सरकारी खरीदी से पहले ही मंडी में मूंग की धूम: खरगोन में 55 हजार क्विंटल बिक्री का अनुमान


खरगोन। खरगोन जिले में गर्मी की मूंग फसल की सरकारी खरीदी शुरू होने से पहले ही किसान अपनी उपज मंडी और खुले बाजार में बेचने लगे हैं। अनुमान है कि 15 जून के बाद सरकारी खरीदी शुरू होने तक करीब 55 हजार क्विंटल मूंग बाजार में पहुंच चुकी होगी। मंगलवार को मंडी में एक ही दिन में लगभग 1500 क्विंटल मूंग की आवक दर्ज की गई। मंडी में बढ़ती आवक यह साफ संकेत दे रही है कि किसान सरकारी खरीदी प्रक्रिया का इंतजार करने के बजाय सीधे बाजार में बिक्री को ज्यादा बेहतर विकल्प मान रहे हैं।

मंडी में 6666 से 7551 रुपये तक पहुंचा भाव
मंगलवार को खरगोन मंडी में मूंग का भाव 6666 से 7551 रुपये प्रति क्विंटल के बीच रहा। लगातार बढ़ती आवक के बीच दामों में भी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। वर्तमान में मंडी में मूंग का औसत भाव 6800 से 7600 रुपये प्रति क्विंटल के आसपास बना हुआ है। अनाज मंडी के आंकड़ों के अनुसार 10 मई के बाद मूंग की आवक में तेजी आई है और अब प्रतिदिन 1200 से 1500 क्विंटल मूंग मंडी में पहुंच रही है।

सरकारी खरीदी प्रक्रिया में देरी से परेशान किसान
किसानों का कहना है कि सरकारी खरीदी प्रक्रिया काफी धीमी होती है। पंजीयन, गिरदावरी और भुगतान में कई बार एक महीने तक का समय लग जाता है, जिससे किसानों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ता है। बारिश के मौसम में यह समस्या और बढ़ जाती है। किसान आत्माराम भाई ने बताया कि अनिश्चितता के कारण उन्होंने इस बार अपनी मूंग 6000 रुपये प्रति क्विंटल के भाव पर मंडी में बेच दी, ताकि समय पर भुगतान मिल सके।

18,500 हेक्टेयर में हुई मूंग की खेती
इस वर्ष खरगोन जिले में लगभग 18,500 हेक्टेयर क्षेत्र में मूंग की खेती की गई है। कृषि उत्पादन के लिहाज से यह खरीफ सीजन की प्रमुख फसलों में से एक मानी जाती है। स्थानीय स्तर पर बढ़ती आवक और बाजार में सक्रिय बिक्री यह संकेत दे रही है कि आने वाले दिनों में मंडी में मूंग की सप्लाई और भी बढ़ सकती है।