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  • तमन्ना भाटिया का दिव्य अनुभव: महाकाल मंदिर में भस्म आरती के दौरान दिखी गहरी श्रद्धा

    तमन्ना भाटिया का दिव्य अनुभव: महाकाल मंदिर में भस्म आरती के दौरान दिखी गहरी श्रद्धा


    नई दिल्ली ।
    आस्था और आध्यात्मिकता का अनुभव जब किसी व्यक्ति के भीतर गहराई से उतरता है, तो वह क्षण केवल एक यात्रा नहीं रहता, बल्कि जीवन का एक यादगार अध्याय बन जाता है। ऐसा ही अनुभव हाल ही में अभिनेत्री तमन्ना भाटिया के उज्जैन दौरे के दौरान देखने को मिला, जहां वह तड़के सुबह भगवान महाकाल के दर्शन के लिए पहुंचीं।

    सुबह लगभग 3 बजे, जब शहर अभी नींद में था, उस समय तमन्ना भाटिया पवित्र नगरी उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर पहुंचीं। इस समय मंदिर परिसर में होने वाली भस्म आरती अपने आप में एक अद्भुत और दिव्य अनुभव मानी जाती है। इसी आरती में शामिल होकर उन्होंने पूरी श्रद्धा के साथ भगवान महाकाल का आशीर्वाद प्राप्त किया।

    मंदिर में प्रवेश करते ही उनका व्यवहार पूरी तरह साधारण और भक्तिमय नजर आया। पारंपरिक परिधान में सजी तमन्ना ने बिना किसी दिखावे के आरती में भाग लिया और पूरी प्रक्रिया को ध्यान से देखा। भस्म आरती के दौरान वातावरण में मंत्रोच्चार और आध्यात्मिक ऊर्जा का जो प्रभाव होता है, उसने उन्हें गहराई से प्रभावित किया।

    आरती के दौरान वे शांत भाव में बैठी रहीं और पूरी तरह भक्ति में लीन दिखाई दीं। इसके बाद उन्होंने नंदी जी के पास जाकर परंपरागत रूप से अपनी मनोकामना व्यक्त की। यह क्षण मंदिर में मौजूद अन्य श्रद्धालुओं के लिए भी आकर्षण का केंद्र रहा।

    दर्शन के पश्चात अपने अनुभव को साझा करते हुए तमन्ना भाटिया भावुक नजर आईं। उन्होंने कहा कि महाकाल के दरबार में आकर उन्हें एक ऐसी ऊर्जा का अनुभव हुआ जिसे शब्दों में बयान करना कठिन है। उनके अनुसार, यह स्थान केवल एक मंदिर नहीं बल्कि एक ऐसी शक्ति का केंद्र है, जहां पहुंचकर मन को असीम शांति प्राप्त होती है। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसा महसूस होता है जैसे यहां तक पहुंचना किसी विशेष आशीर्वाद से ही संभव होता है।

    उनकी यह आध्यात्मिक यात्रा अब लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में उन्हें पूरी तरह भक्ति में डूबा हुआ देखा जा सकता है। दर्शकों ने उनके इस सरल और आध्यात्मिक रूप की सराहना करते हुए कहा कि यह रूप उनके व्यक्तित्व का एक अलग ही पहलू सामने लाता है।

    आधुनिक जीवनशैली और व्यस्त फिल्मी करियर के बीच तमन्ना भाटिया का यह धार्मिक अनुभव यह दर्शाता है कि आस्था और अध्यात्म आज भी लोगों के जीवन में महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं। यह यात्रा केवल एक दर्शन नहीं थी, बल्कि एक आंतरिक शांति और आत्मिक जुड़ाव का अनुभव भी थी, जिसे उन्होंने पूरे मन से महसूस किया।

    महाकाल के दरबार में बिताए गए इन पलों ने उनके इस दौरे को बेहद खास बना दिया है और यह अनुभव उनके लिए लंबे समय तक याद रहने वाला साबित होगा।

  • साल 2026 की टॉप 10 फिल्में: लिस्ट में बड़े सरप्राइज, एक फिल्म ने तो 8.5+ रेटिंग हासिल की

    साल 2026 की टॉप 10 फिल्में: लिस्ट में बड़े सरप्राइज, एक फिल्म ने तो 8.5+ रेटिंग हासिल की


    नई दिल्ली । साल 2026 भारतीय और ग्लोबल सिनेमा के लिए बेहद खास साबित हो रहा है। जहां कुछ फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़े हैं, वहीं कुछ बड़े नाम भी फ्लॉप साबित हुए हैं। इस लिस्ट में एक फिल्म ने 8.5+ IMDb रेटिंग के साथ सबको चौंका दिया है।

     2026 में सिनेमा का धमाका – टॉप 10 फिल्मों की लिस्ट
    साल 2026 में फिल्मों ने दर्शकों को हर तरह का अनुभव दिया है एक्शन, ड्रामा, थ्रिलर से लेकर हॉरर-कॉमेडी तक। इस साल कई बड़ी फिल्मों ने कमाई और रेटिंग दोनों में कमाल किया है।

     1. धुरंधर 2: द रिवेंज – साल की सबसे बड़ी हिट
    धुरंधर 2: द रिवेंज इस साल की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर साबित हुई है।
    रणवीर सिंह की यह स्पाई थ्रिलर न सिर्फ भारत बल्कि इंटरनेशनल लेवल पर भी छा गई।

     2. बॉर्डर 2 – देशभक्ति का जोश
    बॉर्डर 2 ने दर्शकों में देशभक्ति का जोश जगाया।
    रेटिंग भले ही 6.1 रही, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर फिल्म ने अच्छा प्रदर्शन किया।

    3. मन शंकर वर प्रसाद गारू – साउथ का मसाला हिट
    मन शंकर वर प्रसाद गारू ने टॉलीवुड की ताकत फिर साबित की।
    300 करोड़ से ज्यादा की कमाई के साथ यह टॉप 3 में शामिल रही।

    4. भूत बंगला – हॉरर कॉमेडी का तड़का
    भूत बंगला ने दर्शकों को डर और हंसी दोनों का मजा दिया।
    अक्षय कुमार की इस फिल्म ने 243 करोड़ से ज्यादा का कलेक्शन किया।

    5. द राजा साब – उम्मीदों पर नहीं उतरी खरी
    द राजा साब प्रभास की यह फिल्म फ्लॉप साबित हुई।
    कम रेटिंग (3.1) और कमजोर कहानी इसकी सबसे बड़ी कमजोरी रही।

    6. वाझा 2 – मलयालम सिनेमा की चमक
    वाझा 2: बायोपिक ऑफ ए बिलियन ब्रदर्स ने कम बजट में बड़ी सफलता हासिल की।
    8.2 IMDb रेटिंग के साथ यह ब्लॉकबस्टर बन गई।

    7. ओ रोमियो – रीमेक का संघर्ष
    ओ रोमियो दर्शकों को खास प्रभावित नहीं कर पाई और औसत प्रदर्शन किया।

    8. प्रोजेक्ट हेल मेरी – ग्लोबल सुपरहिट
    प्रोजेक्ट हेल मेरी ने वर्ल्डवाइड बॉक्स ऑफिस पर 5700 करोड़ से ज्यादा कमाई कर तहलका मचा दिया।

     9. उस्ताद भगत सिंह – कमजोर परफॉर्मेंस
    उस्ताद भगत सिंह की शुरुआत अच्छी रही लेकिन बाद में फिल्म की पकड़ कमजोर पड़ गई।

     10. राजा शिवाजी – मराठी सिनेमा की शान
    राजा शिवाजी को दर्शकों और क्रिटिक्स दोनों ने सराहा।
    यह फिल्म मराठी सिनेमा के लिए गौरव बनकर उभरी।

    साल 2026 में सिनेमा ने हर तरह के रंग दिखाए जहां धुरंधर 2: द रिवेंज जैसी फिल्में सुपरहिट रहीं, वहीं कुछ बड़े स्टार्स की फिल्में फ्लॉप भी साबित हुईं। इस साल की खास बात यह रही कि कंटेंट और कहानी ने स्टार पावर को पीछे छोड़ दिया।
  • Cannes Queen ऐश्वर्या राय ब्रांड वीडियो से गायब, आलिया भट्ट की एंट्री पर मचा बवाल

    Cannes Queen ऐश्वर्या राय ब्रांड वीडियो से गायब, आलिया भट्ट की एंट्री पर मचा बवाल

    नई दिल्ली  कान्स फिल्म फेस्टिवल हमेशा से भारत के लिए खास रहा है और इसमें ऐश्वर्या राय बच्चन को ‘कान्स क्वीन’ कहा जाता है। साल 2004 से वह लगातार लोरियल पेरिस की ग्लोबल एंबेसडर के रूप में रेड कार्पेट पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराती रही हैं। लेकिन इस बार फेस्टिवल से पहले ब्रांड द्वारा जारी एक प्रमोशनल वीडियो में उनकी गैरमौजूदगी ने फैंस को हैरान कर दिया है।

    वीडियो में आलिया भट्ट की मौजूदगी, ऐश्वर्या गायब
    इंस्टाग्राम पर शेयर किए गए इस वीडियो में कान्स के मशहूर मार्टिनेज होटल की झलक दिखाई गई, जहां ब्रांड से जुड़ी कई इंटरनेशनल और भारतीय सेलिब्रिटीज के पोस्टर नजर आए। इनमें आलिया भट्ट का पोस्टर भी शामिल था।
    हालांकि, लंबे समय से कान्स की पहचान बन चुकी ऐश्वर्या राय बच्चन का कोई पोस्टर या जिक्र नहीं दिखा, जिससे फैंस काफी निराश हो गए।

    सोशल मीडिया पर फैंस का गुस्स
    वीडियो सामने आते ही सोशल मीडिया पर फैंस ने तीखी प्रतिक्रिया दी। कई यूजर्स ने सवाल उठाए कि ऐश्वर्या राय को क्यों शामिल नहीं किया गया। एक यूजर ने लिखा कि “ऐश्वर्या को कोई रिप्लेस नहीं कर सकता।”
    दूसरे ने पूछा “कान्स की असली क्वीन कहां हैं? वहीं कई फैंस ने ब्रांड पर भारत में ऐश्वर्या की लोकप्रियता को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया।

     ऐश्वर्या राय और कान्स का पुराना रिश्ता
    ऐश्वर्या राय बच्चन लंबे समय से कान्स रेड कार्पेट की सबसे चर्चित भारतीय चेहरों में से एक रही हैं। उनके लुक्स, गाउन स्टाइल और बोल्ड मेकअप हर साल सोशल मीडिया पर वायरल होते रहे हैं। उनकी उपस्थिति को अक्सर भारत की ग्लोबल फैशन पहचान से जोड़ा जाता है।

     ब्रांड की चुप्पी बनी चर्चा का विष
    अब तक लोरियल पेरिस की ओर से इस विवाद पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इसी वजह से फैंस की नाराजगी और सवाल और बढ़ते जा रहे हैं।

     

    =कान्स फिल्म फेस्टिवल 2026 से पहले यह विवाद सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है। जहां एक तरफ आलिया भट्ट की मौजूदगी को लेकर चर्चा हो रही है, वहीं दूसरी तरफ ऐश्वर्या राय बच्चन की गैरमौजूदगी ने फैंस को निराश कर दिया है।

  • Cannes Queen’ ऐश्वर्या राय ब्रांड वीडियो से गायब, फैंस भड़के – आलिया भट्ट की मौजूदगी पर चर्चा तेज

    Cannes Queen’ ऐश्वर्या राय ब्रांड वीडियो से गायब, फैंस भड़के – आलिया भट्ट की मौजूदगी पर चर्चा तेज


    नई दिल्ली  कान्स फिल्म फेस्टिवल हमेशा से भारत के लिए खास रहा है और इसमें ऐश्वर्या राय बच्चन को ‘कान्स क्वीन’ कहा जाता है। साल 2004 से वह लगातार लोरियल पेरिस की ग्लोबल एंबेसडर के रूप में रेड कार्पेट पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराती रही हैं। लेकिन इस बार फेस्टिवल से पहले ब्रांड द्वारा जारी एक प्रमोशनल वीडियो में उनकी गैरमौजूदगी ने फैंस को हैरान कर दिया है।

    वीडियो में आलिया भट्ट की मौजूदगी, ऐश्वर्या गायब
    इंस्टाग्राम पर शेयर किए गए इस वीडियो में कान्स के मशहूर मार्टिनेज होटल की झलक दिखाई गई, जहां ब्रांड से जुड़ी कई इंटरनेशनल और भारतीय सेलिब्रिटीज के पोस्टर नजर आए। इनमें आलिया भट्ट का पोस्टर भी शामिल था।
    हालांकि, लंबे समय से कान्स की पहचान बन चुकी ऐश्वर्या राय बच्चन का कोई पोस्टर या जिक्र नहीं दिखा, जिससे फैंस काफी निराश हो गए।

    सोशल मीडिया पर फैंस का गुस्स
    वीडियो सामने आते ही सोशल मीडिया पर फैंस ने तीखी प्रतिक्रिया दी। कई यूजर्स ने सवाल उठाए कि ऐश्वर्या राय को क्यों शामिल नहीं किया गया। एक यूजर ने लिखा कि “ऐश्वर्या को कोई रिप्लेस नहीं कर सकता।”
    दूसरे ने पूछा “कान्स की असली क्वीन कहां हैं? वहीं कई फैंस ने ब्रांड पर भारत में ऐश्वर्या की लोकप्रियता को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया।

     ऐश्वर्या राय और कान्स का पुराना रिश्ता
    ऐश्वर्या राय बच्चन लंबे समय से कान्स रेड कार्पेट की सबसे चर्चित भारतीय चेहरों में से एक रही हैं। उनके लुक्स, गाउन स्टाइल और बोल्ड मेकअप हर साल सोशल मीडिया पर वायरल होते रहे हैं। उनकी उपस्थिति को अक्सर भारत की ग्लोबल फैशन पहचान से जोड़ा जाता है।

     ब्रांड की चुप्पी बनी चर्चा का विष
    अब तक लोरियल पेरिस की ओर से इस विवाद पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इसी वजह से फैंस की नाराजगी और सवाल और बढ़ते जा रहे हैं।

    कान्स फिल्म फेस्टिवल 2026 से पहले यह विवाद सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है। जहां एक तरफ आलिया भट्ट की मौजूदगी को लेकर चर्चा हो रही है, वहीं दूसरी तरफ ऐश्वर्या राय बच्चन की गैरमौजूदगी ने फैंस को निराश कर दिया है।

  • वीकेंड होगा फुल ऑन एंटरटेनमेंट, OTT पर आ रही हैं ये धमाकेदार फिल्में और सीरीज

    वीकेंड होगा फुल ऑन एंटरटेनमेंट, OTT पर आ रही हैं ये धमाकेदार फिल्में और सीरीज


    नई दिल्ली। इस हफ्ते OTT प्लेटफॉर्म्स पर दर्शकों को जबरदस्त मनोरंजन मिलने वाला है। हिंदी, तमिल और इंटरनेशनल कंटेंट के साथ कई नई फिल्में और वेब सीरीज रिलीज के लिए तैयार हैं। क्राइम थ्रिलर से लेकर सस्पेंस और ड्रामा तक हर तरह का कंटेंट दर्शकों को घर बैठे एंटरटेन करेगा।

    Kartavya
    Saif Ali Khan एक बार फिर पुलिस ऑफिसर के दमदार किरदार में नजर आने वाले हैं। फिल्म “कर्तव्य” एक हाई-प्रोफाइल मर्डर केस और उसकी जांच पर आधारित है। फिल्म में सैफ अली खान के साथ Rasika Dugal, Sanjay Mishra, Zakir Hussain और Saurabh Dwivedi भी नजर आएंगे। यह फिल्म 15 मई से Netflix पर स्ट्रीम होगी।

    Inspector Avinash सीजन 2
    पहले सीजन की सफलता के बाद “इंस्पेक्टर अविनाश” का दूसरा सीजन भी रिलीज के लिए तैयार है। इस सीरीज में Randeep Hooda फिर से पुलिस अधिकारी के किरदार में दिखाई देंगे। 1997 के उत्तर प्रदेश की पृष्ठभूमि पर बनी इस सीरीज में एक्शन और क्राइम का जबरदस्त मिश्रण देखने को मिलेगा। सीरीज में Urvashi Rautela भी अहम भूमिका में हैं। यह सीरीज 15 मई से JioHotstar पर उपलब्ध होगी।

    Rivals सीजन 2
    “राइवल्स” का पहला सीजन दर्शकों को काफी पसंद आया था और अब इसका दूसरा सीजन रिलीज होने जा रहा है। इस बार कहानी में टीवी वॉर और ग्लैमर इंडस्ट्री के संघर्ष को और गहराई से दिखाया जाएगा। यह सीरीज भी 15 मई से JioHotstar पर स्ट्रीम होगी।

    Exam
    तमिल भाषा की नई ड्रामा सीरीज “एग्जाम” सस्पेंस और इमोशनल ड्रामा से भरपूर बताई जा रही है। 7 एपिसोड वाली इस सीरीज को Pushkar–Gayathri ने प्रोड्यूस किया है।
    सीरीज में Aditi Balan मुख्य भूमिका में नजर आएंगी।
    यह सीरीज 15 मई से Prime Video पर रिलीज होगी।

    Berlin एंड द लेडी विद एन एर्मिन
    स्पेनिश क्राइम ड्रामा पसंद करने वालों के लिए यह सीरीज खास होने वाली है। इसमें अपराध, सस्पेंस और रहस्य से भरपूर कहानी दिखाई जाएगी।
    यह सीरीज 15 मई से Netflix पर स्ट्रीम होगी।

    घर बैठे मिलेगा फुल एंटरटेनमेंट
    इस हफ्ते रिलीज होने वाले ये नए शोज और फिल्में अलग-अलग जॉनर के दर्शकों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं। अगर आप क्राइम, सस्पेंस, ड्रामा या एक्शन कंटेंट पसंद करते हैं तो यह हफ्ता आपके लिए एंटरटेनमेंट से भरपूर रहने वाला है।

  • ब्लैक-व्हाइट स्टाइल में Mouni Roy का नया अवतार, सोशल मीडिया पर मचा तहलका

    ब्लैक-व्हाइट स्टाइल में Mouni Roy का नया अवतार, सोशल मीडिया पर मचा तहलका

    नई दिल्ली। टीवी और बॉलीवुड की जानी-मानी एक्ट्रेस Mouni Roy एक बार फिर अपने लेटेस्ट फोटोशूट को लेकर सुर्खियों में आ गई हैं। सोशल मीडिया पर उनकी नई तस्वीरें तेजी से वायरल हो रही हैं, जिसमें उनका ग्लैमरस और बोल्ड अंदाज फैंस को काफी आकर्षित कर रहा है।
    टीवी से बॉलीवुड तक का सफर
    Mouni Roy ने अपने करियर की शुरुआत टीवी शो से की थी, लेकिन उन्हें असली पहचान सुपरनैचुरल सीरियल ‘नागिन’ से मिली। इसके बाद उन्होंने बॉलीवुड में भी अपनी मजबूत पहचान बनाई और कई फिल्मों में नजर आईं।
    लेटेस्ट फोटोशूट ने बढ़ाई हलचल
    हाल ही में सामने आए फोटोशूट में Mouni Roy ब्लैक और व्हाइट आउटफिट में नजर आईं। उनका यह स्टाइलिश और कॉन्फिडेंट लुक फैंस को काफी पसंद आ रहा है। मिनिमल मेकअप, क्लासी पोज़ और एलिगेंट स्टाइल ने उनकी तस्वीरों को और ज्यादा आकर्षक बना दिया है।
    सोशल मीडिया पर छाया लुक
    एक्ट्रेस की ये तस्वीरें इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से वायरल हो रही हैं। फैंस उनकी खूबसूरती और फैशन सेंस की जमकर तारीफ कर रहे हैं। हर बार की तरह इस बार भी उनका लुक चर्चा का विषय बना हुआ है।
    फैशन आइकन बन चुकी हैं Mouni
    Mouni Roy सिर्फ एक एक्ट्रेस ही नहीं, बल्कि एक फैशन आइकन भी बन चुकी हैं। वह अक्सर अपने नए फोटोशूट और स्टाइलिश लुक्स को सोशल मीडिया पर शेयर करती रहती हैं, जिन्हें लाखों लोग पसंद करते हैं।
  • किशोर कुमार से लेकर लता मंगेशकर तक, जानिए उन गीतों के बारे में जिन्हें गाकर खामोश हो गईं सुरों की लहरें।

    किशोर कुमार से लेकर लता मंगेशकर तक, जानिए उन गीतों के बारे में जिन्हें गाकर खामोश हो गईं सुरों की लहरें।


    नई दिल्ली ।भारतीय संगीत जगत के इतिहास में कुछ ऐसी आवाजें रही हैं जिन्होंने न केवल दशकों तक राज किया, बल्कि उनके जाने के बाद भी उनका जादू कम नहीं हुआ। मोहम्मद रफी, किशोर कुमार, लता मंगेशकर, आशा भोसले और मुकेश—ये वो पांच स्तंभ हैं जिनके बिना हिंदी सिनेमा का संगीत अधूरा है। नियति का खेल देखिए कि इनमें से कई दिग्गजों ने अपनी मृत्यु से ठीक कुछ समय पहले ही ऐसे गीतों को अपनी आवाज दी, जो आज भी सुनने वालों के दिलों को झकझोर देते हैं। इन महान कलाकारों का अंतिम रिकॉर्ड किया हुआ काम केवल एक गीत नहीं, बल्कि उनके प्रशंसकों के लिए एक भावनात्मक विरासत है, जिसे सुनकर आज भी लोग भावुक हो जाते हैं।

    महान गायक मोहम्मद रफी ने अपनी मृत्यु से मात्र एक दिन पहले, 30 जुलाई 1980 को संगीतकार जोड़ी लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के लिए अपना आखिरी गाना रिकॉर्ड किया था। फिल्म ‘आस पास’ का वह गीत था—’तू कहीं आसपास है दोस्त’। विडंबना देखिए कि इस गाने के बोल उनकी अपनी विदाई की आहट जैसे लग रहे थे। इसके अगले ही दिन 31 जुलाई को दिल का दौरा पड़ने से उनका निधन हो गया। वहीं, हरफनमौला किशोर कुमार ने 12 अक्टूबर 1987 को फिल्म ‘वक्त की आवाज’ के लिए ‘गुरु गुरु आ जाओ गुरु’ गाना रिकॉर्ड किया और नियति का क्रूर मजाक देखिए कि ठीक अगले दिन 13 अक्टूबर को उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कह दिया। मिथुन चक्रवर्ती और श्रीदेवी पर फिल्माया गया यह गाना उनकी बहुमुखी प्रतिभा का अंतिम प्रमाण बना।

    सुरों की मलिका लता मंगेशकर ने साल 2022 में अंतिम सांस ली, लेकिन उनकी जादुई आवाज का आखिरी स्पर्श साल 2018 और 2019 में महसूस किया गया। उन्होंने एक विशेष अवसर के लिए ‘गायत्री मंत्र’ को अपनी दिव्य आवाज दी थी, जबकि फिल्मी गीतों की बात करें तो 2019 में ‘सौगंध मुझे इस मिट्टी की’ उनका आखिरी रिकॉर्डेड गाना माना जाता है। इसी कड़ी में आशा भोसले ने भी अपने अंतिम समय तक संगीत से नाता नहीं तोड़ा। उन्होंने एक अंतरराष्ट्रीय बैंड के साथ मिलकर ‘द शैडोई लाइट’ जैसे अनूठे प्रोजेक्ट पर काम किया, जो उनकी वैश्विक संगीत समझ को दर्शाता है। अप्रैल 2026 में उनके निधन से संगीत के एक और युग का अंत हो गया, लेकिन उनकी आवाज की ऊर्जा आज भी मौजूद है।

    दर्दभरी और रूहानी आवाज के मालिक मुकेश का जाना भी संगीत प्रेमियों के लिए एक बड़ा सदमा था। 27 अगस्त 1976 को अमेरिका में एक कॉन्सर्ट के दौरान अचानक उनका निधन हो गया। जाने से पहले उन्होंने फिल्म ‘सत्यम शिवम सुंदरम’ के लिए बेहद खूबसूरत और शुद्ध हिंदी शब्दों से सजा गीत ‘चंचल, शीतल, निर्मल, कोमल’ रिकॉर्ड किया था। आज जब ये गाने बजते हैं, तो ऐसा लगता है मानो ये कलाकार आज भी हमारे बीच मौजूद हैं। इन गीतों की रिकॉर्डिंग और उनके रिलीज होने के बीच की कहानियाँ हमें याद दिलाती हैं कि कलाकार भले ही चला जाए, लेकिन उसकी कला और उसकी अंतिम स्मृतियां समय की सीमा को पार कर हमेशा के लिए अमर हो जाती हैं।

  • फिल्म जगत में वेतन के अंतर पर अभिनेत्री का बेबाक नज़रिया, बताया क्यों मेकर्स को देनी पड़ी थी उन्हें बड़ी रकम।

    फिल्म जगत में वेतन के अंतर पर अभिनेत्री का बेबाक नज़रिया, बताया क्यों मेकर्स को देनी पड़ी थी उन्हें बड़ी रकम।


    नई दिल्ली । भारतीय सिनेमा के इतिहास में साल 1989 की ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘मैंने प्यार किया’ एक मील का पत्थर मानी जाती है। इस फिल्म ने न केवल प्रेम कहानियों की परिभाषा बदली, बल्कि सलमान खान और भाग्यश्री के रूप में दो ऐसे सितारों को जन्म दिया जिनकी केमिस्ट्री आज भी मिसाल दी जाती है। इस फिल्म से जुड़ा एक बेहद दिलचस्प और हैरान करने वाला तथ्य यह है कि उस दौर में भी फिल्म की मुख्य अभिनेत्री को नायक की तुलना में कहीं अधिक भुगतान किया गया था। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जहां सलमान खान को इस सुपरहिट फिल्म के लिए केवल 25 हजार रुपये मिले थे, वहीं भाग्यश्री को 1 लाख रुपये की भारी-भरकम फीस दी गई थी। सालों बाद अब अभिनेत्री ने इस आर्थिक अंतर के पीछे की छिपी हुई वजहों और फिल्म उद्योग के व्यापारिक ढांचे पर खुलकर बात की है।

    भाग्यश्री ने हाल ही में साझा किया कि फिल्म इंडस्ट्री में किसी कलाकार की फीस का निर्धारण केवल उसकी कला पर नहीं, बल्कि ‘सप्लाई और डिमांड’ यानी मांग और आपूर्ति के नियम पर आधारित होता है। उनके अनुसार, फिल्म निर्माण अंततः एक व्यवसाय है। जब वह इस फिल्म का हिस्सा बनीं, तब उनकी बाजार में स्थिति और निर्माता की जरूरतों ने उन्हें एक मजबूत मोलभाव करने की शक्ति दी थी। अभिनेत्री का तर्क है कि यदि किसी निर्माता को लगता है कि कोई विशिष्ट कलाकार ही उस भूमिका के लिए सर्वश्रेष्ठ है और उसका कोई विकल्प मौजूद नहीं है, तो उसे उस कलाकार की शर्तों को मानना ही पड़ता है। यह पूरी तरह से एक बिजनेस स्ट्रैटेजी है जहां आपकी उपयोगिता ही आपकी कीमत तय करती है।

    सिनेमा जगत में वेतन समानता यानी पे-पैरिटी के गंभीर मुद्दे पर बात करते हुए भाग्यश्री ने काफी यथार्थवादी रुख अपनाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिलाओं को इंडस्ट्री में तब तक उचित पारिश्रमिक नहीं मिल सकता जब तक वे अपनी मांगों को लेकर एकजुट नहीं होतीं। उन्होंने बाजार की अस्थिरता का जिक्र करते हुए कहा कि हमेशा कोई न कोई ऐसा कलाकार मौजूद रहता है जो कम कीमत पर काम करने या अपने काम की गुणवत्ता से समझौता करने को तैयार हो जाता है। ऐसे में जो कलाकार अपनी शर्तों पर अड़े रहते हैं, उन्हें कई बार चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। उनके अनुसार, काम केवल धन के लिए नहीं बल्कि रचनात्मक संतुष्टि के लिए भी किया जाता है, लेकिन पेशेवर जगत में अपनी वैल्यू पहचानना अनिवार्य है।

    भाग्यश्री द्वारा साझा किया गया यह अनुभव आज के दौर में भी प्रासंगिक है, जहां अक्सर पुरुष और महिला कलाकारों के बीच बढ़ते वेतन अंतर पर बहस होती रहती है। उस समय सलमान खान अपनी शुरुआती पारी खेल रहे थे और भाग्यश्री की यह पहली फिल्म थी, फिर भी एक अभिनेत्री का अभिनेता से चार गुना ज्यादा पैसा लेना उस दौर की स्थापित परंपराओं को तोड़ने जैसा था। फिल्म में ‘सुमन’ के उनके किरदार ने उन्हें रातों-रात लोकप्रियता के शिखर पर पहुंचा दिया था। उनके द्वारा किया गया यह खुलासा यह समझने में मदद करता है कि फिल्म उद्योग में सितारों की चमक के पीछे जटिल व्यावसायिक निर्णय और मोलभाव की बड़ी भूमिका होती है।

  • सुरों के सफर में अचानक खामोश हुई धड़कनें: बॉलीवुड के वो 8 दिग्गज गायक जिन्हें दिल का दौरा देकर छीन ले गई मौत

    सुरों के सफर में अचानक खामोश हुई धड़कनें: बॉलीवुड के वो 8 दिग्गज गायक जिन्हें दिल का दौरा देकर छीन ले गई मौत


    नई दिल्ली । भारतीय सिनेमा की स्वर्णिम यात्रा में संगीत वह रूह है जिसने फिल्मों को अमर बनाया है। लेकिन इस रूह को अपनी आवाज देने वाले कई ऐसे फनकार रहे हैं, जिनका अंतिम सफर बेहद अप्रत्याशित और दुखद रहा। हिंदी फिल्म जगत के इतिहास पर नजर डालें तो एक विचलित करने वाला तथ्य सामने आता है कि हमारे कई सबसे चहेते गायकों का निधन अचानक दिल का दौरा पड़ने से हुआ। इन कलाकारों ने अपनी गायकी से करोड़ों लोगों के दिलों को धड़कना सिखाया, लेकिन अफसोस कि नियति ने उनके अपने ही दिल पर ऐसा प्रहार किया कि संगीत की महफिलें हमेशा के लिए सूनी हो गईं। यह लेख उन 8 महान विभूतियों को समर्पित है जिनकी दुनिया एक झटके में खत्म हो गई, मगर उनके गीत आज भी अमरता की श्रेणी में गिने जाते हैं।

    आधुनिक दौर के सबसे लोकप्रिय गायकों में शुमार केके का जाना संगीत प्रेमियों के लिए किसी बुरे सपने जैसा था। वह अपनी ऊर्जा और मंच पर अपनी जीवंत प्रस्तुति के लिए जाने जाते थे। एक लाइव कॉन्सर्ट के दौरान जब वे अपने प्रशंसकों को झूमने पर मजबूर कर रहे थे, तभी उनकी तबीयत बिगड़ी। किसी को अंदाजा नहीं था कि मंच से उतरने के बाद वे वापस कभी नहीं लौटेंगे। अस्पताल ले जाने के दौरान हुई उनकी मृत्यु ने पूरे देश को स्तब्ध कर दिया। इसी तरह, संगीतकार और गायक वाजिद खान के मामले में भी दिल का दौरा ही मौत की अंतिम वजह बना। हालांकि वे पहले से अस्वस्थ चल रहे थे, लेकिन अंततः उनके दिल ने साथ छोड़ दिया। उनके चले जाने से संगीत की एक प्रसिद्ध जोड़ी हमेशा के लिए टूट गई, जिसने बॉलीवुड को अनगिनत हिट गाने दिए थे।

    पुराने दौर की बात करें तो किशोर कुमार और मोहम्मद रफी जैसे दिग्गजों का जाना भारतीय संस्कृति की एक अपूरणीय क्षति थी। किशोर कुमार, जो अपनी हरफनमौला शख्सियत के लिए मशहूर थे, ने अपने घर पर अंतिम सांस ली। उनके निधन से ठीक एक दिन पहले उन्होंने एक भविष्य के प्रोजेक्ट के लिए गाना रिकॉर्ड किया था, जो बताता है कि वे अंत तक अपने काम के प्रति समर्पित थे। वहीं, मोहम्मद रफी साहब का जाना तो जैसे संगीत के एक युग का सूर्यास्त था। उन्हें जब दिल का दौरा पड़ा, तो वे अपने परिवार के बीच थे। डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बाद भी उन्हें नहीं बचाया जा सका। इसी कड़ी में गायक मुकेश का नाम आता है, जिन्हें ‘राज कपूर की आवाज’ कहा जाता था। अमेरिका के एक दौरे पर जब वे पूरी दुनिया को भारतीय संगीत का जादू दिखा रहे थे, तभी हार्ट अटैक ने उनकी जीवनलीला समाप्त कर दी।

    मन्ना डे, महेंद्र कपूर और हेमंत कुमार जैसे शास्त्रीय और गंभीर गायकी के स्तंभों का अंत भी हृदय गति रुकने से हुआ। मन्ना डे ने दशकों तक अपनी आवाज से संगीत के विभिन्न रंगों को संवारा, लेकिन लंबी उम्र के पड़ाव पर दिल के दौरे ने उन्हें मौन कर दिया। महेंद्र कपूर, जिन्होंने अपनी दमदार आवाज से देशभक्ति के गीतों को नई ऊंचाई दी, वे भी किडनी और हृदय संबंधी समस्याओं के चलते शांत हो गए। हेमंत कुमार, जो अपनी जादुई और रूहानी आवाज के लिए जाने जाते थे, उनका सफर भी 69 वर्ष की आयु में दिल का दौरा पड़ने से थम गया। इन सभी कलाकारों में एक बात समान थी कि भले ही मौत ने उनके शारीरिक अस्तित्व को मिटा दिया हो, लेकिन जब तक दुनिया में संगीत रहेगा, इन 8 गायकों की आवाज हवाओं में गूंजती रहेगी। इनकी मौत ने हमें यह सिखाया कि जीवन क्षणभंगुर है, लेकिन कला अमर होती है।

  • हैदराबाद में भीषण सड़क हादसा, तेलुगु अभिनेता भरत कांत की मौके पर दर्दनाक मौत

    हैदराबाद में भीषण सड़क हादसा, तेलुगु अभिनेता भरत कांत की मौके पर दर्दनाक मौत

    नई दिल्ली । हैदराबाद के आउटर रिंग रोड पर हुई एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना ने फिल्म जगत को गहरे सदमे में डाल दिया है। इस हादसे में तेलुगु अभिनेता भरत कांत की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके साथ यात्रा कर रहे एक अन्य व्यक्ति की भी जान चली गई। यह घटना उस समय हुई जब दोनों एक वाहन से यात्रा कर रहे थे और अचानक उनका वाहन आगे चल रहे एक भारी ट्रक से टकरा गया।

    प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, दुर्घटना देर रात या तड़के सुबह के समय हुई जब सड़क पर यातायात अपेक्षाकृत कम था। बताया जा रहा है कि वाहन की गति काफी अधिक थी और नियंत्रण बिगड़ने के कारण यह सीधे आगे चल रहे कंटेनर ट्रक से जा टकराया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार लोगों को बाहर निकालना बेहद मुश्किल हो गया।

    हादसे के तुरंत बाद आसपास मौजूद लोगों ने इसकी सूचना प्रशासन को दी, जिसके बाद राहत और बचाव टीम मौके पर पहुंची। हालांकि तब तक दोनों गंभीर रूप से घायल हो चुके थे और उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू की।

    प्रारंभिक जांच में यह संभावना जताई जा रही है कि दुर्घटना का मुख्य कारण तेज रफ्तार और संभावित लापरवाही हो सकती है, लेकिन वास्तविक कारणों की पुष्टि विस्तृत जांच के बाद ही की जाएगी। वाहन को जब्त कर लिया गया है और तकनीकी जांच भी की जा रही है ताकि यह समझा जा सके कि दुर्घटना अचानक हुई या इसमें कोई अन्य तकनीकी कारण शामिल था।

    इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल बन गया है। फिल्म और डिजिटल कंटेंट जगत से जुड़े लोग इस खबर से गहरे दुख में हैं। भरत कांत एक युवा और उभरते हुए कलाकार थे, जिन्होंने अपने अभिनय, डांस और डिजिटल प्रोजेक्ट्स के जरिए पहचान बनाने की कोशिश की थी। वे पिछले कई वर्षों से लगातार इंडस्ट्री में सक्रिय थे और विभिन्न छोटे बड़े प्रोजेक्ट्स से जुड़े हुए थे।

    उनकी अचानक और दर्दनाक मौत ने उनके चाहने वालों को स्तब्ध कर दिया है। सोशल मीडिया पर भी लोग इस घटना पर दुख व्यक्त कर रहे हैं और सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता जता रहे हैं। कई लोग इसे एक बड़ी क्षति मान रहे हैं, क्योंकि वह अपने करियर की शुरुआती लेकिन महत्वपूर्ण अवस्था में थे।

    फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और यह समझने की कोशिश में है कि आखिर इतनी गंभीर दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई। इस हादसे ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि सड़क पर छोटी सी लापरवाही भी जीवन के लिए कितना बड़ा खतरा बन सकती है।