श्रीलंका बोर्ड इलेवन के खिलाफ वॉर्म-अप मैच में भारतीय गेंदबाजों की खुली पोल, पहले दिन लुटाए 363 रन।

नई दिल्ली ।आगामी टेस्ट श्रृंखला की तैयारियों के सिलसिले में कोलंबो में खेले जा रहे तीन दिवसीय अभ्यास मैच के पहले ही दिन भारतीय गेंदबाजी आक्रमण की कमजोरियां खुलकर सामने आ गईं। श्रीलंका क्रिकेट इलेवन के बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाजों की ढीली गेंदों का पूरा फायदा उठाते हुए दिन का खेल खत्म होने तक 8 विकेट के नुकसान पर 363 रनों का विशाल स्कोर खड़ा कर दिया। इस मुकाबले में नियमित कप्तान की अनुपस्थिति के कारण टीम की कमान संभाल रहे अनुभवी बल्लेबाज के नेतृत्व में भारतीय गेंदबाजों को शुरुआती सफलता हासिल करने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा।

मेजबान टीम के सलामी बल्लेबाजों ने भारतीय तेज गेंदबाजों और स्पिनरों पर दबाव बनाते हुए पहले विकेट के लिए शतकीय साझेदारी निभाई। निशान मदुष्का और रविंदु रसंथा के अर्धशतकों ने श्रीलंका इलेवन को मजबूत आधार प्रदान किया। इसके बाद मध्यक्रम में सोनल दिनुशा ने भी जिम्मेदारी से बल्लेबाजी करते हुए अर्धशतक जड़ा। भारतीय मुख्य गेंदबाजों की लाइन-लेंथ पूरी तरह से बिखरी हुई नजर आई, जिसके चलते श्रीलंकाई बल्लेबाजों ने आसानी से चार रन प्रति ओवर से भी अधिक की औसत से रन बनाए।

हालांकि, खेल के दूसरे और तीसरे सत्र में स्पिन गेंदबाजों ने वापसी का प्रयास किया। रवींद्र जडेजा, मानव सुथार और कुलदीप यादव ने आपस में विकेट बांटकर विपक्षी टीम की रन गति को रोकने की कोशिश की। इसके बावजूद, आगामी टेस्ट मैचों की तैयारियों के लिहाज से लगभग सभी प्रमुख गेंदबाज काफी महंगे साबित हुए। प्रसिद्ध कृष्णा, मोहम्मद सिराज और सारांश जैन जैसे गेंदबाज विकेट हासिल करने में नाकाम रहे और उन्होंने प्रति ओवर चार से अधिक रन लुटाए।

उंगली की चोट के कारण टीम के नियमित कप्तान शुभमन गिल पहले दिन मैदान पर नहीं उतर सके, जिससे टीम प्रबंधन की चिंताएं थोड़ी और बढ़ गई हैं। टेस्ट श्रृंखला शुरू होने से पहले यह अभ्यास मैच खिलाड़ियों की फॉर्म और लय परखने का अहम अवसर माना जा रहा था। गेंदबाजी विभाग के इस प्रदर्शन ने टीम प्रबंधन को अपनी रणनीतियों पर फिर से विचार करने के लिए मजबूर कर दिया है ताकि मुख्य मुकाबलों में इस तरह की गलतियों से बचा जा सके।