Category: Entertainment

  • ‘द डर्टी पिक्चर 2’ को लेकर एकता कपूर का बड़ा ऐलान, 15 साल बाद फिर पर्दे पर दिखेगी बोल्ड कहानी, जानिए क्या होगा खास

    ‘द डर्टी पिक्चर 2’ को लेकर एकता कपूर का बड़ा ऐलान, 15 साल बाद फिर पर्दे पर दिखेगी बोल्ड कहानी, जानिए क्या होगा खास


    नई दिल्ली । बॉलीवुड की चर्चित फिल्मों में शामिल द डर्टी पिक्चर एक बार फिर सुर्खियों में है। साल 2011 में रिलीज हुई विद्या बालन की इस फिल्म के सीक्वल को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही थी लेकिन अब निर्माता एकता कपूर ने इस प्रोजेक्ट की पुष्टि कर दी है। उन्होंने बताया है कि द डर्टी पिक्चर 2 बनाने की योजना पर आगे बढ़ने का फैसला कर लिया गया है क्योंकि उन्हें ऐसी कहानी मिल गई है जिसे वह दर्शकों तक पहुंचाना चाहती हैं। हालांकि फिल्म में कौन से कलाकार नजर आएंगे और इसकी शूटिंग कब शुरू होगी इस बारे में अभी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में सीक्वल को लेकर दर्शकों की उत्सुकता बढ़ गई है।
    एकता कपूर ने रणवीर इलाहाबादिया के साथ बातचीत के दौरान फिल्म के दूसरे भाग को लेकर खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि वह लंबे समय से इस फिल्म के सीक्वल के बारे में सोच रही थीं लेकिन किसी ऐसी कहानी की तलाश में थीं जो पहले भाग की तरह प्रभावशाली हो और दर्शकों के सामने एक नया नजरिया रख सके। अब उन्हें लगता है कि उनके पास ऐसी कहानी है जिसे बड़े पर्दे पर लाया जा सकता है। एकता के मुताबिक द डर्टी पिक्चर 2 की कहानी भी पहले भाग की तरह किसी एक व्यक्ति के इर्द-गिर्द घूमेगी। हालांकि इस बार कहानी का केंद्र कौन होगा और फिल्म में किस तरह के किरदार देखने को मिलेंगे इसका खुलासा नहीं किया गया है।
    द डर्टी पिक्चर साल 2011 में रिलीज हुई थी और इसमें विद्या बालन ने दक्षिण भारतीय अभिनेत्री सिल्क स्मिता से प्रेरित किरदार निभाया था। फिल्म में एक ऐसी महिला की जिंदगी और संघर्ष को दिखाया गया था जो अपनी पहचान और इच्छाओं को खुलकर स्वीकार करती है लेकिन समाज की सोच और आलोचनाओं का सामना भी करती है। एकता कपूर ने बातचीत में कहा कि उन्होंने इस किरदार को कभी केवल पीड़ित महिला के रूप में नहीं देखा बल्कि ऐसी महिला के तौर पर समझा जिसने अपनी पसंद और व्यक्तित्व को स्वीकार करने का साहस दिखाया। फिल्म की कहानी ने उस समय मनोरंजन जगत में महिला की छवि और उसकी स्वतंत्रता से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा को जन्म दिया था।
    फिल्म में विद्या बालन के अभिनय को खूब सराहा गया था। उनके साथ नसीरुद्दीन शाह इमरान हाशमी और तुषार कपूर सहित कई कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आए थे। मिलन लुथरिया के निर्देशन में बनी इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर भी अच्छा प्रदर्शन किया था। उपलब्ध बॉक्स ऑफिस आंकड़ों के अनुसार फिल्म का बजट करीब 31 करोड़ रुपये था जबकि भारत में इसकी कमाई 100 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई थी। फिल्म की लोकप्रियता और विद्या बालन के दमदार अभिनय ने इसे उनके करियर की यादगार फिल्मों में शामिल कर दिया।
    सिल्क स्मिता का असली नाम वदलपति विजयलक्ष्मी था। वह दक्षिण भारतीय सिनेमा की चर्चित अभिनेत्री और डांसर थीं। उन्होंने तमिल तेलुगु कन्नड़ मलयालम और हिंदी फिल्मों में काम किया। अपने करीब 18 साल के करियर में उन्होंने सैकड़ों फिल्मों में अभिनय किया और अपनी अलग पहचान बनाई। उनकी जिंदगी से जुड़े कई पहलुओं ने फिल्म द डर्टी पिक्चर की कहानी को चर्चा का विषय बनाया था। हालांकि फिल्म को उनकी जिंदगी से प्रेरित माना जाता है लेकिन इसे पूरी तरह उनकी वास्तविक जीवनी नहीं कहा जा सकता।
    अब द डर्टी पिक्चर 2 की घोषणा के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या विद्या बालन एक बार फिर इस फ्रेंचाइजी का हिस्सा बनेंगी या एकता कपूर इस बार किसी नए कलाकार को मौका देंगी। फिलहाल निर्माता ने कास्ट कहानी के विस्तृत विवरण और रिलीज डेट को लेकर कोई जानकारी साझा नहीं की है। इतना जरूर है कि सीक्वल को लेकर एकता कपूर की पुष्टि ने फिल्मी दर्शकों के बीच नई चर्चा शुरू कर दी है। अब सभी की नजर इस बात पर रहेगी कि फिल्म की अगली घोषणा कब होती है और इस बार पर्दे पर किसकी कहानी दिखाई जाएगी।

  • ‘दृश्यम 3’ के राजवीर सिंह तोमर बनकर छाए जयदीप अहलावत, ब्लॉकबस्टर के बाद बदलेगी किस्मत, अब बड़े रोल पर नजर

    ‘दृश्यम 3’ के राजवीर सिंह तोमर बनकर छाए जयदीप अहलावत, ब्लॉकबस्टर के बाद बदलेगी किस्मत, अब बड़े रोल पर नजर


    नई दिल्ली । बॉलीवुड अभिनेता अजय देवगन की फिल्म दृश्यम: द कन्क्लूजन को मिल रही सफलता के बीच अभिनेता जयदीप अहलावत ने अपने अगले करियर प्लान को लेकर अहम बात कही है। फिल्म में राजवीर सिंह तोमर का किरदार निभाकर दर्शकों का ध्यान खींचने वाले जयदीप अब बार-बार पुलिस अधिकारी की भूमिका नहीं निभाना चाहते। अभिनेता की इच्छा है कि उन्हें ऐसे किरदार मिलें जो उनकी अभिनय क्षमता को नई दिशा दें और उन्हें कुछ अलग करने का मौका दें। जयदीप ने फिल्म की सफलता पर खुशी जताते हुए उम्मीद जाहिर की है कि इस फिल्म के बाद उनके पास चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं के प्रस्ताव आएंगे।
    जयदीप अहलावत ने हाल ही में वैरायटी इंडिया के साथ बातचीत में फिल्म और अपने किरदार को लेकर विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि किसी ब्लॉकबस्टर फिल्म का हिस्सा बनना हर अभिनेता का सपना होता है और वह इस उपलब्धि से बेहद खुश हैं। हालांकि उन्हें अभी यह नहीं पता कि दृश्यम 3 की सफलता उनके करियर को किस तरह आगे बढ़ाएगी लेकिन उन्हें उम्मीद है कि इसका सकारात्मक असर जरूर देखने को मिलेगा। अभिनेता चाहते हैं कि निर्माता और निर्देशक अब उन्हें एक ही तरह की भूमिकाओं में सीमित रखने के बजाय नए और चुनौतीपूर्ण किरदारों में आजमाएं।
    जयदीप का कहना है कि वह अच्छे स्क्रीनप्ले और मजबूत कहानी वाले प्रोजेक्ट करना चाहते हैं। उनके लिए किसी फिल्म में किरदार की अहमियत और उसे निभाने की चुनौती काफी मायने रखती है। वह ऐसे रोल की तलाश में हैं जिनमें अभिनय के नए पहलुओं को सामने लाने का अवसर मिले। पुलिस अधिकारी के किरदारों में दर्शकों ने उन्हें पहले भी पसंद किया है लेकिन अब वह इस छवि से आगे निकलकर अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाना चाहते हैं। उनका मानना है कि एक अभिनेता के तौर पर लगातार नए प्रयोग करना जरूरी है ताकि दर्शकों को हर बार उनका अलग रूप देखने को मिले।
    दृश्यम 3 में जयदीप के किरदार राजवीर सिंह तोमर की कहानी में अहम भूमिका है। फिल्म में अजय देवगन एक बार फिर विजय सलगांवकर के रूप में अपने परिवार को बचाने की कोशिश करते नजर आते हैं। जयदीप ने बातचीत के दौरान अजय देवगन की अभिनय शैली और कहानी को लेकर उनके नजरिए की भी तारीफ की। जब उनसे पूछा गया कि कुछ दृश्यों में अजय ने अपने किरदार को पीछे रखकर जयदीप के किरदार को प्रभावी होने का मौका दिया तो उन्होंने कहा कि अजय कहानी की जरूरत को समझते हैं। उनके मुताबिक फिल्म में यह जरूरी था कि विजय सलगांवकर को राजवीर सिंह तोमर से डर महसूस हो। अजय देवगन ने इसी जरूरत के अनुसार अपने किरदार को निभाया और कहानी को प्राथमिकता दी।
    अभिनेता ने यह भी बताया कि दृश्यम 3 का हिस्सा बनना उनके लिए अचानक लिया गया फैसला था। पहले से तय काम और व्यस्त शेड्यूल के बीच इस फिल्म के लिए समय निकालना आसान नहीं था। शुरुआत में उन्हें समझ नहीं आ रहा था कि वह अपनी तारीखों को कैसे व्यवस्थित करेंगे लेकिन निर्माताओं के साथ बातचीत के बाद इसका समाधान निकल आया। जयदीप इस फिल्म को करना चाहते थे और अपने किरदार से संतुष्ट भी थे इसलिए आखिरकार उन्होंने इसके लिए हामी भर दी। अब फिल्म का हिस्सा बनने के फैसले से वह खुश हैं।
    जयदीप अहलावत इससे पहले वेब सीरीज पाताल लोक में पुलिस अधिकारी हाथीराम चौधरी की भूमिका निभाकर काफी लोकप्रियता हासिल कर चुके हैं। फिल्म राजी में भी उनका गंभीर और प्रभावशाली अंदाज देखने को मिला था। अब उनकी अगली बड़ी फिल्म किंग है जिसमें वह शाहरुख खान के साथ नजर आएंगे। ऐसे में दृश्यम 3 की सफलता के बाद दर्शकों की नजर उनके आने वाले प्रोजेक्ट्स पर रहेगी। जयदीप की कोशिश अब अपनी स्थापित छवि से आगे बढ़ते हुए ऐसे किरदार चुनने की है जो उनके अभिनय के नए रंग सामने ला सकें।

  • 10 साल बाद टीवी पर लौटीं कांची कौल, पति शब्बीर अहलूवालिया के साथ नए रियलिटी शो में शुरू किया करियर का नया अध्याय

    10 साल बाद टीवी पर लौटीं कांची कौल, पति शब्बीर अहलूवालिया के साथ नए रियलिटी शो में शुरू किया करियर का नया अध्याय

    नई दिल्ली । अभिनेत्री कांची कौल ने करीब 10 साल के लंबे अंतराल के बाद टेलीविजन पर वापसी की है। वह रियलिटी शो ‘पति पत्नी और पंगा’ में अपने पति और अभिनेता शब्बीर अहलूवालिया के साथ नजर आ रही हैं। छोटे पर्दे पर वापसी को लेकर कांची उत्साहित हैं। उनका कहना है कि बीते एक दशक में जिंदगी, काम और महत्वाकांक्षाओं को लेकर उनका नजरिया काफी बदल गया है। ऐसे में वह अपने पुराने दौर को दोहराने के बजाय एक नए अनुभव के साथ आगे बढ़ना चाहती हैं।

    टेलीविजन पर वापसी को लेकर अपनी सोच साझा करते हुए कांची ने कहा कि पहले जहां थे, वहां लौटने और आज जो इंसान बन चुके हैं, उसके रूप में आगे बढ़ने में अंतर होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह अपने पुराने समय को दोबारा जीने के इरादे से वापस नहीं आई हैं। उनके लिए यह वापसी एक नई शुरुआत और नए अनुभव का हिस्सा है। पिछले 10 वर्षों में मिले अनुभवों ने उनके काम करने के तरीके, महत्वाकांक्षाओं और जिंदगी को देखने के नजरिए में बदलाव किया है। कांची इन बदलावों को अपने सफर का महत्वपूर्ण हिस्सा मानती हैं।

    अभिनेत्री के मुताबिक, ‘पति पत्नी और पंगा’ के माध्यम से उन्हें दर्शकों से एक अलग अंदाज में जुड़ने का अवसर मिल रहा है। वह इस नए अनुभव को लेकर रोमांचित हैं। जिंदगी के इस पड़ाव पर वह अपने सफर का आनंद लेना चाहती हैं और अपनी सहज सोच पर भरोसा करते हुए ऐसे काम करना चाहती हैं, जो वास्तव में उनके दिल के करीब हों। उनके बयान से स्पष्ट है कि इस वापसी को वह केवल पुराने करियर की निरंतरता के रूप में नहीं, बल्कि अपने वर्तमान व्यक्तित्व के अनुरूप नए अवसर के तौर पर देख रही हैं।

    कांची कौल और शब्बीर अहलूवालिया को एक बार फिर साथ देखना उनके प्रशंसकों के लिए खास है। दोनों इस रियलिटी शो में पति-पत्नी के रूप में हिस्सा ले रहे हैं। करीब एक दशक तक टेलीविजन से दूर रहने के बाद कांची की वापसी ने उनके दर्शकों के बीच नई दिलचस्पी पैदा की है। शो में वास्तविक जीवन के जोड़ों के रिश्तों और शादीशुदा जिंदगी से जुड़े अनुभवों को मनोरंजक तरीके से प्रस्तुत किया जाता है।

    ‘पति पत्नी और पंगा’ के नए सीजन की मेजबानी अभिनेत्री सोनाली बेंद्रे बहल और कॉमेडियन मुनव्वर फारूकी कर रहे हैं। कार्यक्रम में शामिल जोड़ों को कई मजेदार और अप्रत्याशित चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। इन गतिविधियों के माध्यम से शादीशुदा जिंदगी के रोजमर्रा के अनुभवों को मनोरंजन के अंदाज में सामने लाया जाता है।

    इस सीजन में कांची कौल और शब्बीर अहलूवालिया के अलावा राहुल वैद्य और दिशा परमार, अर्जुन बिजलानी और नेहा स्वामी बिजलानी, दीपिका सिंह और रोहित राज गोयल, दिव्यांका त्रिपाठी दहिया और विवेक दहिया भी शामिल हैं। इनके साथ मनोज तिवारी और सुरभि तिवारी तथा अर्चना पूरन सिंह और परमीत सेठी भी कार्यक्रम का हिस्सा हैं।

    स्टोरी वीवर्स कलेक्टिव के निर्माण में तैयार इस शो का प्रीमियर 10 अक्टूबर को हुआ। ‘पति पत्नी और पंगा’ का प्रसारण हर शनिवार और रविवार को जियोहॉटस्टार पर किया जाता है। कांची कौल के लिए यह वापसी दर्शकों के साथ नए तरीके से जुड़ने और अपने बदले हुए नजरिए के साथ मनोरंजन की दुनिया में आगे बढ़ने का अवसर है।

  • रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर के बाद नुसरत भरूचा ने अस्पताल से साझा की पहली तस्वीर, लिखा- पिक्चर अभी बाकी है दोस्त

    रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर के बाद नुसरत भरूचा ने अस्पताल से साझा की पहली तस्वीर, लिखा- पिक्चर अभी बाकी है दोस्त

    नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेत्री नुसरत भरूचा ने रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर के बाद अस्पताल से अपनी पहली तस्वीर साझा की है। बाली में छुट्टियों के दौरान हुए हादसे में उन्हें गंभीर चोट लगी थी, जिसके बाद उन्हें मुंबई लाया गया और यहां उनकी सर्जरी हुई। अभिनेत्री की सेहत को लेकर चिंतित प्रशंसकों के बीच उनकी इस पोस्ट को पहला सार्वजनिक अपडेट माना जा रहा है। नुसरत ने सोशल मीडिया पर अस्पताल के कमरे से एक तस्वीर साझा की। इसके साथ उन्होंने जिंदगी को देखने के अपने नजरिए में आए बदलाव का जिक्र करते हुए लिखा, “हमेशा से सनसेट यानी सूर्यास्त के पीछे भागती रही हूं, और बस ऐसे ही… मेरा नजरिया बदल गया। लेकिन, पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त।” अभिनेत्री ने इस संदेश के जरिए अपने इलाज की विस्तृत जानकारी नहीं दी, लेकिन उनकी पोस्ट से उनके प्रशंसकों को राहत मिलने की उम्मीद है।

    नुसरत ने शनिवार को अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर यह तस्वीर साझा की थी। तस्वीर में अस्पताल के कमरे में एक बड़ी खिड़की के पास खाली रिक्लाइनिंग व्हीलचेयर दिखाई दे रही है। खिड़की के बाहर सूर्यास्त का दृश्य नजर आ रहा है। तस्वीर के साथ लिखे संदेश में अभिनेत्री ने सूर्यास्त को देखने के अपने पुराने शौक और हादसे के बाद बदले नजरिए का उल्लेख किया। उनका “पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त” वाला संदेश उनके प्रशंसकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। हादसे के बाद से प्रशंसक उनकी सेहत को लेकर लगातार चिंतित थे। ऐसे में अस्पताल से आई इस तस्वीर को उनके स्वास्थ्य से जुड़ा पहला सार्वजनिक संकेत माना जा रहा है। हालांकि, अभिनेत्री ने अपनी मौजूदा स्थिति, सर्जरी के नतीजे या आगे के इलाज को लेकर कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है।

    जानकारी के अनुसार, नुसरत काम के सिलसिले में बाली गई थीं। बाद में यह यात्रा काम के साथ छुट्टियां बिताने का अवसर भी बन गई। इसी दौरान उनका एक्सीडेंट हो गया, जिसमें उनकी रीढ़ की हड्डी में चोट आई। उनकी टीम ने बाद में रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर होने की पुष्टि की थी। चोट लगने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया और डॉक्टरों ने सर्जरी की सलाह दी। इसके बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए मुंबई लाया गया, जहां उनकी सर्जरी हुई। मुंबई पहुंचने के बाद अभिनेत्री के कुछ वीडियो भी सामने आए थे, जिनमें वह ऑक्सीजन सपोर्ट पर दिखाई दी थीं। इसके बाद अस्पताल से उनकी कोई तस्वीर सामने नहीं आई थी। अब उनकी नई पोस्ट से प्रशंसकों को उनके बारे में जानकारी मिली है, हालांकि उनकी रिकवरी को लेकर कोई विस्तृत चिकित्सकीय अपडेट उपलब्ध नहीं है।

    कामकाज की बात करें तो नुसरत भरूचा जल्द ही अभिनेता टाइगर श्रॉफ के साथ एक फिल्म में नजर आ सकती हैं। दोनों पहली बार किसी फिल्म में साथ काम करते दिखाई देंगे। हालांकि, इस परियोजना के शीर्षक और कलाकारों से जुड़ी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। ऐसे में अभिनेत्री की आगामी फिल्म को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। नुसरत इससे पहले भी विदेश में मुश्किल परिस्थिति का सामना कर चुकी हैं। साल 2023 में वह इजराइल में उस समय फंस गई थीं, जब वहां इजराइल-हमास युद्ध शुरू हुआ था। वह तेल अवीव में एक फिल्म महोत्सव में शामिल होने गई थीं। उस दौरान बम धमाकों और सायरन की आवाज के बीच उन्हें एक बेसमेंट में शरण लेनी पड़ी थी। भारतीय दूतावास और सरकार के प्रयासों के बाद 8 अक्टूबर 2023 को उन्हें सुरक्षित मुंबई वापस लाया गया था।

  • अमिताभ बच्चन की 7 खास आदतें, हर रविवार नंगे पैर फैंस से मिलने से लेकर दो घड़ियां पहनने तक, जानिए बिग बी की जिंदगी के दिलचस्प किस्से

    अमिताभ बच्चन की 7 खास आदतें, हर रविवार नंगे पैर फैंस से मिलने से लेकर दो घड़ियां पहनने तक, जानिए बिग बी की जिंदगी के दिलचस्प किस्से

    नई दिल्ली: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन 11 अक्टूबर को अपना 84वां जन्मदिन मना रहे हैं। शानदार अभिनय और दमदार आवाज के लिए पहचाने जाने वाले अमिताभ ने अपने लंबे फिल्मी करियर में कई यादगार किरदार निभाए हैं। पर्दे पर अपनी अलग पहचान बनाने वाले अभिनेता की निजी जिंदगी से जुड़ी कुछ आदतें भी उन्हें चर्चा में रखती हैं। प्रशंसकों से मिलने का उनका खास अंदाज, लगातार ब्लॉग लिखना और काम के प्रति अनुशासन उनकी दिनचर्या के महत्वपूर्ण हिस्से हैं। उनके जन्मदिन के मौके पर ऐसी ही कुछ आदतों और जीवन के अनुभवों पर नजर डालना दिलचस्प है, जिनमें प्रशंसकों के प्रति उनका जुड़ाव और मुश्किल समय में वापसी की कहानी भी शामिल है।

    अमिताभ बच्चन की सबसे चर्चित परंपराओं में से एक मुंबई स्थित उनके बंगले जलसा के बाहर प्रशंसकों से मुलाकात करना है। हर रविवार उनके चाहने वाले उनसे मिलने की उम्मीद में बंगले के बाहर इकट्ठा होते हैं। अमिताभ लंबे समय से इस परंपरा को निभाते आ रहे हैं और कई बार प्रशंसकों से मिलने के लिए नंगे पैर बाहर आते हैं। उनके इस अंदाज को प्रशंसकों के प्रति स्नेह और सम्मान से जोड़कर देखा जाता है। इसके अलावा, अमिताभ सोशल मीडिया पर भी सक्रिय रहते हैं। उन्होंने अप्रैल 2008 में अपना ब्लॉग शुरू किया था, जिसके माध्यम से वह अपने विचार, अनुभव और जीवन से जुड़ी बातें साझा करते हैं। व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद ब्लॉग लेखन उनके लिए प्रशंसकों से जुड़े रहने का एक माध्यम बना हुआ है। किसी के काम की सराहना करने के लिए हाथ से पत्र लिखना और गुलदस्ता भेजना भी उनकी खास आदतों में शामिल बताया जाता है।

    अमिताभ बच्चन से जुड़ी एक अन्य दिलचस्प बात यह है कि वह दोनों हाथों से लिख सकते हैं। इस क्षमता को अंग्रेजी में एम्बिडेक्सट्रस कहा जाता है। इसके अलावा, उन्हें कई बार एक साथ दो घड़ियां पहने हुए भी देखा गया है। हालांकि, वह ऐसा किस वजह से करते हैं, इसकी स्पष्ट जानकारी नहीं है। उनकी दिनचर्या और फिटनेस को लेकर भी चर्चा होती रहती है। व्यस्त कार्यक्रम के बीच काम के लिए समय निकालना और अलग-अलग परियोजनाओं में सक्रिय रहना उनके कार्य अनुशासन को दर्शाता है। फिल्मों के साथ टेलीविजन कार्यक्रम ‘कौन बनेगा करोड़पति’ में भी वह लगातार नजर आते रहे हैं। लंबे करियर के बाद भी विभिन्न माध्यमों पर उनकी सक्रियता बनी हुई है। उनके काम करने के तरीके और समय की पाबंदी को लेकर भी अक्सर बातें होती हैं।

    अमिताभ बच्चन के जीवन में कठिन दौर भी आया। 1990 के दशक में उनकी कंपनी अमिताभ बच्चन कॉरपोरेशन लिमिटेड यानी एबीसीएल को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा था। इस मुश्किल समय के बाद उन्होंने फिल्मों में वापसी की और ‘कौन बनेगा करोड़पति’ के माध्यम से टेलीविजन पर भी नई पहचान बनाई। उनका करियर कई उतार-चढ़ाव से गुजरा है, लेकिन उन्होंने काम जारी रखा और मनोरंजन जगत में अपनी सक्रियता बनाए रखी। उनके जीवन की यह यात्रा उनके पेशेवर संघर्ष का अहम हिस्सा है। प्रशंसकों के बीच उनकी लोकप्रियता के साथ-साथ उनकी काम के प्रति प्रतिबद्धता भी चर्चा में रहती है।

    जन्मदिन के मौके पर अमिताभ बच्चन की इन आदतों और अनुभवों की चर्चा उनके व्यक्तित्व के अलग-अलग पहलुओं को सामने लाती है। जलसा के बाहर प्रशंसकों से मुलाकात की परंपरा उनके प्रशंसकों के साथ लंबे समय से चले आ रहे जुड़ाव को दिखाती है, जबकि ब्लॉग लेखन उन्हें अपने विचार सीधे साझा करने का अवसर देता है। दोनों हाथों से लिखने की क्षमता, एक साथ दो घड़ियां पहनने का अंदाज और हाथ से पत्र लिखकर दूसरों की सराहना करना उनकी जिंदगी से जुड़ी खास बातें हैं। वहीं, आर्थिक मुश्किलों के बाद फिल्मों और टेलीविजन में वापसी उनके लंबे पेशेवर सफर का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है।

  • यश की फिल्म टॉक्सिक की ओटीटी डील पर संकट, 150 करोड़ के पुराने ऑफर के मुकाबले अब 30 करोड़ की चर्चा

    यश की फिल्म टॉक्सिक की ओटीटी डील पर संकट, 150 करोड़ के पुराने ऑफर के मुकाबले अब 30 करोड़ की चर्चा

    नई दिल्ली: अभिनेता यश की फिल्म ‘टॉक्सिक: ए फेयरीटेल फॉर ग्रोन-अप्स’ की ओटीटी रिलीज और डिजिटल अधिकारों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। फिल्म से दर्शकों को काफी उम्मीदें थीं, लेकिन सिनेमाघरों में इसका प्रदर्शन अपेक्षा के अनुरूप नहीं रहने की खबरों के बाद अब इसके डिजिटल सौदे पर सबकी नजर है। यश ने इस फिल्म के जरिए लंबे समय बाद बड़े पर्दे पर वापसी की थी। फिल्म में उनका नया अंदाज और कई बोल्ड दृश्य भी चर्चा का विषय बने थे। इसके बावजूद बॉक्स ऑफिस पर फिल्म वैसा प्रदर्शन नहीं कर पाई, जैसी उम्मीद की जा रही थी। अब दर्शक इसकी ओटीटी रिलीज की तारीख और स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म के बारे में जानकारी मिलने का इंतजार कर रहे हैं।

    फिल्म के डिजिटल अधिकारों को लेकर सामने आई जानकारी के मुताबिक, सिनेमाघरों में रिलीज से पहले कई बड़े स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म ने ‘टॉक्सिक’ के ओटीटी राइट्स के लिए करीब 150 करोड़ रुपये तक की पेशकश की थी। बताया जा रहा है कि यश ने इससे अधिक रकम मिलने की उम्मीद में इन प्रस्तावों को स्वीकार नहीं किया। इसके बाद फिल्म को किसी पक्के ओटीटी समझौते के बिना सिनेमाघरों में रिलीज किए जाने की चर्चा सामने आई। ऐसे में डिजिटल अधिकारों का सौदा फिल्म के बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन से जुड़ी परिस्थितियों के आधार पर तय होने की संभावना जताई गई थी। हालांकि, निर्माताओं या संबंधित स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म की ओर से इन पुराने प्रस्तावों के बारे में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

    अब ताजा रिपोर्ट में दावा किया गया है कि ZEE5 ने फिल्म के डिजिटल स्ट्रीमिंग अधिकार हासिल करने के लिए करीब 30 करोड़ रुपये का प्रस्ताव दिया है। यह रकम रिलीज से पहले चर्चा में रहे 150 करोड़ रुपये के कथित प्रस्ताव से काफी कम है। इस अंतर के कारण फिल्म की ओटीटी डील को लेकर नए सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, 30 करोड़ रुपये के प्रस्ताव और पहले बताए गए 150 करोड़ रुपये के ऑफर की शर्तों की आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है। इसलिए यह निश्चित रूप से नहीं कहा जा सकता कि फिल्म के डिजिटल अधिकारों की कीमत में वास्तव में इतनी गिरावट आई है या दोनों प्रस्ताव अलग-अलग शर्तों पर आधारित थे।

    रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि ZEE5 के कथित प्रस्ताव में भुगतान से जुड़ी एक खास शर्त शामिल हो सकती है। इसके तहत प्लेटफॉर्म आधी रकम पहले देने और बाकी भुगतान को पे-पर-व्यू मॉडल से जोड़ने का विकल्प रख सकता है। इस व्यवस्था में दर्शकों को फिल्म देखने के लिए सामान्य सदस्यता के अलावा अलग से भुगतान करना पड़ सकता है। हालांकि, इस भुगतान व्यवस्था को लेकर भी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। न तो ZEE5 और न ही फिल्म की टीम ने प्रस्ताव की रकम या भुगतान की शर्तों की पुष्टि की है। ऐसे में यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत किसी समझौते तक पहुंची है या डिजिटल अधिकारों को लेकर चर्चा अभी जारी है।

    गीतू मोहनदास के निर्देशन में बनी ‘टॉक्सिक’ में यश के साथ नयनतारा, कियारा आडवाणी, हुमा कुरैशी और तारा सुतारिया भी नजर आएंगी। फिल्म को लेकर शुरुआती चर्चाओं में कलाकारों की मौजूदगी और यश के नए अंदाज को लेकर उत्सुकता रही थी। अब इसके डिजिटल अधिकारों से जुड़ी खबरों ने ओटीटी रिलीज को लेकर दर्शकों की दिलचस्पी बढ़ा दी है। फिलहाल फिल्म की स्ट्रीमिंग तारीख, अंतिम प्लेटफॉर्म और डिजिटल सौदे की रकम को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। इसलिए 30 करोड़ रुपये के प्रस्ताव और पे-पर-व्यू भुगतान की जानकारी को अपुष्ट रिपोर्ट के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

  • 1993 मुंबई ब्लास्ट मामले में हथियार रखने पर संजय दत्त ने मानी गलती, आज भी फैसले को लेकर है पछतावा

    1993 मुंबई ब्लास्ट मामले में हथियार रखने पर संजय दत्त ने मानी गलती, आज भी फैसले को लेकर है पछतावा

    नई दिल्ली: अभिनेता संजय दत्त ने 1993 के मुंबई सीरियल ब्लास्ट के दौरान अपने घर में अवैध हथियार रखने के मामले को लेकर एक बार फिर अपनी गलती स्वीकार की है। उन्होंने इस फैसले पर अफसोस जताते हुए कहा कि उस समय अगर उन्होंने अपने दिल की आवाज सुनी होती, तो शायद वह ऐसा कदम नहीं उठाते। इस मामले में संजय दत्त को कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ा था और उन्हें जेल की सजा भी काटनी पड़ी थी। अभिनेता ने माना कि उस समय लिया गया उनका फैसला गलत था और उन्हें इसके गंभीर परिणामों का अंदाजा नहीं था। उन्होंने यह भी कहा कि जिस देश में कोई व्यक्ति रहता है, वहां के कानूनों की जानकारी होना जरूरी है।

    शेखर सुमन के शो ‘शेखर टुनाइट’ में बातचीत के दौरान संजय दत्त ने उस घटना को याद किया। उन्होंने कहा कि जब उन्हें हथियार रखने के मामले की गंभीरता का पता चला, तब उनका दिल उन्हें ऐसा नहीं करने के लिए कह रहा था। इसके बावजूद उन्होंने अपने दिमाग की बात सुनी और यह सोचकर हथियार रखने का फैसला किया कि एक सप्ताह तक उन्हें अपने पास रखने में क्या नुकसान होगा। संजय दत्त ने कहा कि गलती उनकी थी और अगर उस समय उन्होंने अपने मन की चेतावनी को गंभीरता से लिया होता, तो स्थिति अलग हो सकती थी। उनके मुताबिक, उस फैसले के इतने गंभीर नतीजे सामने आएंगे, इसका उन्हें पहले अंदाजा नहीं था।

    अभिनेता ने इस मामले के दौरान अपने परिवार को हुई परेशानी का भी जिक्र किया। संजय दत्त के मुताबिक, इस घटना ने उनके और उनके परिवार के लिए मुश्किल हालात पैदा कर दिए थे। कानूनी कार्रवाई के दौरान उन्हें जेल भी जाना पड़ा और कई साल तक इस मामले के परिणामों का सामना करना पड़ा। उन्होंने अपने अनुभव के आधार पर कानूनों को समझने और उनका पालन करने की अहमियत बताई। संजय दत्त ने स्पष्ट किया कि उस समय लिया गया फैसला उनकी गलती थी और आज भी उन्हें उसका पछतावा है। उनके बयान से यह भी सामने आया कि वह उस घटना को अपने जीवन के ऐसे फैसले के रूप में देखते हैं, जिसके परिणाम उनकी अपेक्षा से कहीं अधिक गंभीर साबित हुए।

    संजय दत्त ने बातचीत में अपने पिता सुनील दत्त से जुड़ा भावुक पल भी साझा किया। उन्होंने बताया कि जब पुलिस उन्हें हथकड़ी पहना रही थी, तब उनके पिता रोने लगे थे। बेटे के साथ इस तरह की कार्रवाई होते देख सुनील दत्त भावुक हो गए थे। संजय दत्त ने उस समय अपने पिता को संभालने की कोशिश की और उन्हें भरोसा दिलाया कि यह कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा है तथा उन्हें परेशान होने की जरूरत नहीं है। हालांकि, पिता को इस स्थिति में देखकर संजय दत्त भी भावुक हो गए थे। उन्होंने बताया कि उस समय उन्हें खुद को मजबूत दिखाना पड़ा, ताकि उनके पिता को हिम्मत दे सकें। यह घटना उनके लिए व्यक्तिगत रूप से भी कठिन रही।

    कामकाज की बात करें तो संजय दत्त फिल्म ‘धुरंधर’ में चौधरी असलम की भूमिका निभा चुके हैं। इस फिल्म में उनके अभिनय को दर्शकों का प्यार मिला। अब वह ‘खलनायक रिटर्न्स’ और अजय देवगन की फिल्म ‘रेंजर’ में नजर आने वाले हैं। पुराने मामले को याद करते हुए संजय दत्त ने अपनी गलती स्वीकार की और कानून की जानकारी रखने की जरूरत पर जोर दिया। उनके बयान में उस फैसले को लेकर पछतावा और उसके गंभीर परिणामों की स्वीकारोक्ति प्रमुख रही।

  • रणबीर की रामायण दो अलग-अलग वर्जन में होगी रिलीज, इंग्लिश फिल्म से हट सकते हैं गाने, जानिए राम और रावण की जंग कब दिखेगी

    रणबीर की रामायण दो अलग-अलग वर्जन में होगी रिलीज, इंग्लिश फिल्म से हट सकते हैं गाने, जानिए राम और रावण की जंग कब दिखेगी


    नई दिल्ली। रणबीर कपूर की बहुप्रतीक्षित फिल्म रामायण रिलीज से पहले ही चर्चा में बनी हुई है। फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच जबरदस्त उत्सुकता है और अब इसके हिंदी तथा इंग्लिश वर्जन की अवधि को लेकर नई जानकारी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक फिल्म के दोनों वर्जन के रनटाइम में करीब 30 मिनट का अंतर हो सकता है। अमेरिका में फिल्म को हिंदी और इंग्लिश दोनों भाषाओं में रिलीज किए जाने की तैयारी बताई जा रही है। हालांकि फिल्म के निर्माताओं ने अभी तक रनटाइम से जुड़ी जानकारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
    वैरायटी इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका की थिएटर चेन एएमसी की लिस्टिंग में रामायण के हिंदी और इंग्लिश वर्जन का उल्लेख किया गया है। इसमें हिंदी वर्जन का रनटाइम 3 घंटे 15 मिनट बताया गया है जबकि इंग्लिश वर्जन की अवधि 2 घंटे 45 मिनट बताई जा रही है। इस हिसाब से दोनों वर्जन के बीच आधे घंटे का अंतर होगा। हालांकि यह जानकारी रिपोर्ट और थिएटर लिस्टिंग पर आधारित है। निर्माताओं की ओर से आधिकारिक घोषणा नहीं होने के कारण इसे अंतिम जानकारी नहीं माना जा सकता।
    फिल्म के दोनों वर्जन की अवधि में अंतर को लेकर यह अनुमान लगाया जा रहा है कि इंग्लिश वर्जन में कुछ गानों को शामिल नहीं किया गया हो सकता है। भारतीय फिल्मों में गानों की अहम भूमिका होती है और रामायण जैसे बड़े प्रोजेक्ट में संगीत को लेकर भी दर्शकों की दिलचस्पी बनी हुई है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि अंतरराष्ट्रीय दर्शकों को ध्यान में रखकर इंग्लिश वर्जन की प्रस्तुति में कुछ बदलाव किए गए हों। हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि वास्तव में गाने हटाए गए हैं या रनटाइम में अंतर की कोई दूसरी वजह है। इस बारे में निर्माताओं की पुष्टि का इंतजार है।
    निर्देशक नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही रामायण में रणबीर कपूर भगवान राम की भूमिका निभाते नजर आएंगे। फिल्म की पहली झलक सामने आने के बाद से ही दर्शकों की उत्सुकता बढ़ गई है। साई पल्लवी माता सीता का किरदार निभा रही हैं जबकि रवि दुबे लक्ष्मण की भूमिका में दिखाई देंगे। सनी देओल को हनुमान और यश को रावण के किरदार में दिखाए जाने की जानकारी सामने आई है। फिल्म की स्टारकास्ट को लेकर भी लगातार चर्चा हो रही है।
    रिपोर्ट के मुताबिक फिल्म के पहले भाग में सीता हरण से लेकर हनुमान के प्रवेश तक की कहानी दिखाई जा सकती है। वहीं हनुमान और सुग्रीव की सेना से जुड़े हिस्सों को दूसरे भाग में दिखाए जाने की संभावना है। राम और रावण के बीच होने वाले युद्ध का प्रमुख हिस्सा भी दूसरे भाग में आने की चर्चा है। इस तरह कहानी को दो भागों में प्रस्तुत करने की योजना बताई जा रही है ताकि महाकाव्य के बड़े घटनाक्रम को विस्तार से दिखाया जा सके।
    रिपोर्ट में रामायण के पहले भाग की रिलीज 5 नवंबर 2026 को बताई गई है। इसके बाद दूसरे भाग को अगले साल दिवाली के आसपास रिलीज करने की योजना की चर्चा है। हालांकि रिलीज और रनटाइम से जुड़ी अंतिम जानकारी के लिए निर्माताओं की आधिकारिक घोषणा महत्वपूर्ण होगी। रणबीर कपूर की आने वाली फिल्मों में संजय लीला भंसाली की लव एंड वॉर भी शामिल है जिसमें वह आलिया भट्ट और विक्की कौशल के साथ नजर आएंगे। फिलहाल दर्शकों की नजर रामायण के नए अपडेट और इसके दोनों वर्जन की आधिकारिक जानकारी पर टिकी हुई है।
  • CJP प्रोटेस्ट पर प्रकाश राज का सरकार पर तीखा हमला, बोले तुम लोग डरे हुए हो ना, दिन-ब-दिन नंगे होते जाओगे

    CJP प्रोटेस्ट पर प्रकाश राज का सरकार पर तीखा हमला, बोले तुम लोग डरे हुए हो ना, दिन-ब-दिन नंगे होते जाओगे


    नई दिल्ली। नई दिल्ली में CJP प्रोटेस्ट को लेकर जारी हंगामे के बीच अभिनेता प्रकाश राज ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा कर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने अपने संदेश में सरकार और प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिशों पर सवाल उठाए हैं। प्रकाश राज ने बिना किसी राजनीतिक दल या नेता का नाम लिए कहा कि विरोध की आवाज को दबाने की कोशिश करने वाले लोग खुद अपने डर के पीछे छिपे हुए हैं। उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है और इसे लेकर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
    फिल्मों में अपने दमदार अभिनय के लिए पहचाने जाने वाले प्रकाश राज ने वीडियो में कहा कि युवाओं को उनके घरों और फ्लाइट से हिरासत में लिया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों को विरोध करने की निर्धारित जगह तक पहुंचने से भी रोका जा रहा है। अभिनेता ने इस घटनाक्रम पर नाराजगी जताते हुए सवाल किया कि आखिर इतनी सख्ती क्यों दिखाई जा रही है। उनके मुताबिक पुलिस और सुरक्षा बलों के जरिए लोगों की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है लेकिन इससे सवाल उठाने वाले लोगों की आवाज खत्म नहीं होगी।
    प्रकाश राज ने अपने संदेश में कहा कि विरोध करने वालों को गिरफ्तार करने या उनकी आवाज रोकने की कोशिश करने वाले वास्तव में अपने डर के पीछे कैद हैं। उन्होंने कहा कि लोगों की आवाज को दबाने से समस्या का समाधान नहीं होगा बल्कि सवाल उठाने वाली आवाजें और बुलंद हो सकती हैं। अभिनेता ने अपने वीडियो में यह भी कहा कि कोशिश कर ली जाए लेकिन विरोध करने वालों को पूरी तरह रोक पाना संभव नहीं होगा। उन्होंने लोकतंत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि देश लोकतंत्र की हत्या नहीं होने देगा।
    प्रकाश राज ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट के कैप्शन में नदी का उदाहरण देते हुए सवाल किया कि आखिर किसी नदी को कब तक रोका जा सकता है। उनके इस संदेश को विरोध और असहमति की आवाज को लंबे समय तक दबा पाने की कोशिशों पर टिप्पणी के रूप में देखा जा रहा है। वीडियो में उन्होंने यह भी कहा कि यह एक लंबी लड़ाई है और वे सवाल पूछना जारी रखेंगे। उनके अनुसार समय के साथ विरोध करने वालों की आवाज और स्पष्ट होती जाएगी। इसी दौरान उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि संबंधित लोग दिन-ब-दिन बेनकाब होते जाएंगे।
    अभिनेता ने अपने संदेश के अंत में कहा कि खेल शुरू हो चुका है और देश सब कुछ देख रहा है। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई। कुछ लोगों ने उनके विचारों का समर्थन किया तो कुछ यूजर्स ने उनकी टिप्पणी पर सवाल उठाए। एक यूजर ने पूछा कि वह होटल के कमरे में क्यों छिपे हुए हैं। वहीं दूसरे यूजर ने उन्हें दिल्ली आने की चुनौती देते हुए कहा कि प्रदर्शन कर रहे युवाओं को उनकी जरूरत है। कुछ अन्य लोगों ने भी उनके बयान पर असहमति जताते हुए टिप्पणी की।
    CJP प्रोटेस्ट को लेकर सामने आए इस घटनाक्रम ने विरोध प्रदर्शन और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जुड़े सवालों को फिर चर्चा में ला दिया है। प्रकाश राज ने अपने वीडियो में लोकतंत्र और सवाल पूछने के अधिकार पर जोर दिया है। हालांकि हिरासत और प्रदर्शन को रोकने से जुड़े आरोपों के संबंध में संबंधित पक्षों का विस्तृत पक्ष इस रिपोर्ट में शामिल नहीं है। ऐसे में पूरे घटनाक्रम को समझने के लिए प्रदर्शन से जुड़े आधिकारिक बयान और अन्य पक्षों की प्रतिक्रियाएं भी महत्वपूर्ण होंगी।
  • जंजीर से कल्कि 2898 एडी तक अमिताभ बच्चन का जलवा बरकरार, जन्मदिन पर जानिए महानायक के वो रिकॉर्ड जो उन्हें बनाते हैं सबसे अलग

    जंजीर से कल्कि 2898 एडी तक अमिताभ बच्चन का जलवा बरकरार, जन्मदिन पर जानिए महानायक के वो रिकॉर्ड जो उन्हें बनाते हैं सबसे अलग


    नई दिल्ली। हिंदी सिनेमा के महानायक अमिताभ बच्चन 11 अक्टूबर 2026 को अपना 84वां जन्मदिन मना रहे हैं। पांच दशक से अधिक लंबे फिल्मी सफर में उन्होंने अपनी दमदार आवाज शानदार अभिनय और यादगार किरदारों के दम पर करोड़ों दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई है। अमिताभ बच्चन की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने सिनेमा के साथ टेलीविजन पर भी अपनी अलग पहचान कायम की। उनके करियर में कई ऐसी उपलब्धियां दर्ज हैं जिन्होंने उन्हें भारतीय मनोरंजन जगत के सबसे प्रभावशाली कलाकारों में शामिल किया है।
    अमिताभ बच्चन ने वर्ष 1969 में फिल्म सात हिंदुस्तानी से अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी। शुरुआती दौर के बाद 1973 में रिलीज हुई फिल्म जंजीर ने उनके करियर को नई दिशा दी। इस फिल्म से उनकी एंग्री यंग मैन की छवि लोकप्रिय हुई। इसके बाद दीवार और शोले जैसी फिल्मों ने उन्हें सुपरस्टार बना दिया। 1975 की शोले लंबे समय तक भारतीय सिनेमा की सबसे चर्चित और सफल फिल्मों में शामिल रही। अमर अकबर एंथनी त्रिशूल मुकद्दर का सिकंदर डॉन और लावारिस जैसी फिल्मों ने भी उनकी लोकप्रियता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। 1978 उनके करियर का खास साल रहा जब डॉन त्रिशूल मुकद्दर का सिकंदर और कसमें वादे जैसी चर्चित फिल्में रिलीज हुईं।
    अमिताभ बच्चन ने केवल एक तरह के किरदारों तक खुद को सीमित नहीं रखा। अदालत डॉन और कसमें वादे जैसी फिल्मों में उन्होंने दोहरी भूमिकाएं निभाईं जबकि 1983 की फिल्म महान में वह तीन अलग-अलग किरदारों में दिखाई दिए। समय के साथ उन्होंने गंभीर पारिवारिक भूमिकाओं से लेकर सामाजिक संदेश देने वाली फिल्मों तक अपनी अभिनय क्षमता का परिचय दिया। कभी खुशी कभी गम में पारिवारिक पिता की भूमिका हो या पीकू में एक जिद्दी लेकिन संवेदनशील बुजुर्ग का किरदार उन्होंने हर दौर में दर्शकों के साथ जुड़ाव बनाए रखा। पिंक और कल्कि 2898 एडी जैसी फिल्मों में भी उनके अभिनय को खास पहचान मिली।
    अमिताभ बच्चन के करियर की बड़ी उपलब्धियों में उनके पुरस्कार भी शामिल हैं। उन्हें अग्निपथ ब्लैक पा और पीकू में अभिनय के लिए चार राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिलने का उल्लेख किया जाता है। इसके अलावा उनके नाम कुल 17 फिल्मफेयर पुरस्कार दर्ज हैं। फिल्मफेयर पुरस्कारों में उन्हें 42 नामांकन मिले जिनमें 34 सर्वश्रेष्ठ अभिनेता की श्रेणी में थे। भारतीय सिनेमा में उनके योगदान के लिए उन्हें 1984 में पद्मश्री 2001 में पद्म भूषण और 2015 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया। वर्ष 2018 के लिए उन्हें दादासाहेब फाल्के पुरस्कार भी प्रदान किया गया। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वर्ष 2007 में फ्रांस के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान ऑफिसर ऑफ द लीजन ऑफ ऑनर से भी उन्हें नवाजा गया।
    बिग बी की उपलब्धियां फिल्मों और पुरस्कारों तक सीमित नहीं रहीं। वर्ष 1999 में बीबीसी के एक ऑनलाइन सर्वेक्षण में उन्हें एक्टर ऑफ द मिलेनियम चुने जाने की उपलब्धि भी उनके करियर से जुड़ी है। लंदन के मैडम तुसाद संग्रहालय में मोम की प्रतिमा पाने वाले पहले एशियाई अभिनेता के रूप में भी उनका उल्लेख किया जाता है। फिल्म पा में अमिताभ ने ऑरो नाम के बच्चे की भूमिका निभाई थी जबकि उनके वास्तविक जीवन के बेटे अभिषेक बच्चन ने फिल्म में उनके पिता का किरदार निभाया। यह भूमिका उनके अभिनय के सबसे अनोखे प्रयोगों में गिनी जाती है।
    टेलीविजन पर भी अमिताभ बच्चन ने अपनी लोकप्रियता का नया अध्याय लिखा। जुलाई 2000 में कौन बनेगा करोड़पति के साथ उन्होंने छोटे पर्दे पर कदम रखा। उनकी सहज मेजबानी सवाल पूछने के अंदाज और प्रतियोगियों के साथ संवाद ने इस कार्यक्रम को खास पहचान दिलाई। शो के 18वें सीजन तक उनका जुड़ाव दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। अमिताभ बच्चन का सफर इस बात की मिसाल है कि बदलते दौर के साथ खुद को नया रूप देकर लोकप्रियता बनाए रखी जा सकती है। 84वें जन्मदिन पर उनके प्रशंसक उनके लंबे करियर यादगार फिल्मों और भारतीय सिनेमा में योगदान को याद कर रहे हैं।