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  • टी20 वर्ल्ड कप: भारत का शानदार प्रदर्शन, लेकिन सैमसन और अभिषेक शर्मा की स्थिति ने बढ़ाई टीम मैनेजमेंट की चिंता

    टी20 वर्ल्ड कप: भारत का शानदार प्रदर्शन, लेकिन सैमसन और अभिषेक शर्मा की स्थिति ने बढ़ाई टीम मैनेजमेंट की चिंता


    नई दिल्ली।टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत ने यूएसए और नामीबिया के खिलाफ अपने शुरुआती मैचों में शानदार प्रदर्शन किया है, लेकिन 15 फरवरी को कोलंबो में पाकिस्तान से होने वाले महा मुकाबले से पहले टीम इंडिया के खेमे में चिंता की लकीर साफ दिख रही है। विशेषकर संजू सैमसन की फार्म और अभिषेक शर्मा की फिटनेस को लेकर टीम मैनेजमेंट बेचैन है।

    पहले मैच में भारत ने यूएसए को हराकर टूर्नामेंट की अच्छी शुरुआत की। इसके बाद नामीबिया को मात दी, जिसमें टीम की बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों इकाइयों ने दमदार प्रदर्शन किया। सूर्यकुमार यादव ने शुरुआती रन बनाकर टीम को बढ़त दिलाई, ईशान किशन ने तूफानी अंदाज दिखाया और हार्दिक पांड्या ने विपक्षी गेंदबाजी पर दबदबा बनाया।

    दिल्ली में नामीबिया के खिलाफ मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने मजबूती दिखाई। हार्दिक पांड्या की जबरदस्त बल्लेबाजी ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया और भारत का आत्मविश्वास बढ़ाया। इन जीतों के बाद टीम पाकिस्तान के खिलाफ अपने रणनीतिक कदमों और मानसिक तैयारी में जुटी हुई है।

    हालांकि नामीबिया के खिलाफ मैच में संजू सैमसन ने 8 गेंदों में 22 रन बनाए लेकिन पूर्व महान क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने कहा कि यह फार्म टीम के लिए चिंता का विषय है। गावस्कर के मुताबिक सैमसन का आउट होना जिस क्षेत्र में हुआ, वह पहले भी उनके विकेट का कारण रहा है, जो तकनीकी कमजोरी या मानसिक अस्थिरता का संकेत देता है।

    गावस्कर ने कहा कि अगर अभिषेक शर्मा पाकिस्तान के खिलाफ मैच के लिए फिट नहीं होते, तो सैमसन को टीम में जगह मिलेगी और उनसे बड़ी उम्मीदें जुड़ी होंगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि सैमसन ने अब न्यूजीलैंड के खिलाफ न बनाए गए रन बना लिए होंगे, लेकिन उनकी निरंतरता टीम मैनेजमेंट के लिए चिंता का कारण बनी हुई है।

    टीम इंडिया का कुल प्रदर्शन फिलहाल शानदार रहा है। ईशान किशन की बल्लेबाजी और हार्दिक पांड्या की खेल भावना ने टीम को मजबूती दी है। इसके बावजूद, पाकिस्तान जैसे बड़े मुकाबले में सैमसन की अस्थिरता और अभिषेक शर्मा की फिटनेस टीम की रणनीति और संतुलन के लिए निर्णायक साबित होंगे।

    15 फरवरी का मुकाबला टी20 वर्ल्ड कप 2026 का सबसे बड़ा माना जा रहा है, जिसमें दोनों टीमों के बीच पुरानी प्रतिद्वंद्विता और विश्व स्तर की प्रतिस्पर्धा देखने को मिलेगी। टीम इंडिया इस मैच में रणनीति और खिलाड़ियों के चयन को लेकर गंभीर निर्णय ले रही है।

    अनुभवी बल्लेबाजों की भरमार भारत को विकल्प देती है। सूर्यकुमार यादव, ईशान किशन, हार्दिक पांड्या सभी ने अपने प्रदर्शन से टीम को मजबूती दी है। लेकिन पाकिस्तान मुकाबले में मानसिक मजबूती, टीम चयन और सैमसन की निरंतरता तय करेगी कि टीम किस प्रकार से मैदान पर दिखती है।

    गावस्कर ने टीम इंडिया के लिए आशावादी रुख अपनाया है लेकिन साथ ही कहा कि बड़े मुकाबलों में भरोसेमंद प्रदर्शन आवश्यक है। संजू सैमसन की स्थिति और अभिषेक शर्मा की फिटनेस पर नजर बनाए रखना टीम मैनेजमेंट के लिए प्राथमिक चुनौती बनी हुई है। टीम इंडिया चुनौतीपूर्ण मुकाबले के लिए तैयार है लेकिन अंतिम रूप से रणनीति और चयन ही भारत के सपनों को आगे ले जाने का फैसला करेंगे।

  • अरुण जेटली स्टेडियम के बाद दिल्ली को मिलेगा दूसरा इंटरनेशनल वेन्यू; डीडीसीए DDCA का बड़ा खुलासा, रोहन जेटली ने दिखाई हरी झंडी

    अरुण जेटली स्टेडियम के बाद दिल्ली को मिलेगा दूसरा इंटरनेशनल वेन्यू; डीडीसीए DDCA का बड़ा खुलासा, रोहन जेटली ने दिखाई हरी झंडी

    नई दिल्ली के क्रिकेट प्रेमियों के लिए एक बहुत बड़ी और खुशखबरी सामने आई है। राजधानी के ऐतिहासिक अरुण जेटली स्टेडियम के अलावा अब दिल्ली को एक और इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम मिलने जा रहा है। डीडीसीए DDCA के चेयरमैन रोहन जेटली ने इस महत्वाकांक्षी योजना का खुलासा करते हुए बताया कि राजधानी में एक नया और अत्याधुनिक स्टेडियम तैयार किया जाएगा। इस नए स्टेडियम की सबसे बड़ी खासियत इसकी दर्शक क्षमता होगी, जो लगभग 70 हजार दर्शकों को एक साथ मैच देखने का मौका देगी। इसका मुख्य उद्देश्य दिल्ली में बढ़ती क्रिकेट की मांग को पूरा करना और खेल के बुनियादी ढांचे को वैश्विक स्तर पर पहुँचाना है।

    क्षमता, इन्फ्रास्ट्रक्चर, प्रबंधन, डिमांड, दर्शकों

    वर्तमान में देश की राजधानी में केवल अरुण जेटली स्टेडियम ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का प्रमुख स्थल है, जिसकी क्षमता लगभग 41 हजार दर्शकों की है। सालभर यहाँ IPL, इंटरनेशनल मैच, वूमेंस प्रीमियर लीग WPL और महत्वपूर्ण घरेलू मैचों का आयोजन होता रहता है। इस अत्यधिक दबाव के कारण मौजूदा इन्फ्रास्ट्रक्चर पर काफी बोझ पड़ता है। ऐसे में डीडीसीए ने दूसरे बड़े स्टेडियम के निर्माण का निर्णय लिया है ताकि क्राउड मैनेजमेंट और मैचों के वितरण में बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके और प्रशंसकों को विश्वस्तरीय अनुभव मिले।

    रोहन, जेटली, विजन, भविष्य, जरूरत

    रोहन जेटली ने मीडिया से बात करते हुए इस विजन को साझा किया कि यह नया स्टेडियम न सिर्फ आज की तत्काल जरूरत को पूरा करेगा, बल्कि अगले दो दशकों में बढ़ने वाली क्रिकेट की लोकप्रियता को भी ध्यान में रखकर डिजाइन किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में दोनों स्टेडियम एक साथ काम करेंगे, जिससे राजधानी में एक हेल्दी क्रिकेट इकोसिस्टम तैयार होगा। इससे न केवल अंतरराष्ट्रीय मैचों की मेजबानी में आसानी होगी, बल्कि दिल्ली के उभरते खिलाड़ियों को भी अधिक अभ्यास और खेल के अवसर मिल सकेंगे।

    सुविधाएं, पहुंच, मेट्रो, कम्यूट, विकास

    स्टेडियम के स्थान चयन और निर्माण में डीडीसीए इस बात का विशेष ध्यान रखेगा कि यह दर्शकों के लिए सुगम और आसानी से पहुंच योग्य हो। योजना के अनुसार, नए स्टेडियम के पास मेट्रो कनेक्टिविटी और अन्य परिवहन सुविधाएं विकसित की जाएंगी, ताकि कम्यूट करने में प्रशंसकों को कोई असुविधा न हो। ठीक उसी तरह जैसे अरुण जेटली स्टेडियम शहर के केंद्र में स्थित है, नया वेन्यू भी आधुनिक कनेक्टिविटी से लैस होगा। इस प्रकार, दिल्ली जल्द ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिए एक ऐसा मंच बनेगा जो अपनी विशाल क्षमता और सुविधाओं के मामले में दुनिया के बेहतरीन मैदानों को टक्कर देगा।

  • दिल्ली में टीम इंडिया का ऐतिहासिक 'धमाका': नामीबिया को 93 रनों से रौंदकर भारत ने टी-20 विश्व कप में रचा नया कीर्तिमान

    दिल्ली में टीम इंडिया का ऐतिहासिक 'धमाका': नामीबिया को 93 रनों से रौंदकर भारत ने टी-20 विश्व कप में रचा नया कीर्तिमान


    नई दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में टीम इंडिया ने टी-20 विश्व कप 2026 के ग्रुप ए मुकाबले में नामीबिया को 93 रन के विशाल अंतर से हराकर इतिहास रच दिया है। रनों के लिहाज से यह भारत की टी-20 विश्व कप के इतिहास में अब तक की सबसे बड़ी और प्रभावी जीत है। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने अपने ही पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए विश्व मंच पर अपनी ताकत का जोरदार प्रदर्शन किया और क्रिकेट जगत को अपनी आक्रामकता का संदेश दिया।

    ईशान, हार्दिक, पारी, रन, आक्रमण

    मैच की शुरुआत से ही भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए बेहद आक्रामक अंदाज अपनाया। सलामी बल्लेबाज ईशान किशन ने 61 रन की विस्फोटक पारी खेलकर पारी की नींव मजबूत की, जबकि हार्दिक पांड्या ने 52 रन बनाकर स्कोर को जबरदस्त रफ्तार प्रदान की। मध्यक्रम के बल्लेबाजों ने भी क्रीज पर आते ही हाथ खोले और तेजी से रन जोड़े, जिसके परिणामस्वरूप टीम इंडिया ने निर्धारित 20 ओवरों में 209 रन का एक अभेद्य और मजबूत स्कोर खड़ा कर दिया। लक्ष्य इतना बड़ा था कि नामीबिया की टीम पहली ही गेंद से मानसिक दबाव में नजर आई।

    कोलंबो, इंग्लैंड, रिकॉर्ड, 2012, इतिहास

    इस ऐतिहासिक जीत ने वर्ष 2012 में बने उस रिकॉर्ड को भी तोड़ दिया है जब ICC Men’s T20 World Cup के दौरान कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में भारत ने इंग्लैंड को 90 रन के भारी अंतर से हराया था। वह जीत पिछले कई सालों तक भारत की सबसे बड़ी जीत बनी रही, लेकिन अब दिल्ली के मैदान पर मिली इस 93 रनों की प्रचंड जीत ने उस पुराने कीर्तिमान को प्रतिस्थापित कर दिया है और अब यह जीत इतिहास के पन्नों में शीर्ष पर दर्ज हो गई है।

    मीरपुर, ऑस्ट्रेलिया, मेलबर्न, जिम्बाब्वे, अभियान

    भारत की इस निरंतरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि टीम की तीसरी सबसे बड़ी जीत वर्ष 2014 में मीरपुर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 73 रन से आई थी। इसके बाद 2022 में मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में भारत ने जिम्बाब्वे को 71 रन से हराकर अपना परचम लहराया था। वहीं, पिछले 2024 विश्व कप के सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ मिली 68 रन की जीत भारत की पांचवीं सबसे बड़ी जीत के रूप में याद की जाती है। इन सभी मुकाबलों ने अलग-अलग दौर में भारतीय क्रिकेट की वैश्विक ताकत और जीत के प्रति अटूट विश्वास को स्थापित किया है।

    गेंदबाजी, दबाव, विकेट, समापन, जीत

    जब बात लक्ष्य के बचाव की आई, तो 209 रन के पहाड़ जैसे स्कोर का पीछा करते हुए नामीबिया की टीम भारतीय गेंदबाजी आक्रमण के सामने टिक नहीं सकी। भारतीय गेंदबाजों ने शुरुआत से ही सटीक लाइन-लेंथ पर गेंदबाजी की और नियमित अंतराल पर विकेट चटकाते रहे। नामीबिया की पूरी टीम 18.2 ओवर में मात्र 116 रन पर ही सिमट गई। इस तरह भारत ने न केवल मैच जीता, बल्कि रनों के अंतर से अपनी सबसे बड़ी 93 रनों की ऐतिहासिक और रिकॉर्डतोड़ जीत पर मुहर लगा दी।

    टी-20 विश्व कप के इतिहास में भारत की 5 सबसे बड़ी जीत:

    भारत बनाम नामीबिया: 93 रन विश्व कप 2026, दिल्ली

    भारत बनाम इंग्लैंड: 90 रन विश्व कप 2012, कोलंबो

    भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया: 73 रन विश्व कप 2014, मीरपुर

    भारत बनाम जिम्बाब्वे: 71 रन विश्व कप 2022, मेलबर्न

    भारत बनाम इंग्लैंड: 68 रन विश्व कप 2024, प्रोविडेंस

  • टी20 वर्ल्ड कप 2026: अभिषेक शर्मा ने दी हेल्थ अपडेट, पाकिस्तान मुकाबले से पहले फैंस में उत्सुकता

    टी20 वर्ल्ड कप 2026: अभिषेक शर्मा ने दी हेल्थ अपडेट, पाकिस्तान मुकाबले से पहले फैंस में उत्सुकता

    नई दिल्ली। टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम इंडिया के युवा बल्लेबाज अभिषेक शर्मा की सेहत ने फैंस और टीम प्रबंधन की चिंता बढ़ा दी है। दिल्ली पहुँचने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और उन्हें पेट में इन्फेक्शन हुआ, जिसकी वजह से वह नामीबिया के खिलाफ मैच में नहीं खेल पाए। हालांकि वह टीम के साथ मौजूद थे और मैच की तैयारियों में हिस्सा लेते रहे।

    दिल्ली में हेड कोच गौतम गंभीर के घर आयोजित एक पार्टी में भी अभिषेक शामिल हुए थे, लेकिन वहां ही उन्हें महसूस हुआ कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है। इसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। 11 फरवरी को अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद अभिषेक ने टीम के साथ अभ्यास शुरू किया।

    हाल ही में अभिषेक शर्मा ने खुद फैंस को अपनी हेल्थ अपडेट दी। एक वायरल वीडियो में अर्शदीप सिंह उनसे उनकी सेहत के बारे में पूछते हैं। इस पर अभिषेक ने कहा कि उनकी सेहत अब ठीक है, लेकिन उनका वजन थोड़ा कम हो गया है। अर्शदीप के सवाल आप पतले हो गए हो? पर उन्होंने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, हाँ, सब ठीक है, लेकिन मेरा कुछ वजन घट गया।

    अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले में अभिषेक खेल पाएंगे या नहीं। फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं है। कप्तान सूर्या ने हाल ही में बयान दिया कि अभिषेक अभी पूरी तरह फिट नहीं हैं। टीम प्रबंधन और बीसीसीआई उनकी वापसी को लेकर कोई जल्दबाजी नहीं कर रहे हैं और स्वास्थ्य को प्राथमिकता दे रहे हैं।

    याद दिला दें कि अभिषेक शर्मा पहले ही यूएसए के खिलाफ मैच में बीमार थे और अपनी पहली ही गेंद पर आउट हो गए थे। इसके बावजूद दिल्ली में उन्हें अभ्यास करते हुए देखा गया, जो यह दर्शाता है कि वह वापसी के लिए पूरी मेहनत कर रहे हैं।

  • वरुण की रहस्यमयी गेंदबाजी, ईशान-हार्दिक का तूफान; विश्व कप में भारत की सबसे बड़ी जीत

    वरुण की रहस्यमयी गेंदबाजी, ईशान-हार्दिक का तूफान; विश्व कप में भारत की सबसे बड़ी जीत



    नई दिल्ली। टी20 विश्व कप 2026: भारतीय क्रिकेट टीम ने दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में इतिहास रचते हुए नामीबिया राष्ट्रीय क्रिकेट टीम को 93 रनों से करारी शिकस्त दी। ICC Men’s T20 World Cup 2026 के ग्रुप-ए मुकाबले में मिली यह जीत टी20 विश्व कप इतिहास में रनों के लिहाज से भारत की सबसे बड़ी जीत साबित हुई। इससे पहले 2012 में भारत ने इंग्लैंड क्रिकेट टीम को 90 रनों से हराया था। मौजूदा चैम्पियन भारत की टूर्नामेंट में यह लगातार दूसरी जीत है।

    टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 9 विकेट पर 209 रन बनाए। शुरुआत में संजू सैमसन ने 8 गेंदों पर 22 रन की तेज पारी खेली। इसके बाद ईशान किशन ने आक्रामक अंदाज अपनाते हुए सिर्फ 20 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया और 24 गेंदों पर 61 रन (6 चौके, 5 छक्के) ठोक दिए। एक ओवर में लगातार चार छक्के लगाकर उन्होंने मुकाबले का रुख पूरी तरह भारत की ओर मोड़ दिया। तिलक वर्मा (25) और कप्तान सूर्यकुमार यादव (12) बड़ी पारी नहीं खेल सके, लेकिन हार्दिक पंड्या ने जिम्मेदारी संभालते हुए 28 गेंदों पर 52 रन बनाए। शिवम दुबे (23) के साथ उनकी 81 रनों की साझेदारी ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। हालांकि आखिरी दो ओवरों में भारत ने 5 विकेट गंवाए और सिर्फ 10 रन जोड़े, फिर भी स्कोर 200 के पार पहुंच चुका था।

    210 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए नामीबिया की शुरुआत खराब रही। जान फ्राइलिंक 22 रन बनाकर आउट हुए। लॉरेन स्टीनकैंप (29) और जान निकोल लॉफ्टी-ईटन (13) ने कुछ संघर्ष जरूर किया, लेकिन वरुण चक्रवर्ती ने अपनी रहस्यमयी गेंदबाजी से मैच की दिशा बदल दी। उन्होंने 2 ओवर में केवल 7 रन देकर 3 विकेट झटके। एक ही ओवर में दो बल्लेबाजों को पवेलियन भेजकर उन्होंने विपक्ष की कमर तोड़ दी। अक्षर पटेल और हार्दिक पंड्या ने दो-दो विकेट लिए, जबकि जसप्रीत बुमराह और शिवम दुबे को भी एक-एक सफलता मिली। पूरी नामीबियाई टीम 16.2 ओवर में 116 रन पर सिमट गई। हार्दिक पंड्या को उनके हरफनमौला प्रदर्शन के लिए ‘मैन ऑफ द मैच’ चुना गया।

    इस मुकाबले में भारत ने अपनी अंतिम एकादश में दो बदलाव किए। जसप्रीत बुमराह की वापसी हुई, जबकि मोहम्मद सिराज की जगह उन्हें शामिल किया गया। संजू सैमसन को सलामी बल्लेबाज के रूप में मौका मिला। टीम का संतुलन बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में मजबूत दिखाई दिया।

    गौरतलब है कि भारत और नामीबिया के बीच इससे पहले केवल एक टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला ICC Men’s T20 World Cup 2021 में दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम पर खेला गया था, जिसमें भारत ने 9 विकेट से जीत दर्ज की थी। 2026 में भी भारतीय टीम ने उसी दबदबे को कायम रखते हुए खिताब बचाने की अपनी दावेदारी मजबूत कर दी है।

  • वर्ल्ड कप सिर्फ खेलना नहीं, ट्रॉफी भी जीतना है"; रोहित शर्मा ने अपने इस बयान से कर दिया काफी कुछ साफ

    वर्ल्ड कप सिर्फ खेलना नहीं, ट्रॉफी भी जीतना है"; रोहित शर्मा ने अपने इस बयान से कर दिया काफी कुछ साफ


    नई दिल्ली । भारत और श्रीलंका की संयुक्त मेजबानी में खेले जा रहे टी20 वर्ल्ड कप 2026 पर अभी सभी का ध्यान है, तो वहीं साल 2027 में वनडे वर्ल्ड कप खेला जाना है जिसको लेकर भी इस टूर्नामेंट में हिस्सा लेने वाली टीमों ने अपनी तैयारियों को शुरू कर दिया है। रोहित शर्मा जिनकी कप्तानी में भारतीय टीम ने साल 2024 के टी20 वर्ल्ड कप और उसके बाद साल 2025 की शुरुआत में खेली आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी को अपने नाम किया था, अब उनका सपना देश के लिए वनडे वर्ल्ड कप की ट्रॉफी को जीतना है। रोहित जो अब बतौर प्लेयर खेल रहे हैं, उनके इंटरनेशनल क्रिकेट के 2 फॉर्मेट से रिटायरमेंट लेने के बाद से वनडे से भी संन्यास लेने की अटकलें लेकर लगातार देखने को मिलती रहती हैं, जिसमें अब हिटमैन रोहित ने दिए अपने एक बयान से सबकुछ साफ कर दिया है।

    मैं जरूर अपने देश के लिए वर्ल्ड कप जीतना चाहता हूं

    रोहित शर्मा जो टी20 वर्ल्ड कप 2026 के ब्रांड एंबेसडर हैं उन्होंने आईसीसी के इवेंट में वनडे वर्ल्ड कप को लेकर सवाल पूछे जाने पर खुलकर अपनी बात रखी। रोहित शर्मा ने कहा कि मैं जरूर अपने देश के लिए वर्ल्ड कप जीतना चाहता हूं। यह मेरा हमेशा से सपना रहा है। मैं 50 ओवर का वर्ल्ड कप देखते हुए बड़ा हुआ हूं और उस समय ना ही टी20 वर्ल्ड कप होता था और ना ही आईपीएल। यह उस दौर में क्रिकेट का सबसे बड़ा इवेंट था जो हर चार साल में होता था और हम सभी इसका बेसब्री से इंतजार भी करते थे। इसलिए उस एक ट्रॉफी की बहुत अहमियत थी और उसे जीतने की बेचैनी भी। ये बात सही है कि मुझे सच में वह ट्रॉफी चाहिए, इसलिए मैं अपनी तरफ से उसे जीतने की पूरी कोशिश करूंगा।
  • कौन है फोटो वाला, आ जाओ… 1100 करोड़ के मालिक विराट कोहली ने खुद बुलाकर फैंस संग खिंचवाई तस्वीर, वीडियो हुआ वायरल

    कौन है फोटो वाला, आ जाओ… 1100 करोड़ के मालिक विराट कोहली ने खुद बुलाकर फैंस संग खिंचवाई तस्वीर, वीडियो हुआ वायरल


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट के सुपरस्टार विराट कोहली एक बार फिर अपने खेल से नहीं बल्कि अपने व्यवहार से सुर्खियों में हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसमें कोहली एयरपोर्ट पर फैंस को खुद बुलाकर उनके साथ फोटो खिंचवाते नजर आ रहे हैं। करोड़ों की नेटवर्थ और वैश्विक पहचान के बावजूद उनका यह सादा और अपनापन भरा अंदाज लोगों का दिल जीत रहा है।

    भारतीय टीम इन दिनों 2026 टी20 वर्ल्ड कप में व्यस्त है। हालांकि कोहली 2024 टी20 वर्ल्ड कप के बाद इस फॉर्मेट से संन्यास ले चुके हैं और फिलहाल केवल वनडे क्रिकेट में ही भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। इसी बीच उन्हें एयरपोर्ट पर स्पॉट किया गया जहां उनका एक खास अंदाज कैमरे में कैद हो गया।

    वीडियो में दिखता है कि एयरपोर्ट से बाहर निकलते वक्त कोहली अपना बैग स्टाफ को पकड़ाते हैं और फिर आसपास खड़े फैंस की ओर देखते हुए मुस्कुराकर कहते हैं कौन है फोटो वाला आ जाओ इसके बाद वे कहते हैं आराम से-आराम से और फैन को पास बुलाकर तस्वीर खिंचवाते हैं। आमतौर पर बड़े सितारे सुरक्षा घेरे में रहते हैं और फैंस से दूरी बनाए रखते हैं लेकिन कोहली का यह व्यवहार उनकी विनम्रता और जमीन से जुड़े व्यक्तित्व को दर्शाता है।

    कथित तौर पर लगभग 1100 करोड़ रुपये की नेटवर्थ रखने वाले विराट कोहली का इस तरह फैंस को खुद बुलाकर फोटो क्लिक करवाना सोशल मीडिया यूजर्स को बेहद पसंद आ रहा है। वीडियो पर हजारों लाइक्स और कमेंट्स आ चुके हैं। कई यूजर्स ने उन्हें डाउन टू अर्थ और रियल किंग बताया है।

    अगर उनके हालिया प्रदर्शन की बात करें तो साल की शुरुआत में न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में कोहली का बल्ला जमकर बोला था। तीन मैचों की सीरीज में उन्होंने 93 23 और 124 रन की पारियां खेलीं। इससे पहले उन्होंने विजय हजारे ट्रॉफी में दिल्ली के लिए भी दो मुकाबले खेले थे।

    वर्तमान में कोहली भारत के लिए सिर्फ वनडे फॉर्मेट में उपलब्ध हैं। उनके शानदार करियर पर नजर डालें तो अब तक वह 311 वनडे मैच खेल चुके हैं। 299 पारियों में उन्होंने 14 797 रन बनाए हैं जिसमें 54 शतक और 77 अर्धशतक शामिल हैं। यह आंकड़े उन्हें आधुनिक क्रिकेट के महान बल्लेबाजों की श्रेणी में खड़ा करते हैं।

    क्रिकेट के मैदान पर आक्रामक अंदाज और मैदान के बाहर विनम्र व्यवहार यही विराट कोहली की असली पहचान है। वायरल हो रहा यह वीडियो एक बार फिर साबित करता है कि असली किंग वही होता है जो ऊंचाइयों पर पहुंचकर भी जमीन से जुड़ा रहे।

  • T20 World Cup: बुमराह की 'घातक' यॉर्कर से सहमा भारतीय खेमा, ईशान किशन चोटिल; क्या संजू सैमसन की होगी सरप्राइज एंट्री?

    T20 World Cup: बुमराह की 'घातक' यॉर्कर से सहमा भारतीय खेमा, ईशान किशन चोटिल; क्या संजू सैमसन की होगी सरप्राइज एंट्री?


    नई दिल्ली के ऐतिहासिक अरुण जेटली स्टेडियम में टी20 विश्व कप 2026 की तैयारियों के बीच उस समय भारतीय खेमे की धड़कनें तेज हो गईं जब नेट अभ्यास के दौरान एक अनहोनी घट गई। नामीबिया के खिलाफ होने वाले दूसरे लीग मैच की पूर्व संध्या पर जब शाम करीब छह बजे खिलाड़ी मैदान पर उतरे तो माहौल काफी उत्साहजनक था। मैच सिमुलेशन के तहत टॉप ऑर्डर बल्लेबाज आक्रामक रुख अपना रहे थे और ईशान किशन अपनी शानदार लय में नजर आ रहे थे। तभी जसप्रीत बुमराह की एक लेजर गाइडेड मिसाइल जैसी सटीक यॉर्कर सीधे ईशान के बाएं पैर पर जा लगी। गेंद की रफ्तार और प्रहार इतना तीखा था कि ईशान तुरंत बल्ला छोड़कर दर्द से कराहते हुए जमीन पर बैठ गए।

    ईशान किशन की इस स्थिति को देख टीम मैनेजमेंट और साथी खिलाड़ियों के चेहरे पर चिंता की लकीरें उभर आईं। टीम के फिजियो ने बिना देरी किए मैदान पर पहुंचकर प्राथमिक उपचार शुरू किया। हालांकि कुछ देर के तनावपूर्ण माहौल के बाद राहत तब मिली जब ईशान अपने पैरों पर खड़े हुए और हल्की बल्लेबाजी करने के बाद मैदान से बाहर गए। यद्यपि उनकी चोट की गंभीरता पर अभी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है लेकिन विश्व कप जैसे बड़े टूर्नामेंट में सलामी बल्लेबाज का चोटिल होना टीम इंडिया के लिए खतरे की घंटी है विशेषकर तब जब टीम का ओपनिंग कॉम्बिनेशन पहले से ही अस्थिर नजर आ रहा है।

    दूसरी ओर टीम के मुख्य तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह का फॉर्म में लौटना भारत के लिए सबसे बड़ी राहत की खबर है। अमेरिका के खिलाफ बीमारी के कारण पहला मैच न खेल पाने वाले बुमराह ने नेट्स में लगातार दूसरे दिन अपनी धारदार गेंदबाजी का नमूना पेश किया। नामीबिया के खिलाफ उनकी वापसी लगभग तय है जो 15 फरवरी को पाकिस्तान के खिलाफ होने वाले महा-मुकाबले से पहले टीम इंडिया के लिए एक बूस्टर डोज की तरह है। बुमराह न केवल गेंदबाजी बल्कि कैचिंग ड्रिल में भी पूरी तरह फिट और मुस्तैद दिखाई दिए।

    टीम के भीतर इस समय प्लेइंग इलेवन को लेकर भी काफी जद्दोजहद चल रही है। युवा बल्लेबाज अभिषेक शर्मा पेट में संक्रमण के कारण अस्पताल से डिस्चार्ज होकर लौटे हैं, लेकिन उनकी कमजोरी को देखते हुए नामीबिया के खिलाफ उनका खेलना संदिग्ध है। इसी संकट के बीच संजू सैमसन की किस्मत चमकती दिखाई दे रही है। संजू ने लगातार दूसरे दिन सबसे पहले नेट्स पर पहुंचकर लंबा अभ्यास सत्र बिताया और स्पिन व तेज गेंदबाजों के खिलाफ बड़े शॉट्स खेलकर अपनी दावेदारी मजबूत कर दी है। खराब फॉर्म के कारण हाशिए पर चल रहे संजू के लिए यह वापसी का सुनहरा अवसर साबित हो सकता है।

    अभ्यास सत्र के अंत में कप्तान सूर्यकुमार यादव, कुलदीप यादव और रिंकू सिंह ने डीडीसीए अधिकारियों के साथ समय बिताकर माहौल को थोड़ा हल्का किया। अब सबकी निगाहें शाम सात बजे शुरू होने वाले भारत बनाम नामीबिया मुकाबले पर हैं। नीदरलैंड से हारकर आ रही नामीबिया के खिलाफ भारत जीत की लय बरकरार रखना चाहेगा, ताकि सुपर-8 की राह आसान हो सके। हालांकि, मैच की शुरुआत से पहले टीम इंडिया की प्राथमिकता ईशान किशन की फिटनेस रिपोर्ट और संजू सैमसन की संभावित वापसी पर टिकी होगी।

  • उस्मान तारिक के स्टॉप एंड पॉज एक्शन पर संग्राम, अश्विन का समर्थन, आकाश चोपड़ा ने उठाए तकनीकी सवाल

    उस्मान तारिक के स्टॉप एंड पॉज एक्शन पर संग्राम, अश्विन का समर्थन, आकाश चोपड़ा ने उठाए तकनीकी सवाल


    नई दिल्ली । पाकिस्तान के ऑफ स्पिनर उस्मान तारिक इन दिनों अपने अनोखे स्टॉप एंड पॉज और साइड-आर्म बॉलिंग एक्शन को लेकर क्रिकेट जगत में बहस के केंद्र में हैं। कोलंबो में होने वाले भारत-पाकिस्तान मुकाबले से पहले उनके एक्शन पर चर्चा तेज हो गई है। जहां इंग्लैंड के पूर्व कप्तान केविन पीटरसन ने उनके गेंद डालते समय रुकने की शैली को संदिग्ध बताया वहीं भारत के दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने खुलकर तारिक का समर्थन किया है और इसे नियमों के दायरे में बताया है।

    तारिक ने अभी तक केवल चार टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं लेकिन 11 विकेट लेकर उन्होंने अपनी उपयोगिता साबित कर दी है। प्रोफेशनल टी20 करियर में 42 मैचों में 70 विकेट उनके प्रभाव का प्रमाण हैं। खासकर धीमी पिचों पर उनका अंदाज बल्लेबाजों को असहज कर देता है। अमेरिका के बल्लेबाज मिलिंद कुमार जैसे खिलाड़ी भी उनकी गेंदों के खिलाफ संघर्ष करते नजर आए। कोलंबो के प्रेमदासा स्टेडियम की धीमी सतह पर वे आक्रामक भारतीय बल्लेबाजों के लिए चुनौती बन सकते हैं।

    तारिक के गेंद डालने से पहले हल्का रुकने या पॉज लेने की आदत ने विवाद को जन्म दिया है। केविन पीटरसन ने इसे अवैध करार देने की बात कही लेकिन अश्विन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर स्पष्ट किया कि किसी भी गेंदबाज के एक्शन की वैधता का फैसला केवल आईसीसी के बॉलिंग एक्शन टेस्टिंग सेंटर में ही हो सकता है। अश्विन ने 15 डिग्री नियम का जिक्र करते हुए कहा कि गेंदबाज अपनी कोहनी को निर्धारित सीमा से अधिक सीधा नहीं कर सकता लेकिन मैदान पर खड़े अंपायर के लिए इसे सटीक रूप से आंक पाना लगभग असंभव है। उनके मुताबिक यह एक ग्रे एरिया है और जब तक वैज्ञानिक परीक्षण में एक्शन गलत साबित न हो तब तक किसी पर आरोप लगाना ठीक नहीं।

    अश्विन ने यह भी कहा कि अगर क्रीज पर रुकना किसी गेंदबाज की नियमित प्रक्रिया का हिस्सा है तो वह पूरी तरह वैध है। बल्लेबाज के ट्रिगर मूवमेंट का इंतजार करना या लय में बदलाव करना रणनीति का हिस्सा हो सकता है इसे नियमों का उल्लंघन नहीं माना जाना चाहिए। दक्षिण अफ्रीका के पूर्व टीम प्रदर्शन विश्लेषक प्रसन्ना अघोरम ने भी तारिक का बचाव किया है। उन्होंने कहा कि तकनीकी रूप से तारिक चकिंग नहीं कर रहे हैं और उनके एक्शन को पहले भी दो बार हरी झंडी मिल चुकी है। उनका मानना है कि अगर दोबारा जांच भी हुई तो एक्शन सही ही पाया जाएगा।

    हालांकि भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज और कमेंटेटर आकाश चोपड़ा ने एक दिलचस्प तकनीकी सवाल उठाया है। उन्होंने पॉज को गलत नहीं बताया लेकिन पूछा कि यदि रन-अप से खास मोमेंटम नहीं बन रहा तो बिना हाथ मोड़े कुछ गेंदों पर 20-25 किमी प्रति घंटे की अतिरिक्त रफ्तार कैसे पैदा हो रही है? उनका सवाल नियमों से ज्यादा तकनीकी विश्लेषण पर केंद्रित है।पूर्व अंतरराष्ट्रीय अंपायर अनिल चौधरी ने भी स्पष्ट किया कि तारिक का एक्शन अलग जरूर है लेकिन अवैध नहीं।

    उनके अनुसार चूंकि वह हर गेंद लगभग एक ही तरीके से डालते हैं और बांह में कोई संदिग्ध सीधापन नहीं दिखता इसलिए इसे नियमों के खिलाफ नहीं कहा जा सकता।कुल मिलाकर उस्मान तारिक का अनोखा एक्शन क्रिकेट जगत में चर्चा जरूर छेड़ रहा है लेकिन फिलहाल विशेषज्ञों की राय उन्हें नियमों के दायरे में ही रखती है। अब सबकी निगाहें मैदान पर उनके प्रदर्शन पर टिकी होंगी जो इस बहस को नई दिशा दे सकता है।

  • भारत की धरती पर राशिद खान का 50 धमाका, टी-20I में बनाया अनोखा वर्ल्ड रिकॉर्ड

    भारत की धरती पर राशिद खान का 50 धमाका, टी-20I में बनाया अनोखा वर्ल्ड रिकॉर्ड


    नई दिल्ली । अफगानिस्तान के स्टार स्पिनर राशिद खान ने भारतीय सरजमीं पर एक ऐसा इतिहास रच दिया है, जो अब तक दुनिया का कोई भी गेंदबाज नहीं कर सका था। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मुकाबले में दो विकेट झटकते ही राशिद खान भारत में टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 50 विकेट पूरे करने वाले दुनिया के पहले गेंदबाज बन गए। जैसे ही उन्होंने मैच में अपना दूसरा शिकार किया, यह खास उपलब्धि उनके नाम दर्ज हो गई और वे इस फॉर्मेट में भारतीय धरती पर सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बनकर उभरे।

    राशिद खान ने भारत में अब तक 24 टी-20I पारियां खेली हैं और इन मुकाबलों में उन्होंने 50 विकेट हासिल किए हैं। यह आंकड़ा सिर्फ संख्या के लिहाज से ही नहीं, बल्कि उनकी निरंतरता और प्रभावशीलता को भी दर्शाता है। उनकी इकोनॉमी रेट और औसत दोनों ही बेहद प्रभावशाली रहे हैं, जो यह साबित करते हैं कि वे सिर्फ विकेट लेने वाले गेंदबाज नहीं, बल्कि रन रोकने में भी माहिर हैं। भारतीय पिचों पर उनकी तेज रफ्तार लेग स्पिन और सटीक गुगली बल्लेबाजों के लिए लगातार पहेली बनी हुई है।

    इस सूची में दूसरे स्थान पर भारतीय स्पिनर युजवेंद्र चहल हैं, जिन्होंने 38 पारियों में 49 विकेट हासिल किए हैं। अक्षर पटेल 48 विकेट के साथ तीसरे स्थान पर हैं। उन्होंने 37 पारियों में यह उपलब्धि हासिल की। अर्शदीप सिंह 27 पारियों में 43 विकेट लेकर चौथे स्थान पर हैं, जबकि हार्दिक पांड्या ने 53 पारियों में 38 विकेट झटके हैं।

    जसप्रीत बुमराह के नाम 35 पारियों में 36 विकेट दर्ज हैं और भुवनेश्वर कुमार ने 33 पारियों में 34 विकेट लिए हैं। वरुण चक्रवर्ती ने मात्र 16 पारियों में 33 विकेट लेकर अपनी प्रभावशीलता दिखाई है। कुलदीप यादव ने 19 पारियों में 27 विकेट और रवि बिश्नोई ने 20 पारियों में 26 विकेट हासिल किए हैं।

    इन सभी भारतीय गेंदबाजों के बीच राशिद खान का शीर्ष पर पहुंचना उनके असाधारण कौशल और भारतीय परिस्थितियों की गहरी समझ को दर्शाता है। आंकड़े साफ बताते हैं कि भारतीय सरजमीं उन्हें खास तौर पर रास आती है। स्पिन के अनुकूल परिस्थितियों में उनकी गेंदबाजी और भी खतरनाक हो जाती है। वे बल्लेबाजों को न तो खुलकर खेलने का मौका देते हैं और न ही आसानी से रन बनाने देते हैं।

    राशिद खान लंबे समय से आईपीएल में खेलते आ रहे हैं, जिससे उन्हें भारतीय पिचों और हालात की गहरी समझ है। यही अनुभव अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भी उनके काम आता है। यही कारण है कि वे भारतीय गेंदबाजों को पीछे छोड़ते हुए इस खास सूची में सबसे ऊपर पहुंच गए हैं।

    भारत की धरती पर 50 टी-20I विकेट का आंकड़ा छूना किसी भी गेंदबाज के लिए बड़ी उपलब्धि है, लेकिन राशिद ने इसे महज 24 पारियों में हासिल कर इस रिकॉर्ड को और भी खास बना दिया है। मौजूदा फॉर्म और निरंतरता को देखते हुए कहा जा सकता है कि वे आने वाले समय में इस रिकॉर्ड को और आगे ले जाएंगे।