Tag: PoliceAction

  • मामूली झगड़ा बना खौफनाक वारदात चितरंगी में बिजली विवाद पर हत्या आरोपी गिरफ्तार

    मामूली झगड़ा बना खौफनाक वारदात चितरंगी में बिजली विवाद पर हत्या आरोपी गिरफ्तार


    सिंगरौली । मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले के चितरंगी क्षेत्र से एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है जहां एक मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और एक व्यक्ति की जान चली गई। पुलिस ने इस मामले में तेजी दिखाते हुए महज 24 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है जिससे इलाके में कानून व्यवस्था को लेकर भरोसा भी मजबूत हुआ है।

    घटना चितरंगी थाना क्षेत्र के ग्राम सूदा की है जहां 24 अप्रैल को भुनेश्वर उर्फ छंदू कोल का शव संदिग्ध हालत में मिला था। जैसे ही इसकी सूचना पुलिस को मिली तत्काल टीम मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई। शुरुआती जांच में मामला संदिग्ध प्रतीत हुआ जिसके बाद पुलिस ने हर एंगल से जांच को आगे बढ़ाया।

    जांच के दौरान पुलिस को मुखबिर से महत्वपूर्ण जानकारी मिली और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर मुन्नालाल पनिका को हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने जो खुलासा किया वह चौंकाने वाला था। उसने बताया कि मृतक बार बार उसका बिजली कनेक्शन काट देता था जिससे वह बेहद परेशान और नाराज था।

    आरोपी के मुताबिक 23 अप्रैल की रात दोनों के बीच इसी बात को लेकर विवाद हुआ जो धीरे धीरे हिंसक झगड़े में बदल गया। गुस्से में आकर उसने लाठी उठाई और भुनेश्वर उर्फ छंदू कोल पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था।

    पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम गठित की और लगातार दबिश देकर आरोपी को पकड़ लिया। पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया और पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल की गई लाठी भी बरामद कर ली है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

    इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि एक मामूली बिजली कनेक्शन को लेकर शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि उसने एक व्यक्ति की जान ले ली। यह घटना समाज में बढ़ती असहिष्णुता और गुस्से के खतरनाक परिणामों की ओर इशारा करती है।

    पुलिस की त्वरित कार्रवाई की स्थानीय लोगों द्वारा सराहना की जा रही है क्योंकि इतने कम समय में मामले को सुलझाना एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। वहीं प्रशासन ने भी लोगों से अपील की है कि किसी भी विवाद को आपसी बातचीत से सुलझाने की कोशिश करें और कानून को अपने हाथ में न लें। यह घटना एक गंभीर चेतावनी है कि छोटी छोटी बातों पर बढ़ता गुस्सा किस तरह बड़े अपराध में बदल सकता है और एक पल का आवेश किसी की जिंदगी खत्म कर सकता है।

  • बारात में रास्ते को लेकर बड़ा बवाल ,शाजापुर में दो पक्ष भिड़े छह घायल ,पांच थानों का पुलिस बल तैनात

    बारात में रास्ते को लेकर बड़ा बवाल ,शाजापुर में दो पक्ष भिड़े छह घायल ,पांच थानों का पुलिस बल तैनात


    शाजापुर । शाजापुर जिले के बेरछा क्षेत्र में शनिवार रात एक बारात के दौरान उपजा मामूली सा विवाद देखते ही देखते बड़े हिंसक टकराव में बदल गया। घटना रात लगभग नौ से दस बजे के बीच की बताई जा रही है जब बेरछा बायपास स्थित सरस्वती शिशु मंदिर के पास से हिंदू समाज की बारात गुजर रही थी। इसी दौरान रास्ते से एक ट्रक निकालने को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हुई जो धीरे धीरे उग्र हो गई और मारपीट में तब्दील हो गई।

    प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्ष आमने सामने आ गए और लाठी डंडों के साथ हमला शुरू हो गया। इस घटना में छह बाराती घायल हो गए जिन्हें तुरंत उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित हो गए।

    फरियादी रवि समोरा उम्र बत्तीस वर्ष निवासी बेरछा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि ट्रक चालक शाहरूख शेख ने पहले बारात के लोगों से गाली गलौज की और कथित रूप से जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया। इसके बाद वह कुछ अन्य लोगों को साथ लेकर वापस आया और बारातियों पर हमला कर दिया। आरोप है कि इसी दौरान सूरज भिलाला पर चाकू से वार किया गया जबकि राजू मिस्त्री द्वारा अरिहंत जैन पर हमला किया गया जिससे स्थिति और अधिक बिगड़ गई।

    घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है जिनमें शाहरूख शेख, फखरूद्दीन का बेटा, वसीम पिता हनीफ खां, पप्पू पिता शरीफ खां, राजू पिता नसीरूद्दीन, इकरार पिता अकरम खां, अनिश पिता हन्नु पटेल, सद्दाम मंसूरी और ताजउद्दीन पिता अकबर खां शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार इनमें से चार आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया है और सुरक्षा कारणों से उन्हें अन्य थाने में रखा गया है।

    एडिशनल एसपी घनश्याम मालवीय ने बताया कि यह विवाद वाहन को रास्ता देने को लेकर शुरू हुआ था जिसमें एक वाहन मुस्लिम समाज के चालक द्वारा चलाया जा रहा था। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में तनाव बढ़ा और बाद में मारपीट की स्थिति उत्पन्न हो गई। पुलिस के अनुसार घायल पक्ष की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है और सभी पहलुओं की गंभीरता से पड़ताल की जा रही है।

    घटना के बाद हालात को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने तुरंत भारी पुलिस बल तैनात किया। सुंदरसी, सलसलाई, सुनेरा, अकोदिया और शाजापुर थानों से अतिरिक्त बल बुलाया गया जिससे पूरे क्षेत्र को छावनी में तब्दील कर दिया गया। रात करीब एक बजे एसडीएम मनीषा वास्कले और नायब तहसीलदार गौरव पोरवाल भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।

    विवाद के बाद थाने पर भी भारी भीड़ जमा हो गई जहां प्रदर्शन और नारेबाजी की स्थिति बन गई। कुछ लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए तीखी टिप्पणी की और कार्रवाई की मांग की। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।

    थाने में देर रात तक हंगामे और बहस का माहौल बना रहा। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों के जुलूस की मांग की जिसे लेकर अधिकारियों और भीड़ के बीच कई बार तीखी बहस भी हुई। बाद में पुलिस अधिकारियों द्वारा उचित कार्रवाई और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिए जाने के बाद स्थिति को नियंत्रित किया जा सका और लोग शांत होकर वापस लौटे।

  • आगर मालवा में खतरनाक रिफाइनरी का खुलासा, जहरीले रसायनों से चल रहा था गुप्त कारोबार

    आगर मालवा में खतरनाक रिफाइनरी का खुलासा, जहरीले रसायनों से चल रहा था गुप्त कारोबार


    आगर मालवा । आगर मालवा जिले के खिरनी तकिया क्षेत्र में फैली लगातार तेज और असहनीय दुर्गन्ध ने आखिरकार एक बड़े अवैध कारोबार का पर्दाफाश कर दिया। यह मामला शहर के मस्जिद गली स्थित एक मकान से जुड़ा है जहां गुप्त रूप से बिना किसी लाइसेंस के चांदी रिफाइनिंग का काम लंबे समय से चल रहा था। स्थानीय लोगों ने कई दिनों से इलाके में फैल रही बदबू और स्वास्थ्य पर पड़ रहे असर की शिकायतें की थीं जिसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की।

    कोतवाली पुलिस को मिली सूचना के आधार पर जब टीम ने संबंधित मकान पर छापा मारा तो वहां का नजारा चौंकाने वाला था। मकान के पीछे बने एक बड़े हाल में चांदी गलाने की पूरी अवैध फैक्ट्री संचालित हो रही थी। वहां भारी मात्रा में खतरनाक रसायन और आधुनिक मशीनरी मौजूद थी जिनका उपयोग चांदी के शुद्धिकरण और गलाने के लिए किया जा रहा था।

    पुलिस जांच में सामने आया कि इस अवैध यूनिट में नाइट्रिक एसिड हाइड्रोक्लोरिक एसिड और सल्फ्यूरिक एसिड जैसे अत्यंत खतरनाक रसायनों का उपयोग किया जा रहा था। इसके अलावा कास्टिक सोडा यूरिया और विभिन्न प्रकार के औद्योगिक पाउडर भी बड़ी मात्रा में पाए गए। मौके से गैस भट्टियां तराजू धातु के सांचे और गैस सिलेंडर भी बरामद किए गए जो इस अवैध कारोबार को संचालित करने में इस्तेमाल हो रहे थे।

    छापेमारी के दौरान पुलिस ने लगभग 1500 लीटर खतरनाक रसायन जब्त किए और पूरी यूनिट को सील कर दिया। जांच में यह भी सामने आया कि रासायनिक अपशिष्ट को सीधे नालियों में बहाया जा रहा था जिससे इलाके में प्रदूषण फैल रहा था और लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो रहा था।

    पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मोहम्मद आबिद उम्र 30 वर्ष और उसके पिता मोजुद्दीन उम्र 50 वर्ष को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक पूछताछ में दोनों ने बिना किसी वैध अनुमति के चांदी रिफाइनिंग का काम करने की बात स्वीकार की है। अधिकारियों के अनुसार यह पूरा संचालन पूरी तरह गैरकानूनी था और पर्यावरण सुरक्षा नियमों का गंभीर उल्लंघन किया जा रहा था।

    फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि इस अवैध कारोबार का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें और कौन कौन लोग शामिल हो सकते हैं। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र के लोगों ने राहत की सांस ली है और पुलिस की तत्परता की सराहना की जा रही है।

  • मुरैना में बड़ी कार्रवाई, कैलारस पुलिस ने हथियारों के साथ दो शातिर बदमाश दबोचे

    मुरैना में बड़ी कार्रवाई, कैलारस पुलिस ने हथियारों के साथ दो शातिर बदमाश दबोचे


    मुरैना । मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में पुलिस ने सतर्कता और त्वरित कार्रवाई का परिचय देते हुए एक बड़ी वारदात को होने से पहले ही नाकाम कर दिया कैलारस थाना पुलिस ने दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है जिनके पास से अवैध हथियार बरामद किए गए हैं यह कार्रवाई क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है

    पुलिस सूत्रों के अनुसार शुक्रवार को थाना पुलिस को एक विश्वसनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि दो अज्ञात व्यक्ति कैलारस रेलवे स्टेशन के अंडर ब्रिज के पास संदिग्ध स्थिति में छिपे हुए हैं और उनके पास अवैध हथियार मौजूद हैं सूचना में यह भी संकेत मिला था कि दोनों बदमाश किसी गंभीर आपराधिक घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं

    सूचना मिलते ही पुलिस ने बिना समय गंवाए एक विशेष टीम का गठन किया और बताए गए स्थान की घेराबंदी की पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से मौके पर दबिश दी जहां दो संदिग्ध युवक पुलिस को देखकर भागने की कोशिश करने लगे हालांकि पुलिस की मुस्तैदी के आगे उनकी एक न चली और दोनों को मौके पर ही पकड़ लिया गया

    तलाशी के दौरान पुलिस को आरोपियों के कब्जे से दो पिस्टल और एक देशी कट्टा बरामद हुआ साथ ही कुछ जिंदा कारतूस भी मिलने की संभावना जताई जा रही है पुलिस ने सभी हथियारों को जब्त कर लिया है और आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है प्रारंभिक पूछताछ में यह सामने आया है कि दोनों आरोपी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे थे हालांकि पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि उनके निशाने पर कौन था और इसके पीछे कोई गिरोह या नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है

    पुलिस अधिकारियों का कहना है कि समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक बड़ी घटना को टाला जा सका है साथ ही क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश भी गया है कि अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा

    फिलहाल दोनों आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है पुलिस उनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वे पहले भी किसी वारदात में शामिल रहे हैं या नहीं

    इस पूरी कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों में राहत का माहौल है वहीं पुलिस की सक्रियता की सराहना भी की जा रही है पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में लगातार निगरानी और गश्त बढ़ाई जाएगी ताकि किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि को समय रहते रोका जा सके

  • भोपाल में विजय मेवाड़ा हत्याकांड का तीसरा आरोपी आसिफ बम शॉर्ट एनकाउंटर में घायल, पिस्टल छीनकर फायरिंग की कोशिश

    भोपाल में विजय मेवाड़ा हत्याकांड का तीसरा आरोपी आसिफ बम शॉर्ट एनकाउंटर में घायल, पिस्टल छीनकर फायरिंग की कोशिश


    भोपाल । भोपाल में विजय मेवाड़ा हत्याकांड मामले से जुड़ी बड़ी घटना सामने आई है। इस मामले का तीसरा आरोपी आसिफ बम शॉर्ट एनकाउंटर में घायल हुआ। पुलिस उसे गिरफ्तार कर थाने ले जा रही थी तभी रातीबड़ के पास आरोपी ने पिस्टल छीनकर पुलिस पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी फायर किया और आसिफ घायल हो गया। फिलहाल उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

    आसिफ पर पहले से 30 हजार रुपये का इनाम घोषित था। यह मर्डर घटना अशोका गार्डन थाना क्षेत्र के प्रभात पेट्रोल पंप के पास हुई थी जहां विजय मेवाड़ा के साथ मामूली विवाद बढ़ गया और आरोपियों ने धारदार हथियार से हमला कर दिया। विजय पेट और छाती पर कई वार से गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में हमीदिया अस्पताल में उसकी मौत हो गई।

    इस घटना के बाद राजधानी में हिंदू संगठनों ने गुस्से में सड़क पर उतरकर न्याय की मांग की। शकल हिंदू समाज के कार्यकर्ता मुख्यमंत्री निवास तक पैदल मार्च का ऐलान कर चुके थे लेकिन पुलिस ने उन्हें पॉलिटेक्निक चौराहे पर रोक दिया। संगठन ने आरोपियों पर NSA और बुलडोजर कार्रवाई की मांग की।

    मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने तुरंत मृतक के परिजनों से मिलकर न्याय का भरोसा दिलाया और कलेक्टर कौशलेंद्र सिंह को निर्देश दिए कि बुलडोजर कार्रवाई तुरंत की जाए। उन्होंने पुलिस को आदेश दिए कि अपराधियों की लिस्ट तैयार करें घर-घर सर्वे कर प्रत्येक आरोपी को जेल भेजा जाए।

    मंत्री ने कहा कि ऐसी कार्रवाई होगी कि अपराधियों की आने वाली पीढ़ियां भी इसे याद रखें। पुलिस पूरे इलाके में हाई अलर्ट पर है और मौके पर भारी फोर्स तैनात कर दी गई है। इस मामले में कार्रवाई तेज़ कर दी गई है और आरोपी आसिफ बम के एनकाउंटर के बाद मामले में नया मोड़ आ गया है।

  • पंधाना थाना पुलिस ने 9 जुआरी पकड़े बाइक और कार समेत लाखों की संपत्ति जब्त

    पंधाना थाना पुलिस ने 9 जुआरी पकड़े बाइक और कार समेत लाखों की संपत्ति जब्त


    खंडवा जिले के पंधाना थाना क्षेत्र में पुलिस ने देर रात अवैध जुआ खेल रहे 9 लोगों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई में पुलिस ने नगदी, तीन मोटरसाइकिल और दो कारें जब्त की हैं। कुल जब्त सामग्री की कीमत 3,79,465 रुपए आंकी गई है।

    टीआई दिलीपसिंह देवड़ा को सूचना मिली कि खापरी गांव के बाहर ईंट भट्टे के पास कुछ लोग ताश के पत्तों पर हार-जीत का दांव लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना के आधार पर वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति से पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार राय और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक व डीएसपी मुख्यालय के मार्गदर्शन में टीम गठित कर दबिश दी गई।

    पुलिस टीम ने मौके पर पंचों के साथ घेराबंदी कर 9 लोगों को पकड़ा। सभी आरोपी और जब्त सामान विधिवत थाने लाए गए। आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट की धारा 13 के तहत अपराध क्रमांक 81/26 दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है।

    गिरफ्तार आरोपी:

    भूपेंद्र यादव (33), घुघरिया खेड़ी, थाना गोगावा

    दिलावर शाह (48), ग्राम टेमी

    कृष्णा सेन (40), ग्राम बगमार

    योगेंद्र राजावत (24), ग्राम जामली

    जितेंद्र पटेल (30), बगमार

    अक्तर खान (38), पंधाना

    सलीम खान (40), पंधाना

    वसीम (36), सिविल लाइन, खंडवा

    अशफाक खान (42), पंधाना

    मौके से जब्त सामान:

    नगदी: 24,465 रुपए

    52 ताश के पत्ते

    मोटरसाइकिल MP-12-MW-9725 (करीब 20 हजार रुपए)

    मोटरसाइकिल MP-12-MW-6281 (करीब 15 हजार रुपए)

    मोटरसाइकिल MP-12-MW-7690 (करीब 20 हजार रुपए)

    टाटा कार MP-12-ZG-6502 (करीब 1.20 लाख रुपए)

    मारुति सुजुकी आर्टिगा MP-09-WD-8070 (करीब 1.80 लाख रुपए)

    पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ आगे कानूनी कार्रवाई जारी है और बाकी सहयोगियों की पहचान के लिए जांच बढ़ाई जा रही है।

  • सिहोरा पत्थरबाजी मामला: TI हटाए गए, प्रतीक्षा मार्को को सौंपा थाने का प्रभार

    सिहोरा पत्थरबाजी मामला: TI हटाए गए, प्रतीक्षा मार्को को सौंपा थाने का प्रभार

    जबलपुर जिले के सिहोरा में हाल ही में हुई पत्थरबाजी की घटना के बाद टीआई पर कार्रवाई की गई है। सिहोरा के आजाद चौक इलाके में घरों और लोगों पर पत्थरबाजी करने वाले कई युवकों का वीडियो कैमरे में कैद हुआ था, जिसमें कुछ मुस्लिम समुदाय के लोग भी पत्थरबाजी करते हुए दिखाई दिए थे।

    मामले में सिहोरा टीआई को हटाकर प्रतीक्षा मार्को को थाने का नया प्रभारी नियुक्त किया गया है। इस घटना के बाद सिहोरा के हालात बिगड़ गए थे और इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस ने कई पत्थरबाजों को हिरासत में लेकर जेल भेजा है और अभी भी संदेहियों से पूछताछ जारी है।

    स्थानीय प्रशासन ने कहा है कि पत्थरबाजी जैसी हिंसक घटनाओं पर सख्त कार्रवाई की जाएगी और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाएगी। नए प्रभारी टीआई प्रतीक्षा मार्को ने मौके पर पहुंचकर स्थिति की समीक्षा की और पुलिस फोर्स को सतर्क रहने के निर्देश दिए।

  • गाजियाबाद में नकली Liv-52 टैबलेट बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश, सरगना समेत 5 गिरफ्तार

    गाजियाबाद में नकली Liv-52 टैबलेट बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश, सरगना समेत 5 गिरफ्तार


    गाजियाबाद । मुरादनगर पुलिस ने एक बड़े पैमाने पर नकली दवा बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। गिरोह ने नामी कंपनी के नाम का इस्तेमाल कर Liv-52 टैबलेट नकली बनाकर बेचने का काम किया। पुलिस ने गिरोह के सरगना मयंक अग्रवाल सहित कुल 5 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से लगभग 50,000 टैबलेट, डेढ़ हजार खाली डिब्बियां और रैपर बरामद किए गए हैं।

    पकड़े गए आरोपी और उनकी पहचान

    डीसीपी देहात सुरेंद्र नाथ तिवारी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों में शामिल हैं:
    मयंक अग्रवाल (मोदीनगर, तिबड़ा रोड) – सरगना
    अनूप गर्ग (दिल्ली, उत्तम नगर)
    तुषार ठाकुर (नंदग्राम, सुभाषनगर)
    आकाश ठाकुर (नंदग्राम, हिंडन विहार)
    नितिन त्यागी (निवाड़ी)

    पुलिस अब अन्य छह साथियों की तलाश कर रही है। गिरफ्तार करने वाली टीम को 20,000 रुपये का इनाम भी मिला।

    गिरोह का काम करने का तरीका

    जांच में पता चला कि गिरोह ने लगभग चार महीने पहले ही यह नेटवर्क तैयार किया। आरोपियों ने सफेद डिब्बी और ढक्कन मेरठ के एक प्लास्टिक उद्योग से बनवाए, रैपर की प्रिंटिंग प्रेस खैरनगर चौपला में करवाई। टैबलेट सोनीपत की सुबको लेबोरेट्रीज़ से बनवाई जाती थी। सभी सामग्री इकट्ठा कर मुरादनगर निवासी जोनी और फरमान के साथ मिलकर पैक की जाती थी। फर्म में मुकेश कुमार को मालिक बनाया गया था और फरमान जीएसटी की फर्जी बिलिंग तैयार करता था।

    जिम्मेदारी बांटी गई थी
    मयंक – सोनीपत की लेबोरेट्री से दवा बनवाता
    तुषार – मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई के साथ दवा की सप्लाई और कुरियरिंग
    नितिन – नगर पंचायत के पूर्व अध्यक्ष, प्रशासनिक मदद

    50,000 से अधिक गोलियां सप्लाई
    जांच में पता चला कि गिरोह ने पिछले चार महीनों में अलीगढ़, मथुरा, बिजनौर, आगरा, मेरठ, शामली और अन्य जिलों में 50,000 से अधिक नकली टैबलेट सप्लाई की। दवा को बाजार भाव से 20% कम पर मेडिकल स्टोर संचालकों को दिया गया। डीसीपी सुरेंद्र नाथ तिवारी ने बताया, “पुलिस ने नामी कंपनी के नाम का इस्तेमाल कर Liv-52 बनाने वाले गिरोह के पांच आरोपी गिरफ्तार किए। दवाइयों के सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं।”

  • संपत्ति और मुआवजा विवाद पर शहडोल के परिवार में सड़क से थाने तक हाथापाई और गाली-गलौज

    संपत्ति और मुआवजा विवाद पर शहडोल के परिवार में सड़क से थाने तक हाथापाई और गाली-गलौज

    शहडोल / मध्यप्रदेश के शहडोल जिले में पारिवारिक संपत्ति विवाद अचानक हाईवोल्टेज ड्रामा में बदल गया। बुढ़ार और धनपुरी थाना क्षेत्र के माली मोहल्ला निवासी परिवार के सदस्य सड़क पर आमने-सामने आ गए और थाने तक अपना विवाद लेकर पहुंचे। हाथापाई, झूमा-झपटी और गाली-गलौज के इस घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

    मामले की शुरुआत बुढ़ार थाना क्षेत्र के जैन झरोखा के सामने सड़क पर हुई। माली मोहल्ला के अजय माली की कुछ साल पहले करंट लगने से मौत हो गई थी। उनकी पत्नी सोनम बाद में पुणे चली गई थी। अब सोनम के धनपुरी लौटने पर पति की मृत्यु के बाद मिली मुआवजा राशि और संपत्ति को लेकर देवर विजय और देवरानी के बीच विवाद शुरू हुआ।

    विवाद सड़क तक सीमित नहीं रहा और दोनों पक्ष थाने में पहुंचे। वायरल वीडियो में पुलिसकर्मी संघर्षरत पक्षों को शांत करने की कोशिश करते दिखाई दे रहे हैं, लेकिन हालात काबू में करना उनके लिए आसान नहीं रहा। पुलिस दोनों पक्षों के बीच समझौता कराने में जुटी हुई है।

    यह विवाद और उसका वायरल वीडियो जिले की कानून-व्यवस्था और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर रहा है। परिवारिक संपत्ति और मुआवजा को लेकर शुरू हुआ मामूली झगड़ा हिंसक रूप लेने के बाद थाने तक पहुंच गया।

  • दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष के नाम पर ठगी करने वाला गिरफ्तार, लखनऊ में डिप्टी सीएम के आवास से पकड़ा गया

    दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष के नाम पर ठगी करने वाला गिरफ्तार, लखनऊ में डिप्टी सीएम के आवास से पकड़ा गया


    नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक बड़े ठग का पर्दाफाश हुआ है, जो खुद को दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा का प्रतिनिधि बताकर लोगों से ठगी कर रहा था। आरोपी, नोएडा निवासी दशरथ पाल को शुक्रवार (12 दिसंबर 2025) को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के सरकारी आवास से गिरफ्तार किया गया। वह कई शहरों में सत्ता और संगठन के नाम पर लोगों से पैसे ऐंठने का काम कर चुका था।

    कैसे पकड़ा गया ठग?
    आरोपी दशरथ पाल ने उपमुख्यमंत्री के आवास पर शिष्टाचार भेंट देने का दावा करते हुए पहुंचने की कोशिश की। उपमुख्यमंत्री की टीम को पहले ही सूचना मिल गई थी कि एक संदिग्ध व्यक्ति उनके आवास तक पहुंचने की कोशिश कर रहा है। जब वह अंदर गया, तो सतर्कता टीम ने उसकी पहचान जांची और पाया कि वह दिल्ली बीजेपी नेतृत्व से कोई संबंध नहीं रखता। इसके बाद उसे तत्काल पुलिस के हवाले कर दिया गया।

    ठगी की वारदातें
    पूछताछ में सामने आया कि दशरथ पाल नोएडा, बुलंदशहर, मेरठ और लखनऊ जैसे शहरों में कई लोगों से ठगी कर चुका था। वह खुद को बीजेपी के बड़े नेताओं का प्रतिनिधि बताकर लोगों को काम करने का वादा करता और बदले में पैसों की मांग करता था। अब पुलिस उसकी जांच कर रही है कि उसने कितने लोगों से ठगी की और उसके पीछे कोई गिरोह तो नहीं है।

    डिप्टी सीएम का कड़ा संदेश
    घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि इस तरह के लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार और संगठन की छवि खराब करने की कोशिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। मौर्य ने इस मामले में कानून के मुताबिक सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया।

    पुलिस की जांच जारी
    पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और यह पता लगाया जा रहा है कि उसने किस-किस व्यक्ति से ठगी की और उसके पास कितने पैसे हैं। पुलिस आरोपी के नेटवर्क और पुराने मामलों की भी जांच कर रही है, ताकि उसकी अन्य ठगी की वारदातों का भी खुलासा हो सके।