सूत्रों के मुताबिक, फिल्म के निर्देशक अपूर्व लखिया और खुद सलमान खान ने फिल्म के कुछ खास हिस्सों को देखने के बाद यह महसूस किया कि कहानी को और अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए कुछ दृश्यों की दोबारा शूटिंग की जानी चाहिए। यह फैसला फिल्म की गुणवत्ता और उसकी भावनात्मक गहराई को सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है। सलमान खान और निर्देशक दोनों का मानना है कि चूंकि यह फिल्म एक बेहद संवेदनशील और देशभक्ति से ओत-प्रोत विषय पर आधारित है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की कमी की गुंजाइश नहीं होनी चाहिए। इसी ‘परफेक्शन’ के चक्कर में शूटिंग का शेड्यूल थोड़ा बढ़ गया है और यही वजह है कि अप्रैल में फिल्म का सिनेमाघरों में आना अब मुश्किल लग रहा है।
फिल्म की नई शूटिंग प्रक्रिया 9 फरवरी से मुंबई की मशहूर गोल्डन टबैको फैक्ट्री में शुरू होने जा रही है। बताया जा रहा है कि इस शेड्यूल के दौरान उन महत्वपूर्ण दृश्यों को फिल्माया जाएगा जिन्हें और बेहतर बनाने की योजना बनाई गई है। फरवरी के अंत तक इस रीशूट के काम को खत्म करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके तुरंत बाद पोस्ट-प्रोडक्शन और एडिटिंग का काम युद्ध स्तर पर शुरू होगा। निर्देशक अपूर्व लखिया फिल्म के हर फ्रेम पर बारीकी से ध्यान दे रहे हैं ताकि गलवान घाटी के संघर्ष की वीरता को दर्शक महसूस कर सकें।
हालाँकि, पहले चर्चा थी कि फिल्म 17 अप्रैल को रिलीज होगी, लेकिन अब नई रणनीति के तहत मेकर्स इसे साल के सबसे बड़े राष्ट्रीय अवसर यानी ‘स्वतंत्रता दिवस’ के आसपास रिलीज करने पर विचार कर रहे हैं। अगस्त का महीना फिल्म के विषय के लिहाज से सबसे सटीक माना जा रहा है। भले ही रिलीज टलने से फैंस थोड़े मायूस हों, लेकिन खबरों की मानें तो 17 अप्रैल को मेकर्स फैंस के लिए फिल्म से जुड़ा कोई बड़ा सरप्राइज या धमाकेदार टीजर रिलीज कर सकते हैं। कुल मिलाकर, सलमान खान एक बार फिर अपनी इस फिल्म के जरिए बॉक्स ऑफिस पर बड़ा धमाका करने की तैयारी में हैं बस इसके लिए दर्शकों को थोड़ा धैर्य और दिखाना होगा।
