्रदेश में मार्च के अंतिम सप्ताह में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग भोपाल के अनुसार, 26 मार्च से प्रदेश में बारिश का नया दौर शुरू होगा। इस सिस्टम का असर खासतौर पर पूर्वी मध्य प्रदेश जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के 20 से अधिक जिलों में देखने को मिलेगा।

    हालांकि, इससे पहले प्रदेशवासियों को अगले तीन दिनों तक तेज गर्मी का सामना करना पड़ेगा। दिन के तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, 26 मार्च से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा, जिसका असर मध्य प्रदेश के मौसम पर भी पड़ेगा। फिलहाल दक्षिण-पश्चिम राजस्थान और उससे लगे पाकिस्तान क्षेत्र में एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम बना हुआ है, लेकिन इसका प्रभाव प्रदेश में नहीं दिखेगा।

    बारिश थमी तो बढ़ी गर्मी

    18 से 21 मार्च के बीच प्रदेश में बारिश और ओलावृष्टि का दौर जारी रहा, जो सप्ताहांत में थम गया। इसके बाद तापमान में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की गई। रविवार को अधिकांश शहरों में पारा 32 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। प्रमुख शहरों में उज्जैन में 34 डिग्री, इंदौर में 33.3 डिग्री, भोपाल में 33 डिग्री, ग्वालियर में 31.8 डिग्री और जबलपुर में 31.3 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।

    वहीं, नर्मदापुरम प्रदेश का सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 37.7 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा रायसेन में 37.6 डिग्री, रतलाम में 37.2 डिग्री, खरगोन और नरसिंहपुर में 36 डिग्री तथा गुना में 33 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। लगभग सभी शहरों में दिन के तापमान में बढ़ोतरी देखी गई।

    4 दिन में 45 जिलों में असर, फसलों को नुकसान

    पिछले चार दिनों में सक्रिय मजबूत मौसम प्रणाली के चलते प्रदेश के 45 जिलों में आंधी और बारिश हुई, जबकि 17 जिलों में ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। तेज हवाओं और ओलों के कारण केला, पपीता और गेहूं जैसी फसलों को नुकसान पहुंचा है। धार और खरगोन समेत कई जिलों में इसका प्रभाव अधिक रहा।

    अप्रैल-मई में पड़ेगी भीषण गर्मी

    मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि इस साल अप्रैल और मई में गर्मी अपने चरम पर होगी। ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। वहीं, भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी तेज गर्मी पड़ने की संभावना है।

  • एमपी में बदला मौसम का मिजाज: कई हिस्सों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर, 34 जिलों में अलर्ट

    एमपी में बदला मौसम का मिजाज: कई हिस्सों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर, 34 जिलों में अलर्ट


    भोपाल। मध्य प्रदेश में साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ के सक्रिय होने से पिछले दो दिनों से मौसम का मिजाज बदला हुआ है। प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी बारिश और ओलावृष्टि का दौर जारी है। गुरुवार को 15 से अधिक जिलों में मौसम ने करवट ली जहां कहीं ओले गिरे तो कहीं बारिश दर्ज की गई।राजधानी भोपाल में देर रात करीब 1 बजे और शुक्रवार सुबह लगभग साढ़े 5 बजे तेज बारिश हुई। मौसम विभाग ने ग्वालियर जबलपुर सहित 34 जिलों में ओले और बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है।

    मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ प्रदेश के मध्य हिस्से में सक्रिय हैं। अगले 24 घंटों के दौरान सिवनी मंडला बालाघाट दतिया निवाड़ी और टीकमगढ़ में ओलावृष्टि की संभावना है। इसके अलावा अन्य 28 जिलों में बिजली गिरने गरज-चमक तेज आंधी और बारिश की स्थिति बन सकती है। भोपाल में दिनभर बादल छाए रहने के आसार हैं।

    गुरुवार को ऐसा रहा मौसम का असर

    गुरुवार रात अचानक मौसम बदला और कई जिलों में तेज बारिश के साथ आंधी चली। कुछ स्थानों पर ओले गिरने से किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचा। तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई।

    धार में गेहूं की फसल प्रभावित होने की आशंका
    धार जिले में रात करीब 10:35 बजे तेज गरज-चमक के साथ बारिश शुरू हुई। बेमौसम बारिश से खेतों में पककर तैयार गेहूं की फसल को नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है।

    आगर मालवा में धूल भरी आंधी के बाद बारिश


    गुरुवार रात करीब 8 बजे आगर मालवा में तेज धूल भरी आंधी चली जिसके बाद बिजली की गड़गड़ाहट के साथ लगभग 45 मिनट तक बारिश हुई। इससे गर्मी से राहत मिली लेकिन जनजीवन प्रभावित रहा।

    दमोह में बिजली आपूर्ति बाधित
    दमोह जिले के तेंदूखेड़ा ब्लॉक में रात साढ़े आठ बजे करीब आधे घंटे तक तेज बारिश हुई। इससे पहले चली आंधी के कारण कई इलाकों में बिजली सप्लाई बाधित हो गई।

    मऊगंज और शुजालपुर में भी असर

    मऊगंज में शुक्रवार सुबह गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हुई जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। वहीं शुजालपुर में रात में दो बार तेज हवा के साथ बारिश हुई जिससे मौसम में ठंडक बढ़ी। कटाई के लिए तैयार फसलों को बचाने के लिए हार्वेस्टर मशीन की मांग अचानक बढ़ गई है।

    22 मार्च से नया सिस्टम होगा सक्रिय

    मौसम वि‍भाग के अनुसार 22 मार्च से प्रदेश में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा जो उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। हालांकि यह मौजूदा सिस्टम जितना प्रभावी नहीं होगा। अगले 1-2 दिनों में स्थिति और स्पष्ट हो जाएगी। इसके बाद एक बार फिर गर्मी बढ़ने की संभावना है।

  • मध्य प्रदेश में मार्च के दूसरे हफ्ते में लू और गर्म हवाओं का असर, 10 शहरों में पारा 38°C पार

    मध्य प्रदेश में मार्च के दूसरे हफ्ते में लू और गर्म हवाओं का असर, 10 शहरों में पारा 38°C पार


    मध्य प्रदेश में मार्च के दूसरे हफ्ते में ही मौसम ने गर्मी के तेवर दिखाए हैं। गुरुवार को नर्मदापुरम, रतलाम और धार में तेज गर्म हवाएं चलीं और शुक्रवार को भी यहां लू का अलर्ट जारी है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के 10 शहरों में पारा 38 डिग्री के पार पहुंच गया, जबकि नर्मदापुरम सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री दर्ज किया गया।

    अन्य शहरों में रतलाम 39.5°C, खजुराहो 39°C, धार 38.8°C, दमोह-टीकमगढ़ 38.5°C, खंडवा 38.1°C, मंडला, श्योपुर और खरगोन में पारा 38°C के आसपास रहा। बड़े शहरों की बात करें तो इंदौर 37.8°C, उज्जैन 37.5°C, ग्वालियर 37.2°C, भोपाल 37°C और जबलपुर 36.9°C तापमान के साथ गर्म रहे।

    मौसम विभाग ने बताया कि वर्तमान में हवा की दिशा उत्तर-पूर्व से पश्चिम और उत्तर-पश्चिम की ओर बदल गई है। हवा में नमी बहुत कम है और रेगिस्तानी इलाकों से आती गर्म हवाएं प्रदेश में पारे को बढ़ा रही हैं।

    15 और 16 मार्च को प्रदेश के कई जिलों में बारिश और गरज-चमक वाला मौसम रहने की संभावना है। 15 मार्च को ग्वालियर, जबलपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, बालाघाट, नरसिंहपुर, सिवनी, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा में बारिश का अनुमान है। वहीं, 16 मार्च को सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, पन्ना, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट जिलों में मौसम बदलेगा।

    विशेषज्ञों ने बताया कि मार्च में दिन के समय गर्मी और रात में हल्की ठंड रहने से सर्दी-जुकाम, एलर्जी और अस्थमा के मरीज बढ़ सकते हैं। इसलिए सुबह और रात को ठंडी हवा से बचाव करना जरूरी है।

    मौसम विभाग ने कहा कि मार्च में पारा बढ़ने का यह सीजनल ट्रेंड है, लेकिन असली लू अप्रैल-मई में चलेगी। अप्रैल और मई में ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में पारा 45°C पार जा सकता है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी अधिक गर्मी रहेगी।

    प्रदेश के मौसम में मार्च महीने में रातें ठंडी और दिन गर्म रहते हैं। पिछले दस साल के आंकड़ों के अनुसार मार्च में तीनों मौसम – गर्मी, ठंड और बारिश का ट्रेंड रहता है। इंदौर में दिन का पारा 41.1°C तक पहुंच चुका है, जबकि ग्वालियर में रात का न्यूनतम तापमान 8°C तक दर्ज किया गया।

    भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और जबलपुर में मार्च में दिन में तेज गर्मी और कभी-कभी बारिश का असर देखा जाता है। मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि दिन में हल्के कपड़े पहनें और शीतल पेय का सेवन संतुलित करें ताकि स्वास्थ्य पर असर न पड़े।

  • एमपी में गर्मी ने दिखाए तेवर, 40 डिग्री सेल्सियस पहुंचा पारा, भोपाल-इंदौर-उज्जैन में बढ़ी गर्मी

    एमपी में गर्मी ने दिखाए तेवर, 40 डिग्री सेल्सियस पहुंचा पारा, भोपाल-इंदौर-उज्जैन में बढ़ी गर्मी


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मार्च की शुरुआत के साथ ही गर्मी ने तेजी से असर दिखाना शुरू कर दिया है। बुधवार को इस सीजन में पहली बार प्रदेश में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। रतलाम सबसे गर्म शहर रहा। वहीं भोपाल, इंदौर और उज्जैन समेत कई बड़े शहरों में भी गर्मी के तेवर तेज दिखाई दिए।

    मौसम विभाग के अनुसार, तेज गर्मी के बीच 14 और 15 मार्च को प्रदेश के कुछ हिस्सों में मौसम बदल सकता है। इन दिनों बारिश, बादल छाने और गरज-चमक की स्थिति बनने की संभावना जताई गई है। पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के प्रभाव के कारण विभाग ने दो दिनों के लिए अलर्ट जारी किया है।

    बुधवार को प्रदेश के अधिकांश जिलों में गर्मी का असर देखने को मिला। बड़े शहरों की बात करें तो इंदौर में अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। ग्वालियर और उज्जैन में 37.7 डिग्री, भोपाल में 36.4 डिग्री तथा जबलपुर में 36.5 डिग्री तापमान रहा।

    अन्य शहरों में भी पारा तेजी से बढ़ा। रतलाम में तापमान 40 डिग्री दर्ज किया गया। नर्मदापुरम में 39.9 डिग्री, धार में 39.4 डिग्री, टीकमगढ़ में 38.4 डिग्री, खजुराहो में 38.2 डिग्री और गुना में 38.1 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। इसके अलावा दमोह, मंडला, उमरिया, सागर, खरगोन, खंडवा और श्योपुर में भी अधिकतम तापमान 37 डिग्री या उससे अधिक रहा। मार्च में पहली बार इतना अधिक तापमान दर्ज किया गया है।

    दूसरे सप्ताह से तेज हुई गर्मी
    प्रदेश में मार्च के दूसरे सप्ताह से ही गर्मी का असर बढ़ने लगा है। ग्वालियर, चंबल, उज्जैन और इंदौर संभाग के शहरों में तापमान अधिक दर्ज किया जा रहा है। आने वाले दिनों में भी इन क्षेत्रों में गर्मी का प्रभाव ज्यादा रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, इस समय हवा की दिशा उत्तर-पूर्व से बदलकर पश्चिम और उत्तर-पश्चिम हो गई है। हवा में नमी कम है और यह रेगिस्तानी इलाकों से होकर मध्य प्रदेश तक पहुंच रही है, जिससे गर्मी बढ़ रही है।

    इन जिलों में बदलेगा मौसम
    14 मार्च: ग्वालियर, नीमच, मंदसौर, मुरैना, श्योपुर और भिंड।
    15 मार्च: ग्वालियर, जबलपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, अशोकनगर, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, नर्मदापुरम और बैतूल।

    मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस बार अप्रैल और मई में प्रदेश में हीट वेव यानी लू चलने की संभावना है। अनुमान है कि करीब 15 से 20 दिन तक लू का असर रह सकता है। आमतौर पर पिछले 10 वर्षों में 15 मार्च के बाद गर्मी तेज होती थी, लेकिन इस बार मार्च की शुरुआत में ही तापमान में तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।

  • एमपी में गर्मी का असर शुरू, 28 जिलों में तापमान 30°C पार, 2 मार्च से करवट लेगा मौसम

    एमपी में गर्मी का असर शुरू, 28 जिलों में तापमान 30°C पार, 2 मार्च से करवट लेगा मौसम


    भोपाल। मध्य प्रदेश में ओले और बारिश का दौर थमने के बाद बुधवार को गर्मी का असर बढ़ गया। भोपाल इंदौर उज्जैन ग्वालियर जबलपुर समेत प्रदेश के 28 जिलों में दिन का तापमान 30 डिग्री सेल्सियस के पार पहुँच गया। मौसम विभाग के अनुसार 2 मार्च से नया सिस्टम सक्रिय होगा जिससे कुछ जिलों में बारिश की संभावना बनी है।

    फरवरी में मौसम ने चार बार मिजाज बदला। महीने की शुरुआत में प्रदेश में दो बार ओले बारिश और आंधी आई थी जिससे फसलों को नुकसान हुआ। प्रभावित फसलों का सर्वे भी कराया गया था। तीसरी बार 18 फरवरी को प्रदेश में बारिश हुई 19-21 फरवरी तक इसका असर जारी रहा। चौथी बार 23-24 फरवरी को भी ओले-बारिश का दौर देखने को मिला।

    बुधवार को अधिकांश जिलों में दिन गर्म रहा कुछ जगहों पर बादल छाए रहे। मौसम विभाग ने बताया कि भोपाल इंदौर जबलपुर उज्जैन ग्वालियर बैतूल दतिया धार गुना नर्मदापुरम खंडवा खरगोन रतलाम श्योपुर शाजापुर राजगढ़ दमोह खजुराहो मंडला नरसिंहपुर नौगांव सागर सतना सिवनी सीधी टीकमगढ़ उमरिया में अधिकतम तापमान 30 डिग्री या उससे अधिक रहा। निमाड़ी खरगोन और खंडवा में पारा 34 डिग्री के पार पहुँच गया जबकि उज्जैन में 33.5 डिग्री दर्ज किया गया।

    रात का तापमान भी बढ़ा है। कटनी के करौंदी में न्यूनतम तापमान 9.1 डिग्री और शहडोल के कल्याणपुर में 9.5 डिग्री दर्ज किया गया। भोपाल में 13.8 इंदौर में 14.2 ग्वालियर में 14.8 उज्जैन में 16.5 और जबलपुर में 14.5 डिग्री रहा। नर्मदापुरम में सबसे ज्यादा 18.2 डिग्री दर्ज किया गया। धार सिवनी नरसिंहपुर रतलाम और गुना में रात का तापमान 16 डिग्री से अधिक रहा।

    24 और 25 फरवरी को साइक्लोनिक सकुर्लेशन और ट्रफ की वजह से 20 से अधिक जिलों में तेज आंधी और बारिश आई थी कुछ जिलों में ओले भी गिरे। इस दौरान गेहूं और चने की फसलों पर असर पड़ा। मौसम विभाग ने बताया कि गुरुवार को मौसम साफ रहेगा और बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। मौसम विभाग के अनुसार 2 मार्च से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा जिसका असर प्रदेश में भी दिखाई दे सकता है।

  • MP में दिन होने लगे गर्म, लेकिन रातें अभी भी ठंडी, 15 शहरों में बढ़ने लगा पारा

    MP में दिन होने लगे गर्म, लेकिन रातें अभी भी ठंडी, 15 शहरों में बढ़ने लगा पारा


    भोपाल।  मध्य प्रदेश में अब दिन धीरे-धीरे गर्म होने लगे हैं। मंगलवार को भोपाल, इंदौर और अन्य 13 शहरों में अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया। लेकिन रातें अभी भी ठंडी बनी हुई हैं। मंगलवार की रात प्रदेश के 11 शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया।

    मौसम विभाग का कहना है कि अगले दो दिन तापमान में थोड़ी गिरावट हो सकती है। फिलहाल देश में दो मौसमीय सिस्टम सक्रिय हैं, लेकिन कमजोर होने की वजह से प्रदेश में बारिश की संभावना कम है। वहीं, 13 और 16 फरवरी को पश्चिमी हिमालय में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) सक्रिय हो सकता है, जिसका असर मध्य प्रदेश में भी दिख सकता है। इससे दिन और रात के तापमान में 3-4 डिग्री तक गिरावट आ सकती है।

    दिन में नर्मदापुरम सबसे गर्म, रात में कल्याणपुर सबसे ठंडी

    मंगलवार को प्रदेश के भोपाल, इंदौर, दमोह, खजुराहो, मंडला, सागर, टीकमगढ़, बैतूल, गुना, धार, खंडवा, खरगोन, रायसेन, रतलाम और नर्मदापुरम में पारा 30 डिग्री से ऊपर गया। नर्मदापुरम सबसे ज्यादा गर्म, 33 डिग्री के साथ, रहा। रात में सबसे ठंडा रहा शहडोल का कल्याणपुर, जहां न्यूनतम तापमान 4.5 डिग्री दर्ज किया गया।

    अन्य शहरों में न्यूनतम तापमान इस प्रकार रहा:
    कटनी (करौंदी) – 5.9 डिग्री
    अनूपपुर (अमरकंटक) – 7.8 डिग्री
    खजुराहो – 8.2 डिग्री
    पचमढ़ी-उमरिया – 8.4 डिग्री
    रीवा – 8.5 डिग्री
    शिवपुरी – 9 डिग्री
    मंडला – 9.1 डिग्री
    दतिया – 9.5 डिग्री
    नौगांव – 9.8 डिग्री

    पहाड़ों में बर्फ पिघलने के बाद मौसम में आएगा बदलाव

    मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में वर्तमान में साइक्लोनिक सर्कुलेशन और वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हैं। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और बारिश की संभावना है। इससे अगले दो दिन प्रदेश में तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। भोपाल, इंदौर और उज्जैन समेत अधिकांश शहरों में मंगलवार को तेज धूप खिली रही, जिससे दिन का तापमान बढ़ा। लेकिन रात और सुबह ठंड का असर बरकरार रहेगा।

    आने वाले दिनों का पूर्वानुमान:

    12 फरवरी: दिन और रात के तापमान में बढ़ोतरी, दिन में तेज धूप
    13 फरवरी: तापमान में 3-4 डिग्री तक गिरावट, रात और सुबह ठंड बनी रहेगी
    लेकिन रातें अभी भी ठंडी बनी हुई हैं। मंगलवार की रात प्रदेश के 11 शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया।

    मौसम विभाग का कहना है कि अगले दो दिन तापमान में थोड़ी गिरावट हो सकती है। फिलहाल देश में दो मौसमीय सिस्टम सक्रिय हैं, लेकिन कमजोर होने की वजह से प्रदेश में बारिश की संभावना कम है। वहीं, 13 और 16 फरवरी को पश्चिमी हिमालय में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) सक्रिय हो सकता है, जिसका असर मध्य प्रदेश में भी दिख सकता है। इससे दिन और रात के तापमान में 3-4 डिग्री तक गिरावट आ सकती है।

    दिन में नर्मदापुरम सबसे गर्म, रात में कल्याणपुर सबसे ठंडी

    मंगलवार को प्रदेश के भोपाल, इंदौर, दमोह, खजुराहो, मंडला, सागर, टीकमगढ़, बैतूल, गुना, धार, खंडवा, खरगोन, रायसेन, रतलाम और नर्मदापुरम में पारा 30 डिग्री से ऊपर गया। नर्मदापुरम सबसे ज्यादा गर्म, 33 डिग्री के साथ, रहा। रात में सबसे ठंडा रहा शहडोल का कल्याणपुर, जहां न्यूनतम तापमान 4.5 डिग्री दर्ज किया गया।

    अन्य शहरों में न्यूनतम तापमान इस प्रकार रहा:
    कटनी (करौंदी) – 5.9 डिग्री
    अनूपपुर (अमरकंटक) – 7.8 डिग्री
    खजुराहो – 8.2 डिग्री
    पचमढ़ी-उमरिया – 8.4 डिग्री
    रीवा – 8.5 डिग्री
    शिवपुरी – 9 डिग्री
    मंडला – 9.1 डिग्री
    दतिया – 9.5 डिग्री
    नौगांव – 9.8 डिग्री

    पहाड़ों में बर्फ पिघलने के बाद मौसम में आएगा बदलाव

    मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में वर्तमान में साइक्लोनिक सर्कुलेशन और वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हैं। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और बारिश की संभावना है। इससे अगले दो दिन प्रदेश में तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। भोपाल, इंदौर और उज्जैन समेत अधिकांश शहरों में मंगलवार को तेज धूप खिली रही, जिससे दिन का तापमान बढ़ा। लेकिन रात और सुबह ठंड का असर बरकरार रहेगा।

    आने वाले दिनों का पूर्वानुमान:

    12 फरवरी: दिन और रात के तापमान में बढ़ोतरी, दिन में तेज धूप
    13 फरवरी: तापमान में 3-4 डिग्री तक गिरावट, रात और सुबह ठंड बनी रहेगी

  • MP में मौसम में आया बदलाव: हल्की बारिश और कोहरे के साथ ठंड से मिली राहत, 26 से फिर बदलेगा करवट

    MP में मौसम में आया बदलाव: हल्की बारिश और कोहरे के साथ ठंड से मिली राहत, 26 से फिर बदलेगा करवट


    भोपाल। मध्य प्रदेश में जनवरी के अंतिम दिनों में मौसम ने एक बार फिर नया रूप दिखाया है। 26 जनवरी के बाद प्रदेश में ठंड का नया चरण शुरू होने की संभावना है। उत्तर भारत में सक्रिय मजबूत पश्चिमी विक्षोभ का असर अब मध्य प्रदेश तक पहुँच रहा है।

    प्रदेश के कई हिस्सों में रात की सर्दी से राहत मिली है। दिन में बादल छाए रहे और कुछ जगहों पर हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की गई। शुक्रवार को ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में बादलों और बारिश के संकेत देखे गए, जबकि शनिवार की सुबह कई जिलों में हल्का कोहरा रहा।

    मौसम विभाग ने बताया कि अगले दो दिन तक तेज ठंड की संभावना नहीं है।

    मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर पाकिस्तान के ऊपर सक्रिय निम्न दाब क्षेत्र और उससे जुड़ी ट्रफ के कारण प्रदेश में मौसम में बदलाव आया है। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना में शुक्रवार को बादल छाए रहे और कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी हुई। भोपाल में दोपहर के समय बादलों की मौजूदगी के कारण तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई।

    शनिवार को प्रदेश के कई हिस्सों में कोहरा छाया रहा। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना में हल्का से मध्यम कोहरा रहा।

    भोपाल, इंदौर और उज्जैन में भी हल्का कोहरा देखा गया।

    मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 26 जनवरी से उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय एक और पश्चिमी विक्षोभ मध्य प्रदेश को प्रभावित कर सकता है। इसके प्रभाव से ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, अशोकनगर, गुना, राजगढ़, आगर-मालवा, नीमच और मंदसौर में हल्की बारिश होने की संभावना है। तेज ठंड की संभावना नहीं है, लेकिन सुबह के समय कोहरा बना रह सकता है।

    शुक्रवार की रात न्यूनतम तापमान में वृद्धि दर्ज की गई। भोपाल और इंदौर में तापमान 17 डिग्री सेल्सियस पार कर गया, जो जनवरी में पहली बार हुआ। भोपाल में 17.4, इंदौर में 17.3, ग्वालियर में 13.5, उज्जैन में 15 और जबलपुर में 14.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड हुआ। वहीं, शहडोल का कल्याणपुर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.3 डिग्री सेल्सियस था। शिवपुरी 8, चित्रकूट 8.4, कटनी के करौंदी 8.6, रीवा 8.4, खजुराहो 9.4 और मंडला 9.7 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

  • एमपी में ठंड का कहर जारी, कोहरे ने रोकी रफ्तार, 16 जनवरी से बारिश के आसार

    एमपी में ठंड का कहर जारी, कोहरे ने रोकी रफ्तार, 16 जनवरी से बारिश के आसार

    मध्य प्रदेश में जनवरी की ठंड इस बार लगातार नए रिकॉर्ड की ओर बढ़ती नजर आ रही है। प्रदेश के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान बीते कई दिनों से 7 डिग्री सेल्सियस के आसपास या उससे नीचे बना हुआ है। भले ही मौसम विभाग ने अब तक औपचारिक रूप से शीतलहर की घोषणा नहीं की हो लेकिन आम लोगों के लिए सर्दी किसी शीतलहर से कम नहीं है। सुबह-शाम की ठिठुरन और दिनभर ठंडी हवाओं ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है।

    उत्तर-पश्चिमी अंचल खासतौर पर ग्वालियर-चंबल संभाग इन दिनों घने कोहरे की चपेट में है। ग्वालियर भिंड मुरैना और दतिया जिलों में सुबह के समय कोहरा इतना घना हो रहा है कि सड़कें हाईवे और आसपास की इमारतें तक साफ दिखाई नहीं दे रही हैं। कई स्थानों पर दृश्यता बेहद कम दर्ज की गई जिससे वाहन चालकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सुबह के वक्त लोग हेडलाइट जलाकर बेहद धीमी रफ्तार से सफर करने को मजबूर हैं।मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के सबसे ठंडे इलाकों में कल्याणपुर शहडोल करौंदी खजुराहो और ग्वालियर शामिल रहे। इन क्षेत्रों में रात का तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है। हालांकि दिन में धूप निकलने से कुछ घंटों के लिए राहत जरूर मिलती है लेकिन सूर्यास्त के बाद ठंड फिर से तीखी हो जाती है और रातें बेहद सर्द बनी हुई हैं।

    घने कोहरे का सीधा असर रेल यातायात पर भी पड़ रहा है। दिल्ली–भोपाल–इंदौर रूट पर चलने वाली कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से घंटों देरी से पहुंच रही हैं। यात्रियों के मुताबिक मालवा एक्सप्रेस झेलम एक्सप्रेस और सचखंड एक्सप्रेस जैसी प्रमुख ट्रेनें सबसे ज्यादा प्रभावित हो रही हैं। रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को ठंड और अनिश्चितता के बीच इंतजार करना पड़ रहा है जिससे खासकर बुजुर्गों और बच्चों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक प्रदेश में फिलहाल ठंड का असर बना रहेगा लेकिन 15–16 जनवरी के बाद मौसम का मिजाज बदल सकता है। पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में सक्रिय हो रहा एक नया पश्चिमी विक्षोभ मध्य प्रदेश के मौसम को प्रभावित करेगा। इसके असर से 16 जनवरी के बाद अगले 3 से 4 दिनों तक प्रदेश के उत्तरी और मध्य हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश या मावठा होने की संभावना है।

    बारिश के बाद तापमान में हल्की बढ़ोतरी जरूर देखने को मिल सकती है लेकिन ठंड से तुरंत राहत मिलने की उम्मीद कम है। मौसम विभाग का कहना है कि बादलों और नमी के कारण रात के तापमान में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। ऐसे में लोगों को अभी कुछ दिन और सर्दी से सतर्क रहने की जरूरत है।कुल मिलाकर मध्य प्रदेश में ठंड और कोहरे ने आम जनजीवन की रफ्तार धीमी कर दी है। आने वाले दिनों में बारिश जहां किसानों के लिए फायदेमंद हो सकती है वहीं फिलहाल ठंड का असर बरकरार रहने के संकेत हैं।