IPL 2026 अपडेट: पथिराना-हसरंगा की फिटनेस पर सवाल, SLC को रिपोर्ट नहीं सौंपी


नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के बीच श्रीलंकाई खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। श्रीलंका क्रिकेट (SLC) ने पुष्टि की है कि तेज गेंदबाज मथीशा पथिराना और स्टार ऑलराउंडर वानिंदु हसरंगा उन खिलाड़ियों में शामिल हैं, जिन्होंने अब तक अनिवार्य फिटनेस टेस्ट नहीं दिया है।

कुल 45 सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट खिलाड़ियों में से अब तक केवल 24 ही इस टेस्ट को पास कर पाए हैं, जबकि कई खिलाड़ी या तो टेस्ट नहीं दे पाए हैं या फेल हो चुके हैं।

आईपीएल टीमों के लिए बढ़ी चिंता

वानिंदु हसरंगा और मथीशा पथिराना दोनों आईपीएल 2026 में अहम भूमिका निभाने वाले खिलाड़ी हैं। हसरंगा लखनऊ सुपर जायंट्स का हिस्सा हैं, जबकि पथिराना कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलते हैं। ऐसे में उनकी फिटनेस और टेस्ट क्लियर करना बेहद जरूरी है, क्योंकि इसका सीधा असर उनके आईपीएल और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर पर पड़ सकता है।

हसरंगा की स्थिति ज्यादा चिंताजनक

रिपोर्ट्स के मुताबिक, हसरंगा की स्थिति सबसे ज्यादा चिंता का विषय बनी हुई है। उन्हें फरवरी में आयरलैंड के खिलाफ टी20 वर्ल्ड कप मैच के दौरान बाएं हैमस्ट्रिंग में चोट लगी थी।

सूत्रों के अनुसार, उन्होंने अब तक अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) के लिए भी आवेदन नहीं किया है। इससे उनके आईपीएल में खेलने को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।

पथिराना की वापसी की उम्मीद

दूसरी ओर, मथीशा पथिराना भी चोटिल रहे थे। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच के दौरान उनकी पिंडली की मांसपेशी में खिंचाव आ गया था।

हालांकि, राहत की बात यह है कि उन्होंने नेट्स में गेंदबाजी शुरू कर दी है और उम्मीद की जा रही है कि वह अप्रैल के मध्य तक भारत पहुंचकर आईपीएल में हिस्सा ले सकते हैं।

फिटनेस नियम हुए और सख्त

श्रीलंका क्रिकेट ने अपने फिटनेस मानकों को और कड़ा कर दिया है। अब सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट खिलाड़ियों को 20 मीटर स्प्रिंट, 5-0-5 एजिलिटी टेस्ट, काउंटर मूवमेंट जंप, 2 किलोमीटर दौड़ और स्किनफोल्ड टेस्ट पास करना अनिवार्य है। इन सभी टेस्ट में कुल 29 अंक होते हैं, जिनमें से कम से कम 17 अंक हासिल करना जरूरी है।

घरेलू क्रिकेट में भी लागू नियम

एसएलसी ने यह नया फिटनेस सिस्टम घरेलू टूर्नामेंट ‘नेशनल सुपर लीग’ में भी लागू कर दिया है। हालांकि, यहां नियम थोड़े आसान हैं, जिसमें खिलाड़ियों को 2 किलोमीटर दौड़ और स्किनफोल्ड टेस्ट पास करना होता है। इस टूर्नामेंट में 87 खिलाड़ियों में से 23 खिलाड़ी न्यूनतम फिटनेस मानकों को पूरा नहीं कर पाए हैं। इन खिलाड़ियों को 19 अप्रैल तक का समय दिया गया है।

फेल होने पर क्या होगा असर?

अगर खिलाड़ी तय समय तक फिटनेस टेस्ट पास नहीं कर पाते, तो उन्हें मैच फीस नहीं दी जाएगी। इसके अलावा, उनके भविष्य के चयन और टूर्नामेंट में भागीदारी पर भी असर पड़ सकता है।

आईपीएल 2026 के बीच पथिराना और हसरंगा का फिटनेस टेस्ट न देना बड़ा मुद्दा बन गया है। उनकी फिटनेस और टेस्ट क्लियर करना न सिर्फ उनके आईपीएल करियर बल्कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिए भी बेहद अहम साबित होगा।