Category: Entertainment

  • सलमान खान के सामने डांस करने से घबराए वरुण धवन, मजेदार अंदाज में कही ये बात

    सलमान खान के सामने डांस करने से घबराए वरुण धवन, मजेदार अंदाज में कही ये बात


    नई दिल्ली। Varun Dhawan इन दिनों अपनी अपकमिंग फिल्म Hai Jawani Toh Ishq Hona Hi Hai को लेकर चर्चा में हैं। हाल ही में फिल्म का पहला गाना ‘ब्याह करवा दो जी’ रिलीज हुआ, जिसके बाद वरुण ने एक BTS (बिहाइंड द सीन्स) वीडियो शेयर किया है। इस वीडियो में सेट के मजेदार पल और खास तौर पर Salman Khan की मौजूदगी ने फैंस का ध्यान खींच लिया है।

    ‘भारत के सबसे बड़े कुंवारे’ वाला कैप्शन वायरल

    वीडियो शेयर करते हुए Varun Dhawan ने मजाकिया अंदाज में लिखा “भारत के सबसे बड़े कुंवारे के बगल में डांस करने में हमेशा घबराहट होती है।” उनका इशारा Salman Khan की ओर था, जो सेट पर गाने का रिव्यू करते नजर आए। इस कैप्शन ने सोशल मीडिया पर खूब सुर्खियां बटोरीं और फैंस ने इसे जमकर शेयर किया।

    सेट पर दिखी स्टार पावर

    इस वीडियो में सिर्फ सलमान ही नहीं, बल्कि मशहूर डायरेक्टर David Dhawan और एंटरटेनर Maniesh Paul भी नजर आए। सेट का माहौल काफी मस्ती भरा दिखा, जिसने फैंस की एक्साइटमेंट और बढ़ा दी।

    क्या फिल्म में सलमान का कैमियो?

    वीडियो सामने आने के बाद यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या Salman Khan इस फिल्म में कैमियो करते नजर आएंगे। डेविड धवन और सलमान की पुरानी हिट फिल्मों जैसे Judwaa और Mujhse Shaadi Karogi को देखते हुए यह कयास और मजबूत हो गए हैं।

    कृति सेनन का भी खास रोल!

    रिपोर्ट्स के मुताबिक, Kriti Sanon भी फिल्म में एक स्पेशल डांस नंबर करती नजर आ सकती हैं, जिसे पोस्ट-क्रेडिट सीन में दिखाया जाएगा। इससे पहले वरुण और कृति की जोड़ी Dilwale और Bhediya में खूब पसंद की गई थी।

    वरुण धवन का यह BTS वीडियो सिर्फ एक झलक नहीं, बल्कि फिल्म के प्रति बढ़ती उत्सुकता का संकेत है। सलमान खान की मौजूदगी और मजेदार कैप्शन ने इसे और खास बना दिया है।

  • वर्ल्डवाइड कमाई में ‘धुरंधर 2’ का जलवा, अब इन दो फिल्मों को दे रही टक्कर

    वर्ल्डवाइड कमाई में ‘धुरंधर 2’ का जलवा, अब इन दो फिल्मों को दे रही टक्कर

    नई दिल्ली। Dhurandhar 2: The Revenge ने बॉक्स ऑफिस पर धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए वर्ल्डवाइड 1750 करोड़ रुपये की कमाई का आंकड़ा पार कर लिया है। Ranveer Singh स्टारर इस फिल्म ने अपनी रिलीज के कुछ ही समय में कई रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं और अब यह भारत की तीसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन चुकी है।

    Pushpa 2: The Rule को छोड़ा पीछे

    कमाई के मामले में ‘धुरंधर 2’ ने Pushpa 2: The Rule को पीछे छोड़ दिया है, जिसने कुल 1742 करोड़ रुपये का कारोबार किया था। जहां ‘पुष्पा 2’ की कमाई का बड़ा हिस्सा भारत से आया था, वहीं ‘धुरंधर 2’ ने घरेलू और विदेशी दोनों बाजारों में शानदार संतुलन दिखाया है।

    अब नजर ‘Baahubali 2: The Conclusion’ और ‘Dangal’ पर

    वीकेंड पर रफ्तार, वीकडे में होगी परीक्षा

    शनिवार को फिल्म ने करीब 6.70 करोड़ और रविवार को लगभग 7 करोड़ की कमाई की, जिससे यह ‘बाहुबली 2’ के बेहद करीब पहुंच गई है। हालांकि, वीकडेज में कमाई में गिरावट आना तय माना जा रहा है, लेकिन बड़ी रिलीज न होने के कारण फिल्म को आगे बढ़ने का मौका मिल सकता है।

    टॉप 10 सबसे ज्यादा कमाई करने वाली भारतीय फिल्में (वर्ल्डवाइड)
    Dangal – 2070 करोड़
    Baahubali 2: The Conclusion – 1788 करोड़
    Dhurandhar 2: The Revenge – 1750 करोड़
    Pushpa 2: The Rule – 1742 करोड़
    Dhurandhar – 1307 करोड़
    RRR – 1301 करोड़
    KGF Chapter 2 – 1250 करोड़
    Jawan – 1160 करोड़
    Pathaan – 1048 करोड़
    Kalki 2898 AD – 1042 करोड़

    ‘धुरंधर 2’ का बॉक्स ऑफिस पर दबदबा साफ दिख रहा है। अगर यही रफ्तार बनी रही, तो यह फिल्म जल्द ही दूसरे स्थान पर पहुंच सकती है और भारतीय सिनेमा के इतिहास में एक नया अध्याय लिख सकती है।

  • कॉमेडी नाइट्स से कपिल शर्मा शो तक दादी बनकर छा जाने वाले अली असगर ने क्यों किया शो छोड़ने का फैसला,

    कॉमेडी नाइट्स से कपिल शर्मा शो तक दादी बनकर छा जाने वाले अली असगर ने क्यों किया शो छोड़ने का फैसला,


    नई दिल्ली। टेलीविजन की दुनिया में कॉमेडी का एक बड़ा नाम द कपिल शर्मा शो लंबे समय से दर्शकों का मनोरंजन करता आ रहा है। इस शो में कई कलाकारों ने अपने किरदारों से जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की, जिनमें अभिनेता अली असगर का नाम खास तौर पर शामिल है। उन्होंने शो में दादी के किरदार को निभाकर दर्शकों के बीच अलग पहचान बनाई और घर घर में मशहूर हो गए।

    हालांकि साल 2017 में अली असगर ने अचानक शो छोड़ने का फैसला किया, जिससे दर्शक हैरान रह गए। बाद में उन्होंने अपने इस निर्णय के पीछे की वजहों का खुलासा किया और बताया कि यह फैसला उनके व्यक्तिगत और पारिवारिक कारणों से जुड़ा हुआ था। उन्होंने कहा कि लगातार फीमेल किरदार निभाने के कारण उनकी एक स्थायी छवि बन रही थी, जिससे वे आगे अन्य प्रकार की भूमिकाओं में खुद को सीमित महसूस करने लगे थे।

    अली असगर ने यह भी बताया कि दादी के किरदार की वजह से उनके बच्चों को स्कूल और सामाजिक स्तर पर कई बार चिढ़ाने जैसी स्थितियों का सामना करना पड़ा। यह उनके लिए भावनात्मक रूप से कठिन अनुभव था और इसी कारण उन्होंने अपने करियर को नई दिशा देने का निर्णय लिया। उनका कहना था कि वे नहीं चाहते थे कि उनकी व्यक्तिगत और पारिवारिक जिंदगी पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़े।

    उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि उस समय लगातार एक ही तरह के किरदार निभाने से उनकी रचनात्मकता सीमित हो रही थी। वे चाहते थे कि उन्हें अलग अलग तरह के किरदार निभाने का अवसर मिले ताकि एक अभिनेता के रूप में उनका विकास हो सके। इसी वजह से उन्होंने शो से दूरी बनाने का फैसला किया।

    अली असगर ने अपने करियर की शुरुआत कई टेलीविजन धारावाहिकों से की थी और धीरे धीरे कॉमेडी जगत में अपनी मजबूत पहचान बनाई। कॉमेडी नाइट्स विद कपिल और बाद में द कपिल शर्मा शो ने उन्हें व्यापक लोकप्रियता दिलाई, लेकिन समय के साथ उन्होंने अपने करियर में बदलाव की आवश्यकता महसूस की।

    उनका कहना था कि एक कलाकार के रूप में हर व्यक्ति को नए प्रयोग करने और अलग अलग भूमिकाओं को अपनाने का अवसर मिलना चाहिए। लगातार एक ही छवि में बंधे रहना उनके लिए चुनौतीपूर्ण हो रहा था, इसलिए उन्होंने आगे बढ़ने का निर्णय लिया।

    शो छोड़ने के बाद भी अली असगर ने अभिनय की दुनिया से दूरी नहीं बनाई और अन्य प्रोजेक्ट्स में काम करना जारी रखा। उनका यह फैसला उस समय काफी चर्चा में रहा, लेकिन उन्होंने इसे अपने और अपने परिवार के हित में लिया गया एक महत्वपूर्ण निर्णय बताया।

  • रणवीर सिंह और दीपिका की जोड़ी फिर सुर्खियों में सोशल मीडिया पर बधाइयों का दौर

    रणवीर सिंह और दीपिका की जोड़ी फिर सुर्खियों में सोशल मीडिया पर बधाइयों का दौर


    नई दिल्ली।बॉलीवुड अभिनेत्री दीपिका पादुकोण की हाल ही में साझा की गई एक सोशल मीडिया पोस्ट ने उनके निजी जीवन को लेकर नई अटकलों को जन्म दे दिया है। इस पोस्ट में उनकी बेटी दुआ की एक तस्वीर दिखाई गई है जिसमें वह एक प्रेग्नेंसी टेस्ट किट पकड़े हुए नजर आ रही है और परिणाम पॉजिटिव प्रतीत हो रहा है। इस रचनात्मक प्रस्तुति के बाद सोशल मीडिया पर यह चर्चा तेज हो गई कि दीपिका और रणवीर सिंह अपने दूसरे बच्चे की उम्मीद कर रहे हैं। हालांकि इस विषय पर कपल की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

    पोस्ट के सामने आते ही फैंस के बीच उत्साह और जिज्ञासा दोनों बढ़ गए। कई लोगों ने इसे परिवार में नए सदस्य के आने का संकेत मान लिया और कपल को बधाइयां देना शुरू कर दिया। सोशल मीडिया पर लगातार प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं और फैंस दुआ को बड़ी बहन बनने की संभावनाओं पर अपनी खुशी व्यक्त कर रहे हैं। इस पोस्ट ने देखते ही देखते इंटरनेट पर चर्चा का प्रमुख विषय बन गया है।

    मनोरंजन जगत से जुड़े कई लोगों ने भी इस पोस्ट पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और शुभकामनाएं साझा कीं। कई सेलेब्रिटी ने दिल और बधाई संदेशों के माध्यम से अपनी खुशी व्यक्त की जिससे यह चर्चा और अधिक तेज हो गई। इस तरह का उत्साह इस बात को दर्शाता है कि यह जोड़ी फैंस के बीच कितनी लोकप्रिय और प्रिय है।

    दीपिका पादुकोण और रणवीर सिंह बॉलीवुड की सबसे चर्चित जोड़ियों में से एक हैं। दोनों ने अपने करियर में कई सफल फिल्मों में साथ काम किया है और उनकी ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री को दर्शकों ने खूब सराहा है। वर्ष 2018 में दोनों ने विवाह किया था और तब से उनकी निजी जिंदगी हमेशा चर्चा में रहती है।

    पिछले वर्ष उनके घर बेटी दुआ का जन्म हुआ था जिसने उनके जीवन में नई खुशियां जोड़ी थीं। अब इस नई पोस्ट के बाद दूसरे बच्चे को लेकर उठी अटकलों ने उनके परिवार को लेकर उत्सुकता और बढ़ा दी है। हालांकि अभी तक किसी प्रकार की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन पोस्ट के क्रिएटिव अंदाज ने लोगों की कल्पनाओं को जरूर बढ़ा दिया है।

    फिलहाल यह पोस्ट लगातार सोशल मीडिया पर चर्चा में बनी हुई है और फैंस किसी आधिकारिक घोषणा का इंतजार कर रहे हैं। कपल की ओर से प्रतिक्रिया न आने तक यह विषय केवल अटकलों और उत्साह के बीच ही बना हुआ है।

  • टीवी की पौराणिक जोड़ी लव-कुश की 38 साल पुरानी यादें आज भी जिंदा, लेकिन असल जिंदगी में दोनों ने चुने अलग-अलग रास्ते

    टीवी की पौराणिक जोड़ी लव-कुश की 38 साल पुरानी यादें आज भी जिंदा, लेकिन असल जिंदगी में दोनों ने चुने अलग-अलग रास्ते

    नई दिल्ली। भारतीय टेलीविजन इतिहास में रामायण को एक ऐसा धारावाहिक माना जाता है जिसने दर्शकों की सोच और भावनाओं पर गहरी छाप छोड़ी। इसके बाद आए उत्तर रामायण ने भगवान राम के पुत्र लव और कुश की कथा को दर्शकों तक पहुंचाया, जिसे लोगों ने बेहद भावनात्मक रूप से स्वीकार किया। इस शो के प्रसारण के बाद दोनों बाल कलाकारों को घर घर में पहचान मिली और उनकी मासूम अदाकारी ने उन्हें विशेष स्थान दिलाया।

    समय के साथ अब लगभग चार दशक से अधिक बीत चुके हैं और इन किरदारों को निभाने वाले कलाकारों की जिंदगी पूरी तरह बदल चुकी है। लव का किरदार निभाने वाले मयूरेश क्षेत्रमाडे ने अभिनय की दुनिया को छोड़कर व्यापार और कॉर्पोरेट क्षेत्र में कदम रखा। धीरे धीरे उन्होंने बिजनेस की दुनिया में अपनी मजबूत पहचान बनाई और आज वे एक सफल उद्यमी के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर को एक अलग दिशा देते हुए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काम किया और वर्तमान में कॉर्पोरेट नेतृत्व से जुड़े महत्वपूर्ण पद पर कार्यरत हैं।

    दूसरी ओर कुश का किरदार निभाने वाले स्वप्निल जोशी ने अभिनय के क्षेत्र में अपनी यात्रा जारी रखी। बाल कलाकार के रूप में शुरुआत करने के बाद उन्होंने टेलीविजन और मराठी मनोरंजन उद्योग में कई सफल प्रोजेक्ट्स किए और एक स्थापित अभिनेता के रूप में पहचान बनाई। समय के साथ उन्होंने अपनी अभिनय क्षमता को और निखारा और मनोरंजन जगत में लगातार सक्रिय बने रहे।

    रामायण और उत्तर रामायण के इन किरदारों ने उस दौर में दर्शकों के दिलों में गहरी जगह बनाई थी, जब टेलीविजन सीमित साधनों के बावजूद परिवारों को एक साथ जोड़ने का सबसे बड़ा माध्यम हुआ करता था। लव और कुश की भूमिका ने पौराणिक कथाओं को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया, जिससे यह शो आज भी याद किया जाता है।

    आज इन दोनों कलाकारों की जिंदगी अलग अलग दिशाओं में आगे बढ़ चुकी है। एक ने व्यापार और कॉर्पोरेट दुनिया में सफलता हासिल की, जबकि दूसरे ने अभिनय की दुनिया में अपनी पहचान को और मजबूत किया। हालांकि दोनों की राहें अलग हो गई हैं, लेकिन लव और कुश के रूप में उनकी यादें आज भी दर्शकों के दिलों में ताजा बनी हुई हैं।

  • भूत बंगला बॉक्स ऑफिस पर धीमी रफ्तार, अक्षय कुमार की फिल्म दो दिन में 50 करोड़ के आंकड़े से रह गई दूर, वीकेंड पर टिकी उम्मीदें

    भूत बंगला बॉक्स ऑफिस पर धीमी रफ्तार, अक्षय कुमार की फिल्म दो दिन में 50 करोड़ के आंकड़े से रह गई दूर, वीकेंड पर टिकी उम्मीदें


    नई दिल्ली। अक्षय कुमार की नई हॉरर कॉमेडी फिल्म भूत बंगला ने बॉक्स ऑफिस पर शुरुआती दो दिनों में मध्यम रफ्तार से प्रदर्शन किया है। फिल्म को लेकर रिलीज से पहले काफी चर्चा थी, लेकिन शुरुआती कमाई उम्मीद के मुकाबले संतुलित मानी जा रही है। दर्शकों की शुरुआती प्रतिक्रिया मिली जुली रही है, जिसका असर कलेक्शन पर साफ दिखाई दे रहा है।

    फिल्म ने पहले दिन करीब 21.60 करोड़ की कमाई दर्ज की, जबकि दूसरे दिन इसमें हल्की बढ़ोतरी देखने को मिली और आंकड़ा लगभग 25.65 करोड़ तक पहुंच गया। इस तरह दो दिनों में कुल कमाई लगभग 47 करोड़ के आसपास रही है। हालांकि यह शुरुआत खराब नहीं कही जा सकती, लेकिन फिल्म अभी 50 करोड़ का महत्वपूर्ण आंकड़ा पार नहीं कर सकी है।

    फिल्म के कारोबार पर नजर रखने वाले मानते हैं कि वीकेंड के चलते रविवार को कलेक्शन में और उछाल देखने को मिल सकता है। यदि दर्शकों की भीड़ बनी रहती है तो फिल्म कुल मिलाकर 60 करोड़ के करीब पहुंच सकती है। लेकिन इसके बाद के दिनों में गिरावट आई तो फिल्म की लंबी दौड़ प्रभावित हो सकती है।

    भूत बंगला को खास इसलिए भी माना जा रहा है क्योंकि इसमें लंबे समय बाद अक्षय कुमार और निर्देशक प्रियदर्शन की जोड़ी एक साथ नजर आई है। दोनों ने पहले भी कॉमेडी फिल्मों के जरिए दर्शकों को बड़ा मनोरंजन दिया है, जिससे इस फिल्म से भी उम्मीदें जुड़ी हुई थीं। फिल्म में तब्बू समेत अन्य कलाकारों की मौजूदगी ने भी इसे चर्चा में बनाए रखा है।

    हालांकि दर्शकों की राय पूरी तरह एक जैसी नहीं है। कुछ लोग फिल्म के हल्के-फुल्के मनोरंजन और कॉमेडी को पसंद कर रहे हैं, जबकि कुछ दर्शकों को कहानी और प्रस्तुति अपेक्षा के अनुसार प्रभावी नहीं लगी। यही वजह है कि फिल्म की कमाई में स्थिरता दिखाई दे रही है।

    अब फिल्म का पूरा भविष्य वीकेंड के प्रदर्शन और आने वाले दिनों की पकड़ पर निर्भर करेगा। अगर सकारात्मक वर्ड ऑफ माउथ मजबूत हुआ तो फिल्म लंबी रेस में अच्छा प्रदर्शन कर सकती है, अन्यथा शुरुआती गति ही इसका सर्वोच्च स्तर साबित हो सकती है।

  • जब दोस्ती निभाने के लिए अमिताभ बच्चन उतर गए भोजपुरी सिनेमा में तीन फिल्मों से जीता दिल

    जब दोस्ती निभाने के लिए अमिताभ बच्चन उतर गए भोजपुरी सिनेमा में तीन फिल्मों से जीता दिल


    नई दिल्ली । भारतीय सिनेमा के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने लंबे करियर में हिंदी फिल्मों के साथ-साथ कई अलग-अलग प्रयोग किए हैं लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि उन्होंने भोजपुरी सिनेमा में भी अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज कराई थी खास बात यह है कि यह फैसला उन्होंने किसी बड़े प्रोड्यूसर या स्क्रिप्ट के कारण नहीं बल्कि अपने करीबी रिश्ते और दोस्ती के चलते लिया था

    दरअसल भोजपुरी फिल्मों में काम करने के पीछे सबसे बड़ा कारण उनके मेकअप आर्टिस्ट दीपक सावंत थे दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी और जब दीपक सावंत ने भोजपुरी फिल्मों में काम करने का प्रस्ताव रखा तो अमिताभ बच्चन ने बिना ज्यादा सोचे इसे स्वीकार कर लिया यह एक ऐसा उदाहरण है जहां प्रोफेशनल दुनिया में भी रिश्तों की अहमियत साफ नजर आती है

    अमिताभ बच्चन ने कुल तीन भोजपुरी फिल्मों में काम किया जिनमें गंगा गंगोत्री और गंगा देवी शामिल हैं इन फिल्मों में उन्होंने अपनी एक्टिंग क्षमता का वही लेवल शो जिसके लिए वह जाने जाते हैं दर्शकों ने भी उन्हें भोजपुरी अंदाज में काफी पसंद किया

    फिल्म गंगा में उनके साथ मनोज तिवारी और रवि किशन जैसे लोकप्रिय सितारे नजर आए इस फिल्म ने दर्शकों के बीच अच्छी पहचान बनाई और भोजपुरी सिनेमा में बिग बी की एंट्री को खास बना दिया

    इसके बाद आई फिल्म गंगोत्री जिसमें हेमा मालिनी और भूमिका चावला भी अहम किरदार में थीं, यह फिल्म भी दर्शकों को पसंद आई और इसने अमिताभ बच्चन की बहुमुखी प्रतिभा को फिर साबित किया।

    तीसरी फिल्म गंगा देवी और भी खास रही क्योंकि इसमें उनके साथ उनकी पत्नी जया बच्चन भी नजर आईं फिल्म की कहानी सामाजिक और राजनीतिक पृष्ठभूमि पर आधारित थी जिसमें एक महिला के संघर्ष और उसके सफर को दिखाया गया था इस फिल्म में गुलशन ग्रोवर और दिनेश लाल यादव जैसे कलाकार भी शामिल थे।

    इन तीन फिल्मों के जरिए अमिताभ बच्चन ने यह साबित किया कि भाषा और इंडस्ट्री कोई भी हो अगर कलाकार सच्चे मन से काम करे तो दर्शकों का प्यार मिलना तय है हालांकि दिलचस्प बात यह है कि इन फिल्मों के बाद उन्होंने भोजपुरी सिनेमा से दूरी बना ली और फिर कभी इस इंडस्ट्री में काम नहीं किया।

    आज जब भोजपुरी सिनेमा तेजी से आगे बढ़ रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बना रहा है तब अमिताभ बच्चन का यह छोटा लेकिन प्रभावशाली सफर और भी खास बन जाता है यह कहानी सिर्फ फिल्मों की नहीं बल्कि दोस्ती निभाती है और एक कलाकार की बहुमुखी प्रतिभा की मिसाल भी हैभारतीय सिनेमा के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने लंबे करियर में हिंदी फिल्मों के साथ-साथ कई अलग-अलग प्रयोग किए हैं लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि उन्होंने भोजपुरी सिनेमा में भी अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज कराई थी खास बात यह है कि यह फैसला उन्होंने किसी बड़े प्रोड्यूसर या स्क्रिप्ट के कारण नहीं बल्कि अपने करीबी रिश्ते और दोस्ती के चलते लिया था

    दरअसल भोजपुरी फिल्मों में काम करने के पीछे सबसे बड़ा कारण उनके मेकअप आर्टिस्ट दीपक सावंत थे दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी और जब दीपक सावंत ने भोजपुरी फिल्मों में काम करने का प्रस्ताव रखा तो अमिताभ बच्चन ने बिना ज्यादा सोचे इसे स्वीकार कर लिया यह एक ऐसा उदाहरण है जहां प्रोफेशनल दुनिया में भी रिश्तों की अहमियत साफ नजर आती है

    अमिताभ बच्चन ने कुल तीन भोजपुरी फिल्मों में काम किया जिनमें गंगा गंगोत्री और गंगा देवी शामिल हैं इन फिल्मों में उन्होंने अपनी एक्टिंग क्षमता का वही लेवल शो जिसके लिए वह जाने जाते हैं दर्शकों ने भी उन्हें भोजपुरी अंदाज में काफी पसंद किया

    फिल्म गंगा में उनके साथ मनोज तिवारी और रवि किशन जैसे लोकप्रिय सितारे नजर आए इस फिल्म ने दर्शकों के बीच अच्छी पहचान बनाई और भोजपुरी सिनेमा में बिग बी की एंट्री को खास बना दिया

    इसके बाद आई फिल्म गंगोत्री जिसमें हेमा मालिनी और भूमिका चावला भी अहम किरदार में थीं, यह फिल्म भी दर्शकों को पसंद आई और इसने अमिताभ बच्चन की बहुमुखी प्रतिभा को फिर साबित किया।

    तीसरी फिल्म गंगा देवी और भी खास रही क्योंकि इसमें उनके साथ उनकी पत्नी जया बच्चन भी नजर आईं फिल्म की कहानी सामाजिक और राजनीतिक पृष्ठभूमि पर आधारित थी जिसमें एक महिला के संघर्ष और उसके सफर को दिखाया गया था इस फिल्म में गुलशन ग्रोवर और दिनेश लाल यादव जैसे कलाकार भी शामिल थे।

    इन तीन फिल्मों के जरिए अमिताभ बच्चन ने यह साबित किया कि भाषा और इंडस्ट्री कोई भी हो अगर कलाकार सच्चे मन से काम करे तो दर्शकों का प्यार मिलना तय है हालांकि दिलचस्प बात यह है कि इन फिल्मों के बाद उन्होंने भोजपुरी सिनेमा से दूरी बना ली और फिर कभी इस इंडस्ट्री में काम नहीं किया।

    आज जब भोजपुरी सिनेमा तेजी से आगे बढ़ रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बना रहा है तब अमिताभ बच्चन का यह छोटा लेकिन प्रभावशाली सफर और भी खास बन जाता है यह कहानी सिर्फ फिल्मों की नहीं बल्कि दोस्ती निभाती है और एक कलाकार की बहुमुखी प्रतिभा की मिसाल भी है

  • जब बेटे को कहा गया मेरा बाप औरत है तब टूट गए अली असगर छोड़ना पड़ा कॉमेडी का सबसे बड़ा रोल

    जब बेटे को कहा गया मेरा बाप औरत है तब टूट गए अली असगर छोड़ना पड़ा कॉमेडी का सबसे बड़ा रोल


    नई दिल्ली । टीवी की दुनिया में अपनी कॉमिक टाइमिंग और अलग अंदाज़ से पहचान बनाने वाले अली असगर ने हाल ही में उस फैसले के पीछे की सच्चाई बताने की है जिसने उनके करियर की दिशा बदल दी थी एक समय था जब कॉमेडी नाइट्स विद कपिल में उनकी दादी का किरदार घर घर में लोकप्रिय था दर्शक उनके हर डायलॉग पर ठहाके लगाते थे लेकिन अचानक उनके शो से गायब होना कई सवाल छोड़ गया था

    अब इस राज से पर्दा उठाते हुए अली असगर ने बताया कि यह फैसला जितना प्रोफेशनल था उससे कहीं ज़्यादा पर्सनल भी था उन्होंने एक बातचीत के दौरान कहा कि उनके इस किरदार का असर उनके परिवार खासकर बच्चों पर पड़ने लगा था जो उनके लिए बेहद मेहनतीदेह था

    अली ने खुलासा किया कि उनके बच्चों को स्कूल में इस वजह से चिढ़ाया जाता था उन्होंने एक उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे फिल्मों में डायलॉग होता है मेरा बाप चोर है उसी तरह उनके बेटे को लेकर बच्चे कहते थे मेरा बाप औरत है यह सुनना उनके लिए एक पिता के रूप में बेहद कठिन था और दब से उनके मन में बदलाव की शुरुआत हुई

    उन्होंने यह भी बताया कि समस्या सिर्फ दब तक सीमित नहीं थी बल्कि उन्हें लगातार एक ही तरह के किरदार ऑफर किए जा रहे थे कॉमेडी शो में उन्हें बार बार महिला किरदार निभाने को कहा जाता था जिससे उनकी क्रिएटिव सैटिस्फैक्शन भी प्रभावित हो रही थी अली ने कहा कि कलाकार होने के रिश्तेदार वह अलग-अलग तरह के रोल करना चाहते थे लेकिन उन्हें बार-बार उसी इमेज में ढाल दिया जाता था

    उन्होंने अपने एक्सपीरियंस को शेयर करते हुए कहा कि हर वीकेंड जब वह कॉमेडी शो करते थे तो उन्हें दो अलग-अलग एक्ट में भी महिला किरदार ही निभाने को कहा इससे उन्हें फील होने लगा कि उनकी पहचान लिमिटेड हो रही है और इंडस्ट्री उन्हें एक ही नजर से देख रही है उन्होंने यह भी कहा कि कलाकार को वैरायटी चाहिए और वह सिर्फ एक ही तरह का काम करते रहना नहीं चाहते थे

    गौरतलब है कि अली असगर ने साल 2017 में शो छोड़ा था उस समय यह कहा गया था कि उन्होंने क्रिएटिव बदलावों के कारण यह फैसला लिया है लेकिन अब सामने आई सच्चाई इस फैसले को एक नई नजर देती है

    अली असगर का करियर सिर्फ कॉमेडी तक लिमिटेड नहीं रहा है उन्होंने कई पॉपुलर टीवी शो जैसे कहानी घर घर की और दूसरे प्रोजेक्ट्स में भी काम किया है इसके अलावा फिल्मों में भी उन्होंने अपनी पहचान बनाई है और कई चर्चित फिल्मों में नजर आ चुके हैं उनकी बची हुई फिल्म और टीवी प्रोजेक्ट्स भी इस बात का सबूत हैं कि उन्होंने खुद को एक ही छवि तक सीमित नहीं रखा बल्कि नए प्रयोग करने की कोशिश की है

    यह कहानी सिर्फ एक कलाकार के फैसले की नहीं है बल्कि उस जिम्मेदारी की भी है जो एक पिता अपने परिवार के प्रति महसूस करता है अली असगर का यह कदम दिखाता है कि कभी कभी सफलता से ज्यादा जरूरी अपने करीबियों की भावनाएं होती हैं और यही असली जीत होती है

  • महावतार परशुराम का पहला पोस्टर रिलीज होते ही मचा हंगामा, दमदार लुक और टैगलाइन ने फैंस को किया रोमांचित

    महावतार परशुराम का पहला पोस्टर रिलीज होते ही मचा हंगामा, दमदार लुक और टैगलाइन ने फैंस को किया रोमांचित


    नई दिल्ली। भारतीय पौराणिक कथाओं पर आधारित भव्य फिल्म महावतार परशुराम का पहला पोस्टर जारी कर दिया गया है, जिसके सामने आते ही दर्शकों के बीच उत्साह तेजी से बढ़ गया है। यह फिल्म महावतार सिनेमैटिक यूनिवर्स की दूसरी कड़ी है और इसे बड़े स्तर पर प्रस्तुत करने की तैयारी की जा रही है। पोस्टर में दिखाई गई भव्यता और गहराई यह संकेत देती है कि फिल्म को दृश्यात्मक रूप से बेहद प्रभावशाली बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है।

    फिल्म का निर्देशन अश्विन कुमार कर रहे हैं, जिन्हें उनकी रचनात्मक दृष्टि के लिए जाना जाता है। पोस्टर के साथ जारी की गई टैगलाइन जहां धैर्य समाप्त होता है वहां परशुराम का फरसा शुरू होता है फिल्म के कथानक की तीव्रता और भावनात्मक गहराई को दर्शाती है। यह कहानी भगवान विष्णु के छठे अवतार परशुराम के जीवन और उनके संघर्षों पर आधारित है।

    फिल्म में उस समय की परिस्थितियों को दिखाया जाएगा जब समाज में अन्याय और अत्याचार बढ़ गए थे और धर्म का संतुलन बिगड़ चुका था। ऐसे समय में परशुराम का अवतार हुआ, जिन्होंने अधर्म के खिलाफ संघर्ष करते हुए न्याय और संतुलन की स्थापना की। इस कथा को आधुनिक तकनीक और भव्य प्रस्तुति के साथ बड़े पर्दे पर जीवंत करने की योजना बनाई गई है।

    निर्माताओं का उद्देश्य केवल एक मनोरंजक फिल्म बनाना नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति और पौराणिक कथाओं को नई पीढ़ी तक प्रभावशाली तरीके से पहुंचाना भी है। इस परियोजना को एक ऐसे अनुभव के रूप में तैयार किया जा रहा है जो दर्शकों को भावनात्मक और दृश्य दोनों स्तरों पर जोड़ सके।

    इस सिनेमैटिक यूनिवर्स की पहली फिल्म को दर्शकों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली थी और उसे एक अलग तरह के अनुभव के रूप में देखा गया था। उसी सफलता को आगे बढ़ाते हुए अब इस नई कड़ी को और अधिक भव्य और प्रभावशाली बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

    पोस्टर के सामने आने के बाद से ही फिल्म को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं और इसे भारतीय सिनेमा के एक बड़े और महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के रूप में देखा जा रहा है। दर्शकों को उम्मीद है कि यह फिल्म पौराणिक कथाओं को नए अंदाज में प्रस्तुत करते हुए एक यादगार सिनेमाई अनुभव देगी।

  • टैक्सी बेचकर फिल्म बनाने वाले सरदार सिंह सूरी की कहानी, सफलता के बाद भी मिला सिर्फ धोखा

    टैक्सी बेचकर फिल्म बनाने वाले सरदार सिंह सूरी की कहानी, सफलता के बाद भी मिला सिर्फ धोखा


    नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा जगत में कई प्रेरणादायक कहानियां सामने आती रही हैं, लेकिन कुछ जीवन यात्राएं ऐसी होती हैं जिनमें संघर्ष और सफलता के साथ गहरा दर्द भी जुड़ा होता है। ऐसी ही एक कहानी है सरदार सिंह सूरी की, जिन्होंने साधारण जीवन से उठकर अपने सपनों को साकार किया और सिनेमा की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई। उनका सफर मेहनत, जज्बे और त्याग से भरा हुआ था, लेकिन अंत में उन्हें एक ऐसे विश्वासघात का सामना करना पड़ा जिसने उनकी जिंदगी की दिशा बदल दी।

    सरदार सिंह सूरी मूल रूप से रावलपिंडी के निवासी थे। देश के विभाजन के बाद उन्होंने नए सिरे से जीवन की शुरुआत की और मुंबई पहुंचकर टैक्सी चलाने का काम शुरू किया। कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और धीरे धीरे अपने परिश्रम से एक टैक्सी को तीन टैक्सियों में बदल दिया। हालांकि उनके मन में सिनेमा के प्रति गहरी रुचि थी और वे कुछ बड़ा करने का सपना देखते थे।

    अपने इसी सपने को साकार करने के लिए उन्होंने एक बड़ा और जोखिम भरा फैसला लिया। उन्होंने अपनी तीनों टैक्सियां बेच दीं और उस धन से पंजाबी फिल्म ए धरती पंजाब दी का निर्माण किया। यह फिल्म उनके जीवन का टर्निंग प्वाइंट साबित हुई। इस फिल्म में प्रेम चोपड़ा को बतौर हीरो पहला बड़ा अवसर मिला, जिसने उनके अभिनय करियर की मजबूत नींव रखी।

    फिल्म रिलीज होने के बाद जबरदस्त सफल रही और इसे कुल नौ पुरस्कार भी प्राप्त हुए। यह सफलता किसी भी निर्माता के लिए गर्व का क्षण होती, लेकिन सरदार सिंह सूरी के लिए यह खुशी अधूरी रह गई। फिल्म की कमाई में उनके एक सहयोगी द्वारा धोखाधड़ी किए जाने के कारण उन्हें उनका उचित हिस्सा नहीं मिल पाया। आर्थिक स्थिति इतनी खराब हो गई कि वे अपनी ही फिल्म के सम्मान समारोह में शामिल होने के लिए टिकट तक नहीं खरीद सके।

    यह घटना उनके जीवन का सबसे बड़ा झटका साबित हुई। एक ओर जहां उन्होंने अपने सपनों के लिए सब कुछ दांव पर लगाया, वहीं दूसरी ओर विश्वासघात ने उन्हें भीतर से तोड़ दिया। इस दर्दनाक अनुभव के बाद उन्होंने फिल्म निर्माण से दूरी बना ली और सिनेमा की दुनिया से लगभग अलग हो गए।

    वर्षों बाद प्रेम चोपड़ा ने एक श्रद्धांजलि कार्यक्रम में उन्हें याद करते हुए कहा कि सरदार सूरी केवल एक निर्माता नहीं बल्कि एक नेक और सच्चे इंसान थे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि उनके करियर की शुरुआत में मिला अवसर सरदार सूरी की ही देन था। उस दौर को याद करते हुए उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद फिल्मों में काम करने का जुनून अलग ही था।

    सरदार सिंह सूरी का जीवन केवल सिनेमा तक सीमित नहीं था। उन्होंने सामाजिक और धार्मिक गतिविधियों में भी सक्रिय भूमिका निभाई और मुंबई के चार बंगला गुरुद्वारा साहिब के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनका जीवन इस बात का उदाहरण है कि सपनों को पूरा करने के लिए साहस जरूरी है, लेकिन विश्वास और पारदर्शिता भी उतनी ही महत्वपूर्ण होती है।