पेट्रोल-डीजल और LPG पर सरकार का बड़ा बयान-देश में पर्याप्त स्टॉक, घबराने की जरूरत नहीं


नई दिल्ली देश में पेट्रोल, डीजल और डीजल की कमी को लेकर तेल कंपनियों और सरकार के बीच स्थिति पूरी तरह से स्पष्ट हो गई है। भारत फ्लिपकार्ट कॉर्पोरेशन लिमिटेड और हिंदुस्तान कॉर्पोरेशन कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने साफा कहा है कि देश में कहीं भी जेल की कमी नहीं है और ऑक्सफोर्ड पूरी तरह से सामान्य तरीके से जारी है। कंपनी ने सोशल मीडिया के जरिए लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और पेट्रोल पंपों पर भीड़ न फैलाएं। उनका कहना है कि देश में साबुत स्टॉक मौजूद है और शॉर्ट चेन बिना किसी प्रतिबंध के फ़्राईक रूप से काम कर रही है।

तेल का विश्वास, क्रिस्टोफर चेन पूरी तरह से मजबूत
बीपीसीएल ने अपने बयान में यह भी बताया कि भारत पेट्रोल और डीजल का नेट एक्सपोर्टर है, यानि देश के अलावा अपने को भी शामिल करता है। ऐसे में कमी की बात बिल्कुल निराधार है। कंपनी के मुताबिक, कच्चा तेल, पेट्रोल, डीजल और एविएशन टर्बाइन ईंधन के भंडार मौजूद हैं। वहीं एचपीसीएल ने भी इसी तरह की सलाह देते हुए कहा कि उनके नेटवर्क में प्लास्टिक आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए पूरी क्षमता से काम किया जा रहा है। कंपनी ने लोगों से केवल आधिकारिक जानकारी पर विश्वास करने की सलाह दी है, ताकि किसी भी तरह की आपत्ति-बिक्री की स्थिति न बने।

सरकार भी सक्रिय, रिफाइनरियां पूर्ण क्षमता पर
कॉपर एवं नेचुरल गैस मिनिस्ट्री ने भी स्थिति को लेकर स्पष्ट किया है कि देश की सभी रिफाइनरियां उच्च क्षमता पर काम कर रही हैं। मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा के अनुसार, हाल ही में हजारों टन पेट्रोल पंपों की आपूर्ति की जा चुकी है और सचिवालय में 1 लाख से अधिक पेट्रोल पंप सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं। इसके अलावा पाइप्ड पाइपलाइन कनेक्शन का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, जिससे घरेलू पाइपलाइन की संभावनाएं और मजबूत हो रही हैं। सरकार कॉन्स्टैंट नए पोर्टफोलियो को आपूर्ति तंत्र को और मजबूत बनाने में लगी हुई है।

जमाखोरी पर रोक, कालाबाजारी के खिलाफ कार्रवाई तेज
सरकार ने यह भी साफ कर दिया है कि किसी भी तरह की जमाखोरी या कालाबाजारी को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। इसमें सख्त सख्त कार्रवाई की जा रही है। सैकड़ों रिकार्डों की जेलें निकाली गईं, कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और हजारों छापों के माध्यम से बड़ी संख्या में गैस की डकैती की गईं। यह कदम इसलिए उठाया जा रहा है ताकि आम बाजार में मसाले तक के मसाले बिना किसी बाधा के चुनौती बने रहें और कृत्रिम संकट पैदा न हो।